ज्वालामुखी : जखोटा पंचायत प्रधान ने किया जिला परिषद कर्मचारियों की मांगाें का समर्थन
विनायक ठाकुर।ज्वालामुखी
ज्वालामुखी विधानसभा के अंतर्गत पड़ती पंचायत जखोटा के प्रधान सुमित राणा ने जिला परिषद कर्मचारियों को सरकार द्वारा सरकारी कर्मचारी घोषित करने और विभाग में विलय करने की मांग का समर्थन किया है। पंचायत प्रधान सुमित राणा ने कहा कि कोविड-19 की वजह से पहले ही पंचायतों के विकास कार्य ठप पडें हैं। अगर सरकार इन कर्मचारियों को सरकारी कर्मचारी घोषित नहीं करती है, तो यह हड़ताल पर चले जाएंगे, जिनका पंचायत के विकास पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। सुमित राणा ने कहा कि यह कर्मचारी कई वर्षों से विभिन्न पंचायतों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं और पंचायत के पदाधिकारियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सरकारी योजनाओं को धरातल तक पहुंचा रहे हैं। सरकार की ओर से समय-समय पर विभागीय कर्मचारियों को वित्तीय लाभ दिए जाते हैं, जिनमें यह कर्मचारी बंचित रह जाते हैं।
मांग को जायज ठहराते हुए उन्होंने सरकार से आग्रह किया है कि इन कर्मचारियों को विभाग में विलय करने के साथ-साथ उन्हें सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए, नहीं तो कर्मचारी एवं अधिकारी संघ ने जल्द ही अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने के फैसला लिया है। इसमें विकास कार्य ही नहीं, बल्कि समूचे हिमाचल भर की पंचायतों मे तमाम काम ठप हो जाएंगे और आम लोगों को प्रमाण पत्र ओर कई तरह के कार्य प्रभावित हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि पहले ही कोबिड के चलते पंचायतों में विकास कार्य प्रभावित हुए हैं। अगर कर्मचारी हड़ताल पर जाते हैं, तो पंचायतों में विकास कार्यों को लेकर पहले जैसी स्थिति पैदा हो जाएगी। इन कर्मचारियों को नियमित करने पर सरकार पर कोई भी अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ेगा। उन्होंने उम्मीद जताई है कि सरकार उनकी इस मांग पर विचार कर लंबे समय से चली आ रही कर्मचारियों की मांग को पूरा करेगी।
