डाडासीबा : अस्पताल में स्थायी तौर पर रेडियोलॉजिस्ट का पद भरना भूली सरकार
डाडा सीबा अस्पताल में उद्योगमंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर के प्रयासों से करीब 10 महीने पहले 15 लाख की लागत से अल्ट्रासाउंड मशीन तो लग गई मगर काफी अरसा बीत जाने पर भी अल्ट्रासाउंड मशीन पर विभाग ने स्थायी तौर पर रेडियोलॉजिस्ट का पद नहीं भरा है। लिहाजा हर रोज उपमंडल भर के दर्जनों मरीज अल्ट्रासाउंड टैस्ट के लिए वापस ही लौट रहे हैं। वहीं ग्रामीणों का कहना है कि उद्योग एवं परिवहन मंत्री बिक्रम ठाकुर ने डाडा सीबा अस्पताल में गत जुलाई 2021 के महीने मे 15 लाख की लागत की अल्ट्रासाउंड मशीन को क्षेत्र की जनता को समर्पित किया था। लोगों का कहना है कि पिछले कुछ महीने पहले लोगों की मांग पर ज्वालामुखी से डॉक्टर रेडियोलॉजिस्ट हफ्ते के एक दिन बुधवार को यहां आते थे। मगर पछले 5 महीनों से लगातार रेडियोलॉजिस्ट न होने से लोगों को सुविधा नहीं मिल रही है। स्थानीय लोगों में से विक्रम कवंर, मनोज कुमार, संजय कुमार, प्रदीप कुमार, कुशल सपेहिया, सुचिता कवंर, रेखा, अजय व सुशांत ने सरकार से इस पोस्ट को भरने की मांग की है। इस संबंध में बीएमओ सुभाष ठाकुर डाडा सीबा ने बताया कि जो रेडियोलॉजिस्ट यहां आते थे, वह बिलासपुर चले गए हैं। उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजी गई है। पूर्व कामगार एवं कर्मचारी कल्याण बोर्ड के उपाध्यक्ष ठाकुर सुरेन्द्र सिंह मनकोटिया ने डाडा सीबा अस्पताल में स्थापितअल्ट्रासाउंड मशीन पर स्थायी तौर पर रेडियोलॉजिस्ट न तैनात करने पर हैरानी जताई है। सुरेंद्र सिह मनकोटिया ने कहा कि यह डाडासीबा अस्पताल में मरीजो के साथ हो रही अनदेखी ठीक नहीं है।
