प्रदेश में जल्द होंगे नये उद्योग स्थापित, खुलेंगे रोजगार के नये अवसर
हिमाचल प्रदेश सरकार जल्द ही प्रदेश में नये उद्योग स्थापित करने जा रही है। इसी श्रंखला में प्रदेश सरकार नई दिल्ली में औद्योगिक घरानों के साथ 5000 करोड़ रुपये के एमओयू साइन करने जा रही है। सरकारी स्तर पर इसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। एथेनॉल और फूड प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित करने के लिए भी एमओयू साइन किया जा रहा है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के दौरे के बाद मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह, मुख्य सचिव राम सुभग सिंह, एसीएस आरडी धीमान उद्योग विभाग के निदेशक राकेश प्रजापति के अलावा वरिष्ठ अधिकारियों का दिल्ली जाने का कार्यक्रम है। इन उद्योगों के स्थापित होने से प्रदेश के करीब 3500 लोगों को रोजगार मिलेगा। उद्योग विभाग के पास 3500 एकड़ जमीन है, जिनमें उद्योगों को जमीनी स्तर पर उतारा जाना है। यह जमीन कांगड़ा के कंदरोड़ी, ऊना, सिरमौर, सोलन के नालागढ़ और हमीरपुर में है। उद्योग विभाग एथेनॉल प्लांट स्थापित करने पर भी जोर दे रही है। एथेनॉल मक्की और गन्ना से तैयार किया जाता है। इसे पेट्रोल-डीजल में मिलाया जाता है। यह पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाता है। उद्योग विभाग का कहना है कि इसे मिनी इन्वेस्टर्स मीट भी कहा जा सकता है। औद्योगिक घरानों के अलावा प्रदेश के सांसदों को भी इस कार्यक्रम में आने का न्योता दिया जाएगा। उद्योग मंत्री,बिक्रम सिंह, हिमाचल प्रदेश अनुसार प्रदेश सरकार पांच हजार करोड़ के एमओयू साइन करने जा रही है। यह कार्यक्रम दिल्ली में होगा तथा मुख्यमंत्री, अधिकारी इसमें शामिल होंगे। राष्ट्रपति का दौरा खत्म होने के बाद इसी महीने यह कार्यक्रम होना लगभग तय है।
