पालमपुर : रिवाज़ बदले भी हैं और बदलेंगे भी-त्रिलोक कपूर
रिवाज़ बदले भी हैं और बदलेंगे भी, उक्त शब्द भाजपा के प्रदेश महामंत्री एवं वूल फेडरेशन के चेयरमैन त्रिलोक कपूर ने अपनी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहे। कपूर ने कहा कि आज़ादी के अमृतकाल में हिमाचल में सचमुच रिवाज़ बदल रहा है। घोषणा होने के बाद हिमाचल ने कई प्रोजेक्टों को अटकते, झटकते, भटकते देखा है, लेकिन नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद, जगत प्रकाश नड्डा के राष्ट्रीय फलक पर चमकने के साथ और जयराम ठाकुर के संघर्ष पथ पर तपस्या करते हुए हिमाचल ने पिछले 5 वर्षों में कई रिवाज बदले है। पांच साल में परियोजना के पूरे होने का रिवाज़ बदलते हिमाचल ने एम्स को देखा है। हिमालय के सीने को चीर कर अटल टनल के माध्यम से हिमाचल ने लाहौल को देखा है। इन पांच वर्षों में 60 वर्ष के ऊपर के सभी बजुर्गों को पेंशन मिलना भी बड़े रिवाज़ को बदलना जैसा ही था। प्रदेश महामंत्री ने कहा कि रिवाज़ बदलने की परिपाटी हिमाचल में सामाजिक तौर पर काफी गहरी है। पूरे देश मे घूंघट से मुक्ति हिमाचल में ही हुई थी, दहेजप्रथा, सती आदि कुप्रथाओं को त्याग करने के रिवाज़ बदलने की शुरआत हिमाचल से ही हुई थी।रिवाज़ बदलने को हिमाचल वासी हमेशा ही आतुर दिखते है।
उन्होंने कहा कि बार-बार सरकार बदलने, पांच साल बाद सरकार बदलने से हिमाचल के सतत विकास को चोट लगती थी। केंद्र से अलग पार्टी की सरकार बना कर हिमाचल की तरक्की प्रभावित होती रही है। हिमाचल ने 2009 में केंद्र की कांग्रेस सरकार द्वारा प्रदेश के विशेष राज्य के दर्जे को छीनते हुए देखा है। हिमाचल में इस बार इन्ही बिन्दुओ को देखते हुए रिवाज़ बदलने की आहट हर चौक, चौराहे, चौपाल, हाट, घराट और बाज़ार में दिख रही है। त्रिलोक कपूर ने कहा कि रिवाज़ बदलने को लेकर प्रदेश की सभी राजनीतिक दल चर्चा कर रहे हैं, विपक्ष भी रिवाज़ को लेकर नारे लाया है, लेकिन हिमाचल के हित मे रिवाज़ बदलना ही उपयुक्त है, जिसकी केंद्र सरकार उसकी राज्य सरकार, जिस सरकार ने विकास के आयाम स्थापित किये है उनकी ही फिर से सरकार। निश्चित तौर पर सरकार बदलने का रिवाज़ हिमाचल में बदलने वाला है।
