कांगड़ा : आखिर कब मिलेगा बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों को रोजगार : संदीप घई
कोर्ट में केस जाने के कारण फंसे अब बेरोजगार शिक्षकों ने संयुक्त मोर्चा संग लड़ाई लडऩे का लिया निर्णय है। इस संबंध में रविवार को स्टेट लेवल मीटिंग भी की गई। इसमें बेरोजगार शारीरिक शिक्षक अध्यक्ष संदीप घई ने कहा कि शारीरिक शिक्षकों और ड्राइंग मास्टरों की भर्ती सरकार ने एक साथ घोषणा की थी। इसमें ड्राइंग मास्टरों की भर्ती पूरी हो चुकी है और सरकार बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों के साथ छलावा कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने साढ़े चार वर्ष में शारीरिक शिक्षकों का एक भी पद नहीं भरा है। हैरान करने वाली बात है कि हम लगातार साढ़े वर्ष से सरकार से मिलते रहे। इस बाबत उन्होंने सीएम को भी अवगत करवाया। मगर आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। इससे स्पष्ट होता है कि सरकार शारीरिक शिक्षकों के साथ भेदभाव कर रही है। कइयों की उम्र अब तो 45 से भी पार हो चुकी है। ऐसे में उन्हें चार-पांच साल भी नहीं मिलेंगे। हम बार-बार सरकार से यही मांग करते आए हैं कि शारीरिक शिक्षा को पहली कक्षा से अनिवार्य किया जाए। मगर यह तब होगा जब सरकार पहली से शारीरिक शिक्षा अनिवार्य किया जाए। इस अवसर पर पूरे प्रदेश से आए बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों ने कहा कि 4 मई को बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों के हक में सरकार मजबूती से अपना पक्ष रखें। वहीं बेरोजगार शारीरिक शिक्षक अध्यक्ष संदीप घई ने कहा कि अगर 4 मई को हमारे पक्ष में फैसला नहीं आता है तो वह संयुक्त मोर्चा बनाकर सरकार के खिलाफ लड़ाई लडऩे का फैसला कर चुके हैं। इस मौके संजीव कुमार, सुनील कुमार, संजय नरेश अनिल धीमान सचिन राणा, अरुण, विपिन, विशाल अशोक, देशराज, विकास, पितांबर राकेश, रूद्रमणि, हंसराज, विनोद, अशोक चंदेल, पवन ठाकुर, रविंद्र ठाकुर, अरुण शर्मा, संतोष कुमार, राहुल, अरुण, नरेश, अनिल ठाकुर, प्रदीप, अजय, शशि, संदीप, जयप्रकाश, राजेंद्र, राजेश और सतपाल मौजूद रहे।
