हिमाचल: शराब हुई महंगी, अब मनमाने दामों पर शराब नहीं बेच पाएंगे दुकानदार

अब शराब के ठेके में दुकानदार मनमाने दामों पर शराब नहीं बेच पाएंगे। हिमाचल प्रदेश सरकार ने शराब की बिक्री के लिए नए नियम लागू किए हैं, जिनके तहत अब शराब की बोतलों को मैक्सिमम रिटेल प्राइस (एमआरपी) के अनुसार ही बेचना अनिवार्य होगा। इसका मतलब यह है कि दुकानदार अब एमआरपी से अधिक दाम पर शराब नहीं बेच सकते। इस बार शराब के ठेकों की नीलामी से सरकार ने 2850 करोड़ रुपए की आय का लक्ष्य तय किया है, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 2700 करोड़ रुपए था। नीलामी प्रक्रिया 18 मार्च से शुरू हो चुकी है और 10 अप्रैल तक कई जिलों में यह प्रक्रिया जारी रहेगी। नए वित्त वर्ष में शराब के दामों में वृद्धि देखी गई है, जिसमें हाई ब्रांड शराब 150 से 200 रुपए तक महंगी हुई है और अंग्रेजी के रेगुलर ब्रांड में 40 से 50 रुपए की बढ़ोतरी हुई है। देसी शराब के दाम भी 15 रुपए तक बढ़ गए है।पिछले वित्त वर्ष में दुकानदारों को मिनिमम सेल प्राइस के तहत 30% अधिक राशि वसूलने की छूट थी, लेकिन अब यह नियम हटा दिया गया है। यदि कोई दुकानदार एमआरपी से अधिक दाम पर शराब बेचते हुए पकड़ा जाता है, तो पहले दो बार दुकान का चालान किया जाएगा, और यदि उल्लंघन जारी रहता है तो शराब का ठेका सील कर दिया जाएगा। सरकार के इन नए आदेशों से न केवल राजस्व में वृद्धि होगी, बल्कि ग्राहकों को भी शराब के दामों में पारदर्शिता का लाभ मिलेगा।