उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि हिमाचल में सभी पर्यटक सुरक्षित हैं, सरकार सबका परिवार की तरह ख्याल रख रही है। उन्होंने मंगलवार को मंडी में अधिकारियों के साथ बैठक कर जिले के विभिन्न हिस्सों में अत्यधिक बारिश से पैदा हुई स्थिति की समीक्षा के बाद मीडिया से अनौपचारिक बातचीत में यह बात कही। उन्होंने मीडिया के माध्यम से पर्यटकों के परिजनों को भरोसा देते हुए किसी प्रकार की चिंता न करने की अपील की। उन्होंने कहा कि हम अतिथि देवो भव की नीति पर चलने वाले लोग हैं। प्रदेश में आया हर सैलानी हमारा मेहमान है। हम सभी का उसी प्रकार ध्यान रख रहे हैं। उन्होंने कहा कि बारिश और बाढ़ से रास्ते बंद होने के कारण पर्यटक अलग अलग जगहों पर होटल और रिसॉर्ट में रुके हैं । बिजली सप्लाई बाधित होने और मोबाइल नेटवर्क डाउन होने के कारण उनसे बात न हो पाने के कारण परिवार जनों का चिंतित होना स्वाभाविक है। पर सभी धैर्य रखें, रास्ते बहाल करने का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। रास्ते खुलते ही सभी को सुरक्षित उनके घरों को रवाना किया जाएगा। सभी होटल, रिसॉर्ट मालिकों को भी स्थिति सामान्य होने तक सहयोग को कहा गया है। 24 घंटे में बहाल कर ली जाएंगी पेयजल परियोजनाएं मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश में अगले 24 घंटे में पेयजल की 4 हज़ार परियोजनाएं बहाल कर ली जाएंगी। उन्होंने बताया कि बारिश और बाढ़ से प्रदेश में पानी की 5 हज़ार छोटी- बड़ी परियोजनाओं को नुकसान पहुंचा है। इनमें से 4 हज़ार को अगले 24 घंटे में रिस्टोर कर लिया जाएगा। इसके लिए जल शक्ति विभाग के तमाम अधिकारी पूरी मशीनरी के साथ फील्ड में डटे हैं। मंडी में जल्द सुचारू होगी पेयजलापूर्ति उन्होंने कहा कि मंडी शहर में भी अगले 24 से 48 घन्टों के भीतर पेयजल आपूर्ति को पूरी तरह बहाल कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि बाढ़ के कारण गाद भरने से मंडी शहर की दोनों बड़ी पेयजल परियोजनाएं फ़िलहाल बंद हैं। शहर में अन्य छोटी परियोजनाओं से पेयजल आपूर्ति की वैकल्पिक व्यवस्था की गयी है। जल्द ही पेयजल आपूर्ति सुचारू हो जाएगी। उन्होंने जल शक्ति विभाग के अधिकारियों को पेयजल योजनाओं के साथ साथ सीवरेज परियोजनाओं को भी यथाशीघ्र दुरुस्त करने के निर्देश दिए। बाढ़ पीड़ितों से मिले उप मुख्यमंत्री इस दौरान उपमुख्यमंत्री ने मंडी में बारिश और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर हालात का जायजा लिया। वे मंडी के ब्यास सदन और गुरुद्वारे में बनाए राहत शिविरों में रह रहे लोगों से भी मिले और उनका दुख दर्द जाना। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों को सरकारी की ओर से हर सम्भव सहायता का भरोसा दिलाया और प्रशासन को सभी हर तरह से ख्याल रखने के निर्देश दिए। बता दें, प्रशासन ने बाढ़ के खतरे के चलते 200 के करीब लोगों को राहत शिविर बना कर ठहराया है। उनके ठहरने, भोजन,पानी, दवाओं की पूरी व्यवस्था की गयी है।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने भारी बारिश से कुल्लू, मंडी व लाहौल में हुए नुकसान का मंगलवार को हवाई सर्वेक्षण किया। इस दौरान उन्होंने हेलीकॉप्टर से कुल्लू, मंडी, औट व भुंतर क्षेत्र में बरसात से हुए नुकसान का जायजा लिया। चंद्रताल में फंसे 300 लोगों का आज सुबह 5:00 बजे से बचाव अभियान शुरू कर दिया था। पहली टीम मशीनरी के साथ लोसर से चंद्रताल के लिए रवाना हुई है, जबकि दूसरी टीम काजा से एडीसी राहुल जैन की अध्यक्षता में रवाना हुई है। करीब 40 लोगों का बचाव दल जिसमें पंगमो और लोसर गांव के युवा के अलावा स्पीति के अन्य गांव से युवा शामिल हैं। अब तक 10 से अधिक बुजुर्गों व छोटे बच्चों वाले परिवारों को भुंतर कुल्लू के लिए एयरलिफ्ट कर लिया गया है। सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने खुद यह जानकारी दी।
जिला स्तरीय विश्व जनसंख्या दिवस मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉक्टर सुशील शर्मा के सौजन्य से स्वास्थ्य खंड गोपालपुर में मनाया गया। इस मौके पर डॉ. तरुण सूद जिला कार्यक्रम अधिकारी ने भारत की बढ़ती जनसंख्या पर चिंता व्यक्त करते बताया कि भारत की जनसंख्या तीव्रता से बढ़ रही है। इस बढ़ती हुई जनसंख्या पर अंकुश लगाने के लिए परिवार नियोजन के महत्व को समझाते हुए उन्होंने कहा कि 27 जून से 10 जुलाई तक दंपति संपर्क पखवाड़ा और 11 जुलाई 2023 से 24 जुलाई तक जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा मनाया जा रहा है। इसके अंतर्गत स्वास्थ्य कर्मी /आशा कार्यकर्ता घर घर जाकर जनसंख्या वृद्धि के दुष्परिणामों के बारे में लोगों को जागरूक कर रहे हैं। डॉ. तरुण सूद ने परिवार नियोजन के अस्थाई तथा स्थाई तरीकों के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी तथा भी यह बताया की यह सारी सुविधाएं सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मुफ्त उपलब्ध है। उन्होंने कहा की बढ़ती जनसंख्या के कारण श्वसन संबंधी बीमारियां, टीबी,मलेरिया, कॉलेरा, डेंगू तथा संक्रामक रोगों के साथ-साथ शहरी भीड़ में पर्यावरणीय परिवर्तन तथा दूषित पानी से कई लोगों की मौत हो जाती है ढ्ढ आबादी बढ़ने से वाहनों की संख्या में भी वृद्धि हुई है और वायु प्रदूषण से दमा, फेफड़ों का कैंसर, सास और गले की बीमारियां तथा कार्डियोवैस्कुलर डिजीज में बढ़ोतरी हुई है। कार्यक्रम में स्वास्थ्य शिक्षिका अंजलि, स्वास्थ्य पर्यवेक्षक, विजय थापा तथा बाकी लोग भी उपस्थित रहे।
धर्मशाला में जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ की वार्षिक आम बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी करमचंद राठौर ने की। इस बैठक में वर्ष 2023 में जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ द्वारा विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित करने का संभावित कैलेंडर निर्धारित किया गया, जो कि जुलाई महीने से शुरू किया जा रहा है। जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के महासचिव विलास हंस ने बताया कि अंडर 19 एवं सीनियर वर्ग के जिला स्तरीय प्रतियोगिता 20 जुलाई से 22 जुलाई तक धर्मशाला में आयोजित की जाएगी। वहीं अंडर 15 एवं अंडर 17 वर्ग की जिला स्तरीय प्रतियोगिता 23 एवं 24 जुलाई को धर्मशाला में आयोजित की जाएगी। इन प्रतियोगिताओं में एकल, युगल एवं मिक्स मुकाबले आयोजित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त दो एवं तीन सितंबर 2023 को अंडर 11 एवं अंदर 13 की प्रतियोगिताएं जिला स्तर की धर्मशाला में आयोजित की जाएगी इस प्रतियोगिता में एकल एवं युगल मुकाबला खेले जाएंगे। इन जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं में प्रदर्शन के आधार पर तथा विजेता एवं उप विजेता खिलाड़ियों का राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए चयन किया जाएगा। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ़ इंडिया के आधार पर जिला स्तर पर खिलाड़ियों को पंजीकरण कर एक पहचान नंबर प्रदान करेगा जो कि इसी वर्ष से शुरू किया जाना है। इसके अतिरिक्त इसी वर्ष से जो खिलाड़ी राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए जिला कांगड़ा से चयनित किए जाएंगे उन खिलाड़ियों का 5 दिनों का कोचिंग कैंप भी जिला कांगड़ा संघ द्वारा आयोजित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त जो खिलाड़ी जिला कांगड़ा से राज्य स्तरीय प्रतियोगिता एवं राष्ट्रीय स्तरीय प्रतियोगिता में चयनित होंगे एवं अच्छा प्रदर्शन करेंगे उन्हें जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ की तरफ से सम्मानित किया जाएगा। जो जिला स्तरीय प्रतियोगिता 20 जुलाई से शुरू होनी है उसके लिए पंजीकरण 12 जुलाई से लेकर 17 जुलाई तक किया जाएगा। महासचिव ने बताया कि खिलाड़ियों के लिए एवं खेल के लिए जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ प्रतिदिन सभी से सुझाव लेने के साथ अच्छे कदम उठाती जा रही है जिसका परिणाम आने वाले समय में जिला कांगड़ा से ही खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर देखने को मिलेंगे। इस बैठक में जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के वशिष्ठ पदाधिकारी सर्व चंद्र धीमान, पंकज शर्मा, संजीव सूद, मालविका पठानिया, संदीप ढींगरा, रविंद्र कपूर, गौरव चड्ढा, पवन चौधरी, विक्रम चौधरी, विकास सूद विशेष रूप से उपस्थित रहे।
पिछले दिनों हुई भारी बरसात के चलते जिला कांगड़ा में हुए नुकसान की समीक्षा को लेकर आज डीसी ऑफिस में एक बैठक का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू नादौन से वीसी के माध्यम से बैठक से जुड़े तथा शिमला से राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी, शिक्षा मंत्री रोहित , मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी सहित राज्य के अधिकारी भी वर्चुअल माध्यम से इस दौरान मौजूद रहे। बैठक में उपायुक्त कांगड़ा डॉ. निपुण जिंदल सहित विभिन्न विभागों के जिलाधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान जिलाधीश ने जिले में हुए नुकसान का ब्यौरा देते हुए, प्रशासन द्वारा इस बाबत की गई कार्रवाई के बारे में विस्तार से बताया। बैठक के उपरांत प्रेस को संबोधित करते हुए डीसी कांगड़ा ने बताया कि जिला कांगड़ा में पिछले दिनों हुई भारी वर्षा के चलते अब तक लगभग 75 करोड़ रूपये की सार्वजनिक सुविधाआएं क्षतिग्रस्त हुई हैं। उन्होंने बताया कि जिले में सड़कें, बिजली, पानी सहित अन्य सार्वजनकि सुविधाओं को रिस्टोर करने के लिए प्रशासन द्वारा वॉर फुटिंग पर काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिले में आपदा प्रबंधन से जुड़े राजस्व सहित सभी विभागों के अधिकारी-कर्मचारी बेहतर आपसी समन्वय से अपने काम को अंजाम दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में लोग घबराएं नहीं तथा धैर्य से काम लेते हुए प्रशासन को तुरंत संपर्क करें।
भारी बारिश से सड़कें बंद होने से प्रदेश भर में एचआरटीसी के 1007 रूट बंद हो गए हैं। वहीं, अलग-अलग क्षेत्रों में निगम की 452 बसें फंसी हुई हैं। इसके अलावा हिमाचल से बाहर भी कई बसें फंसी हुई हंै। एचआरटीसी प्रबंधन की ओर से जारी जानकारी के अनुसार प्रदेश में नाहन यूनिट की एक बस देहरादून पांवटा सड़क पर फंसी हुई है। वहीं एक बस सुंदरनगर यूनिट की सहारनपुर अंबाला के बीच फंस गई है। एचआरटीसी के प्रबंध निदेशक रोहन चंद ठाकुर ने बताया कि मंडी का धर्मपुर डिपो सुरक्षित है। सोशल मीडिया पर जो वीडियो वायरल हो रहा है, वीडिया 2015 का है। उन्होंने बताया कि रामपुर-रिकांगपिओ बस रूट बंद है। इसके कारण रिकांगपिओ में स्थानीय बसों का संचालन बंद हो गया है। रामपुर से रोहड़ू के रूट भी भूस्खलन के कारण बंद है। शिमला शहर के अंदर एचआरटीसी बसों की आवाजाही जारी है, लेकिन शहर के साथ लगते कई क्षेत्रों में बसों की आवाजाही बंद है। नाहन में मुख्य सडक़े अलावा सभी लिंक रूट बंद है। इसी तरह सोलन में भी मुख्य सडक़ के अलावा लिंक रूट बंद है। चंबा में एचआरटीसी की सभी बस सेवाएं प्रभावित है। कुल्लू जिला के भी सभी रूट बंद है। धर्मशाला डिपो के लोकल रूट बंद है। हमीरपुर में मुख्य रूट बहाल हैं, लेकिन लिंक रूट बंद है।
हिमाचल में तीन दिन से जारी बारिश प्रदेश को गहरे जख्म दे रही है। अब तक करीब 15 लोगों को यह बेरहम बरसात लील गई है। बरसात के कारण कई जगह लोगों के घर और अन्य भवन जमींदोज हो गए हैं तो कहीं पानी अपने साथ लोगों के आशियाने बहाकर ले गया है। मूसलाधार बारिश के चलते भूस्खलन, बादल फटने, घर ध्वस्त होने, पेड़ और बिजली गिरने से करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। 6 नेशनल हाईवे समेत 828 सड़कें यातायात के लिए अवरुद्ध हैं। 4686 बिजली ट्रांसफार्मर ठप हैं। सबसे ज्यादा नुकसान कुल्लू और मंडी जिले में हुआ है। मनाली में चार लोग बहने से लापता हैं। वहीं, दो-तीन वोल्वो बसों के बहने की सूचना है। अखाड़ा बाजार में बैली ब्रिज को भारी नुकसान हुआ है। आवाजाही बंद कर दी गई है। मंडी में ब्यास नदी के उफान में 40 साल पुराना पुल बह गया है। जिला ऊना के उपमंडल बंगाणा क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में रविवार देर रात तथा सोमवार सुबह को लगातार हो रही बारिश से यातायात प्रभावित है। वहीं कुछ स्थानों पर रिहायशी मकान तथा गोशालाएं गिर गई हैं। रौद्र रूप दिखा रही ब्यास बारिश से ब्यास नदी का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। नदी के तटीय इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। ब्यास किनारे कई घर व होटल बह गए हैं। वहीं पार्वती व तीर्थन नदी व अन्य नदी नालों में बाढ़ जैसे हालात हैं। नदी किनारे बसें गांवों व घरों में पानी घुस गया है। लाहौल के तेलिंग नाला में तीन दिन से फंसे हैं 50 लोग जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में बारिश ने तबाही मचा दी है। मनाली-लेह मार्ग के बीच आने वाले तेलिंग व पागलनाला में बाढ़ आने से सड़क मार्ग बंद है। यहां एचआरटीसी की चार बसों के साथ कुछ छोटे वाहन भी फंसे हैं। बसों में सवार करीब 50 लोग तीन दिनों से भूखे प्यासे हैं। इसमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। स्थानीय प्रशासन ने कोई भी मदद नहीं की है। किन्नौर की भावा खड्ड में तीन मकान बहे किन्नौर जिले की भावा खड्ड में रविवार रात बाढ़ आने से तीन मकान बह गए हैं, जबकि दो मकानों को आंशिक रूप से नुकसान हुआ है। एक टिप्पर, एक पिकअप और एक कार बाढ़ मे बह गई है। कई सेब के बागीचों को भी नुकसान पहुंचा है। वहीं भावा खड्ड पर बने पैदल पुल भी बाढ़ की चपेट में आने से बह गए हैं। जबकि कई मकान खतरे की जद में हैं। ऊना आने वाली सभी ट्रेनें रद्द ऊना आने वाली सभी ट्रेनें आज भी रद्द रहेंगी। बारिश की वजह से रेल सेवा पर सबसे बुरा असर पड़ा है। वंदे भारत, जनशताब्दी, हिमाचल एक्सप्रेस सहित पेसेंजर ट्रेने भी नहीं चलेंगी। ऊना, अंब, अंदौरा व दौलतपुर चौक रेलवे स्टेशन भी खाली पड़ हैं। ऊना में कुल नौ ट्रेने अवगमन करतीं हैं। सीएम ने की राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की मांग मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बारिश से हुई तबाही को राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की मांग की है। सीएम सुक्खू रात भर मंडी, कुल्लू, सोलन जिलों में हो रही तबाही की जानकारी लेते रहे। फंसे हुए लोगों को सकुशल निकालने के लिए जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश में फोरलेन निर्माण के दौरान मलबे के ढेर अब बर्दाश्त नहीं होंगे। एनएचएआई ने निर्माता कंपनी को सख्त निर्देश दिए हैं। चिन्हित जगह से बाहर कंपनियां मलबा फेंकती हैं, तो उन्हें ब्लैक लिस्ट किया जा सकता है। एनएचएआई ने बरसात को देखते हुए यह कदम उठाए हैं। जगह-जगह मलबा फेंकने की वजह से सडक़ से निचले क्षेत्रों में बाढ़ आने के हालात बने हुए हैं। इन्हें देखते हुए यह निर्देश जारी किए हैं। एनएचएआई के क्षेत्रीय अधिकारी अब्दुल बासित ने बताया कि फोरलेन पर मलबे के ढेर अब बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। प्रदेश में कालका-शिमला, शिमला-मटौर, कीरतपुर-मनाली, पठानकोट मंडी और पिंजौर-नालागढ़ समेत अन्य एनएच पर यह आदेश लागू रहेंगे। उन्होंने कंपनियों को निर्देश दिए हैं कि वे पर्यावरण के प्रति अपनी भूमिका को बखूबी निभाएं। गौरतलब है कि केंद्रीय सडक़ परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने दो दिन पहले ही इंडियन रोड कांग्रेस अधिवेशन में पेड़ों को बचाने के आदेश दिए थे। इसमें उन्होंने पेड़ काटने की जगह उन्हें उखाड़ कर दूसरी जगह स्थापित करने के निर्देश दिए थे। केंद्रीय मंत्री ने देश भर के इंजीनियरों को यह आदेश दिए थे कि वे आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर सडक़ों के निर्माण को विश्वस्तरीय पहचान दें। उन्होंने नए एनएच निर्माण के दौरान काटे गए पेड़ों के एवज में 68 हजार पेड़ लगाने की बात कही है। एनएचएआई के क्षेत्रीय अधिकारी ने तमाम निर्माता कंपनियों की एक अहम बैठक ली है। इस बैठक के दौरान उन्होंने एनएच के किनारे लगे ढेर को हटाने की बात कही। फोरलेन निर्माण के दौरान जो मलबा निकल रहा है उसे डंप करने के लिए जगह चिन्हित की गई हैं। इन जगहों के अलावा दूसरे स्थानों पर ढेर नहीं लगाए जा सकते हैं। कंपनी प्रबंधकों को इस बात का ख्याल रखना होगा।
प्रदेश में लगातार जारी भारी बारिश के चलते प्रदेश उच्च न्यायालय व जिला न्यायपालिका के सभी न्यायालय में सोमवार को अवकाश घोषित किया गया है। इस संबंध में प्रदेश उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार जनरल ने आदेश जारी किए हैं। आदेशों में कहा गया है कि अवकाश के स्थान पर भविष्य में किसी अन्य गैर कार्य दिवस को प्रदेश उच्च न्यायालय में कार्य दिवस घोषित किया जाएगा। जिला एवं सत्र न्यायाधीश इसे हिमाचल प्रदेश राज्य के बार एसोसिएशन के माध्यम से आम जनता, वादिकरियों और अधिवक्ताओं के ध्यान में लाएंगे। लगातार हो रही बारिश के कारण वकीलों, कर्मचारियों और न्यायिक अधिकारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इसके बाद ही ये आदेश जारी किए गए हैं।
पर्यटन निगम अध्यक्ष, कैबिनेट रैंक आरएस बाली ने कहा कि भारी बारिश के कारण राज्य की विभिन्न जगहों पर फंसे पर्यटकों की सुरक्षा के लिए राज्य सरकार कारगर कदम उठा रही है। यहां जारी प्रेस विज्ञिप्त में पर्यटन निगम के अध्यक्ष आरएस बाली ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के चंद्र ताल, पागल नाला और मलिंग नाला में फंसे सभी लोग तथा पर्यटक सुरक्षित और स्वस्थ हैं। उन्होंने कहा कि इन लोगों को पर्याप्त भोजन की आपूर्ति भी सुनिश्चित की जा रही है तथा स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। उन्होंने कहा कि कार्यवाहक डीजीपी सतवंत अटवाल अपनी टीम के साथ, व्यक्तिगत रूप से ऑपरेशन की निगरानी कर रही हैं। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू सक्रिय रूप से स्थिति पर नजर रख रहे हैं और सरकार द्वारा सभी उचित कदम उठाये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पर्यटकों की सुरक्षा और उनको वहां से निकालने के लिए प्रक्रिया जारी है, लेकिन चंद्र ताल से पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकालने में लगभग दो-तीन दिन लगेंगे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश सरकार प्रभावित लोगों की सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित करने के लिए अथक प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक घटनाएँ सभी के नियंत्रण से परे हैं, लेकिन हिमाचल प्रदेश सरकार सभी को बचाने और सभी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समर्पित है। उन्होंने पर्यटकों से आग्रह करते हुए कहा कि भारी बारिश में यात्राओं से पहरेज करें तथा नदी नालों के किनारे से जाने से भी गुरेज करें। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से हर जिला में आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं किसी भी आपातकालीन स्थिति में संबंधित जिलों के कंट्रोल रूम से संपर्क किया जा सकता है।
कांगड़ा जिला में आपदा प्रबंधन को और भी सुदृढ़ किया जाएगा यह जानकारी उपायुक्त डा निपुण जिंदल ने रविवार को उपायुक्त कार्यालय परिसर में राज्य आपदा रिसपॉंस फोर्स के 25 जवानों को गोताखोरी के प्रशिक्षण के लिए वाटर स्पोर्ट्स प्रशिक्षण केंद्र पौंग डैम के लिए रवाना करने के उपरांत दी। इन जवानों का दस जुलाई से 23 जुलाई तक प्रशिक्षण कार्यक्रम चलेगा। उन्होंने कहा कि बरसात के दिनों में राज्य की विभिन्न नदियां तथा नाले पूरी उफान पर होते हैं तथा प्रतिवर्ष दर्जनों लोगों की मौत नदी तथा नालों में डूबने तथा बहने के कारण होती है जिला में प्रशिक्षित गोताखोरों की संख्या बहुत कम है जिसके चलते कई बार नदी तथा खड्डों में बहने वाले लोगों का बचाव नहीं हो पाता है। इसी पक्ष को ध्यान में रखते हुए आपदा प्रबंधन के लिए कांगड़ा जिला में ही ज्यादा संख्या गोताखोरी का प्रशिक्षण देने की पहल की गई है ताकि बरसात के दिनों में नदी तथा खड्डों में डूबने वाले लोगों का समय रहते बचाव किया जा सके इसके साथ ही अन्य जिलों में जरूरत पड़ने पर भी इन प्रशिक्षित गोताखोरों को भेजा जा सके। उपायुक्त डा निपुण जिंदल ने कहा कि कांगड़ा जिला में आपदा प्रबंधन को लेकर जिला स्तर से लेकर उपमंडल स्तर तक प्लान तैयार किए गए हैं इसमें आपदा प्रबंधन को लेकर विभिन्न स्तरों पर आम जनमानस को प्रशिक्षित भी किया गया है ताकि आपदा के समय स्थानीय स्तर पर सभी लोग प्रशासन का सहयोग कर सकें। उन्होंने कहा कि आपदा मित्रों को प्रशिक्षित करने के लिए भी वर्ष भर गतिविधियां संचालित की जाती हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में बेहतर आपदा प्रबंधन के माध्यम से ही आपदा से होने वाले नुक्सान को कम किया जा सकता है। इस अवसर पर एडीएम रोहित राठौर सहित पुलिस के अधिकारी भी उपस्थित थे।
भारतीय राज्य पेंशनर महासंघ हिमाचल प्रदेश की राज्य स्तरीय बैठक ज्वालामुखी में महासंघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष घनश्याम शर्मा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इसमें प्रदेश अध्यक्ष ब्रह्मानंद,अतिरिक्त महामंत्री सुभाष पठानिया, प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेम व्यास, प्रदेश पथ परिवहन के अध्यक्ष बलरामपुरी, जिला अध्यक्ष चमन पुंडीर, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य आरके धीमान, किशोरीलाल महासंघ के खंड देहरा के अध्यक्ष रामस्वरूप शर्मा और अन्य संगठनों के पदाधिकारियों पेंशनर आदि ने हिस्सा लिया। घनश्याम शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के गुरुकुल में केवल झूठ की पीएचडी करवाई जाती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता केवल मात्र झूठ के सहारे राजनीति करते हैं। उन्होंने झूठ बोलकर सत्ता हासिल की और झूठ बोलकर 10 गारंटी देकर प्रदेश की जनता को ठगा है। उन्होंने कहा की मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की प्रशासनिक पकड़ खत्म हो चुकी है मुख्यमंत्री जो घोषणा करते हैं, प्रशासनिक अधिकारी उस पर अमल नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश के वरिष्ठ नागरिक, जिन्होंने सरकारी नौकरी में अपनी जवानी प्रदेश की तरक्की के लिए लगा दी, आज अपनी छोटी मोटी मांगों के लिए सड़कों पर उतर रहे हैं। कर्मचारियों के एरियर नहीं मिल रहे हैं, पेंशनर का एरियर नहीं मिल रहा है। कर्मचारियों को डीए के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है । प्रदेश में कर्मचारियों को 34 फीसदी डीए मिल रहा है, जबकि अन्य राज्यों में 44त्न डीए मिल रहा है उन्होंने कहा कि मैं ओपीएस का समर्थक हूं। सरकार इसे ठीक ढंग से लागू करें, ताकि कर्मचारियों को लाभ मिले। परंतु इससे उल्टा सरकार राजस्थान और छत्तीसगढ़ जहां कांग्रेस की सरकारें हैं। उसी तर्ज पर प्रदेश में ओपीएस को लागू करने जा रही हैं। कैबिनेट में पास कर दिया है परंतु उसको कर्मचारियों के हित को देखते हुए लागू नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब कांग्रेस के नेता दिल्ली में लड़ाई लड़ने की बातें करने लगे हैं। उन्होंने कांग्रेसियों से पूछा है कि 10 गारंटी उन्होंने क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पूछ कर लोगों को दी थी। उन्होंने सरकार को 15 अगस्त तक का अल्टीमेटम दिया है। यदि 15 अगस्त तक कर्मचारियों की सभी मांगे ंपूरी नहीं होती हैं तो पूरे प्रदेश में आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
जयसिंहपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत उभरते हुए कस्बे पंचरुखी को नगर पंचायत के रूप में गठित करना अति अनिवार्य है। किसान नेता एवं समाजसेवी मनजीत डोगरा ने कहा कि पंचरुखी के आसपास तेज गति से हो रहे विकास को योजनाबद्ध रूप देने की आवश्यकता है। इसलिए इस क्षेत्र को शहरी निकायों की परिभाषा के अंतर्गत गठित करने की आवश्यकता है। मनजीत डोगरा ने कहा जयसिंहपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता पंचरुखी क्षेत्र अब कस्बे का रूप ले चुका है, पंचरुखी के आसपास घनी आबादी, बड़े-बड़े व्यवसायिक प्रतिष्ठान, बैंकों का विस्तार, ब्लॉक कार्यालय, तहसील कार्यालय, सभी सरकार के विभागों के कार्यालय, अस्पताल, सभी तरह की सुविधाएं इस क्षेत्र में मौजूद हैं, निर्माण का कार्य बहुत ही तेजी से समूचे क्षेत्र में चल रहा है, इस निर्माण को शहरी योजना में लाना आवश्यक है, ताकि शहर का विकास भविष्य की तमाम आवश्यकता ओं के मध्य नजर किया जा सके और यह क्षेत्र आर्थिक एवं सामाजिक तौर पर सुदृढ़ बने तथा हिमाचल प्रदेश के एक सुंदर एवं सुनियोजित शहर के रूप में विकसित हो सके।
प्रदेशभर में इन दिनों मौसम विभाग द्वारा हाई अलर्ट जारी किया गया है, क्योंकि बरसात के कारण भारी बारिश होने के कारण नदियों-नालों का बहाव तेज हो जाता है और भूस्खलन का खतरा मंडराता रहता है। बीते तीन दिनों से हो रही भारी बारिश के कारण जिला कांगड़ा के विधानसभा क्षेत्र इंदौरा की ग्राम पंचायत तोकि (वार्ड -7) के लोग सहमे हुए हैं क्योंकि एक तो पहले ही उनके रास्तों व घरों से नाली का पानी नही जाता और ऊपर से बरसात आई तो गरीब जनता के लिए आफत का पहाड़ बन गई। लोगों के घरों में पानी इतना घुस गया है कि घर का सारा सामान पानी में डूब चुका हैं। इस मौके पर जब पीड़ित परिवारों ने अपनी व्यथा पंचायत प्रधान को सुनाई तो प्रधान तुरंत मौका देखने पहुंची। मौका देखने के बाद प्रधान ने उपमंडल अधिकारी सुरिंदर ठाकुर को संपर्क किया तो उन्होंने पीड़ित परिवारों को राशन दिया व जल्द ही उनकी समस्या हल करने का आश्वासन दिया। वहीं प्रधान बबली देवी ने कहा कि जनता की सेवा के लिए हम हमेशा तत्पर रहेंगे और जल्द उच्च अधिकारियों से बात करके इस समस्या का समाधान करवाएंगे ताकि हमारी पंचायत के किसी भी व्यक्ति को समस्या का सामना न करना पड़े।
भारी बरसात के चलते इलाके की सभी खड्डे भारी उफान पर हैं। रविवार सुबह कांगड़ा जिले के गांव सनौरा का 48 वर्षीय व्यक्ति रणजीत सिंह खड्ड में में बह गया। वह एक व्यक्ति के अंतिम संस्कार में लकड़ी डालने गया था। रणजीत सिंह मृतक को लकड़ी डालकर हाथ धोने लगा और अचानक पैर फिसल जाने से वह पानी में गिर गया और पानी के तेज बहाव में बह गया। वहीं, सूचना मिलने पर गग्गल पुलिस की टीम भी थाना प्रभारी केसर सिंह के नेतृत्व में घटनास्थल पर पहुंच गई। थाना प्रभारी केसर सिंह ने बताया कि लापता व्यक्ति का अभी तक कोई पता नहीं चला है। उन्होंने बताया कि घटना के बारे नियंत्रण कक्ष को सूचित कर दिया गया है। उधर, सनौरा पंचायत प्रधान सुनीता देवी ने बताया कि रंजीत कुमार पहले होमगार्ड जवान था, लेकिन अब घर में ही मेहनत मजदूरी करता था। खड्ड में बहे रणजीत की ग्रामीणों द्वारा तलाश की जा रही है।
मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन इंदौरा में एलमनाइस मीट रियूनियन 2023 का आयोजन किया गया। इसमें कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार ने कॉलेज महोत्सव में पहुंचे पूर्व छात्रों का तहदिल से स्वागत व अभिनंदन किया। कॉलेज में पढ़ चुके पुराने छात्रों से संपर्क रखने के लिए यह रियूनियन करवाई गई। मिनर्वा कॉलेज के प्रांगण में पूर्व छात्रों ने यहां पहुंचकर इस महोत्सव की शोभा बढ़ाई और कॉलेज प्रशासन के साथ अपनी जिंदगी में कामयाबी व नाकामयाबी एवं अन्य पहलुओं को साझा किया। वहीं कॉलेज प्रशासन ने भी पूर्व में रहे कॉलेज के छात्रों से कॉलेज के विकास और पढ़ाई के स्तर को और अच्छा किया जा सके, इसके लिए पढ़ाई पूरी कर चुके कॉलेज के छात्रों से सुझाव मांगे। वहीं, एलमनाइस मीट में पवन, अंबिका, राघव और सविता को एलमनाइस का प्रधान बनाया गया। कॉलेज प्रशासन ने भी छात्रों के भविष्य सुधारने के लिए कॉलेज की तरफ से हर यथासंभव सहायता देने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमारने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि छात्र देश का भविष्य है इसलिए छात्र पढ़ाई के साथ-साथ अन्य कार्यक्रम और खेलकूद में भी अपना ध्यान केंद्रित करें और छात्रों को उनके उज्ज्वल भविष्य में हर तरह से सहायता करने और मार्गदर्शन के लिए आश्वस्त किया।
हिमाचल प्रदेश में बीते दिन से बारिश का कहर जारी है। रविवार को प्रउेश में पांच लोगों की मौत हो गई। बारिश की वजह से शिमला में एक मकान गिर गया। हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई। कुल्लू में एक महिला और रामपुर में एक व्यक्ति की मौत हुई है। कुल्लू जिले के बाहंग में एक दुकान ढह गई। कुल्लू में ब्यास के साथ पार्वती और तीर्थन नदी भी उफान पर हैं। इसके अलावा, मंडी शहर में ब्यास नदी उफान पर है। भूस्खलन की वजह से कई हाईवे बंद हैं। मौसम की मार से वंदे भारत, अम्बाला से ऊना आने वाली ट्रेन प्रभावित हैं। लाहौल में ताजा बर्फबारी और मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। रामशिमला से मनाली मार्ग यातायात के लिए बंद है। सांगरी बैग से बायां तट होते हुए नग्गर मनाली तक भी यातायात के लिए बंद है। कुल्लू के ब्यासा मोड़ में कार फंस गई।
लगातार हो रही बारिश से धर्मशाला में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। स्मार्ट सिटी के चीलगाड़ी स्थित स्कूल शिक्षा बोर्ड कॉलोनी में एक बड़ा चीड़ का पेड़ गिर जाने से भारी नुकसान हुआ है। बोर्ड कर्मचारियों की एक कार पर चीड़ का पेड़ गिर जाने से गाड़ी बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुई है। इसके अलावा आसपास बने कॉलोनी के घरों को भी पेड़ की बड़ी टहनियों से नुकसान पहुंचा है। गनीमत यह रही कि पेड़ उसे समय गिरा जब आसपास कोई व्यक्ति नहीं था, जिससे बचाव हो गया। कांगड़ा जिला के अन्य स्थानों में भी ऐसी अनेक घटनाएं सामने आई हैं। लगातार हो रही बारिश से लोग सहमे हुए हैं। उधर, उपायुक्त डॉ. निपुण जिंदल ने अलर्ट जारी करते हुए लोगों से बेवजह घरों से न निकलने और नदी नालों के आसपास न जाने की अपील की है।
प्रदेश में भारी बारिश के कारण कई जगहों पर नुकसान की खबर है। नदी नाले उफान पर है। पहाड़ों,चट्टानों और पेड़ों के गिरने का डर है। यह क्रम अभी दो दिन तक और जारी रहेगा। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने लोगों से अपील की है कि ज्यादा जरूरी काम न हो तो घर से बाहर न जाएं। जनता की सुविधा के लिए प्रशासन को हर संभव सहायता प्रदान करने और सतर्क रहने के आदेश दे दिए गए हैं। सरकार हर वक्त आपके साथ खड़ी है। अपना ख्याल रखें और सावधान रहें।
जिला नियंत्रक खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले कांगड़ा पुरषोत्तम सिंह ने बताया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत विकास खंड फतेहपुर की ग्राम पंचायत डक गांव सोहर वार्ड नंबर 5 और विकास खंड नूरपुर की ग्राम पंचायत कोपड़ा गांव भटका वार्ड नंबर 7 में उचित मूल्य की दुकान का आवंटन किया जाना है। इसे लेकर इच्छुक लोग अथवा संस्थाएं 17 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
हिमाचल प्रदेश में जारी मूसलाधार बारिश के बीच मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला की ओर से हिमाचल प्रदेश में 9 जुलाई के लिए बहुत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। प्रदेश में 10 जुलाई के लिए यलो अलर्ट जारी हुआ है। पूरे प्रदेश में 14 जुलाई तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने हिमाचल के लाहौल-स्पीति में अचानक बाढ़, हिमस्खलन की चेतावनी भी दी है। रेड अलर्ट को देखते हुए मौसम विभाग ने स्थानीय लोगों व पर्यटकों को संबंधित विभागों की ओर से जारी एडवाइजरी और दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा है। विभाग के अनुसार मौसम के संबंध में जारी की गई किसी भी यातायात सलाह का पालन करें। -इन जिलों के लिए जारी हुआ रेड अलर्ट प्रदेश के ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, चंबा, कांगड़ा, कुल्लू और मंडी जिले के लिए बहुत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी हुआ है। वहीं, शिमला, सोलन, सिरमौर व लाहौल-स्पीति के लिए येलो-ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ है। उधर, आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से भी लोगों को एसएमएस के जरिये सचेत रहने की सलाह दी जा रही है।
हिमाचल प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ खंड ज्वालामुखी के चुनाव लोक निर्माण विश्राम गृह ज्वालामुखी में आज पर्यवेशक सौरव वेद व अनूप धीमान की अध्यक्षता में संपन्न हुए। इसमें वन विभाग के गुरचरण भाटिया को सर्वसम्मति से ज्वालामुखी खंड का प्रधान चुना गया। वहीं, सुनील कुमार को महासचिव, वीरेंद्र शर्मा वरिष्ठ उपप्रधान और राजेश कुमार कोषाध्यक्ष, सुरेश कुमार जल शक्ति विभाग से उपाध्यक्ष, सुनील कुमार शिक्षा विभाग से उपाध्यक्ष, राज कुमार जल शक्ति विभाग से मुख्य सलाहकार व कुलदीप को सह सचिव चुना गया। कार्यकारिणी के गठन के तुरंत बाद प्रधान गुरचरण की अध्यक्षता में स्थानीय विधायक ज्वालामुखी संजय रत्न से मुलाकात की गई। नवनिर्वाचित कार्यकारिणी ने विधायक से आगे की रूपरेखा की जानकारी साझा की। वहीं, विधायक ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई दी।
डाडासीबा के तहत नंगल चौक में शनिवार दोपहर 2 बजे के करीब आंधी व तूफान के साथ मूसलाधार बारिश से कई पेड़ गिर गिर गए। डाडासीबा- ढलियारा मार्ग नंगल चौंक बाबा वेल्डिंग की दुकान के पास आम का काफी पुराना पेड़ गिर जाने से वाहन चालक व राहगीर बाल-बाल बचे। आम का सूखा पेड़ गिरने से बिजली के तीन खंबे टेढ़े हो गए हैं और बिजली की आपूर्ति बंद हो गई है। इस गांव में 25 घरों को बिजली आपूर्ति बंद है, जिससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस रोड पर बहुत ही पुराने पेड़ हैं, जो बिना बारिश के ही सड़क पर गिर रहे हैं। उन्होंने फॉरेस्ट विभाग से मांग की है कि जो भी पुराने पेड़ सूखे हैं या गिरने की कगार पर हैं, उन्हें समय रहते कटवाया जाए, ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके। लोक निर्माण विभाग डाडासीबा के सहायक अभियंता राजन कुमार का कहना है भारी तूफान की वजह से आम का पेड़ सड़क पर गिरा है। शीघ्र ही पेड़ सड़क से हटाया गया। उधर, इस संबंध में डाडासीबा वन परीक्षेत्र अधिकारी नरेंद्र सिंह ने बताया जो सड़कों के किनारे सूखे पेड़ उनको रेमार्क करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया है। उच्च अधिकारियों को इसकी रिपोर्ट भेजी गई है। जल्द बहाल की जाएगी बिजली विद्युत विभाग डाडासीबा के सहायक अभियंता दिनेश कुमार का कहना है मुझे सूचना मिली थी कि पेड़ बिजली की तारों पर गिरा है पेड़ के गिरने से बिजली के तीन खंबे झुक गए हैं बारिश अभी तक थमने का नाम नहीं ले रही है बारिश बंद होने के बाद बिजली बहाल की जाएगी। इसके लिए टीम को भेज दिया है।
कंवर दुर्गा चंद राजकीय महाविद्यालय जयसिंहपुर के लिए सरकार द्वारा चार नए प्राध्यापकों को नियुक्ति दी गई है। इसमें गणित में सहायक प्राध्यापक हरजिंदर सिंह, रसायन विज्ञान में सहायक प्राध्यापक आस्था गुप्ता, संगीत (वाद्य) में सहायक प्राध्यापक ललिता शर्मा, भूगोल में सहायक प्राध्यापक अंशु देवी ने महाविद्यालय में अपना-अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया है। इसके अतिरिक्त महाविद्यालय में अप्रैल माह में दो विषयों में प्राध्यापकों को नियुक्ति दी गई है, जिसमें मनोविज्ञान में सहायक प्राध्यापक सचिन कुमार और दर्शनशास्त्र में सहायक प्राध्यापक रजनी देवी है। कॉलेज प्राचार्य ने महाविद्यालय के लिए प्राध्यापक उपलब्ध करवाने के लिए प्रदेश सरकार एवं स्थानीय विधायक यादविंदर गोमा का धन्यवाद किया। इस अवसर पर कॉलेज में नवागंतुक सहायक प्राध्यापकों का प्राचार्य व कॉलेज के समस्त टीचिंग व नॉन टीचिंग स्टाफ ने स्वागत किया व ढेर सारी बधाइयां दीं।
गुलेर के रहने वाले मॉडल अमनदीप, जो कि आइकोनिक हिमाचल-2023 रह चुके हैं, हरीश मंडियाल के नए पहाड़ी गाने 'बुढ़का' में नजर आएंगे। हरीश मंडियाल मंडी के रहने वाले हैं। 'बुढ़का' गीत कल सुबह 6 बजे मंडियाल के यू-ट्यूब चैनल पर लांच होने जा रहा है, जिसमें अमनदीप शर्मा ने एक्टिंग की है। अमनदीप मॉडल के साथ एक अच्छे डांसर भी हैं। गाने का शूटिंग इस माह के शुरू में सुंदरनगर की वादियों में पूरी हो चुकी है। अमनदीप, जो कि कई खिताब अपने नाम कर चुके हैं, का कहना है कि वह अपने ऐतिहासिक गांव गुलेर की प्रसिद्धी को और आगे बढ़ाना चाहते हैं।
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के वेदव्यास परिसर बलाहर में शुक्रवार को साहित्य विद्याशाखा एवं हिमाचल संस्कृत अकादमी के संयुक्त तत्वावधान में सात दिवसीय आवासीय राष्ट्रीय कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता वेदव्यास परिसर के निदेशक प्रो. मदन मोहन पाठक ने की। इस कार्यक्रम में जयपुर से आए साहित्य के मर्मज्ञ विद्वान प्रो. राम कुमार शर्मा युवा प्रतिभागियों के केंद्रबिंदु रहे। उन्होंने बड़े ही सरल और मनमोहक शब्दों में श्लोक का महत्व सभी के सामने रखा। इस अवसर पर हिमाचल संस्कृत अकादमी के सचिव डॉ. केशवानंद कौशल ने सभी गणमान्यों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। इस अवसर पर सारस्वतातिथि के रूप में पंजाब विश्वविद्यालय के संस्कृत विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. गणेश दत्त भारद्वाज भी उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में हिमाचल आदर्श संस्कृत महाविद्यालय जांगला से पधारे डॉ. हरिदत्त ग्वाड़ी ने वियोग से काव्य की उत्पति पर प्रकाश डाला। कार्यशाला के संयोजक पंकज ने कहा कि यह कार्यशाला सात दिनों तक चलेगी। इसमें देश के विभिन्न कोनों से पधारे हुए लगभग 50 प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह कार्यशाला प्रतिभागियों का सर्जनात्मक विकास करेगी। इस अवसर पर साहित्य विद्याशाखा के संयोजक डॉ. श्याम बाबू ने सभी गणमान्यों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद व्यक्त किया। सत्र का संचालन डॉ. शक्ति शरण शर्मा ने किया। इस अवसर पर सभी विभागों के विभागाध्यक्ष, समस्त अध्यापक एवं प्रतिभागी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश में बीते 24 घंटे के दौरान कई क्षेत्रों में भारी बारिश हुई। इससे प्रदेश में 160 से ज्यादा सड़कें बंद हो गई हैं। मौसम विभाग ने आगे दो दिन तक हाईअलर्ट जारी किया गया है। शिमला और सोलन जिले में धुंध के कारण विजिबिलिटी 50 मीटर तक गिर सकती है। मौसम विभाग की मानें तो ऊना, कांगड़ा, चंबा, बिलासपुर, मंडी, शिमला, सोलन, सिरमौर और हमीरपुर जिले में कुछ स्थानों पर भारी से भी भारी बारिश हो सकती है। इसलिए इन जिलों में मौसम विभाग की ओर से ऑरेंज अलर्ट दिया गया है। मौसम विभाग की मानें तो बारिश होने से मौसम में गिरावट आई है। अगले 2-3 दिन में भी तापमान में 2 से 3 डिग्री की गिरवाट आएगी। प्रदेश का अधिकतम तापमान औसत से 2.4 डिग्री नीचे लुढ़क चुका है। शिमला का अधिकतम पारा 22.8 डिग्री, ऊना का 33.2 डिग्री, नाहन 26.7 डिग्री, सोलन 27.4 डिग्री, मनाली 22.8 डिग्री, कांगड़ा 31.3 डिग्री, बिलासपुर 32 डिग्री और हमीरपुर 32.4 डिग्री दर्ज किया गया।
'आपका विधायक आपके द्वार' कार्यक्रम के तहस्त आज लाहट, रिट, गुंगड़ में लोगों की जनसमस्याओं को सुना और मौके पर समाधान किया। वहीं गोमा ने प्रदेश सरकार की गरीब बच्चों के लिए एक प्रतिशत ब्याज की ऋण उपलब्ध करवा रही है, जिसके लिए सरकार ने बजट का भी प्रविधान कर दिया है। विधायक ने मौके पर विकासात्मक कार्यों के लिए 2 लाख शमशान घाट, सड़क निर्माण रिट, गुंगड़ में शैड निर्माण के लिए 2 लाख विधायक निधि से घोषणा की। साथ ही साथ कुठेड़ा में महिला मंडल भवन भवन निर्माण के लिए 2 लाख रुपये, कुठेडा में पुलिया निर्माण के लिए 2 लाख रुपये, पांट में महिला मंडल के भवन निर्माण के लिए 2 लाख रुपये की विधायक निधि से घोषणाएं कीं।
बाबा कांशी राम महाविद्यालय डाडासीबा में आखिरकार शुक्रवार को प्रदेश शिक्षा विभाग ने इतिहास और अर्थशास्त्र के प्रवक्ताओं की तैनानी कर दी, जिससे यहां पढ़ने वाले तमाम छात्र-छात्राओं ने राहत की सांस ली है। बता दें कि महाविद्यालय में प्रवक्ता अर्थशास्त्र और इतिहास के दोनों पद बिगत कुछ वर्षों से रिक्त चल रहे थे, जिससे यहां शिक्षा ग्रहण करने बाले तमाम छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। इसी बात को मद्देनजर रखते हुए लंबे समय से कॉलेज मैनेजमेंट कमेटी अभिभावक एवं छात्र-छात्राएं प्रदेश सरकार व शिक्षा विभाग से बार बार मांग करते आ रहे थे। कॉलेज मैनेजमेंट कमेटी ने इस समस्या को पूर्व कामगार एवं कर्मचारी कल्याण बोर्ड सुरेेंद्र सिंह मनकोटिया के समक्ष रखा और प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को एक साथ दो प्रवक्ताओं की तैनाती दे दी। मांग पूरी होने पर कॉलेज मैनेजमेंट कमेटी व अभिभावकों ने सीएम सुखविंदर सिह सुक्खू व ठाकुर सुरेेंद्र सिंह मनकोटिया का आभार व्यक्त किया है।
देहरा ब्लॉक में कृषि विभाग की योजनाओं से प्रेरित होकर कई किसान प्राकृतिक खेती कर रहे हैं। इन्हीं में से एक हंै देहरा ब्लॉक की धनोट पंचायत से संबंध रखने बाले विजय सिंह राणा। विजय सिंह राणा ओर उनके तीन भाइयों ने सिंतबर 2021 में हॉर्टिकल्चर विभाग के अंडर 25 कनाल में शिवा क्लस्टर लगया है। इसमें मौसमी के 1111 पौधे लगाए गए हैं। विजय सिंह ने 2018 में पालमपुर में पदम श्री सुभाष पालेकर जी से 7 दिवसीय शिविर में प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण लिया था और उसके बाद अपने खेतों में प्राकृतिक खेती करना शुरू कर दी। विजय राणा ने पौधों के बीच के खाली जगह को बड़े अच्छे तरीके से उपयोग किया। उन्होंने अपने बगीचे में भिंडी, फ्रेंचबीन, कुकरबीट्स लगाए हुए हंै और उन्होंने बताया कि इससे उनकी आय में बढ़ोतरी हो रही है। उन्होंने बताया कि जीवामृत, नीमलेप, घनजीवमृत, ओर ब्रहमास्त्र आदि प्राकृतिक घटक का प्रयोग करने से उनके मौसमी के पौधों की वृद्धि बड़े अच्छे से हो रही है। वे 25 कनाल के बगीचे में किसी भी प्रकार की रासायनिक खादें प्रयोग नहीं करते है। वे चाहते हैं कि जितने भी शिवा क्लस्टर उनके आसपास की पंचायतों में लगाए जा रहे हंै, वहां प्राकृतिक खेती में प्रयोग होने वाली खादों को खेतों में उपयोग किया जाए।
मानसून सीजन में धर्मशाला वन वृत्त के तहत दस लाख के करीब पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए विशेष अभियान भी आरंभ किया जाएगा। मुख्य अरण्यपाल धर्मशाला वन वृत्त ई विक्रम ने बताया कि पौधारोपण अभियान में आम जनमानस की सहभागिता सुनिश्चित करने के साथ साथ वन प्रबंधन समितियों, महिला मंडलों, युवक मंडलों का भी सहयोग लिया जाएगा। पर्यावरण संरक्षण में पौधारोपण की महत्ता को लेकर स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे ताकि युवा पीढ़ी भी वन संरक्षण के लिए आगे आ सके। उन्होंने बताया कि धर्मशाला वन वृत्त में वन विभाग चालू वर्ष के दौरान विभिन्न विभागीय योजनाओं के तहत लगभग 684 हेक्टेयर क्षेत्र में वन रोपण करेगा और विभिन्न प्रजातियों के 4.5 लाख पौधे लगाए जाएंगे। इसके अलावा, 3189 हेक्टेयर क्षेत्र में पिछले वर्षों में किए गए वृक्षारोपण में मृत पौधों को बदलने का कार्य भी किया जाएगा, जिसमें 5.65 लाख पौधे भी लगाए जाएंगे। इस प्रकार इस मानसून सीजन के दौरान लगभग 10 लाख से अधिक पौधे लगाए जाएंगे।
हिमाचल प्रदेश में नया वेतनमान लागू हो गया है और लाखों कर्मचारियों को वेतन वृद्धि का लाभ दिया गया है। वेतन वृद्धि जनवरी 2016 से मिले और प्रत्येक कर्मचारी को 50000 रुपये की पहली किस्त एरियर के तौर पर भी जारी हो चुकी है। प्रदेश के हजारों गृह रक्षकों में से कुछ को एरियर की पहली किस्त चुकी है और कुछ को नहीं मिली है। हिमाचल प्रदेश गृह रक्षक कल्याण संघ के प्रदेश अध्यक्ष जोगिंदर सिंह चौहड़िया वार्ड जिला कांगड़ा के अध्यक्ष रघुवीर सिंह रघु ने कहा कि सरकार ने अपने कर्मचारियों को नए वेतनमान लाभ के साथ एरियर का भुगतान कर दिया है, किंतु होमगार्ड जवानों को न तो बढ़े हुए वेतन का लाभ मिला और न ही एरियर की किस्त मिल पाई है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया है कि जिन कर्मचारियों को एरियर की पहली किस्त नहीं मिली है, उसका जल्द से जल्द भुगतान किया जाए।
सहायक आयुक्त सुभाष गौतम ने जानकारी दी कि द्वितीय भारतीय आरक्षित वाहिनी सकोह की बट्ट रेंज के अंतर्गत 24 बटालियन सीमा सुरक्षा बल के जवानों द्वारा 8 जुलाई को प्रात: 8 बजे से शाम 5 बजे तक फायरिंग अभ्यास किया जाएगा। उन्होंने वार्ड नंबर 9 सकोह सहित ग्राम पंचायत चैतड़ू, सराह तथा सम्बन्धित क्षेत्र के लोगों से आग्रह किया कि किसी प्राकार की अप्रिय घटना से बचने के लिये इस दौरान फायरिंग रेंज में जाने और अपने मवेशियों को भेजने से परहेज करें।
पुलिस चौकी ठाकुरद्वारा की टीम ने मिलवा गांव में एक नशा तस्कर को चिट्टे की खेप सहित गिरफ्तार किया है। पुलिस थाना इंदौरा के प्रभारी कुलदीप शर्मा ने बताया कि ठाकुरद्वारा पुलिस के मुख्य आरक्षी राजेश कुमार अपनी टीम सहित मिलवा ठाकुरद्वारा रोड पर गश्त कर रहे थे। इस दौरान पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि कोई व्यक्ति क्षेत्र में नशे की तस्करी करने आ रहे हैं। पुलिस टीम जब मिलवा रेलवे फाटक के पास पहुंची तो एक व्यक्ति पैदल ठाकुरद्वारा की ओर आता दिखा। जब उसकी नजर पुलिस पर पड़ी तो वह घबरा गया और भागने की कोशिश करने लगा पुलिस ने उसे तुरंत काबू कर लिया और तलाशी लेने पर उसके पास 51.44 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। आरोपी की पहचान विजय कुमार निवासी चौधरीबाल तहसील बटाला जिला गुरदासपुर पंजाब के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर पुलिस चौकी ठाकुरद्वारा में मामला दर्ज कर लिया है पुलिस अब आरोपी से यह जानने की कोशिश कर रही है कि पंजाब के कस्बा बटाला का नशा तस्कर मिलवा एरिया में किसे सप्लाई देने आया था पकड़ी गई नशे की खेप की कीमत लाखों के बताई जा रही है।
थाना डमटाल के अंतर्गत आती ग्राम पंचायत कंदरोडी में मारपीट का मामला सामने आया है। मामले की जानकारी देते हुए थाना डमटाल प्रभारी कल्याण सिंह ने बताया कि कंवर सिंह निवासी नागलिया चक्क ने शिकायत दर्ज करवाते हुए बताया कि एक ट्रक चालक ने उसके साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की, जिससे उसे काफी गहरी चोटें आई हैं। थाना प्रभारी ने बताया कि शिकायतकर्ता का मेडिकल करवाया गया है तथा आरोपी ट्रक ड्राइवर सुरेंदर सिंह निवासी जस्टरवाल तहसील अजनाअजनाला जिला अमृतसर के खिलाफ मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस थाना ज्वालामुखी के अंतर्गत एक युवती ने एक व्यक्ति पर उसके साथ दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है। युवती ने पुलिस के पास शिकायत दर्ज करवाई है कि एक व्यक्ति ने उसके घर आकर उसके साथ जोर जबरदस्ती करते हुए उसके साथ बलात्कार किया। उसने उसे यह भी धमकी दी कि अगर उसने किसी को बताया तो वह उसका मोबाइल नंबर अपने दोस्तों को दे देगा। पीड़िता का मेडिकल सिविल अस्पताल ज्वालामुखी में करवाया गया। पुलिस ने पीड़िता के बयान पर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। मामले की पुष्टि डीएसपी ज्वालामुखी विकास धीमान ने की है।
जसवां परागपुर की ग्राम पंचायत बाडी के राघव जम्वाल ने एशियन चैंपियनशिप में दो कांस्य पदक जीत कर पूरे देश का नाम रोशन किया व आज राघव जम्वाल के घर पहुंचने पर गांववासियों व स्थानीय विधायक विक्रम ठाकुर ने उनका भव्य स्वागत किया । इस दौरान राघव को विधायक विक्रम ठाकुर ने पुष्प भेंट कर राघव की जीत पर गर्व महसूस करते हुए कहा कि उन्हें खुशी है कि राघव हमारी विधानसभा जसवां-प्रागपुर का बेटा है व इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र व गांव में खुशी का माहौल है। उन्होंने युवा वर्ग को राघव से प्रेरणा लेकर खेलों में अपना योगदान देने के लिए कहा । ज्ञात रहे कि कजाकिस्तान में आयोजित एशियाई चैंपियनशिप में राघव जम्वाल ने भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व किया व कजाकिस्तान में यह टूर्नामेंट 20 जून से शुरू हुआ था। बता दें राघव ने मध्य प्रदेश के देवास में हुई 16वीं जी.एफ.आइ ग्रेपलिंग चैंपियनशिप में दो स्वर्ण पदक जीते हैं जिसके आधार पर राघव का चयन एशियाई चैंपियनशिप में हुआ था। कजाकिस्तान में आयोजित एशियाई चैंपियनशिप में राघव जम्वाल भारतीय टीम के कप्तान थे और ग्रैपलिंग में यह भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा है । भारत ने ओवरऑल तीसरा स्थान हासिल किया जिसमें भारत ने 2 गोल्ड, 2 सिल्वर और 12 ब्रॉन्ज मैडल जीते हैं। जम्वाल ने इस प्रतियोगिता में देश के लिए बेहतर प्रदर्शन करते हुए एक ट्रॉफी तथा सीनियर -71 किग्रा वर्ग में 2 कांस्य पदक जीते। वहीं राघव जम्वाल ने बताया कि इस प्रतियोगिता से पहले उन्होंने अधिकारियों से वादा किया था कि यह भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन होगा और उन्होंने इसे पूरा किया। उन्होंने अपने कोच सिद्धार्थ सिंह को देश का सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षक कहा है। वहीं राघव ने ग्रैपलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया ओ.पी नरवाल और शिव पंचाल का भी धन्यवाद करते हुए कहा कि हम ग्रैपलिंग फीट फेडरेशन ऑफ इंडिया लगातार प्रयास कर रहे हैं। वहीं उन्होंने भारत के रेफरी और संजय पवार का भी धन्यवाद किया है जिनके निरंतर प्रयासों और समर्पण ने यह सुनिश्चित किया है कि हम हर कदम पर बेहतर हों। उन्होंने कहा कि इस टूर्नामेंट से उन्हें बहुत कुछ सीखने को मिला है। वहीं राघव ने कहा कि मैं अपना सिर नीचे रखूंगा और उन गलतियों पर ध्यान केंद्रित करूंगा जो मैंने टूर्नामेंट में कीं। राघव ने कहा कि मेरा सपना अपने देश के लिए गोल्ड मेडल लाना है। जम्वाल ने कहा कि यह मेरा पहला अंतरराष्ट्रीय पदक है, मैं बहुत खुश हूं और मैं इससे भी बेहतर करूंगा । उन्होंने कहा कि मैंने अपनी गलतियों की एक सूची बनाई है, मैं उन पर काम करूंगा। मैं भी चाहता हूं कि मेरे राज्य हिमाचल प्रदेश के बच्चे बाहर आएं और संघर्ष करें। उन्होंने कहा कि हमारे पास देश में सर्वश्रेष्ठ बनने की क्षमता है हमें बस एक अच्छी संरचना और समर्पण की आवश्यकता है। इस दौरान पंचायत प्रधान रानी देवी, अश्वनी कुमार, मंजीत कुमार आदि भी उपस्थित रहे।
उपमंडल देहरा के अंतर्गत पड़ते सनोट तलाई की अवंतिका पुत्री सुरजीत सिंह की ऑस्ट्रेलिया में एक कार हादसे में मौत हो गई है। अवंतिका का पिछले साल ही विवाह हुआ था और इस वर्ष यह दुर्घटना घट गई। अवंतिका के पिता पुलिस विभाग में कार्यरत हैं। अवंतिका की मौत की खबर सुनने के बाद घर का माहौल बड़ा ही गमगीन है। अवंतिका का शव अभी भारत नहीं पहुंचा है।
हिमाचल अनुबंध नियमित कर्मचारी संगठन का एक प्रतिनिधिमंडल प्रदेश अध्यक्ष मनीष गर्ग की अगवाई में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू से धर्मशाला में मिला। प्रतिनिधिमंडल ने प्रथम नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता देने के संबंध में एक ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपा। संगठन ने सरकार से भर्ती एवं पदोन्नति नियमों के अंतर्गत नियुक्त कर्मचारियों को नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता देने की मांग की है। प्रदेश अध्यक्ष मनीष गर्ग ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि वर्तमान सरकार कर्मचारी हित में कार्य कर रही है। उन्होंने वरिष्ठता की मांग को ध्यान से सुना और कहा कि वे इस मांग पर अधिकारियों के साथ विचार करेंगे। कर्मचारियों को भरोसा है कि जिस तरह मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की सरकार ने कर्मचारियों की पुरानी पेंशन की मांग को पूरा किया है वैसे ही वे नियुक्ति की मांग को भी जल्दी ही पूरा करेंगे। प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश अध्यक्ष मनीष गर्ग, अश्वनी चौधरी, अनोज, ओंकार सिंह मोंगरा, मनदीप चौधरी, अश्वनी, शम्मी कुमार, आदि साथी सम्मलित रहे।
ब्लॉक लंबागांव की ग्राम पंचायत लोअर लंबागांव में जयसिंहपुर की तरफ तीखे मोड़ पर सड़क में पड़े गड्ढे वाहन चालकों के लिए खतरा बने हुए हैं। बाजार में दुकानदारों के साथ राहगिरों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है। दुकानदारों का कहना है कि जब बारिश होती है तो यह गड्ढे पानी से भर जाते हैं, जिससे यहां से गुजरने वाले वाहनों से गंदा पानी उनकी दुकानों में आ रहा है, जिससे उनके दुकानों में रखा सामान खराब हो रहा है। दुकानदारों ने जल्द ही संबंधित विभाग से इन गड्ढों को भरने की अपील की है। वहीं, लोक निर्माण विभाग जयसिंहपुर के सहायक अभियंता अंकित समकड़िया से बात की तो उन्होंने बताया कि जल्दी ही सड़क पर पड़े गड्ढों को भर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मैक्लोडगंज में तिब्बती आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा को उनके 88वें जन्मदिन पर हार्दिक शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि तिब्बती समाज के लोगों और प्रदेश के बीच 75 वर्षों का गहरा रिश्ता है। उन्होंने दोनों समुदायों के बीच सौहार्दपूर्ण सह-अस्तित्व पर प्रकाश डाला और आश्वस्त किया कि राज्य सरकार तिब्बती समाज के कल्याण के लिए सदैव तत्पर रहेगी। सुक्खू ने कहा कि आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा की जीवन यात्रा, दृढ़-निश्चय समर्पण और संघर्षों से भरी है। उन्होंने सभी से दलाई लामा की शिक्षाओं और अनुभवों से प्रेरणा लेने का आह्वान किया और कहा कि उनके विचारों को आत्मसात करते हुए हमें अध्यात्म के पथ पर आगे बढ़ना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि दलाई लामा अहिंसा, करुणा और भाईचारे का प्रतीक हैं तथा दुनियाभर में प्रेम, शांति और भाईचारे के अग्रदूत के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने तिब्बत और वहां के लोगों के अधिकारों के लिए दलाई लामा के अथक प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि दलाई लामा को इन्हीं प्रयासों के फलस्वरूप नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज जिला कांगड़ा के धर्मशाला के मैक्लोडगंज में तिब्बती आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा को उनके 88वें जन्मदिन पर हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा को सम्मानित भी किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि तिब्बती समुदाय के लोगों और प्रदेश के बीच 75 वर्षों का गहरा रिश्ता है। उन्होंने दोनों समुदायों के बीच सौहार्दपूर्ण सह-अस्तित्व पर प्रकाश डाला और आश्वस्त किया कि राज्य सरकार तिब्बती समाज के कल्याण के लिए सदैव तत्पर रहेगी। सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा की जीवन यात्रा, दृढ़-निश्चय समर्पण और संघर्षों से भरी है। उन्होंने सभी से दलाई लामा की शिक्षाओं और अनुभवों से प्रेरणा लेने का आह्वान किया और कहा कि उनके विचारों को आत्मसात करते हुए हमें अध्यात्म के पथ पर आगे बढ़ना चाहिए। दलाई लामा अहिंसा, करुणा और भाईचारे का प्रतीक हैं तथा दुनियाभर में प्रेम, शांति और भाईचारे के अग्रदूत के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने तिब्बत और वहां के लोगों के अधिकारों के लिए दलाई लामा के अथक प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि दलाई लामा को इन्हीं प्रयासों के फलस्वरूप नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। मुख्यमंत्री ने भारत की समृद्ध प्राचीन संस्कृति, ज्ञान और जीवन मूल्यों के बारे में युवाओं को जागरूक करने में दलाई लामा के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक गुरु के संदेश का विश्वभर में अनुसरण किया जाता है। वैश्विक स्तर पर उनकी शिक्षाओं को लोगों का अपार स्नेह और समर्थन मिला है। शांति के क्षेत्र में दलाई लामा के योगदान के लिए उन्हें 150 से अधिक पुरस्कार मिले हैं। इस अवसर पर केंद्रीय तिब्बती प्रशासन के अध्यक्ष पेंपा त्सेरिंग, निर्वासित तिब्बती संसद के अध्यक्ष खेंपो सोनम तेनफाल, मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी कमलेश ठाकुर, कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार, हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष रघुवीर सिंह बाली, मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (सूचना प्रौद्योगिकी एवं नवाचार) गोकुल बुटेल, मुख्य संसदीय सचिव आशीष बुटेल और किशोरी लाल, विधायक यादविन्द्र गोमा, केवल सिंह पठानिया, मलेंदर राजन, ओएसडी रितेश कपरेट, जिला कांग्रेस समिति के अध्यक्ष अजय महाजन, विभिन्न बोर्डों और निगमों के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष, उपायुक्त डॉ. निपुण जिंदल और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज चंडीगढ़ से वर्चुअल माध्यम से पांच करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले आदर्श पुलिस थाना, शाहपुर की आधारशिला रखी। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह व्यक्तिगत रूप से इस पुलिस स्टेशन की आधारशिला रखना चाहते थे, लेकिन खराब मौसम के कारण वह शाहपुर नहीं पहुंच सके। मुख्यमंत्री ने कांगड़ा जिला को ‘पर्यटन राजधानी’ के रूप में विकसित करने के सरकार के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय और घरेलू पर्यटकों की संख्या में वृद्धि के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कांगड़ा हवाई अड्डे का विस्तारीकरण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने इसके लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि राज्य सरकार विस्थापितों को सरकारी जमीन उपलब्ध कराएगी ताकि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में कोई भी परिवार बेघर न हो। उन्होंने कहा कि कांगड़ा हवाई अड्डे के विस्तार से क्षेत्र में आर्थिक समृद्धि आएगी। उन्होंने कहा कि पालमपुर में हेलिकॉप्टर के लिए हैंगर के निर्माण सहित हवाई सेवा में सुधार के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अतिरिक्त, सरकार ने शाहपुर-फतेहपुर सड़क परियोजना के लिए 70 करोड़ रुपये आवंटित करने की योजना बनाई है और रैहन महाविद्यालय के लिए भी धन उपलब्ध करवाया गया है। इसके अलावा, बीड़ में एक पुलिस थाना खोलने को भी स्वीकृति प्रदान की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार क्षेत्रीय भावनाओं से ऊपर उठकर पूरे राज्य का संतुलित और समग्र विकास सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में निवेश आकर्षित करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने कहा कि आईटीआई शाहपुर में ड्रोन पायलट और मैकेनिक से सम्बंधित प्रशिक्षण पाठ्यक्रम शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की विकट आर्थिक स्थिति के बावजूद सरकार प्रदेश के विकास में धन की कोई कमी को आड़े आने नहीं देगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार ने अपने कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाल है ताकि वे वृद्धावस्था में सम्मानजनक तरीके से जीवन व्यतीत कर सकें। उन्होंने कहा कि कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार की अध्यक्षता में चंडीगढ़ में हिमाचल प्रदेश की 7.19 प्रतिशत हिस्सेदारी संबंधी मामले के लिए एक मंत्रिमंडलीय उप-समिति का गठन किया गया है। उन्होंने विभिन्न परियोजनाओं, विशेषकर एसजेवीएन द्वारा शुरू की गई बिजली परियोजनाओं में राज्य के हितों की उपेक्षा करने के लिए पिछली भाजपा सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि अब प्रदेश के हितों संबंधी मामलों को विभिन्न मंचों पर रखा जा रहा है। उन्होंने प्रदेश के लोगों और हिमाचल के हितों के मामलों में भाजपा से सहयोग करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि पिछली भाजपा सरकार के कार्यकाल के दौरान प्रदेश के हितों को दरकिनार करते हुए निवेश के नाम पर केवल राज्य के संसाधनों का अंधाधुंध दोहन किया गया। कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार ने हिमाचल को समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न पहल की है। उन्होंने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए सरकार द्वारा कई कदम उठाए गए हैं और कांग्रेस सरकार राज्य के समग्र विकास पर ध्यान केंद्रित कर रही है। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनावों के दौरान किए गए सभी वायदों को चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा। इससे पहले स्थानीय विधायक केवल सिंह पठानिया ने शाहपुर में आधुनिक पुलिस स्टेशन के निर्माण के लिए धनराशि प्रदान करने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के गतिशील नेतृत्व में राज्य में जन कल्याण की कई योजनाएं शुरू की गई हैं। यह कल्याणकारी योजनाएं प्रदेश के इतिहास में एक नए युग की शुरुआत करेंगी।
हिमाचल अनुबंध नियमित कर्मचारी संगठन ने प्रदेश अध्यक्ष मनीष गर्ग और जिलाध्यक्ष सुनील पराशर के नेतृत्व में आज कैबिनेट मंत्री प्रो चंद्र कुमार को शाहपुर में नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता का लाभ देने के संबंध में एक ज्ञापन सौंपा। संगठन ने सरकार से भर्ती एवं पदोन्नति नियमों के अंतर्गत नियुक्त कर्मचारियों को नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता देने की मांग की है। प्रदेश अध्यक्ष मुनीष गर्ग के अनुसार पिछले लंबे समय से कर्मचारियों ने वरिष्ठता की मांग को प्रदेश के हर मंच पर सैकड़ों बार उठाया है, लेकिन अभी तक यह मांग पूरी नहीं हो पाई है। कर्मचारियों ने कहा कि चुनावों से पूर्व उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कर्मचारियों को नियुक्ति की तिथि से सीनियरिटी देने का वादा किया था। कर्मचारियों को उम्मीद है कि सरकार जल्द ही प्रदेश के 70 हजार कर्मचारियों की इस मांग को जरूर पूरा करेगी। वहीं, जिलाध्यक्ष सुनील पराशर के अनुसार 2008 में पहली बार भाजपा सरकार ने लोक सेवा आयोग, अधीनस्थ चयन बोर्ड द्वारा भर्ती एवं पदोनित नियमों के अंतर्गत नियुक्त कर्मचारियों को अनुबंध आधार पर नियुक्त किया। सरकारों ने अनुबंध अवधि को कम किया, लेकिन कर्मचारियों को नियुक्ति की तिथि से अपना कर्मचारी नहीं माना। पहले यह अवधि सात वर्ष थी, जो कम होते- होते अब दो साल रह गई है। कमीशन और बैच के आधार पर नियुक्त ये कर्मचारी सभी नियमों और सेवा शर्तों को पूरा करके नियुक्त हुए हैं। इसलिए सरकार या तो उन्हें भी दो साल अनुबंध सेवा के बाद के समय के सभी लाभ दे या सभी को नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता प्रदान करे। कर्मचारियों को उम्मीद है कि जिस तरह मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की सरकार ने कर्मचारियों की पुरानी पेंशन की मांग को पूरा किया है, वैसे ही वे नियुक्ति की मांग को भी जल्दी ही पूरा करेंगे। प्रतिनिधिमंडल में जिलाध्यक्ष सुनील पराशर, मनदीप चौधरी, अश्वनी, शम्मी कुमार, विजय सैनी, राजेश, कपिल, राहुल, पंकज आदि शामिल रहे।
नगरोटा बगवां बस स्टैंड के पास कमेटी हॉल के बरामदे में पुलिस ने एक युवक का शव बरामद किया है। युवक की पहचान कीरचंबा पंचायत के युवक सन्नी कुमार के रूप में हुई है। मौके पर युवक के बाजू से इंजेक्शन भी बरामद किया गया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि युवक की चिट्टे की ओवरडोज से मौत हुई है। हालांकि इसकी पुष्टि अभी नहीं हो पाई है। सिविल अस्पताल नगरोटा बगवां में युवक के पोस्टमार्टम के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी की युवक की चिट्टे से मौत हुई है या कोई अन्य वजह है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। 3 महीनों में दूसरी संदिग्ध मौत बता दें कि इससे पहले भी नगरोटा बगवां में एसडीएम ऑफिस में तैनात एक युवक की मौत संदिग्ध अवस्था में हुई थी। उस समय भी युवक के बाजू से इंजेक्शन बरामद किया गया था। बाद में मृतक के घरवालों ने भी माना था कि युवक की चिट्टे से मौत हुई है और जांच की मांग की थी।
ब्लॉक खंड परागपुर के अंतर्गत गांव सुकाहर में गत रात हुई मुसलाधार बारिश से गरीब परिवार से ताल्लुक रखने वाले बालक राम पुत्र निक्कू राम का रिहायशी मकान जमींदोज हो गया। गनीमत यह रही कि परिवार इस आपदा में बाल-बाल बच गया। वहीं, इस बारे में जब एसडीएम देहरा को सूचना मिली तो उन्होंने तुरंत कार्रवाई करते हुए तहसीलदार देहरा कर्म चंद कालिया एवं कानूनगो को मौके पर भेजा व पीड़ित परिवार के नुकसान को देखते हुए उन्हें 5 हजार रुपये की फौरी राहत प्रदान की। इस बारे में जानकारी देते हुए तहसीलदार कर्म चंद कालिया ने बताया कि पीड़ित परिवार को बरसाती मौसम में रहने की दिक्कत न हो इसलिए उन्हें रहने के लिए कहीं दूसरी जगह शिफ्ट किया गया है।
हिमाचल सरकार व विभागीय प्रशासन की ओर से आपदा से निपटने और पीड़ित परिवार को तुरंत आर्थिक मदद मुहैया करवाने के बड़े-बड़े दावे गांव निचला करियाड़ा में गलत साबित हुए हंै। गत 25 अप्रैल यानी ढाई महीने पहले 76 वर्षीय बुजुर्ग किशन चंद शर्मा पुत्र तुलसी राम शर्मा के एक रिहायशी कमरे में अचानक बिजली का शॉट सर्किल होने से लाखों रुपये का सामान आदि जलकर राख हो गया था। पीड़ित बुजुर्ग किशन ने बताया कि पता चलते ही राजस्व व पुलिस विभाग ने स्थिति का जायजा लेते हुए तुरंत आर्थिक मुहैया करवाने की बात कही थी। लेकिन इतना लंबा वक्त बीत जाने के बाद भी प्रशासन द्वारा आर्थिक मुआवजा मिलना तो दूर फौरी राहत तक नहीं दी गई है। पीड़ित किशन चंद शर्मा ने एसडीएम देहरा व जिलाधीश से मांग की है कि उन्हें तुरंत आर्थिक मुआवजा दिया जाए। वहीं, जब इस बारे एसडीएम देहरा शिल्पी बेक्टा से बात की तो उन्होंने बताया कि उपरोक्त नुकसान की रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी गई है। वहां से बजट का प्रावधान होते ही पीड़ित किशन चंद शर्मा को आर्थिक मुआवजा दे दिया जाएगा।
सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू को आज कांगड़ा के दौरे पर आना था। भारी बारिश के चलते उनका ये दौरा रद्द हो गया है। कांगड़ा में सीएम को शाहपुर पुलिस थाने के नए भवन का शिलान्यास करने के बाद शाहपुर में ही जनसभा को संबोधित करना था। इसके बाद तय कार्यक्रम के अनुसार सीएम को पालमपुर में दो दिवसीय ड्रोन कॉनक्लेव के समापन समारोह में शिरकत करनी थी, लेकिन बारिश के चलते चंडीगढ़ से वे कांगड़ा नहीं पहुंच पाए। ऐसे में अब वे चंडीगढ़ से वर्चुअली कार्यक्रम से जुड़ेंगे और शाहपुर में कृषि मंत्री चंद्र कुमार और विधायक केवल सिंह पठानिया करेंगे पुलिस थाना भवन का शिलान्यास करेंगे।
भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री बिक्रम ठाकुर और पूर्व मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कहा पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के दिए बयान पर कांग्रेस के मंत्रियों द्वारा दिए गए बयान निंदनीय, तथ्यों से परे और झूठ का पुलिंदा हैं। भाजपा ने कहा कि 2022 के आम चुनावों में कांग्रेस ने सत्ता में आने के लिए हिमाचल प्रदेश के बेरोजगारों के साथ धोखा किया, चिटिंग की। उन्हें झूठी गारंटियां दीं और कहा कि 5 लाख बेरोजगारों को नौकरियां दी जाएंगी और एक लाख नौकरियां प्रतिवर्ष देते हुए 5 सालों में पूरा किया जाएगा। एक साल होने का हो आया, एक भी व्यक्ति को हिमाचल प्रदेश में नौकरी नहीं मिली है। यदि सरकार के मंत्रियों को जवाब देना है तो इस बात का जवाब दें कि 9 महीने बीत गए नौकरियां देने की प्रक्रिया क्यों बंद की? भाजपा ने सीधा-सीधा आरोप लगाया कि आउटसोर्स कर्मियों को सरकार निकालने में जुट गई है। वो बेरोजगार जिन्होंने अपनी जान हथेली पर रखकर कोविड की महामारी में अस्पतालों में सेवाएं दीं, उनकी नौकरियां समाप्त की जा रही हैं और अब बैकडोर एंट्री करने के लिए कांग्रेस सरकार नए तरीके खोज रही है और बेरोजगार ठगा सा महसूस कर रहा है। भाजपा ने कहा कि झूठी गारंटियां देकर सत्ता में आए मुख्यमंत्री, मंत्री व कांग्रेस के नेता सीधा उत्तर दें न कि पूर्व सरकार पर दोषारोपण करके अपनी गारंटियों से भागे।
उप मुख्यमंत्राी मुकेश अग्निहोत्री ने कहा है कि प्रदेश की महत्वकांक्षी सिंचाई योजनाओं की स्वीकृति का मामला केंद्र से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि फिना सिंह परियोजना, सुखाहार परियोजना एंव वीत एरिया सिंचाई योजनाओं पर प्रदेश के खेतों की सिंचाई निर्भर कर रही है। प्रदेश इस समय सिंचाई में राष्ट्रीय औसत से नीचे चल रहा है। इसलिए केंद्र से सिंचाई योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर मंजूरी का आग्रह किया जाएगा। यह बात मुकेश अग्निहोत्री ने कृषि मंाी चंद्र कुमार से मुलाकात के बाद कही। चंद्र कुमार ने उप मुख्यमंत्री से आठ सालों से लटकी सुखाहार योजना को विशेष तरजीह देने की वकालत की। सिंचाई योजनाओं परचंद्र कुमार ने अपने तर्क देते हुए निचले इलाकों में खेतों तक पानी पहुंचाने के मास्टर प्लान पर काम करने की वकालत की। उधर, मुकेश अग्निहोत्री ने दलील दी की केंद्र सभी योजनाएं नब्बे-दस के अनुपात में मंजूर करे। उन्होंने कहा कि बीबीएनबी से पानी उठाने की केन्द्र द्वारा शर्त हटाने का फायदा तभी होगा जब बडी योजनाओं को केन्द्र मंजूर करेगा। दलील दी कि सुखाहार योजना की पुरानी कीमत 153 करोड़ थी जबकि संषोधित मूल्य 220 करोड़ के आसपास पहुंच गया है। उन्होंने चंद्र कुमार को भरोसा दिया कि मुख्य सचिव की अध्यक्षता में निवेश मंजूरी समिति की बैठक 17 जुलाई को होगी। उसके एजेंडे में इस योजना को भी रखा जाएगा। इसी तरह फीना सिंह परियोजना अधर में लटकी हुई है। इसकी प्रस्तावित कीमत 643 करोड़ है जिस पर 300 करोड़ रूपए राज्य खर्च चुका है। केंद्र के प्रोजेक्ट मंजूर करने की कमेटी की बैठक 10 जुलाई को है। उन्होंने कहा कि यह एजेण्डे में शामिल है और केंद्र को इसमें हिमाचल की मद्द करनी चाहिए। वैसे भी केन्द्र के नियमों में भी शामिल है कि जिस योजना पर 50 फीसद राज्य खर्च कर लेगा उसमें बकाया राशि केंद्र देगा इसलिए केंद्र को 313 करोड रूपए जारी करने चाहिए। उन्होंने कहा कि ऊना जिला की वीत क्षेत्र 75 करोड़ सिंचाई योजना एंव कुटलैहड़ के भरमौती से 46 करोड़ रूपए सिंचाई उपलब्ध करवाने की योजना मंजूर करने के लिए भी केंद्र से पत्राचार किया जा रहा है।


















































