मैसर्ज सिद्धार्थ सुपर स्पीनिंग मिल्स नालागढ़ तथा मैसर्ज प्रोक्टर एण्ड गैम्बल होम प्रोडक्टस प्राइर्वट लिमिटिड द्वारा 195 विभिन्न पदों के लिए 08 मार्च, 2021 को कैम्पस इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा। यह जानकारी आज यहां जिला रोजगार अधिकारी संदीप ठाकुर ने दी। संदीप ठाकुर ने कहा कि यह कैम्पस इंटरव्यू 08 मार्च, 2021 को प्रातः 10.00 बजे जिला रोजगार कार्यालय सोलन में आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 18 से 25 वर्ष आयुवर्ग के इच्छुक उम्मीदवार इस साक्षात्कार में भाग ले सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए दूरभाष संख्या 01792-227242 तथा मोबाईल नम्बर 98170-69798 एवं 70189-18595 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
भारत के निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार सोलन जिला के पांचों विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में 06 तथा 07 मार्च, 2021 को ई-एपिक कार्ड डाउनलोड करने के लिए विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। यह जानकारी जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त सोलन केसी चमन ने दी। केसी चमन ने कहा कि ई-एपिक कार्ड डाउनलोड करने के लिए जिला के पांचों विधानसभा क्षेत्रों के सभी 573 मतदान केन्द्रों में यह शिविर आयोजित किए जाएंगे। यह शिविर उपमण्डलीय निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों तथा सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों के कार्यालयों में भी 06 व 07 मार्च को ही आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यह शिविर उन मतदाताओं के लिए आयोजित किए जा रहे हैं जिनके नाम विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम-2021 में मतदाता सूची में दर्ज किए गए हैं। ई-एपिक डाउनलोड करने के लिए मतदाता सूची में मतदाता का मोबाइल नम्बर भी दर्ज होना चाहिए। ऐसे सभी मतदाताओं के ई-एपिक कार्ड बूथ स्तर के अधिकारियों के माध्यम से डाउनलोड करवाए जाएंगे। जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि भारत के निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार सोलन जिला में शत-प्रतिशत ई-एपिक डाउनलोड करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। मतदाता अपना ई-एपिक वोटर हेल्पलाइन मोबाइल ऐप अथवा पोर्टल https://Voterportal.eci.gov.in तथा वैबसाईट https://www.nvsp.in से डाउनलोड कर सकते हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी ने जिला के समस्त नागरिकों, स्थानीय राजनीतिक दलों, बूथ स्तर के एजेण्टों, गैर सरकारी स्वयं सेवी संगठनों, महिला मण्डलों तथा युवक मण्डलों से आग्रह किया कि नए दर्ज हुए मतदाताओं को 06 तथा 07 मार्च को आयोजित होने वाले शिविरों में आने के लिए प्रोत्साहित करें ताकि सभी अपना डिजिटिल ई-एपिक डाउनलोड कर सकें।
आरपी नेगी। शिमला सीएम जयराम ठाकुर कल अपने कार्यकाल का चाैथा बजट पेश करने जा रहे हैं। सरकार के आम बजट से सरकारी कर्मचारी, व्यापारी, व्यावसायियाें, गृहणियाें समेत हर सेक्टर के लाेगाेें काे उम्मीद जगी है कि इस बार भी खास ताेहफा देंगे। सीएम जयराम ठाकुर ने पिछले साल यानी वित्त वर्ष 2020-21 में 49 हजार 131 कराेड़ का बजट रखा था। इस िवत्त वर्ष यानी 2021-22 के लिए 51 हजार कराेड़ का बजट पेश कर सकते हैं। वर्ष 2020 का साल काेराेना संकट से गुजर गया ताे जयराम सरकार इस बार प्रदेश काे संकट से उभारने के लिए बजट में खास प्रावधान रख सकती है। दरअसल, हिमाचल विधानसभा में शनिवार काे सत्र नहीं चलता है, मगर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का 6 अंक लक्की माना जाता है इसलिए इस बार भी 6 मार्च काे बजट पेश करने जा रहे हैं।
राजकीय उच्च पाठशाला हनुमान बड़ोग में विद्यालय स्तर पर शिक्षा का संवाद का आयोजन किया गया। जिसकी अध्यक्षता एसएमसी प्रधान हेम चंद शर्मा ने की। इस अवसर पर विद्यालय के मुख्य अध्यापक हमेंद्र गुप्ता ने सभी सदस्यों का स्वागत किया और कोविड-19 महामारी के दौरान सुरक्षा एवं छात्रों को पढ़ाई के बारे में जानकारी दी गई। उन्होंने अपने भाषण में अभिभावकों से आग्रह किया कि वे परीक्षा के लिए छात्रों की तैयारी के साथ साथ उन्हें नशे के दुष्प्रभाव से बचाए। इस मौके पर व्यक्तिगत स्वच्छता, छात्रवृत्ति, मध्यान भोजन योजना, क्षमता निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। इस अवसर पर विद्यालय के अन्य शिक्षकों परीक्षा की तैयारी से संबंधित टिप्स दिए। इस अवसर पर एसएमसी प्रधान हेमचंद, मुख्य अध्यापक हमेंद्र गुप्ता सहित अन्य अध्यापक व 40 सदस्य व मौजूद रहे।
राजकीय महाविद्यालय दाड़लाघाट की एसएफआई इकाई दाड़लाघाट ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को प्रधानाचार्य जनेश कूपर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। एसएफआई ने प्रदेश सरकार से मांग की कि वर्तमान समय के अंदर चल रहे विधानसभा सत्र के अंदर छात्रों की विभिन्न मांगों पर चर्चा की जाए। इन मांगों में महाविद्यालय में शिक्षकों त्तथा गैर शिक्षकों के रिक्त पद शीघ्र भरे जाए, महाविद्यालय में पीटए के नाम पर ली जा रही भारी भरकम फीस में शीघ्र कटौती, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए शिक्षा के बजट में बढ़ोतरी, कोठारी आयोग की सिफारिशों अनुसार राज्य बजट का 30% शिक्षा पर खर्च किया जाए, छात्रों की लम्बित छात्रवृत्ति शीघ्र बहाल की जाए, केंद्रीय छात्र संघ चुनाव को बहाल किया जाए व आगामी परीक्षाओं को 50% पाठ्यक्रम के साथ आयोजित किया जाए।इस दौरान राहुल गजपति, सौरव, जितेंद्र, चमन, गरिमा, कल्पना सहित अन्य मौजूद रहे।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दाड़लाघाट में एनएसएस यूनिट की तरफ से एक दिवसीय एनएसएस कैम्प विद्यालय प्रधानाचार्य राजीव गौतम की अध्यक्षता एवं एनएसएस प्रभारी विजय चंदेल एवं कमला देवी की देखरेख में हुआ। इस एक दिवस के कैम्प में कैंपस की सुंदरता को बनाए रखने के लिए विद्यालय में क्यारियों की गुढाई करना, स्वच्छता को बनाए रखने के लिए विद्यालय के चारों तरफ से कूड़ा करकट को इकट्ठा कर एक जगह रख कर जलाना, पानी पीने की जगह को साफ करना आदि निश्चित किया गया। इस कार्य में विद्यालय के प्रधानाचार्य राजीव गौतम एवं उपप्रधानाचार्य हंसराज ने भी बच्चों को प्रोत्साहित किया एवं भविष्य में भी इस तरह की गतिविधियों में बढ़ चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
शिमला। जयराम सरकार ने तीन वर्ष में मजदूराें की दिहाड़ी 65 रूपए बढ़ाई है। जाे 950 रूपए प्रति माह के हिसाब से बढ़ी है। माकपा विधायक राकेश सिंघा द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में मुखय्मंत्री जयराम ठाकुर ने सदन काे यह जानकारी दी। सीएम ने कहा कि जब से प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी है, तब से लेकर हर वित्त वर्ष में मजदूराें की दिहाड़ी बढ़ाई गई। उन्हाेंने कहा कि 2018 में दिहाड़ी 210 से बढ़ा कर 225, 2019-20 में 225 से 250 और 2020-21 में 250 से बढ़ा कर 275 किया गया। उन्हाेंने विधायक राकेश सिंघा काे बताया कि इसमें आक्रोश और राेष की बात नहीं हैं। प्रदेश सरकार आने वाले समय में मजदूराें की दिहाड़ी में बढ़ाैतरी करेगी।
शिमला। प्रदेश के तीन नए नगर निगमों के विकास के लिए राज्य सरकार ने पहले चरण में 886.87 लाख रुपए बजट का प्रावधान किया है। कांग्रेस विधायक अशीष बुटेल द्वारा पूछे गए एक लिखित सवाल के लिखित जवाब में शहरी विकास मंत्री ने यह जानकारी दी है। मंत्री सुरेश भारद्वाज द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक पालमपुर नगर निगम के लिए 2 कराेड़ 76 लाख 68 हजार 488, साेलन के लिए 2 करेाड़ 85 लाख 81 हजार 779 और नगर निगम मंडी के लिए 3 कराेड़ 24 लाख 36 हजार 594 रूपए की धनराशि स्वीकृत की गई है। आने वाले दिनों में इन नगर निगमों के विकास के लिए राज्य सरकार और अधिक बजट का प्रावधान भी करेगी।
31 दिसम्बर तक पूरा हाेगा एम्स बिलासपुर का निर्माण शिमला। हिमाचल के बिलासपुर में स्थापित हाे रही एम्स संस्थान का निर्माण कार्य इस साल के 31 दिसम्बर तक पूरा हाेगा। हालांकि यहां एमबीबीएस के पहले बैच की कक्षाएं जनवरी महीने से शुरु हाे चुकी है, लेकिन समेत अन्य सुविधाएं अभी नहीं हैं। एम्स काे पूरी तरह से संचालित करने के लिए प्रदेश सरकार ने 31 दिसम्बर 2021 तक का टारगेट रखा है। कांग्रेस विधायक रामलाल ठाकुर के लिखित सवाल के लिखित जवाब में स्वास्थ्य मंत्री डा.राजीव सैजल ने यह जानकारी दी है। अपने जवाब में सैजल ने कहा की ओपीडी के लिए आवश्यक उपकरण खरीदने की प्रक्रिया जारी है और तय समय सीमा पर एम्स का पूरा भवन बनकर तैयार हाेगा।
शिमला। बजट सत्र के पहले ही दिन उग्र रूप धारण कर राज्यपाल का रास्ता राेकने वाले कांग्रेस विधायकों का निलंबन पांच दिन बाद रद्द हाे गया। सरकार ने राज्यपाल से माफी मांगने के लिए विपक्ष पर दबाव डाला, लेकिन विपक्ष अपनी जिद पर अड़ा रहा। अंतत: सरकार काे ही झुकना पड़ा और आज सस्पेंशन भी रद्द कर दिया गया। विधानसभा में चल रहे गतिरोध को लेकर स्पीकर के चैम्बर में बुलाई गई बैठक सार्थक रही है और गतिरोध को तोड़ने की सहमति बनी। इसके बाद बजट सत्र से निलंबित किए गए नेता प्रतिपक्ष सहित पांच विधायकों के निलंबन निरस्त कर दिया गया है। संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने सदन में प्रस्ताव लाया गया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के विधायकों और सत्तापक्ष के मंत्रियों के बीच वार्ता हुई है और सभी ने निलंबन को निरस्त करने की बात रखी है। इसके बाद कांग्रेस विधायक आशा कुमारी ने कहा कि सीएम जयराम ठाकुर ने सूझबूझ से विवाद को खत्म करने का निर्णय लिया है जिसका विपक्ष स्वागत करता है क्योंकि लोकतंत्र पक्ष और विपक्ष से चलता है। प्रस्ताव पर ठाकुर रामलाल, कर्नल धनी राम शांडिल और सुखविंदर सिंह सुखू ने कहा कि सदन की कार्यवाही शांतिपूर्ण ढंग से चलनी चाहिए और पक्ष और विपक्ष दोनों को इसमें सहयोग देना चाहिए।
शिमला।निलंबन रद्द करने के प्रस्ताव में चर्चा करते हुए सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि कभी- कभी पक्ष और विपक्ष में नोक-झोंक होती रहती है, लेकिन विवाद को बढ़ाना भी लोकतंत्र के लिहाज से सही नहीं है। विवाद का समाधान हमेशा संवाद होता है इसलिए आज पहल हुई और वार्ता सफल भी रही। लोकतंत्र में विपक्ष का सदन में होना जरूरी है। यह लोकतंत्र की खूबी है।विधानसभा अध्यक्ष ने निलंबित विधायकों के निलंबन को निरस्त करने के लिए लाए प्रस्ताव पारित किया, जिसमें सभी ने सहमति जताई और नेता प्रतिपक्ष सहित सभी पांच विधायकों का निलंबन निरस्त किया गया।विधानसभा अध्यक्ष ने निलंबित विधायको के निलंबन को निरस्त करने के लिए लाए प्रस्ताव पारित किया जिसमें सभी ने सहमति जताई और नेता प्रतिपक्ष सहित सभी पांच विधायकों का निलंबन निरस्त किया गया। विपक्ष की तरफ से पांच सदस्य, आशा कुमारी, सुखविंदर सिंह, जगत सिंह नेगी, रामलाल ठाकुर, कर्नल धनी राम शांडिल इस बैठक में शामिल रहे। इसके अलावा माकपा विधायक राकेश सिंघा भी मौजूद थे।
कुनिहार की प्रशिद्ध प्राचीन शिव ताण्डव गुफा में चल रही शिव महापुराण कथा में दूर दूर से लोग कथा श्रवण करने पहुंच रहे हैं। 28 फरवरी से चल रही इस कथा को कथा वाचक राजकुमार रसिक अपनी मधुर वाणी से सुंदर भजनों सहित सुना रहे हैं। कथा वाचक द्वारा एक से एक शिव महिमा के प्रषंगो का बखान किया जा रहा है। कथा के छठे दिन भी गुफा में कथा श्रवण के लिए भारी संख्या में महिला पुरुष पहुंचे व कथा का आनन्द लिया। गुफा विकास समिति के अध्यक्ष राम रतन तनवर व उपाध्यक्ष अमरीश ठाकुर ने बताया कि समिति व शम्भु परिवार के सभी सदस्य इस पुनीत कार्य मे अपना भरपूर सहयोग दे रहे हैं गुफा में आने जाने वालों को कोई दिक्कत परेसानी न हो इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने बताया कि 10 मार्च को कथा को विराम दिया जाएगा व 11 मार्च को महाशिवरात्रि पर्व बड़े धूमधाम से मनाया जाएगा।
कुनिहार के समीप ग्राम पंचायत पट्टाबराबरी के दुर्गामाता मन्दिर परिसर में 2 मार्च से चल रही 11 दिवसीय शिवमहापुराण कथा के चौथे दिन प्रशिद्ध कथा वाचक आचार्य शशांक कृष्ण कौशल ने कथा को आगे बढ़ाते हुए सती चरित्र व शिव विवाह का वर्णन किया। उन्होंने शिव विवाह का वर्णन करते हुए कहा कि भगवती पार्वती ने घोर तपस्या करने के पश्चात भगवान शिव को वर के रूप में प्राप्त किया। रुक्मणी कई रूपो में आई और हर रूप में नारायण का ही वरण किया। इस संसार मे जो व्यक्ति बिना नारायण के लक्ष्मी पाना चाहता है,उसे कभी लक्ष्मी नही मिलती। आचार्य ने गुरु की महिमा का ज्ञान भी भक्तों को दिया। मन्दिर कमेटी प्रधान श्र राम कौशल व सलाहकार डीडी कश्यप ने जानकारी देते हुए कहा कि कथा में दिन प्रतिदिन श्रोताओं की संख्या बढ़ रही है। यह कथा 12 मार्च तक रहेगी कथा प्रतिदिन दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक रहती है। उसके पश्चात 4 से 6 बजे तक भण्डारे का प्रशाद वितरित किया जाता है।
सोलन के विकास खंड धर्मपुर की ग्राम पंचायत हुड़ंग के गांव कंडा स्थित वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कंडा के तीन कमरों में आग गई है। ग्रामीण लोगों ने इसकी सुचना तुरंत पुलिस व अग्निशमन विभाग को दी। सभी के प्रयासों से आग पर काबू कर लिया गया। हालंकि, अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। आग लगने से 2 कमरे जल कर रख हो गए है व उसमें रखा सारा सामान भी आग कि भेंट चढ़ गया। तीसरे कमरे में रखा सामान ग्रामीणों ने बहार निकल लिया था। जानकारी के मुतबिक ये कमरे स्कूल के पुराने भवन में थे। इन्हे स्टोर के रूप में इस्तेमाल किया जाता था। इस भवन में करीब 2 साल पहले बिजली का कनेक्शन काट दिया गया था। इसलिए शार्ट सर्किट से आग लगने की संभावना से इंकार किया जा रहा है। अग्निशमन विभाग के द्वारा इस आग से 4 लाख का नुकसान हुआ है व 12 लाख का नुकासन होने से बचा लिया लगया है। घटना स्थल पर ग्रामीण लोहग ग्राम पंचायत हुड़ंग के प्रधान, उप्रधान, प्राथमिक पठशाला व वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के मुख्याध्यापक, पुलिस, फायरब्रिगेड की टीम सहित कानूनगो मौजूद थे।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा में बजट सत्र के छठे दिन सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच चला आ रहा गतिरोध आखिरकार टूट ही गया। विपक्ष के निलंबित विधायको की सदन में वापसी का रास्ता साफ हो गया है। गतिरोध को खत्म करने के लिए स्पीकर चैम्बर में गतिरोध टालने के लिए बैठक हुई। जिसमें सीएम के अलावा संसदीय कार्यमंत्री सुरेश भारद्वाज, जल शक्ति मंत्री महेन्द्र सिंह, विपक्ष की तरफ से पांच संदस्य, आशा कुमारी सुखविंदर सिंह, जगत सिंह नेगी, रामलाल ठाकुर, कर्नल धनी राम शांडिल मौजूद रहे। इसके बाद इसके लिए सदन में प्रस्ताव लाया गया। जिसके बाद निलंबन को वापिस ले लिया गया है। संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने बताया कि अभिभाषण पर हुए हंगामे के बाद पांच विधायकों को निलंबित कर दिया गया था। सुरेश भारद्वाज ने कहा कि लोकतंत्र में वाद विवाद होता रहता है। विपक्ष निलंबन वापसी को लेकर लगातार बातचीत की पहल कर रहा था। मंत्री ने कहा कि आशा है कि अब सदन में सार्थक चर्चा होगी। बता दें कि इससे पहले बजट सत्र के छठे दिन शुक्रवार को भी विधानसभा के बाहर कांग्रेस विधायकों ने फिर प्रदर्शन किया। कांग्रेस का कोई भी विधायक सदन में नहीं गया। 11 बजे शुरू हुई सदन की बैठक में प्रश्नकाल विपक्षी दल कांग्रेस के बगैर ही चलता रहा। कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा परिसर के बाहर पहुंचते ही नारेबाजी शुरू कर दी थी। गौरतलब है कि विपक्ष नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री समेत पांच सदस्यों के निलंबन की कार्रवाई का विरोध कर रहा था।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का आज छठा दिन है। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज विधानसभा में हिमाचल प्रदेश आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21 प्रस्तुत किया। आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21 की मुख्य विशेषताओं में मुख्यमंत्री ने बताया कि 2020-21 में हिमाचल का आर्थिक प्रदर्शन राज्य स्तर पर रहा। राज्य का सकल घरेलू उत्पाद प्रचलित भाव पर वर्ष 2019-20 में 8.9 प्रतिशत वृद्धि दर के साथ ₹1,62,816 करोड़ रहने का अनुमान है जो कि गत वर्ष 2018-19 में ₹ 1,49,422 करोड़ था। कोविड -19 प्रभाव के कारण प्रथम अग्रिम अनुमान के अनुसार वर्ष 2020-21 में सकल घरेलू उत्पाद में 6.2 प्रतिशत की गिरावट आई है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2019-20 में हिमाचल प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय प्रचलित भाव पर 7.9 प्रतिशत वृद्धि के साथ 1,90,407 ₹ रहने का अनुमान है, जो कि वर्ष 2018-19 में पिछले वर्ष से 6.6 प्रतिशत की वृद्धि के साथ ₹1,76,460 आंकी गई थी। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020-21 में प्रति व्यक्ति आय 3.7 प्रतिशत की गिरावट के साथ ₹ 1,83,286 रहने की सम्भावना है । उन्होंने कृषि और संबद्ध क्षेत्र कृषि तथा पशुधन क्षेत्र के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि कृषि और संबद्ध क्षेत्र कृषि तथा पशुधन क्षेत्र में वर्ष 2019-20 में स्थिर कीमतों ( 2011-12 ) के अनुसार 18.3 प्रतिशत की साकारात्मक वृद्धि ₹ 10,583 करोड़ सकल मूल्य वर्धित दर्शाता है जोकि वर्ष 2018-19 में ₹ 8,949 करोड़ थी। यद्यपि वर्ष 2020-21 के अन्तर्गत बागवानी उत्पादन में 43 प्रतिशत की कमी के कारण 3.1 प्रतिशत का संकुचन हुआ है। प्रचलित कीमतों पर राज्य के सकल मूल्य वर्धित ( GVA ) में कृषि तथा संबद्ध क्षेत्रों जोकि 60 प्रतिशत आबादी का प्रमुख क्षेत्र है , भागीदारी वर्ष 2015-16 में 15.89 प्रतिशत से घटकर वर्ष 2020-21 में 13.62 प्रतिशत रह गई है। गैर कृषि क्षेत्रों के अपेक्षाकृत उच्च विकास प्रर्दशन के कारण राज्य के सकल मूल्य वर्धित ( GVA ) में कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों की भागेदारी कम हो रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि हिमाचल में पिछले 10 साल में 16,914 लोग लापता हुए। जिसमें से 15,144 का पता लगाया गया। इस साल बीते फ़रवरी माह में 531 लापता लोगों की पहचान कर उन्हें अपने घर भेज दिया गया। सीएम जयराम ठाकुर ने सदन में यह जानकारी दी। उन्होंने पुलिस प्रशासन को बधाई भी दी।
आरपी नेगी। शिमला वित्त वर्ष 2021-22 के बजट भाषण को कैबिनेट ने मंज़ूरी दे दी है। आज विधानसभा की कार्यवाही समाप्त होने के बाद कैबिनेट मीटिंग हुई। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में 6 मार्च को पेश होने वाले बजट भाषण पर मुहर लग दी। ऐसे में जयराम ठाकुर अपने कार्यकाल का चौथा बजट छह मार्च को पेश करेंगे। प्रदेश की जनता, कर्मचारी, व्यवसायियों समेत हर क्षेत्र को जयराम सरकार के बजट से काफ़ी उम्मीदें हैं। प्राप्त जानकारी के मुताबिक़ आज की कैबिनेट में ऊर्जा विभाग के साथ एसजेवीएन ने प्रेज़ेंटेशन भी दी। वहीं, कैबिनेट ने आबकारी और कराधान अधिकारी के चार पद भरने को मंजूरी प्रदान की है। इसमें तीन पद बैकलॉग सामान्य एक्स सर्विसमैन और एक पद सामान्य (PWD) से भरा जाएगा। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश लोकतंत्र प्रहरी की सम्मान राशि, प्रसुविधाएं तथा उससे संबंधित विषयों को उपलब्ध करने के लिए विधेयक बनाने और विधानसभा के वर्तमान सत्र में प्रस्तुतीकरण को मंजूरी दी गई। इसके अलावा कैबिनेट की बैठक में स्वर्णिम हिमाचल कार्याक्रमों व स्वर्णिम हिमाचल रथ यात्रा के आयोजन को लेकर भी चर्चा की गई। जिला कुल्लू में पुलिस थाना कुल्लू के तहत पड़ती पंचायत जीया को पुलिस थाना भुंतर के अधीन करने को भी मंजूरी मिली है। इसके अलावा उचित मूल्य दुकानों खोलने की गाइडलाइन में संशोधन को भी मंजूरी प्रदान की गई है। विशेष भूमि अधिग्रहण इकाइयों बिलासपुर, पंडोह -1, पंडोह -2 और शाहपुर को एक साल के विस्तार की भी मंजूरी मिली है। 1 मार्च 2021 से 28 फरवरी 2022 तक विस्तार दिया गया है।
कृषि विश्वविद्यालय के डीजीसी नेगी पशु चिकित्सा व पशु विज्ञान महाविद्यालय के क्लिनिकल कॉम्प्लेक्स को उत्कृष्टता का केंद्र बनाया जाएगा। कृषि विश्वविद्यालय में आज यहां मीडिया कर्मियों से बातचीत करते हुए कुलपति प्रो.हरीन्द्र कुमार चैधरी ने कहा कि डा.जी.सी. नेगी पशु चिकित्साव पशु विज्ञान महाविद्यालय में सुपर पशु चिकित्सा मल्टीस्पेशलिटी कॉम्प्लेक्स राज्य भर से बीमार पशुओं को विशेष और विशिष्ट मल्टीस्पेशलिटी सुविधाएं व नैदानिक सेवाएं प्रदान करने के लिए जाना जाता है। तकनीकी व अन्य सुविधाओं को और अधिक बढ़ाकर इसे उत्कृष्टता केंद्र बनाने के लिए प्रयास शुरू किए गए हैं। प्रो.चैधरी ने उन वैज्ञानिकों और छात्रों की सराहना की जो पशु प्रजनन, पशु चिकित्सा और पशु चिकित्सा सर्जरी के क्षेत्रों में किसानों को सेवाएं प्रदान कर रहे है। कोविड-19 महामारी के दौरान भी निर्बाध रूप से नैदानिक सेवाएं यहां प्रदान की गईं। उन्होंने कहा कि एक त्वरित उपचार सामान्यतः कॉलेज के क्लिनिक में प्रभावी डायग्नोस्टिक प्रयोगशाला सेवाओं से पहले कर दिया जाता है। इसके उपरान्त पशु चिकित्सा सूक्ष्म जीव विज्ञान, पशुचिकित्सा परजीवी विज्ञान और पशु चिकित्सा पैथोलॉजी विभाग द्वारा डायग्नोस्टिक सेवाएं दी जाती है प्रो.चैधरी ने बताया कि शीघ्र ही डाजीसी नेगी पशु चिकित्सा व पशु विज्ञान महाविद्यालय में रियायती दरों पर दवाएं उपलब्ध कराने के लिए एक बाहय पशु चिकित्सा केंद्र स्थापित किया जाएगा। किसानों को इलाज के लिए उनके पशुओं को यहां लाने के लिए भी कुछ सुविधाएं भी प्रदान की जाएंगी इस अवसर पर डीन डा. मनदीप शर्मा ने जानकारी दी कि बीवीएससी के तीसरे व चैथे वर्ष के स्नातक छात्र यहां क्लिीकल अभ्यास करते हैं। उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2020-21 के दौरान विभिन्न डायग्नोस्टिक विभागों द्वारा छोटे और बड़े जानवरों के कुल 8500 मामलों का इलाज किया गया। इन विभागों की डायग्नोस्टिक प्रयोगशालाओं में विभिन्न बीमारियों की पहचान के लिए लगभग 6000 डायग्नोस्टिक सैंपल लिए गए। विभिन्न रोगों के लिए 1000 से अधिक जानवरों का विशेषीकृत इलाज किया गया। वेटरनरी क्लिनिकल कॉम्प्लेक्स के विभागाध्यक्ष डा. पंकज सूद ने बताया कि यहां राज्य सरकार के पशुपालन विभाग और राज्य भर के किसानों से पशु चिकित्सकों के लिए नियमित रूप से प्रत्यक्ष डायग्नोस्टिक सेवाएं भी प्रदान की जाती हैं।
राज्य स्तरीय होली महोत्सव पालमपुर के आयोजन को लेकर महोत्सव समिति के अध्यक्ष एसडीएम पालपुर धर्मेश रामोत्रा की अध्यक्षता में बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में राजसभा सांसद इंदु गोस्वामी विशेष रूप से उपस्थित रही। बैठक में कोविड -19 में होली महोत्सव के आयोजन को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई और महोत्सव समिति के सरकारी और गैरसरकारी सदस्यों ने अपने सुझाव दिये। राज्यसभा सांसद इंदु गोस्वामी ने कहा कि मेले और त्यौहार हमारी समृद्ध संस्कृति तथा परंपराओं का हिसा हैं। पालमपुर होली हमारी आस्था से जुड़ा पर्व है और हजारों लोगों की जनभावनाये इससे जुड़ी हुई हैं। उन्होंने कहा कि कोविड संक्रमण में होली महोत्सव का आयोजन में पूरी सावधानी से हो इसे सुनिश्चित किया जाये। उन्होंने महोत्सव समिति को आदेश दिये कि महोत्सव का आयोजन में सरकार द्वारा निर्धारित कोविड की सभी एसओपी की अनुपालना के साथ गरिमापूर्ण तरीके से लोगों की जनभावनाओं के अनुरुप किया जाए। उन्होंने प्रशासन को महोत्सव आयोजन स्थल पर बिना मास्क प्रवेश प्रतिबंधित करने, लोगों के हाथ सैनिटाइज करने के आदेश दिए। महोत्सव समिति के अध्यक्ष एवं एसडीएम पालमपुर, धर्मेश रामोत्रा ने बताया कि होली महोत्सव का आयोजन भव्य लेकिन छोटे स्तर पर गरिमापूर्ण तरीके से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि महोत्सव समिति के सुझाव और कोविड महामारी के चलते मोहत्सव के आयोजन में कुछ कार्यक्रमों में कटौती की गई है। उन्होंने कहा कि खेलों में केवल स्थानीय टीमों को ही बुलाया जायेगा, महिलाओं के लिए मनोरंजक खेलों का आयोजन किया जायेगा। मेले में छोटे बच्चों के झूले इत्यादि नहीं होंगे ना ही दंगल का आयोजन। मेला मैदान में भी इस बार डोम नहीं लगेगी केवल स्टाल होंगे और उनकी संख्या में भी कटौती की गई है। मेले में केवल कुछ ही विभागों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। उन्होंने बताया कि राज्य स्तरीय होली महोत्सव का आयोजन 26 से 29 मार्च तक शहीद कैप्टन विक्रम बतरा मैदान पालमपुर में किया जायेगा। उहोली मेले में केवल एक ही सांस्कृतिक संध्या का आयोजन 29 मार्च को किया जायेगा। इसमें स्थानीय और हिमाचली कलाकारों को मौका दिया जायेगा। सभी झांकी कमेटियों से भी कोविड संक्रमण को देखते हुए चारों दिन एक एक झांकी ही निकालने का निवेदन किया गया है। बैठक में अतिरिक्त महाधिवक्ता हिमांशु मिश्रा, प्रदेश पर्यटन प्रकोष्ठ के संयोजक विनय शर्मा, भाजपा पालमपुर मंडल के अध्यक्ष अभिमन्यु भट्ट, संजीव सोनी, सुरेंद्र ठाकुर, आयुक्त नगर निगम पंकज शर्मा , डीएसपी पालमपुर अमित शर्मा, तहसीलदार पालमपुर वेद प्रकाश अग्निहोत्री सहित महोत्सव समिति के सरकारी एवं गैर सरकारी सदस्य उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश राजकीय प्रशिक्षित कला स्नातक संघ जिला मंडी के महासचिव नरैण ठाकुर ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि प्रदेश में वर्ष 2015 से अब तक की टीजीटी की वरिष्ठता सूचियां जल्द जारी करें. उन्होंने कहा कि अक्टूबर माह में टीजीटी की वरिष्ठता सूची का डाटा लिया गया था, लेकिन अब तक वरिष्ठता सूची जारी नहीं की गई है. जिसे कि अध्यापकों में खासा रोष है. साथ ही हिमाचल टीजीटी कला स्नातक अध्यापक संघ जिला मंडी ने सर्कार से मांग की है कि सरकार व शिक्षा विभाग टीजीटी से प्रवक्ता न्यू पदोन्नति के नियमों में बदलाव कर, केवल उन्ही अध्यापकों को प्रवक्ता न्यू पदोन्नत करें, जिन अध्यापकों ने एमए उसी विषय में किया हो जिस विषय को उसने स्नातक तक पढ़ा हो. ऐसे अध्यापकों को पदोन्नति न प्रदान करें, जिन्होंने स्नातक तक की पढ़ाई साइंस विषय में की है. उन्होंने कहा कि जब टीजीटी से प्रवक्ता का न्यू पदोन्नति का समय आता है तो वही अध्यापक एमए आर्ट्स विषय में करता है और पदोन्नत भी जाता है. जिसके कारण प्रशिक्षित कला स्नातक अध्यापक को अपने विषय में पदोन्नत होने के लिए 10 से 15 वर्षों का लंबा इंतजार करना पड़ता है. ये प्रशिक्षित स्नातक अध्यापक के साथ अन्याय है, जिसका संघ कड़ा विरोध करता है. उन्होंने सरकार व शिक्षा विभाग से मांग की है कि इस तरह के नियमों को बदला जाए ताकि प्रशिक्षित कला स्नातक अध्यापकों को अपने विषय में पदोन्नत होने के लिए 10-15 वर्षों का लंबा इंतजार ना करना पड़े.
कुल्लु में वीरवार को 11 बजे एक लड़के ने ब्यास नदी में छलांग लगा दी। प्राप्त जानकारी के अनुसार युवक मानसिक तनाव के कारण नदी में कूदा। वहीं, भुंतर में झुग्गी झोंपड़ी में रहने वाले युवक ने प्रकाश अपनी जान पर खेल कर युवक को नदी से बाहर निकाला। झुग्गी बस्ती में रहने वाले ने वाले युवक की जान बचा कर इंसानियत का परिचय दिया। युवक की हालत अब बिल्कुल ठीक है। युवक मंड़ी जिला के सरकाघाट का रहने वाला है। वह अपने माता - पिता के साथ शमशी में रहता है। झुग्गी बस्ती में रहने वाले प्रकाश ने बताया कि वह अपनी झुग्गी के अंदर आराम कर रहा था, तो नदी में एक व्यक्ति बहता दिखाई दिया। उसने तुरंत नदी में कूदकर उसकी जान बचाई। पुलिस ने मौके पर पहुँच कर पूछताछ शुरू की और उसे थाना ले गए। एसपी कुल्लू गौरव सिंह ने बताया कि एक 22 वर्षीय युवक भुंतर की झुग्गी बस्ती के पास से नदी में कूद गया था। जिसे स्थानीय लोगों ने बचा लिया है। युवक ने यह कदम मानसिक तनाव में आकर उठाया है। बता दें कि युवक अब ठीक है और पुलिस ने लड़के को उसके माता-पिता के हवाले कर दिया है।
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय द्वारा 15 मार्च से पीजी कोर्सों व एलएलबी की परीक्षाओं के लिए डेट शीट तो जारी कर दी लेकिन अभी तक छात्रावासों को छात्रों के लिए नहीं खोला गया है। गौरतलब है कि विश्वविद्यालय ने अभी तक केवल विज्ञान संकाय के छात्रों के लिए ही होस्टल अलॉटमेंट की पहली लिस्ट निकाली गई है ऐसे में एनएसयूआई ने विवि प्रशासन पर नॉन साइंस स्टूडेंट्स के साथ सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाया है। सभी संकाय के छात्रों के लिए समान रूप से होस्टल खोलने की मांग को लेकर एनएसयूआई प्रदेश संगठन महासचिव मनोज चौहान और प्रदेश उपाध्यक्ष वीनू मेहता की अगवाई में छात्रों ने होस्टल के चीफ वार्डन अजय कुमार अत्री को ज्ञापन सौंपा। एनएसयूआई ने यूनिवर्सिटी प्रशासन पर ये भी आरोप लगाए की पीजी छात्रों के लिए यूनिवर्सिटी ने घर के नज़दीक परीक्षा केंद्र देने की बात कही थी, लेकिन अभी तक सेन्टर बदलने के लिए कोई ऑनलाइन लिंक उपलब्ध नहीं किया। ऐसे में छात्रों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। एनएसयूआई ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द ही विश्वविद्यालय सभी छात्रों के लिए छात्रावास नहीं खोलता तो छात्रहितों में एनएसयूआई उग्र आंदोलन करेगी। इस मौके पर अरविंद ठाकुर, डैनी पंगवल, प्रिंस बंसल सहित कई छात्र मौजूद रहे।
सोलन विकास खण्ड की ग्राम पंचायत पट्टाबराबरी के दुर्गामाता मन्दिर परिसर में चल रही 11 दिवसीय शिव महापुराण कथा में भक्तों ने तीसरे दिन कथा का आनंद लिया. कथा वाचक शशांक कृष्ण कौशल ने कहा कि मनुष्य को हमेशा सत्य मार्ग अपनाना चाहिए व झूठ का त्याग करना चाहिए. आचार्य ने शिव महिमा के प्रसंग द्वारा स्रोताओं को ज्ञानमयी अमृत यज्ञ की वर्षा से ओतप्रोत किया व शिव पार्वती से सम्बंधित कई प्रसंग भक्तो को सुनाए. कथा के दौरान कथा वाचक ने शिवलिंग पूजन विधि व रुद्राक्ष को कैसे धारण करना चाहिए सहित कई विधियों की जानकारी स्रोताओं को दी. मीडिया प्रभारी व मुख्य सलाहकार दुर्गा माता मंदिर कमेटी डीडी कश्यप ने जानकारी देते हुए बताया कि यह कथा 12 मार्च तक चलेगी. प्रतिदिन कथा समाप्ति पर भण्डारे का आयोजन किया जा रहा है. कमेटी ने सभी क्षेत्र वासियों से अधिक से अधिक संख्या में आकर कथा श्रवण करने की अपील की है. इस अवसर पर मन्दिर कमेटी प्रधान राम कौशल, राम चन्द शर्मा, डीडी कश्यप, सुखराम, भूपेंद्र कुमार, कृष्ण ठाकुर, जगदीश शर्मा, रोशन लाल, दीनानाथ गर्ग, नेकराम, राकेश, राजकुमार आदि मौजूद रहे.
ग्राम पंचायत धुन्दन के मठ मैदान में ज्ञान चंद मेमोरियल ट्रॉफी क्लब टुईरु द्वारा आयोजित क्रिकेट प्रतियोगिता का समापन हो गया। समापन समारोह में अर्की मंडल कांग्रेस के महासचिव व पूर्व प्रधान बलेरा जीतराम ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। वहीं कुनिहार बीडीसी के उपाध्यक्ष मनोहर लाल ठाकुर विशेष अतिथि रहे। प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबला आर्यन इलेवन व टुईरु इलेवन के मध्य खेला गया। जिसमें आर्यन इलेवन की टीम ने टुईरु की टीम की हराकर प्रतियोगिता अपने नाम की।मुख्यातिथि ने क्रिकेट प्रतियोगिता की विजेता टीम आर्यन इलेवन को 21 हज़ार रुपये व ट्राफी दी। वहीं उप विजेता टीम टुईरु को 11 हजार रुपये सहित ट्रॉफी देकर सम्मानित किया। मुख्यतिथि जीतराम ठाकुर ने विजेता व उप विजेता टीम को बधाई देते हुए कहा कि खेल हमारे जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। खेलों को खेलने से जहाँ हम अनुशासित होते है, वहीं हमारा तन व मन स्वस्थ रहता है। उन्होंने इस बेहतर आयोजन के लिए ज्ञान चंद मेमोरियल ट्रॉफी क्लब टुईरु 5100 रुपये की राशि दी। इस मौके पर कुनिहार बीडीसी के उपाध्यक्ष मनोहर लाल ठाकुर ने युवाओं से आह्वान किया कि वह नशे से दूर रहे और लोंगो को भी इस बारे जागरूक करें। इस मौके पर अर्की मंडल कांग्रेस के महासचिव व पूर्व प्रधान बलेरा जीतराम, कुनिहार बीडीसी के उपाध्यक्ष मनोहर लाल ठाकुर, क्लब प्रधान सुनील कुमार ठाकुर,उपप्रधान पंकज ठाकुर, पुनीत, मनीष, विशाल, अंजू, यमन, सन्नी, किशन, युगल, रज्जत सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
ग्राम पंचायत मांगल की महिला मंडल कृष्णाकुंज ननिहास की बैठक का आयोजन किया गया। ये बैठक भावना देवी की अध्यक्षता में हुई। बैठक में पुरानी कार्यकारिणी को भंग कर नई कार्यकरिणी का गठन किया गया। जिसमें सर्वसहमति से महिला मंडल की पूर्व प्रधान भावना को फिर से प्रधान बनाया गया। वही सचिव के लिए निशा देवी, कोषाध्यक्ष सत्या देवी,उ प प्रधान के लिए रीना देवी व सदस्यों में विमला देवी, कांता देवी, सुनीता देवी, संगीता देवी, कमलेश कुमारी, चंपा देवी, वहतू देवी, सत्या देवी, गीता देवी, गुलाबी देवी, पार्वती देवी, धनी देवी, कलावती देवी, रीना देवी को सर्वसम्मति के साथ नई कार्यकारिणी में नियुक्त किया गया।पुनः प्रधान नियुक्त किए जाने पर भावना ने कहा कि उन पर विश्वास जता कर जो जिम्मेदारी दुबारा उन्हें दी गई है, उसे वह सच्ची निष्ठा से पूरा करेगी।
शिमला। प्रदेश में बंद पडे़ स्कूलों के भवनों में नई पंचायतों काे ठिकाना मिल सकता है। इसके अलावा अगर प्रदेश में कहीं पर भी महिला या युवक मंडल भवन खाली या बंद है तो वहां पर भी सरकार नई पंचायतों के कार्यालय को चलाने पर विचार कर रही है। विधायक हीरा लाल द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में ग्रामीण विकास व पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कहा कि 2020 में पंचायत चुनाव से पहले 412 नई पंचायतों का गठन किया था। इनमें से 23 ग्राम पंचायतें ऐसी थी जो नगर निगम व नगर पंचायतों में गई। इस प्रकार 389 पंचायतें नई बनी। अब इन पंचायतों के लिए कार्यालय की सुविधा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि नई पंचायत के भवन की व्यवस्था होने तक पुरानी पंचायत में कार्यालय चलेगा। मंत्री ने कहा पंचायत भवनों के निर्माण के लिए जमीन देखी जा रही है और इनमें हाल भी बनेगा और अन्य सुविधाएं भी सृजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि विभाग में खाली पदों को भरने की प्रक्रिया जारी है। कर्नल इंद्र सिंह के सवाल पर मंत्री ने कहा कि यदि किसी भवन में बिना किराया देकर पंचायत कार्यालय खोलना हो तो, विभाग इसकी इजाजत देगा।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मांगल स्काउट एंड गाइड एक दिवसीय ऑनलाइन ट्रेनिंग कार्यक्रम वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से करवाया गया। यह कार्यक्रम प्रधानाचार्य सुरेंद्र शर्मा, स्काउट मास्टर सुमित, गाइड कैप्टन आरती ठाकुर की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। इसमें 26 बच्चों ने भाग लिया। इस कार्यशाला के मुख्य मेहमान स्काउट मास्टर डीसी धीमान रहे। उन्होंने बच्चों को स्काउट एंड गाइड के नियम, उद्देश्य और लाभों के बारे में अवगत करवाया।
शिमला। सत्तासीन पार्टी के ही विधायक पवन नैय्यर ने चंबा में बेबी कीट खरीद मामले में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। सदन में प्रश्नकाल के दाैरान उन्हाेंने सामाजिक न्या एवं अधिकारिता मंत्री से इस मसले पर जांच की मांग भी की। पवन का आरोप है कि टेंडर प्रक्रिया में घाेटाला हुआ है। पवन नैय्यर के सवाल के जवाब में सामाजिक न्याय व अधिकारिता मंत्री सरवीण चौधरी ने जानकारी दी कि चंबा जिले के लिए बेबी किट विशेष रूप से खरीदी गई थी। विभाग को बेबी किट्स और अन्यों की खरीद को छह लाख रुपए दिए गए थे। उन्होंने कहा कि कोविड के समय में छह लाख रुपए की किट्स खरीदी और 500 रुपए की किट 435 रुपए खरीदी और सारा काम डीसी की अध्यक्षता में हुआ है। उन्होंने कहा कि पांच लोगों ने इसमें भाग लिया था और न्यूनतम बोलीदाता को इसका काम आवंटित किया था। पवन नैय्यर ने विभाग द्वारा खरीदी गई बेबी किट, कंबल पोस्टर व पंपलेट बिना किसी टेंडर प्रक्रिया के खरीद का मामला उठाया। उन्होंने इस खरीद में अनियमित्ताएं बरती जाने की बात कही और इसकी जांच की मांग की। मंत्री सरवीन चौधरी ने कहा इसकी सारी सूची उपलब्ध करवाई जाएगी और कहां पर खामियां रही उसे फिर से देखूंगी।
आरपी नेगी। शिमला विधानसभा बजट सत्र के पांचवे दिन भले ही सदन की कार्यवाही शांतिपूर्क तरीके से चली, लेकिन बिना विपक्ष के वह माहाैल देखने काे नहीं मिला। विपक्ष आज पूरे दिनभर सदन के बाहर रह कर माैन रूप धारण कर बैठा रहा। राज्यपाल का रास्ता राेकने वाले पांच विधायकों की सस्पेंशन बहाली के लिए विपक्ष पिछले चार दिनों से अड़ा हुआ है, लेकिन सरकार इस जिद में हैं कि कांग्रेस के विधायक राज्यपाल से माफी मांगे। यहां तक कि आज के इस माैन धरने में पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह भी शामिल हुए। वीरवार काे जब ठीक 11 बजे सदन की कार्यवाही शुरु हुई ताे सबकी नजरें विपक्ष की सीटाें पर पड़ी, मगर यहां काेई भी सदस्य माैजूद नहीं थे। प्रश्नकाल चलता गया और जनहित के सवालाें पर जवाब मिलते रहे। हालांकि विपक्ष के सदस्याें के भी कई सवाल लगे थे, लेकिन उनकी गैर माैजूदगी में सारे के सारे सवाल यूं ही रह गए। आज राज्यपाल अभिभाषण पर चर्चा का अंतिम दिन भी था और सीएम जयराम ठाकुर ने जवाब भी दिया। ऐसे में जाहिर है कि सदन में बिना विपक्ष के जनहित के मुद्दाें पर काेई चर्चा नहीं हाे पाई। सदन में एक मात्र माकपा विधायक राकेश सिंह ने कुछ सवालाें के माध्यम से सरकार काे घेरने की काेशिश की। अब देखना है कि 6 मार्च काे हिमाचल का आम बजट क्या विपक्ष की गैर माैजूदगी में पेश हाेगा या सरकार पांच विधायकों की सस्पेंशन रद्द करवाएगी?
आरपी नेगी, शिमला पिछले चार दिनों से सत्तापक्ष और विपक्ष के मध्य चल रहे गतिराेध अभी तक भी नहीं थमा। सदन में विपक्ष की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करते हुए सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि 26 फरवरी काे जाे भी प्रकरण सामने आया उसकी सीसीटीवी फुटेज सदन में दिखाई जाए और विपक्ष भी इसे देखें। ताकि दूध का दूध, पानी का पानी सामने आएगा। मुख्यमंत्री ने वीरभद्र सिंह के बयान पर कहा कि वीरभद्र सिंह वरिष्ठ नेता हैं और हम उनका सम्मान करते हैं। इस सारे प्रकरण में हमारी कोई गलती नही हैं। विपक्ष से गलती हुई है उसे स्वीकार करना चाहिए और राज्यपाल से माफी मांगनी चाहिए। विपक्ष ने ही सभी मर्यादाओं का उलंघन किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने वो दौर देखा है जब हमें यहां से उठाकर जंगल मे फैंक दिया गया था। राज्यपाल ने अपना अभिभाषण खत्म भी नही किया था इससे पहले ही अभिभाषण को झूठ का पुलिंदा कह दिया।
राजकीय उच्च विद्यालय कशलोग में कम्युनिटी मोबिलाइजेशन के अंतर्गत एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन मुख्याध्यापिका रेखा राठौर की अध्यक्षता में किया गया। इसमें 30 अभिभावक, आशा वर्कर, एसएमसी प्रधान, अध्यापक व एमडीएम कार्यकर्ता उपस्थित रहे। मुख्याध्यापिका रेखा राठौर ने न्यू एजुकेशन पॉलिसी, क्वालिटी एजुकेशन, इन्क्लूसिव एजुकेशन, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, आगामी परीक्षाओं के चलते किस तरह की सावधनियां बरतनी है, इसके बारे में बताया गया। स्कूल लेवल पर एक कमेटी भी गठित की गई जो सीडब्लयूएसएन बच्चों की पहचान करेगी व इनमें क्वालिटी एजुकेशन तथा इन बच्चों को मिलने वाली विभिन्न सुविधाओं की जानकारी भी सांझा करेगी। आशा वर्कर सुनीता देवी ने कोविड से बचने के विभिन्न तरीकों के बारे में बताया व कोविड वैक्सीनेशन की महत्ता को भी बताया। इस अवसर पर समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।
4 मार्च को गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में राष्ट्रीय कैडेट कोर का वार्षिक निरीक्षण ब्रिगेडियर राजीव ठाकुर कर्नल आरएसलेहल, मेजर संतोष भंडारी, उप मेजर केबी गुरुंग और उप मेजर दिलीप राय द्वारा किया गया। एएनओ नीता शर्मा ने उन्हें विद्यालय में एनसीसी से संबंधित करवाई गई गतिविधियों से अवगत करवाया। उन्होंने कैडेटस को एन.सी.सी. के महत्व के बारे में समझाया। उन्होंने विद्यालय की प्रधानाचार्या प्रवीणा झा से मिलकर विद्यालय द्वारा छात्राओं के सर्वपक्षीय विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों को सराहनीय बताया।
प्रशिक्षित नर्सरी अध्यापिका संघ हिमाचल प्रदेशजिला सोलन की कार्यकारिणी की अध्यक्ष चंचला ने प्रतिनिधि मंडल के साथ एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर व देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना मांग पत्र सौंपा। चंचला ने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का सरकारी स्कूलों में प्री प्राइमरी कक्षाओं को चलाने का निर्णय सराहनीय कदम है। शिक्षा की गुणवत्ता के लिए प्रशिक्षित अध्यापक का होना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश भर में लगभग 15 हजार गरीब बेरोजगार प्रशिक्षित नर्सरी एनटीटी हैं। जो पिछले 23 वर्षों से रोजगार की राह देख रही हैं। उन्होंने मांग की कि सरकारी स्कूलों में प्री प्राइमरी कक्षाओं को पढ़ाने के लिए प्रशिक्षित नर्सरी अध्यापकों की नियुक्ति जल्द से जल्द बिना किसी शर्त से की जाए व उच्च शिक्षा प्राप्त प्रार्थी को योग्यता के अनुसार प्राथमिकता दी जाए। प्रतिनिधिमंडल में अल्का, कल्पना, अनिता, रीना, नवीन लता, रेणुका, मीरा, पवित्रा, लता कुमारी, पूनम उपस्थित रहीं।
राज्य बिजली बोर्ड से करीब 1500 आउटसोर्स कर्मियों को निकालने की तैयारी शुरू हो गई है। नवनियुक्त 1552 जूनियर टीमेट और जूनियर हेल्परों के पद संभालते ही आउटसोर्स पर लगी मेंटेनेंस गैंग की छुट्टी करने का फैसला लिया है। वहीं बोर्ड प्रबंधन के इस फैसले का विरोध होना भी शुरू हो गया है। मजदूर संगठन सीटू इन कर्मचारियों की बहाली के लिए 17 मार्च को विधानसभा घेराव करेगा। बीते करीब सात-आठ वर्षों से बिजली बोर्ड ने स्टाफ की कमी के चलते आउटसोर्स पर कई कर्मचारी नियुक्त किए गए है। बीते दो-तीन वर्षों से इनकी सेवाएं बंद करने की तैयारी की जा रही थी, लेकिन बोर्ड में नई भर्तियां न होने से इन कर्मियों को सेवा विस्तार दिया जाता रहा। अब प्रबंधन की ओर से जारी पत्र में स्पष्ट किया गया है कि जूनियर टीमेट और जूनियर हेल्परों के पद संभालते ही मेंटेनेंस गैंग की सेवाएं समाप्त की जाएं। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड तकनीकी कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष दुनी चंद ठाकुर व प्रदेश महामंत्री नेकराम ठाकुर ने भी बोर्ड के फैसले का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि ये कर्मचारी पिछले सात-आठ वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं। इन्हें निकालना न्यायसंगत नहीं है। संघ ने मुख्यमंत्री और ऊर्जा मंत्री से इन आदेशों को तुरंत निरस्त करने की मांग की है।
हिमाचल विधानसभा बजट सत्र के पांचवे दिन आज विधानसभा के बाहर पूरा विपक्ष धरने पर बैठ गया है। पूर्व मुख्यमंत्री व अर्की के विधायक वीरभद्र सिंह वीरवार को विधानसभा के बजट सत्र में भाग लेने पहुंचे। इससे पहले वह सदन के बाहर धरने पर बैठे नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री व चार अन्य विधायकों को समर्थन में मौन धरने पर बैठ गए। वीरभद्र के आने के बाद कांग्रेस सदन में आक्रामक रुख अपना सकती है। वीरभद्र सिंह पहले ही कह चुके हैं कि सदन में जो गतिरोध चल रहा है वह समाप्त होना चाहिए। वीरभद्र सिंह के समर्थन के बाद कांग्रेस सदन में भी मजबूत दिख सकती है। बता दें कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप राठौर भी बुधवार निलंबित नेता प्रतिपक्ष सहित पांच विधायकों के समर्थन में विधानसभा के बाहर धरने पर बैठे थे। उन्होंने निलंबन को सरकार की एकतरफा कार्रवाई बताते हुए इसकी आलोचना की। उन्होंने सरकार से निलंबन को तुरंत रद करने की मांग की अन्यथा कांग्रेस इसके विरोध में सड़क पर उतरेगी। अगर प्रदेश में व्यवस्था बिगड़ी तो इसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। इस अवसर पर जिला शिमला शहरी अध्यक्ष जितेंद्र चौधरी, ग्रामीण अध्यक्ष यशवंत सिंह छाजटा, कांग्रेस सचिव यशपाल तनाइक, सुशांत कपरेट, ब्लॉक अध्यक्ष ग्रामीण गोपाल शर्मा, कसुम्पटी ब्लॉक अध्यक्ष रामकृष्ण शांडिल, नरेंद्र ठाकुर, राजेश वर्मा उपस्थित थे।
राज्य बिजली बोर्ड का प्रबंध निदेशक अब कौन होगा इसे लेकर सरगर्मियां तेज हो चुकी है। बोर्ड में वर्तमान एमडी का कार्यकाल 6 मार्च को समाप्त हो जाएगा। अब देखना यह होगा की एमडी के पद पर कोई नया अधिकारी आएगा या फिर वर्तमान एमडी को ही सेवा विस्तार दिया जाएगा। इसी मामले को लेकर पावर इंजीनीर्स ने आपत्ति जताई है। पावर इंजीनीर्स व अन्य एसोसिएशन नहीं चाहती कि इस पद पर अब किसी को भी सेवाविस्तार मिले। बता दें कि इससे पहले पूर्व सरकारे सेवाविस्तार देती रही हैं, जिससे पावर इंजीनियरों को नुकसान हुआ है। वरिष्ठता के आधार पर सौंपा जाए एमडी का पद पावर इंजीनीर्स , नॉन डिप्लोमा एसोसिएशन, आईटीआई डिप्लोमा संघ , कनिष्ट अभियंता संघ का कहना है कि वरिष्ठता के आधार पर ही बोर्ड में एमडी का पद सौंपा जाए जिससे निचले स्तर पर भी प्रमोशन चैनल चलता रहे। हालाँकि राज्य सरकार ने वरिष्ठता की तर्ज दी है, लेकिन फिर भी जुगाड़तंत्र से कुछ लोग अपनी इच्छाओं को बरकरार रखना चाहते हैं। उधर हिमाचल प्रदेश स्टील उद्योग एसोसिएशन ने भी प्रदेश विद्युत बोर्ड में सेवानिवृत्त कर्मचारियों के विस्तार देने का विरोध किया है। एसोसिएशन द्वारा मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को लिखे पत्र में स्टील उद्योग संघ ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि हिमाचल प्रदेश में विद्युत बिजली बोर्ड में अपनी सेवाएं दे चुके कर्मचारियों को दोबारा सेवाएं पर रखना युवा बेरोजगार के खिलाफ एक खिलवाड़ है। उन्होंने बताया जहां एक तरफ तो देश में बेरोजगारी बढ़ती जा रही है दूसरी तरफ विद्युत बोर्ड लगातार सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सीमा विस्तार देकर युवाओं के साथ धोखा कर रहा है। संघ ने बताया कि पुराने कर्मचारियों को सेवा विस्तार देने से भ्रष्टाचार के मामले बढ़ने की संभावना भी सबसे अधिक रहती हैं। विभिन्न एसोसिएशन ने कहा है कि यदि इस पद पर वर्तमान प्रबंध निदेशक को ही सेवाविस्तार दिया गया तो सरकार को विरोध का सामना करना पड़ेगा। वहीँ विभिन्न संघों का कहना है की यदि सरकार इस बार प्रबंध निदेशक को विस्तार देती है तो इसका खामियाजा सरकार को आने वाले विधानसभा चुनाव में भुगतना पड़ेगा।
युवाओं के पास सेना में भर्ती होने का मौका है। ऊना के इंदिरा गांधी खेल मैदान में 17 मार्च से छह अप्रैल तक भर्ती रैली होने जा रही है। हमीरपुर, बिलासपुर और ऊना के पुरुष उम्मीदवारों के लिए सैनिक सामान्य ड्यूटी और सैनिक लिपिक/एसकेटी के पदों के लिए भर्ती होगी। भर्ती निदेशक सेना भर्ती कार्यालय हमीरपुर संजीव कुमार ने बताया कि जिन उम्मीदवारों ने www.joinindianarmy.nic.in वेबसाइट के माध्यम से 13 फरवरी 2021 तक ऑनलाइन पंजीकरण करवाया है। उन्हीं उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड जारी किया जाएगा।
जिला पेंशनर्ज एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन की त्रैमासिक बैठक जिलाध्यक्ष केडी शर्मा की अध्यक्षता में बुधवार को कुनिहार में आयोजित की गई। फाउंडर सदस्य पूर्व प्रधान स्व अमर सिंह ठाकुर के चित्र पर सभी पेंशनरों ने पुष्प अर्पित किए। बैठक में 80 वर्ष से ऊपर के पेंशनरों को सम्मानित किया गया। बैठक में जिला पेंशनर्ज एवं वरिष्ठ कल्याण संगठन तथा जिले के समस्त इकाईयों के चुनाव बारे चर्चा की गई। जिसमें मार्च 2021 में समस्त इकाईयों व अप्रैल में जिला इकाई के चुनाव करवाए जाने बारे सहमती बनी। जिला अध्यक्ष केडी शर्मा ने कहा कि पेंशनरों की पुरानी मांगें 65, 70, 75 व 80 वर्ष पूरे कर चुके पेंशन भोगी के मुलवेतन में 5, 10, 15व 20 प्रतिशत समायोजित करना, विभिन्न विभागों में पेंडिंग मैडिकल बिलो की अदायगी समय पर न होना, मैडिकल बजट बढ़ाना, राज्य स्तरीय संयुक्त सलाहकार समिति का गठन करना, उपायुक्त सोलन के साथ संयुक्त सलाहकार समिति की बैठक न होना, 2003 के बाद के कर्मचारियों को पेंशन से वंचित रखना तथा पेंशनरों को एलटीसी की सुविधा न देने जैसी पेंशनरों की कई मांगों के प्रति हिमाचल सरकार उदासीन रवैया अपना रही है। जिसके लिए हमे एकजुट होकर संघर्ष करना होगा ताकि सरकार हमारी मांगों को गम्भीरता से ले। इस बैठक में जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष आर भारद्वाज, महासचिव जगदीश पंवर, गोपाल ठाकुर, डीडी कश्यप, धनीराम तनवर, कृष्ण सिंह चौहान, बेलीराम राठौर, प्रकाश चन्द, ईश्वरदास शर्मा, रोशन लाल, मनोहर सिंह कंवर, विमला ठाकुर, सूर्यकांत जोशी, रूपराम शर्मा, उदय राम चौधरी, मनसा राम पाठक, अनन्त राम वर्मा सहित काफी संख्या में पेंशनर्ज मौजूद रहे।
ठियोग के सीपीआईएम विधायक राकेश सिंघा ने प्रदेश की सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण अधूरा है जो हिमाचल की असल तस्वीर को सामने नहीं लाता। कारोना महामारी ने सदन के 8 सदस्यों को छीन लिया। देश प्रदेश की आर्थिक स्थिति बिगड़ चुकी है। सत्ता पक्ष के सदस्य भी राज्यपाल के अभिभाषण पर छक्के नहीं मार पाए क्योंकि छक्के मारने की पिच ही नहीं है। डबल इंजन की सरकार में महंगाई बढ़ गई, पेट्रोल डीजल की कीमतें आसमान छू रही है। किसानों ने देश की आर्थिक स्थिति को सम्भाला है। लेकिन किसानों से भी सरकार खिलबाड़ कर रही है। सिंघा ने कहा कि कारोना काल में खरीद फरोख्त में भारी भ्रष्टाचार हुआ। चंबा डीसी को जो कारोना के उपकरण दिए गए वह महंगे दामों पर खरीदे गए। नेशनल मेडिकल स्टोर से 580 रुपए का मास्क खरीदा गया। थर्मल स्कैनर 10,531 में खरीदा गया। जोकि 1300 रुपये के करीब मिलता है। सिंघा ने कहा कि जनमंच गरीबों को सहारा नहीं दे पा रहा है। दलितों का आज भी दमन हो रहा है। केदार जिंदाल को गाड़ी के नीचे रौंद दिया गया। उसकी पत्नी को आज तक मकान नहीं मिल पाया। लेबर लॉ को बदल कर सरकार ने मज़दूरों की पीड़ा को बढ़ाया है। अंब में मज़दूर को फांसी लगानी पड़ी। कारोना काल में वापस आये अढ़ाई लाख लोगों को रोजगार देना तो दूर यहां पर काम कर रहे 3 लाख प्रवासी मज़दूरों को नोकरी से हाथ धोना पड़ा। आउटसोर्स मज़दूरों का शोषण किया जा रहा है।
प्रदेश सरकार ने निर्णय लिया है कि पिछले वर्ष की भांति इस वर्ष भी किसानों से गेहूं की खरीद सीधे तौर पर भारतीय खाद्य निगम के माध्यम से की जाएगी। इस वर्ष पांच मंडियों- जलग्रां, कांगर, पांवटा साहिब, काला अम्ब और फतेहपुर के अलावा अन्य स्थानों पर मंडिया खोली जाएंगी जिसमें घुमारवीं भी शामिल है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मन्त्री राजेन्द्र गर्ग की अध्यक्षता में गेहूं खरीद के न्यूनतम समर्थन मूल्य को लेकर भारतीय खाद्य निगम के साथ आयोजित बैठक में यह तय किया गया। बैठक में किसानों की आय को दोगुनी करने के लक्ष्य के मद्देनज़र और अधिक किसानों से 6600 मीटर टन गेहूं की खरीद 1975 रुपये प्रति क्विंटल की दर से करने का निर्णय लिया गया। राजेंद्र गर्ग ने किसानों से आग्रह किया है कि वह गुणवत्तायुक्त गेहूं को अधिक से अधिक मात्रा में खोली जाने वाली मंडियों में लाएं। उन्होंने पिछले वर्ष 800 मीटर टन की अपेक्षा 3128 मीटर टन गेहूं की खरीद करने के लिए भारतीय खाद्य निगम की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को तीन मुफ्त रिफिल उपलब्ध करवाए गए। उन्होंने कोविड के दौरान विभाग के कार्यों की सराहना की और निर्देश दिए गए कि भविष्य में भी इसी प्रकार बेहतर कार्य जारी रहे। अतिरिक्त मुख्य सचिव खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मनोज कुमार, निदेशक, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले आबिद हुसैन सहित प्रबन्ध निदेशक राज्य नागरिक आपूर्ति निगम सीमित, निदेशक कृषि, महा प्रबन्धक, भारतीय खाद्य निगम तथा विभाग के अन्य अधिकारियों ने बैठक में भाग लिया।
एचआरटीसी में चालकों और परिचालकों के 1439 पद रिक्त हैं। इनमें चालकों के 640 और परिचालकों के 799 रिक्त पद शामिल हैं। हालांकि, चालकों के 400 रिक्त पदों व परिचालकों के 568 रिक्त पदों को भरने के लिए चयन प्रक्रिया चल रही है। रोहड़ू के विधायक मोहन लाल ब्रागटा द्वारा पूछे गए सवाल के लिखित जवाब में परिवहन मंत्री विक्रम सिंह ठाकुर ने बुधवार को यह जानकारी दी। परिवहन मंत्री ने बताया कि एचआरटीसी के 34 डिपूओं में चालकों के कुल स्वीकृत पद 4584 हैं। इनमें 3944 चालक उपलब्ध हैं। जबकि 640 पद रिक्त हैं। इसी तरह एचआरटीसी के 33 डिपूओं में परिचालकों के स्वीकृत पद 4498 हैं और इनमें 3699 परिचालक उपलब्ध हैं। वहीं 799 पद खाली हैं। उन्होंने बताया कि बीते 3 वर्षों में एचआरटसी में 50 विद्युत संचालित बसों और तीन टैंपो ट्रैवलर की खरीद हुई है। 50 विद्युत संचालित बसें स्थानीय क्षेत्र ढली के लिए आवंटित की गई हैं। जबकि तीन टैंपो ट्रैवलर केलंग क्षेत्र को जनजातीय क्षेत्र में परिचालन के लिए आवंटित किए गए हैं।
आंगनबाड़ीकार्यकर्ता एवं हेल्परज़ यूनियन सम्बन्धित सीटू की जिला शिमला कमेटी यूनियन की राज्य कमेटी के आह्वान पर आंगनबाड़ी कर्मियों की प्री प्राइमरी में नियुक्ति व अन्य मांगों को लेकर नौ मार्च को प्रदेशव्यापी हड़ताल करेगी। इसमें शिमला जिला के सैंकड़ों आंगनबाड़ीकर्मी शिमला में विधानसभा के बाहर जोरदार प्रदर्शन करेंगे। हड़ताल के संदर्भ में यूनियन ने निदेशक महिला एवम बाल विकास विभाग हिमाचल प्रदेश सरकार शिमला को हड़ताल नोटिस भेज दिया है। शिमला जिला के ठियोग, बसन्तपुर, कुमारसैन,रोहड़ू, रामपुर, चौपाल, चिड़गांव, जुब्बल, कोटखाई व ननखड़ी प्रोजेकटों में कर्मी केंद्रों को बन्द करके पूर्ण हड़ताल करेंगे। यूनियन के कार्यकर्तों ने केंद्र व प्रदेश सरकार को चेताया है कि अगर आंगनबाड़ी वर्करज़ को प्री प्राइमरी कक्षाओं के लिए नियुक्त करने के आदेश जारी न किये गए तो आंगनबाड़ी कर्मी नौ मार्च को हड़ताल करके सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को बन्द कर देंगे व इस दिन हज़ारों आंगनबाड़ी कर्मी बजट सत्र के दौरान विधानसभा का घेराव करेंगे। उन्होंने केवल आंगनबाड़ीकर्मियों को ही प्री प्राइमरी कक्षाओं के लिए नियुक्त करने की मांग की है क्योंकि छः वर्ष से कम उम्र के बच्चों की शिक्षा का कार्य पिछले पैंतालीस वर्षों से आंगनबाड़ी कर्मी ही कर रहे हैं। उन्होंने नई शिक्षा नीति को वापिस लेने की मांग की है क्योंकि यह न केवल छात्र विरोधी है अपितु आइसीडीएस विरोधी भी है। नई शिक्षा नीति में वास्तव में आइसीडीएस के निजीकरण का छिपा हुआ एजेंडा है। इस से भविष्य में आंगनबाड़ी कर्मियों को रोज़गार से हाथ धोना पड़ेगा।
ऊना। जिला ऊना के भरवाईं में आयोजित राज्य भारतीय महिला मोर्चा की कार्यसमिति की बैठक के समापन अवसर पर उन्हाेंने महिला माेर्चा काे मिशन रिपीट का पाठ पढ़ाया। पदाधिकारियाें काे संबाेधित करते हुए जयराम ठाकुर ने कहा कि किसी भी पार्टी के उत्थान में संगठन की भूमिका महत्वपूर्ण होती है और हिमाचल प्रदेश महिला मोर्चा ने अपनी इस भूमिका को सार्थक करते हुए प्रदेश में भाजपा को सशक्त बनाने में मदद की है। जयराम ठाकुर ने कहा कि महिला मोर्चा अपने समर्पण, सेवा भावना एवं कर्तव्य परायणता के चलते प्रदेश में ही नहीं देश भर में अपनी अलग पहचान बना चुका है। सामान्य पार्टी के क्रियाकलापों के अतिरिक्त महिला मोर्चा ने कोविड-19 के दौरान लोगों में अपनी विशेष पहचान बनाई है। इस दौरान महिला मोर्चा ने न केवल स्वयं मास्क बनाकर लोगों को निशुल्क बांटे बल्कि उसके सदस्यों ने जरूरतमंदों को भोजन परोसने के अतिरिक्त राशन एवं आर्थिक सहायता भी प्रदान की। उन्होंने कहा कि महिलाओं के उत्साह व समर्पण का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस बार के पंचायती राज चुनावों में महिलाओं की भागीदारी 62 प्रतिशत रही। जयराम ठाकुर ने महिला मोर्चा की पदाधिकारियों से आग्रह किया कि वह वर्ष 2022 में मिशन रिपीट के लिए जमीनी स्तर पर कार्य करें, ताकि लोगों को राज्य सरकार द्वारा उनके कल्याण के लिए किए जा रहे कार्यों एवं चलाई जा रही जन कल्याणकारी नीतियों एवं योजनाओं की जानकारी मिल सके।
आरपी नेगी। शिमला राज्यपाल अभिभाषण के दिन हुए घटनाक्रम के बाद पूरे सत्र के लिए सस्पेंड हुए कांग्रेस के पांच विधायकों के एजेंडे पर सत्तापक्ष और विपक्ष का कैटवाॅक जारी है। एक तरफ विपक्ष निलंबन रद्द करवाने की जिद पर अड़ा हुआ है ताे दूसरी तरफ सरकार गवर्नर से माफी मांगने की बात कर रही है। बजट सत्र के चाैथे दिन भी सदन की कार्यवाही शाेर शरावे के साथ शुरु हुई। विपक्ष की और से विधायक जगत सिंह नेगी ने प्वाइंट ऑफ आर्डर कर नियम 323 के तहत 26 फरवरी के घटनाक्रम पर व्यवस्था मांगी, लेकिन स्पीकर विपिन सिंह परमार ने नहीं दी। इस बीच कांग्रेस विधायकों ने सदन में नारेबाजी की और वाकआउट किया । स्पीकर ने विपक्ष से कहा कि प्रश्नकाल हाेने दाे उसके बाद नियमों के तहत व्यवस्था देंगे। विपक्ष सदन से बाहर आया और कार्यवाही चलती रही। ऐसे में जाहिर है कि जब तक कांग्रेस के पांच विधायकों काे बहाल नहीं किया जाता तब तक विपक्ष सरकार का बहिष्कार करता रहेगा। प्रश्नकाल समाप्त हाेने के बाद सीएम जयराम ठाकुर ने सदन काे संबाेधित करते हुए विपक्ष के खिलाफ माेर्चा खाेल दिया । जयराम ने वाकआउट की निंदा की और कहा कि संवैधानिक पद के साथ गलत व्यवहार करने वालाें पर एफआईआर ताे बनती है। उन्हाेंने कहा कि उस दिन ताे विपक्ष वाले काफी खुश थे कि हमने यह क्या कमाल कर दिया।
उपमंडल अर्की की ग्राम पंचायत चम्यावल में नई पंचायत की पहली ग्रामसभा का आयोजन नवनिर्वाचित प्रधान उर्मिला ठाकुर की अध्यक्षता में किया गया। इस बैठक में ग्रामीणों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। नई कार्यकारिणी के चुने जाने पर सभी पदाधिकारियों एवं लोगों में भारी जोश था। इस दौरान उर्मिला ठाकुर ने बैठक में आए सभी लोगों का उन्हें एवं सभी कार्यकारिणी सदस्यों के चुनने पर जनता का आभार प्रकट किया। उन्होंने सभी को विश्वास दिलाया कि वे अपनी कार्यकारिणी के साथ मिलकर बिना किसी भेदभाव के विकास कार्यों को गति प्रदान करेगी। इस दौरान सभी वार्डों से आये लोगों ने नई कार्यकारिणी को अपने वार्ड की समस्याओं से अवगत करवाया और अपनी मांगे ग्रामसभा के समक्ष रखी। प्रधान उर्मिला ठाकुर द्वारा ग्रामसभा के दौरान सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं आशाकार्यकर्ताओं को कोरोनाकाल के दौरान बेहतरीन सेवाएं प्रदान करने के लिए सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि जब इस वैश्विक महामारी के दौरान लोग घरों में थे, तो सभी ने सरकार के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए पूरी पँचायत में बेहतरीन सेवाएं प्रदान की, जिसके लिए सभी बधाई की पात्र है। इस दौरान इस ग्रामसभा में नवनिर्वाचित उप प्रधान चरणदास पंवर, पँचायत सचिव बाबूराम व सभी वार्ड सदस्यों व ग्रामीण लोग उपस्थित रहे।
दाड़लाघाट में ग्राम पंचायत सुधार सभा की बैठक आयोजित की गई। सभा की अध्यक्षता सभा के अध्यक्ष जगदीश ठाकुर ने की। सभा के महासचिव प्रेम केशव ने बताया कि बैठक में गंभर पेयजल योजना के तहत कंपनी द्वारा पीने के पानी के कनेक्शन बिना जल शक्ति विभाग व ग्राम वासियों की सहमति के बगैर दिए जा रहे हैं। गंभर पेयजल योजना के साथ सरकार का फैसला 5 साल के लिए पानी की पूर्ण व्यवस्था के अलावा बनाए गए टैंकों में पीने के पानी देने तथा साफ-सफाई,दवाई डालना यह सभी समझौते में तय है। उन्होंने गंभर पेयजल योजना के सहायक अभियंता व कनिष्ठ अभियंता से आग्रह किया कि yadi इस योजना के तहत कनेक्शन का सिलसिला जारी रखना हो तो 9:00 बजे से 5:00 बजे तक ही रखें,क्योंकि गांव बागा में रात 9:00 बजे कनेक्शन की प्रक्रिया जारी रखने पर ग्राम वासियों परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने सुधार सभा का जल शक्ति विभाग के सहायक अभियंता एवं कनिष्ठ अभियंता से आग्रह किया है कि ग्राम वासियों की सहमति बगैर कोई भी कनेक्शन गंभर योजना से तब तक जारी न किए जाएं, जब तक टैंक में पानी नहीं डाला जाता। सुधार सभा के महासचिव प्रेम केशव ने सहायक अभियंता जल शक्ति विभाग से आग्रह करते हुए कहा है कि गंभर जल योजना का पानी भी लोगों को मुहैया होना चाहिए, तभी जो नए कनेक्शन इस योजना के तहत दिए जा रहे हैं, उनकी वजह से दूसरी योजना पर स्थापित कनेक्शनों पर कोई भी असर नहीं पड़ेगा। सहायक अभियंता जल शक्ति उपमंडल दाड़लाघाट अमन ठाकुर ने कहा कि इस बारे अभी तक कोई शिकायत मेरे पास नही आई है। अगर शिकायत आती है, तो कनिष्ठ अभियंता को बोलकर मामला उनके ध्यान में लाया जाएगा व लोगों की समस्या को जल्द से जल्द हल किया जाएगा।
शिमला। हिमाचल प्रदेश में प्राइवेट बस ऑपरेटर्स के साथ-साथ एचआरटीसी ने सरकार काे चूना लगाने में काेई कसर नहीं छाेड़ा। स्पेशल राेड़ टैक्स जाे हर साल जमा करने पड़ते हैं, लेकिन पिछले साल से लेकर अब तक कराेड़ाें के स्पेशल राेड़ टैक्स जमा नहीं किए। विधायक हाेशियार सिंह द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में परिवहन मंत्री बिक्रम सिंह ने बताया कि 641 प्राइवेट और एचआरटीसी की 27 बस यूनिट ने स्पेशल राेड़ टैक्स जमा नहीं किए हैं। उन्हाेंने कहा कि प्राइवेट बस ऑपरेटर्स की यह राशि 903 लाख और एचआरटीसी की 22064 लाख पेंडिंग हैं। दाेनाें काे मिला कर 22967 लाख का चूना लग गया है। परिवहन मंत्री ने कहा कि स्पेशल राेड़ टैक्स वसूली के लिए जल्द ही ठाेस कार्रवाई करेगा। परिवहन विभाग ने एमचारटीसी और प्राइवेट अस ऑपरेटर्स दाेनाें डिफाल्टर्स की सूची जारी कर दी है।
आरपी नेगी। शिमला अप्रैल 2019 तक जयराम सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे मंडी के विधायक अनिल शर्मा क्षेत्र में खेल गतिविधियाें काे बढ़ावा देने की वकालत कर रहे हैं। प्रश्नकाल के दाैरान उन्हाेंने मंडी के पद्दर में हाॅकी एस्ट्राेटर्फ का काम शुरु करने में आ रही दिक्कत काे सदन में उजागर किया । उन्हाेंने कहा कि पहली बार सत्ता मंडी के हाथ में है ताे कुछ लाभ भी मिलना चाहिए। अनिल शर्मा ने कहा कि 23 बीघा जमीन अभी वन विभाग के अधीन हैं, जाे खेल एवं युवा सेवा काे ट्रांसफर नहीं हुई है। जिस कारण काम शुरु नहीं हाे सका। मंडी में पिछले कई वर्षाें से प्रस्तावित हाॅकी एस्ट्राेटर्फ का काम लंबित पड़ा हुआ है। खेल मंत्री राकेश पठानिया ने सवाल का जवाब देते हुए कहा कि डीसी मंडी के साथ चर्चा कर अगला कदम उठाया जाए।
आरपी नेगी । शिमला हिमाचल के प्राइवेट स्कूलाें की फीस पर अभी तक सरकार का काेई कंट्राेल नहीं रहा, लेकिन जयराम सरकार नया कानून लाने जा रही है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक चार मार्च को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक में इस नए विधेयक को मंजूरी देकर विधानसभा के बजट सत्र में इसे पारित करने के लिए रखा जाएगा। नए कानून के तहत जिला उपायुक्त की अध्यक्षता में बनाई जाने वाली कमेटी में निजी स्कूलों की फीस निर्धारित की जाएगी। कमेटी में निजी स्कूल प्रबंधन के अलावा पीटीए को शामिल किया जाएगा। उच्च शिक्षा निदेशक की अध्यक्षता वाली कमेटी फीस को मंजूरी देगी। इस कमेटी में अतिरिक्त निदेशक और प्रारंभिक शिक्षा निदेशक को शामिल किया जाएगा। जिला उपनिदेशकों की अध्यक्षता में बनने वाली कमेटी स्कूलों में फीस वसूली की व्यवस्था की माॅनीटरिंग करेगी। नए कानून के तहत फीस को तर्कसंगत बनाते हुए वर्दी और किताबें खरीदने के लिए चिह्नित दुकानों की व्यवस्था पर भी रोक लगाई जा सकती है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि निजी स्कूलों में दी जाने वाली सुविधाओं के आधार पर फीस तय की जाएगी। सभी के सुझाव लेने के बाद फीस तय होगी, ताकि अभिभावकों का कोई शोषण न हो। फीस में हर वर्ष होने वाली बढ़ोतरी के लिए भी प्रावधान किया जाएगा। उल्लेखनीय है िक बीते दिनों सरकार ने निजी शिक्षण संस्थान विनियामक एक्ट 1997 में संशोधन का फैसला लिया था। लाॅ िडपार्टमेंट के साथ कई दिनों तक संशोधन को लेकर मंथन हुआ। पुराने एक्ट में कई संशोधन करने के चलते अब सरकार ने नया कानून ही बनाने का फैसला लिया है। नए कानून के आने पर राज्य निजी शिक्षण संस्थान विनियामक एक्ट 1997 खुद निरस्त हो जाएगा।
आयुष विभाग द्वारा सोलन जिला के धर्मपुर विकास खण्ड में एनीमिया जागरूकता शिविरों की कड़ी में आज ग्राम पंचायत गढ़खल सनावर, गनोल, पट्टानाली, गुल्हाड़ी, बुघारकनैता तथा बरोटीवाला में 774 व्यक्तियों की जांच की गई। यह जानकारी जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डाॅ. राजेन्द्र शर्मा ने दी। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत गढ़खल सनावर में 142, ग्राम पंचायत गनोल 119, ग्राम पंचायत पट्टानाली में 61, ग्राम पंचायत गुल्हाड़ी में 142, ग्राम पंचायत बुघारकनैता में 143 तथा ग्राम पंचायत बरोटीवाला में 167 व्यक्तियों की स्वास्थ्य जांच की गई। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य जांच में जिन रोगियों का हीमोग्लोबिन स्तर बहुत कम पाया गया, उन्हें पूरी जांच के लिए परामर्श दिया गया। डाॅ. राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि इन शिविरों में लोगों को बताया गया कि एनीमिया रोग का पूर्ण निदान सम्भव है तथा उचित पोषाहार के माध्यम से सदैव एनीमिया से बचा जा सकता है। शरीर में रक्त की कमी के कारण एनीमिया होता है। एनीमिया के कारणों में सबसे प्रमुख कारण शरीर में आयरन की कमी है। लोगों को बताया गया कि जब आहार में लौह तत्व पर्याप्त मात्रा में नहीं होता है, तब व्यक्ति एनीमिया पीड़ित हो जाता है। इसके अलावा अगर किसी भी कारण से शरीर में रक्त की कमी हो जाती है तो भी यह समस्या उत्पन्न होती है। चोट लगने पर खून निकलना, माहवारी या प्रसव में अधिक मात्रा में खून का बहना भी एनीमिया का एक कारण है। शिविर में लोगों से आग्रह किया गया कि अपने भोजन में नियमित आधार पर फल एवं सब्जियां लें। इस अवसर पर रोगियों को एनीमिया की निःशुल्क दवाएं भी वितरित की गईं। आज आयोजित शिविरों में आयुर्वेदिक चिकित्सक डाॅ. मंजेश शर्मा, डाॅ. प्रियंका सूद, डाॅ. कामिनी, डाॅ. रक्षा, डाॅ. प्रियंका किमटा, डाॅ. सोनिया धीमान, आयुर्वेद विभाग के कर्मचारी वर्धा ठाकुर, दिनेश, सोनू, लता वर्मा, बबली, शंकर, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता तथा स्थानीय निवासी उपस्थित रहे।


















































