प्रौद्योगिकी हस्तांतरण की दिशा में आगे बढ़ते हुए डॉ॰ वाईएस परमार औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, नौणी ने विवि द्वारा विकसित तीन प्रौद्योगिकियों के हस्तांतरण के लिए हिमाचल की कंपनियों के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। यह तीन प्रौद्योगिकी- अदरक और लहसुन के मूल्य संवर्धन के लिए प्रोटोकॉल; सेब प्रसंस्करण इंडस्ट्री और प्रौद्योगिकी की स्थापना के लिए तकनीकी कार्यज्ञान और जंगली खुरमानी की गिरी का तेल निकालने के लिए प्रसंस्करण उद्योग की स्थापना का तकनीकी कार्यज्ञान को डॉ देविना वैद्य, डॉ मनीषा कौशल और अनिल गुप्ता द्वारा विकसित किया गया है। यह तीनों वैज्ञानिक विश्वविद्यालय के खाद्य विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग में कार्यरत हैं। इन प्रौद्योगिकियों को आईसीएआर की पोस्ट हार्वेस्ट इंजीनियरिंग और प्रौद्योगिकी पर अखिल भारतीय समन्वित अनुसंधान परियोजना के तहत विकसित किया गया है। पहली तकनीक अदरक और लहसुन की विभिन्न मूल्य वर्धित उत्पादों के विकास के लिए मददगार है। विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने पूर्ण उत्पाद विकास पर काम किया है और अदरक लहसुन के पेस्ट के निर्माण के दौरान उद्यमियों के सामने आने वाली तकनीकी समस्याओं को हल करने का प्रयास किया है। यह तकनीक राज्य के सिरमौर बेल्ट के किसानों के लिए एक वरदान साबित हो सकती है, जहां किसानों को अक्सर सीजन के दौरान अपनी उपज के लिए सही मूल्य नहीं मिल पाता। इस प्रौद्योगिकी के हस्तांतरण के लिए कसौली की कंपनी पूर्वा खाद्य उद्योग के साथ हस्ताक्षर किया गया है। कंपनी इस प्रौद्योगिकी का उपयोग राज्य में अच्छी गुणवत्ता वाले अदरक लहसुन के पेस्ट के विकास के लिए करेगी। दूसरी तकनीक सेब के प्रसंस्करण और मूल्य संवर्धन से संबंधित है। वर्तमान में, राज्य के कुछ क्षेत्रों में बाज़ार के लिए अप्रयुक्त सेब को बिना किसी पूर्व-उपचार किए बिना जूस निकालने, किण्वन आदि के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। परिणामस्वरूप कम गुणवत्ता वाला अंतिम उत्पाद तैयार हो रहा है। इसकी खराब गुणवत्ता के कारण किसानों को इसका अच्छा दाम नहीं मिल पा रहा है। विश्वविद्यालय ने उपरोक्त समस्याओं को दूर करने के लिए प्रसंस्करण के लिए सेब के पूर्ण उपयोग का एक प्रोटोकॉल विकसित किया है। इस तकनीक को सोलन की कंपनी वाइल्ड हिमालय को स्थानांतरित किया गया है। तीसरी तकनीक जंगली खुरमानी की गिरी का तेल के प्रसंस्करण उद्योग की स्थापना के लिए है। किन्नौर, चंबा, ऊपरी शिमला और मंडी जिले के कुछ हिस्सों के किसान पारंपरिक तरीकों का उपयोग करके खुरमानी की गिरी का तेल निकाल रहे हैं। हालांकि, तेल की खराब गुणवत्ता और उपभोक्ताओं के बीच पोषण प्रोफ़ाइल की जानकारी का आभाव के कारण किसानों को अपने उत्पाद से उचित लाभ नहीं मिल रहा है। विश्वविद्यालय पिछले 10 वर्षों से इस तकनीक पर काम कर रहा है और खुरमानी की गिरी का तेल के निष्कर्षण के लिए एक पूर्ण प्रक्रिया प्रोटोकॉल विकसित किया है। यह तकनीक किन्नौर जिला के गांव उरनी स्थित कंपनी नेगी एंटरप्राइजेज को हस्तांतरित की गई है। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ परविंदर कौशल, डीन और विभाग के वैज्ञानिकों की उपस्थिति में अनुसंधान निदेशक डॉ जेएन शर्मा द्वारा एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर डॉ परविंदर कौशल ने विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों को उद्योग की कुछ समस्याओं से निपटने के लिए प्रौद्योगिकी विकसित करने और प्रगतिशील उद्यमियों को इस शोध को उपलब्ध कराने के लिए बधाई दी। डॉ कौशल ने कहा कि तकनीकी विशेषज्ञता के अलावा, उद्यम स्थापित करने के लिए विश्वविद्यालय इन कंपनियों की मदद करेंगे। तीनों कंपनियां अपने उत्पाद लेबल पर विश्वविद्यालय प्रौद्योगिकी का नाम लिखेगें।
उप पुलिस अधीक्षक परवाणू योगेश रोल्टा ने कहा कि नशा एक ऐसी दुष्प्रवृति है जो युवा शक्ति को धीरे-धीरे खोखला कर रही है। योगेश रोल्टा सोलन जिला के धर्मपुर विकास खंड की ग्राम पंचायत जाबली में नेहरू युवा केंद्र सोलन द्वारा मादक पदार्थ एवं मदिरा व्यसन पर रोक अभियान के अंतर्गत आयोजित जागरूकता कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विभिन्न प्रकार के नशों के सेवन से युवा जहां इसके आदी बनते जा रहे हैं वहीं देश का भविष्य भी अक्षम हो रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार व जिला प्रशासन द्वारा नशा निवारण को लेकर आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों की सफलता तभी सिद्ध हो सकती है जब युवा यह प्रण लें कि वे कभी नशा नहीं करेंगे और नशा बेचने वालों की सूचना पुलिस को देंगे। उन्होंने कहा कि पुलिस को नशे के सौदागरों की सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाता है। पुलिस द्वारा हिमाचल ड्रग फ्री ऐप आरंभ की गई है। कोई भी व्यक्ति इस ऐप को अपने मोबाइल फोन में डाउनलोड करके नशे के सौदागरों की जानकारी पुलिस को दे सकता है। उन्होंने सभी से आग्रह किया इस ऐप को अपने मोबाइल फोन में डाउनलोड करें और इसका प्रयोग करें। ग्राम पंचायत जाबली के प्रधान डीसी धीमान ने इस अवसर पर कहा कि युवाओं को आज से ही से दूर रहने के लिए दृढ़संकल्प होना होगा। उन्होंने कहा कि अध्यापकों व अभिभावकों को भी चाहिए कि वे अपने बच्चों की प्रत्येक गतिविधि पर ध्यान दें। खण्ड चिकित्सा अधिकारी डा. अमित रंजन तलवाड ने कहा कि एक अनुमान के अनुसार देश का 40 प्रतिशत युवा नशे की चपेट मे आ गया है। यह अत्यन्त चिंता का विषय है। युवाओं में नशे की प्रवृति को रोकने के लिए हमें सबको एकजुट होकर कार्य करना होगा तभी नशे का समूल नाश किया जा सकता है। नेहरू युवा केन्द्र के लेखराज कौशिक ने कहा कि नशा निवारण जागरूकता कार्यक्रमों में युवक मण्डलों व महिला मण्डलों तथा स्वयंसेवी संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जाबली की प्रधानाचार्य मीना अग्रवाल ने युवाओं से नशे से दूर रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यालय में नशा निवारण समिति गठित की गई है। समिति द्वारा छात्रों को नशे के विरूद्ध जानकारी देने के लिए समय-समय पर जागरूकता अभियान आयोजित किए जाते हैं। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को नशे से दूर रहने की शपथ भी दिलाई गई। इस अवसर पर खण्ड विकास अधिकारी रवि कुमार बैंस स्थानीय युवक व महिला मंडलों के सदस्य व बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला नवगांव के राष्ट्रीय सेवा योजना के दो स्वयंसेवकों विशाल व कुसुम शर्मा का चयन गणतंत्र दिवस की परेड के लिए हुआ है। इनका चयन रावमा पाठशाला बिलासपुर में आयोजित शिविर जो 7 दिसंबर से 10 दिसंबर तक आयोजित किया गया के दौरान हुआ। इस शिविर मे प्रदेश के तीन जिलों के 400 स्वयंसेवियों ने भाग लिया। बता दें नवगांव के चार स्वयंसेवियों विशाल,दिनेश,कुसुम एवं तरूणवाला ने इस शिविर में भाग लिया। इनमें से दो स्वयंसेवियों के चयन के उपलक्ष्य में विद्यालय में अभिनन्दन समारोह आयोजित किया गया। प्रधानाचार्य रविन्द्र गौतम व उप प्रधानाचार्य डॉ बाबू राम शर्मा ने मैडल पहनाकर व प्रमाणपत्र देकर इन्हें सम्मानित किया। प्रधानाचार्य रविन्द्र गौतम ने इन छात्रों के चयन का पूरा श्रेय कार्यक्रम अधिकारी अमरदेव शर्मा की लग्न एवं मेहनत को दिया। उन्होंने इन छात्रों को व उनके अभिभावकों को बधाई दी और आगामी शिविर के लिए शुभकामनाएं दी और अन्य छात्रों को इन छात्रों से प्ररेणा लेने का आह्वान किया। इस अवसर पर विद्यालय के सभी शिक्षक व कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश में बारिश और बर्फबारी का दौर शुरू होने के बाद ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। जिला शिमला के कुफ़री,नारकंडा,खड़ापत्थर, जिला सिरमौर के चूड़धार के साथ किन्नौर जिला के ऊंचाई वाले इलाकों में ताजा बर्फबारी हो रही है। मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार 13 दिसंबर को प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी व निचले क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग द्वारा लाहुल स्पीति, किन्नौर, शिमला, कुल्लू, मंडी व कांगड़ा जिलों के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फीला तूफान चलने की चेतावनी दी गई है। ऐसे में मौसम विभाग ने लोगों को एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्थानीय लोगों व पर्यटकों को ऊंचाई वाले क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी है।
भारत स्काउट्स एवम गाइड्स राष्ट्रीय मुख्यालय द्वारा राष्ट्रीय स्तरीय मिनी रोवर रेंजर जम्बूरी का आयोजन ब्रूनी उड़ीसा में किया। इस जम्बूरी में भारत वर्ष के 27 राज्यों के 500 व बांग्लादेश के रोवर्स रेंजर्स ने हिस्सा लिया। हिमाचल प्रदेश से इस मिनी रोवर रेंजर जम्बूरी में 3 कॉलेज राजकीय महाविद्यालय संजौली, राजकीय महाविद्यालय सोलन व राजकीय महाविद्यालय करसोग के 30 रोवर रेंजर व 4 व्यस्कों ने हिस्सा लिया। इस जम्बूरी में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन व स्पर्धाएं हुई जिसमें हिमाचल के रोवर रेंजर ने लोक गायन में राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान व रंगोली प्रतियोगिता में तीसरा स्थान हासिल किया। इस जम्बूरी में अलग अलग राज्यों के लोक गीत, लोक नृत्य, खान पान, भेषभूषा, व राज्य प्रदर्शनी जैसे कार्यक्रमों का आयोजन किया जिसमें हिमाचल 2 पुरस्कार हासिल कर पाया। राष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल के प्रदर्शन पर भारत स्काउट्स एवम गाइड्स हिमाचल प्रदेश के राज्य मुख्य आयुक्त व उच्च शिक्षा निदेशक डॉ अमरजीत कुमार शर्मा, राज्य आयुक्त स्काउट स्काउट के डी शर्मा, राज्य आयुक्त गाइड डॉ अंजू शर्मा, राज्य कोषाध्यक्ष विनोद कुमार शर्मा, राज्य सचिव डॉ राज कुमार व सह राज्य सचिव मीनाक्षी सूद ने सभी रोवर रेंजर को बधाई दी।
कुनिहार : बुधवार को उपतहसील कुनिहार मे दौलत राम चौधरी ने नायब तहसीलदार का पदभार संभाला।कुनिहार से नायब तहसीलदार निहाल सिंह के तबादले के साथ जुन्गा से दौलतराम चौधरी का स्थानांतरण कुनिहार उपतहसील के लिए हुआ। नायब तहसीलदार का पदभार सँभालते हुए दौलत राम चौधरी ने कहा कि आम लोगों के कार्य के लिए पहले प्राथमिकता रहेगी। तथा सबके लिए पारदर्शिता तथा स्वच्छ प्रशासन रहेगा। इस अवसर पर भाजपा जिला मीडिया प्रभारी इन्द्रपाल शर्मा, जिला नम्बरदार यूनियन अध्यक्ष राजेंद्र ठाकुर, चेतराम तनवर, राजेन्द्र धीमान, सुनिल ठाकुर व रमेश चंद आदि ने दौलतराम चौधरी को नायब तहसीलदार का पद संभालने पर मुबारक बात दी।
सोलन जिला के लिए नाबार्ड की 2940 करोड़ रुपए की संभाव्यता युक्त ऋण योजना उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने राष्ट्रीय कृषि विकास एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) द्वारा सोलन जिला की 2940 करोड़ रुपए की संभाव्यता युक्त ऋण योजना (पीएल) 2020-21 का लोकार्पण किया। के.सी.चमन ने इस अवसर पर कहा कि जिला के समग्र विकास में बैंकों की भागीदारी अहम है और इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए संभाव्यता आधारित ऋण योजना का सफल कार्यान्वयन अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होने कहा कि योजना के अंतर्गत विभिन्न क्षेत्रों के लिए आंकलन की गई संभाव्यता का सम्पूर्ण उपयोग किया जाना चाहिए ताकि लक्षित समूह योजनाओं के तहत प्रदान की जा रही धनराशि से लाभान्वित हो सकें। उपायुक्त ने कहा कि वर्तमान समय में बैंको को अपनी सेवाएं गरीब एवं पिछड़े वर्गों तक शीघ्र पंहुचाना आवश्यक है। इससे समाज केे कमजोर वर्ग इन सेवाओं से समय पर लाभान्वित हो पाएंगे। उन्होंने कहा कि जिले में कार्य कर रहे स्वयं सहायता समूह, कृषक उत्पादक संगठन इत्यादि के लिए विपणन की सुविधाओं का विकास भी आवश्यक है। इस दिशा में बैंक को योजनाबद्ध कार्य करना चाहिए। नाबार्ड के जिला विकास प्रबन्धक अशोक चैहान ने कहा कि अगले वित्त वर्ष के लिए कुल 2940 करोड़ रुपए की ऋण योजना का आंकलन किया गया है। इसमें से 941 करोड़ रुपए कृषि व कृषि से संबन्धित कार्याें के लिए हैं। इस धनराशि में से 665 करोड़ रुपए फसल उत्पादन व रखरखाव तथा 276 करोड़ रुपए कृषि संबंधी आधारभूत संरचनाओं सहित अनुषंगी गतिविधियों के लिए निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों के लिए 1526 करोड़ रुपए निर्धारित किए गए है। निर्यात, शिक्षा, आवास, नवीकरण योग्य ऊर्जा स्त्रोत इत्यादि के लिए 472.38 करोड़ रुपए का आकलन किया गया है। उन्होने नाबार्ड द्वारा स्वयं सहायता समूहों के लिए रुरल मार्ट तथा कृषि उत्पादों के लिए ग्रामीण हाट की जानकारी देते हुए कहा कि इनके माध्यम से किसान सीधे तौर पर अपने उत्पाद ग्राहकों तक अच्छी दरों पर पहुंचा सकते है। जोगिंद्रा केन्द्रीय सहकारी बैंक के प्रबंध निदेशक ताशी संडुप, अग्रणी जिला प्रबन्धक बी.डी. सांख्यान, स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया के हरिंदर, हिमाचल प्रदेश क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक से राम कुमार शर्मा इस अवसर पर उपस्थित थे।
दाड़लाघाट कांग्रेस कमेटी का एक प्रतिनिधिमंडल ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में सीवरेज लाइन उपलब्ध करवाने को लेकर ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के बीडीसी सदस्य जगदीश ठाकुर की अध्यक्षता में नायब तहसीलदार दाड़ला से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने नायब तहसीलदार बसन्त लाल राजटा के माध्यम से मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को इस बारे में एक ज्ञापन भी सौपा। ज्ञापन में कहा गया कि उपमंडल की ग्राम पंचायत दाड़लाघाट की अति ज्वलंत समस्या के बारे में आपको ध्यान आकर्षित करना चाहते है। दाड़लाघाट पंचायत जिला सोलन की क्षेत्रफल व जनसंख्या के हिसाब से सबसे बड़ी पंचायत है। क्षेत्र में 1992 से सीमेंट कारखाना स्थापित होने के पश्चात जनसंख्या कई गुना बढ़ चुकी है। दाड़लाघाट पंचायत में 8 बड़े स्कूल,एक आईटीआई, एक डिग्री कॉलेज व सीएचसी अस्पताल स्थापित है। क्षेत्र की जनसंख्या भी लगभग 12000-15000 तक पहुंच चुकी है। औद्योगिक क्षेत्र होने के नाते यहां पर लगभग 6000 तक माल ढुलान में कार्यरत है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से क्षेत्र की जनता का आग्रह है कि ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में सीवरेज लाइन की सख्त जरूरत बन चुकी है। समस्या को समाधान करने का हेतु व ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में सीवरेज लाइन बिछाने की मांग को देखते हुए स्थानीय जनता के स्वास्थ्य की सुरक्षा की जा सके। सीवरेज का कार्य नहीं किया गया तो प्रतिनिधिमंडल आंदोलन करने को बाध्य हो जाएगा। इस अवसर पर बीडीसी सदस्य दाड़लाघाट जगदीश ठाकुर, समाजसेवक अनिल गुप्ता, सुरेंद्र वर्मा, दाड़लाघाट पंचायत कांग्रेस के प्रधान लाला शंकर, प्रेम केशव, जयसिंह ठाकुर, जगरनाथ शर्मा, कमल लाल, भगतराम, ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के पूर्व उपप्रधान राजेश गुप्ता मौजूद रहे।
उपमंडलाधिकारी सोलन रोहित राठौर ने खाद्य नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता मामले विभाग के अधिकारियों, व्यापार मण्डलों के प्रतिनिधियों और सब्जी विक्रेता संगठनों के साथ प्याज की कीमतों के विषय में आयोजित एक बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने बैठक में उपस्थित अधिकारियों को जिला प्रशासन द्वारा प्याज़ की थोक व परचून दरों के संबंध में जारी अधिसूचना से अवगत करवाया। रोहित राठौर ने कहा कि सोलन उपमण्डल में प्याज़ की दरों को नियन्त्रित रखने के लिए सभी विभागीय अधिकारी अपने-अपने स्तर पर सजग रहें तथा जिला प्रशासन द्वारा अधिसूचना की पूरी तरह अनुपालना सुनिश्चित बनाई जाए। उन्होंने कहा कि जिला एवं उपमण्डल प्रशासन द्वारा यह प्रयास किया जा रहा है कि सभी को निर्धारित दरों पर प्याज़ मिले। इसके लिए थोक एवं परचून व्यापारियों का सहयोग आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा थोक व परचून दुकानदारों द्वारा प्याज़ पर लिए जाने वाले लाभांश की अधिकतम सीमा निर्धारित की गई है। थोक व्यापारियांे के लिए यह सीमा 5 प्रतिशत तथा परचून व्यापारियों के लिए 24 प्रतिशत तय की गई है। इस 24 प्रतिशत लाभांश में परिवहन भाड़ा, लदाई, उतराई, कमी व अन्य सभी खर्चे शामिल है। उन्होंने सभी व्यापारियों से आग्रह किया कि वे निर्धारित सीमा तक का लाभांश ही वसूल करें। उन्होंने कहा कि जो भी व्यापारी इस अधिसूचना का उल्लंघन करेगा उसके विरूद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि उपमण्डल में सभी सब्जी विक्रेता प्याज़ की मूल्य सूची प्रदर्शित करेंगे। उन्होंने आढ़ती ऐसोसिएशन से आग्रह किया कि परचून व्यापारी को प्याज़ खरीद का बिल अवश्य दें। उन्होंने आमजन से आग्रह किया कि यदि कोई सब्जी विक्रेता उनसे प्याज़ के निर्धारित दर से अधिक दाम वसूल करता है तो इसकी सूचना उपमंडल प्रशासन को दें। बैठक में व्यापार मण्डल सोलन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता, व्यापार मण्डल धर्मपुर के अध्यक्ष नरेश गुप्ता, व्यापार मण्डल सोलन के महासचिव मनोज गुप्ता, व्यापार मण्डल धर्मपुर के महासचिव सुरेन्द्र गोयल, खाद्य एवं नागरिक असपूर्ति विभाग के निरीक्षक अरूण ठाकुर सहित अन्य प्रतिनिधि उपस्थित थे।
शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त एवं प्रमुख सामाजिक संस्था रेनबो स्टार क्लब की संरक्षक शीला सिंह को 13 दिसंबर को दिल्ली में सामाजिक क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने पर एशिया एक्सीलेंसी अवार्ड 2019 से नवाजा जाएगा। इससे पहले भी उपायुक्त बिलासपुर द्वारा समाज सेवी शीला सिंह को सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने हेतु रेडक्रास अवार्ड से नवाजा जा चुका है। गोरतलब है कि सामाजिक संस्था रेनबो स्टार क्लब जिला बिलासपुर मुख्य संरक्षक शीला सिंह कई वर्षों से सामाजिक कुरीतियों को जड़ से उखाड़ने के लिए हमेशा कटिबद्ध रही है। 21 नवंबर 2017 को नशे के खिलाफ छेड़े अभियान, ऑपरेशन मुक्ति के तहत हजारों युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के बारे में जागरूक कर चुकी है, महिला सशक्तिकरण, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान, पर्यावरण संरक्षण, वन संपदा संरक्षण, कुष्ठरोग की जागरूकता, कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम जैसे सामाजिक कार्यों में उन्होंने सक्रिय भूमिका निभाई है। जिला बिलासपुर के घुमारवीं तहसील गांव पनोह निवासी शीला सिंह के पति हरमन सिंह शिक्षा विभाग से बतौर प्रधानाचार्य सेवानिर्वित्त हुए है। गत 13 नवंबर 2019 को चिट्ठा सरगना एवं नशा माफियाओं के खिलाफ हजारों युवाओं की अगुवाई करते हुए चिट्टा सरगना एवं नशा माफिया कि लाल कपड़े में घसीटते हुए शव यात्रा निकाली। इसमें जिला बिलासपुर के विभिन्न ब्लॉकों के हजारों युवाओं ने भाग लिया और नशे के खिलाफ एक कड़ा प्रहार किया। समाज सेविका शीला सिंह का कहना है कि भविष्य में उनका यही उद्देश्य है कि कहीं भी कोई सामाजिक विसंगती न हो। कोई भी गरीब भूखा ना सोए और कमजोर वर्ग को न्याय मिले इसके लिए वह हमेशा प्रयासरत रहती है। समाज में विभिन्न सामाजिक कुरीतियों को जड़ से उखाड़ने के लिए कटिबद्ध रहते हुए उन्होंने पिछले कई वर्षों में महिला उत्पीड़न की शिकार दर्जनों महिलाओं को इंसाफ दिलाया है व बेसहारा लोगों का सहारा बन कर उन्हें समाज के सही दिशा में मोड़ने का प्रयास किया है। रेनबो स्टार क्लब की प्रवक्ता अनीता ने बताया कि 13 दिसम्बर को दिल्ली के भारत संविधान क्लब के अंतराष्ट्रीय सभागार में शिला सिंह को एशिया एक्सीलेंसी अवार्ड समस्त भारत के सौजन्य से मिलेगा जिसमें भारत सरकार के केन्द्रीय मंत्री उन्हें अवार्ड से नवाजेंगे।
बिलासपुर जिला की छडोल पंचायत का एक नन्हा सा कलाकार सौरव ठाकुर आजकल सोशल मीडिया पर गायकी की दुनिया मे वाहवाही लूट रहा है। यह कलाकार मात्र अभी 12 साल का है और बिलासपुर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक छात्र विद्यालय में 7 वीं क्लास में पड़ रहा है। इसके पिता श्याम लाल ठाकुर मानसिक रूप से अस्वस्थ है और इनकी माता नीलम ठाकुर बिलासपुर में बने पूर्णम मॉल में कार्यरत है। माता की कमाई से ही घर का खर्चा चलता है। सौरव ठाकुर से विशेष बातचीत में पता चला कि उसे बच्चपन से ही गाने का शौक है। सौरव ठाकुर ने कहा कि आने वाले भविष्य में वह इस क्षेत्र में ओर अच्छा काम करेंगे और अपनी गाने निकालेंगे। अभी तक सौरव बड़े कलाकारों के ही गाने गा रहे है।
हमीरपुर : जहरीली दवा का सेवन करने वाली महिला की टांडा में मृत्यु हो गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार भोरंज उपमंडल मुख्यालय की रीना देवी (38) पत्नी सुरमी सिंह निवासी ग्राम भौंखर ने गत दिवस को किसी जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। इससे उसकी हालत नाजुक हो गई। परिजनों द्वारा महिला को अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसकी हालत नाजुक देखते हुए उसे ईलाज हेतु टांडा अस्पताल रैफर किया था। बुधवार को टांडा में महिला की मृत्यु हो गई है। अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि उक्त महिला का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है एवं आत्महत्या के कारणों की गहनता से छानबीन की जा रही है। महिला के परिजनों से भी पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तव स्थिति का पता चल सकेगा।
चिकित्सालय बुघार के सौजन्य से ग्राम पंचायत पारनु व ग्राम पंचायत चाखड़ में पशु पालकों को पशु चिकित्सक अधिकारी बुघार द्वारा नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी प्रदान करने के लिए एक शिविर का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता पशु चिकित्सक अधिकारी बुघार डॉ देवराज शर्मा ने की। शिविर में डॉ देवराज शर्मा ने उपस्थित सभी व्यक्तियों को नशा न करने की शपथ दिलाई और कहा कि नशे से पूरे परिवार का विनाश होता है। युवा पीढ़ी अक्सर मौज-मस्ती के चक्कर में नशे की तरफ बढ़ती है और फिर इसकी दलदल में फंस जाती है, जिससे बाहर निकलना मुश्किल होता है। उन्होंने सभी से प्रदेश सरकार के इस विशेष नशा जागरूकता अभियान में शामिल होने की अपील की। पशु पालकों को जागरूक करते हुए डॉ देवराज शर्मा ने कहा कि नशा युवा पीढ़ी को खोखला कर रहा है और आज इस सामाजिक कुरीति से सजग रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ जीवन जीने के लिए युवाओं को खेलों से जुड़ना चाहिए और इसी दिशा में केंद्र सरकार ने फिट इंडिया अभियान भी छेड़ा है। इस अवसर पर पूर्व उपप्रधान चाखड़ उपेंद्र कुमार,पंचायत सदस्य पारनु ललित ठाकुर,कपिल ठाकुर सहित विभिन्न महिला मंडलों की सदस्य व युवक मंडलों के सदस्यों सहित स्थानीय लोग मौजूद रहे।
देश एवं प्रदेश के सुरक्षित भविष्य तथा अपने परिवार के लिए युवाओं का नशे से दूर रहना आवश्यक है। यह जानकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा सोलन जिला के विभिन्न स्थानों पर नशा निवारण अभियान के तहत प्रदान की गई। स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रतिभागियों को बताया गया कि विभिन्न प्रकार के नशे केवल हमंे भ्रमित करते हैं और इनके सेवन से हमारा शरीर खोखला हो जाता है। नशे का आदी व्यक्ति नशे के लिए अपराध करता है तथा इस प्रकार अपने और अपने परिवार के लिए समस्याएं उत्पन्न कर देता है। प्रतिभागियों का जानकारी दी गई कि नशे का सेवन बार-बार व्यक्ति को नशा करने के लिए उकसाता है। नशा निवारण शिविरों में युवाओं को बताया गया कि नशे से दूर रहने के लिए सर्वप्रथम उन्हें नशे को न कहना सीखना होगा। यदि युवा यह प्रतिज्ञा कर लें कि वे स्वंय भी नशे से दूर रहेंगे और अपने साथियों को भी नशे से दूर रखेंगे तो समाज से नशे का खात्मा किया जा सकता है। प्रतिभागियों को नशे के कारण होने वाली विभिन्न बीमारियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। नशे के दुष्प्रभावों से पीड़ित के व्यवहार में होने वाले बदलाव से भी अवगत करवाया गया। युवाओं को बताया गया कि कुछ नशे इतने खतरनाक हैं कि उनकी मात्र तीन खुराक लेने के बाद व्यक्ति सदा के लिए नशे का आदि हो जाता है। सभी को अवगत करवाया गया कि नशा उन्मूलन के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं लेकिन कोई भी प्रयास जन सहभागिता के बिना अधूरा है। सभी से आग्रह किया गया कि नशे के नाश के लिए एकजुट होकर कार्य करें। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जिला के विभिन्न आंगनबाड़ी केन्द्रों तथा शैक्षणिक संस्थानों में 492 प्रतिभागियों एवं छात्रों को नशे से होने वाली हानियों के बारे में अवगत करवाया गया। चिकित्सा खंड चंडी के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्र खरोटा में 45, आंगनबाड़ी केंद्र दाउंटा में 20, आंगनबाड़ी केंद्र नया नगर में 30, चिकित्सा खंड सायरी के गांव कुम्हाला में 15, जीईटीएस कहलोग एनजीओ में 120, चिकित्सा खंड नालागढ़ के आंगनबाड़ी केंद्र घट रतवाड़ी में 30, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला राजपुरा में 150, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बारियां में 50, चिकित्सा खंड अर्की की राजकीय माध्यमिक पाठशाला रौड़ी में 52, चिकित्सा खंड धर्मपुर के आंगनबाड़ी केंद्र दियोठी में 50, आंगनबाड़ी केंद्र जोहड़जी में 30 प्रतिभागियों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की गई।
ग्राम पंचायत मांगल में अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट के पनाली कैम्प में संगिनी महिला मंडल की अध्यक्षा मुकुल चौहान की अध्यक्षता में डिटरजेंट पाउडर, फिनायल एवं मल्टी पर्पस लिक्विड सोप क्लीनर बनाने का व्यवसायिक प्रशिक्षण कार्यक्रम कराया गया। इसमें महिलाओं को इनके बनाने की विधि के बारे में बताया।दिल्ली से आई मास्टर ट्रेनर अनिता ने महिलाओं को साबुन, वाशिंग पाउडर व क्लीनिंग वाशिंग फार्मूला,फिनायल तथा ठोस साबुन बनाने के बारे में सिखाया। इस दौरान संगिनी महिला मंडल की अध्यक्षा मुकुल चौहान ने कहा कि महिलाओं को इस तरह के प्रशिक्षणों का लाभ उठाकर अपने खाली समय का सदुपयोग कर परिवार की आय बढ़ाने तथा स्वयं के घर पर इस्तेमाल करके अपने घर खर्च में भी कमी करें।मास्टर ट्रेनर अनिता ने महिलाओं को समझाया कि वह किस प्रकार किसी भी कार्य को स्वरोजगार में बदल सकती है। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यवसाय को शुरू करने से पहले उसका तकनीकी ज्ञान आवश्यक है, इसलिए विषय से संबंधित प्रशिक्षण आवश्यक है। महिलाएं प्रबंधन में गुुरु होती है।वो अपनी आमदनी के हिसाब से ही खर्च करती है। इसलिए वे इस प्रकार की तकनीकी प्रशिक्षण से अपने रोजमर्रा के काम काजो से समय बचाकर इन वस्तुओं का उत्पादन कर सकती है और इसे अपने रोजगार का आधार बनाकर अपने आय में वृद्धि कर सकती है। प्रशिक्षण में उपस्थित आदर्श महिला मंडल बागा की अध्यक्षा सुखदेई चौहान ने कहा कि इस प्रशिक्षण से खुश है ओर संगिनी महिला मंडल की अध्यक्षा मुकुल चौहान का धन्यवाद करती है जिन्होंने इस तरह के प्रशिक्षण में महिला मंडलों की सदस्यों को भाग लेने का अवसर प्रदान किया। सुखदेई चौहान ने मुकुल चौहान को पुष्प गुच्छ भेंट करके उनका धन्यवाद किया। वही प्रशिक्षण में आई विभिन्न महिला मंडलों की सदस्यों ने अल्ट्राटेक के अधिकारी कुलीन देशमुख का भी धन्यवाद किया। जिन्होंने इस तरह के प्रशिक्षण शिविर में भाग लेने का अवसर प्रदान करवाते रहते है।इस प्रशिक्षण शिविर में आदर्श महिला मंडल बागा की सदस्य, भवानी महिला मंडल की सदस्य, महिला मंडल सहनाली, हवानी कोल, समत्याडी, कंधर, साई खारसी की समस्त सदस्यों सहित अन्य महिलाओं ने भाग लिया।
श्रम अधिकारी प्यारे लाल साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य निर्माण कामगार बोर्ड द्वारा बिलासपुर में निर्माणाधीन अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में कार्यरत मजदूरों की स्वास्थ्य जाँच के लिए हिमाचल प्रदेश स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के माध्यम से शिविर का आयोजन करवाया गया। उन्होंने बताया कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी व खंड चिकित्सा अधिकारी सदर द्वारा शिविर में मजदूरों के स्वास्थ्य जांच के पुख्ता इंतजाम किये गए थे। उन्होंने बताया कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी के प्रयत्नों से कैम्प में प्रयास सोसाइटी को भी शामिल किया गया। उन्होंने बताया कि इस सोसाइटी के माध्यम से सांसद मोबाइल स्वास्थ्य सेवा के अंतर्गत चार मोबाइल वैन कैम्प में शामिल हुई तथा लगभग 566 मजदूरों के स्वास्थ्य की जाँच की गई। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सक, पेरामेडिकल स्टाफ तथा सहित प्रयास सोसाइटी की तरफ से भी चिकित्सक और पेरामेडिकल स्टाफ उपस्थित रहा। शिविर में जिला हेल्थ एजुकेटर प्रवीण शर्मा भी शामिल हुए व स्वास्थ्य कार्यकर्ता व आशा वर्कर्स भी शामिल हुए। उन्होंने बताया कि जिन मजदूरों की स्वास्थ्य जांच की गई उनके सारे क्लिनिकल टेस्ट मौके पर ही किये गए तथा सभी मजदूरों को मौके पर सभी दवाइयां मुफ्त दी गई। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश मजदूर कल्याण बोर्ड द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की जानकारी मजदूरों को दी गई व प्रवीण शर्मा हेल्थ एजुकेटर द्वारा मजदूरों को नशे से होने वाले नुकसानों व एड्स के बारे जागरूक किया। इस मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रकाश धडोच, डॉ कुलदीप ठाकुर, डॉ. वरुण शर्मा, डॉ. विकास, डॉ. रविकांत, डॉ. कनव, डॉ. अंकिता ने मजदूरों के स्वास्थ्य की जाँच की गई। शिविर के आयोजन में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान बिलासपुर का निर्माण कर रही कंपनियों एन. बी. सी. सी. के उप-महाप्रबंधक एस. पी. सिंह व नागार्जुन कंस्ट्रक्शन कम्पनी के संयुक्त महा-प्रबंधक प्रेम सागर की तरफ से सहयोग बहुत ही सकारात्मक रहा तथा इन्होने कैम्प के आयोजन के लिए पुख्ता इंतजाम किये थे।
सतत आजीविका को बढ़ावा देने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए अपने प्रयास में डॉ वाईएस परमार औदयानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, नौणी के खाद्य विज्ञान और प्रौद्योगिकीविभाग ने फल, सब्जी और लघु वन उपज के प्रसंस्करण पर चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया। यह प्रशिक्षण हिमाचल प्रदेश वन विभाग (वाइल्ड लाइफ डिवीजन) शिमला द्वारा स्थायी आजीविका के लिए कौशल विकास परियोजना का हिस्सा था। इस प्रशिक्षण में किसानों की आय को बढ़ाने के अलावा फसल कटाई के बाद होने वाले घाटे को कम करने के बारे में भी जानकारी दी गई। इस प्रशिक्षण में वाइल्ड लाइफ सैंक्चुअरी चूरधार के आसपास के गांवों के 25 किसानों ने भाग लिया। प्रिंसिपल इंवेस्टिगेटर-कम-ट्रेनिंग ऑर्गनाइज़र डॉ राकेश शर्मा ने बताया कि इस परियोजना के तहत चार ऑफ कैम्पस जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इसमें जिला सोलन की माजथल सैंक्चुअरी(सेवरा चंडी) और जिला सिरमौर की चूरधार सैंक्चुअरी के आसपास के गांवों के 300 से अधिक किसानों ने भाग लिए। अगले चरण में दो ऑन कैम्पस कौशल विकास कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें 25- 25 किसानों को व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। डॉ शर्मा ने बताया की इस परियोजना में विभाग के प्रोफेसर और हैड डॉ अंजु धीमान और वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ एनएस ठाकुर शामिल है। किसानों को जंगली अनार से अनारदाना,आंवला का मुरब्बा, कैंडी एवं पेय, अचार और चटनी, एलो वेरा उत्पात, स्क्वैश जैसी विभिन्न मूल्य वर्धित उत्पादों को बनाने पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। इसके अलावा बुरान्स, जामुन, कद्दू, टमाटर, अदरक और मशरूम के उत्पाद और सौर ऊर्जा से फलों और सब्जियों को सुखाने आदि के बारे में बताया गया। प्रशिक्षण के अंतिम सत्र के दौरान विश्वविद्यालय के निदेशक अनुसंधान डॉ जेएन शर्मा मुख्य अतिथि रहे। उन्होनें इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से अंत उपयोगकर्ताओं के लिए प्रौद्योगिकियों को स्थानांतरित करने के लिए वैज्ञानिकों के प्रयासों की सराहना की। डॉ शर्मा ने प्रशिक्षणार्थियों से आग्रह किया कि वह अपने छोटे-छोटे उद्यम स्थापित करने के लिए प्रशिक्षण के दौरान बताए गई जानकारी का उपयोग करे ताकि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा हो। खाद्य विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग की प्रोफेसर और हैड डॉ अंजू धीमान ने फल, सब्जी, औषधीय जड़ी-बूटियों और लघु वन उत्पाद के प्रसंस्करण और मूल्यवर्धन के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने किसानों और युवाओं से स्थायी आजीविका के लिए आगे आने और खाद्य प्रसंस्करण और मूल्य संवर्धन को अपनाने का आग्रह किया।
महत्वाकांक्षी बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत गठित जिला कार्यबल सहित समेकित बाल विकास परियोजना, साक्षी महिला योजना, महिला सशक्तिकरण एवं महिला सुरक्षा तथा पोषण के लिए गठित जिला स्तरीय अनुश्रवण एवं समीक्षा समिति की बैठक 13 दिसम्बर, 2019 को आयोजित की जाएगी। यह जानकारी जिला कार्यक्रम अधिकारी वन्दना चैहान ने दी। उन्होंने कहा कि यह बैठक 13 दिसम्बर, 2019 को उपायुक्त कार्यालय सोलन में प्रातः 11.00 बजे आयोजित की जाएगी। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन के.सी. चमन करेंगे।
प्रदेश में 15 दिसम्बर, 2019 तक नशाखोरी के विरूद्ध कार्यान्वित किए जा रहे विशेष अभियान के तहत जिला पुलिस सोलन द्वारा लाॅन टैनिस प्रतियोगिता ‘संकल्प’ का आयोजन किया जाएगा। यह जानकारी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सोलन मधुसूदन शर्मा ने दी। मधुसूदन शर्मा ने कहा कि यह प्रतियोगिता 13 दिसम्बर, 2019 से 15 दिसम्बर, 2019 तक पुलिस लाईन सोलन में आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस लाॅन टैनिस प्रतियोगिता में इच्छुक खिलाड़ी 03 श्रेणियों में भाग ले सकेंगे। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि प्रतियोगिता की प्रथम श्रेणी में 30 वर्ष से कम आयु के खिलाड़ी तथा द्वितीय श्रेणी में 30 वर्ष से अधिक आयु के खिलाड़ी एकल प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता की तृतीय श्रेणी में सभी आयु वर्ग के खिलाड़ी युगल प्रतियोगिता में भाग ले सकते है। मधुसूदन शर्मा ने कहा कि संकल्प प्रतियोगिता की प्रत्येक श्रेणी में विजयी रहने वाले खिलाड़ियों को पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे। प्रत्येक श्रेणी में पहले पुरस्कार के रूप में 5100 रुपए तथा दूसरे पुरस्कार के रूप में 3100 रुपए प्रदान किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ियों के लिए 500 रुपए प्रवेश शुल्क निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि इच्छुक खिलाड़ियों को अपना प्रवेश शुल्क 12 दिसम्बर, 2019 तक पुलिस लाईन सोलन में जमा करवाना होगा। प्रवेश शुल्क मानद मुख्य आरक्षी हेमन्त कुमार, प्रभारी टैनिस के पास जमा करवाया जा सकता है। इस सम्बन्ध में जानकारी मानद मुख्य आरक्षी हेमन्त कुमार से मोबाईल नम्बर 98165-15689 से प्राप्त की जा सकती है।
राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धुन्दन में एनसीसी विंग द्वारा चलाए गए स्वच्छता पखवाड़े के अंतर्गत एनसीसी कैडेट्स ने विद्यालय परिसर व आस-पास की सफाई की। 25 कैडेटस ने विद्यालय के पीने के पानी के आसपास की स्वच्छता की। इसके उपरांत एनसीसी अधिकारी सुमन बट्टू तथा विद्यालय के इतिहास के प्रवक्ता अमर सिंह वर्मा के द्वारा हाथ धोने के सही तरीकों से कैडेटस को अवगत कराया गया। इसके बाद कैडेट मनीषा तथा कैडेट भुवनेश ने सभी कैडेटस को हाथ धोने के सही तरीकों का डेमो दिया। विद्यालय परिसर के आस पास के प्लास्टिक के कागजों को भी हटाया गया। प्रधानाचार्य सरताज सिंह राठौर ने प्रार्थना सभा में सभी छात्र छात्राओं से स्वच्छता को आदत के रूप में अपनाने को कहा।
राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय भूमती के राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई क 4 स्वयंसेवकों ने विद्यालय बिलासपुर में अपनी अद्भुत नेतृत्व क्षमता का परिचय देते हुए सभी का ध्यान अपनी और आकर्षित किया और विद्यालय का गौरव प्रदेश स्तर पर बढ़ाया। उल्लेखनीय है कि विद्यालय के जमा एक के प्रवीण, रत्न, अमित कुमार, वन्दना शर्मा और कुसुम ने विद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हुए बिलासपुर में अयोजित युवा नेतृत्व कैम्प में जहाँ नेतृत्व क्षमता के गुर सीखे, वहीं अनुशासन, मार्च पास्ट व सांस्कृतिक गतिविधियों में अपना लोहा मनवाया। जिस कारण इनका चयन प्री-आरडी कैम्प के लिए हुआ। राष्ट्रीय सेवा योजना के प्रभारी संतोष ठाकुर और मोनिका चौधरी ने बताया कि राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक अनुशासन, समपर्ण, देश प्रेम व सामाजिक सरोकारों से जुड़कर समाज के उत्थान के प्रति प्रतिबद्ध है। उन्होंने चारों विद्यार्थियों को प्री आरडी कैम्प के लिए चयनित होने पर बधाई दी। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य नंद लाल भारद्वाज ने चारों विद्यार्थियों को वंदना सत्र में मेडल पहनाकर सम्मानित किया तथा अन्य विद्यार्थियों को इनसे प्ररेणा लेने के लिए कहा।
नालागढ़ : पुलिस के हाथ एक बड़ी कामयाबी लगी है, नशे के खिलाफ छेड़े गए विशेष अभियान के दौरान कारवाई करते हुए सोबन माजरा गांव में एक युवक से 18 ग्राम चिट्टा बरामद किया है। पुलिस ने कार्यवाही गुप्त सूचना के आधार पर की है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज़ करके आगामी जाँच शुरू कर दी है और पुलिस आरोपी युवक से पूछताछ कर रही है।
पाइनग्रोव स्कूल, जिला सोलन में आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्गों की लड़कियों के लिए चयन परीक्षा 16 दिसंबर 2019 दिन सोमवार को आयोजित की जाएगी। समाज सेवा को जारी रखते हुए प्रवेश परीक्षा में भाग लेने के लिए छात्रा हिमाचल प्रदेश जिला सोलन की स्थाई निवासी होनी चाहिए। याद रहे पाइनग्रोव स्कूल ने पिछले तीन वर्षों से जिला सोलन की छ: छात्राओं को चयनित किया है और वे आज भी स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रही है। छात्रा प्रथम कक्षा से ही सरकारी पाठशाला में पढ़ रही हो और छात्रा की आयु 9 वर्ष से अधिक और 12 वर्ष से कम होनी चाहिए तथा वर्तमान में पांचवी में पढ़ रही हो। हर वर्ष चयन परीक्षा के आधार पर दो सर्वश्रेष्ठ छात्राओं को पाइनग्रोव स्कूल सुबाथू में प्रवेश दिया जाता है। इन छात्राओं को पाइनग्रोव स्कूल द्वारा निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जाएगी। पाइनग्रोव स्कूल ने डी सी सोलन के माध्यम से हिमाचल प्रदेश सरकार को सूचित किया है कि वह अपने बलबूते पर गरीब परिवारों कि लड़कियों कि सहायता कर रहे है और गरीब परिवारों में रहने वाली अनेक लड़कियां अपनी योग्यता, कला, गुणों से संपन्न तो है परन्तु आर्थिक समस्या के कारण उन्हें अच्छे विद्यालयों में शिक्षा ग्रहण करने का अवसर नहीं मिलता है। पाइनग्रोव स्कूल ने ऐसी ही गरीब परिवारों की लड़कियां जो पढ़ाई में होशियार हो उनको अपने स्कूल जिला सोलन में शिक्षा देने की ज़िम्मेवारी इस वर्ष भी लेने की रूचि प्रस्तुत की है। यदि ऐसे बच्चों की सहायता की जाए तो वे जीवन में अच्छी नौकरी प्राप्त करके अपने उद्देश्य में सफल हो सकती है। यह योजना हिमाचल प्रदेश जिला सोलन के गरीब और पिछड़े परिवारों में एक उम्मीद की किरण ला सकती है। पाइनग्रोव स्कूल पहले से ही समाज सेवा करने में जुटा हुआ है। अब गरीब परिवारों की लड़कियों को अपने निजी स्कूल में शिक्षा देने की ज़िम्मेवारी भी ले रहा है ताकि उन लड़कियों के माता - पिता और हिमाचल प्रदेश को गर्व महसूस करने का अवसर दे सके।
बद्दी के बरोटीवाला चौक पर बनाए जा रहे भवन पर जितना भी बजट लगेगा वह सभी ट्रक यूनियन की ओर से वहन किया जाएगा। ट्रक ऑपरेटर यूनियन के प्रधान विधारतन चौधरी ने बताया की बीबीएन में यातायात की काफी समस्या है। इसे सुचारु करने के लिए यातायात पुलिस के पास अपना कोई भी भवन नहीं है। यातायात कर्मी सड़कों पर ही खड़े रहते है। यह आम समस्या है और ट्रक संचालकों को भी इससे दो चार होना पड़ता है। लोगों को ट्रक जाम में फसने से कई बार नुकसान उठाना पड़ता है। यह कार्यालय ढाई माह के भीतर तैयार हो जाएगा। एसपी मालपानी ने नीव का पत्थर रखा। मार्च से पहले ही कार्यालय तैयार करके पुलिस विभाग को सौंप दिया जाएगा। उन्होंने ट्रक यूनियन का इस कार्य के लिए आभार जताया है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन द्वारा आज मानवाधिकार दिवस के उपलक्ष्य में नालागढ़ उपमंडल के झाड़माजरी स्थित बीबीएनआईए परिसर में विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के न्यायाधीश एवं हिमाचल प्रदेश राज्य विधिक सेवाएं प्राधिकरण के कार्यकारी अध्यक्ष न्यायमूर्ति धर्मचंद चौधरी मुख्यातिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस शिविर में बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ की विभिन्न औद्योगिक इकाईयों के 300 से अधिक कामगारों ने भाग लिया। न्यायमूर्ति धर्मचंद चौधरी ने इस अवसर पर कहा कि आज के परिवेश में बढ़ता अपराध मानावधिकार के लिए एक बड़ी चुनौती है। उन्होंने कहा कि सभी नागरिकों के मानव अधिकारी महत्वपूर्ण हैं। हमारे देश का संविधान सभी नागरिकों के लिए एक समान अधिकार सुनिश्चित बनाता है। मौलिक अधिकारों के रूप में हमारे संविधान ने सभी नागरिकों को मानव अधिकार सुनिश्चित किए हैं। उन्होंने कहा कि हमें सभी नागरिकों के अधिकारों का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय की भागदौड़ में आगे निकलने की होड़ के कारण अनेक बार मानव अधिकारों के साथ समझौता होता है। यह सुनिश्चित बनाया जाना चाहिए कि सभी नागरिकों के मानव अधिकार सुरक्षित रहें। उन्होंने मानवाधिकार दिवस के आयोजन के उद्देश्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। न्यायमूर्ति धर्मचंद चौधरी ने इस अवसर पर कहा कि बीबीएन क्षेत्र में संगठित व असंगठित क्षेत्र के कामगारों के लिए विधिक सेवा प्रकोष्ठ की स्थापना की जाएगी। इस प्रकोष्ठ में कामगार श्रमिक नियमों के अतिरिक्त अपने रोजमर्रा जीवन से संबंधित कानूनी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि इस केंद्र में विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा अधिवक्ता एवं तथा पैरालीगल वालंटियर नियुक्त किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इस प्रकोष्ठ की स्थापना राष्ट्रीय विधिक सेवाएं अधिनियम के अनुरूप की जाएगी। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में मानवधिकारों को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। संस्कृति में अनेक उदाहरणों के माध्यम मानव अधिकारों की रक्षा करने की सीख दी गई है। हम सभी को अपनी संस्कृति और देश के संविधान के अनुरूप मानव अधिकारों को सुरक्षित रखना चाहिए। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष भूपेश शर्मा ने मुख्यातिथि का स्वागत किया तथा कार्यक्रम की जानकारी दी। कार्यक्रम में नालागढ़ बार एसोसिएएशन के अध्यक्ष डीके कौशल, श्रम एवं समझौता अधिकारी मनीष करोल, एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा, पुलिस अधीक्षक बद्दी रोहित मालपानी ने भी अपने विचार रखे। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी गुरमीत कौर ने न्यायमूर्ति धर्मचंद चौधरी सहित सभी गणमान्य अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर न्यायाधीश न्यायमूर्ति धर्मचंद चौधरी की धर्मपत्नी प्रोमिला चौधरी, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्य न्यायमूर्ति प्रेम पाल रांटा, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश वीरेंद्र ठाकुर, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के प्रशासनिक अधिकारी गौरव महाजन, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सोलन राजेश चौहान, अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी नालागढ़ उपासना शर्मा, सिविल जज नालागढ़ जितेंद्र सैणी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बद्दी एनके शर्मा, बार एसोसिएशन सोलन के अध्यक्ष अजय शर्मा, हिमाचल प्रदेश दवा उत्पादक संघ बीबीएन के उपाध्यक्ष मनोज अग्रवाल व सदस्य सतीश सिंगला, बिक्रम साहनी, डॉ. संदीप विज सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति एवं बड़ी संख्या में कामगार उपस्थित थे।
बिलासपुर की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक छात्र पाठशाला रौड़ा में 5 दिन चले एनएसएस के राज्य स्तरीय युवा नेतृत्व शिविर का मंगलवार को समापन हो गया। इस शिविर के समापन पर हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डा. सुरेश सोनी ने मुख्य अतिथि के रूप शिरकत की। उन्हें स्थानीय स्कूल प्रधानाचार्य जीवन ज्योति शर्मा, एनएसएस के राज्य समन्वयक दलीप सिंह, एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी सुधीर गौतम ने हिमाचली टोपी व स्मृति चिह्न भेंट कर उनका स्वागत व अभिनंदन किया। मुख्य अतिथि ने एन.एस.एस. स्वयंसेवियों की परेड का निरीक्षण किया व सलामी भी ली। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि संघर्ष की भट्टी में तप कर जो लोहा बाहर निकलता है वही कुंदन बनता है। इसलिए विद्यार्थी जीवन में ही संघर्ष की आदत होनी चाहिए। उन्होंने अभिभावकों से भी आह्वान किया कि वे अपने बच्चों को इतनी ज्यादा सुविधाएं मुहैया न करवाएं कि वे जीवन में थोड़ी सी मुसीबत का भी सामना न कर सकें। उन्होंने अध्यापकों से आह्वान किया कि अपनी ड्यूटी को नौकरी न समझकर सेवा कार्य समझ कर करें। विद्यार्थियों से भी उन्होंने आह्वान किया कि माता व गुरुजनों का आदर करना कभी न छोड़ें तथा जीवन में लक्ष्य तय कर उसे पाने के लिए पूरी लग्न से जुटें। वहीं एन.एस.एस. के राज्य समन्वयक दलीप सिंह ने बताया कि इस 5 दिवसीय शिविर में करीब 400 एन.एस.एस. स्वयंसेवियों ने बेहतरीन प्रशिक्षण प्राप्त किया। सुबह 5 बजे उठने से लेकर रात्रि 10 बजे सोने तक उन्होंने जहां व्यायाम व योग को सीखा वहीं दोपहर के बौद्धिक सत्रों में विभिन्न स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य सहित विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों से उत्कृष्ट जानकारी प्राप्त की। इस समारोह में अर्की स्कूल की हिमानी, बिलासपुर की मीनाक्षी, मास्टर टे्रनी चंद्ररेखा, हमीरपुर के मोह मद अनु, दाड़लाघाट की मुस्कान ने एकल गीत प्रस्तुत किए। वहीं मास्टर ट्रेनी डा. दलबर कुमार ने भाखड़ा डैम में पुराने बिलासपुर शहर के डूब जाने पर बने गीत 'चल मेरी ङ्क्षजदे नई दुनिया बसाणी, डुबी गए घर बार आई गया पाणी सुनाकर माहौल को गंभीर बना दिया। मास्टर ट्रेनी शिवेन ने हास्य रश से भरपूर कविता सुनाई जबकि सोलन की तमन्ना व सहेलियों ने लोकनृत्य की प्रस्तुति दी। बिलासपुर की शिवानी एवं सहेलियों ने भी कहलूरी नृत्य प्रस्तुत किया। मुख्य अतिथि ने सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र भी बांटे। वहीं एन.एस.एस. कार्यक्रम अधिकारी सुधीर गौतम ने सभी प्रतिभागियों व मास्टर ट्रेनी का धन्यवाद किया। इस अवसर पर शिक्षा विभाग से संयुक्त निदेशक के पद से सेवानिवृत्त हुए सुशील पुंडीर, सेवानिवृत्त प्राचार्य जय राम शर्मा, एस.एम.सी. प्रधान संतोष जोशी, शिविर पर्यवेक्षक प्रधानाचार्य कुलदीप डोगरा व अरुण गौतम, सुरेश नड्डा, प्रधानाचार्य दीप शर्मा, डी.ए.वी. स्कूल प्रधानाचार्य महेंद्र ठाकुर, एस.एम.सी. सदस्या दीपा शर्मा सहित कई गण्यमान्य लोग मौजूद रहे।
हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय 14 दिसम्बर को जिला बिलासपुर में जिला स्तरीय रेडक्रास मेले का शुभारंभ करेंगे। यह जानकारी उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने जिला स्तरीय रेडक्रास मेले की तैयारियों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। इस अवसर पर उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए रेडक्रास मेले को सफल बनाने के लिए प्राथमिकता से कार्य कर सहयोग प्रदान करने के लिए कहा। उन्होंने बताया कि जिला स्तरीय रेडक्रास मेला 14 व 15 दिसम्बर को नगर परिषद बिलासपुर के मैदान में आयोजित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि दो दिवसीय रेडक्रास मेले के दौरान मेला स्थल पर रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य जांच शिविर, विभिन्न विभागों द्वारा प्रदर्शनियां, बेवी शो, फूड कार्नर भी लगाएं जाएंगे। इसके अतिरिक्त विभिन्न खेल गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। उन्होंने बताया कि रेडक्रास मेले के दौरान नाटय दलों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए जाएंगे। उन्होंने स्थानीय जनता से रेडक्रास मेले में भारी संख्या में भाग लेने की अपील की है। इस अवसर पर एडीएम विनय धीमान, एसडीएम रामेश्वर, सहायक आयुक्त सिद्धार्थ आचार्य, सीएमओ डा0 प्रकाश दरोच, डीआरओ देवी राम, जिला कल्याण अधिकारी अमरजीत डोगरा के अतिरिक्त अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी सोलन मंडल कार्यकारिणी की घोषणा की गई जो निम्न प्रकार से है उपाध्यक्ष- गुरविंदर सिंह, धर्मन्द्र ठाकुर, धर्मेन्द्र ठाकुर (बंटी), चद्रकांत शर्मा महामंत्री- संजीव सूद, भरत साहनी सचिव- कुलदीप चौहान, सुनीता रोहाल, संजीव मोहन, अभिषेक ठाकुर कोषाध्यक्ष- योगिन्द्र वर्मा कार्यकारिणी सदस्य देवेंद्र वर्मा, हरदेव, रेणुका शर्मा, सुमन कश्यप, अजय ठाकुर, ज्ञान ठाकुर, नीरज सिन्हा, देवीराम, मनीष सूद, चमन, सोमा, यशपाल शर्मा, रामेश्वरी देवी, करुणा शर्मा, रामेश्वर शर्मा, पिंकी देवी, गणेश दत्त, नरेंद्र गर्ग, शकुंतला, सुरेंद्र कवर, कुलदीप, अमरदीप, रूप चंद, विधि चंद, कमल थापा, देवेंद्र शर्मा, जतिन साहनी, राजेंद्र सिंह, हिमेन्द्र वर्मा, ममता कुमारी विशेष आंमत्रित सदस्य विरेन्द्र कश्यप, पुरषोतम गुलेरिया, डॉ. राजेश कश्यप, रविंद्र परिहार, नरदेव बडोला, लोकेश्वर शर्मा, कुमारी शीला, वीरेंद्र सूद, मोहन सिंह ठाकुर, रमेश बिंदल, राकेश शर्मा, बुध राम, पवन गुप्ता, रितू शेट्ठी, देवेंद्र ठाकुर, मीरा आनंद, रश्मिधर सूद, खैरातीलाल, धनीराम शर्मा, सोमा ठाकुर।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बार्ड सोलन से प्राप्त जानकारी के अनुसार 12 दिसम्बर 2019 को आवश्यक कारणों से सोलन के ओच्छघाट, जीरो प्वायंट, कुंडला व इसके आसपास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी बोर्ड के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि इसके दृष्टिगत 12 दिसम्बर को प्रातः 10.00 बजे से सांय 5.00 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने इस दौरान लोगों से सहयोग की अपील की है।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बार्ड सोलन से प्राप्त जानकारी के अनुसार 11 दिसम्बर 2019 को राष्ट्रीय राजमार्ग के फोरलेन कार्य के दृष्टिगत सोलन शहर के कुछ क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी बोर्ड के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि इसके दृष्टिगत करोल विहार कॉलोनी, बेर पानी, बेर गांव, बेर खास, फोरेस्ट कॉलोनी व इसके आसपास के क्षेत्रों में 11 दिसम्बर को प्रातः 10.00 बजे से सांय 5.00 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने इस दौरान लोगों से सहयोग की अपील की है।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बार्ड सोलन से प्राप्त जानकारी के अनुसार 11 दिसम्बर 2019 को अपरिहार्य कारणों से सोलन शहर के कुछ क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी बोर्ड के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि सोलन शहर के पावर हाउस रोड, सुगन्धा अपार्टमेंट, डाकघर तथा गुरूद्वारा एवं इसके आसपास के क्षेत्रों में 11 दिसम्बर को प्रातः 10.00 बजे से दोपहर 1.00 बजे विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने इस दौरान लोगों से सहयोग की अपील की है।
जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण बिलासपुर द्वारा मानवाधिकार दिवस के उपलक्ष में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन जिला न्यायालय परिसर बिलासपुर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण राकेश कुमार चौधरी द्वारा की गई। इस अवसर पर उन्होंने मानव अधिकार के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी तथा विधिक सेवाएं प्राधिकरण द्वारा लोगों के लिए चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की भी जानकारी उपलब्ध करवाई। उन्होंने बताया कि महिलाएं ,बच्चे, अनुसूचित जाति, जनजाति के सदस्य या संविधान के अनुच्छेद 23 में मानव दुव्र्यवहार या बेगार के शिकार, महिला, बालक या मानसिक रोगी, विकलांग, अनपेक्षित अभाव जैसे बहू विनाश जातीय हिंसा, जाति अत्याचार, बाढ़, सूखा, भूकंप या औद्योगिक संकट के शिकार, औद्योगिक श्रमिक या कारागृह, किशोर, मनोचिकित्सा अस्पताल या मनोचिकित्सकीय परिचर्चा गृह में अभिरक्षा में रखे गए व्यक्ति, हिजड़ा समुदाय से संबंधित समुदाय से संबंधित या ऐसे व्यक्ति जिसकी वार्षिक आय 3 लाख से कम या एचआईवी एड्स से पीड़ित व्यक्ति मुफ्त कानूनी सहायता पाने के हकदार हैं।सचिव जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण बिलासपुर आक्षी शर्मा ने मानव अधिकार दिवस के महत्व व इसके आयोजन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर अधिवक्ता जिला बार एसोसिएशन अभिषेक ठाकुर ने मानव अधिकार अधिनियम की जानकारी दी। अधिवक्ता जिला बार एसोसिएशन रोशन लाल ठाकुर ने परिवार न्यायालय अधिनियम के बारे में बताया। सीनियर सिविल एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी हितेन्द्र शर्मा, सिविल जज एवं न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी निकिता ताहिम, जिला न्याय वादी अजय कुमार, अध्यक्ष जिला बार एसोसिएशन चमन ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित रहे कार्यक्रम में लगभग 200 व्यक्तियों ने भाग लिया।
उपमंडलाधिकारी नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने नालागढ़ में खाद्य नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता मामले विभाग के अधिकारियों, व्यापार मण्डलों के प्रतिनिधियों और सब्जी विक्रेता संगठनों के साथ बैठक की। उन्होंने बैठक में उपस्थित अधिकारियों को जिला प्रशासन द्वारा प्याज की थोक व परचून दरों के संबंध में जारी अधिसूचना से अवगत करवाया। प्रशांत देष्टा ने कहा कि उपमंडल में प्याज़ की दरों को नियन्त्रित रखने के लिए सभी विभागीय अधिकारी अपने-अपने स्तर पर सजग रहे तथा जिला प्रशासन द्वारा अधिसूचना की पूरी तरह अनुपालना सुनिश्चित बनाई जाए। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा थोक व परचून दुकानदारों द्वारा प्याज़ पर लिए जाने वाले लाभांश की अधिकतम सीमा निर्धारित की गई है। थोक व्यापारियांे के लिए यह सीमा 5 प्रतिशत तथा परचून व्यापारियों के लिए 24 प्रतिशत तय की गई है। इस 24 प्रतिशत लाभांश में परिवहन भाड़ा, लदाई, उतराई, कमी व अन्य सभी खर्चे शामिल है। उन्होंने सभी व्यापारियों से आग्रह किया है कि वे निर्धारित सीमा तक का लाभांश ही वसूल करें। उन्होंने कहा कि जो भी व्यापारी इस अधिसूचना का उल्लंघन करेगा उसके पास से पूरा प्याज़ जब्त कर लिया जाएगा और आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने आमजन से आग्रह किया कि यदि कोई सब्जी विक्रेता उनसे प्याज़ के निर्धारित दर से अधिक दाम वसूल करता है तो इसकी सूचना उपमंडल प्रशासन को दें। बैठक में खंड विकास अधिकारी नालागढ़ राजकुमार, नायब तहसीलदार बद्दी बलराज नेगी, नगर परिषद नालागढ़ व बद्दी के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश में 15 नवंबर से चल रही नशा विरोधी मुहिम के तहत ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में जागरूकता अभियान चलाया। इसमें स्थानीय लोगों को नशा न करने की ओर प्रेरित किया गया। इस नशा विरोधी अभियान में डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह विशेष रूप से उपस्थित थे। एसएचओ मोती सिंह ने कहा कि अगर आप तस्करों की सूचना पुलिस तक पहुंचाना चाहते है, तो हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा “ड्रग फ्री हिमाचल’’ ऐप के माध्यम से दिनों दिन बढ़ रही नशा तस्करी की रोकथाम के लिए बनाया है। आप इस ऐप के माध्यम से नशा तस्करों की सूचना पुलिस को देते है तो पुलिस को यह बिल्कुल भी मालूम नहीं होगा कि यह सूचना उन्हें किसने दी है। इस ऐप की यही खासियत बताने के लिए डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ने आदेश जारी किए है कि वह अपने इलाके के अधिक से अधिक लोगों के मोबाईल फोन में “ड्रग फ्री हिमाचल’’ ऐप को इंस्टाॅल करवाए। ताकि लोग निसंकोच होकर पुलिस को अपने क्षेत्र के नशा तस्करों के बारे में बता सकें। इससे पुलिस उन पर कार्रवाई कर सके। प्रताप सिंह ने कहा कि ऐप से सूचना देने वालों का कोई भी डाटा पुलिस को प्राप्त नहीं होता। जो भी सूचना इस ऐप के माध्यम से प्राप्त होती है उस पर तुरंत प्रभाव कार्रवाई होगी।जिला के सभी लोगों से इस मोबाईल ऐप का इस्तेमाल करके पुलिस का मददगार बनने का आहवान किया है। वहीं लोगों से 112 की ऐप को इंस्टाॅल करके वालंटियर बनने का भी आह्वान किया है।बता दें कि देश भर में अब आपातकालीन सेवाओं के लिए 112 नंबर जारी किया गया है। इस नंबर की एक मोबाईल ऐप भी बनाई गई है। जो भी व्यक्ति इस ऐप में खुद को वालंटियर बनाता है, आपदा के समय पुलिस उसकी मदद लेती है। इस मौके पर डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह,एसएचओ मोती सिंह,पंचायत दाड़लाघाट के प्रधान सुरेंद्र शुक्ला,पारनु पंचायत के प्रधान विद्या सागर शर्मा, पुष्पेंद्र शर्मा, पवन शर्मा, सचिव धनीराम, महिला मंडलों के सदस्य, युवक मंडलों के सदस्यों सहित काफी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
हमीरपुर : जिला हमीरपुर के सलोनी में एक टैंकर ने स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि स्कूटी के परखच्चे उड़ गए और स्कूटी सवार की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सलोनी में दयोटसिद्ध चौक पर एक स्कूटी नंबर HP55-B-7617 को एक टैंकर नंबर PB 56-0065 टक्कर मार कर भाग गया है। स्कूटी सवार होशियार सिंह गांव व डाकघर बटरान तहसील नादौन उम्र 45 साल की मौके पर मृत्यु हो गई है और दूसरा व्यक्ति घायल अवस्था में अस्पताल ले जाया गया है। पुलिस ने बताया कि मामले को दर्ज कर लिया गया है और आगे कार्यवाही की जा रही है।
नेहरू युवा केन्द्र सोलन द्वारा आज सोलन जिला के धर्मपुर विकास खंड के अंतर्गत औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) कसौली में प्रदेश सरकार द्वारा कार्यान्वित किए जा रहे मादक पदार्थ एवं मदिरा व्यसन पर रोक अभियान के अन्तर्गत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कसौली थाना के थाना प्रभारी लायक ने की। इस कार्यक्रम में 240 छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों व इसके बचाव की जानकारी प्रदान की गई। लायकराम ने कहा कि आज युवा वर्ग नशे की चपेट में आ रहा है जो पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि नशाखोरी को समाप्त करने के लिए सरकार द्वारा नशा निवारण अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। अभियान के अन्तर्गत जिला के सभी शैक्षणिक संस्थानों में नशे पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे है। उन्होंने कहा कि इस अभियान में सफलता तभी प्राप्त होगी जब सभी युवा नशे के कारोबार एवं नशाखोरी की रोकथाम को लेकर एकजुट होकर प्रयास करेंगे। लायकराम ने कहा कि आज नशा जहां सड़क दुर्घटनाओं का मुख्य कारण है वहीं नशे के सेवन से ही युवा साइबर क्राईम की ओर बढ़ रहे हैं। बलात्कार तथा चोरी जैसी घटनाओं का कारण भी नशा एवं मादक द्रव्यों की खरीद है। थाना प्रभारी ने कहा कि नशे की रोकथाम के लिए सर्वप्रथम युवाओं की पहल आवश्क है। उन्होंने कहा कि यदि युवा नशे के लिए पूछने पर पहली बार न कहना सीख लें तो नशाखोरी पर काफी हद तक अंकुश लगाया जा सकता है। इस दिशा में युवाओं को अपने साथियों के साथ समूह चर्चा करनी चाहिए और सभी को नशा न करने के लिए प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि नशे के सौदागरों के विरूद्ध बिना किसी भय के पुलिस को सूचना दें। उन्होंने कहा कि जो नशे के सौदागरों की सूचना पुलिस को देते हैं तो ऐसे व्यक्तियों को पुलिस द्वारा सम्मानित किया जाता है। लायकराम ने कहा कि नशामुक्त समाज के लिए हमें अपने परिवार, गांव व शहर से पहल करनी होगी। इसी से पूरे जिला तथा प्रदेश भर मेे अभियान की सफलता सुनिश्चित हो पाएगी। पुलिस आरक्षी पूनम ने भी इस अवसर पर नशे के विरूद्ध अपने विचार रखे। नेहरू युवा केन्द्र सोलन के लेखाकार लेखराज कौशिक ने नेहरू युवा केंद्र द्वारा नशा निवारण अभियान पर आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि युवक मंडल, महिला मंडल व छात्र संगठन इस अभियान की सफलता में अहम भूमिका निभा सकते है। आईटीआई कसौली के प्रधानाचार्य ने इस अवसर पर कहा कि युवा वर्ग नशे से दूर रहें तथा अपने साथियों को भी नशे से दूर रहने के लिए कहें। इस अवसर पर छात्रों को नशे के विरूद्ध शपथ भी दिलाई गई। इस अवसर पर औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान कसौली के अधिकारी एवं कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में प्रशिक्षु उपस्थित थे।
प्रदेश खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया ने कहा कि प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण एवं ग्रामीण स्तर पर आवश्यक अधोसंरचना विकास पर विशेष बल दे रही है। पुरूषोत्तम गुलेरिया ने हिमाचल गृहिणी सुविधा योजना के अन्तर्गत लाभारतियों को निःशुल्क गैस कनैक्शन वितरित करने के उपरांत संबोधित कर रहे थे। उन्होंने विपुल गैस एजेन्सी सोलन में नगर परिषद सोलन, डांगरी, दियोठी, तोप की बेड़, बसाल, कोठों, बोहली, अन्हेच, सन्होल तथा चामत भड़ेच के 100 लाभार्थियों को निःशुल्क गैस कनैक्शन वितरित किए। पुरूषोत्तम गुलेरिया ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण की दिशा में नवीन योजनाएं कार्यान्वित कर रही है। प्रदेश सरकार की हिमाचल गृहिणी सुविधा योजना के माध्यम से उन सभी पात्र परिवारों को निःशुल्क गैस कनैक्शन उपलब्ध करवाए जा रहे है जो केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी उज्ज्वला योजना से बाहर रह गए है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत हिमाचल प्रदेश के लगभग सभी परिवारों को लाभान्वित करने के उद्देश्य से पात्रता शर्तों में संशोधन किया गया है। हिमाचल प्रदेश देश का ऐसा पहला राज्य बन जाएगा जहां 31 दिसम्बर, 2019 तक सभी परिवारों के पास गैस कनैक्शन होंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का हर गृहिणी को गैस कनैक्शन प्रदान करने का संकल्प देश को एक नई राह दिखाएगा। उन्होंने कहा कि सोलन जिला में वर्तमान में हिमाचल गृहिणी सुविधा योजना के अन्तर्गत 15560 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से 10535 गैस कुनैक्शन पात्र परिवारों को आबंटित किए जा चुके है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन यह सुनिश्चित बना रहा है कि शेष गैस कनैक्शन 15 दिसम्बर, 2019 तक सभी पात्र उपभोक्ताओं को वितरित कर दिए जाएं। पुरुषोत्तम गुलेरिया ने सभी से आग्रह किया कि वे केंद्र एवं प्रदेश सरकार की आयुष्मान योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना सहित प्रदेश सरकार की हिमकेयर एवं सहारा जैसी समय पर सहायता प्रदान करने वाली योजनाओं का लाभ उठाएं। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि यदि कोई व्यक्ति अपना स्वरोजगार आरंभ करना चाहता है तो वह खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड की योजनाओं से लाभ प्राप्त कर सकता है। इस संबंध में पूर्ण जानकारी खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड के कार्यालय से प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने कहा कि पात्र युवा बोर्ड की 25 लाख रुपये तक की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित हो सकते हैं। खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा अधिकतम 25 लाख रुपये तक की इकाई स्थापित करने पर 35 प्रतिशत उपदान प्रदान किया जाता है। उन्होंने आग्रह किया कि युवा रोजगार प्राप्त करने के लिए भटकने वाले के स्थान पर रोजगार प्रदात्ता बनें। इस अवसर पर भाजपा मंडल सोलन के अध्यक्ष मदन ठाकुर, पूर्व बीडीसी सदस्य नंदराम कश्यप, भाजपा जिला कार्यकारिणी सदस्य अशोक ठाकुर, जिला भाजपा किसान मोर्चा के सदस्य दिनकर, रचित साहनी, विपुल गैस एजैंसी के विपुल गोयल सहित लाभार्थी एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति नियंत्रक को निर्देश दिए है कि जिला में विभिन्न सब्जी विक्रेताओं की दुकानों का औचक निरीक्षण कर यह सुनिश्चित बनाया जाए कि कहीं भी प्याज के अधिक दाम न वसूले जाएं और प्याज की जमाखोरी न हो। केसी चमन आज यहां जिला स्तरीय सार्वजनिक वितरण समिति की त्रैमासिक बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में जिला में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत आवश्यक वस्तुओं के वितरण की उपलब्धता सहित अन्य आवश्यक मामलों पर विस्तृत चर्चा की गई। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि प्याज़ के संबंध में प्रदेश सरकार एवं जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित बनाई जाए। उन्होंने कहा कि औचक निरीक्षणों के माध्यम से प्याज की जमाखोरी न होने दी जाए। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित बनाया जाकि प्याज जिला प्रशासन द्वारा निर्धारित मूल्य पर ही विक्रय किए जाएं। केसी चमन ने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश सरकार द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत उपलब्ध करवाई जा रही विभिन्न वस्तुओं की गुणवत्ता का निरीक्षण करें ताकि आम लोगों को उचित गुणवत्ता की खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि जिला में विभिन्न गैस एजैंसियों द्वारा वितरित की जा रही रसोई गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जाए ताकि उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को ढाबों एवं रेस्तरां में घरेलू रसोई गैस सिलेंडर के प्रयोग को रोकने के लिए समय-समय पर औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिला में उचित मूल्यों की दुकानों व अन्य दुकानों में मूल्य सूची प्रदर्शित की जानी चाहिए ताकि लोगों को सही मूल्य की जानकारी मिल सकें। उन्होंने निर्देश दिए कि खाद्यान्नों की मूल्य सूची से उन्हें प्रतिदिन अवगत करवाया जाए। बैठक में अवगत करवाया गया कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत जिला में 2 लाख 23 हजार 542 पात्र उपभोक्ताओं का चयन किया गया है। इन्हें उपदान दरों पर खाद्य सामग्री उपलब्ध करवाई जा रही है। जिला में जुलाई 2019 से अक्तूबर 2019 के मध्य 760 दुकानों का निरीक्षण कर 87900 की प्रतिभूति राशि जब्त की गई। इस अवधि में 247 निरीक्षण पॉलीथीन के लिए किए गए और जुर्माने के रूप में 25500 रुपये वसूले गए। जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति नियंत्रक मिलाप शांडिल ने बैठक में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि जिला में इस अवधि में 311 उचित मूल्य की दुकानों के माध्यम से 1,32,824 राशनकार्ड धारकों को उपदान दरों पर 26 करोड़ 25 लाख 64 हजार 300 रुपये की आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध करवाई गईं। बैठक में सहायक सहायक पंजीयक सहकारी सभाएं नीरज सूद, राज्य आपूर्ति निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक राकेश वलेचा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
कीरतपुर नेरचौक फोरलेन ठेकेदार यूनियन ने अपना रवैया काफी कड़ा कर दिया है। पिछले कल वार्ता के विफल हो जाने के बाद मंगल वार को यूनियन के सदस्यों द्वारा स्वारघाट के आगे कैंची मोड में फोरलेन के चले हुए काम को रुकवाया और कहा जब तक एनएचएआई द्वारा उनकी बकाया देनदारी नहीं दी जाएगी तब तक हिमाचल प्रदेश में जहां-जहां एनएचआई के काम चले हुए है वहां पर ठेकेदार यूनियन ऐसे ही काम बंद करवाएगी। ठेकेदारों ने कहा कि बुधवार को मंडी में जाकर जडोल में जहां पर कार्य चला हुआ है वहां पर भी कार्य को रुकवाया जाएगा। एनएचएआई के जो अधिकारी है उनके दफ्तरों का घेराव किया जाएगा। यूनियन ने कहा है की अब लड़ाई आर पार की लड़ी जाएगी चाहे चक्का जाम करना कि स्थिति हो। यह एनएचएआई के अधिकारियों का घेराव की बात हो। यूनियन अब किसी भी स्थिति में पीछे हटने वाली नहीं है। अगर यह ठेकेदारों के पैसे को भुगतान नहीं करते है तब तक फोरलेन का कार्य कहीं पर भी शुरू नहीं होने दिया जाएगा। इस अवसर पर फोरलेन ठेकेदार यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र चंदेल जिला बिलासपुर के अध्यक्ष विवेक कुमार जिला मंडी के अध्यक्ष दिनेश सैनी प्रदेश के महासचिव नितिन महाजन तरुण कोड़ा रवि कपूर अभिषेक भारद्वाज सुमित चंदेल, प्रेम राव,मान सिंह धीमान,सुमित चंदेल आदि उपस्थित रहे।
सेहत, स्वाद व समृद्धि का पर्याय मशरूम आज रोज़गार एवं व्यवसाय के रूप में स्थापित हो चुका है। अखिल भारतीय मशरूम परियोजना के अंतर्गत अनुसूचित जाति के किसानों के लिए डॉ वाईएस परमार औदयानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, नौणी के पाद्प रोग विभाग में ‘मशरूम उत्पादन’ पर चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह प्रशिक्षण, परियोजना समन्वयक व मुख्य जांचकर्ता डॉ धर्मेश गुप्ता द्वारा आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण शिविर में हिमाचल के बिलासपुर, मंडी, शिमला, सोलन व सिरमौर जिला के 20 किसानों ने भाग लिया। कार्यक्रम की शुरूआत पाद्प रोग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ एच.आर.गौतम द्वारा की गई। डॉ गौतम ने मशरूम के महत्व और इसकी भारत व हिमाचल प्रदेश में अपार सम्भावनाओं पर विस्तृत जानकारी दी। इस कार्यक्रम में डॉ सी.एल. जनदेक, डॉ चंदरेश गुलेरिया व डॉ जयपाल ने मशरूम से सम्बन्धित विभिन्न विषयों पर अपने विचार रखे। समापन समारोह में डॉ सुनीता चंदेल ने प्रतिभागियों को कई सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि कम जगह व कम खर्च में अधिक मुनाफा हासिल होने के कारण मशरूम उत्पादन से जुड़े विभिन्न व्यवसाय को खासकर देश का युवा वर्ग तेज़ी से अपना रहा है। उन्होंने कहा कि मौजू़दा दौर में सभी युवक-युवतियों को नौकरी प्रदाता बनने की जरूरत है। ऐसी स्थिति में खासकर कम शिक्षित युवक-युवतियों के लिए मशरूम उत्पादन स्वरोज़गार का एक बेहतर साधन साबित हो सकता है।
डीएवी अम्बुजा विद्या निकेतन दाड़लाघाट ने "अम्बुजा ग्रुप ऑफ स्कूल" के युवांन महोत्सव में बेहतरीन प्रदर्शन किया। यह महोत्सव अम्बुजा विद्या पीठ छतीसगढ़ में आयोजित हुआ। युवांन महोत्सव में अम्बुजा सीमेंट ग्रुप के पाँच स्कूलों ने भाग लिया। इसमें से एक डीएवी अम्बुजा दाड़लाघाट था। इस महोत्सव में विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रकार की गतिविधियों में बढ़-चढ़ कर भाग लिया। डीएवी अम्बुजा से लगभग 26 विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रतियोगिताओं जैसे वॉलीबॉल, दौड, समूह गान,नृत्य,लघु नाटिका आदि में अपनी सहभागिता दर्ज करवाई। खेल कूद प्रतियोगिताओं में वॉलीबॉल में डीएवी अम्बुजा ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान हासिल किया। वही एकल गायन में श्रुति शर्मा ने भी पहला स्थान हासिल किया। इसके अलावा लघु नाटिका (इंगलिश) तथा “माइंड स्ट्रीम गेम" आदि को मिलाकर कुल आठ पदक डीएवी अम्बुजा दाड़लाघाट के नाम हुए। स्कूल प्रबंधन समिति के चेयरमैन अनुपम अग्रवाल एवं प्रधानाचार्य मुकेश ठाकुर ने इस बेहतहीन प्रदर्शन के लिए सभी प्रतिभागियों को अपनी शुभकामनाएं दी।
उपमंडलाधिकारी सोलन रोहित राठौर ने छात्रों सहित शहरवासियों से आग्रह किया कि वे न तो स्वयं नशा करें और न दूसरों को करने दें। रोहित राठौर ने नगर परिषद सोलन के अधिकारियों एवं कर्मचारियों सहित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान सोलन के छात्रों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई। रोहित राठौर ने इस अवसर पर कहा कि समाज में नशे के बढ़ते प्रचलन के कारण अनेक सामाजिक, पारिवारिक एवं आर्थिक कठिनाईयां खड़ी हो रही है। नशा करने वाले जहां अपने परिवार एवं समाज के लिए समस्या बनकर उभर रहे है वहीं नशा आर्थिक रूप से परिवारों को संकट में भी डाल रहा है। उन्होंने कहा कि 15 दिसम्बर, 2019 तक प्रदेश सरकार द्वारा नशे के विरूद्ध सघन अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। इस अभियान के माध्यम से जहां नशे से दूर रहने के लिए समाज को जागरूक बनाया जा रहा है वहीं लोगों को यह समझाने का प्रयास भी किया जा रहा है कि नशा ऐसा धीमा जहर है कि जिसका अंत केवल मृत्यु है। उन्होंने कहा कि अनेक अनुसंधानों ने यह सिद्ध किया है कि किसी भी प्रकार का नशा हानि पहुंचाने के अतिरिक्त और कुछ नहीं देता। उन्होंने कहा कि अनेक बार युवा यह सोच कर धूम्रपान एवं मदिरा सेवन आरंभ करते है कि इससे उन्हें परीक्षा सहित अन्य दबावों से मुक्ति मिलेगी। धीरे-धीरे यह लत व्यापक आकार लेती है और नशे का दायरा बढ़ता जाता है। उन्होंने कहा कि दबाव से मुक्ति के लिए योग, व्यायाम एवं खेलों का प्रयोग बेहतर विकल्प है। यह जहां मनुष्य को मानसिक एवं शारीरिक रूप से स्वस्थ रखते हैं वहीं समाज में उसकी छवि को निखारते भी है। रोहित राठौर ने सभी से आग्रह किया कि नशा आरम्भ करने से पहले नशे की हानियों के बारे में सोच लें ताकि वे सदैव नशाखोरी से दूर रह सकें। उन्होंने छात्रों से आग्रह किया कि वे नियमित रूप से योग एवं खेलों में भाग लें, अच्छी पुस्तकें पढ़ने की रूचि विकसित करें और अपने सुखद भविष्य के निर्माण के लिए प्रयासरत रहें। नगर परिषद सोलन के अध्यक्ष देवेंद्र ठाकुर, नगर परिषद सोलन के कार्यकारी अधिकारी एवं तहसीलदार सोलन गुरमीत नेगी, नगर परिषद सोलन के अधिकारी एवं कर्मचारी तथा आईटीआई सोलन के छात्र बड़ी संख्या में इस अवसर पर उपस्थित थे।
ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में गृहणी सुविधा योजना के तहत 11 पंचायतों की 180 गृहणियों को गैस कनैक्शन वितरित किए गए। इंडेन गैस एजेंसी के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में भाजपा के प्रदेश सचिव रत्न सिंह पाल ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। इस मौके पर खाद्य आपूर्ति विभाग के निरीक्षक सुनील कुमार गुंटा ने सर्वप्रथम मुख्यातिथि एवं विशेष अतिथियों और उपस्थित लोगों का इस कार्यक्रम में स्वागत किया। इस दौरान भाजपा के प्रदेश सचिव रत्न सिंह पाल ने कहा कि केंद्र सरकार की उज्जवला योजना के साथ-साथ हिमाचल सरकार की गृहिणी सुविधा योजना के तहत गरीब परिवारों को गैस कनैक्शन वितरित किए जा रहे है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने नेतृत्व में प्रदेश सरकार समाज के हर वर्ग का कल्याण करने को प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर बधाई के पात्र है जिन्होंने ये कल्याणकारी योजना गरीब परिवारों के लिये शुरू की। उन्होंने आगे कहा कि इस योजना से जहां गृहणियों को रसोई घर मे धुंए से निजात मिलेगी वहीं उस धुंए से उत्पन्न होने वाली बीमारियों से भी निजात मिलेगी। इसके बाद भाजपा के प्रदेश सचिव रत्न सिंह पाल द्वारा सभी लाभार्थियों को गैस कनैक्शन वितरित किये गए। इस अवसर पर ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के प्रधान सुरेन्द्र शुक्ला व ओबीसी सोलन के जिलाध्यक्ष नरेन्द्र सिंह चौधरी ने कहा कि गृहणी सुविधा योजना प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा गरीब लोगों के लिये वरदान साबित हो रही है। इस अवसर पर खाद्य आपूर्ति विभाग के निरीक्षक सुनील कुमार गुंटा व गेस एजेंसी दाड़लाघाट के प्रभारी हरीश शर्मा ने भी लोगों को इस योजना व गैस को उपयोग करने की जानकारी दी। इस मौके पर भाजपा के प्रदेश सचिव रत्न सिंह पाल, खाद्य आपूर्ति विभाग के निरिक्षक सुनील कुमार गुंटा, इंडेन गैस एजेंसी दाड़लाघाट के प्रभारी हरीश शर्मा, ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के प्रधान सुरेन्द्र शुक्ला, ओबीसी सोलन के जिलाध्यक्ष नरेन्द्र सिंह चौधरी, मंडल अध्यक्ष भाजपा अर्की डीके शर्मा, भाजपा नेता राकेश गौतम, रमेश ठाकुर, नरेश गौतम, जगदीश्वर शुक्ला, पवन गौतम, आशिफ चौधरी, प्रेम शर्मा, बंटू शुक्ला, सन्याडी मोड़ के प्रधान हीरा लाल, परस राम, राजू शर्मा, पवन शर्मा,पुष्पेंद्र शर्मा, वीरेंद्र शर्मा, मुकेश शुक्ला सहित अन्य पंचायतों के प्रतिनिधि व सभी लाभार्थी परिवार भी उपस्थित रहे।
नगर परिषद सोलन के अध्यक्ष देवेंद्र ठाकुर ने कहा कि जल एवं ऊर्जा संरक्षण, कचरा प्रबंधन, स्वास्थ्य, पौधरोपण एवं स्वच्छता विकास के महत्वपूर्ण घटक है और इन सभी की दिशा में सफलतापूर्वक आगे बढ़ना जन-जन का सामूहिक उत्तरदायित्व है। देवेंद्र ठाकुर यहां महत्वकांक्षी अंगीकार कार्यक्रम के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा मुख्य रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अन्तर्गत लाभार्थियों के लिए जल एवं ऊर्जा संरक्षण, कचरा प्रबंधन, स्वास्थ्य, पौधरोपण एवं स्वच्छता के विषय में सामाजिक व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए अंगीकार कार्यक्रम आरम्भ किया गया है। उन्होंने कहा कि अंगीकार के तहत सामुदायिक सहभागिता एवं सूचना, शिक्षा एवं सम्प्रेषण गतिविधियों के माध्यम से विकास के इन महत्वपूर्ण घटकों के विषय में जन-जन को जागरूक बनाना है। उन्होंने कहा कि जल एवं ऊर्जा का आवश्यकतानुसार प्रयोग एवं संरक्षण जहां सम्पूर्ण मानव जाति के अस्तित्व के लिए आवश्यक है वहीं कूड़े-कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन के द्वारा ही सभी स्वस्थ रह सकते है। देवेंद्र ठाकुर ने कहा कि पौधरोपण पृथ्वी का सुरक्षा चक्र है और स्वच्छता हम सभी की मूलभूत आवश्यकता। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि प्रकृति द्वारा प्रदत्त प्रत्येक वस्तु का संरक्षण हमारा दायित्व है और इस दिशा में हम सभी को संगठित प्रयास करने होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए उपमण्डलाधिकारी सोलन रोहित राठौर ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने एक स्वच्छ भारत की परिकल्पना की थी और इस परिकल्पना को साकार करने में सरकार और प्रशासन को आमजन का सहयोग आवश्यक है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार देश को पूर्ण रूप से स्वच्छ बनाने के लिए सघन अभियान कार्यान्वित कर रही है। हम सभी को अपने आवास तथा परिवेश की सफाई के महत्व को समझना होगा और स्वच्छता एवं आवश्यकतानुसार संरक्षण सुनिश्चित बनाना होगा। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि स्वच्छता के कार्य को निरन्तर जारी रखें।युवा सही मायनों में स्वच्छता के दूत हैं और युवाओं को यह प्रण लेना होगा कि न तो वे स्वंय कचरा यहां-वहां फैंकेगें और न ही किसी अन्य को ऐसा करने देंगे। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को यह भी ध्यान रखना होगा कि यदि आज जल और ऊर्जा संरक्षण के साथ-साथ कचरा प्रबंधन एवं स्वच्छता पर ध्यान नहीं दिया गया तो भविष्य की समस्याओं से भी युवाओं को ही निपटना होगा। वर्तमान पीढ़ी को भी आने वाले पीढि़यों के लिए स्वस्थ एवं सुरक्षित पर्यावरण प्रदान करने की दिशा में सजग रहकर कार्य करना है। रोहित राठौर ने शहरवासियों से आग्रह किया कि वे गीले व सूखे कचरे को पृथक करें ताकि कूड़े-कचरे का वैज्ञानिक प्रबंधन किया जा सके। उन्होंने इस अवसर पर कूड़ा-कचरा बीनने वाले, घर-घर जाकर कचरा एकत्रित करने वाले सफाई कर्मचारियों तथा अपने घर से गीला व सूखा कचरा पृथक करके देने वाले लोगों को सम्मानित भी किया। रोहित राठौर ने छात्रों के साथ पर्यावरण, जल व ऊर्जा संरक्षण विषय पर परिचर्चा भी की। इस अवसर पर उपस्थित छात्रों एवं अन्य को स्वच्छता की शपथ भी दिलाई गई। उन्होंने आईटीआई सोलन के प्रशिक्षुओं की स्वच्छता रैली को हरी झण्डी दिखाकर रवाना भी किया। उन्होंने इस अवसर पर मोरपंखी का पौधा भी रोपा। इस अवसर पर तहसीलदार सोलन एवं नगर परिषद सोलन के कार्यकारी अधिकारी गुरमीत नेगी, नगर परिषद सोलन के सफाई कर्मचारी, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) सोलन के प्रशिक्षुओं सहित बड़ी सख्ंया में अन्य छात्र उपस्थित थे।
बद्दी में एक युवती के डेबिट कार्ड से 50 हज़ार रुपए धोखाधड़ी से निकलने का मामला सामने आया है। हैरानी कि बात तो यह है कि एटीएम कार्ड युवती के पास बद्दी में ही था, लेकिन दिल्ली में किसी ने उसके खाते से पैसे निकल लिए। युवती की शिकायत पर पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज़ करके जाँच शुरू कर दी है।
विपक्ष के विधायकों ने गले में प्याज की मालाएं पहनकर नारेबाज़ी की। सदन में विपक्ष ने मंहगे प्याज, इन्वेस्टर मीट और रसोई गैस सिलिंडर के पोस्टर भी लहराए। हिमाचल विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही में सदन में तपिश बढ़ी, एक बार फिर से इन्वेस्टर मीट का मुद्दा उठा। विपक्ष के आरोपों का अध्यक्ष राजीव बिंदल ने जवाब दिया कि जिस दिन विपक्ष ने बयान जारी किया उस वक़्त मैं युगांडा में चल रही कॉमनवेल्थ गेम देखने गया था। विधानसभा अध्यक्ष राजीव बिंदल पर उपचुनाव में चुनाव प्रचार करने का आरोप लगाया था। प्रश्नकाल शुरू होने के बाद विपक्ष ने नारेबाजी- तानाशाही, जोरा-जोरी नहीं चलेगी, धक्केशाही नहीं चलेगी, विधानसभा की गरिमा का ख्याल करो, स्पीकर प्रचार में रोक लगाओ, पैसा दो पैसा दो, बाज़ार जाना बंद करो, आदि नारे लगाए।
आनंद सोशल वेलफेयर सोसायटी द्वारा कंडाघाट में दिनांक 15 दिसंबर 2019 रविवार को विश्व कीर्तिमान योगगुरु रणजीत सिंह के सानिध्य में एक दिवसीय योग शिविर एवं निःशुल्क प्राकृतिक चिकित्सा उपचार शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसमें सभी रोगों की जाँच व उपचार त्रिगर्त आरोग्य केंद्र, कांगड़ा के प्राकृतिक चिकित्सकों द्वारा किया जाएगा। यह शिविर सुबह 9 बजे से प्रारम्भ होगा। रणजीत सिंह हिमालय हरिद्वार अस्पताल योग समिति व त्रिगर्त योग केन्द्र कांगडा के संस्थापक है, तथा रणजीत सिंह कई पुरस्कार जैसे बेस्ट हिमाचल अचीवमेंट, मोस्ट फेमस अवार्ड,भारत योग पुरुस्कार एवं बेस्ट योग प्रमोटर अवार्ड आदि हांसिल कर चुके है। योगगुरु रणजीत सिंह ने बताया कि उनका उद्देश्य नशामुक्त भारत और स्वस्थ भारत सबल भारत यानी फिट इंडिया बनाने का है। इस कार्यक्रम का आयोजन मुख्य रूप से कंडाघाट के स्टेशन सुपरिंटेंडेंट दिनेश शर्मा और कंडाघाट के विशाल गुप्ता द्वारा किया जा रहा है। विशाल गुप्ता ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंच कर इस शिविर का लाभ उठाएं। दिनेश शर्मा ने लाल लुद्र मल ट्रस्ट एवं आर बी फाउंडेशन, कंडाघाट की इस कार्यक्रम में सहयोग करने की सराहना की है।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत परिषद लिमिटेड नालागढ़ के उपमंडल संख्या एक के अंतर्गत 11 दिसंबर को प्रातः 10:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक चौंकीबाल, रडयाली, सलेवाल, मंगुवाल, स्नेढ़, राजपुरा, मंझोली, जगातखाना, मगनपुरा, झिंडा, गरजेवाल, ढेरोवाल, वीड पलासी, पलासी कलां, रंगुवाल, मुसेवाल, अभीपुर, थांथेवाल, बेला मंदिर, रामपुर, बसोट, मांग, सैनी माजरा इत्यादि क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। इसके अलावा इन क्षेत्रों स्थापित औद्योगिक इकाइयों में भी विद्युत आपूर्ति बंद रहेगी।
सोलन जिला में सभी को नशे की हानियों से अवगत करवाने के लिए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा आज विभिन्न शिक्षण संस्थानों व ग्राम पंचायतों में जागरूकता शिविर आयोजित किए गए। इन जागरूकता शिविरों में प्रतिभागियों को नशे के के दुष्प्रभावों के साथ-साथ नशे से पीडि़त व्यक्ति के लक्षण व बचाव पर भी जानकारी प्रदान की गई। यह जानकारी एक सरकारी प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि नशा निवरण अभियान का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को नशे के शारीरिक व मानसिक दुष्प्रभावों के बारे में अवगत करवाना है। नशे से छुटकारे के लिए व्यक्ति में आत्म विश्वास का होना अनिवार्य है। नियमित व्यायाम व खेलकूद गतिविधियों में सहभागिता बनाकर नशे जैसी बुराई से बचा जा सकता है। अभियान में युवाओं, अध्यापकों तथा अभिभावकों को नशे के विरूद्ध एकजुटता के साथ लड़ने का आह्वान किया जा रहा है। इसी कड़ी में जिला में स्वास्थ्य विभाग द्वारा विभिन्न स्थानों पर 385 छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की गई। एमआरए डीएवी विद्यालय में 250, ग्राम पंचायत डकरयाणा के चिकित्सा खंड चंडी में 40, चिकित्सा खंड सायरी के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्र काहला में 11 तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सूरजपुर में 84 प्रतिभागियों एवं अन्य को मादक पदार्थोें एवं मदिरा व्यसन की हानियों एवं इससे बचाव के उपायों की जानकारी दी गई। जागरूकता कार्यक्रमों में अध्यापकों तथा अभिभावकों से आग्रह किया गया कि बच्चों की संगति पर ध्यान दें। पढ़ाई एवं व्यवहार में परिवर्तन आने पर अभिभावक तुरंत विद्यालय में अध्यापकों से संपर्क करें। अध्यापक व अभिभावक इस विषय में बच्चों से नियमित संवाद स्थापित करें। इन जागरूकता कार्यक्रमों में छात्रों को नशे की हानियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। इन कार्यक्रमों में बताया गया कि नशे से पीडि़त व्यक्ति को सही समय पर चिकित्सा उपलब्ध करवाने पर बचाया जा सकता है। जागरूकता शिविरों में सभी को नशे के विरूद्ध शपथ भी दिलाई गई।
नशा एक ऐसी बुराई है जो हमारे समूल जीवन को नष्ट कर देती है। नशे की लत से पीड़ित व्यक्ति परिवार के साथ-साथ समाज पर बोझ बन जाता है। वर्तमान में हमारी युवा पीढ़ी सबसे अधिक नशे की लत का शिकार हो रही है। यह जानकारी आज औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) सोलन में शिक्षा क्रान्ति संस्था के सत्यन ने पीयर एजुकेशन डे के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित अध्यापकों एवं छात्रों को दी। यह कार्यक्रम प्रदेश सरकार द्वारा 15 दिसम्बर, 2019 तक कार्यान्वित किए जा रहे मादक द्रव्य एवं मदिरा व्यसन के विरूद्ध जागरूकता के लिए अभियान के अन्तर्गत आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि नशा पीडि़तों को नशे के मकड़जाल से मुक्त करवाने और एक स्वस्थ एवं सशक्त समाज के निर्माण के लिए समय-समय पर नशा निवारण अभियान आयोजित किए जाते हैं। यह अभियान तभी सफल हो सकते हैं जब समाज के सभी वर्गों का इन्हें पूरा सहयोग प्राप्त हो। इसके लिए आवश्यक है कि हम सर्वप्रथम अभिभावकों, अध्यापकों और युवाओं को नशाखोरी के विषय में जागरूक करें। समाज को नशाखोरी से मुक्त करवाकर ही देश एवं प्रदेश में वास्तविक अर्थों में विकास की डगर पर सफलतापूर्वक आगे बढ़ाया जा सकता है। सत्यन ने कहा कि अधिकतर युवा अपने वरिष्ठ छात्रों के दबाव अथवा उनकी देखादेखी नशा लेना आरंभ करते हैं। शुरूआत में दबाव एवं मज़े के लिए किया गया नशा लत बन जाता है। उन्होंने कहा कि व्यक्ति में आर्थिक महत्वकांक्षा भी कहीं न कहीं नशे की बुराई को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि नशे के रूप में लोग मदिरा, गाँजा, जर्दा, चिट्टा, ब्राउन शुगर, कोकीन, स्मैक आदि मादक पदार्थों का प्रयोग करते हैं। यह स्वास्थ्य के साथ सामाजिक एवं आर्थिक दोनों लिहाज से ठीक नहीं है। नशे के आदी व्यक्ति की सामाजिक क्रियाशीलता शून्य हो जाती है और उसका सभी से मोहभंग हो जाता है। किन्तु इतना होने पर भी नशे का आदी व्यक्ति व्यसन को नहीं छोड़ता। इससे जन और धन दोनों की हानि होती है। सत्यन ने कहा कि हिंसा, बलात्कार, चोरी, आत्महत्या आदि अनेक अपराधों का कारण नशा है। मुँह, गले व फेफड़ों का कैंसर, ब्लड प्रैशर, अल्सर, यकृत रोग, अवसाद एवं अन्य अनेक रोगों का मुख्य कारण विभिन्न प्रकार का नशा है। उन्होंने कहा कि नशे की रोकथाम के लिए अध्यापक व अभिभावक अहम भूमिका निभा सकते हैं। अभिभावकों को अपने बच्चों से नियमित संवाद करना चाहिए और उनके बदलते व्यवहार पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि व्यक्ति नियमित व्यायाम व योग कर हर प्रकार के तनाव से मुक्त रह कर नशे से दूर रह सकता है। सत्यन ने कहा कि नशा निवारण अभियान के अन्तर्गत उनकी संस्था द्वारा नियमित रूप से जिले के विभिन्न महाविद्यालयों, विद्यालयों में जागरूकता सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इन जागरूकता सत्रों में युवाओं को नशे कारण व इसकी हानियों के बारे में अवगत करवाया जा रहा है। आईटीआई सोलन के प्रधानाचार्य चमन लाल तनवर ने पीयर एजुकेशन डे के अवसर पर छात्रों को बधाई दी। उन्होंने छात्रों से कभी भी नशा न करने का आग्रह किया। शिक्षा क्रांति की स्वयंसेविका नीलम राजपूत, मनीषा ठाकुर, आईटीआई सोलन के समूह अनुदेशक परेश शर्मा ने भी इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर छात्रों को नशे के विरूद्ध शपथ भी दिलवाई गई। इस अवसर पर शिक्षा क्रांति संस्था के स्वयंसेवी, आईटीआई सोलन के कर्मचारी व बड़ी संख्या में छात्र उपस्थित रहे।


















































