माेदी सरकार की उड़ान याेजना के तहत प्रदेश के प्रमुख स्थलाें पर हेलीपाेर्ट का निर्माण हाेना है। सस्ते हवाई सफर और सही लाेकेशन पर लैंडिंग से हिमाचल के हर नागरिकाें काे सुहावना हवाई सफर का लाभ मिलेगा । बीते दिनों सीएम जयराम ठाकुर ने अधिकारियों को जिला मंडी के कंगनीधार, जिला कुल्लू के सासे, जिला सोलन के बद्दी तथा जिला शिमला के रामपुर व शिमला में हेलीपोर्ट निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए, ताकि लोगों को इनका शीघ्र लाभ मिल सके और पर्यटकों को भी बेहतर सुविधा दी जा सकें। उड़ान-टू के तहत हेलीपोर्ट के निर्माण से हवाई सेवाओं की सुविधा मिलेगी। प्रदेश सरकार ने कंगनीधार, बद्दी और रामपुर हेलीपोर्ट के निर्माण का कार्य निष्पादन एजेंसी को सौंप दिया है, जबकि शिमला और सासे हेलीपोर्ट का कार्य शीघ्र पूरा होने वाला है। सरकार ने निष्पादन एजेंसियों को इन सभी हेलीपोर्ट का निर्माण निर्धारित समय में पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इससे न केवल पर्यटकों को बेहतरीन सुविधाएं उपलब्ध होंगी, बल्कि क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को प्रोत्साहन भी मिलेगा। बताया गया कि राज्य सरकार केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय की प्राप्त जानकारी के मुताबिक बद्दी हेलीपोर्ट के लिए अतिरिक्त फैटो व एप्राॅन तथा बड़े यात्री टर्मिनल भवन के लिए अतिरिक्त भूमि का चयन कर लिया गया है। राज्य के औद्योगिक क्षेत्र में स्थित होने के कारण यह हेलीपोर्ट इस क्षेत्र में आने वाले उद्यमियों को सुविधा प्रदान करेगा। यह हेलीपोर्ट बहुत महत्वपूर्ण हैं क्योंकि यह अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट चंडीगढ़ के नजदीक है। राज्य सरकार कंगनीधार में तीन नए फैटो बनाना चाहती है, जबकि दो फैटो का निर्माण पहले ही किया जा चुका है। फैटो का प्रयोग हेलीकाॅप्टर की पार्किंग तथा अति-विशिष्ट व्यक्तियों के आगमन के दौरान उनके प्रोटोकोल के अनुसार किया जाएगा। बताया गया कि राज्य सरकार ने कंगनीधार में कटिंग कार्य के स्थिरीकरण के लिए तकनीकी अध्ययन और संरचना परामर्श पूर्ण कर लिया है। शिमला के संजाैली हेलीपोर्ट का कार्य पूर्ण होने वाला है और यहां ट्राई लैंडिंग कर ली गई है। राज्य सरकार ने इस हेलीपोर्ट को शीघ्र निर्मित करने के लिए प्रयास किए हैं ताकि आरसीएस उड़ान-टू के अंतर्गत यहां हेलीकॉप्टर संचालन का कार्य शुरू किया जा सके। यह हेलीपोर्ट शहर के बीचों-बीच स्थित है, इसलिए यह प्रदेश की राजधानी आने वाले पर्यटकों में बहुत लोकप्रिय होगा। सरकार ने केंद्र के समक्ष उठाया सासे हेलीपाेर्ट का मामला प्रदेश सरकार ने उड़ान-टू के तहत सासे हेलीपोर्ट का मामला केन्द्रीय रक्षा मंत्रालय के समक्ष उठाया है। आधारभूत सुविधाएं जैसे यात्री टर्मिनल भवन इत्यादि प्रदान करने का मामला सासे और डीआरडीओ अधिकारियों से उठाया गया है। शिमला, कांगड़ा और कुल्लू स्थित हवाई अड्डों का विस्तार किया जा रहा है ताकि यहां बड़े हवाई जहाजों को उतरने की सुविधा मिल सके। जानकारी के मुताबिक शिमला रनवे को 300 मीटर बढ़ाया जाएगा, जिससे यहां बड़े हवाई जहाज उतर सकेंगे। इससे प्रदेश की राजधानी को बेहतर हवाई संपर्क की सुविधा उपलब्ध होगी। मंडी के नागचला में हवाई अड्डे का निर्माण व्यावहारिक भारतीय हवाई अड्डा प्राधिकरण के ओएलएस अध्ययन में पाया गया है कि मंडी जिला के नागचला में ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे का निर्माण व्यावहारिक है। राज्य सरकार वैपकोश के माध्यम से इस स्थल पर प्रस्तावित हवाई अड्डे के लिए लीडार सर्वेक्षण करवाएगी। इस हवाई अड्डे का निर्माण पूरा होने के उपरांत हिमाचल प्रदेश में पर्यटन प्रोत्साहन में काफी सहायता मिलेगी। सरकार ने प्रदेश में इन सभी हेलीपोर्ट के निर्माण कार्यों में तेजी लाने के लिए पवन हंस लिमिटेड से अपनी एक तकनीकी टीम शिमला भेजने का आग्रह किया। उन्होंने पवन हंस लिमिटेड से उड़ान-टू के अंतर्गत शामिल हेलीपोर्ट के लिए एक परिचालन एवं प्रबंधन योजना प्रस्तुत करने के लिए भी कहा।
हिमाचल प्रदेश में कुछ दवा उद्योगों के सैंपल लगातार फेल हो रहे है। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रक संगठन (सीडीएससीओ) के ड्रग अलर्ट में लगातार इसका खुलासा हो रहा हैं। पिछले 9 महीनों के आंकड़ों पर अगर गौर करें तो हिमाचल में बनी कुल 41 दवाओं के सैंपल फेल हुए हैं। जुलाई 2020 में कुल 11, अगस्त में 4, सितम्बर में 3, अक्टूबर में 2, नवंबर में 5, दिसंबर में 2, जनवरी 2021 में 8, फरवरी में 3 और मार्च में भी 3 सैंपल फेल हुए हैं। मार्च महीने में हिमाचल प्रदेश के दवा उद्योगों की तीन और देश की 18 दवाइयां मानकों पर खरी नहीं उतरी है। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रक संगठन के मार्च के ड्रग अलर्ट में प्रदेश में बनी एंटी एलर्जी, पेन किलर और एंटीबायोटिक दवा के सैंपल फेल हो गए है। सिरमौर के पांवटा साहिब स्थित मैसर्ज जी लैबोरेटरीज कंपनी में बनने वाली एंटी एलर्जी दवा टरबीनापाइन, नालागढ़ के दवा औद्योगिक क्षेत्र में मैसर्ज एक्मे जेनेरिक्स कंपनी की पेन किलर दवा ट्रीपसिन एंड किमो ट्रीपसिन और औद्योगिक क्षेत्र झाड़माजरी की एंटीबायोटिक दवा अमोक्साइक्लीन के सैंपल फेल हुए हैं। चौंकाने वाली बात तो ये है की इनमें एक कंपनी ऐसी है जहां बनी दवाओं के सैंपल पिछले 8 महीनो में कई बार फेल हो चुके है। पौंटा की जी लैबोरेट्रीज में बनी दवाओं के सैंपल कई बार फेल हो चुके हैं। प्रदेश दवा नियंत्रक नवनीत मरवाह ने बताया तीनों दवा कंपनियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। फेल सैंपलों के बैच बाजार से हटाने के निर्देश दिए गए हैं। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रक संगठन ने मार्च में देश की कुल 1572 दवाओं के सैंपल लिए थे, जिनमें 1553 मानकों पर खरे उतरे और 18 सैंपल फेल हुए हैं। खराब हुए सैंपलों में तमिलनाडु के छह, हिमाचल की तीन, मुंबई, मध्य प्रदेश, तेलंगाना, हरियाणा और उत्तराखंड का एक-एक सैंपल शामिल है। एक सैंपल आयुर्वेदिक फार्मेसी का खराब निकला, जबकि दो सैंपल बिना लेवल के थे।
हिमाचल प्रदेश में बेकाबू होती कोरोना की दूसरी लहर कहर बरपा रही है। कोरोना की रोकथाम के लिए बढ़ती सख्ती और पाबंदियों से पर्यटन उद्योग की रफ़्तार एक बार फिर धीमी कर दी है। हिमाचल प्रदेश में लगातार दूसरे साल ग्रीष्म पर्यटन सीजन पिट गया है। कोरोना के खतरे और बंदिशों ने देश-विदेश से आने वाले सैलानियों के कदम जकड़ लिए हैं। प्रदेश के अधिकांश होटलों और होमस्टे में ऑक्यूपेंसी शून्य हो चुकी है। एडवांस बुकिंग भी धड़ाधड़ रद्द होने लगी है। परेशान पर्यटन कारोबारी फिर से अपना काम-धंधा समेटने लग पड़े हैं। लगातार दूसरे साल भी सीजन पिटने से कारोबारी चिंतित हैं। हिमाचल में पर्यटन सीजन शुरू होना ही था की इससे पहले ही बढ़ते कोरोना के चलते सरकार को कई बंदिशों को लेकर फरमान जारी करना पड़ा। इसके बाद अब होटल व्यवसाय पर इसका असर देखने को मिल रहा है। पर्यटन हिमाचल प्रदेश की आर्थिकी का एक बड़ा हिस्सा है, परन्तु लगातार दूसरे साल स्थिति खराब होने से पर्यटन व्यवसाइयों की चिंता बढ़ गई है। होटल, रेस्टोरेंट ईकाइयों को फिक्स्ड खर्चों का वहन कर पाना असंभव हो गया है। हालाँकि सरकार ने अभी बाहरी राज्यों से आने वाले पर्यटकों पर कोई रोक नहीं लगाई है, लेकिन इसके बावजूद भी प्रदेश के होटलों में कम ही पर्यटक देखने को मिल रहे है। बता दें की हिमाचल की पर्यटन इकाइयों की आमदन का बहुत बड़ा हिसा समर सीजन पर ही निर्भर करता है, लेकिन इस बार भी कोरोना की दूसरी लहर के चलते समर सीजन पर संकट के बादल छाए हुए है। पर्यटन से जुड़ा है राज्य का हर घर और परिवार: सेठ स्टेट टूरिज्म इंडस्ट्री स्टेकहोल्डर एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहेंद्र सेठ का कहना है कि पर्यटन से राज्य का हर घर और परिवार जुड़ा हुआ है। ऐसे में पर्यटन राज्य में पयटकों के आने पर किसी प्रकार का अनावश्यक प्रतिबंध नहीं लगना चाहिए। पर्यटक केवल होटलों में नहीं रहता है बल्कि अन्य उद्योग भी इससे जुड़े है। बहुत मुश्किल से प्रदेश में पर्यटन व्यवसाय पटरी पर लौटने लगा था , लेकिन कोरोना की दूसरी लहर ने अब फिर से चिंता बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से जो इंटरेस्ट सुबवेंशन स्कीम के तहत ऋण के रूप में पर्यटन से जुड़े करोबारियों को आर्थिक मदद करने का नोटिफिकेशन जारी की हुई थी, उस स्कीम के अंतर्गत प्रदेश के किसी भी पर्यटन कारोबारी को वर्किंग कैपिटल ऋण बैंकों द्वारा नही दिए गए है। पर्यटन कारोबारियों में इस बात का रोष है कि आर्थिक मदद तो दूर विभागों द्वारा लॉकडाउन अवधि के भी पानी, टैक्स के बिल होटलों को भेजे जा रहे है।
'अपने चेहरे से जो जाहिर है छुपाये कैसे ' वसीम बरेलवी के एक शेर का ये मिस्रा मंडी कांग्रेस के हाल को बखूबी बयां कर रहा है। स्पष्ट दिख रहा है कि लगातार मिल रही पराजय से मंडी में कांग्रेस का जमीनी कार्यकर्ता उदास है और हौंसला पस्त। पर पार्टी का असल मर्ज है बड़े नेताओं का बड़ा अहम् और सुनहरे अतीत पर टिका उनका वहम। इन्हीं दिग्गजों के अहम् और वहम के बीच फिलवक्त मंडी में कांग्रेस ठंडी दिख रही है। ये दिग्गज अगर ताव में आ जाएं तो कार्यकर्ता को हौंसला भी मिले और आस भी जगे। पर फिलहाल तो पार्टी कंफ्यूज है, न दिशा है, न मजबूत चेहरा और न ही कोई ठोस रणनीति। 2022 में प्रदेश की सल्तनत और कांग्रेस के बीच सबसे बड़ी चुनौती मंडी की रणभूमि होगी। हालहीं में जिला परिषद् और नगर निगम चुनाव में कांग्रेस की खूब किरकिरी हुई है और अब लोकसभा का उपचुनाव दस्तक दे रहा है। 2022 की उम्मीद जिन्दा रखने के लिए उपचुनाव में पार्टी पर बेहतर करने का दबाव है, पर वर्तमान राजनैतिक परिवेश में डगर बेहद कठिन दिख रही है। अंतर्कलह से ग्रस्त कांग्रेस की राह मुश्किल इसलिए भी है क्योंकि मजबूत भाजपा से मुकाबला करने से पहले कांग्रेस को अपनों को भी साधना होगा। बहरहाल, कांग्रेस को सबसे पहले ये तय करना होगा कि मंडी संसदीय उप चुनाव में पार्टी की तरफ से मैदान में कौन होगा। जगजाहिर है कि पंडित सुखराम कांग्रेस में वापस इसीलिए लौटे थे ताकि पोते आश्रय को सांसद बनता देख सके। पर 2019 के लोकसभा चुनाव में जनता ने उनके अरमान कुचले ही नहीं बल्कि अरमानों का कचूमर निकाल दिया था। आश्रय का राजनैतिक सफर भी अब तक फीका -फीका सा ही रहा है। बावजूद इसके हालहीं दिए बयान में पंडित जी ने फिर पोते को सांसद देखने की इच्छा व्यक्त की है। यानी पंडित जी की विरासत के बूते एक बार फिर आश्रय का दावा प्रबल रहेगा। दूसरे दावेदार है प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष निगम भंडारी जो पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू के करीबी माने जाते है। निगम भंडारी उभरते हुए चेहरे तो है, युवाओं में पकड़ भी है पर सुक्खू का करीबी होना उन्हें बाकी कई दिग्गजों से दूर कर देता है। तीसरा पक्ष ये है कि पार्टी वरिष्ठ नेता कौल सिंह ठाकुर को मैदान में उतार सकती है। हालांकि खुद कौल सिंह ठाकुर फिलहाल चुनाव लड़ने से इंकार कर रहे है। बाकी अंतिम निर्णय पार्टी आलाकमान को करना है। पंडित सुखराम की पारिवारिक भूलभुलैया और मझधार में अटकी कांग्रेस हिमाचल की सियासत के चाणक्य पंडित सुखराम पोते सहित कांग्रेस का हाथ थामे हुए है, तो उनके पुत्र अनिल शर्मा कहने को तो भाजपा के विधायक है लेकिन उनकी स्थिति किसी से छिपी नहीं है। कभी मुख्यमंत्री उन पर तंज कसते हुए कहते है कि " अगर साथ होते तो और बात होती', तो कभी बेटे द्वारा उनकी तारीफ़ करने पर भरी सभा में कांग्रेसी भी लाल हो जाते है। बहरहाल जो सियासी इक्वेशन सुखराम फैमिली, कांग्रेस और भाजपा के बीच बनी हुई है, ऐसी कोई और मिसाल हिमाचल ही क्या देश के सियासी इतिहास में भी शायद ही हो। भविष्य में पंडित सुखराम एंड फैमिली का क्या रुख रहेगा ये फिलहाल अबूझ पहेली है। सुखराम की सियासत को समझने वाले फिलहाल इस विषय पर कोई भी दावा करने से बच रहे है। हालांकि जिस तरह की तनातनी बीते दिनों अनिल शर्मा और प्रदेश सरकार के बीच दिखी है उसे देखते हुए माना जा सकता है कि 2022 चुनाव से पहले अनिल की कांग्रेस में घर वापसी होगी। पर ये सिर्फ कयास है और पल - पल बदलती सियासत में कुछ भी मुमकिन है। यानी पंडित सुखराम की पारिवारिक भूलभुलैया में कांग्रेस मझधार में अटकी है। पंडित सुखराम फैक्टर : क्या वो दौर अब गुजर चुका है पंडित सुखराम, वो नेता है जो कभी मुख्यमंत्री तो न बन सके लेकिन जब भी मौका लगा अपनी ताकत का लोहा खूब मनवाया। यूं ही इन्हें हिमाचल की सियासत का चाणक्य नहीं कहा जाता, इतिहास गवाह है 1998 में इन्हीं की मेहरबानी से धूमल सरकार बनी भी और पांच साल चली भी। इन्हीं के कोप से वीरभद्र सिंह ने पांच वर्ष सत्ता का वनवास झेला। मौके के हिसाब से मोहरे चलना पंडित सुखराम की वो सियासी अदा रही है जिसका कोई सानी नहीं। 2017 से पहले बेटे अनिल शर्मा समेत पंडित जी कांग्रेस से भाजपा में गए और बेटे को लगातार दूसरी बार मंत्री भी बनवा दिया। पर कहते है ना 'बुलंदी देर तक किस शख़्स के हिस्से में रहती है, बहुत ऊँची इमारत हर घड़ी खतरे में रहती है'। पोते को सांसद बनाने की चाह में पंडित जी 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले वापस कांग्रेस में आ गए। पर सर मुंडाते ही ओले पड़ गए। पोता भी चुनाव हारा, बेटे का मंत्री पद भी गया और सबसे बड़ा नुकसान पंडित सुखराम का तिलिस्म टूट गया। जिस अंतर से आश्रय चुनाव हारे उससे स्पष्ट था कि पंडित सुखराम की विरासत के नाम पर आश्रय को सिर्फ टिकट मिला वोट नहीं। बहरहाल यक्ष प्रश्न यही है कि क्या मंडी की सियासत में पंडित सुखराम का जादू बरकरार है या वो दौर अब गुजर चुका है? जाहिर है उपचुनाव में यदि आश्रय उम्मीदवार होते है तो उनकी प्रदर्शन कांग्रेस के साथ - साथ पंडित सुखराम एंड फॅमिली का भी इम्तिहान होगा। सरकार उसी की बनी जो मंडी जीता इतिहास गवाह है कि 10 विधानसभा सीटों वाला जिला मंडी जिस भी राजनैतिक दल ने जीता वही सत्ता पर काबिज हुआ और जिसे मण्डी ने ठुकराया उसे सत्ता से भी हाथ धोना पड़ा। 1982 से 2017 तक हुए 9 विधानसभा चुनाव भी इस बात की तस्दीक करते है। इन 9 में से 7 बार उसी पार्टी की सरकार बनी जिसने मंडी में सर्वाधिक सीटें जीती। जबकि 1998 में भाजपा की सरकार इसलिए बनी क्योंकि मंडी में 4 सीट कब्जाने वाली हिमाचल विकास कांग्रेस से उसका गठबंधन हुआ। वहीं 2012 में कांग्रेस और भाजपा दोनों को 5 - 5 सीटें मिली थी, हालांकि सरकार बनाने में कांग्रेस कामयाब रही थी। विस् चुनाव कांग्रेस भाजपा अन्य 1982 5 2 3 कांग्रेस की सरकार बनी 1985 7 2 1 कांग्रेस की सरकार बनी 1990 1 8 ( गठबंधन ) 1 भाजपा की सरकार बनी 1993 9 0 1 कांग्रेस की सरकार बनी 1998 4 3 4 सुखराम के समर्थन से भाजपा सरकार बनी 2003 6 2 2 कांग्रेस की सरकार बनी 2007 3 6 1 भाजपा की सरकार बनी 2012 5 5 0 कांग्रेस की सरकार बनी 2017 0 9 1 भाजपा की सरकार बनी 2017 से कांग्रेस के सितारे गर्दिश में मंडी में 2017 का विधानसभा चुनाव बुरी तरह हारने के बाद कांग्रेस 2019 का लोकसभा चुनाव भी रिकॉर्ड अंतर से हारी थी। हालहीं में हुए नगर निगम चुनाव में कांग्रेस को 15 में से सिर्फ 4 वार्ड में जीत मिली। जबकि इसी वर्ष जनवरी में हुए जिला परिषद् चुनाव में 36 वार्ड में से कांग्रेस ने सिर्फ एक वार्ड पर जीत दर्ज की थी। कमोबेश ऐसी ही स्थिति पंचायत समिति में भी रही जहां भाजपा का दबदबा रहा। 2017 में आमने - सामने थे दो दिग्गज सियासी घराने 2017 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले वीरभद्र कैबनेट के मंत्री अनिल शर्मा भाजपा में शामिल हो गए। भाजपा ने भी उन्हें मंडी सदर से ही टिकट दिया और वे फिर विधायक बन गए। वहीं कौल सिंह ठाकुर की बेटी चंपा ठाकुर उक्त चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी थी जिन्हें अनिल ने हराया था। मान सकते है कि इस हार की टीस इन दोनों सियासी घरानों के बीच बढ़ी दूरी का कारण है। अगर अनिल वापस कांग्रेस में आते है तो पार्टी अनिल को टिकट देगी या चंपा को, ये कांग्रेस के समक्ष सबसे बड़ी उलझन होगी। कौल सिंह ठाकुर और चंपा ठाकुर के तेवर बयां कर रहे है कि घर वापसी होती भी है तो भी अनिल की राह मुश्किल ही होगी। अलबत्ता चंपा का दावा टिकट के लिए होना लाज़मी है। क्या 'जयराम' को 'मंडी का सीएम' कहना मंडी में भारी पड़ेगा कांग्रेस जयराम ठाकुर को मंडी का सीएम कहकर उन पर निरंतर निशाना साधती रही है। प्रदेश के बाकी हिस्सों में शायद कांग्रेस को इससे कोई लाभ हो सके लेकिन मंडी में कांग्रेस का ये नारा उलटा ही पड़ेगा। एक किस्म से कांग्रेस खुद सीएम जयराम ठाकुर द्वारा मंडी में करवाए गए विकास को मान्यता दे रही है। 50 साल से दो परिवारों ने दिलाई जीत मंडी संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस का झंडा पंडित सुखराम और वीरभद्र सिंह के परिवार ने ही बुलंद रखा है। 1971 से अब तक हुए 13 लोकसभा चुनाव और एक उप चुनाव में कांग्रेस को उप चुनाव सहित 8 में जीत मिली है और ये सभी जीत पंडित सुखराम, वीरभद्र सिंह और वीरभद्र सिंह की पत्नी प्रतिभा सिंह के नाम दर्ज है। यानी 50 साल से मंडी में कांग्रेस की सियासत सिर्फ दो परिवारों के भरोसे चली है ।
राज्य में कोविड के मामलों की संख्या में तेज वृद्धि को ध्यान में रखते हुए, राज्य सरकार ने हिमाचल के चार जिलों में कोरोना कर्फ्यू लगाने का फैसला किया है। यह कर्फ्यू कांगड़ा, ऊना, सोलन और सिरमौर में 27 अप्रैल से 10 मई तक रात 10 से सुबह 5 बजे तक होगा। यह फैसला मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में आज यहां हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में लिया गया। राज्य में आने वाले सभी आगंतुकों के लिए 72 घंटे के भीतर आरटीपीआर परीक्षण अनिवार्य करने का भी निर्णय लिया गया। यह निर्णय लिया गया कि यदि राज्य में आने वाले व्यक्तियों ने RTPCR परीक्षण नहीं किया है, तो उन्हें चौदह दिनों के लिए अपने निवास स्थान पर घर में संगरोध/अलगाव में रहना होगा। उनके पास अपने आगमन के सात दिनों के बाद खुद को जांचने का विकल्प भी होगा, और यदि परीक्षण नकारात्मक आता है, तो उन्हें अलग रहने की आवश्यकता नहीं है। यह भी निर्णय लिया गया कि शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में स्थानीय निकाय, अपने-अपने क्षेत्रों में सभी एसओपी और दिशानिर्देशों के प्रभावी प्रवर्तन में शामिल होंगे और उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू करने का अधिकार देंगे ताकि इस महामारी के प्रसार की जांच की जा सके। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि सभी धार्मिक, सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक समारोहों के दौरान एसओपी के प्रभावी प्रवर्तन के लिए स्थानीय स्तर पर स्पेशल टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा। उन्हें समय-समय पर राज्य सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों और एसओपी का उल्लंघन करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू करने का अधिकार होगा। राज्य सरकार समय-समय पर स्थिति की समीक्षा करती रहेगी और उसके अनुसार निर्णय लिए जाएंगे।
सचिन तेंदुलकर का आज 48वां जन्मदिन है। मास्टर-ब्लास्टर हर साल इस दिन को खास बनाने का कोई मौका नहीं छोड़ते। हाल ही में कोरोना से उभरे इस महान क्रिकेटर ने एक सराहनीय घोषणा की है। बीते माह कोरोना पॉजिटिव आने के बाद अस्पताल में भर्ती होेने वाले सचिन ने प्लाजमा थैरेपी के लिए रक्त दान की घोषणा की है। साथ हीउन्होंने कोविड महामारी से जंग जीतने वाले तमाम लोगों से आगे आने की अपील की है। फैंस के बीच 'क्रिकेट के भगवान' नाम से मशहूर तेंदुलकर ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया है। 2013 में वेस्टइंडीज के खिलाफ आखिर अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले इस क्रिकेटर ने कहा, 'मैं डॉक्टर्स का एक संदेश आगे बढ़ाना चाहता हूं। पिछले साल, मैंने एक प्लाज्मा दान केंद्र का उद्घाटन किया। डॉक्टरों ने मुझे संदेश दिया है कि अगर सही समय पर प्लाज़्मा दिया जाए तो मरीज़ तेजी से ठीक हो सकते हैं। मैं खुद, यह करने जा रहा हूं। मैंने अपने डॉक्टरों से बात की है। आप में से जो कोविड-19 से उबर चुके हैं, कृपया अपने चिकित्सक से परामर्श करें, और जब अनुमति हो, तो कृपया अपना रक्त दान करें। इससे बहुत सारी समस्याओं का समाधान होगा। मेरा आपसे आग्रह है कि कृपया रक्त दान करें और अपने साथी भारतीयों की मदद करें। आपकी शुभकामनाओं और प्रार्थनाओं के लिए एक धन्यवाद।
कोरोना की दूसरी लहर से देश में हाहाकार मचा हुआ है। कोरोना वायरस के चलते जहाँ लोग शारीरिक रूप से परेशान है, वंही लोग को मानसिक तौर पर भी अपना संतुलन खो रहे है। ऐसा ही एक मामला सामने आया है यूपी के ग्रेटर नोएडा से, जहां एक कोरोना संक्रमित महिला डॉक्टर ने 14वीं मंजिल से कूदकर अपनी जान दे दी। यह मामला ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाना क्षेत्र का है। जहाँ दो दिन पहले ही महिला डॉक्टर व उसके पति की रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। सेक्टर 137 के पैरामाउंट सोसायटी में यह घटना घटी है। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर शव को कब्जे में लिया है और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी। गौरतलब है कि देश में कोरोना से अभी भी 98 फीसदी लोग ठीक हो रहे हैं। ऐसे कोरोना से एकदम घबराये नहीं। बल्कि कोरोना सम्बन्धी नियमों की पालना कर जरुरी एहतियात बरते।
सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ जस्टिस एनवी रमन्ना ने आज देश के मुख्य न्यायाधीश पद की शपथ ली। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने राष्ट्रपति भवन में जस्टिस रमन्ना को मुख्य न्यायाधीश पद की शपथ दिलाई। बता दें कि चीफ जस्टिस एसए बोबड़े कल 23 अप्रैल को सेवानिवृत्त हो चुके हैं और उनके बाद जस्टिस नथालापति वेंकट रमना सुप्रीम कोर्ट के 48वें चीफ जस्टिस बने हैं। 24 मार्च को बोबड़े ने उनके नाम की सिफारिश सरकार को भेजी थी। 45 साल से ज़्यादा का न्यायिक अनुभव रखने वाले और संवैधानिक मामलों के जानकार एनवी रमना का कार्यकाल 26 अगस्त 2022 तक का होगा यानी वो दो साल से भी कम समय के लिए मुख्य न्यायाधीश के पद पर रहेंगे। बता दें कि रमन्ना आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के पहले ऐसे जज होंगे, जो मुख्य न्यायाधीश बने हैं।
हिमाचल प्रदेश में सोमवार से बैंक अब शाम 4 बजे बंद होंगे। बैंक में पब्लिक डीलिंग का समय सुबह 10 बजे दोपहर 2 बजे तक का होगा। कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ने पर देश के कई राज्यों ने बैंकों के समय में बदलाव कर दिया है। इसी कड़ी में शुक्रवार को प्रदेश की राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति ने मुख्य बैंकों के अधिकारियों के साथ ऑनलाइन बैठक कर यह फैसला लिया। प्रदेश के वित्त महकमे ने भी समिति के प्रस्ताव को मंजूर कर दिया है। अभी तक बैंक बंद करने का समय शाम पांच बजे रहता था। इसके अलावा पब्लिक डीलिंग का समय दस से चार बजे तक था। कुछ जिलों में नाइट कर्फ्यू के चलते बैंकों के समय में बदलाव किया गया है। 26 अप्रैल से एक मई तक प्रदेश में यह व्यवस्था लागू होगी। स्थिति की समीक्षा करने के बाद आगामी फैसला होगा। बैठक में यह भी फैसला लिया गया कि बिना मास्क के बैंक शाखाओं में आने वाले लोगों को सेवा नहीं दिन जाएगी। सभी बैंकों को 1 मई तक शाखाओं में रोजाना सिर्फ पचास फीसदी स्टाफ को ही बुलाने को कहा है। सरकार से मांग की गई कि एक मई से 18 से 44 वर्ष की आयु के लोगों के लिए शुरू होने वाले वैक्सीन अभियान में बैंक कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जाए।
उत्तराखंड के चमोली जिले में जोशीमठ सेक्टर के सुमना क्षेत्र में शुक्रवार को भारी बर्फबारी के दौरान बीआरओ का एक कैंप हिमस्खलन की चपेट में आ गया। इस हादसे में अबतक 384 लोगों की जान बचाई जा चुकी है जबकि 6 की हालत गंभीर है। इस हादसे में अभी तक 8 शव बरामद किए गए है। भारतीय सेना ने कहा कि शुक्रवार शाम करीब 4 बजे भारत-चीन सीमा के पास उत्तराखंड के चमोली गढ़वाल जिले में हिमस्खलन से बड़ा हादसा हुआ। भारतीय सेना ने कहा कि अन्य मजदूरों का पता लगाने के लिए बचाव अभियान जारी है। क्षेत्र में पिछले 5 दिनों से भारी बारिश और हिमपात हुआ है, जो अभी भी जारी है।
उपमण्डलाधिकारी कण्डाघाट डाॅ.विकास सूद ने कण्डाघाट उपमण्डल की विभिन्न ग्राम पंचायतों के प्रधान, उपप्रधान, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ कोविड-19 के सम्बन्ध में आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की।डाॅ.विकास सूद ने कहा कि कोविड-19 संक्रमण के मामलों में वृद्धि हो रही है, तथा इसके दृष्टिगत यह आवश्यक है कि सभी सतर्क रहें और प्रदेश सरकार व जिला प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि उपमण्डल में यदि कोई व्यक्ति कोविड-19 पाॅजिटिव आता है तो उसे स्वास्थ्य मानकों के अनुसार होम आईसोलेशन अथवा अस्पताल में रखा जाए। उन्होंने कहा कि होम आईसोलेशन में रह रहे व्यक्तियों को यदि किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो ग्राम पंचायतों के प्रधान, उप प्रधान द्वारा उस समस्या को हल किया जाना चाहिए। कोविड-19 पाॅजिटिव रोगी के प्राथमिक सम्पर्क में आए व्यक्तियों को भी आईसोलेशन के लिए प्रेरित करें एवं 5 दिन बाद उनका आरटीपीसीआर परीक्षण करवाएं। उपमण्डलाधिकारी ने कहा कि विवाह तथा अन्तिम यात्रा के मामलों में उपमण्डल प्रशासन द्वारा 50 व्यक्तियों के सम्मिलत होने की ही अनुमति प्रदान की जाएगी। उन्होंने ग्राम पंचायतों के प्रधान से आग्रह किया कि वे अपने-अपने क्षेत्र में यह सुनिश्चित करें कि किसी भी समारोह में 50 से अधिक लोग एकत्र न हों। समारोहों में भोजन पकाने वाले तथा पंडित का आरटीपीसीआर परीक्षण अनिवार्य है। डाॅ.विकास सूद ने कहा कि यदि किसी गांव अथवा क्षेत्र में 5 लोग कोविड-19 पाॅजिटिव आते हैं तो उस क्षेत्र को सूक्ष्म कन्टेनमेंट जोन घोषित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उपमण्डल में सभी दुकानें प्रातः 9.00 बजे से सांय 7.00 बजे तक ही खोली जाएंगी। उपमण्डलाधिकारी ने क्षेत्र की होटल एसोसिएशन, टैक्सी यूनियन इत्यादि के साथ बैठक की और उन्हें पर्यटन विभाग द्वारा इस दिशा में जारी मानक परिचालन प्रक्रिया की जानकारी दी। इस अवसर पर विभिन्न ग्राम पंचायतों के प्रधान एवं उपप्रधान, तहसीलदार कण्डाघाट अमन राणा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी सायरी डाॅ. संगीता उप्पल तथा खण्ड विकास अधिकारी हेमचन्द शर्मा उपस्थित थे।
कोरोना संकट के बीच महाराष्ट्र के अस्पतालों में एक के बाद एक बड़े हादसे हो रहे हैं। नासिक के जाकिर हुसैन अस्पताल में ऑक्सीजन लीकेज की वजह से अभी 22 कोरोना मरीजों की मौत का मामला ठंडा नहीं हुआ था कि मुंबई के विरार स्थित विजय वल्लभ अस्पताल का मामला सामने आया है। मुंबई के विरार स्थित विजय वल्लभ अस्पताल में आज सुबह आग लग गई। इस हादसे में 13 कोरोना मरीजों की मौत हो गई है। आग लगने का कारण शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। अस्पताल के आईसीयू में 17 मरीजों का इलाज चल रहा था, सुबह सवा तीन बजे शार्ट सर्किट से आग लगी। घटना के बाद विजय बल्लभ अस्पताल के जिन मरीजों को ऑक्सीजन की ज़रूरत थी उन्हें नजदीकी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। देश में हर दिन कोरोना के नए आंकड़े रिकॉर्ड बना रहे हैं, मरने वालों की संख्या में भी इज़ाफा हो रहा है। वहीं, दूसरी ओर दिल दहलानेवाले मामलें सामने आ रहे है।
हिमाचल प्रदेश में अप्रैल के महीने में मौसम ने ज़ोरदार करवट ली है। प्रदेश में बुधवार रात को बादल झमाझम बरसते रहे। राजधानी शिमला में सबसे अधिक 82 मिलीमीटर बारिश का रिकॉर्ड दर्ज हुआ है। प्रदेश के छह मध्य पर्वतीय जिलों में आज अंधड़, ओलावृष्टि का येलो अलर्ट जारी किया गया है। 24 अप्रैल तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब बना रहने का पूर्वानुमान है। 25 अप्रैल से धूप खिलेगी और मौसम साफ होने पर तापमान में बढ़ोतरी दर्ज होगी। वहीं, अच्छी बारिश के बाद पेयजल स्रोत रिचार्ज हो गए हैं। करीब 250 योजनाओं के स्रोतों में पानी लौट आया है। गर्मी में पेयजल संकट से अब कुछ राहत मिलेगी। दूसरी ओर मनाली, रोहतांग दर्रा के साथ बारालाचा व लाहौल घाटी में बुधवार रात को भारी बर्फबारी हुई है। ताज़ा बर्फ़बारी के चलते मनाली-लेह मार्ग फिर से बंद हो गया जिससे लाहौल में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बिजली के साथ दूरसंचार सेवा पूरी तरह से ठप हो गई है। बर्फ़बारी से बंद मनाली-लेह मार्ग बीआरओ के साथ इस मार्ग पर सफर करने वाले लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। दो दिनों के भीतर बीआरओ और पुलिस ने बारालाचा दर्रा से 233 लोगों को रेस्क्यू किया और साथ ही बुधवार रात भर बारालाचा में फंसे ट्रक चालकों सहित अन्य लोगों को रेस्क्यू कर जिंगजिंगबार बीआरओ के कैंप में पहुंचाया। इसमें कई महिलाएं व बच्चे भी शामिल थे। बारालाचा में 100, रोहतांग दर्रा में 90, कुंजुम दर्रा में 70, कोकसर में 60 तथा अटल टनल के दोनों छोर में 40 सेंटीमीटर, केलांग में 15, दारचा, जिस्पा और गेमूर में 45, काजा में 10, लोसर में 30 सेंटीमीटर बर्फबारी रिकॉर्ड की गई है। हालांकि गुरुवार सुबह मौसम खुलने के बाद धूप खिल गई है। धूप खिलने से लोगों को काफी राहत मिली है। कुल्लू व लाहौल की ऊंची चोटियों में बर्फ की सफेद चादर बिछ जाने के बाद यहां की वादियां निखर गई हैं।
कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच सीएम जयराम ठाकुर की घोषणा के बाद राज्य आपदा प्रबंधन सेल की ओर से जारी बंदिशों के नए आदेश आज से पूरे प्रदेश में लागू होंगे। इसके तहत शादी व अंतिम संस्कारों में केवल पचास लोग ही शामिल सकेंगे। इसके अलावा सभी तरह के सामाजिक, शैक्षणिक, सांस्कृतिक, धार्मिक व राजनीतिक आयोजनों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लागू रहेगा। वहीं, आवश्यक वस्तुओं की बिक्री करने वाली दुकानों को छोड़कर अन्य सभी तरह की दुकानें शनिवार व रविवार को बंद रहेंगी। आज से सूबे के सभी सरकारी दफ्तरों में पचास फीसदी कर्मचारी ही आएंगे। बाकी पचास फीसदी वर्क फ्रॉम होम करेंगे। शनिवार को सभी कर्मचारी घर से काम करेंगे। दिव्यांग और गर्भवती कर्मचारी आज से दफ्तर नहीं आएंगे। बसों में भी सिर्फ पचास फीसदी सवारियों के साथ ही संचालित हो सकेंगी। इसके साथ ही प्रदेश के सभी शिक्षण संस्थान बच्चों और शिक्षकों के लिए एक मई तक बंद रहेंगे। गैर शिक्षण स्टाफ के लिए शिक्षा विभाग अलग से आदेश जारी करेगा। हालांकि, शिक्षण संस्थान परीक्षाएं सुचारु रूप से करवा सकेंगे।
दिल्ली सरकार ने मजदूरों का पलायन रोकने के लिए विशेष प्लान बनाया है। सरकार ने लॉकडाउन के दौरान उनके खाने-पीने, रहने ,कपड़े व दवा इत्यादि के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार से लॉकडाउन के दौरान प्रवासी, दैनिक व निर्माण कार्य में लगे श्रमिकों के लिए उचित कदम उठाने पर रिपोर्ट मांगी थी। सरकार ने पेश रिपोर्ट में कहा कि सरकार ने श्रमिकों की भलाई के लिए कई कदम उठाए हैं। सभी प्रकार की व्यवस्था देखने के लिए एक कमेटी का गठन किया है और प्रधान सचिव-गृह भूपिन्द्र सिंह भल्ला को इसका चेयरमैन बनाया गया है जो राज्य के नोडल अधिकारी रहेंगे। रिपोर्ट के अनुसार श्रमिको की बुनियादी सुविधाएं जैसे खाना, पानी, दवा, आश्रय, कपड़े इत्यादि की व्यवस्था के अलावा यह भी सुनिश्चित किया गया है कि निर्माण कार्य में लगे श्रमिको को कार्यस्थल पर ही खाने-पानी व अन्य सुविधाएं मिले। वित्त विभाग फंड की व्यवस्था करेगा। मंगलवार को दिल्ली सरकार की ओर से हाईकोर्ट में हलफनामा दाखिल किया गया और कहा गया कि दिल्ली सरकार प्रवासी, दिहाड़ी और निर्माण कार्य में लगे मजदूरों के रहने, खाने और उनकी अन्य जरूरतों को पूरा करेगी।
हिमाचल प्रदेश के केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रक संगठन के मार्च के ड्रग अलर्ट में प्रदेश में बनी एंटी एलर्जी, पेन किलर और एंटीबायोटिक दवा के सैंपल मानकों पर सही नहीं उतरे हैं। सिरमौर के पांवटा साहिब में स्थित मैसर्ज जी लैबोरेटरीज कंपनी में बनने वाली एंटी एलर्जी दवा टरबीनापाइन, नालागढ़ के दवा औद्योगिक क्षेत्र में मैसर्ज एक्मे जेनेरिक्स कंपनी की पेन किलर दवा ट्रीपसिन एंड किमो ट्रीपसिन और औद्योगिक क्षेत्र झाड़माजरी की एंटीबायोटिक दवा अमोक्साइक्लीन के सैंपल फेल हुए हैं। प्रदेश दवा नियंत्रक नवनीत मरवाह ने तीनों दवा कंपनियों को कारण बताने के लिए नोटिस जारी कर दिया है। फेल सैंपलों के बैच बाजार से हटाने के निर्देश दिए गए हैं। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रक संगठन ने मार्च में देश की कुल 1572 दवाओं के सैंपल लिए थे जिनमें 1553 मानकों पर खरे उतरे और 18 सैंपल फेल हुए हैं। खराब हुए सैंपलों में तमिलनाडु के छह, हिमाचल की तीन, मुंबई, मध्य प्रदेश, तेलंगाना, हरियाणा और उत्तराखंड का एक-एक शामिल है। एक सैंपल आयुर्वेदिक फार्मेसी का खराब निकला जबकि दो सैंपल बिना लेबल के थे।
देश में कोरोना के बढ़ते मामले के कारण बहुत सारे निवेशक सतर्क हो गए हैं। आज सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन यानी मंगलवार को शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुई। जानकारी के अनुसार, देश में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के बीच घरेलू निवेशकों की चौतरफा बिकवाली से दिनभर के उतार-चढ़ाव के बाद बीएसई का सेंसेक्स 243.62 अंक लुढ़क कर 47,705.80 और एनएसई का निफ्टी 63.05 अंक का गोता लगाकर 14,296.40 अंक पर बंद हुआ। बता दें कि मंगलवार सुबह शेयर बाजार हरे निशान पर खुलता हुआ नजर आया। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स आज 500 से ज्यादा अंकों के बढ़ोतरी के साथ 48,473 के स्तर पर खुला तो वहीं निफ्टी में करीब एक फीसदी की बढ़ोतरी देखी गई। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी करीब 150 अंकों की बढ़त के साथ 14,500 के स्तर पर खुला। केंद्र सरकार की ओर से 18 साल से ऊपर आयु के लोगों को वैक्सीन लगाने के फैसले के बाद बाजार में बढ़त देखने को मिली। बता दें कि कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच सोमवार को बाजार लाल निशान पर बंद हुआ था।
हिमाचल प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। राजधानी शिमला समेत प्रदेश के कई अन्य भागों में बारिश दर्ज की गई है। वहीं, ऊंची चोटियों पर हल्की बर्फबारी हुई है। शिमला में दोपहर के समय झमाझम बारिश शुरू हुई, इससे तापमान में गिरावट आ गई है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने प्रदेश के मैदानी और मध्य पर्वतीय नौ जिलों में मंगलवार और बुधवार को अंधड़, ओलावृष्टि और बारिश की चेतावनी जारी हुई है। 23 अप्रैल तक पूरे प्रदेश में बादल बरसने का पूर्वानुमान है। 24 अप्रैल से मौसम साफ रहने की संभावना है। विभाग ने बिलासपुर, हमीरपुर, चंबा, कांगड़ा, ऊना, कुल्लू, मंडी, शिमला और सोलन जिले के लिए बारिश-ओलावृष्टि व अंधड़ का अलर्ट जारी किया है। उधर, केलांग में न्यूनतम तापमान माइनस 0.5, कल्पा 3.0, मनाली 7.4, भुंतर 8.8, कुफरी 9.9, डलहौजी 10.2, सुंदरनगर 10.4, सोलन 10.0, मंडी 10.1, धर्मशाला 10.8, शिमला 12.7, कांगड़ा 13.6, हमीरपुर 14.7, बिलासपुर 15.0, ऊना 14.8 और नाहन में 19.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मंगलवार को ऊना में अधिकतम तापमान 32.2, बिलासपुर 22.0, हमीरपुर 21.8, कांगड़ा 30.7, सुंदरनगर 25.5, नाहन 27.1, सोलन 18.0, चंबा 26.9, भुंतर 23.0, धर्मशाला 22.6, शिमला 16.4, कल्पा 13.7, डलहौजी 13.7 और केलांग में 9.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के दसवीं कक्षा के विद्यार्थियों को प्रमोट करने की तैयारी शुरू हो गई है। सीबीएसई की तर्ज पर जयराम सरकार भी एक मई को इस बात पर फैसला ले सकती है। फर्स्ट और सेकेंड टर्म की परीक्षाओं के आधार पर विद्यार्थियों को प्रमोट किया जा सकता है। वहीं, प्रदेश में स्कूल, कॉलेजों समेत सभी शिक्षण संस्थानों को एक मई तक बंद रखने को लेकर सोमवार को फैसला होने के आसार हैं। सरकार ने अभी 21 अप्रैल तक शिक्षण संस्थान बंद किए हैं। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ.अमरजीत कुमार शर्मा की ओर से रविवार को सभी जिला उपनिदेशकों और स्कूल प्रिंसिपलों को पत्र जारी कर अभिभावकों, शिक्षक संगठनों, आम शिक्षकों, विद्यार्थियों और विभागीय अधिकारियों से दसवीं कक्षा के विद्यार्थियों को प्रमोट किए जाने या ना किए जाने को लेकर लिखित में सुझाव देने को कहा गया है। फिलहाल दसवीं और बारहवीं कक्षा सहित कॉलेजों की परीक्षाएं 17 मई तक स्थगित की गई हैं।
भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रश्मि धर ने पूरे देश एवं प्रदेश मे कोविड-19 के बढ़ते मामलों को देखते हुए 22 अप्रैल को सभी जिला मुख्यालयों में रक्तदान शिविर चलाने का फैसला लिया। उन्होंने कहा कि महिला मोर्चा की 15 से 20 बहनें जिला और मंडल स्तर पर सुंदर कांड का आयोजन करेंगी। साथ ही महिला मोर्चा द्वारा हर जिले से एक कोविड हेल्पलाइन नम्बर जारी किया जाएगा जिस पर कोई भी व्यक्ति जरूरत के लिए सम्पर्क कर सकता है। उन्होंने कहा कि कोविड वैक्सीन को लेकर जन जागरण अभियान महिला मोर्चा द्वारा चलाया जायगा। इन सभी कार्यक्रमों में कोविड-19 के सभी नियमों का पालन किया जाएगा। पूर्व में भी महिला मोर्चा ने कोविड महामारी के समय अग्रिम भूमिका निभाई थी, महिला मोर्चा ने पिछले वर्ष 50 लाख से अधिक फेस कवर बनाए थे और जनता में मास्क वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया था।
सरकार द्वारा सात राज्यों से प्रदेश में प्रवेश करने के लिए जारी गाइडलाइन से एक बार फिर टूरिज्म इंडस्ट्री पर संकट का बादल मंडरा रहा है। बीते एक वर्ष से आर्थिक नुकसान झेलने के बाद फिर एक बार जगी आस पर सरकार ने पानी फेर दिया है। प्रेस को जारी बयान में टूरिज्म इंडस्ट्री स्टेक होल्डरर्स एसोसिएशन के प्रेजिडेंट मोहिंद्र सेठ ने कहा कि पर्यटन उद्योग लगातार दूसरे वर्ष भी कोरोना की भेंट चढ़ता नज़र आ रहा है। सरकार द्वारा 7 राज्यों से हिमाचल आने वाले पर्यटकों को कोविड नेगेटिव रिपोर्ट लाने की एडवाइजरी जारी होने के बाद होटल तथा अन्य पर्यटन कारोबार ठप हो गया है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों से पर्यटन व्यवसाय धीरे-धीरे पटड़ी पर लौटने लगा था, परंतु कोरोना की दूसरी लहर के कारण उतपन्न हुई परिस्थिति ने पर्यटन उद्योग की कमर तोड़ दी है। हिमाचल के पर्यटन उद्योग केवल गर्मियों के सीजन की आमदनी पर ही निर्भर करता है। होटलों का 65% के लगभग रेवेन्यू 15 मार्च से लेकर 15 जुलाई के बीच ही अर्जित किया जाता है। उन्होंने बताया कि होटल इंडस्ट्री बहुत पेरिशेबल है, जो कमरे एक दिन खाली रह जाते है उनके रेवेन्यु लॉस की भरपाई दुबारा नहीं की जा सकती। पर्यटन उद्योग से जुड़े उद्यमियों को अपनी इकाइयों को संचालित रख पाना असंभव हो गया है क्योंकि जो थोड़ी बहुत आमदनी हो रही थी वह भी अब बंद हो गई है। जो बिज़नेस ट्रैवलर बाहरी राज्यों से हिमाचल में सर्विस प्रोवाइड करने आ रहे थे वह भी हिमाचल में बिना नेगेटिव रिपोर्ट के नहीं आ पाएंगे इसीलिए बिजनेस ट्रेवलर्स ने भी हिमाचल में आना बंद कर दिया है। एसोसिएशन ने सरकर से मांग की है कि जारी किये एडवाइजरी को वापिस लिया जाए।
स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी ने बताया कि केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डाॅ. हर्ष वर्धन ने राष्ट्रीय तृतीय आयुष्मान भारत-हैल्थ एण्ड वैलनेस दिवस समारोह में भारत सरकार द्वारा वर्ष 2020-21 के लिए निर्धारित लक्ष्य को पार करने के लिए हिमाचल प्रदेश को सम्मानित किया। इस कार्यक्रम का आयोजन वर्चुअल माध्यम से हुआ जिसमें राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के डायरेक्टर डाॅ. निपुण जिन्दल ने प्रदेश का प्रतिनिधित्व किया। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने वर्ष 2020-21 के लिए 983 स्वास्थ्य देखभाल केन्द्र क्रियाशील करने का लक्ष्य दिया था जबकि प्रदेश ने इस लक्ष्य को पार करते हुए 31 मार्च तक राज्य में 1022 स्वास्थ्य देखभाल केन्द्र क्रियाशील कर दिए हैं जो कि निर्धारित लक्ष्य का 104 प्रतिशत है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने तृतीय आयुष्मान भारत हैल्थ एण्ड वैलनेस डेे अवसर पर आयोजित समारोह के दौरान इस उपलब्धि के लिए प्रदेश को बधाई दी। डाॅ. निपुण जिन्दल ने इस उपलब्धि को प्रदेश के सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों, जिला कार्यक्रम अधिकारियों, खण्ड चिकित्सा अधिकारियों और प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल टीमों को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि इन सभी की निष्ठा और प्रतिबद्धता के परिणामस्वरूप ही प्रदेश को यह उपलब्धि हासिल हुई है। उन्होंने आशा जताई कि आने वाले वर्षों में स्वास्थ्य देखभाल केन्द्रों के माध्यम से प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं ज़मीनी स्तर तक और अधिक सुदृढ़ होंगी।
यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। उन्होंने ट्वीट किया कि शुरुआती लक्षण दिखने पर उन्होंने कोविड की जांच करवाई और उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उन्होंने खुद को आइसोलेट कर लिया है और वे चिकित्सकों के परामर्श का पूर्णतः पालन कर रहे है। उन्होंने जानकारी दी कि प्रदेश सरकार की सभी गतिविधियां सामान्य रूप से संचालित हो रही हैं। इस बीच जो लोग भी उनके संपर्क में आएं हैं वह अपनी जांच अवश्य करा लें और एहतियात बरतें। बता दें कि मंगलवार को मुख्यमंत्री के करीबी अफसरों मुख्य सचिव शशि प्रकाश गोयल, विशेष सचिव अमित कुमार सिंह, ओएसडी अभिषेक कौशिक के अलावा एक निजी सचिव व एक निजी सहायक में संक्रमण की पुष्टि हुई थी। इसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद को आइसोलेट कर लिया था। संक्रमण के मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंच जाने से शासन में हड़कंप मच गया है। मुख्यमंत्री के साथ रहने वाले तीन अफसरों के साथ निजी सचिव जयशंकर व निजी सहायक प्रताप के संक्रमित होने की पुष्टि होने के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय से लेकर उनके सरकारी आवास तक सतर्कता बरती जा रही है। शासन व सरकार में बेहद अहम जिम्मेदारी निभाने वाले कई अन्य अफसर भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। बता दें कि बुधवार सुबह ही समाजवादी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी कोरोना की चपेट में आए हैं। उन्होंने ट्वीट कर यह जानकारी दी और अब खुद को उन्होंने आइसोलेट कर लिया है। अखिलेश यादव हाल ही में कुंभ का दौरा करके भी लौटे थे।
भारत रत्न बाबासाहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती पर भाजपा प्रदेश कार्यालय दीप कमल चक्कर शिमला में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप, भाजपा प्रदेश महामंत्री त्रिलोक जमवाल, प्रदेश सरकार स्वास्थ्य मंत्री राजीव सैजल, शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, विधायक बलबीर वर्मा एवं शिमला नगर निगम की महापौर सत्या कौंडल ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान भाजपा के सभी नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बाबासाहेब के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप ने इस अवसर पर कहा कि आज देशभर में भीमराव अंबेडकर की जयंती मनाई जा रही है। उनसे प्रेरणा लेकर समाज में काम करने के लिए हम कृत संकल्पित हैं। बाबा साहेब एक नेता, विचारक, आर्थिक जगत के ज्ञाता, लेखक और समाज सुधारक थे। बाबा साहेब ने अपने जीवन में बहुत कष्ट सहे, लेकिन उन्होंने राष्ट्रीयता की भावना के साथ कभी समझौता नहीं किया। समाज का नेतृत्व करने से उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दलित समाज को मुख्यधारा में शामिल करने के लिए कई योजनाएं चलाई हैं। स्टैंड अप इंडिया के तहत दलित भाइयों को 10 लाख से लेकर 10 करोड़ के व्यापार के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है। इसके चलते दलित भाई आज नौकरी देने वाले बन रहे हैं। हिमाचल प्रदेश में भाजपा सरकार ने दलित भाइयों के लिए अनेकों योजनाओं की शुरुआत की है हर जिले में अंबेडकर भवन भाजपा सरकार की ही देन है। अनुसूचित जाति के लिए बजट में बढ़ावा किया गया है व अनुसूचित जाति वर्ग के लिए छात्रवृत्ति भी बड़ी मात्रा में दी जा रही है।
सीजन 14 के अपने दूसरे मैच में मुंबई इंडियंस ने कोलकाता नाईट राइडर्स के साथ हुए मुकाबले में शानदार जीत हासिल की। चेन्नई में खेले गए इस मुकाबले में मुंबई की टीम ने 152 रनों का सफलतापूर्वक बचाव किया और 10 रन से इस सीजन की अपनी पहली जीत हासिल की। इस मैच में कोलकाता के कप्तान इयोन मॉर्गन ने टॉस जीतकर मुंबई को पहले बल्लेबाजी का निमंत्रण दिया। शुरुआत में कोलकाता के स्पिनर्स द्वारा बनाए गए दबाव का फायदा आखिरी के ओवरों में आंद्रे रसेल को मिला। अपने दो ओवर में 15 रन देकर रसेल ने मुंबई के पांच बल्लेबाजों को आउट किया और मुंबई को 152 रन के स्कोर पर ही रोक दिया। लक्ष्य पाने उतरे नाइट राइडर्स ने जबरदस्त शुरुआत की जहां नितीश राणा और शुभमन गिल की जोड़ी ने 9 ओवर में 72 रन बनाए। वहीं, मुंबई के गेंदबाज़ राहुल चाहर ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए कोलकाता के शुरू के चारों बल्लेबाजों का विकेट अपने नाम किया। राणा और गिल के आउट होने के बाद कोलकाता का कोई भी अन्य बल्लेबाज दो अंकों के स्कोर तक भी नहीं पहुंच पाया। वहीं, मुंबई की तरफ से क्रुणाल पांड्या ने आखिरी ओवरों में केकेआर के बल्लेबाजों पर दबाव बनाकर चार ओवर में 13 रन देकर एक विकेट लिया और बोल्ट ने रसेल और कमिंस को बोल्ड कर जीत मुंबई इंडियंस के नाम करदी।
प्रदेश में आज़ादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम के आयोजन की तैयारियों के बारे में आज आयोजित बैठक की अध्यक्षता मुख्य सचिव अनिल खाची ने की। यह कार्यक्रम भारत की स्वाधीनता की 75वीं वर्षगांठ मनाने के लिए सरकार द्वारा आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रमों की एक श्रृंखला है। यह महोत्सव जन भागीदारी की भावना में एक जन उत्सव के रूप में मनाया जाएगा। इस अवसर पर मुख्य सचिव ने आयोजन से संबंधित विभागों को सभी तैयारियां समयबद्ध पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस महोत्सव से संबंधित कार्यक्रमों का आयोजन प्रदेश में कोविड-19 की स्थिति में सुधार होने के उपरांत किया जाएगा। इस आयोजन के तहत आगामी वर्ष तक राज्य व जिला स्तर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रमों के सफल आयोजन के लिए विभिन्न स्तरों पर चार तरह की कमेटियां गठित की जाएंगी। आज़ादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रमों की श्रृंखला के दौरान स्कूल, जिला व राज्य स्तर पर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इसके अलावा शैक्षणिक संस्थानों में भी विभिन्न प्रकार की प्रतिस्पर्धाओं का आयोजन किया जाएगा। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, केंद्रीय विश्वविद्यालय तथा भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान द्वारा सेमिनार का आयोजन भी किया जाएगा। मुख्य सचिव ने कार्यक्रम के दौरान प्रदेश में स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित महत्वपूर्ण घटनाओं व स्थानों के संबंध में भी कार्यक्रम आयोजित करने की रूपरेखा तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस आयोजन के तहत स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित किए जाने वाले विभिन्न समारोहों में स्वतंत्रता सेनानियों तथा दिवंगत स्वतंत्रता सेनानियों की पत्नियों को सम्मानित किया जाएगा। आयोजन के तहत हिमाचल का स्वतंत्रता संग्राम में योगदान विषय पर काॅफी टेबल बुक भी प्रकाशित की जाएगी और थीम सॉंग भी तैयार किया जाएगा। इस आयोजन के दौरान किए जाने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की डाॅक्यूमेंटेशन करने तथा इस कार्यक्रम में जन भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
कोरोना की दूसरी लहर के बीच मंगलवार से शुरू हुए चैत्र नवरात्रों के पहले दिन हिमाचल के मंदिरों और शक्तिपीठों में श्रद्धालु बड़ी संख्या में देवियों के दर्शन करने पहुंचे। इस दौरान मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग के नियम का पूरा पालन किया गया है। मंदिरों में सुरक्षा और सैनिटाइजेशन के पूरे प्रबंध किए गए हैं। ज्वालाजी में श्रद्धालुओं को पर्ची सिस्टम से दर्शन करवाए जा रहे हैं। मंदिर में सुबह से ही माता के दर्शन के लिए श्रद्धालु लाइनों में लगे रहे। शक्तिपीठ के कपाट सुबह करीब 6:00 बजे खुले और रात 10:00 बजे तक दर्शन करवाए जाएंगे। मंदिरों में न तो हवन-यज्ञ होंगे, न प्रसाद ले जाने और वितरित करने की इजाजत है। श्रद्धालुओं को एलईडी स्क्रीन पर आरती दिखाने की व्यवस्था की गई है। चामुंडा नंदीकेश्वर धाम में श्रद्धालुओं ने सुबह 5:00 बजे से एसओपी के तहत मास्क लगाकर सोशल डिस्टेंस बनाकर दर्शन किए। वहीं बज्रेश्वरी मंदिर में श्रद्धालुओं ने मंदिर के गर्भ गृह में जाकर माता के दर्शन किए। श्री नयनादेवी मंदिर के कपाट सुबह 4:00 बजे से रात 10:00 बजे तक खुले रखने का फैसला लिया गया है। कोरोना के चलते श्री नयनादेवी में सुबह से भारी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन करने पहुंचे। अगर श्रद्धालुओं की संख्या ज़्यादा होती है तो मंदिर के कपाट तीन घंटे ही बंद रहेंगे। चिंतपूर्णी मंदिर में दोपहर 12 से 12 :30 बजे तक माता को भोग लगाने के लिए मंदिर बंद रखे गए। रात 10 बजे कपाट बंद कर दिए जाएंगे। बता दें कि चैत्र नवरात्रों में हिमाचल के मंदिर और शक्तिपीठ खुले रखने का फैसला लिया गया हैैै। हालांकि, सरकार ने धार्मिक स्थलों या आसपास किसी भी तरह के कीर्तन, जागरण या जगराते पर पूरी तरह से रोक है। यदि धार्मिक स्थलों से दूर ऐसे कार्यक्रम करने हैं तो उसके लिए मास्क, सैनिटाइजर व दो गज की दूरी के नियम के अलावा जिला प्रशासन से मंजूरी व कोविड प्रोटोकॉल का पूरी तरह से पालन करना होगा। इसमें भी बंद क्षेत्र में अधिकतम 50 लोगों और खुले स्थल पर अधिकतम 200 लोगों की ही मौजूदगी हो सकेगी। वहीं, शूलिनी समेत कई मंदिरों में घंटी बजाने पर रोक है।
आईपीएल में पहली बार कप्तानी कर रहे संजू सैमसन ने इस आईपीएल सीजन का पहला शतक जड़ा। लेकिन उनका यह शतक पंजाब किंग्स के खिलाफ राजस्थान रॉयल्स को हार से बचा न सका। पंजाब किंग्स अंतिम गेंद पर चार रन से जीतने में सफल रही। पहले बल्लेबाजी का निमंत्रण पाकर पंजाब ने छह विकेट पर 221 रन बनाए। वहीं ,राजस्थान की टीम 7 विकेट पर 217 रन ही बना पाई। बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी राजस्थान के ओपनर बेन स्टोक्स और मनन वोहरा जल्द लौट गए। कप्तान संजू सैमसन ने बटलर के साथ तीसरे विकेट पर 45 रन जोड़े और साथ ही 33 गेंदों पर अर्द्धशतक पूरा कर लिया। शिवम दुबे ने 23 रन का योगदान दिया लेकिन रियान पराग ने सैमसन के साथ 22 गेंदों पर 52 रन जोड़कर राजस्थान की उम्मीदें कायम रखीं। क्रिस गेल ने पारी में दो छक्के मारे जिसमें एक स्टोक्स और एक तेवतिया के ओवर में था। स्टोक्स पर लगाया उनका छक्का आईपीएल में ओवरऑल उनका 350वां छक्का था। उनके अब कुल 351 छक्के हो गए हैं। वेस्टइंडीज के बल्लेबाज का विकेट स्टोक्स के कैच पकड़ने के बाद पराग के खाते में गया।
प्रदेश सरकार ने कोरोना के बढ़ते मामलों से पर्यटन कारोबार को होने वाले नुकसान से बचने के लिए नया फार्मूला तैयार किया है। अब प्रदेश की सीमा पर अन्य राज्यों से आने वाले पर्यटकों को नहीं रोका जाएगा। न ही किसी स्थान पर कोरोना संबंधी परीक्षण की व्यवस्था रहेगी। होटल के प्रबंधक कोरोना संक्रमण से सर्वाधिक प्रभावित सात राज्यों पंजाब, दिल्ली, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, राजस्थान व उतर प्रदेश से आने वाले पर्यटकों की आरटी-पीसीआर रिपोर्ट देखेंगे। आधार कार्ड से कोरोना की नेगेटिव रिपोर्ट सरकार के पोर्टल पर अपलोड करेंगे। सरकारी पोर्टल पर पर्यटकों की नेगेटिव रिपोर्ट अपलोड करना अनिवार्य होगा। यह व्यवस्था 16 अप्रैल से शुरू की जायगी। स्टेट टूरिज्म इंडस्ट्री स्टेकहोल्डर एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहेंद्र सेठ का कहना है कि पर्यटन से राज्य का हर घर और परिवार जुड़ा है, ऐसे में पर्यटन राज्य में पयटकों के आने पर किसी प्रकार का अनावश्यक प्रतिबंध नहीं लगना चाहिए। क्योंकि पर्यटक केवल होटलों में रहता है। बहुत मुश्किल से प्रदेश में पर्यटन व्यवसाय पटरी पर लौटने लगा है। मुख्य सचिव अनिल खाची का कहना है कि पर्यटन क्षेत्र के लिए एडवाइजरी जारी की गई है और इसे लागू करने की दिशा में कदम उठाया जा सकता है।
कोलकाता नाइट राइडर्स ने रविवार को आईपीएल 2021 की शुरुआत जीत के साथ की। कोलकाता ने सनराइजर्स हैदराबाद को मुकाबले में 10 रन से मात दी। नीतीश राणा और राहुल त्रिपाठी की शानदार पारियों के दम पर कोलकाता ने 187 रन का स्कोर खड़ा किया। वहीं, लक्ष्य का पीछा करते हुए हैदराबाद की टीम 7 विकेट खोकर 177 रन ही बना पाई। इस जीत के साथ कोलकाता की टीम ने एक खास उपलब्धि अपने नाम कर ली है।आईपीएल 2021 के अपने पहले मैच में अनोखा 'शतक' जमाकर कोलकाता ने आईपीएल में जीत का सैकड़ा पूरा कर लिया है जिसके साथ कोलकाता आईपीएल में 100 मुकाबले जीतने वाली तीसरी टीम बन गई है। केकेआर से पहले सिर्फ मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स ही इस मुकाम तक पहुंच सकी हैं। इनके अलावा 5 फ्रेंचाइजी अभी यह आंकड़ा छून में नाकाम रही हैं।
हैकर्स ने ऑनलाइन लूट करने का नया तरीका खोज निकाला है। अब आपको पता भी नहीं चलता है और आपके खाते से पूरी राशि निकाल ली जाती है। बाद में जब तक आपको लूट का पता चलता है, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है। आज कल सिम स्वैप का इस्तेमाल करके हैकर्स बैंकिंग धोखाधड़ी कर रहे हैं। इसमें वह आपके मोबाइल नंबर से दूसरा सिम हासिल करके धोखाधड़ी को अंजाम देते हैं। हालांकि, कुछ सावधानियां अपनाकर आप इन चीजों से खुद को बचा सकते है। कैसे काम करता है सिम-स्वैप आपके मोबाइल नंबर से दूसरा सिम लेने की प्रकिया ही सिम-स्वैप कही जाती है। ऐसा हम तब करते हैं, जब हमारी पुरानी सिम खराब हो गई होती है और उसका मोबाइल नंबर सभी दस्तावेजों में दर्ज होता है। तब हम सिम ऑपरेटर से उसी नंबर की दूसरी सिम जारी करने को कहते हैं। धोखाधड़ी करने वाले लुटेरे सोशल मीडिया या डार्क वेब जहां बहुत सस्ते में सूचनाएं उपलब्ध हैं वहां से आपका मोबाइल नंबर हासिल करते हैं। इसके बाद साइबर हमला कर आपका फोन बंद कर दिया जाता है। फोन बंद करने के बाद मोबाइल फोन खोने, हैंडसेट या सिम के टूट जाने का बहाना बनाकर हैकर्स मोबाइल सर्विस प्रोवाइड से संपर्क करते हैं और नया सिम जारी करने को कहते हैं। सिम मिलने के बाद आसानी से होता है लेन-देन एक बार जब दूरसंचार कंपनी आपकी बजाय हैकर्स को सिम दे देती है। तब उनके लिए आपके खाते से पैसे निकालना बहुत आसान हो जाता है। हैकर्स आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर की मदद से बैंक की पूरी जानकारी निकाल लेते हैं और ओटीपी की मदद से बैंक से पूरे पैसे भी निकाल लेते हैं। साइबर हमले से मिलती है खाते की जानकारी फिशिंग, ट्रोजन या मैलवेयर के माध्यम से हैकर आपके बैंकिंग अकाउंट और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर की जानकारी पाते हैं। इसके लिए मोबाइल एसएमएस या ईमेल का इस्तेमाल करते हैं। कई बार सोशल मीडिया पर मैसेज भेजकर भी वह इस काम को अंजाम देते हैं। सोशल मीडिया पर मोबाइल नंबर या ईमेल जैसी जानकारी सार्वजनिक करने से बचें। किसी अनजान कॉल पर अपनी व्यक्तिगत जानकारी जैसे जन्म तिथि, बैंक खाता नंबर, आधार नंबर आदि देने से भी बचना चाहिए। मोबाइल में यदि काफी समय से नेटर्वक नहीं आ रहा या एसएमएस नहीं आ रहा है तो तुरंत दूरसंचार कंपनी के कस्टम केयर पर संपर्क करें और इसकी वजह जानें। रिजर्व बैंक और IRDA नहीं करते कोई मैसेज ज्यादातर धोखाधड़ी बीमा की राशि देने के नाम पर होती है। वहीं धोखाधड़ी करने वाले बैंक खाते की जानकारी रिजर्व बैंक के नाम से हासिल करते हैं। आपको यह जानना चाहिए कि IRDA बीमा क्षेत्र का नियामक है उसका काम बीमा कंपनियों पर नजर रखना है। यह किसी तरह की राशि ग्राहक के खाते में नहीं भेजता है। इसी तरह रिजर्व बैंक बैंकिंग क्षेत्र का नियामक है और वह आपसे खाते की जानकारी नहीं मांगता या आपके खाते में पैसा नहीं भेजता है। ऐसे में रिजर्व बैंक या IRDA के नाम से कोई कॉल करके जानकारी मांगे तो तुरंत सावधान हो जाएं।
देश में कोरोना वायरस संक्रमण के कारण फैली महामारी का कहर बढ़ता जा रहा है, इस विषय में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी होने वाले आंकड़ों के अनुसार, बीते 24 घंटे में आने वाले नए मामलों की संख्या आज सवा लाख से अधिक है। इसके अनुसार, पिछले 24 घंटे में भारत में COVID-19 के 1,45,384 नए मामले आए और 794 संक्रमितों की मौत हो गई। इसके बाद देश में अब तक कुल संक्रमितों का आंकड़ा 1,32,05,926 हो गया और मरने वालों की संख्या 1,68,436 हो गई है। संक्रमण के इन आंकड़ों से संक्रमित देशों में भारत तीसरे नंबर पर है। पहला नंबर अमेरिका का और दूसरा ब्राजील का है । भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद का कहना है कि भारत में शुक्रवार तक कोरोना वायरस के लिए कुल 25,52,14,803 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं, जिनमें से 11,73,219 सैंपल कल टेस्ट किए गए। मंत्रालय के अनुसार, अभी देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या 10,46,631 है और संक्रमण से स्वस्थ हो डिस्चार्ज हुए मामलों की कुल संख्या 1,19,90,859 है।
आईपीएल-14 के पहले मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर ने मुंबई इंडियंस को अंतिम गेंद पर दो विकेट से मात दी। आरसीबी के तेज गेंदबाज हर्षल पटेल ने आईपीएल-14 के पहले मैच में गत चैंपियन मुंबई इंडियंस को नौ विकेट पर 159 रन तक सीमित रखा उसके बाद विराट, मैक्सवेल और डीविलियर्स ने अंतिम गेंद पर 8 विकेट पर 160 रन बनाकर जीत हासिल कर ली। मुंबई इंडियंस के सलामी बल्लेबाज क्रिस लिन और सूर्यकुमार यादव ने धीमी पिच पर दूसरे विकेट के लिये 70 रन जोड़कर मुंबई को बड़े स्कोर की तरफ अग्रसर किया, पर आरसीबी के गेंदबाजों ने क्षेत्ररक्षकों से मदद न मिलने के बावजूद मुंबई इंडियंस को 159 रन तक ही सीमित रखा।पटेल ने पारी के आखिरी ओवर में केवल एक रन दिया और तीन विकेट लिया। उन्होंने कुल 27 रन देकर पांच विकेट लेकर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। इसके अलावा मोहम्मद सिराज और काइल जेमीसन ने भी कसी गेंदबाजी की। आरसीबी की टीम चौथी बार किसी आईपीएल सीजन के पहले मैच में उतरी थी। पिछले तीन मैचों में उसे जीत नहीं मिली थी लेकिन इस बार विराट की टीम ने जीत से शुरुआत की है। मुंबई की टीम 2013 से अपना शुरुआती मुकाबला नहीं जीत पाई और यह सिलसिला शुक्रवार को भी जारी रहा।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश में कोविड-19 स्थिति की समीक्षा की गई। राज्य में कोविड-19 मामलों में तीव्र वृद्धि पर चिंता व्यक्त करते हुए मंत्रिमंडल ने इस महीने की 21 तारीख तक सभी शिक्षण संस्थानों को शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारियों सहित बंद करने का निर्णय लिया, केवल उन कर्मियों को छोड़कर जिनकी परीक्षा डयूटी होगी। मंत्रिमण्डल ने सीधी भर्ती कोटा के माध्यम से अनुबंध के आधार पर वन विभाग में फाॅरेस्ट गार्ड के 311 पदों को भरने का भी निर्णय लिया। इनमें इस वर्ष की 9 मार्च को आयोजित बैठक के दौरान राज्य मंत्रिमंडल द्वारा फाॅरेस्ट गार्ड के पहले से स्वीकृत 113 पद भी शामिल हैं। उन्होंने सीधी भर्ती के आधार पर हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के माध्यम से कृषि विभाग में अनुबंध के आधार पर कृषि विकास अधिकारियों के 25 पद भरने का निर्णय लिया। बैठक में ड्रोन तकनीक का उपयोग कर ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि पार्सल के सर्वेक्षण के लिए राज्य में केंद्रीय योजना स्वामित्व को लागू करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए, पंचायती राज विभाग के सहयोग से योजना के कार्यान्वयन के लिए राजस्व विभाग को नोडल विभाग के रूप में नामित किया जाएगा। इस योजना को राज्य में शुरू करने के लिए भारतीय सर्वेक्षण के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। योजना के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए एक राज्य संचालन समिति, राज्य परियोजना प्रबंधन इकाई और जिला परियोजना निगरानी इकाई का भी गठन किया जाएगा। मंत्रिमण्डल ने उपायुक्त कार्यालय शिमला, किन्नौर, सोलन और बंदोबस्त अधिकारी कांगड़ा मण्डल कार्यालय में पांच प्रतिशत कोटा में रियायत प्रदान कर तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के उपलब्ध रिक्त पदों पर मृतक कर्मचारियों के पात्र आश्रितों को करूणामूलक आधार पर रोजगार प्रदान करने का निर्णय लिया। मंत्रिमण्डल ने यू-ब्लाॅक मण्डी के बहुमंजिला पार्किंग-एवं-शाॅपिंग काम्प्लेक्स के विकास की परियोजना को पीपीपी मोड के तहत सबसे ऊंची बोली लगाने वाले बोलीदाता को आरएफपी के नियम व शर्तों के अनुसार 63 लाख 63 हजार रुपये वार्षिक रियायत फीस एवं जीएसटी और अन्य सभी लागू वार्षिक करों के आधार पर प्रदान करने का निर्णय लिया। चयनित बोलीदाता को प्राधिकरण को दो करोड़ रुपये का अग्रिम भुगतान अदा करना होगा। यह भुगतान अनुपालना तिथि से आरम्भ होकर 24 माह की अवधि में 40-40 लाख रुपये की पांच समान किस्तों में अदा करना होगा। मंत्रिमंडल ने नव गठित नगर पंचायतों शाहपुर, चिड़गांव, नेरवा, निरमंड, आनी, कंडाघाट तथा अंब में विभिन्न श्रेणियों के पांच पद सृजित करने को स्वीकृति स्वीकृति प्रदान की ताकि इन नव गठित नगर पंचायतों में कार्य सुचारू रूप से चलाया जा सके। बैठक में जिला कांगड़ा के ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खुंडियां को 50 बिस्तरों की क्षमता वाले नागरिक अस्पताल के रूप में स्तरोन्नत करने को स्वीकृति प्रदान की गई ताकि क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा सकें। इसके अलावा, जिला कांगड़ा के इंदौरा विधानसभा क्षेत्र में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गंगथ को 50 बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल में स्तरोन्नत करने को भी स्वीकृति प्रदान की गई। जिला कांगड़ा के कांगड़ा विधानसभा क्षेत्र में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तियारा को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में स्तरोन्नत करने के साथ विभिन्न श्रेणियों के 13 नए पद सृजित कर उन्हें भरने को भी स्वीकृति प्रदान की। बैठक में चंबा जिला के भटियात विधानसभा क्षेत्र में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र समोट को 50 बिस्तरों की क्षमता वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में स्तरोन्नत करने को भी स्वीकृति प्रदान की गई। मंत्रिमंडल के समक्ष जल शक्ति विभाग द्वारा राज्य में उत्पन्न सूखे की स्थिति के बारे में भी प्रस्तुति दी गई। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में सभी हितधारक विभागों की समीक्षा बैठक आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया ताकि इस संबंध में आगामी निर्णय लिया जा सके। मंत्रिमंडल ने यह भी निर्णय लिया कि आगामी जनमंच 25 अप्रैल को आयोजित किया जाएगा।
देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच वैक्सीनेशन को लेकर विवाद चल रहा है। कई राज्यों में वैक्सीन की कमी की बात सामने आई है, लेकिन केंद्र सरकार वैक्सीन की कमी से इंकार कर रही है। शुक्रवार को नागपुर से एक तस्वीर सामने आई, जहाँ बाहर बोर्ड लगा दिया है कि वैक्सीन उपलब्ध नहीं है। बता दें कि सिर्फ नागपुर ही नहीं, बल्कि महाराष्ट्र के कई जिलों में वैक्सीनेशन सेंटर्स पर वैक्सीन की डोज़ खत्म हो गई थी। बीते दिन सतारा, मुंबई समेत आधा दर्जन के करीब जिलों में वैक्सीनेशन का काम रोकना पड़ा था, क्योंकि वैक्सीन का स्टॉक ही खत्म हो गया था। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी ट्वीट कर आरोप लगाया कि केंद्र सरकार को वैक्सीनेशन के मामले में पक्षपात नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी हालत में राज्यों को वैक्सीन मिलनी चाहिए। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक चिठ्ठी लिखी, जिसमें उन्होंने सात मांगे रखी है। कई अन्य राज्यों ने भी केंद्र के सामने वैक्सीन की मांग की है। ओडिशा में इसी हफ्ते वैक्सीन की कमी के कारण करीब 700 सेंटर्स पर वैक्सीनेशन रोका गया था, जिसके बाद राज्य सरकार ने केंद्र से अतिरिक्त वैक्सीन मांगी है। ओडिशा की तरह ही छत्तीसगढ़, झारखंड में भी वैक्सीन का स्टॉक जल्दी खत्म होने की बात कही है।
पूर्वी लद्दाख के चुशूल में लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (एलएसी) पर तनाव कम करने के उद्देश्य से भारत और चीन के बीच 11वें दौर की बातचीत होगी। यह बैठक आज कमांडर स्तर पर होगी और पूर्वी लद्दाख में डिसइंगेजमेंट पर बात होगी। बातचीत में भारतीय सेना की तरफ से लेह स्थित फायर एंड फ्यूरी कोर (14वीं कोर) के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल पीजीके मेनन नेतृत्व करेंगे और चीन की तरफ से पीएलए-सेना के दक्षिणी झिंगज्यांग डिस्ट्रिक के कमांडर नेतृत्व करेंगे। दोनों देशों के बीच डेप्सांग, गोगरा और हॉट स्प्रिंग्स वाले इलाके में डिसइंगेजमेंट पर बातचीत होगी। बातचीत के दौरान भारतीय पक्ष ने साफ़ तौर पर कह दिया है कि वह डिसइंगेजमेंट पर तभी सहमत होंगे जब दोनों पक्ष राजी हो और आपसी चिंताओं का समाधान हो। नौवें दोर के बाद मीटिंग में दोनों देशों ने पैंगोंग त्सो लेक से जुड़े इलाकों से डिसएंगेजमेंट कर लिया है लेकिन अभी कुछ विवादित इलाकों में डिसएंगेजमेंट के साथ साथ पूरी से डि-एस्कलेशन होना बाकी है। बता दें कि इससे पहले दोनों देशों के बीच दसवें दौरे की बातचीत 20 फरवरी को हुए थी। बातचीत के दौरान भारत और चीन ने एक संयुक्त बयान जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि पैंगोंग झील क्षेत्र से सैन्य वापसी, LAC पर अन्य मुद्दों के समाधान की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। दोनों देशों ने कहा था कि इस बातचीत में भी भारत ने तनाव कम करने के लिए हॉट स्प्रिंग, गोगरा और डेपसांग क्षेत्रों से सैनिकों की जल्द वापसी पर जोर दिया था। बातचीत का दौर 16 घंटे की 10वें दौर की बातचीत के बाद बयान में कहा गया था कि पैंगोंग इलाके से सैनिकों की वापसी ने बातचीत के नए रास्ते खोले
नगर निगम सोलन के चुनाव में भाजपा द्वारा अपनी तमाम ताकत झोंक दिए जाने के बावजूद जिस तरह कांग्रेस ने धमाकेदार जीत अर्जित की है, उससे राजनीतिक पर्यवेक्षक भी सुजानपुर के विधायक व सोलन चुनाव के प्रभारी राजेंद्र राणा की सियासी मैनेजमेंट व उनके द्वारा रचे गए चक्रव्यूह के कायल हो गए हैं। राजेंद्र राणा को कांग्रेस नेतृत्व द्वारा सोलन नगर निगम के चुनाव की कमान सौंपी गई थी और जिस तरह राणा ने सोलन में डेरा डालकर तमाम कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को एकजुट करके भाजपा के खिलाफ व्यूह रचना रची, उसकी काट भाजपा नहीं ढूंढ पाई। खुद मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने इन चुनावों के दौरान लगातार सोलन के तीन दौरे किए और राजनीतिक मैनेजमेंट में माहिर माने जाने वाले अपने दिग्गज नेता राजीव बिंदल को फ्री हैंड देकर यहां के दंगल को जीतने की जिम्मेदारी सौंपी थी, लेकिन कांग्रेस के चुनाव प्रभारी राजेंद्र राणा व स्थानीय कांग्रेस विधायक व पूर्व मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल की जुगलबंदी ने भाजपा को दिन में तारे दिखा दिए। इस चुनाव में कर्नल धनीराम शांडिल्य की साख व राजेंद्र राणा की मैनेजमेंट स्किल दांव पर लगी थी। भाजपा सोलन नगर निगम के चुनाव में कांग्रेस का सूपड़ा साफ करने के दावे कर रही थी। लेकिन राजेंद्र राणा ने जो चक्रव्यूह रचा और जिस तरह सोलन से जुड़े जमीनी मुद्दों को उठाकर भाजपा को आक्रामक तरीके से घेरना शुरू किया, उससे न केवल कांग्रेसी वर्करों का हौसला बढ़ा बल्कि मतदाताओं में भी उन मुद्दों का खासा असर दिखा। भाजपा ने सोलन के पूर्व विधायक व पूर्व विधानसभा अध्यक्ष राजीव बिंदल के चुनावी प्रबंधन के सहारे सोलन में धमाकेदार जीत अर्जित करने का ख्वाब संजोया था। लेकिन राजेंद्र राणा की मैनेजमेंट के आगे न केवल बिंदल बुरी तरह चित हो गए बल्कि उनके सबसे करीबी व खासमखास माने जाने वाले बाघाट बैंक के अध्यक्ष पवन गुप्ता चुनाव हार गए। सोलन में कांग्रेस की जीत को लेकर सोशल मीडिया पर भी लोग मजेदार टिप्पणियां दर्ज कर रहे हैं। कई लोगों ने यह कहकर चुटकी ली है कि सुजानपुर में राजेंद्र राणा ने पहले अपने गुरु पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को उनके घर में शिकस्त देकर उनके मुख्यमंत्री बनने का ख्वाब चूर कर दिया और अब सोलन में पूर्व मुख्यमंत्री के चेले और भाजपा के दिग्गज मैनेजमेंट गुरु माने जाने वाले राजीव बिंदल को भी उन्हीं के घर में धूल चटा दी है। निश्चित रूप से कांग्रेस की इस जीत से कांग्रेस आलाकमान में सुजानपुर के विधायक व प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष राजेंद्र राणा का सियासी कद बढ़ गया है।
देश में कोरोना वायरस का संकट बेकाबू होता जा रहा हैं। देश के कई हिस्सों में नाईट कर्फूय लगा दिया गया है, और कई राज्यों में आज से वीकेंड लॉकडाउन की शुरुआत हो रही है। कोरोना के बढ़ते प्रकोप को रोकने के लिए महाराष्ट्र, मुंबई व मध्यप्रदेश के सभी शहरों में वीकेंड लॉकडाउन लगाया जाएगा , जो पूरे अप्रैल तक लागू रहेगा। यानी शुक्रवार की शाम से सोमवार की सुबह तक लॉकडाउन रहेगा। वंही, मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में तो 8 अप्रैल से 7 दिनों का संपूर्ण लॉकडाउन लग चुका है। कोलार में 9 अप्रैल से नौ दिनों का लॉकडाउन और शाजापुर में भी आज से दो दिनों का लॉकडाउन लगया गया है। बता दें कि छत्तीसगढ़ के रायपुर में संपूर्ण लॉकडाउन कि वापसी हो गई है, 9 अप्रैल से 19 अप्रैल तक सबकुछ बंद रहेगा और दुर्ग में भी टोटल लॉकडाउन लागू है। यहां 6 अप्रैल से 14 अप्रैल तक लॉकडाउन लगाया गया है। मुंबई में आज सुबह लोग बड़ी संख्या में दादर की सब्जी मंडी पहुंचे और लॉकडाउन से पहले ही सामान खरीदने की कोशिश में दिखे।
कश्मीर में सुरक्षाबलों ने पिछले 24 घंटों के भीतर सात आतंकियों को मार गिराया है। आज सुबह 7.40 बजे के करीब अवंतीपोरा त्राल के नौबुग इलाके में छिपे दो आतंकियों को सुरक्षाबलों ने संक्षिप्त मुठभेड़ में ही मार गिराया। आइजीपी कश्मीर विजय कुमार ने त्राल मुठभेड़ के दौरान अंसार गजवात-उल-हिंद एजीएच के कमांडर इम्तियाज शाह के मारे जाने की पुष्टि की है। शोपियां के जान मुहल्ला में गत वीरवार से जारी मुठभेड़ में पांच जबकि त्राल में दो आतंकवादी मारे गए हैं। शोपियां में तीन आतंकी वीरवार को ही मार गिराए गए थे जबकि दो आतंकियों को आज मारा गया। इन मुठभेड़ों में सेना के एक अधिकारी समेत चार जवान भी घायल हुए हैं। उन्हें इलाज के लिए सेना के 92 बेस अस्पताल में भर्ती किया गया है। शोपियां में वीरवार को शुरू हुई मुठभेड़ में तीन आतंकवादियों के मारे जाने के बाद दो आतंकी स्थानीय मस्जिद में छिप गए थे। मस्जिद को नुकसान न हो इसीलिए सुरक्षाबलों ने मस्जिद के इमाम और एक आतंकी के भाई को उन्हें आत्मसमर्पण के लिए मनाने के लिए भेजा परंतु उन्होंने उनका प्रस्ताव नहीं माना। शुक्रवार सुबह होते ही मस्जिद में छिपे आतंकियों ने एक बार फिर सुरक्षाबलों पर गोलियां बरसाना शुरू कर दी। कड़ी कार्रवाई करने से पहले सुरक्षाबलों ने एक बार फिर दोनों आतंकियों को हथियार डालने का मौका दिया। वे इस बार भी नहीं माने। इसके बाद सुरक्षाबलों ने आतंकियों को मस्जिद से बाहर निकालने के लिए आंसु गैस के गोलों का इस्तेमाल किया। जैसे ही दोनों आतंकी गोलियां बरसाते हुए मस्जिद से बाहर निकले सुरक्षाबलों ने उन्हें वहीं ढेर कर दिया। यही नहीं शरारती तत्वों को मुठभेड़ स्थल से दूर रखने व अफवाहों से बचने के लिए शोपियां में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है।
इंडियन प्रीमियर लीग के 14वें सीज़न यानी आईपीएल 2021 की शुरुआत आज से होने जा रही है। मैच चेन्नई के एमए चितंबरम स्टेडियम में खेला जाएगा। डिफेंडिंग चैंपियंस मुंबई इंडियंस और रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के बीच टूर्नामेंट का ओपनिंग मैच खेला जाएगा। आईपीएल में विराट कोहली की कप्तानी में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर को अपने पहले ख़िताब का इंतजार है, वहीं रोहित शर्मा की कप्तानी में मुंबई इंडियंस अबतक पांच बार आईपीएल का ख़िताब अपने नाम कर चुकी है। कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ते मामलों के चलते इंडियन प्रीमियर लीग का आयोजन सुरक्षित माहौल में करवाया जा रहा है। वंही, दर्शकों को मैच देखने के लिए स्टेडियम में आने की मंज़ूरी नहीं होगी। जानकारी के अनुसार कोरोना मामलों के चलते आईपीएल 2021 के सभी मैच केवल छह शहरों में खेलें जाएंगे जिसमें मुंबई, दिल्ली, कोलकाता, चेन्नई, हैदराबाद और बेंगलुरु शामिल है। कोरोना महामारी के कारण इस वर्ष आईपीएल में कई बदलाव किए गए हैं। कोई भी टीम अपने घरेलू मैदान पर मैच नहीं खेलेगी यानी किसी भी टीम को अपने होम ग्राउंड का फायदा नहीं मिलेगा। आईपीएल में इन बदलावों के साथ क्रिकेट के बड़े टूर्नामेंट का आगाज़ हो रहा है।
देश में एक बार फिर कोरोना ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार बीते दिन कुल 1.31 लाख नए केस दर्ज किए गए हैं, जो कोरोना महामारी की शुरुआत से लेकर अबतक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। वंही, 24 घंटे के अंदर 780 संक्रिमतों कि मौत हो गई। अगर इस हफ्ते कि बात करें तो सोमवार से अबतक देश में कोरोना के 5 लाख से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं। भारत में इस वक्त सबसे बुरी हालत महाराष्ट्र की है। जहाँ बीते करीब 10 दिन से हर रोज 50 हज़ार से अधिक कोरोना के मामले सामने आ रहे है। इसके अलावा दिल्ली में भी बीते दिन साढ़े सात हज़ार मामले सामने आए हैं, जिन्होंने पिछले करीब 6 महीने के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। दिल्ली-महाराष्ट्र के अलावा यूपी में भी अब कोरोना बेकाबू हो चला है। यूपी में बीते दिन 8 हज़ार से ज़्यादा केस दर्ज किए गए, जो कोरोना महामारी की शुरुआत से अबतक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। ऐसे में कई राज्य अपने कोरोना पीक को पार कर रहे हैं, जोकि चिंता का विषय बना हुआ हैं। कोरोना महामारी के बढ़ते मामलो को देखते हुए गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि फ़िलहाल लॉकडाउन नहीं लगेगा। जो राज्य नाइट कर्फ्यू लगा रहे हैं, वो सही साबित हो सकता है। पीएम मोदी ने अपील की है कि इसे कोरोना कर्फ्यू कहें। साथ ही पीएम मोदी ने टेस्टिंग बढ़ाने को कहा और RT-PCR टेस्टिंग की संख्या 70 फीसदी तक रखने की बात की।
जिला कुल्लू में ड्रग्स तस्करी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। कल रात पुलिस ने एक वोल्वो बस में सफर कर रहे टूरिस्ट युवक से 6.58 किलो चरस की खेप बरामद की है। कुल्लू पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है। जानकारी के अनुसार कल रात पुलिस की एक टीम ने बजौरा नाके में मनाली की तरफ से आ रही एक वोल्वो बस को शक के आधार पर तलाशी के लिए रोका था। बस में बैठा एक टूरिस्ट युवक पुलिस को देखकर घबरा गया। शक होने पर पुलिस ने बैग की तलाशी ली जिसमे उन्हें छह किलो 528 ग्राम चरस बरामद हुई। आरोपी खुशविंद को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार कर पूछताछ जारी कर दी गई है। जानकारी के अनुसार आरोपी जिला बांदा उत्तर प्रदेश का रहने वाला है। इस मामले में एसपी कुल्लू गौरव सिंह ने कहा कि युवक ने चरस कहाँ से बरामद इसकी जानकारी ली जा रही है। उन्होंने कहा कि चरस तस्करी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाएगी।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से गुरुवार सुबह जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक 24 घंटों में देश भर में कोविड-19 के कुल 1,26,789 नए मामले सामने आए और 685 संक्रमितों की मौत हो गई। इसके बाद अब तक देश में संक्रमितों का कुल आंकड़ा 1,29,28,574 हो गया और कोरोना संक्रमण के कारण मरने वालों की संख्या 1,66,862 हो गई। वहीं अब तक देश में स्वस्थ हुए लोगों का आंकड़ा 1,18,51,393 है। देश में अब तक 9 करोड़ से अधिक कोविड-19 वैक्सीन की डोज दी जा चुकी है। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी नई दिल्ली स्थित एम्स में कोरोना वायरस वैक्सीन की दूसरी डोज़ लगवाई। देश में 16 जनवरी से वैक्सीनेशन के अभियान की शुरुआत हुई और अब तक कुल 9,01,98,673 वैक्सीन की डोज दी जा चुकी है।
जोगिंदर नगर : पेयजल व्यवस्था को लेकर जल शक्ति विभाग के प्रति ग्रामीणों में रोष #firstverdictmedia #हिमाचल #HimachalPradesh #himachalnews #himachalupdate
हिमाचल प्रदेश में शिक्षा विभाग ने स्कूलों में दाखिला लेने की प्रक्रिया शुरु कर दी है। इसके साथ-साथ समग्र शिक्षा अभियान राज्य परियोजना कार्यालय ने विद्यार्थियों की ऑनलाइन पढ़ाई शुरु कर दी है। योजना के अनुसार पहली से आठवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए नया सिलेबस शुरु करने से पहले अगले एक महीने तक पुरानी कक्षा की बेसिक पढ़ाई को दोहराया जाएगा। रिवीज़न करवाने के लिए रिर्सोस ग्रुप ने व्हाट्सएप के माध्यम से वीडियो और वर्कशीट भेजने का काम सोमवार से शुरु कर दिया है। वहीं, पांच अप्रैल को राज्य परियोजना कार्यालय ने शिक्षकों को कंटेंट भेजना भी शुरु कर दिया है। सोमवार को पहली से आठवीं कक्षा तक शिक्षकों के मोबाइल फोन पर शिक्षण सामग्री भेजी गई है, जिसे शिक्षकों ने पुराने व्हाट्सएप ग्रुपों में अपलोड किया। ऑनलाइन वीडियो चैट के माध्यम से विद्यार्थियों को पुरानी कक्षा की बेसिक पढ़ाई करवाई जाएगी। एसएसए के स्टेट रिसोर्स ग्रुप द्वारा कंटेंट तैयार किया गया है। स्कूलों में नए शैक्षणिक सत्र को शुरू करने की तारीख तय नहीं हुई है और कोरोना संक्रमण के चलते 15 अप्रैल तक विद्यार्थियों के लिए स्कूल बंद रखे गए हैं। ऐसे में शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों को समय की बचत के लिए पांच अप्रैल से ही रिवीज़न करवाने का काम शुरु कर दिया है।
भाजपा आज अपना 41वां स्थापना दिवस मना रही है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा के 41 वर्ष इस बात के साक्षी हैं कि सेवा कैसे की जा सकती है और कार्यकर्ताओं के दम पर कैसे पार्टी आगे बढ़ती है। देश के हर राज्य और जिले में पार्टी के लिए कई पीढ़ियों ने काम किया है। पीएम मोदी ने अपने विरोधियों को जवाब देते हुए कहा कि भाजपा सिर्फ चुनाव जीतने की मशीन नहीं है, भाजपा दिल जीतने का अभियान है, इसीलिए हमें हर संप्रदाय का समर्थन मिल रहा है। उन्होंने सभी को भाजपा स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दी और कहा पार्टी के गौरवशाली यात्रा के आज 41 वर्ष पूरे हो रहे हैं और ये 41 वर्ष इस बात के साक्षी हैं कि सेवा और समर्पण के साथ कोई पार्टी कैसे काम करती है।
भाजपा के स्थापना दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र माेदी और पार्टी अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा कार्यकर्ताओं काे वर्चुअल संबाेधित करेंगे। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुरेश कश्यप ने बताया कि इस वर्चुअल बैठक में 6 अप्रैल को पार्टी के स्थापना दिवस तथा 14 अप्रैल को भारत रत्न, बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर की जयंती के अवसर पर आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रमों को लेकर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि 6 अप्रैल को पार्टी का स्थापना दिवस बूथ स्तर पर मनाया जाएगा। इस मौके पर देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी प्रातः 10.30 बजे तथा पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा प्रातः 10.20 पर कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करेंगे। इसके लिए प्रत्येक जिला मुख्यालय पर स्क्रीन्स लगाई जाएगी। सुरेश कश्यप ने बताया कि पार्टी के स्थापना दिवस के अवसर पर प्रत्येक भाजपा कार्यकर्ता अपने घर पर पार्टी का झण्डा लगाएगा तथा मिष्ठान एवं फल वितरण के कार्यक्रम भी किए जाएंगे। इस दिन पार्टी के गौरवशाली इतिहास, विकास पर भी चर्चा की जाएगी तथा केन्द्र व प्रदेश सरकार की उपलब्धियों एवं योजनाओं को प्रचारित किया जाएगा। साथ ही स्वच्छता अभियान, रक्तदान शिविर, सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग न करना, कोरोना संक्रमण से बचाव के बारे में लागू को जागरूक भी किया जाएगा।
हिमाचल की बेटियों ने जूनियर नेशनल हैंडबाल प्रतियोगिता का खिताब अपने नाम कर लिया है। फाइनल मुकाबले में कड़े संघर्ष में हिमाचल की टीम ने हरियाणा को 28-32 से हराकर प्रतियोगिता का फाइनल अपने नाम कर लिया। रविवार को कानपुर में प्रतियोगिता का फाइनल खेला गया। हिमाचल की टीम ने फाइनल में दमदार खेल दिखाया और कड़े संघर्ष में जीत हासिल की। हिमाचल की टीम ने प्रतियोगिता में ने बिहार, ओड़िशा, पश्चिम बंगाल, दिल्ली और हरियाणा को पराजित किया। समाहरोह के समापन में स्थानीय विधायक सुनील मैथानी और सीनियर आईएएस बोवड़े, हैंडबाल फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष और भारतीय ओलंपिक संघ के कोषाध्यक्ष आनंदेश्वर पांडे ने विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया। आर्यव्रत हैंडबॉल अकादमी के अध्यक्ष जसवीर बिसला और मोरसिंघी पंचायत के पूर्व प्रधान जगदीश ठाकुर ने बताया कि प्रदेश की बेटियों ने राष्ट्रीय स्तर पर नाम चमकाया है और नेशनल चैंपियन बनना हिमाचल के लिए गर्व की बात है। वहीं, आर्यव्रत हैंडबाल अकादमी मोरसिंघी की कोच स्नेहलता ने खिलाड़ियों को बधाई दी।
हिमाचल प्रदेश में निजी शिक्षण संस्थान नियामक आयोग ने निजी विश्वविद्यालयों के खिलाफ एक बार फिर जांच का आदेश जारी किया है। आयोग के पास आई शिकायत के आधार पर जांच के लिए तीन अलग-अलग कमेटियां गठित की गई हैं। तीनों ही कमेटियों को बीते दिन नोटिफाई कर दिया दिया गया है। जल्द ही कमेटियां अपना काम करना शुरू कर देंगी। इस मामले पर आगामी कार्रवाई रिपोर्ट के बाद ही कि जाएगी। हिमाचल प्रदेश निजी शिक्षण संस्थान नियामक आयोग के अध्यक्ष मेजर जनरल (सेवानिवृत) अतुल कौशिक ने कहा कि यह कमेटियां विश्वविद्यालय के मूलभूत सुविधाओं, वेतन और लैबोरेटरी की जांच करेंगी। इसमें पहली कमेटी विश्वविद्यालय के इंफ्रास्ट्रक्चर और लैबोरेटरी की सुविधाओं को जांचेगी। दूसरी कमेटी द्वारा शिक्षकों की योग्यता को जांचा जाएगा। इसके पहले चरण में कुलपति की योग्यता को जांचा गया था, जिसमें काफी कुलपति अयोग्य पाए गए थे। वहीं, तीसरी कमेटी शिक्षकों के वेतन मामले की जांच करेगी। आयोग के पास ज़्यादातर शिकायतें वेतन से ही संबंधित हैं। शिक्षकों को यूजीसी नियमों के अनुसार वेतन नहीं दिया जाता है। इस मामले में कई विवि जांच की जद में आ सकते हैं।
मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह के आरोपों पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र के गृहमंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ बड़ा फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट ने अनिल देशमुख के खिलाफ सीबीआई जांच का आदेश जारी किया है। हाईकोर्ट ने 15 दिन के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने को भी कहा है। परमबीर सिंह ने देशमुख के खिलाफ हाईकोर्ट में 100 करोड़ रुपए वसूली की याचिका लगाई थी। इसी याचिका पर फैसला सुनाते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि इस मामले में एफआईआर दर्ज हो चुकी है और पुलिस जांच की जरूरत है। उच्च न्यायालय ने कहा कि अनिल देशमुख पर ये आरोप लगे हैं और इसकी जांच के लिए हम पुलिस पर निर्भर नहीं रह सकते हैं। इसकी निष्पक्ष जांच के लिए सीबीआई जांच की जरुरत है।


















































