उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आज जिला स्तरीय मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना की बैठक की अध्यक्षता करते हुए जानकारी दी कि बैठक में मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के तहत 122 नई परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई है, जिस पर लगभग 12 करोड़ 77 लाख रुपये का निवेश प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा इस योजना के तहत 2 करोड़ 90 लाख रुपये का पूंजी निवेश उपदान प्रदान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन 122 परियोजनाओं में विनिर्माण क्षेत्र के 3, ट्रैडिंग के 25, पर्यटन व्यवसाय 6, सेवा क्षेत्र के 23, छोटे मालवाहक वाहन के 45 तथा जेसीबी की 18 परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई है। इस वित्तिय वर्ष योजना के तहत 120 उद्यमी स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित है जिसके अंतर्गत अभी तक 72 उद्यम स्थापित हो चुके हैं, जिस पर राज्य सरकार द्वारा 2 करोड़ 35 लाख रुपये का उपदान प्रदान किया जा रहा है। शेष लक्ष्य को जल्द पूरा किया जाएगा। इस अवसर पर बैंकों में लंबित मामलों पर विचार-विमर्श किया गया। उन्होनें कहा कि इस योजना के तहत अधिक से अधिक लोगों को लाभ प्रदान करने के लिए योजना का समुचित प्रचार-प्रसार किया जाना आवश्यक है। उन्होंने बैंक के जिला समन्वयकों से इस योजना को सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने के लिए सहयोग प्रदान करने का आग्रह किया ताकि योजना का अधिक से अधिक लोगों को लाभ प्रदान किया जा सके। उन्होंने बैंकों को तय समय में मामले निपटाने के आदेश दिए। महा प्रबंधक जिला उद्योग केन्द्र योगेश गुप्ता ने पात्र व्यक्तियों को जल्द बैंकों को दस्तावेज उपलब्ध करवाने की अपील की ताकि लंबित मामलों को जल्दी निपटाया जा सके। बैठक में एलडीएम ए.के. सिंह, जिला समन्वयक सहकारी बैंक संजय शर्मा, पंजाब नैशनल बैंक विशाल भारद्वाज, स्टेट बैंक से हरिश शांडिल, विजय कुमार भट्ट, विकास कुमार शर्मा, एचडीएफसी बैंक से राजीव ठाकुर तथा अन्य बैंकों के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज ने आज क्लिफिंगटन एस्टेट में पिछले दिन डंगा धंसने से हुए नुकसान का जायज़ा लिया। भारद्वाज ने लोक निर्माण विभाग, नगर निगम शिमला, जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ निरीक्षण किया और ज़रूरी निर्देश दिए। मंत्री ने वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि खतरनाक पेड़ों से मकानों को कोई नुकसान न हो। भारद्वाज ने प्रभावित परिवारों से भी मुलाकात की। उन्होंने कहा कि भवनों को शीघ्र सुरक्षित किया जाएगा। इसके लिए विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है। उन्होंने संबंधित विभाग को जल आपूर्ति सुचारू रूप से चलाने के निर्देश दिए।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने जानकारी देते हुए बताया कि समाज के कमजोर वर्गों के हित में नरेंद्र मोदी सरकार ने ऐतिहासिक निर्णय लिया है। जिसमे अंडर ग्रेजुएट, पोस्ट ग्रेजुएट एवं दंत चिकित्सा शिक्षा के लिए ऑल इंडिया कोटा में ओबीसी को 27% और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 10% आरक्षण दिया जाएगा। इस निर्णय से करीब 5,550 छात्रों को लाभ प्राप्त होगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नित नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा दुनिया का सबसे बड़ा टीकाकरण अभियान चला रही है जो कि भारत में बहुत तेजी से चल रहा है। अब तक 54.11 लाख से अधिक टीकाकरण सत्रों के दौरान देशभर में 45 करोड़ से अधिक टीके लगाए गए। 18 से 44 वर्ष की आयु के 18.16 करोड़ से अधिक युवाओं को टिके लग गए है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने जो कोरोना के खिलाफ लड़ाई लड़ी है वो दुनिया में मिसाल बनी है। दुनिया के बड़े-बड़े देश जिनकी स्वास्थ्य सेवाएं अच्छी थीं वो भी अपने आप को कोरोना के सामने असहाय महसूस करते हुए देखे गए। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कोविड के दौरान, 'प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना' के तहत, वर्ष 2020-21, तथा 2021-22 में राज्यों को 400 लाख टन खाद्यान वितरण हेतु दिया गया। ई-पोस मशीनों के इंस्टालेशन से पारदर्शिता सुनिश्चित हुई है, व इसका लाभ गरीबों को मिला है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गरीबों के जीवन पर महामारी के बोझ को कम करने के एकमात्र उद्देश्य के साथ ' प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना ' को नवंबर , 2021 दिवाली तक बढ़ाने की घोषणा की , जिसका लाभ 80 करोड़ लोगों को हुआ है। भारत सरकार ने सभी राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों की सरकारों को पीएमजीकेएवाई के तहत मुफ्त खाद्यान्न का वितरण समयबद्ध रूप से किया जाएगा ।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने गत सांय नाचन विधानसभा के जय देवी में जनसभा को संबोधित करते हुए, इस विधानसभा क्षेत्र के लिए लगभग 75.50 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं को समर्पित करने के उपरान्त उन्होनें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जाच को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्तरोन्नत करने और सेली और जय देवी में नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलने की घोषणा की। उन्होंने अटगढ़ में नया कनिष्ठ अभियंता जल शक्ति खंड खोलने और आईटीआई चच्योट में दो नए टेªड़स आरम्भ करने की घोषणा की। उन्होंने विधानसभा क्षेत्र की 12 नई पंचायतों को पंचायत भवनों के निर्माण लिए 10-10 लाख रुपये देने, किलिंग में नया पटवार सर्कल खोलने और घरोट और घिनवी में आयुर्वेदिक औषधालय खोलने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला अटगढ़ और चैल चैक में स्टेडियम निर्माण के लिए 50-50 लाख रुपये जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जय देवी और पंगवास के लिए भी पर्याप्त धनराशि जारी कर दी गई है। उन्होंने कहा कि राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला परवाउ एवं किलिंग को 10-10 लाख रुपये प्रदान किए जाएंगे। उन्होंने वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला किलिंग में विज्ञान प्रयोगशाला के निर्माण और वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला शाल्ली और बाग्गी में विज्ञान कक्षाएं आरम्भ की घोषणा की। उन्होनें उच्च विद्यालय पलाहोट्टा और चंबी को वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला और माध्यमिक पाठशाला, जाच तथा दोलधार को उच्च विद्यालय में स्तरोन्नत करने की घोषणा की। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने जय देवी में 2.33 करोड़ की लागत के 33 केवी सब स्टेशन, ग्राम पंचायत पलोहटा में 3.54 करोड रुपये की लागत की छनेरी नेहरा, पलोहटा उठाऊ जल आपूर्ति योजना और बीबीएमबी कालोनी से सुसान ज्वाला तक नाबार्ड सड़क का लोकार्पण किया। जय राम ठाकुर ने 17.01 करोड़ की लागत की जल आपूर्ति योजना बहली महादेव और जल आपूर्ति योजना नेरी कांगर का संवर्धन, जल जीवन मिशन के अंतर्गत चैक, महादेव, अपर बहली, चंबी, पलोहटा, जय देवी और भलाना पंचायतों के लिए 3.08 करोड रुपये की उठाऊ जल आपूर्ति योजना, सुंदरनगर तहसील में गिरि, भलाना, जय देवी, चंबी से महादेव के लिए 2.08 करोड़ रुपये की लागत की जल आपूर्ति योजना, 51 लाख रुपये की लागत से घंगल खड्ड पर भराडी माता मंदिर से बीबीएमबी कालोनी सुंदरनगर तक निर्मित होने वाले 19.75 मीटर लंबे मोटर योग्य पूल की आधारशिला रखी। जल शक्ति मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर, कृषि, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री वीरेन्द्र कंवर, विधायक सुंदरनगर राकेश जम्वाल, विधायक बल्ह इंदर सिंह गांधी, प्रदेश भजपा प्रवक्ता अजय राणा, अध्यक्ष जिला परिषद मंडी पाल वर्मा, प्रदेश भाजपा मंडलाध्यक्ष सोहन सिंह, उपायुक्त मंडी अरिंदम चैधरी, पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री भी इस अवसर पर उपस्थित थी।
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के कुलपति के सेवाविस्तार को रद्द करने की मांग व शिक्षक भर्ती घोटालों की न्यायिक जांच को लेकर एनएसयूआई की भूख हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही। एनएसयूआई का आरोप है कि प्रो सिकंदर कुमार ने विश्वविद्यालय अध्यादेश की सरेआम अवहेलना करते हुए विवि प्रोफेसर पद पर से बिना इस्तीफा दिए बीजेपी एससी मोर्चे के अध्यक्ष पद पर कार्य करते रहे। अध्यादेश की अवहेलना के बावजूद भी सरकार द्वारा इन्हें कुलपति बनाया गया और अब साजिश के तहत शिक्षक भर्ती घोटालों की जांच को दबाने के लिए एक वर्ष का अतिरिक्त कार्यकाल सेवविस्तार प्रदान किया गया है। भूख हड़ताल के दूसरे दिन प्रदेश उपाध्यक्ष वीनू मेहता, जिला शिमला अध्यक्ष योगेश ठाकुर और विवि परिसर अध्यक्ष परवीन मिन्हास बैठे। एनएसयूआई ने विवि प्रशासन को मांगे मानने के लिए 24 घण्टों का अल्टीमेटम दिया और छात्रों की मांगे पूरी न होने की सूरत में उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
शिमला-कालका राष्ट्रीय उच्च मार्ग में चट्टाने गिरने से एक दिल्ली नंबर की गाड़ी चपेट में आकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। गाड़ी में चार लोग सवार थे जो घायल हो गए हैं। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार एक घायल की हालत गंभीर है, जबकि तीन ख़तरे से बाहर है। हिमाचल में मॉनसून के अलर्ट के बीच लगातार इस तरह के स्लाइड हो रहे हैं। गाड़ी का नम्बर DL4 CNE 3032 है। घायलों को अस्पताल पहुंचा दिया गया है।
हिमाचल प्रदेश के पत्रकारों को एक अंतर्राष्ट्रीय कॉल के माध्यम से धमकी दी गई है. रिकॉर्ड की गई कॉल में कहा गया है कि वे हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को 15 अगस्त को तिरंगा नहीं फहराने देंगे. प्रदेश के कुछ पत्रकारों के मोबाइल पर यह ऑडियो भेजा गया है. रिकॉर्ड की गई कॉल में कहा गया है कि हिमाचल पंजाब का हिस्सा था. पंजाब में जनमत संग्रह करवाया जाएगा और हिमाचल को फिर से पंजाब में शामिल किया जाएगा. खालिस्तान समर्थकों ने अपील की है कि किसान ट्रैक्टर लेकर सड़कों पर उतरें और सीएम जयराम को 15 अगस्त को तिरंगा न फहराने दें. राज्य पुलिस ने अपने सोशल मीडिया के एक आधिकारिक बयान में कहा, "हमें विदेशों से खालिस्तानी समर्थक तत्वों से हिमाचल प्रदेश के कुछ पत्रकारों को भेजे गए और मामले की घेराबंदी करने का पूर्व-रिकॉर्डेड संदेश प्राप्त हो रहा है. उन्होंने निष्कर्ष निकाला, "एचपी पुलिस केंद्रीय सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों के सहयोग से राज्य की सुरक्षा और राष्ट्रविरोधी तत्वों को हिमाचल प्रदेश में शांति और सुरक्षा को विफल करने से रोकने में पूरी तरह सक्षम है."
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज मण्डी जिले के सुन्दरनगर विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत निहरी में एक जनसभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि क्षेत्र के लोगों की सुविधा के लिए निहरी में खण्ड विकास अधिकारी कार्यालय और किंदर में बागवानी विस्तार कार्यालय खोले जाएंगे। उन्होंने चैकी में जल शक्ति विभाग का अनुभाग खोलने, सुन्दरनगर और बलग के बीच बस सेवा शुरू करने, किंदर में पशु औषधालय, चरखड़ी में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र और निहरी में फायर सब-स्टेशन और जरोल में स्वास्थ्य उप केन्द्र खोलने की घोषणा की। इसके अलावा उन्होंने मुंदरीधार में हेलीपैड के निर्माण, चीरल में राजकीय प्राथमिक पाठशाला खोलने, प्राथमिक विद्यालय जमोह जलोन व टिमरू को माध्यमिक विद्यालय, माध्यमिक विद्यालय कंडी टिक्कर को उच्च विद्यालय, हाड़ाबाई उच्च विद्यालय को वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के रूप में स्तरोन्नत करने, वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कंमाद में विज्ञान कक्षाएं आरम्भ करने की घोषणा भी की। उन्होंने नवगठित सात ग्राम पंचायतों के भवन के निर्माण के लिए 10-10 लाख रुपये देने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने इससे पूर्व निहरी में 43.60 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास किए। उन्होंने निहरी में 8.03 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित राजकीय डिग्री महाविद्यालय भवन, 5.87 करोड़ रुपये से तैयार निहरी-बलग सड़क और 8.69 करोड़ रुपये से तैयार बाढू-रोहाड़ा-चरखरी पेयजल आपूर्ति योजना के उद्घाटन किए। उन्होंने 6.70 और 8.75 करोड़ रुपये की लागत से सलापड़-तत्तापानी सड़क के सुधार और चैड़ा करने के कार्य, 1.13 करोड़ रुपये की लागत से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डोघर के भवन और 4.43 करोड़ रुपये से तैयार होने वाली रोहांडा-पौड़ाकोठी-डुमत बैहली पेयजल आपूर्ति योजना के शिलान्यास किए। जयराम ठाकुर ने कहा कि वह स्वयं एक पहाड़ी क्षेत्र के सादे परिवार से सम्बन्ध रखते हैं इसलिए आम आदमी की विकासात्मक आवश्यकताओं को भलीभांति समझते हैं। प्रदेश सरकार उन क्षेत्रों के विकास पर अधिक बल दे रही है, जो किन्हीं कारणों से उपेक्षित रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान सरकार ने यह निश्चित किया कि किसी भी व्यक्ति को बेहतर उपचार सुविधा से वंचित न रहना पड़े। यहां तक कि स्वयं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्र सरकार ने कोविड प्रबन्धन के लिए राज्य सरकार क प्रयासों को सराहा है। सुन्दरनगर विधानसभा क्षेत्र में जल शक्ति विभाग के माध्यम से 167 करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। आम आदमी के कल्याण के लिए राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई विभिन्न योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि हिमकेयर, गृहिणी सुविधा योजना और सहारा योजना आदि लाखों लोगों के लिए वरदान साबित हुई हैं। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता अजय राणा, भाजपा मंडलाध्यक्ष प्रताप ठाकुर, उपायुक्त मण्डी अरिन्दम चैधरी व पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव प्रदेश मामलों के सह प्रभारी संजय दत्त तीन दिवसीय दौरे पर 3 अगस्त को शिमला आएंगे। इस दौरान वह प्रदेश कांग्रेस के मीडिया विभाग, सोशल मीडिया,अग्रणी संगठनों के प्रमुखों, सेवादल,महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, एनएसयूआई, व एससी विभाग की कोर कमेटी के साथ बैठके करेंगे। कांग्रेस सचिव हरिकृष्ण हिमराल ने आज यहां बताया कि संजय दत्त 2 अगस्त को शिमला पहुंचेगें।3 अगस्त को दत्त सुबह 10.30 बजे मीडिया विभाग के प्रवक्ताओं व पेनीलिस्टों के साथ बैठक करेंगे। इसी दिन सायं 2 से 4 बजे तक सोशल मीडिया व अग्रणी संगठनों के प्रमुखों के साथ बैठक के बाद सायं 4 बजे से एससी विभाग की कोर कमेटी के साथ बैठक करेंगे।
उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी की अध्यक्षता में आज यहां जिला स्तरीय सतर्कता समिति की बैठक का आयोजन किया गया। उन्होंने बताया राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2013 के अंतर्गत जिला शिमला में 71 हजार 42 परिवारों की 3 लाख 34 हजार 938 जनसंख्या का चयन किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत बाकी परिवारों की चयन प्रक्रिया जारी है। जिला शिमला में राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के थोक बिक्री केन्द्रों के माध्यम से जनवरी, 2021 से अब तक 2 लाख 45 हजार 986 मीट्रिक टन विभिन्न खाद्य सामग्रियों का सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से वितरित की गई। उन्होंने बताया कि खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग द्वारा जिले में जनवरी, 2021 से अब तक 2 हजार 865 निरीक्षण किए गए, जिसके तहत 1 लाख 62 हजार 400 रुपये की राशि वसूली गई। इस अवसर पर जिला नियंत्रक खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले पूर्ण चंद, जिला कार्यक्रम अधिकारी वंदना चौहान, जिला खाद्य अधिकारी श्रवण, जिला ऑडिट अधिकारी भूप सिंह, डाॅ. एचआर ठाकुर एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक ने आज अपने 40वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में शिमला ग्रामीण के अंतर्गत गलोट ग्राम पंचायत के फगेरा गांव में वन विभाग के सहयोग से पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें मुख्य अरण्यपाल वन वृत शिमला एस.डी. शर्मा ने बान का पौधा रोपित कर इसका शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि पर्यावरण की समस्या पूरे विश्व में उभर कर आ रही है, जिसको बचाना व संरक्षण करना सामुहिक दायित्व है। उन्होंने बताया कि पूरे विश्व में वनों के क्षेत्र में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण की दृष्टि से समस्या पैदा कर सकती है। उन्होंने कहा कि प्रति वर्ष हमें पौधा रोपण कार्यक्रम के साथ-साथ उनका संरक्षण भी सुनिश्चित करना होगा तभी वनों का संवर्धन कर पर्यावरण को बचाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पेड़ लगाने के साथ-साथ इनकी देखरेख और हिफाजत करना हमारा कर्तव्य है, जिसके लिए क्षेत्र के लोगों को आगे आना होगा तभी वन महोत्सव का उद्देश्य सार्थक होगा। भविष्य में यदि नाबार्ड या कृषक उत्पादक संगठन इस तरह के कार्यक्रम आयोजित करता है तो वन विभाग द्वारा पूरा सहयोग प्रदान किया जाएगा। आज वृक्षारोपण कार्यक्रम के तहत आधे हैक्टेयर भूमि पर 550 बान के पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में मुख्य महा प्रबंधक, राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक दिनेश रैना ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कहा कि बैंक द्वारा नियमित कार्यों के साथ-साथ जन सेवा व सामाजिक कार्यों में भी योगदान प्रदान किया जाता है। बैंक द्वारा समय-समय पर विभिन्न वर्गों के साथ अनेक गतिविधियां आयोजित की जाती है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों को दूर रखने तथा मृदा एवं जल संरक्षण में वृक्षा रोपण सहायक सिद्ध होते हैं। उन्होंने कहा कि नाबार्ड द्वारा राज्य में जलागम, कृषक उत्पादन संगठन एवं आदिवासी विकास योजनाओं में वृक्षारोपण गतिविधियां मुख्य रूप से की जाती है। उन्होंने इस संबंध में ग्रामीणों को जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में ग्राम पंचायत प्रतिनिधि, शुम्भम किसान उत्पादन संगठन के सदस्यों, हार्प एनजीओ के सदस्यों तथा ग्रामवासियों ने पौधा रोपण किया। नाबार्ड के महा प्रबंधक सुधांशु मिश्रा ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए सभी का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर नाबार्ड के उप महाप्रबंधक बी.आर. प्रेमी, राकेश अग्रवाल, सहायक महाप्रबंधक संदीप शर्मा, हार्प संस्था के डाॅ. आर.एस. रत्न, हरिन्द्र सिंह ठाकुर, शुभम फ्रैश फ्रूट वेजिटेबल मार्किटिंग काॅपरेटिव सोसायटी के बाल कृष्ण एवं राम कृष्ण, डीएफओ सुशील राणा, ग्राम पंचायत पनेश के उप-प्रधान राजेन्द्र ठाकुर तथा गांववासियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
24 जुलाई से प्रदेश की शिक्षा में ज्वलंत मुद्दे के रूप में हर छात्र और हर युवा में ट्रेंड कर रहे स्पोर्ट्स एंड कल्चरल कोटा को फिर से लागू करने के लेकर आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने उच्च शिक्षा निदेशालय शिमला में कार्यालय के बाहर शिक्षा विभाग और प्रदेश सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन कर रोष व्यक्त किया। प्रांत मंत्री विशाल वर्मा ने कहा कि प्रदेश के महाविद्यालयों में 26 जुलाई से प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है जिसमे सरकार और शिक्षा विभाग ने "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को खत्म कर युवाओं के साथ खिलवाड़ किया है अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद इस निर्णय का कड़े शब्दों में निंदा करती है इस दौरान विशाल वर्मा ने छात्रों और मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि विश्व के सभी देश खेल को बढ़ावा देने का काम कर रहे है और भारत सरकार भी खेल के क्षेत्र ने नए आयाम और प्रतिदिन नए प्रयोग कर रही हैं ताकि विश्व में खेल के क्षेत्र के देश का नाम रोशन हो सके और युवाओं का सर्वांगीण विकास हो सके। वर्तमान में टोक्यो ओलंपिक में विश्व के सामने भारत देश का नाम रोशन कर रहे हिमाचल प्रदेश के भी युवा है जो सभी प्रदेशवासी के लिए गर्व का विषय है, लेकिन प्रदेश सरकार द्वारा ऐसे समय में खेल को और अधिक बढ़ावा देने के बजाय शिक्षा क्षेत्र में स्पोर्ट्स एंड कल्चरल कोटा को खत्म करना दुर्भाग्यपूर्ण है और प्रदेश के हजारों खिलाड़ी इस निर्णय से हताश है। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में प्रवेश 26 जुलाई से चल रहे है और यह कोटा फिर से लागू होना इस दौरान आवश्यक है ताकि किसी भी खिलाड़ी को शिक्षा या खेल से दूर न रहना पड़े। उन्होंने कहा की ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से विभाग द्वारा दाखिले देने का फरमान दिया गया है। जिस कारण अधिकांश क्षेत्रों में छात्रों को बरसात के दौरान घर दूर पहुंचकर कैफे में फॉर्म भरना पड़ता है, लेकिन दूर कैफे में पहुंचने के बावजूद भी ऑनलाइन दाखिले की वेबसाइट में आ रही अनियमितताओं के कारण छात्रों को एडमिशन लिए बिना ही हताश होना पड़ रहा है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद मांग करती है कि ऑनलाइन व्यवस्था को भी सुदृढ़ किया जाए और साथ में प्रत्यक्ष तौर पर भी दाखिले का माध्यम सुनिश्चित किया जाए और 3 दिन के अंदर महाविद्यालय के दाखिले में "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को पुन: लागू किया जाए अन्यथा अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद आने वाले समय के उग्र आंदोलन करने से भी गुरेज नहीं करेगी।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की मानवता और संवेदनशीलता का एक और उदाहरण जिला मण्डी के करसोग में देखने को मिला। जयराम ठाकुर के करसोग विधानसभा प्रवास के दौरान चिंडी विश्राम गृह में जब एक फरियादी महिला ने मुख्यमंत्री को अपनी समस्या से अवगत करवाया, तो मुख्यमंत्री ने उन्हें तुरंत 2 लाख रुपये की सहायता राशि स्वीकृत की। जिला मण्डी की तहसील करसोग के गांव खडूहन की निवासी सीमा कुमारी को मुख्यमंत्री का यह दौरा आजीवन याद रहेगा। उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि उनके पति एचआरटीसी में कार्यरत थे। उनके पति की मृत्यु बस हादसे में हुई थी। पति की मृत्यु के बाद उन्हें पांच बेटियों का पालन-पोषण करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा था। मुख्यमंत्री ने उनकी समस्या को ध्यानपूर्वक सुना और महिला की समस्या का समाधान करने के उद्देश्य से महिला को मौके पर ही दो लाख रुपये की राशि स्वीकृत की है। सीमा कुमारी ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जयराम सरकार गरीबों तथा कमजोर वर्गों की हितैषी सरकार है। उन्होंने इस आर्थिक मदद के लिए मुख्यमंत्री का कोटि-कोटि आभार व्यक्त किया।
शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों के उत्थान के लिए जो केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा उठाए गए एहम कदमों की भाजपा सह प्रभारी संजय टंडन ने ई चिंतन के माध्यम से भाजपा के कार्यकर्ताओं के बीच चर्चा की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के उत्थान के लिए नरेंद्र मोदी सरकार ने अनेकों योजनाएं एवं कार्य किए जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को पंख लगे, हर गांव को जोड़ने के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत सड़कें बनाई गई जिससे गांव की अर्थिकि स्थिति में सुधार हुआ। प्रधानमंत्री जन धन योजन के अंतर्गत देश मे 43 करोड़ खाते खोले गए जिसमे 144277.46 करोड़ की राशि जमा हुई। अटल पेंशन योजना के तहत अभिदाताओं की कुल संख्या 16 जुलाई 2021 तक 30636000 पहुंची है जिसे जनता को बड़ा लाभ हुआ है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत 2018 से अब तक 94291283 किसानों को पंजीकृत किया गया जिससे किसानों को लाभ हुआ। ग्रामीण विकास मंत्रालय ने 25 सितंबर 2014 को राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के एक भाग के रूप में दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना ( डीडीयू - जीकेवाई ) की घोषणा की, जिसका दोहरा उद्देश्य है, ग्रामीण गरीब परिवारों की आय में वृद्धि करने के साथ ग्रामीण युवाओं की करियर आकांक्षाओं को पूरा करना, ताकि वे समाज में जिस आदर्श स्थिति की कल्पना करते हैं उसे प्राप्त कर सकें। केंद्र सरकार ने हर गांव में बिजली पहुंचाने का कार्य किया और साथ ही 37 करोड़ से अधिक सीएफएल बल्ब दिए जिससे ग्रामीण क्षेत्र में ज्यादा बिजली पहुची। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ग्रामीण क्षेत्र के हर घर को शौचालय दिया जिससे एक बड़ी समस्या का अंत हुआ, महिलाओं का दर्द समझते हुए उन्होंने हर घर को गैस चूल्हा प्रदान किया, उज्वला योजना आज भारत की सबसे बड़ी योजना उभर के आई है। डिजिटल इंडिया के अंतर्गत गांव में केबल डालने का काम शुरू हो चुका है जिस से हर गांव में इंटरनेट की सुविधा उपलब्ध होगी और काफी गांव में यह काम पूरा भी हो चुका है। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र में भी प्रधानमंत्री द्वारा अद्भुत कार्य किए गए। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत कुल 1.12 करोड़ घरों को मंजूरी दी गई है, जिनमें से 82.5 लाख घरों का कार्य शुरू कर दिया गया है और लगभग 48 लाख पूरे हो चुके हैं। केंद्र सरकार ने आत्मनिर्भर भारत पैकेज 3.0 के तहत औपचारिक क्षेत्र में रोजगार को बढ़ावा देने और कोविड के दौरान नए रोजगार के अवसरों के सृजन को प्रोत्साहित करने के लिए आत्मनिर्भर भारत रोजगार योजना को मंजूरी दी। कैबिनेट ने चालू वित्त वर्ष के लिए 1,584 करोड़ रुपये और पूरी योजना अवधि यानी 2020-2023 के लिए 22,810 करोड़ रुपये के खर्च को मंजूरी दी है ।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड तकनीकी कर्मचारी महासंघ की जुब्बल कोटखाई इकाई ने आज से विद्युत बोर्ड प्रबंधन के खिलाफ काले बिल्ले लगाकर अपना रोष प्रकट किया है। यह मुहिम पूरे प्रदेश में जारी है। विद्युत तकनीकी कर्मचारी महासंघ के प्रदेश उपप्रधान सुरेंद्र शर्मा तथा जुब्बल कोटखाई इकाई के प्रधान जोगिंदर सिंह धोलटा, इकाई सचिव रामचंद्र भारद्वाज सहित समस्त पदाधिकारियों ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि 19 जुलाई को विद्युत बोर्ड मुख्यालय शिमला में विशाल धरना प्रदर्शन किया गया था, उसके बावजूद भी बोर्ड प्रबंधन ने कर्मचारियों की मांगों को अनदेखा किया है। बोर्ड प्रबंधन तकनीकी कर्मचारियों की मांगों को पिछले दो-तीन सालों से लटकाते आ रहा है। जिस कारण कर्मचारियों को यह रुख अख्तियार करना पड़ रहा है, यदि 2 अगस्त तक बोर्ड प्रबंधन ने तकनीकी कर्मचारियों की मांगों को लागू नहीं किया तो विद्युत बोर्ड मुख्यालय स्थित शिमला में संघ के प्रदेश पदाधिकारी क्रमिक अनशन पर बैठेगी, जिसकी सारी जिम्मेदारी विद्युत बोर्ड प्रबंधन की होगी।
हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने 97 न्यायिक अधिकारियों के स्थानांतरण आदेश जारी किए हैं। जिला एवं सत्र न्यायाधीशों में अरविंद मल्होत्रा को पीठासीन अधिकारी श्रम न्यायालय कांगड़ा, जेके शर्मा को हमीरपुर, राकेश कैंथला को मंडी, वीरेंद्र शर्मा को सोलन, आरके शर्मा को मंडी से स्थानांतरित कर निदेशक एचपी न्यायिक अकादमी के पद पर भेजा गया है। इसी तरह आरके चौधरी को सिरमौर, भूपेश शर्मा को ऊना, डीआर ठाकुर को डी एंड एसजे (एफ), शिमला, देवेंद्र कुमार को बिलासपुर, योगेश जसवाल को कांगड़ा, आरके तोमर को पीठासीन अधिकारी श्रम न्यायालय शिमला और शरद कुमार लगवाल को चंबा लगाया गया है। हंसराज को नालागढ़, प्रीति ठाकुर को धर्मशाला, बरिंदर ठाकुर को किन्नौर स्थित रामपुर लगाया गया है। फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो धर्मशाला के पीठासीन अधिकारी कृष्ण कुमार को अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश ऊना, जिया लाल आजाद को सरकाघाट लगाया गया है। फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो मंडी के पीठासीन अधिकारी अपर्णा शर्मा को अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश शिमला लगाया है। अनुजा सूद को सुंदरनगर, फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो सोलन की पीठासीन अधिकारी परवीन चौहान को स्पेशल जज सीबीआई शिमला, प्रकाश राणा को चंबा से फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो धर्मशाला के पीठासीन अधिकारी, मंडी पंकज शर्मा को फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो मंडी, हिमाचल प्रदेश न्यायिक अकादमी की निदेशक अबीरा बासु को सीजेएम सिरमौर, मुख्य न्यायिक दंड अधिकारियों में सचिन रघु को चंबा, प्रशासनिक अधिकारी विधिक सेवा प्राधिकरण गौरव महाजन बिलासपुर, अभय मंडयाल को किन्नौर, प्रताप ठाकुर को शिमला, अरविंद कुमार को चंबा, परविंदर सिंह अरोरा को न्यायिक अकादमी में उप निदेशक के पद पर शिमला, हितेंद्र शर्मा को प्रशासनिक अधिकारी विधिक सेवा प्राधिकरण शिमला, होशियार सिंह वर्मा को लाहौल-स्पीति लगाया गया है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शीतल शर्मा को घुमारवीं, बसंत लाल वर्मा को कांगड़ा, अनिल कुमार को शिमला, गुरमीत कौर को ठियोग, अमित मंडयाल को सरकाघाट, मोहित बंसल को नालागढ़, नितिन मित्तल को हमीरपुर, नेहा दहिया को देहरा, संदीप सिंह सिहाग को ऊना, दिव्य ज्योति पटियाल को मंडी, निखिल अग्रवाल को शिमला लगाया गया है। वहीं, अक्षि शर्मा को सुंदरनगर, असलम बेग को नूरपुर, मनीषा गोयल को रोहड़ू, विवेक शर्मा को अंब और उपासना शर्मा को पौंटा साहिब तैनाती दी गयी है। एसीजेएम हकीकत ढांडा को सीपीसी हाईकोर्ट लगाया गया है।
राजधानी शिमला में मुख्यमंत्री आवास ओक ओवर परिसर का डंगा ढहने के कारण साथ लगते तीन भवनों को खतरा पैदा हो गया है। प्रशासन ने भवनों को एहतियात के तौर पर खाली करवा दिया गया है। इसमें रह रहे 6 परिवारों के 30 लोगों को प्रशासन ने पीटरहॉफ के सर्किट हाउस में शिफ्ट कर दिया है। एसडीएम शहरी मनजीत शर्मा ने खुद मौके पर जाकर प्रभावितों को भवन से सुरक्षित बाहर निकाला और रेस्क्यू किया। उन्होंने बताया कि ओकओवर में डंगा लगाने के कार्यों के चलते मिट्टी गिरने की संभावना के मद्देनजर भवनों को लोगों की सुरक्षा की दृष्टि से खाली कराया गया है। उन्होंने बताया कि जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ है। सुबह 4:30 बजे के आसपास डंगा डह गया था। ऐसे में प्रशासन ने भवनों में रह रहे करीब 30 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया है। फिलहाल लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी मशीनरी समेत डंगा लगाने के कार्य में जुटे हैं।
स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता ने बुधवार को कहा कि कोविड-19 टीकाकरण करवा कर ही कोरोना महामारी से बचा जा सकता है। उन्होंने कहा कि पिछले एक सप्ताह यानि (19 जुलाई से 25 जुलाई, 2021) के विभिन्न कोविड पॉजिटिव मामलों पर किए गए एक अध्ययन में सामने आया है कि जिन लोगों का कोविड-19 टीकाकरण हुआ है वे कम मात्रा में है और जिन लोगों ने अपना टीकाकरण नहीं करवाया है वे ज्यादा मात्रा में संक्रमित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि 19 जुलाई से 25 जुलाई, 2021 तक राज्य में कुल 670 लोग कोविड पॉजिटिव पाए गए, जिनमें से 457 लोगों का कोविड-19 के खिलाफ टीकाकरण नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि कोविड पॉजिटिव पाए गए लोगों में 138 लोगों ने कोविड वैक्सीन की पहली खुराक और 63 लोगों ने वैक्सीन की दोनों खुराकें ली थीं। प्रवक्ता ने कहा कि इसी अवधि के दौरान जिला बिलासपुर में कुल 40 पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 15 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 11 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 13 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, जिला चंबा में कुल 175 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 131 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 37 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 7 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, हमीरपुर में कुल 28 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 15 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 9 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 4 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी। जिला कांगड़ा में कुल 86 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 62 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 15 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 21 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, किन्नौर में कुल 14 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 5 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 7 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व एक व्यक्ति को कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक लगी थी। जिला कुल्लू में कुल 33 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 25 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 7 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व एक व्यक्ति को कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक लगी थी। लाहौल स्पीति में कुल 7 लोग पॉजिटिव पाए गए जिनमें किसी भी व्यक्ति ने कोविड वैक्सीन नहीं लगवाई थी। जिला मंडी में कुल 153 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 106 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 31 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 16 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक, शिमला में कुल 92 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 72 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 13 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 7 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक, सिरमौर में कुल 4 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 2 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 2 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक, सोलन में कुल 13 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 7 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि एक व्यक्ति को वैक्सीन की पहली खुराक व 2 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक और जिला ऊना में कुल 25 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 10 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 5 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 3 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी। उन्होंने कहा कि 12 लोग ऐसे पॉजिटिव पाए गए हैं, जिनका वैक्सिनेशन संबंधी कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य में कोविड-19 महामारी का प्रभाव कम हुआ है लेकिन यह महामारी अभी खत्म नहीं हुई है, इसलिए अभी भी इससे सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी की संभावित तीसरी लहर से बचाव के दृष्टिगत कोविड अनुरूप व्यवहार जैसे परस्पर दूरी बनाए रखना, साबुन-पानी से हाथ धोना या सैनिटाईजर से हाथ साफ करना और मास्क का उपयोग करना आदि नियमों का कड़ाई से पालन करना सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
शिमला : क्षय रोग मुक्त हिमाचल अभियान की सफलता के लिए सभी संबंध विभाग समन्वय स्थापित कर सक्रियता से कार्य करें ताकि जिला शिमला में क्षय रोग के मामलों को पूर्ण रूप से खत्म किया जा सके। यह बात उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने इस अभियान को सुचारू रूप से चलाए जाने के लिए की जाने वाली तैयारियों के संबंध में बुलाई गई बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। उन्होंने बताया कि क्षय रोग सक्रिय मामलों का पता लगाने के लिए क्षयमुक्त हिमाचल अभियान आगामी 1 अगस्त से 31 अगस्त, 2021 तक चलेगा। उन्होंने कहा कि अभियान के तहत जिला में घर-घर जाकर लोगों की क्षय रोग परीक्षण व जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि यह अभियान पूरे देश में चलेगा। अभियान के तहत प्रत्येक व्यक्ति के थूक की जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस अभियान के तहत जिला में कार्यदलों की नियुक्ति कर इसे व्यापकता प्रदान की जाए ताकि प्रत्येक व्यक्ति को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने प्रत्येक स्तर पर टीम का गठन कर कार्य करने को कहा, जिसमें आशा एवं आंगनबाड़ी वर्कर, आयुर्वेद, फार्मासिस्ट तथा अन्य स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी शामिल होंगे। उन्होंने अधिकारियों को इस अभियान के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर बल दिया। उपायुक्त ने लोगों से अपील की है कि खांसी, बुखार यदि दो हफ्ते से अधिक रह रहा हो अथवा वज़न घट रहा हो या रात में पसीने आ रहे हो, ऐसे लक्षण वाले लोग अपने थूक की जांच अवश्य करवाएं। जिला क्षय रोग अधिकारी डाॅॅ. राकेश भारद्वाज ने कहा कि शोध में पाया गया है कि कोविड से ग्रसित रोगी के ठीक होने के बाद भी यदि खांसी, बुखार के लक्षण रहते हो तो टीवी की जांच अवश्य करवाएं। यह संभावना हो सकती है कि व्यक्ति में टीवी के लक्षण हो। 10 में से एक व्यक्ति क्षय रोग से ऐसे में ग्रसित पाया गया है। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. सुरेखा चैपड़ा, स्वास्थ्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. हरि राम, जिला आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारी डाॅ. पवन जैरथ, जिला कार्यक्रम अधिकारी वंदना चैहान, एकीकृत बाल विकास अधिकारी ममता पाॅल तथा जिला कार्यक्रम समन्वयक तनुजा भी उपस्थित थी।
शिमला :कोरोना की संभावित तीसरी लहर के दृष्टिगत जिला शिमला के विभिन्न क्षेत्रों में समर्पित कोविड स्वास्थ्य केन्द्रों में की गई तैयारियों की समीक्षा बैठक आज उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपने क्षेत्र में इन तैयारियों के तहत किए जाने वाले कार्यों को सक्रियता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां-जहां ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किए जाने है अथवा ऑक्सीजन उपलब्धता से संबंधित किए जाने वाले कार्यों को बिना समय गवाएं जल्द पूरा करें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि छोटे-छोटे मसलों को अपने स्तर पर हल कर कार्यों को गति प्रदान करें। उन्होंने उपमण्डल स्तर पर उमपण्डलाधिकारियों को इस संबंध में निरीक्षण व निगरानी के आदेश दिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग तथा केन्द्रीय लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को विभिन्न केन्द्रों में लगने वाले ऑक्सीजन प्लांटों के कार्यों को अभिलंब पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने शिमला नगर के अस्पतालों के चिकित्सा अधीक्षकों को इन कार्यों में व्यक्तिगत रूचि लेकर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह कार्य शीघ्र अति शीघ्र किए जाने आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में यदि सरकार के स्तर पर कोई कार्य किया जाना है उस संबंध में जल्द सूचित करें ताकि कार्यों में किसी प्रकार का व्यवधान् उत्पन्न न हो और संभावित तीसरी लहर देखते हुए हम तैयारियों की पूर्ति के लिए सक्षम हो सके। बैठक में समस्त उपमण्डलाधिकारी, आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. जनक राज, चिकित्सा अधीक्षक कमला नेहरू अस्पताल डाॅ. अंबिका , लोक निर्माण विभाग तथा केन्द्रीय लोक निर्माण विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
किन्नौर : कैच दी रैन अभियान को सफल बनाने के लिए जन सहभागिता जरूरी है। उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने आज जल शक्ति विभाग के ”कैच दी रैन“ अभियान की जिला स्तरीय समीति की बैठक कि अध्यक्षता करते हुए कहा कि जल संरक्षण सभी का सामूहिक उत्तरदायित्व है तथा इस दिशा में विभागों के सार्थक प्रयास आवश्यक है। उपायुक्त किन्नौर ने कहा कि जल का संरक्षण वर्तमान समय की मांग है जल की एक-एक बून्द को बचा कर जल का सदुपयोग कर भावी पीढ़ी के लिए पर्याप्त मात्रा में जल उपलब्ध करवाया जा सकता है। जिसके लिए सरकारी, प्रशासनिक एवं आम जन की भागीदारी आवश्यक है। उन्होनें कहा कि इस अभियान के तहत लोगों की सक्रिय भागीदारी के साथ जल संचयन गडे, छत वर्षा जल संचयन, चैक डैम बनाने, टैंकों का भंडारण क्षमता को बढाने व जल संचयन संरचनाओं को मुरम्मत जैसे कार्यो को अभियान में शामिल कर भविष्य के लिए पानी की कमी को पूरा किया जा सकता है। उन्होनें कहा कि वर्षा जल संग्रहण के लिए भवनों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर सभी सरकारी भवनों, पंचायत घरों, आंगनवाड़ी केन्द्रों, विद्यालयों तथा प्राथमिक स्वास्थय केन्द्रों के समीप वर्षा जल संरक्षण टैंक निर्मित किए जाए। उन्होनें वन विभाग के अधिकारीयों को निर्देश दिए कि भूमि कटाव सम्भावित क्षेत्रों एवं नदी नालों के समीप अधिक से अधिक पौधरोपण कर कृषि योगय भूमि के कटाव को रोका जा सकें। उपायुक्त ने कहा जल शक्ति विभाग को जल संरक्षण के लिए प्रभावी योजना बनाई जानी चाहिए। जिससे जल संरक्षण की नई तकनीक के माध्यम से जल संचयन किया जा सके। उन्होनें पारंपरिक जल स्त्रोतों के सरंक्षण और संवर्धन पर भी चर्चा की। उन्होनें नेहरू युवा केन्द्र के साथ महिला मण्डल, युवक मण्डल और अन्य गैर सरकारी संगठनों को साथ जोड कर वर्षा जल संरक्षण की दिशा में कार्य करने व आम जन को जागरूक करने के निर्देश दिए। ताकि जिले में बेहतर जल संरक्षण संरचनाएं तैयार की जा सकें। इस अवसर पर उपमण्डलाधिकारी अधिकारी कल्पा स्वाती डोगरा, वनमण्डलाधिकारी रजनोल्ड राॅयस्टन, सदस्य सचिव जल शाक्ति विभाग सुमित सूद, परियोजना अधिकारी ग्रामीण विकास अभिकरण जंयवन्ती ठाकुर, अधिशाषी अभियन्ता लोक निमार्ण विभाग अंशुल चैधरी, जिला युवा समन्यवयक नेहरू युवा केन्द्र प्रिंयका व विभिन्न विभागों के विभगाध्यक्ष तथा कर्मचारी उपस्थित थे।
शिमला: हिमाचल प्रदेश विधानसभा का मानसून 2 से 13 अगस्त तक चलेगा। सत्र काे सुचारू रूप से चलाने के लिए जल्द ही सर्वदलीय बैठक आयोजित हाेगी। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष विपिन सिंह परमार ने आज विधानसभा सचिवालय परिसर का आगामी मानसून सत्र के दृष्टिगत चल रही तैयारियों का जायजा लेने के लिए विस्तृत दौरा किया। परमार ने परिसर में चल रहे विकासात्मक कार्यों तथा अन्य मुरम्मत कार्यों का निरिक्षण भी किया। गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश विधानसभा का 10 दिवसीय मानसून सत्र दाे अगस्त से आरम्भ होने जा रहा है। इस अवसर पर विधान सभा सचिव यशपाल शर्मा, संयुक्त सचिव (प्रशासन) विधानसभा बेग राम कश्यप, उप निदेशक विधान सभा हरदयाल भारद्वाज, विधानसभा अध्यक्ष के सचिव प्रकाश ठाकुर, लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियन्ता डॉ0 रवि कुमार कौंडल, विधानसभा सचिवायल के अनुभाग अधिकारी प्रशासन राजेन्द्र ठाकुर, तथा सत्र की तैयारियों में लगे अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी मौजूद थे। इस अवसर पर परमार ने अधिकारियों को समय रहते सभी कार्यों को पूर्ण करने के आदेश दिये। परमार ने परिसर की साफ सफाई को भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पुस्तकालय कक्ष, मिडिया सैंटर, मुख्यमंत्री तथा मंत्रीपरिषद के सदस्यों के चैम्बर, अभी हाल ही में नियुक्त हिमाचल प्रदेश सरकार के मुख्य सचेतक तथा उप मुख्य सचेतक के चैम्बर, पत्रकार दीर्धा, दर्शक दीर्धा तथा सदन के अन्दर चल रहे मुरम्मत कार्यों का निरिक्षण किया तथा कुछ और अरिरिक्त मुरम्मत कार्यों को समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त उनहेंने विधानसभा के प्रतिक्षालय भवन का भी निरिक्षण किया तथा वहां आगन्तुकों के लिए समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिये। परमार ने कहा कि सत्र के दौरान सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश व जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ 29 जुलाई को दाेपहर 3 बजे बैठक बुलाई गई है। परमार ने कहा कि सत्र को सुचारू रूप से चलाने में सहयोग देने हेतु शीघ्र ही सर्वदलीय बैठक बुलाई जा रही है।
बुधवार को भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा के कर कमलों द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान का केन्द्रीय कार्यालय दिल्ली में शुभारम्भ हुआ। राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान के दृष्टिगत आयोजित एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में देश भर के 33 प्रातों/केन्द्र शासित प्रदेशों के 121 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। एक दिवसीय यह प्रशिक्षण वर्ग पांच सत्रों में आयोजित किया गया। भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा ने इस अवसर पर बोलते हुए भाजपा का आहवान किया कि हमें देश के दो लाख गांव में चार लाख हैल्थ वालिंटियर तैयार करने हैं और जो किसी भी संभावित कोविड वेव से समाज को जागरूक करने, समाज सेवा करने के लिए तत्पर हों। उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए सेवा ही संगठन है और हम सब इसी विचारधारा एवं दृष्टिकोण के साथ राष्ट्र सेवा में कार्यरत हैं। विधायक एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्षा डा. राजीव बिन्दल जो राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान के संयोजक भी हैं ने प्रशिक्षण वर्ग में कहा कि हमें गांव स्तर पर बनाए जाने वाले स्वास्थ्य सवयं सेवकों को कोविड-19 के प्रति पूर्ण रूपेण जानकार बनाना है ताकि वे अपने गांव, अपने मोहल्ले में आने वाले क्षेत्र के प्रत्येक व्यक्ति को जागरूक कर सकें। डा. बिन्दल ने कहा कि हमारा संगठन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा राष्टीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा के मागदर्शन में इस लक्ष्य को पूरा करेगा और कोरोना को हरा कर ही हम दम लेंगे। देश भर से पधारे 33 प्रांतों/केन्द्र शासित प्रांतों के 121 प्रतिनिधियों ने प्रशिक्षण शिविर में अपने सुझाव और विचार भी व्यक्त किए। प्रशिक्षण शिविर में सभी प्रतिनिधियों को कोरोना की संभावित तीसरी वेव के दृष्टिगत प्रभावितों की सहायता और जानकारी प्रदान करने सम्बन्धी महत्पूर्ण और लाभाकारी जानकारी उपलब्ध करवाई गई है।
बुधवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई द्वारा विभिन्न छात्र मांगों को लेकर अधिष्ठाता अध्ययन को ज्ञापन सौंपा गया।इस ज्ञापन को विश्वविद्यालय में दाखिले की प्रवेश परीक्षा करवाने, विश्वविद्यालय की ऑनलाइन प्रणाली को सुदृढ़ करने ,धीमी रफ्तार से चले हुए इंटरनेट सुविधा को दुरुस्त करने, विश्वविद्यालय में सभी छात्रों के लिए हॉस्टल खोलने और प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करने के संबंध में सौंपा गया। इकाई अध्यक्ष विशाल सकलानी ने बताया कि विश्वविद्यालय में धीमे इंटरनेट की वजह से प्रदेश भर के हजारों छात्र परेशान हो रहे हैं और इंटरनेट ने विश्वविद्यालय की रफ्तार भी धीमी कर दी है। प्रतिदिन हजारों की संख्या में प्रदेशभर से दूरदराज क्षेत्रों से छात्र विश्वविद्यालय में परीक्षा संबंधित अनेकों समस्याओं का समाधान करवाने पहुंचते हैं लेकिन विश्वविद्यालय में खराब इंटरनेट सुविधा होने के कारण वह निराश होकर वापस घर चले जाते हैं, विश्वविद्यालय में वाईफाई के उपकरण 10 साल पुराने हैं जिन्हें बदलना समय की मांग है लेकिन सुस्त विश्वविद्यालय प्रशासन अभी तक इसकी टेंडर प्रक्रिया तक भी शुरू नहीं कर पाया जिसका खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ रहा है। इसी के साथ साथ विश्वविद्यालय की वेबसाइट बहुत ही धीमी रफ्तार से चलती है तथा अनेकों तकनीकी समस्याएं आए दिन इस वेबसाइट में रहती हैं। हाल ही में विश्वविद्यालय ने टेस्टिंग स्टेज पर ही 2017 बैच का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जिससे प्रदेश भर के हजारों छात्र मानसिक रूप से दबाव में आए। उन्होंने कहा की विश्वविद्यालय प्रशासन पीजी के दाखिले प्रवेश परीक्षा के आधार पर ही करवाएं और पिछले वर्ष की भांति मेरिट आधार पर दाखिले कर हजारों छात्रों के साथ धोखाधड़ी ना करें और विश्वविद्यालय प्रशासन परीक्षा प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करें ताकि छात्र अपनी तैयारी ठीक से कर सकें। उन्होंने कहा की आज विश्वविद्यालय की नाकामी के कारण हजारों छात्र शिमला में 5 से ₹7000 का कमरा लेकर किराए भर रहे हैं, शोधार्थी अपना शोध ठीक से नहीं कर पा रहे हैं और उन्हें अनेकों आर्थिक तंगीयों का सामना करना पड़ रहा है, ऐसे में विश्वविद्यालय को चाहिए कि शोधार्थियों के लिए तथा अन्य छात्रों के लिए शीघ्र विश्वविद्यालय के हॉस्टल क्रमानुसार खोले जाए। विश्वविद्यालय जल्द प्रवेश परीक्षा पर अपना रुख स्पष्ट करें व प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करें, ई आर पी सिस्टम को दुरुस्त किया जाए तथा विश्वविद्यालय की इंटरनेट सुविधा को दुरुस्त किया जाए और शोधार्थियों तथा अन्य छात्रों के लिए शीघ्र अति शीघ्र छात्रावास खोले जाएं। यदि विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थी परिषद की मांगों को पूरा नहीं करेगा तो विद्यार्थी परिषद छात्रों को लामबंद करते हुए आंदोलन करेगी ।
हिमाचल प्रदेश भाजपा सहकारिता प्रकोष्ठ की बैठक का दीपकमल में आयोजित हुई। बैठक में शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज ने शिरकत की। भारद्वाज ने कहा कि सहकारिता प्रकोष्ठ का न केवल संगठन की दृष्टि से बल्कि भारत को आत्मनिर्भर बनाने के सपने को साकार करने में भी अहम योगदान है। उन्होंने कहा कि सहकारिता के महत्व का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने इसके लिए अलग मंत्रालय बनाया है जिसका प्रभार गृहमंत्री अमित शाह के पास है। सहकार से समृद्धि का मंत्र ही भारत को आत्मनिर्भर बनाएगा। प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए भारद्वाज ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा सहकारिता के क्षेत्र में कई योजनाएं चलायी जा रही है। इन योजनाओं का मकसद ग्रामीण और शहरी आर्थिकी को सुदृढ़ करना है। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में आर्थिकी पर पड़े प्रभाव खत्म करने में इस क्षेत्र का अहम योगदान होगा।
हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष संजीव शर्मा और महासचिव कमल कृष्ण शर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने आज यहां मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर से भेंट की और एसोसिएशन की विभिन्न मांगों से अवगत करवाया। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि राज्य सरकार उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी।
कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने देश के दो गणराज्यों असम और मिजोरम के बीच सीमा विवाद में भड़की हिंसा पर चिंता प्रकट करते हुए कहा है कि स्वतंत्र भारत मे पहलीं बार दो राज्यों के बीच सीमा विवाद को लेकर इस प्रकार की हिंसा से देश की आंतरिक सुरक्षा को एक बड़ा खतरा उत्तपन हो गया है। इस संघर्ष का पूरे विश्व मे भारत के प्रति एक गलत संदेश गया है। उन्होंने इसके लिए केंद्र की मोदी सरकार को दोषी ठहराते हुए कहा है कि देश के भीतर राज्यों के किसी भी प्रकार के विवाद को समय रहते सुलझाया जाना चाहिए, जिससे किसी भी प्रकार के तनाव या विवाद से बचा जा सकें। उन्होंने कहा कि कई राज्यों में सीमा विवाद है, वहां कमोबेश ऐसी पुनरावृत्ति न हो, इसे समय रहते हल किया जाना चाहिए। कुलदीप राठौर ने आज यहां कहा कि केंद्र सरकार को इन दोनों राज्यो के सीमा विवाद की पूरी जानकारी है,बाबजूद इसके इसे सुलझाने के कोई भी सार्थक प्रयास न किये जाने से साफ है कि गृह मंत्रालय जानबूझकर इसे नजरअंदाज करता रहा है।उन्होंने कहा कि पिछले साल से इन दोनों राज्यों की सीमा पर ज़मीनी विवाद और बढ़ते तनाव की बजह से बेगुनाह 6 पुलिस के जवान मारे गए। राठौर ने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को इसका दोषी ठहराते हुए गृह मंत्री से अपने पद से त्यागपत्र देने की मांग करते हुए कहा है कि एक ओर देश के सैनिकों को विदेशी ताकतों से सीमाओं की रक्षा में अपनी जान गवानी पड़ रही है तो दूसरी तरफ देश के भीतर राज्यों के सीमा विवादों से झूझना पड़ रहा है।उन्होंने असम और मिजोरम के लोगों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए केंद्र से इस समस्या के जल्द निपटारे की मांग भी की है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. सुरेखा चैपड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की पालना करते हुए ऐसे व्यक्ति जो आने वाले समय में अंतर्राष्ट्रीय यात्रा करने जा रहे हैं वह कोविशिल्ड वैक्सीन की दूसरी डोज 28 दिन के बाद तथा 84 दिन से पहले लगवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में अंतर्राष्ट्रीय यात्रा को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिसमें जो छात्र पढ़ाई के संबंध में विदेश जा रहा हो, जो व्यक्ति किसी विदेश में नौकरी कर रहा हो या करने जा रहा हो तथा एथेलिट या भारतीय दल के खिलाड़ी और स्टाफ जो टोक्यो में आयोजित होने जा रहे अंतर्राष्ट्रीय ओलम्पिक्स खेलों में भाग ले रहे हो। उन्होंने बताया कि इन श्रेणियों के लिए जिला में 30 जुलाई को दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल शिमला में विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किया जा रहा है। इसके उपरांत इन श्रेणियों के लिए 31 अगस्त तक प्रत्येक शुक्रवार को दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल शिमला में विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन श्रेणियों में आने वाले सभी लाभार्थी अपने सभी दस्तावेजों के साथ मुख्य चिकित्सा अधिकारी शिमला कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं। दस्तावेजों में पहली खुराक का प्रमाण-पत्र, शिक्षा के संबंध में संवाद पत्र, नौकरी के संबंध में साक्षात्कार काॅल नौकरी ऑफर या रोजगार से संबंधित पत्र, टोक्यो ओलंपिक में नामांकन पत्र तथा पासपोर्ट काॅपी होनी अनिवार्य है।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आदेश जारी करते हुए बताया कि जिला शिमला के अंतर्गत होने वाली निर्वाचन क्षेत्र-65 जुब्बल-कोटखाई में विधानसभा उप-चुनाव तथा 2 मण्डी लोकसभा उप-चुनाव के तहत आने वाले रामपुर विधानसभा क्षेत्र के लिए जिला स्तरीय व्यय अनुश्रवण प्रकोष्ठ का गठन किया गया है, जिसके तहत अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी (प्रोटोकॉल) सचिन कंवल को अध्यक्ष, उपायुक्त कार्यालय के सहायक नियंत्रक वित्त बलबीर सिंह जिल्टा तथा निदेशक उच्च शिक्षा शिमला के सहायक नियंत्रक वित्त एस.के. भारद्वाज को सदस्य नियुक्त किया गया है।
उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आज आदेश जारी करते हुए बताया कि पुलिस अधीक्षक शिमला द्वारा रिज तथा माॅल रोड में पैदल आवागमन कर रहे लोगों के लिए तैयार की गई योजना को मंजूरी प्रदान की गई है। योजना के तहत तीन पुलिस जांच केन्द्र बनाए गए हैं, जिसमें सीटीओ, नजदीक हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय तथा रिगल (लक्कड़ बाजार) शामिल है। इसके अतिरिक्त सीटीओ, स्कैंडल प्वाइंट, नजदीक एचपीएमसी बूथ, चर्च, पदमदेव काॅम्पलेक्स, शेर-ए-पंजाब, स्पोर्टस काॅम्पलेक्स, नजदीक होटल कलाक्र्स तथा होर्स यार्ड नजदीक लक्कड़ बाजार पेड़ स्थानों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती की जाएगी, जो रिज तथा माॅल में यात्रियों तथा लोगों को बाईं दिशा में चलने के साथ बुजुर्ग तथा बीमार व्यक्ति को छोड़कर माॅल एवं रिज पर बैठने की अनुमति नहीं देंगे। उन्होंने बताया कि यह योजना रिज तथा माॅल पर भीड़ को नियंत्रित करने के साथ कोविड-19 प्रोटोकाॅल की अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए तैयार की गई है।
शिमला नगर में अमरूत योजना के तहत विभिन्न विकास कार्यों पर 238.44 करोड़ रुपये की राशि व्यय की जा रही है। यह जानकारी आज शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने आज संजौली के ढिंगुधार में अमरूत योजना के तहत 2.50 करोड़ रुपये से निर्मित पार्किंग व पार्क का उद्घाटन करने के उपरांत दी। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत शिमला नगर में प्रस्तावित 47 कार्यों में से 32 कार्य पूर्ण किए जा चुके हैं, जिस पर लगभग 155 करोड़ रुपये की राशि व्यय की गई है। उन्होंने बताया कि मल्याणा, ढली, लालपानी, सीवरेज प्लांट को स्तरोन्नत करने का कार्य इस योजना के अधीन किया जाएगा। संजौली, सांगटी, इंजनघर के लोगों के लिए जलापूर्ति की निरंतरता को बनाए रखने के लिए 14 करोड़ रुपये की योजना पर युद्ध गति से कार्य किया जा रहा है। शिमला नगर में लगभग 1400 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था के विकास के लिए कार्य किया जा रहा है, जिसमें से 700 गाड़ियों के लिए निर्माण किया जा चुका है। शिमला नगर में 5 फुट ओवर पुलों का निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिनमें से 2 फुट ओवर का निर्माण कर दिया गया है। शिमला नगर में निर्धारित 32 किलोमीटर पैदल मार्ग का निर्माण किया जा चुका है जबकि ओकओवर के समीप अत्याधुनिक पार्क का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि आज ढिंगु मंदिर के समीप 1.50 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित पार्किंग का निर्माण किया गया, जिसमें 70 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था रहेगी। इसके अतिरिक्त अन्य पार्किंग जो 45 लाख रुपये की लागत से बनाई गई है, में लगभग 30 गाड़ियों को पार्क किया जा सकेगा। 27 लाख रुपये की लागत से पार्क का निर्माण किया गया है, जो इस क्षेत्र के बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के लिए अत्यंत उपयोगी होगा। इसके अतिरिक्त ढिंगु मंदिर रास्ते को भी अति आधुनिक रूप से निर्मित किया गया है, जिस पर लगभग 15 लाख रुपये की राशि व्यय की गई है। उन्होंने बताया कि संजौली और इसके आस-पास के क्षेत्रों के तहत ढली में सामुदायिक भवन के साथ-साथ पार्किंग का निर्माण कार्य किया जा रहा है, जिस पर 3 करोड़ रुपये की राशि खर्च होगी। संजौली चैक पर फुट ओवर निर्माण का कार्य किया जा रहा है, जिस पर 2 करोड़ रुपये खर्च होंगे। उन्होंने कहा कि शिमला नगर का विकास बिना किसी भेदभाव के प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सबको साथ लेकर चलने और सभी वर्गों व क्षेत्रों के विकास को बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा सतत् रूप से कार्य किया जा रहा है। कार्यक्रम में पार्षद अर्चना धवन, डाॅ. किमी सूद, आशा शर्मा, आरती चौहान, राजेन्द्र चौहान, दीपक शर्मा, जसविन्द्र, राकेश चौहान, सिमी नंदा, शैली शर्मा, कमलेश मेहता, रेणु चौहान, आनंद कौशल, दिवाकर देवव्रत शर्मा, आयुक्त नगर निगम आशीष कोहली, संयुक्त आयुक्त अजीत भारद्वाज, अधिशाषी अभियंता नगर निगम राजेश, किसान मोर्चा के संजीव चौहान, भाजपा कार्यकर्ता प्रेम सिंह चौहान, संदीप कांत शर्मा, विनायक एसोसिएट के मुकेश वर्मा व एमएस बगानिया भी उपस्थित थे।
हिमाचल में बरसात शुरू होते ही नुकसान शुरू हो गया है। राजधानी शिमला में आइजीएमसी अस्पताल के नजदीक एक दो मंजिला पुराना भवन पूरी तरह से जमीन में मिल गया।यह मकान आइजीएमसी से शिमला की ओर आने वाले रास्ते पर मनचंदा दवा की दुकान के बिल्कुल सामने बना बना था। उस भवन को नगर निगम ने कई साल पहले से अनसेफ घोषित कर दिया था, लेकिन किराएदार और मालिक के विवाद के चलते इस भवन को गिराया ना जा सका। भवन में एक ही व्यक्ति रहता था। इसका और मकान मालिक का आपस में विवाद चल रहा था। बीती रात पुराना लकड़ी से बना हुआ भवन पूरी तरह से मिट्टी बन गया। शहर में कई ऐसे भवन हैं जिन्हें नगर निगम ने अनसेफ घोषित किया है। नगर निगम शिमला 150 से ज्यादा भवनों को अनसेफ घोषित किया है। इन भवनों में लोगों को रहने की अनुमति नहीं होती है, लेकिन अधिकतर मामलों में विवाद न्यायालय तक पहुंचने के चलते इन्हे खाली नहीं करवाया जा सकता है। इसलिए निगम के अनसेफ घोषित होने के बावजूद इन भवनों में लोग अपनी जान जोखिम में डाल कर रह रहे हैं। नियमों के मुताबिक निगम इनके बिजली पानी काट सकता है, लेेकिन किराएदार व मकानमालिक के बीच में चल रहे विवाद के चलते निगम कार्रवाई नहीं कर सकता है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल ने उच्च शिक्षा निदेशक को महाविद्यालय के दाखिले में पुन: "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। प्रांत मंत्री विशाल वर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मीडिया को जानकारी देते हुए कहा कि नए सत्र हेतु प्रदेश के सैकड़ों महाविद्यालयों में 26 जुलाई से दाखिले शुरू हो गए है जिसमें शिक्षा विभाग ने नए रोस्टर को लागू करते हुए दाखिले करवाने का निर्णय लिया है जिसमें "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को खत्म किया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद इस निर्णय की कड़ी निंदा करती है। विशाल ने कहा कि शिक्षा के साथ खेलों को बढ़ावा दिया जाना अत्यंत आवश्यक है ताकि वर्तमान युवा पीढ़ी को नशाखोरी जैसे कुविचारों से दूर रखा जाए। उन्होंने कहा कि खेल के क्षेत्र में जो युवा अपना भविष्य बनाना चाहते है और देश का नाम खेल के क्षेत्र में रोशन करना चाहते है ये निर्णय उन छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। वर्तमान समय में टोक्यो ओलंपिक में भारत देश बढ़चढ़ कर भाग ले रहा है जिसमें 3 युवा हिमाचल प्रदेश के भी अपनी प्रतिभा का हुनर दिखा रहे है जो सभी देवभूमि के लोगों के लिए गौरव का विषय है, ऐसे समय में खेल को और अधिक तवज्जों देने के बजाय "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को खत्म करना खिलाड़ियों का मनोबल गिराने जैसा है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने उच्च शिक्षा निदेशक को महाविद्यालयों में पुन: "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को शुरू करने की मांग रखी है, शिक्षा निदेशक ने विद्यार्थी परिषद द्वारा उठाई गई मांग को वास्तविक मांग बताते हुए शीघ्र विभाग की बैठक बुलाने और इस मांग को पूरा करने के बारे में उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया है।
रोहड़ू एट्रोसिटी एक्ट मामले में रवि कुमार अध्यक्ष भीम आर्मी भारत एकता मिशन हिमाचल प्रदेश ने आरोप लगाए है कि गिरफ्तार व्यक्ति को बचाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं और अनुसूचित जाति के व्यक्ति को गलत तरीके से गिरफ्तार करवाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर कानून के दायरे से बाहर जाकर कोई कार्रवाई की गई तो सरकार और जिला प्रशासन इसका अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहें। उन्होंने रोहड़ू में दलित समुदाय द्वारा प्रदेश कि जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि बेलगाम संगठन के लोगों को रोकने के लिए पुलिस द्वारा कोई भी कार्यवाही नहीं की जा रही है, जिसके कारण प्रदेश में जातीय दंगे भड़काने की साजिश चल रही है। उन्होंने सरकार को चेताया है कि अगर किसी भी प्रकार की स्थिति बिगड़ी तो उसके लिए सीधे तौर पर हिमाचल प्रदेश सरकार जिम्मेवार होगी।
सीटू राज्य कमेटी हिमाचल प्रदेश ने एचआरटीसी कर्मियों की मांगों के समर्थन में ओल्ड बस स्टैंड शिमला पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में विजेंद्र मेहरा, बाबू राम, बालक राम, विनोद बिरसांटा, सुरेंद्र बिट्टू, दर्शन लाल, राकेश सलमान, पवन, विरेन्द्र लाल, सीता राम, चमन लाल, रीना, रजनी, केदार आदि शामिल रहे। सीटू ने प्रदेश सरकार से एचआरटीसी कर्मियों की मांगों को पूर्ण करने व क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला रद्द करने की मांग की है। सीटू ने ऐलान किया है कि अगर एचआरटीसी कर्मियों का आंदोलन आगे बढ़ता है तो सीटू भी प्रदेशव्यापी स्तर पर इसका समर्थन करेगा व इसमें शामिल होगा। सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने कहा है कि प्रदेश सरकार गांव-गांव तक बेहतरीन बस सेवाएं देने वाले एचआरटीसी कर्मियों को प्रताड़ित करके उनके हौसलों को पस्त कर रही है। आज भी हिमाचल प्रदेश की विपरीत भौगोलिक परिस्थिति में हर व्यक्ति तक बस सेवा पहुंचाने का कार्य केवल एचआरटीसी कर्मी ही कर रहे हैं। इस विभाग की बेहतरी के लिए कार्य करने वाले अफसरों व कर्मियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला भी इसी कड़ी का एक हिस्सा है। कर्मियों का गुस्सा केवल क्षेत्रीय प्रबंधक के तबादले तक सीमित नहीं है बल्कि निगम व कर्मियों के प्रति सौतेले भेदभाव के खिलाफ भी है। उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार का रवैया एचआरटीसी कर्मियों के प्रति हमेशा भेदभावपूर्ण रहा है। इस निगम के लिए सरकार की सहायता लगातार कम हो रही है। इसी का नतीजा है कि निगम के पेंशनरों को कई-कई महीनों तक पेंशन नहीं मिलती है। कर्मियों के ओवरटाइम वेतन का भुगतान कई महीनों तक नहीं होता है। घाटे के रूट एचआरटीसी को देकर इसे जान बूझकर हाशिये पर धकेलने की कोशिश की जा रही है व पूर्ण निजीकरण की कोशिशें हो रही हैं। ऐसी परिस्थिति में भी एचआरटीसी कर्मी बेहतरीन सेवाएं देते रहे हैं परन्तु उन्हें ईनाम की जगह तबादले व प्रताड़ना मिल रही है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने एचआरटीसी को निगम के बजाए विभाग का दर्जा देने, पेंशनरों को समय पर पेंशन देने, कर्मियों को समय पर वेतन, ओवरटाइम व भत्तों का भुगतान करने, कच्चे कर्मियों को पक्का करने, बजट में बढ़ोतरी करने, रिक्त पदों को भरने, कर्मियों की प्रताड़ना बन्द करने, स्पेशल पे स्केल देने व कर्मियों के बस ठहरावों पर रहने की उचित व्यवस्था करने की मांग की है।
शिमला स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत विकास नगर क्षेत्र में 14 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाएं क्रियान्वित की जा रही है। इस बात की जानकारी शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने 35 लाख रुपये से निर्मित 16 दुकानों के उद्घाटन समारोह के दौरान दी। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत विकास नगर में सड़क के साथ बैठे तह बाजारियों के लिए यह 16 दुकानें निर्मित कर आबंटित की गई है। इन दुकानों के बनने से जहां सड़क के किनारे बैठे तह बाजारियों को दुकानों का लाभ प्राप्त होगा, वहीं शिमला शहर के सौंदर्यीकरण को भी लाभ प्राप्त होगा। कार्यक्रम के उपरांत शहरी विकास मंत्री नेे परियोजना के तहत विकास नगर में 11 करोड़ रुपये से निर्मित होने जा रही पार्किंग तथा 2 करोड़ 50 लाख रुपये से निर्मित होने वाली लिफ्ट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन कार्यों को अक्तूबर, 2021 तक पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के तहत शिमला के सौंदर्यीकरण में तेजी लाई जाएगी तथा काॅमर्शियल काॅम्पलेक्स, नए मार्ग, फूटपाथ, स्ट्रीट लाईटें, सोलर पैनल, माॅडल स्कूल, पैदल पथ मार्ग तथा आधुनिकीकरण से बनने वाले पार्क तथा वृद्धजनों के लिए वर्षा शालिका शिमला में मुहैया करवाई जा रही है। सरकार द्वारा वल्र्ड बैंक के साथ एमओयू में हस्ताक्षर कर दिए गए है, जिसके तहत आने वाले समय में शिमला शहर के लोगों को पानी की कमी से नहीं जूझना पड़ेगा। इस अवसर पर महापौर नगर निगम शिमला सत्या कौंडल, उप-महापौर शैलेन्द्र चैहान, विकास नगर पार्षद रंजना भारद्वाज, कंगना धार पार्षद रिनू चैहान, जाखू पार्षद अर्चना ध्वन, खलीनी पार्षद पूर्ण चंद तथा नगर निगम आयुक्त आशीष कोहली, उपमण्डलाधिकारी (ना.) ग्रामीण बाबू राम चैहान एवं अन्य विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशानुसार प्रदेश में कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए गठित जिला स्तरीय समिति ने आज शिमला के बालूगंज, अपर चक्कर चैक, लोअर चक्कर चैक, पी.एस.सी. चक्कर, प्राईवेट बसे तथा एचआरटीसी की बसों आदि स्थानों का औचक निरीक्षण कर आम जनमानस, पर्यटकों व दुकानदारों को कोविड नियमों के बारे जागरूक किया। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रमणीक शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार यह कार्यवाही अमल में लाई जा रही है। उन्होंने निरीक्षण के दौरान पर्यटकों और लोगों को कोविड-19 के बारे में जागरूक किया। उन्होंने लोगों को मास्क पहनने और कोविड प्रोटोकॉल की अनुपालना सुनिश्चित करने के संबंध में भी जागरूक किया। इस दौरान उन्होंने लोगों को वैक्सीनेशन के बारे में भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि वैक्सीन लगाने के बाद भी कोविड प्रोटोकाॅल का पालन करें। इस अवसर पर प्रधान बार एसोसिएशन राजीव सरकेक उपस्थित थे।
भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने आज पूर्व मुख्यमंत्री राजा वीरभद्र सिंह के निधन पर होल्ली लॉज में जाकर उनकी पत्नी रानी प्रतिभा सिंह व उनके परिवारजनों से मिल कर अपनी संवेदनाएं प्रकट की। उन्होंने कहा कि राजा वीरभद्र सिंह हिमाचल के ही नहीं बल्कि राष्ट्रीय नेता थे उनकी मृत्यु से जो हिमाचल में एक शून्यक आया है उसकी भरपाई करना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि रानी प्रतिभा सिंह उनके साथ चौधरी लोकसभा में सांसद रही है और उनसे काफी पुरानी बातें सांझा हुई। हम पूर्ण रुप से आश्वासन देते हैं कि कभी भी इस परिवार के लिए हम समाज के नाते काम आ सके तो हम तैयार हैं। हिमाचल डे पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने स्वयं ज़िक्र किया था कि हिमाचल प्रदेश के लिए पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का बड़ा योगदान रहा है। हिमाचल प्रदेश के विकास के लिए उन्होंने अथक मेहनत की है और एक सच्चे राष्ट्रवादी विचारधारा के नेता के रूप में काम किया।
हिमाचल प्रदेश के किन्नौर में रविवार को दिल दहलाने वाला हादसा हुआ। लंबे समय से घर में कैद से आजादी पाकर खुशनुमा पल बिताने पहुंचे पर्यटकों के सिर पर मौत बरसी। किन्नौर में बीते दिन हुए लैंडस्लाइड में कुल नौ लोगों की मौत हो गई। इन्ही में आयुर्वेद की डॉक्टर दीपा शर्मा भी शामिल थीं, जिन्होंने आधे घंटे पहले ही अपनी तस्वीरें पोस्ट कर लिखा था- 'लाइफ इज नथिंग विद आउट नेचर।' दीपा शर्मा पहली बार सोलो ट्रिप पर गई थीं। दीपा सोशल मीडिया पर लगातार अपनी यात्रा को लेकर अपडेट कर रहीं थीं, प्रकृति के खूबसूरत नजारों से लोगों को रूबरू करा रहीं थीं, लेकिन दीपा शर्मा या सोशल मीडिया से जुड़े किसी को भी इस बात अंदाजा नहीं था कि ये उनके अंतिम पल होंगे। किन्नौर में हुए लैंडस्लाइड में डॉ.दीपा शर्मा ने अपनी जान गंवा दी। रविवार को जब किन्नौर में लैंडस्लाइड आई, उससे कुछ वक्त पहले ही डॉ. दीपा शर्मा ने ट्विटर पर एक तस्वीर साझा की थी। उन्होंने लिखा था कि वह इस वक्त भारत के आखिरी प्वाइंट पर खड़ी हैं, जहां तक आम नागरिकों को जाने की इजाजत है। इसके 80 किलोमीटर आगे तिब्बत है, जिसपर चीन ने कब्जा किया हुआ है। सोशल मीडिया पर लोगों ने दीपा शर्मा की इस तस्वीर को जमकर पसंद किया। उनके चेहरे पर इस टूर की खुशी भी झलक रही थी, लेकिन किसी को ये मालूम नहीं था कि यही आखिरी तस्वीर थी।
मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल में सोमवार से चार दिन तक भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। गत दिनों हुई बारिश से राज्य में अब भी दर्जनों सड़कें बंद हैं। सीजन के दौरान बागवानों को सेब मंडियों तक पहुंचाने में परेशानी हो रही है। राजधानी शिमला में रविवार को दिन भर बादल छाए रहे। न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा, जबकि अधिकतम तापमान सामान्य रहा। प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों को नदी-नालों के किनारे और भूस्खलन वाले क्षेत्रों की ओर न जाने की हिदायत जारी की है। इसके अलावा प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए मशीनरी भी तैनात की है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने रविवार को किन्नौर जिले के बटसेरी में पहाड़ी दरकने के कारण नौ लोगों की मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी दरकने के कारण नौ पर्यटकों की मृत्यु तथा तीन अन्यों के घायल होने की घटना अत्यंत दुखद है। उन्होंने प्रशासन को तुरन्त राहत और बचाव कार्य सुनिश्चित करने तथा प्रभावितों को फौरी राहत प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शान्ति और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की।
भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना एवं जुब्बल कोटखाई के चुनाव प्रभारी शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वज जुब्बल कोटखाई नावर मंडल की बैठक में पहुंचे। बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष गोपाल जबैईक द्वारा की जा रही है उनके साथ प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा, ज़िला अध्यक्ष अजय श्याम, ज़िला सह प्रभारी कुसुम सदरेट, प्रदेश आई टी संयोजक चेतन बरागटा, अशुतिष वैद्य उपस्थित रहे। प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने कहा कि हमारी लड़ाई उस राजनीतिक दल से है जिसके पास कोई नेता नही है, नीति नहीं है और ना ही दिशा है, पर भाजपा के पास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसे सशक्त नेतृत्व है उन्होंने भारत का नाम पूरे विश्व में चमकाया है और निरंतर देश की सेवा में लगे है। उन्होंने कहा कि मुझे दुर्गम क्षेत्र में काम करने का अनुभव है और एसे क्षेत्रों का दर्द समझता हूं। हमारी सरकार ने प्रदेश और देश मे इतने काम किये है कि हमारे कार्यकर्ता को सिर झुकाके नहीं सिर उठा कर वोट मांगने जाना है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की फितरत है कि काम हम करते है और उसका श्रेय कांग्रेस लेने का प्रयास करती है। कांग्रेस ने आज तक जनता कि तकलीफ दूर करने की कोशिश नही की ना कभी विज़न की बात की पर केवल समाज मे फुट डालने का काम किया। उन्होंने कहा कि भाजपा ने सभी के दर्द और मुश्किलों को समझा है और उसको दूर करने का काम किया है। आज इस क्षेत्र को हमारी सरकार ने दो सब डिवीज़न, सब तहसील, ब्लॉक व फायर स्टेशन दिया है। उन्होंने कहा कि जनता नरेंद्र बरागटा द्वारा जुब्बल कोटखाई नावर के किए गए अनगिनत कामों को कभी नहीं भूलेगी। मंत्री सुरेश भारद्वाज ने कहा कि यह समय पीड़ा का है हमने रोहड़ू के पूर्व विधायक एवं अर्की से विधायक पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, फतेहपुर से सुजान सिंह पठानिया एवं जुब्बल कोटखाई ने नरेंद्र बरागटा को खोया है। हमे चुनाव भारी मन से लड़ना पड़ेगा उन्होंने कहा कि मेरा बरागटा से सबसे पुराना रिश्ता रहा है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र बरागटा का बागवानी क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण योगदान रहा है। यहाँ पराला मंडी एवं 99 करोड़ का सी ए स्टोर बरागटा की देन है। बैठक में प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा ने कई संगठनात्मक विषयों पर चर्चा की।
शिमला: पंजाब विधानसभा के अध्यक्ष कवर पाल सिंह ने रविवार को प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत वीरभद्र सिंह के आवास हॉली लॉज में उनकी धर्मपत्नी पूर्व सासंद प्रतिभा सिंह व उनके पुत्र विक्रमादित्य सिंह से भेंट कर वीरभद्र सिंह के निधन पर दुःख प्रकट करते हुए उन्हें अपनी सांत्वना दी।
भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना एवं जुब्बल कोटखाई के चुनाव प्रभारी शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वज जुब्बल कोटखाई मंडल की बैठक में पहुंचे। इस बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष गोपाल जबिक द्वारा की जा रही है उनके साथ प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा, ज़िला अध्यक्ष अजय श्याम, ज़िला सह प्रभारी कुसुम सदरेट, प्रदेश आई टी संयोजक चेतन बरागटा, अशुतिष वैद्य उपस्थित रहे।
गेयटी थियेटर में अंशुमन कुठियाला द्वारा लिखित कविताओं का विमोचन एवं उन कविताओं पर आधारित चित्रकला प्रदर्शनी का उद्घाटन वरिष्ठ पत्रकार एवं स्तंभकार प्रकाश चंद लोहमी द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अंशुमन की कविताओं में सामाजिक समरसता व सजगता का प्रवाह देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि इनके द्वारा लिखी गई कविताओं में परिपक्वता का भाव विद्यमान है। उन्होंने कहा कि कविताओं में निहित सामाजिक सारोकार को कलाकारों द्वारा तुलिका के माध्यम से विशिष्ट रूप से उकेरा गया है, जिससे यह मिलन अद्भुत और उत्कृष्टता का परिचय देता है। इस अवसर पर अंशुमन कुठियाला ने सभी का स्वागत करते हुए बताया कि कविताओं पर आधारित चित्रकला के परस्पर मेल का विचार उन्हें गेयटी थियेटर के टेवरन हाॅल में चित्रकला प्रदर्शन के दौरान पनपा, जिसे आज मूर्त रूप दिया गया है। उन्होंने चित्रकला के रूप में कविताओं को केनवस पर उकेरने के लिए बैंगलोर की कलाकार अनुश्रीदास और शिमला की नितिका दोल्टा का आभार व्यक्त किया। नितिका दोल्टा ने इस अनुभव को अत्यंत श्रेष्ठ बताया। इस अवसर पर कला, साहित्य, पत्रकार व बौद्धिक वर्ग के अनेक गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए और शब्द और तुलिका के परस्पर मेल का अवलोकन व आनंद प्राप्त किया।
हर वर्ष सरकार तथा अन्य संस्थाओं द्वारा वन महोत्सव कार्यक्रम के माध्यम से लाखों पेड़ लगाए जाते हैं। पेड़ लगाने के साथ-साथ उनका संरक्षण व संवर्धन होना अति आवश्यक है। यह बात आज शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने भाजपा महिला मोर्चा शिमला मण्डल द्वारा टूटीकंडी में आयोजित पौधा रोपण कार्यक्रम में देवदार का पौधा रोपित करने के उपरांत कही। उन्होंने बताया कि महिला मोर्चा द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम सराहनीय है। महिलाएं इन कार्यों में अधिक ईमानदार होती है, जो कार्य उनके द्वारा किया जाता है वह ईमानदार तरीके से किया जाता है। उन्होंने बताया कि पर्यावरण पूरे विश्व में एक समस्या बनी हुई है। पश्चिम देशों में ग्रीन हाउस एमीशन की समस्या को विकासशील देशों को दोषी ठहराया जाता है जबकि सारा एमीशन उनके द्वारा किया जाता है। उन्होंने बताया कि देश में हिमाचल प्रदेश एक मात्र ऐसा राज्य है, जो पूरे उत्तर भारत को ऑक्सीजन प्रदान करता है। यह तभी संभव हो सका है क्योंकि यहां पर फोरेस्ट कवर अधिक है। उन्होंने बताया कि शिमला में अधिकतर पेड़ देवदार के है जो बहुत पुराने व गिरने की स्थिति में है, उनके स्थान पर नए पौधे रोपित करने के लिए इस तरह के कार्यक्रम बहुत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के उपरांत उन्होंने समाज में महिलाओं के महत्व पर भी प्रकाश डाला और कहा कि सहकारी संस्थाओं में 33 प्रतिशत महिलाओं को आरक्षण देने पर विचार किया जा रहा है। कानून के तहत जो भी जरूरी संशोधन किया जाना है उसे आवश्यक रूप से किया जाएगा। प्रदेश सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने इस अवसर पर टूटीकंडी के स्थानीय लोगों की जन समस्याएं भी सुनीं तथा उन्हें समयबद्ध तरीके से पूरा करने का आश्वासन दिया। वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान देवदार, दाडू, बान, ओक, अखरोट, शहतूत, मजनू, हाइड्रेंजिया आदि किस्म के लगभग 100 पौधे रोपित किए गए। इस अवसर पर नगर निगम महापौर सत्या कौंडल, पार्षद डाॅ. किमी सूद, विदूषी शर्मा, आशा शर्मा, जिला उपाध्यक्ष ममता गुप्ता, महिला मोर्चा शिमला मण्डल महामंत्री पिंकी गोयल, हेमा कश्यप, सचिव शिमला मण्डल राजेश्वरी शर्मा, मण्डल सचिव अनिता, मण्डल महामंत्री गगन लखनपाल, सुशील चैहान, किसान मोर्चा अध्यक्ष संजीव चैहान, पूर्व पार्षद प्रत्याशी जय चंद ठाकुर, पूर्व पार्षद मंजू सूद, सोशल मीडिया प्रभारी रमन कपूर, डीएफओ पवन चैहान, आरओ लच्छी राम, डिप्टी रेंजर मनी राम एवं अन्य भाजपा पदाधिकारी व अधिकारीगण उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिला के चौपाल के नेरवा इलाके में मासूम के साथ हैवानियत का मामला सामने आया है। अढ़ाई साल की मासूम के साथ हैवानियत की गई है। आरोप नाबालिग पर लगा है। आरोपी 17 साल का है और दसवीं कक्षा का छात्र है। पीड़िता की मां की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है और पुलिस ने आरोपी को भी हिरासत में ले लिया है। शिमला के एसपी मोहित चावला ने मामला दर्ज होने और गिरफ्तारी की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि मामले की तफ्तीश जारी है। आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 376 और पॉक्सो एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। फिलहाल, बच्ची की हालत खतरे से बाहर बताई जा रह है। इस घटना से पूरे चौपाल इलाके में हड़कंप मच गया है। पीड़ित परिवार नेरवा क्षेत्र का रहने वाला है।
हिमाचल सरकार ने बिक्रम जरियाल को नरेंद्र बरागटा के निधन के बाद उनकी जगह मुख्य सचेतक बनाया है। बिक्रम जरियाल चम्बा के भटियात से संबंध रखते है। जबकि हमीरपुर के भोरंज से कमलेश कुमारी को उप सचेतक बनाया गया है। विधानसभा से अधिसूचना जारी कर दी गई है। आपको बता दें कि 2 तारिख़ से प्रदेश में विधानसभा का मॉनसून सत्र भी शुरू होने जा रहा है जिससे पहले सरकार ने इनकी नियुक्तियां की है। प्रदेश में उपचुनाव की आहट के बीच सरकार ने फतेहपुर और उसके साथ लगते जवाली विधानसभा क्षेत्र से दो भाजपा नेताओं की भी निगम और बोर्ड में नियुक्ति कर दी है। भाजपा के ओबीसी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष और फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र के भरयाल गांव निवासी ओमप्रकाश चौधरी को प्रदेश पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम कांगड़ा का उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया।
राजधानी शिमला में एचआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को भी जारी है। शिमला से आज चंडीगढ़, दिल्ली, धर्मशाला रूटों पर कोई बस नहीं चली। शिमला शहर के भीतर भी एचआरटीसी बस सेवा बंद है। जिला शिमला में एचआरटीसी बस सेवा पूरी तरह ठप है। हिमाचल परिवहन कर्मचारी संयुक्त समन्वय समिति ने आरएम का तबादला रद्द न करने पर पूरे प्रदेश में बसों का संचालन बंद करने का एलान किया है।वहीं हमीरपुर में भी एचआरटीसी कर्मचारियों ने प्राइवेट बसों को बस अड्डे के भीतर प्रवेश नहीं करने दिया। गौरतलब है कि एचआरटीसी लोकल यूनिट और प्राइवेट बस ऑपरेटरों के बीच चल रहे विवाद के बीच शुक्रवार को अचानक एचआरटीसी प्रबंधन ने क्षेत्रीय प्रबंधक शिमला लोकल देवासेन नेगी का शिमला से नेरवा तबादला कर दिया था। चालकों-परिचालकों ने इसे निजी बस ऑपरेटरों के दबाव में लिया फैसला बताकर बसें खड़ी कर निगम मुख्यालय के बाहर धरना दे दिया था।
सीटू के अखिल भारतीय आह्वान पर सीटू राज्य कमेटी हिमाचल प्रदेश ने आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों व विशेष तौर पर आयुद्ध कारखानों के रक्षा उत्पादन के धड़ाधड़ निजीकरण के विरुद्ध तथा डिफेंस कर्मचारियों के साथ एकजुटता प्रकट करने के लिए प्रदेशव्यापी प्रदर्शन किए। इस दौरान जिलाधीशों के माध्यम से भारत के राष्ट्रपति को डिफेंस कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में ज्ञापन प्रेषित किए। सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने कहा है कि केंद्र की मोदी सरकार निगमीकरण की प्रक्रिया के ज़रिए आयुद्ध कारखानों के धड़ाधड़ निजीकरण की ओर बढ़ रही है। यह देश की आंतरिक व बाह्य दोनों तरह की सुरक्षा के दृष्टिकोण से बेहद खतरनाक कदम है। इस से कर्मचारियों के भविष्य पर भी गम्भीर प्रश्न चिन्ह खड़े हो रहे हैं। यह कदम जहां एक तरफ देश विरोधी है वहीं दूसरी ओर कर्मचारी विरोधी भी है। सरकार का यह कदम रक्षा क्षेत्र की कर्मचारी फेडरेशनों को अक्तूबर 2020 में केंद्र सरकार द्वारा दिए गए आश्वासन के विरुद्ध है। केंद्र सरकार की मनमानी के खिलाफ जब देश की पांच डिफेंस एम्प्लॉयीज फेडरेशनों ने हड़ताल का आह्वान किया तो आंदोलन को कुचलने के लिए सरकार ने बेहद खतरनाक आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम के ज़रिए हड़ताल व लोकतांत्रिक प्रणाली से होने वाले सभी तरह के प्रदर्शनों को प्रतिबंधित करने का फरमान जारी कर दिया। इससे न केवल रक्षा उत्पादन क्षेत्र ही प्रभावित होगा अपितु इसके पूर्ण ट्रेड यूनियन आंदोलन के लिए गम्भीर परिणाम होंगे। उन्होंने मांग की है कि कर्मचारी व ट्रेड यूनियन विरोधी आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम को तत्काल निरस्त किया जाए। उन्होंने सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों व विशेष तौर पर आयुद्ध कारखानों के रक्षा उत्पादन के धड़ाधड़ निजीकरण पर तुरन्त रोक लगाने की मांग की है।


















































