वन अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ की बैठक वन वृत्त के अध्यक्ष प्रदीप ठाकुर की अध्यक्षता में मुख्य अरण्यपाल वन वृत्त मंडी एस के मुसाफिर के साथ हुई। जिसमें वन वृत्त के कर्मचारियों की मांगों को प्रमुखता से उठाया गया l अध्यक्ष प्रदीप ठाकुर ने कहा कि वन वृत्त की मुख्य मांगों में कर्मचारियों की पुरानी पेंशन बहाली, नियुक्ति की तिथि से वरिष्ठता, 2016 में नियुक्त हुए वन रक्षकों की सीनियरिटी, कर्मचारियों का यात्रा भत्ता, कर्मचारियों के स्थानांतरण नीति, बन बीट में बन कर्मियों की नियुक्ति, 4-9-14 का लाभ, वन रक्षकों के पदनाम को बदल कर बीट ऑफिसर रखने बारे इत्यादि मांगों को प्रमुखता से उठाया गया l एस के मुसाफिर ने सभी मांगों को ध्यानपूर्वक सुनते हुए मांगों का निपटारा करने का आश्वासन दिया तथा यह भी कहा कि सभी वन मंडल अधिकारियों को भी इस बारे में दिशा निर्देश जारी कर दिए जाएंगे l इस मौके पर वन मंडल अधिकारी मंडी बासु डोगर, वन मंडल अधिकारी नाचन टीआर धीमान, वन मंडल अधिकारी मुख्यालय मुंशीराम इत्यादि अधिकारी उपस्थित रहे।
धर्मशाला। हिमाचल की धर्मशाला स्थित जेल बेहद खास है। आजादी से पहले यहां एक ऐसे शख्स को बंद किया गया था जिससे अंग्रेजी हकूमत भी कांपने लगी थी। भारत को आजाद करवाने की अलख जगाने वाले लाला लाजपत राय की आज देश भर में में पुण्यतिथि मनाई जाती है। उन्होंने हिमाचल प्रदेश में भी क्रांति का बिगुल फूंकने में अहम भूमिका निभाई थी। अंग्रेजी हुकूमत के दौरान वह हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला की कारागार में करीब साढ़े 8 माह तक बंदी रहे। उन दिनों जिला कांगड़ा पंजाब का हिस्सा हुआ करता था। व पंजाब के कैदियों को धर्मशाला जेल में रखा जाता था। धर्मशाला के जेल के अधीक्षक विकास भट्टनागर ने कहा कि अंग्रेजों ने इस जेल की स्थापना 1913 में की थी। स्वतंत्रता सेनानी लाला लाजपत राय ने यहां 8 माह 19 दिन की जेल काटी थी। आज भी जेल में उनकी कुर्सी को संभालकर रखा गया है। हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला की ओपन एयर जेल अंग्रेजी शासन की यादें आज भी ताजा करवाती हैं। अंग्रेजों ने पहाड़ी क्षेत्र के स्वतंत्रता सेनानियों को नजरबंद करने के लिए वर्ष 1913 में इस जेल को बनाया था। स्वतंत्रता सेनानी लाला लाजपत राय ने भी धर्मशाला की जेल में 21 अप्रैल 1922 से 9 जनवरी 1923 तक जेल काटी थी। उन्हें लाहौर (लाहौर अब पाकिस्तान में है) जेल से धर्मशाला जेल में शिफ्ट किया था। लाला लाजपत राय की कुर्सी आज भी है सलामत आज भी धर्मशाला जेल में उनकी बैरक में उनकी कुर्सी पूरी सुरक्षित रखी गई है। जेल में उनकी प्रतिमा स्थापित कर स्मारक भी बनाया गया। हिमाचल प्रदेश सरकार ने इस जेल का नाम भी बदलकर लाला लाजपत राय जिला और ओपन एयर जेल कर दिया है। जेल के रिकॉर्ड के मुताबिक इस जेल में कांगड़ा के 24 और हमीरपुर के सुजानपुर के तीन स्वतंत्रता सेनानियों ने सजा काटी है। 1913 में थे कुल चार बैरक अंग्रेजों ने धर्मशाला जेल में उस समय कुल चार बैरक थे। जिसमें एक बैरक में 8 बाए 8 फीट के दम कमरे बनाए गए थे। हर कमरे में एक-एक कैदी को रखा जाता था और उन्हें अंग्रेजों की कई प्रताड़नाओं को सामना करना पड़ता था। हिमाचलियों में सरफरोशी की अलख जगाने वाले लाला जी की कुर्सी धर्मशाला जेल के बी ग्रेड के सेल नंबर 2 में आज भी सलामत है। आजादी के बाद इस सेल में किसी भी कैदी को नहीं रखा जाता।
ग्राम पंचायत सुरजपुर में अपनी मांगों को लेकर लोगों का धरना प्रदर्शन मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। इस दौरान लोगों ने प्रशासन द्वारा की जा रही क्षेत्र की अनदेखी पर रोष व्यक्त किया गया। पंचायत प्रधान ओम प्रकाश शर्मा ने बताया कि धरना प्रदर्शन का आज दूसरा दिन है अभी तक प्रशासन की तरफ से बातचीत के लिए कोई पहल नही हुई है। जब तक उनकी समस्याओं को सुलझाने के लिए कोई ठोस कदम नही उठाये जाते तब तक उनका धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रशासन की अनदेखी की वजह से आज पंचायत के लोग सड़कों पर उतरने को मजबूर हो गए है। उन्होंने बताया कि उनका धरना प्रदर्शन शांतिपूर्ण है लेकिन जल्द उनकी समस्याओं का समाधान नही हुआ तो उनका आंदोलन उग्र हो सकता है। जिसकी पूरीजिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की ही होगी।
आरसेटी निदेशक महेन्द्र शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि पंजाब नेशनल बैंक, ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान धर्मशाला द्वारा जिला कांगड़ा की युवतियों को स्वरोजगार की ओर अग्रसर करने के लिए 30 दिन का ब्यूटी पार्लर का निःशुल्क एवं अवासीय प्रशिक्षण दिया गया। इस कार्यक्रम के समापन अवसर पर प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए तथा उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई। इस अवसर पर पंजाब नैशनल बैंक धर्मशाला के मण्डल प्रमुख अमरेन्द्रा कुमार, अग्रणी जिला प्रबन्धक कुलदीप कुमार कौशल, कार्यालय सहायक विपिन कुमार तथा ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षिका सीमा चटवाल भी उपस्थित रहे। आरसेटी निदेशक महिन्द्र सिंह ने बताया कि आने वाले दिनों में यह संस्थान 30 दिन का प्लंबिग के कार्य, 30 दिन का मोबाईल रिपेयर, 30 दिन का घरेलू विद्युत उपकरण सेवा उद्यमी तथा 10 दिन का डेयरी फार्मिंग का कोर्स करवाने जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण प्राप्त करने के इच्छुक युवक एवं युवतियां पीएनबी, ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान कांगड़ा, नजदीक राजकीय महाविद्यालय ओडोटोरियम, सिविल लाईन धर्मशाला में सम्पर्क कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए संस्थान के निदेशक महेन्द्र शर्मा से उनके दूरभाष नम्बर 94180-20861 या कार्यालय दूरभाष नम्बर 9459900660 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
खाद्य आपूर्ति विभाग की टीम द्वारा जिला कांगड़ा के विभिन्न क्षेत्रों में सब्जी, फल व करियाना विक्रेताओं की दुकानों का औचक निरीक्षण किया गया। यह जानकारी देते हुए जिला नियन्त्रक, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, पुरषोतम सिंह ने बताया कि मंगलवार को धर्मशाला सब्जी मण्डी, चरान खड्ड, शीला चौक से गांव शीला तक व चैतडू बाजार में निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कुछ दुकानदारों द्वारा अपने व्यापारिक स्थलों पर मूल्य सूची, हिमाचल प्रदेश वस्तु मूल्यांकन प्रर्दशन आदेश 1977 के अन्तर्गत प्रर्दशित नहीं की गई थी व कुछ दुकानदार फल व सब्जियों में जिला दण्डाधिकारी कांगड़ा स्थित धर्मशाला द्वारा हि प्र जमाखोरी एवं मुनाफाखोरी उन्मूलन आदेश 1977 के अन्तर्गत निर्धारित लाभांश से अधिक लाभांश लेने के दोषी पाए गए। उन्होंने बताया कि विभागीय टीम द्वारा मौके पर पाई गई उल्लघंना का कड़ा संज्ञान लेते हुए 105 किलो ग्राम सब्जियां जब्त कर ली गई और दोषी दुकानदारों के विरुद्व आगामी कार्रवाई आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के अंर्तगत की जाएगी। विभागीय टीम द्वारा सब्जी मण्डी धर्मशाला में थोक व्यापारियों द्वारा लिए जा रहें लाभाश की भी गणना की गई जोकि जिला दण्डाधिकारी द्वारा निर्धारित थोक लाभांश मुताबिक ठीक पाया गया। उन्होंने बताया कि पालमपुर क्षेत्र में भी निरीक्षण टीम द्वारा 75 किलो सब्जियां जब्त की गई। धर्मशाला व उसके आस-पास 9 दुकानों में पोलीथीन के लिफाफे प्रयोग में होते पाए गए जिस पर कार्रवाई करते हुए मौके पर ही 9 दोषी दुकानदारों को 6500 रुपए का जुर्माना लगया गया। इसके अतिरिक्त 6 दुकानों में गैस सिलेण्डरों की भी जांच की गई परन्तु किसी भी मामलें में नियमों की उल्लंघना नहीं पाई गई। इन्दौरा क्षेत्र में निरीक्षण के दौरान पोलीथीन के प्रयोग का संज्ञान लेते हुए एक दुकानदार को 500 रु, देहरा खण्ड में 2000 रु व नगरोटा सूरियां खण्ड में भी निरीक्षक द्वारा दोषी दुकानदार को 1500 रु का जुर्माना लगाया गया।उन्होंने सभी सब्जी फल व करियाना विक्रेताओं को आदेश दिए कि वह अपनी दुकानों में मूल्य सूची प्रतिदिन उचित स्थान पर लगाना सूनिश्चित करें तथा यदि कोई दुकानदार बेची जा रही वस्तूओं का खरीद बिल निरीक्षण हेतू प्रस्तुत नहीं करता है या वास्तविक मूल्य से अधिक कीमत वसूल करता पाया जाता है तो उनके विरुद्ध नियमानूसार कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने बताया कि यह अभिययान पूरे जिला में चलाया गया है। धर्मशाला श्रेत्र में निरीक्षण टीम में निरीक्षक अभिमन्यू, हमेन्द्र सिंह गुलेरिया, मोहिन्द्र धीमान, सुरेश ठाकुर शामिल रहे।
उपायुक्त काँगड़ा डॉ. निपुण जिंदल ने जानकारी देते हुए बताया कि जिला में राजस्व कार्यों के तुरंत निपटारे हेतु 145 पटवारियों के पद भरे गये हैं। उन्होंने कहा कि इन नियुक्तियों के उपरांत जिला में लोगों को अपने राजस्व सम्बन्धी कार्यों को करवाने में सुविधा मिलेगी। उन्होंने बताया कि जिला राजस्व सम्बन्धी अधिकारियों को जनता की समस्याओं के तुरंत निपटान के निर्देश दिये गये हैं। डॉ. निपुण जिंदल ने कहा कि अधिकारी पटवार सर्किलों के निरीक्षण तथा फील्ड में जाकर लोगों की समस्याओं का त्वरित निपटारा सुनिश्चित करें तथा भू-संबंधी लंबित मामलों को त्वरित निपटाने के लिए कारगर कदम उठाए जाएं ताकि लोगों को बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं काटने पड़ें। उन्होंने कहा कि इन नियुक्तियों से राजस्व संबंधी रिकार्ड उपलब्ध करवाने में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकेगी। इसके अलावा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधी योजना के तहत पात्र किसान परिवारों के आधारकार्ड के सत्यापन इत्यादि के कार्यों को समयबद्व पूरा किया जा सकेगा
उद्योग, परिवहन व श्रम एवं रोज़गार मंत्री बिक्रम ठाकुर ने मंगलवार को जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र की अमरोह पंचायत के कोई गाँव में लगभग 1.37 करोड़ रूपये की लागत से बनी सड़क का उद्घाटन किया। उद्योग मंत्री ने बताया कि औद्योगिक गलियारे के तहत बनी क़स्बा कोटला से कोई सड़क सम्पर्क मार्ग के रूप में चिंतपूर्णी- तलवाड़ा मुख्य मार्ग से भी जुड़ेगी। इससे क्षेत्र में रहने वाली आबादी का जीवन अब सुगम होगा। उन्होंने बताया कि क्षेत्र के लोगों ने दशकों तक पक्की सड़क से जुड़ने की प्रतीक्षा की। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र के कईं गाँव जहां आज तक सड़क नहीं पहुँची थी, वहाँ इन चार वर्षों में उन्होंने पक्की सड़कें पहुंचाई है। उन्होंने बताया कि कोटला के आस पास के क्षेत्र में 2.76 करोड़ रुपये की लागत से चिंतपूर्णी से तलवाड़ा सड़क का स्तरोन्नयन हुआ है। वहीं 92 लाख की लागत से जनडौर-मोहाला मार्ग, 2.75 करोड़ रूपये की लागत से झुरनी मोड़-जाबरे सुनेहत मार्ग, 7.46 करोड़ की लागत से मॉडल आईटीआई संसारपुर टेरेस, 4.03 करोड़ की लागत से पॉलीक्लिनिक कोटला बेहड़, 5 करोड़ की लागत से राजकीय महाविद्यालय कोटला-बेहड़, 23 करोड़ की लागत से पॉलीटेक्निक जनडौर का निर्माण कार्य प्रगति पर है। साथ ही जनडौर से जोल सड़क के स्तरोन्नयन के लिए 3.06 करोड़ और पत्याल बस्ती सम्पर्क मार्ग के लिए 2.04 करोड़ की राशि स्वीकृत कर दी गयी है और आने वाले दिनों में इसका कार्य भी जल्द प्रारम्भ हो जाएगा। इस अवसर पर ज़िला परिषद सदस्य अणु राणा, एसडीएम देहरा धनबीर ठाकुर, डीएसपी देहरा अंकित शर्मा, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग हर्ष पूरी, अधिशासी अभियंता जलशक्ति विभाग संदीप चौधरी, अधिशासी अभियंता विद्युत बोर्ड कुलदीप राणा, तहसीलदार जसवां अंकित शर्मा, आरएम देहरा कुशल गौतम, प्रधान ग्राम पंचायत अमरोह तरसेम, उपप्रधान राजीव, प्रधान ग्राम पंचायत जनडौर सुरेश ठाकुर, महामंत्री रुपिंदर डैनी, विरेंदर ठाकुर, हरबंस कालिया सहित स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
सशक्त एवं जिम्मेदार लोकतंत्र के चैथे स्तंभ के रूप में मीडिया की भूमिका अत्यन्त महत्वपूर्ण है और पत्रकारों को विश्वस्नीयता कायम रखते हुए निष्पक्ष व निर्भीक हो कर जनहित में कार्य करना चाहिए। यह बात एसडीएम सुरेंद्र मोहन ने राष्ट्रीय प्रेस दिवस के अवसर पर उपमंडल कार्यालय राजगढ़ में आयोजित कार्यक्रम में पत्रकारों को सम्बोधित करते हुए कही। उन्होंने इस शुभ अवसर पर पत्रकारों को बधाई व हार्दिक शुभकामनांए देते हुए कहा कि हमें विश्वास है कि मीडिया इसी तरह समाज के हितों की खबरें प्रकाशित करने के साथ-साथ सरकार व जनता के मध्य विश्वसनीय सेतु के रूप में कार्य करता रहेगा और आने वाले समय में भी पत्रकार बंधु अपनी जिम्मेवारियों को बेहतरीन तरीके से निभाते रहेंगे। एसडीएम ने इस अवसर पर पत्रकारों को टोपी व उपहार भेंट कर सम्मानित भी किया। इस अवसर पर विभिन्न समाचार पत्रों के संवाददाता, सहायक लोक सम्र्पक अधिकारी सहित उपमण्डलाधिकारी कार्यालय राजगढ़ के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
शिमला: भारतीय जनता पार्टी हिमाचल प्रदेश की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक की तैयारियों को लेकर संचालन समिति की बैठक भाजपा मुख्यालय दीपकमल चक्कर शिमला में प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, प्रदेश महामंत्री त्रिलोक जम्वाल, प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा, हिमफैड के चेयरमैन गणेश दत, प्रदेश उपाध्यक्ष एवं खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरषोतम गुलेरिया, गुडि़या सक्षम बोर्ड की चेयरमैन रूपा शर्मा, प्रदेश सचिव पायल वैद्य, जिलाध्यक्ष रवि मैहता सहित संचालन समिति के सदस्य उपस्थित रहे। भाजपा महामंत्री त्रिलोक जम्वाल ने बताया कि भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक का आयोजन 24, 25 एवं 26 नवम्बर को होटल पीटरहाॅफ शिमला में होने जा रहा है। उन्होनें बताया कि प्रथम दिन 24 नवम्बर, को कोर ग्रुप की बैठक का आयोजन किया जाएगा, जिसकी अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप करेंगे। इस बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं क्षेत्रीय प्रभारी सौदान सिंह, प्रभारी अविनाश राय खन्ना, सह प्रभारी संजय टंडन, मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, पूर्व मुख्यमंत्री प्रो प्रेम कुमार धूमल, शांता कुमार, केन्द्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर सहित कोर ग्रुप के सदस्य उपस्थित रहेंगे। उन्होनें बताया कि दूसरे दिन 25 नवम्बर को प्रातः विस्तारित कोर ग्रुप की बैठक होगी जिसके बाद प्रदेश पदाधिकारी बैठक का आयोजन किया जाएगा। 26 नवम्बर को प्रदेश कार्यसमिति की बैठक होगी। बैठक में पूर्व कार्यक्रमों की समीक्षा एवं आगामी कार्यक्रमों को लेकर विचार विमर्श किया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के समरहिल परिसर में हेडगेवार स्मारक समिति द्वारा 30 जरूरतमंद परिवारों को निःशुल्क राशन किट का वितरण किया। अक्षय पात्रा फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसवेक संघ के प्रांत संघचालक वीर सिंह रांगड़ा के हाथों से लोगों को राशन किट दी। राशन किट प्राप्त करने वालों में हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में कार्यरत जरूरतमंद सफाई कर्मचारी और विवि परिसर के विभिन्न निर्माण कार्यों में कार्यरत प्रवासी मजदूर परिवार भी शामिल रहे। डॉ. वीर सिंह रांगड़ा ने कहा कि कोरोना की अवधि में गरीब व कम आय वाले परिवारों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी है। ऐसे परिवारों की आर्थिकी अब भी काफी कमजोर है। इन गरीब परिवारों को मदद की दरकार है। उसी को ध्यान में रखते हुए डॉ. हेडगेवार स्मारक समिति शिमला सहित पूरे प्रदेश भर में जरूरतमंद गरीब परिवारों को विभिन्न माध्यमों से मदद पहुंचा रही है। उन्होंने सक्षम लोगों व अन्य सामाजिक संगठनों से भी गरीब व जरूरतमंदों की मदद का आह्वान किया है, जिससे इन परिवारों को कोरोना जैसी महामारी के दूरगामी दुष्प्रभावों से बचाया जा सके। इस अवसर पर जिला सेवा प्रमुख कर्म सिंह सहित तिलकनगर, समरहिल क्षेत्र के स्वयंसेवक भी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंगलवार को धर्मशाला में राज्य के लिए जापान अंतरराष्ट्रीय सहयोग एजेंसी के आर्थिक सहयोग से 1010.60 करोड़ रुपये की हिमाचल प्रदेश फसल विविधिकरण संवर्धन परियोजना चरण-प्प् के शुभारंभ समारोह की अध्यक्षता की। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है, क्योंकि इन क्षेत्रों में कुल जनसंख्या के 90 प्रतिशत से अधिक लोग रहते हैं और लगभग 70 प्रतिशत जनसंख्या अपनी आजीविका के लिए कृषि क्षेत्र पर निर्भर है। उन्होंने कहा कि सीमित वित्तीय संसाधनों और कोरोना महामारी के कारण मंदी के बावजूद, वर्तमान सरकार ने राज्य के सर्वांगीण और समान विकास के लिए सिंचाई, कृषि, बागवानी, वानिकी और संबद्ध क्षेत्रों को बढ़ावा देने के लिए कई नई योजनाएं शुरू की हैं। जयराम ठाकुर ने कहा कि जाइका सहायता प्राप्त फसल विविधिकरण परियोजना के दूसरे चरण को राज्य के सभी 12 जिलों में लागू किया जाएगा और इससे राज्य के किसान परिवारों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति को अधिक बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि परियोजना का पहला चरण 2011 से प्रायोगिक आधार पर राज्य के पांच जिलों मंडी, कांगड़ा, हमीरपुर, बिलासपुर और ऊना में कार्यान्वित किया जा रहा है, जिससे जिलों के किसानों की अर्थव्यवस्था बदल गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य फसल विविधिकरण के एक सफल माॅडल का प्रसार करना और 2031 तक परियोजना क्षेत्र में सब्जी उत्पादन क्षेत्र को 2500 हेक्टेयर से बढ़ाकर 7000 हेक्टेयर करना है। जय राम ठाकुर ने कहा कि महामारी के दौरान भी, कृषि और संबद्ध क्षेत्र ने राज्य की अर्थव्यवस्था को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का शुभारम्भ भी किया। उन्होंने इस अवसर पर परियोजना के पहले चरण की सफलता की कहानियों के बारे में कुछ प्रकाशनों का भी विमोचन किया।
सोलन जिला का 21वां जनमंच 21 नवम्बर को कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू के सैक्टर-5 स्थित दशहरा मैदान में आयोजित किया जाएगा। जनमंच की अध्यक्षता प्रदेश के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष मंत्री डाॅ.राजीव सैजल करेंगे। इस सम्बन्ध में उपायुक्त सोलन कृतिका कुलहरी द्वारा अधिसूचना जारी कर दी गई है। इस अधिसूचना के अनुसार जनमंच प्रातः 10.00 बजे आरम्भ होगा। इस जनमंच में विकास खण्ड धर्मपुर की ग्राम पंचायत टकसाल, महलों, बनासर, चामो, नारायणी, प्राथा, कोटबेजा, जंगेशु, जाबली, कोटीनाम्भ तथा निहरी सहित नगर परिषद परवाणू की समस्याओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। अधिसूचना के अनुसार जनमंच के लिए आवेदन 19 नवम्बर तक स्वीकार किए जाएंगे। जनमंच के आयोजन के लिए 17 नवम्बर को प्रातः 11.00 बजे मिनी सचिवालय सोलन में बैठक आयोजित की जाएगी।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष मंत्री डाॅ. राजीव सैजल ने कहा कि सहकारिता क्षेत्र का देश एवं प्रदेश की आर्थिकी को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण योगदान है। डाॅ. सैजल आज यहां 68वें सहकारी सप्ताह के अवसर पर आयोजित जिला स्तरीय सहकारी समारोह की अध्यक्षता कर रहे थे। डाॅ. सैजल ने कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी राज्य में सहकारी क्षेत्र के माध्यम से बेरोजगार शिक्षित युवाओं को रोज़गार एवं स्वरोज़गार प्रदान करने की अपार सम्भावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि कभी देश को सहकार क्षेत्र में राह दिखाने वाला हिमाचल आज पुनः इस क्षेत्र में अग्रणी बन सकता है। उन्होंने कहा कि केन्द्र एवं प्रदेश सरकार की अनेक योजनाएं युवाओं को स्वावलम्बी बनाने की दिशा में कार्यरत हैं। सहकारिता क्षेत्र इस दिशा में और सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में सोलन जिला में 441 सहकारी सभाएं पंजीकृत हैं। सोलन जिला के जोगिन्द्रा केन्द्रीय सहकारी बैंक, दि बघाट अर्बन सहकारी बैंक और दि परवाणू अर्बन सहकारी बैंक को पूरे प्रदेश में जाना जाता है। सोलन जिला में 167 प्राथमिक कृषि सहकारी सभाएं और एक जिला सहकारी विपणन एवं उपभोक्ता कार्यसंघ कार्यरत है। इस अवसर पर जिला परिषद सोलन के अध्यक्ष रमेश कुमार, एपीएमसी सोलन के अध्यक्ष संजीव कश्यप, बीडीसी अध्यक्ष जमना ठाकुर, उपाध्यक्ष मदन मोहन मेहता, जिला सहकारी संघ के अध्यक्ष सुंदरम ठाकुर, भाजपा मण्डल कसौली के अध्यक्ष कपूर सिंह वर्मा, दुग्ध सुधार सभा के अध्यक्ष रामेश्वर शर्मा, किशोर न्याय बोर्ड के निदेशक राजकुमार सिंगला, उपमण्डलाधिकारी कसौली डाॅ. संजीव धीमान, खण्ड विकास अधिकारी सुभाष अत्री बघाट बैंक के निदेशक अमर सिंह ठाकुर, सहायक पंजीयक सहकारी सभाएं नीलम कश्यप, अजय बंसल सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
खण्ड चिकित्सा अधिकारी ड़ॉ.अजय देओल ने जानकारी देते हुए बताया कि उपमंडल पांवटा साहिब में 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोगों के लिए 17 नवम्बर को 30 स्थानों पर कोरोना वैक्सीन लगाई जायगी। उन्होंने बताया कि 17 नवम्बर को राजपुरा स्वास्थ्य खण्ड के सिविल अस्पताल पांवटा साहिब, ज्ञान चंद धर्मशाला, मोबाइल टीम पांवटा साहिब, चैम्बर ऑफ कॉमर्स, ईएसआई मालवा कोटन, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र राजपुरा, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कफोटा, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भरोग बनेडी, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र रामपुर भारापुर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र माजरा, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र अमरगढ़, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कुंडियों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सतौन, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कमरऊ, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोरखूवाला, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जाखणा, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भगानी, उपस्वास्थ्य केंद्र लोहगढ़, आरबीएस के टीम, आरबीएस के टीम 1, आर बी एस के टीम 2, उप स्वास्थ्य केंद्र तारूवाला ए के, उपस्वास्थ्य केंद्र शिवपुर, उपस्वास्थ्य केन्द्र अजोली एम डब्लयू, उपस्वास्थ्य केंद्र नवादा बीजेड, उपस्वास्थ्य केन्द्र बहराल, उपस्वास्थ्य केंद्र मिस्रवाला, उपस्वास्थ्य केंद्र मानपुर देवडा, मोबाइल टीम पांवटा साहिब-1, उपस्वास्थ्य केंद्र शिवा इन सभी स्थानों पर कोरोना वैक्सीन लगाई जायगी। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष से अधिक आयु के सभी क्षेत्रवासी तथा बाहर से आए प्रवासी इन केन्द्रों पर जाकर टीका लगवा सकते हैं। ड़ॉ.अजय देओल ने बताया कि टीका लगवाने के लिए आधार कार्ड या अन्य कोई भी फोटोयुक्त पहचान पत्र अपने साथ ज़रुर लाएं। उन्होंने क्षेत्रवासियों तथा प्रवासी लोगों से टीकाकरण का लाभ उठाने की अपील भी की।
जिला सिरमौर में चालू वर्ष के दौरान गर्मियों के मौसम में फसलों को ओलावृष्टि से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए मंगलवार को उपायुक्त कार्यालय नाहन में तीन सदस्यीय केंद्रीय दल ने उपायुक्त सिरमौर राम कुमार गौतम के साथ बैठक की। इस अवसर पर उपनिदेशक उद्यान डॉ सतीश शर्मा तथा विषयवाद विशेषज्ञ कृषि डॉ किशोर ने जिला में बागवानी तथा कृषि क्षेत्र में हुए फसलों को ओलावृष्टि से हुए नुकसान बारे में प्रस्तुति दी। केंद्रीय दल में निदेशक केंद्रीय जल आयोग शिमला पीयूष रंजन, अनुसंधान अधिकारी नीति आयोग भारत सरकार भास्कर ज्योति कश्यप, फोडर एग्रोनॉमिस्ट पशुपालन मंत्रालय भारत सरकार विजय ठाकरे के अतिरिक्त कार्यकारी जिला राजस्व अधिकारी माया राम, क्षमता एवं निर्माण समन्वयक डीडीएमए राजन कुमार और दस्तावेज समन्वयक अरविन्द चौहान भी उपस्थित रहे। इसके पश्चात, केंद्रीय दल ने पच्छाद उपमण्डल के गांव मलाणु की बेड जाकर लोगों से फसलों को हुए नुकसान की जानकारी हासिल की। इस दौरान उपमण्डल दण्डाधिकारी पच्छाद डॉ शशांक गुप्ता भी उपस्थित रहे।
राजकीय महाविद्यालय लडभड़ोल में करियर परामर्श और मार्गदर्शन प्रकोष्ठ और आईक्यूएसी के अंतर्गत ‘स्नातक स्तर के बाद शैक्षणिक/करियर सम्बन्धी अवसर’ शीर्षक के तहत एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस आयोजन में महाविद्यालय के अंतिम वर्ष के सभी विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस कार्यक्रम की शुरुआत महाविद्यालय के कार्यकारी प्राचार्य संजीव कुमार द्वारा की गई। कार्यशाला का संचालन करियर परामर्श और मार्गदर्शन प्रकोष्ठ के संयोजक प्रो.यशपाल द्वारा किया गया। थीम के अनुरूप विद्यार्थियों को स्नातक स्तर की शिक्षा प्राप्त करने के बाद शैक्षणिक व जॉब के अवसरों के सम्बन्ध में विस्तृत परामर्श और मार्गदर्शन प्रदान किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों के विभिन्न प्रश्नों व संशयों का निवारण भी सुनिश्चित किया गया।
ग्राम पंचायत रौड़ी के बटेड़ गांव में एक सप्ताह में 5 गऊओं की मौत हो गई है। मिली जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत रोड़ी के बटेड़ गांव में पशुपालक चेतराम तथा उसके भाई की पांच दूधारू गऊएं किसी अज्ञात रोग के कारण मर गई। यह सुनकर इलाके में सनसनी फैल गई है।चेतराम के अनुसार प्रत्येक गाय की कीमत 50,000 रुपए है। उन्होंने बताया कि गऊओं का यथासंभव इलाज करवाया लेकिन उनकी पूरी गऊशाला खाली हो गई। वेटरनरी डॉक्टर दाड़लाघाट मानवी चौधरी ने बताया कि जब उन्हें पहली दो गाएं मरने की जानकारी मिली तो उन्होंने गऊओं के ब्लड सैंपल लेकर लैब में भेजें। इन गायों में थिलोरियोसिस नामक रोग पाया गया। यह रोग चिड़न के कारण भी होता है। इसके अतिरिक्त गऊओं को जॉन्डिस भी हो गया था। उनके अनुसार लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है क्योंकि यह इतना संक्रमित होने वाला रोग नहीं है। उन्होंने कहा कि अभी और ब्लड सैंपल अन्वेषण हेतु लैब में भेजे जा रहे हैं।
राष्ट्रीय प्रेस दिवस पर सूचना एवं जनसंपर्क विभाग और प्रेस सदस्यों द्वारा उपमण्डल स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन प्रेस क्लब पालमपुर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डीएफओ पालमपुर नितिन पाटिल ने की। कार्यक्रम में उपमण्डल के प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया के पत्रकारों सहित सत्यमरथ, इनरव्हील, रोटरी और शानिसेवा सदन समाज सेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। कार्यक्रम में भारतीय प्रेस परिषद द्वारा निर्धारित विषय "हु इस नॉट अफ्रेड ऑफ मीडिया" पर उपस्थित पत्रकारों ने अपने अपने विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन सहायक लोक संपर्क अधिकारी पालमपुर अनिल धीमान ने किया । उन्होंने कहा मीडिया सरकार और आम जनमानस में सेतु की भूमिका में होता है, जिससे सरकार की योजना और नीतियां आम आदमी तक पहुंचती हैं और आम जनमानस की समस्याएं सरकार तक पहुंचती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे डीएफओ नितिन पाटिल ने राष्ट्रीय प्रेस दिवस पर सभी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि प्रेस की स्वतंत्रता एवं पत्रकारिता में उच्च आदर्श कायम करने के लिये भारतीय प्रेस परिषद का गठन 4 जुलाई 1966 को किया गया था और 16 नवंबर से इसने विधिवत कार्य आरम्भ किया था। कार्यक्रम में नवीन पठानिया, गोपाल सूद, राकेश सूद, अमर सिंह, अमीर बेदी, सुरेश सूद, जसविन्दर दयाल, कुलदीप राणा, संजीव राणा, शालिका ठाकुर, कविता मन्हास, मनोज रत्तन, आदित्य सूद, मंजीत, तुषार शर्मा सहित समाजसेवी संस्थाओं के लोग उपस्थित हुए।
उपमण्डलाधिकारी सोलन अजय कुमार यादव ने कहा कि विश्वसनीयता पत्रकारिता का मूल आधार है और सभी पत्रकारों को अपनी विश्वसनीयता कायम रखते हुए जनहित में कार्य करना चाहिए। अजय कुमार यादव ने राष्ट्रीय प्रेस दिवस के अवसर पर उपस्थित पत्रकारों को सम्बोधित करते हुए यह बात कही। इस वर्ष भारतीय प्रेस परिषद के सुझाव पर ‘मीडिया से किसको डर नहीं विषय पर पूरे देश के साथ-साथ सोलन जिला के पत्रकारों द्वारा भी सारगर्भित विचार-विमर्श किया गया। अजय कुमार यादव ने कहा कि मीडिया के विभिन्न आयामों के माध्यम से आमजन को न केवल जन कल्याणकारी नीतियों एवं कार्यक्रमों की जानकारी मिलती है अपितु नियमित संवाद भी स्थापित होता है। उन्होंने कहा कि मीडिया के द्वारा प्रकाशित किए जाने वाले नकारात्मक समाचार सशक्त फीडबैक का कार्य करते हैं। इसके माध्यम से जहां नीतियों एवं कार्यक्रमों को अधिक जनमुखी बनाने में सहायता मिलती है वहीं आमजन की आशाओं का भी ज्ञान होता है। जिला लोक संपर्क अधिकारी हेमन्त वत्स ने सभी का स्वागत किया तथा विषय की जानकारी प्रस्तुत की। इस अवसर पर विभिन्न समाचार पत्रों, इलैक्ट्राॅनिक मीडिया के ब्यूरो प्रमुख तथा संवाद्दाताओं सहित जिला लोक संपर्क अधिकारी कार्यालय के कर्मचारी उपस्थित थे।
पेंशनर्ज एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन इकाई पट्टाबरावरी- हरिपुर की मासिक बैठक इकाई अध्यक्ष डी डी कश्यप की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में चर्चा कर डी डी कश्यप ने कहा कि प्रदेश सरकार ने पेंशनरो तथा कर्मचारियों की अभी तक कोई भी मांगें नही मानी है। वर्ष 2003 के जितने भी कर्मचारी भर्ती हुए हैं, उन्हें पेंशन से वंचित रखा गया है और इस तरह पेंशनरों की संख्या दिन प्रतिदिन कम होती जा रही है। डी डी कश्यप ने कहा कि 27 नवम्बर को होने वाली सरकार से सँयुक्त सलाहकार समिति की बैठक में सरकार को विचार कर पुरानी पेंशन को बहाल कर कर्मचारियों को इसका लाभ देना चाहिए। बैठक में चर्चा की गई कि अभी हाल ही में पंजाब सरकार ने अपने कर्मचारियों और पेंशनरों का छठा वेतन आयोग जुलाई 2021 से लागू कर दिया है। जनवरी 2016 से कर्मचारियों और पेंशनरो को इसका लाभ मिलेगा इसके साथ ही पंजाब सरकार ने 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर्मचारियों व पेंशनरों के मूल वेतन में करने की घोषणा की है। डी डी कश्यप सहित अन्य पेंशनरो ने प्रदेश सरकार से आग्रह किया है कि पंजाब की तर्ज पर इसे हिमाचल में भी लागू किया जाए। बैठक में पेंडिंग पड़े महंगाई भत्ते देने की भी सरकार से मांग की गई। इस बैठक में जगदेव गर्ग, रोशन लाल कौंडल, जगदीश शर्मा, दुनिचन्द ठाकुर, प्रेम चन्द कश्यप, नेकराम कौंडल, शीला देवी, हंसराज शर्मा, सन्तोष कुमार, राम नाथ शर्मा आदि उपस्थित रहे।
भले ही हिमाचल व केन्द्र सरकार देश की हर पंचायत को स्वच्छ भारत मिशन के साथ जोड़ने का दावा कर रही है। लेकिन ब्लॉक खण्ड परागपुर के अन्तर्गत ग्राम पंचायत डाडासीबा उक्त तमाम दावों की पोल खोलने के लिए काफी है। यहाँ क्षेत्र भर से दौड़ लगाने वाले युवाओं व सुबह शाम सैर पर निकलने वाले बुजुर्गो के लिए पहली पंसद बना बड़ा ग्राउंड इन दिनो जगह जगह बिखरी गन्दगी से भरा पड़ा है। लेकिन इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। स्थानिय ग्रामीणों का आरोप है कि यहां उक्त ग्राउंड में विगत करीब डेढ़ महीना लगातार ट्रैड फेयर मेला चलता रहा। लिहाजा यहां से मेला चले जाने के बाद जगह जगह पसरी गंदगी अब लोगो को मुहं चिड़ा रही है। यहाँ सुबह शाम सैर पर निकलने वाले बजुर्गो के लिए यह गन्दगी आफत बनने लगी है। तो दौड़ लगाने वाले युवाओ के लिए भी यहां परेशानी पैदा होने लगी है। स्थानिय ग्रामीणों ने स्थानिय पंचायत प्रतिनिधियो से मांग की है कि इस गम्भीर समस्या से तुरन्त छुटकारा दिलवाया जाए। इस संबंध में पंचायत प्रधान सपना देवी डाडा सीबा से बात की गई तो उन्होंने बताया शीघ्र ही मैदान की साफ सफाई करवाई जाएगी।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय देहरा परिषर इकाई ने हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय देहरा परिसर निदेशक डॉ हर्षवर्धन को विश्वविद्यालय में लंबित मांगों को लेकर मांग पत्र सौंपा। ईकाई अध्यक्ष चन्दन ठाकुर ने जानकारी देते हुए कहा कि, छात्रों की विश्वविद्यालय में अनेक समस्याएं है। चाहे वो छात्रों के छात्रावास की सुविधा का विषय हो या एमफिल में सबमिशन फीस बढ़ाने का विषय हो इस प्रकार की अनेक समस्याएं विश्वविद्यालय छात्रों को आ रही है। विद्यार्थी परिषद ने यह मांग रखी की जल्द से जल्द छात्रावास की सुविधा उपलब्ध करवाई जाए तथा बढ़ाई हुई एमफिल की फीस को जल्द से जल्द वापिस लिया जाए। अगर विषय छात्रावासों की व्यवस्था का देखा जाए तो धर्मशाला व शाहपुर दोनों परिसरों में होस्टल की व्यवस्थाएं है। लेकिन देहरा परिसर में छात्रों के लिए इस प्रकार की कोई व्यवस्था लम्बे समय से नहीं है। छात्रों हितों को ध्यान में रखते हुए देहरा परिसर में भी एक छात्रावास की व्यवस्था की जाए। विद्यार्थी परिषद ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द से जल्द इन सभी मांगों को पूरा नहीं किया गया। तो विद्यार्थी परिषद विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ निर्णायक आंदोलन लड़ेगी ।
नादौन के नग्घु में युवा मंडल नग्घु द्वारा कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस दौरान आम आदमी पार्टी ओबीसी के राज्य मंत्री शैंकी ठुकराल मुख्यअतिथि के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान ठुकराल फाउंडेशन के अध्यक्ष व आम आदमी पार्टी ओबीसी के राज्य मंत्री शैंकी ठुकराल को युवा मंडल नग्घू द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर शैंकी ठुकराल ने खिलाडियों को खेल भावना से खेलने की प्रेरणा दी। शैंकी ठुकराल ने कहा कि कबड्डी भारतियों के दिल में बस्ती है। युवा मंडल नग्घु के साहिल, कपिल व अमन ने बतयाया कि प्रतियोगिता में सभी मैच ठीक ढंग से आयोजित हुए।
अत्याधुनिक भारतीय ड्रॉप रो बॉल खेल की राज्य स्तरीय प्रतियोगिता का विधिवत समापन हुआ। इस समापन कार्यक्रम में मुख्यअतिथि उपमंडलाधिकारी चौपाल चेत सिंह, डीएसपी चौपाल राजकुमार, सेवानिवृत्त संघ चौपाल के अध्यक्ष सुरेश चौहान व उपप्रधान एसोसिएशन के अध्यक्ष दिनेश घुंटा उपस्थित रहे। मुख्यातिथि ने अपने संबोधन में कहा कि इस खेल को जानने के बाद मुझे लगता है कि इस खेल के मुकाबले सस्ता और सरल खेल कोई हो ही नहीं सकता, ये बहुत मनोरंजन भरा खेल है। एक प्रशासनिक अधिकारी होने के नाते यदि इस खेल के विकास के लिए मुझसे कोई मदद की आवश्यकता हो तो में सदैव आपके साथ खड़ा हूं। इस दौरान ड्रॉप रो बॉल के सचिव गोविंद सिह ने मुख्यातिथि को इस खेल के बारे में बारीकी से जानकारी दी। इस मौके ड्रॉप रों बॉल डेवलपमेंट के अध्यक्ष अमित चौहान और उपाध्यक्ष राजिंदर त्यागी ने अपने संबोधन में मुख्यातिथि और अन्य अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
100 साल पूरे होने पर हिमाचल प्रदेश विधानसभा में अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों का 7वां सम्मेलन होने जा रहा है। 16 से 19 नवंबर तक चलने वाले इस सम्मेलन में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने शिमला पहुँच चुके हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 नवंबर को वर्चुअल माध्यम से सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। 100 वर्ष पहले 1921 में शिमला में प्रथम अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों का सम्मेलन शिमला से शुरू हुआ था। 36 राज्यों की विधानसभाओं, विधान परिषदों के पीठासीन अधिकारी, उपाध्यक्ष और प्रधान सचिव सम्मेलन में भाग ले रहे हैं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने बताया कि अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों का सम्मेलन 16 से 19 नवम्बर तक हो रहा है। इससे पूर्व वर्ष 1921 में यह सम्मेलन हुआ था। उन्होंने बताया कि किस तरह लोकतंत्र सशक्त हो संवैधानिक संस्थाए मजबूत हो इस पर चर्चा की जाएगी। हिमाचल में विधायकों की अकादमी को लेकर कहा कि चर्चा के बाद निर्णय लिया जाएगा। एयर इंडेक्स को लेकर पूछे गए सवाल पर ओम बिड़ला ने बताया कि शिमला देश ही नही दुनिया में भी अपनी सौंदर्य व शुद्ध आवोहवा के लिए विख्यात है। सम्मेलन में 36 राज्य विधान परिषदों तथा विधानसभाओं के पीठासीन अधिकारी उप पीठासीन अधिकारी व प्रधान सचिव भाग ले रहे है। कुल मिलाकर एक राज्य से 4 प्रतिनिधि अपनी स्पाउस के साथ इस सम्मेलन में भाग लेंगे जिनकी संख्या 288 होगी। सम्मेलन में भाग ले रहे प्रतिनिधियों की कुल संख्या 378 होगी।
भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा संगठनात्मक जिला देहरा के जिलाध्यक्ष मुकेश सोनी ने प्रेस विज्ञापित जारी करते हुए कहा कि बिक्रम ठाकुर ही मंडल भाजपा के नेता हैं। उनके इस मंत्रिमंडल के कार्यकाल में जसवां प्रागपुर में टेरेस से लेकर प्रागपुर तक चारों तरफ चौमुखी विकास हो रहा है। इस क्षेत्र की जनता भी मंत्री बिक्रम ठाकुर से अपार स्नेह और प्यार करती है। उन्होंने कुछ लोग मीडिया के माध्यम से झूठी अफवाहें फैला रहे हैं कि आने वाले विधानसभा चुनावों में मंत्री बिक्रम ठाकुर देहरा विधानसभा क्षेत्र से 2022 का चुनाव लड़ेंगे जोकि सरासर गलत है। मंत्री पिछले 25 वर्षों से अपनी राजनीति जसवां प्रागपुर क्षेत्र के लोगों के लिए कर रहे हैं। जसवां-परागपुर ही उनकी जन्मभूमि और कर्म भूमि है और मरते दम तक मंत्री जसवां परागपुर के लोगों के लिए काम करते रहेंगे।
ज़िला कुल्लू में एक मकान में बीती रात आग लगने की घटना सामने आई है। इस आगजनी की घटना में करीब 5 लाख रुपए का नुकसान होने का अनुमान लगाया गया है। हालांकि इस घटना में 1 करोड़ की संम्पति को बचा लिया गया है, परंतु 5 लाख के नुकसान को नहीं बचाया जा सका है। दमकल विभाग के अनुसार देर रात को पर्यटन नगरी में स्थित प्राचीन शिव मंदिर के निकट रोशन लाल, योगराज, इकबाल के तीन मंजिला लकड़ी के मकान में आग लग गई। आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चला है। जैसे ही अग्निशमन विभाग को आग लगने कि सूचना मिली, तो तुरंत अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों ने मौके पर जाकर आग पर काबू पाया और एक करोड़ से अधिक की संपत्ति को बचाया लिया।'
स्वच्छता पखवाड़ा अभियान के तहत देहरा डाकमंडल के कर्मचारियों द्वारा स्वच्छता शपथ ली गई। इसके साथ यह प्रण लिया गया कि महात्मा गांधी ने जिस भारत का सपना देखा था, उसमे सिर्फ राजनैतिक आजादी ही नहीं थी, बल्कि एक स्वच्छ एवं विकसित देश की कल्पना भी की थी। अब हमारा कर्तव्य है कि गंदगी को दूर करके भारत माता की सेवा करे। देहरा डाकमंडल के सभी कर्मचारियों द्वारा यह शपथ ली गयी कि हर वर्ष 100 घंटे यानी हर सप्ताह 2 घंटे श्रमदान करके स्वच्छता के इस संकल्प को चरितार्थ करेंगे। स्वच्छता पखवाड़ा के तहत 16 नवम्बर से 30 नवम्बर तक अलग अलग गतिविधियां जैसा कि स्वच्छता अभियान तहत डाकघरों की सफाई, जनता में स्वच्छता के प्रति जागरूकता पैदा करना, कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए लोगों को आपस में दूरी बनाए रखने व मास्क पहनने के लिए जागरूक करना, पोस्टल कॉलोनियों की सफाई इत्यादि करना प्रस्तावित है। इस अभियान के तहत स्वछता से संबन्धित अन्य कई गतिविधियां शामिल हैं। जो कि 30 नवम्बर तक चलेगी। इस मौके पर सभी कर्मचारियों को सहायक डाक अधीक्षक सनी भारद्वाज व डाकपाल देहरा सुनीता धीमान ने शपथ दिलवाई व सभी को स्वच्छता पखवाड़ा की आने वाली गतिविधियों मे बढ़ चढ़ कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
उपमण्डल ज्वालामुखी के तहत पड़ते मझीन निवासी विकास धीमान को आम आदमी पार्टी ने ज्वालामुखी का अध्यक्ष मनोनीत किया है। जिस पर क्षेत्रवासियों ने आम आदमी पार्टी का धन्यवाद किया है। इससे पहले विकास धीमान आम आदमी पार्टी यूथ विंग ज्वालामुखी के अध्यक्ष थे। वहीं उनके काम को देखते हुए उन्हें ज्वालामुखी आम आदमी पार्टी का अध्यक्ष बनाया गया हैं। आपको बता दें हाल ही में विकास धीमान ने सफाई कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय सांकेतिक भूख हड़ताल की थी। आम आदमी पार्टी ज्वालामुखी अब विकास धीमान की अध्यक्षता में काम करेगी। विकास धीमान मझीन क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं। उनकी नियुक्ति के साथ पार्टी ने मोनिंदर सिंह को उपाध्यक्ष ज्वालामुखी, प्रवीण कुमारी को सचिव और प्रीक्षा सूद को सचिव महिला विंग ज्वालामुखी निर्वाचन क्षेत्र के रूप में नियुक्त किया है।
उपमण्डल देहरा के अंतर्गत पड़ते समनोली में पुलिस ने गश्त एवम ट्रैफिक चेकिंग के दौरान एक व्यक्ति गांव वुकला डाकघर चिन्तपुरनी तहसील अम्ब के निवासी की स्कूटी में 18 हज़ार एमएल शराब देसी मार्का संतरा बरामद की है। मामले की पुष्टि करते हुए डीएसपी देहरा अंकित शर्मा ने बताया की पुलिस ने व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर आगामी कार्यवाही शुरू कर दी है। पुलिस मामले की गहनता से तफ़्तीष कर रही है।
उपमण्डल देहरा के अंतर्गत पड़ते बाड़ी में देहरा पुलिस ने गश्त के दौरान स्थानीय व्यक्ति से 16 हज़ार 500 एमएल देसी शराब मार्का संतरा बरामद की है। बताया जा रहा है उक्त व्यक्ति पैदल जा रहा था। वहीं पुलिस ने आशंका के आधार पर उक्त व्यक्ति की तलाशी ली। तो उक्त व्यक्ति से मौके पर 16 हज़ार 500 एमएल शराब बरामद की गई है। मामले की पुष्टि करते हुए डीएसपी देहरा अंकित शर्मा ने बताया पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस मामले की गहनता से तफ़्तीष कर रही है।
ब्लाक खंड परागपुर के अंतर्गत ग्राम पंचायत सेहरी के बरियाल बेहड़ में लंबे अरसे बाद जसवां परागपुर भाजपा मंडल अध्यक्ष विनोद शर्मा व प्रदेश उद्योग मंत्री विक्रम सिंह ठाकुर के प्रयासों से सड़क बनने का सपना साकार होगा। बरवाल बेहड़ के 18 परिवारों ने लोक निर्माण विभाग के एसडीओ अमित गुलेरिया की उपस्थिति में तहसीलदार रक्कड़ अमित शर्मा के माध्यम से अपनी लाखों करोड़ों रुपए की जमीन लोक निर्माण विभाग को दान स्वरूप देकर इलाके भर में मिसाल कायम की है। जबकि इस भूमि में गांव बरियाल बेहड़ के अकेले परमजीत व उनके परिवार ने सात कनाल जमीन विभाग को दी है। उक्त भूमि दानवीरों की सीख उन लोगों को भी लेनी होगी, जो अपनी एक इंच जमीन के लिए एक-दूसरे पर मारपीट व जान लेने के लिए उतारू हो जाते है। बताया जा रहा है कि आजादी के 76 वर्ष का लंबा वक्त के बाद भी यहां लोग सड़क सुविधा से वचिंत थे। लेकिन उक्त भूमि दानवीरों द्वारा अपनी मिलकीयती भूमि बिना लालच सड़क के लिए दान देकर बड़ी राहत प्रदान की है। भाजपा मंडल अध्यक्ष विनोद शर्मा व अन्य ग्रामीणों ने प्रदेश उद्योग मंत्री विक्रम सिंह ठाकुर से मांग की हैं कि जल्दी से जल्दी इस सड़क को बजट में डाल कर इन सभी दानी सज्जनों का सपना साकार करें।
कंगना रणौत के1947 में मिली आजादी को भीख बताने वाले बयान के विरोध में राजगढ़ में एनएसयू आई द्वारा प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के दौरान एनएसयू आई कार्यकर्ताओं ने बॉलीबुड अभिनेत्री का पुतला जलाया और नारेबाजी की। कैंपस अध्यक्ष संजय राणा ने कहा कि कंगना रनौत को पदमश्री अवार्ड मिलने से जहां पहले पूरा प्रदेश गौरवान्वित महसूस कर रहा था वहीं उनके 1947 में मिली आजादी को भीख बताने वाले बयान से हिमाचलवासी शर्मसार महसूस कर रहे है। कंगना ने प्रदेश का नाम खराब किया है। उन्होंने केंद्र सरकार से शहीदों का अपमान करने वाली कंगना रणौत से पदमश्री अवार्ड वापसी लेने की मांग की है।
जिला किन्नौर के निचार खण्ड में एक दर्दनाक हादसा पेश आया है। दरअसल निचार खण्ड के पलिंगी के समीप मंगलवार सुबह एक आल्टो कार दुर्घटना ग्रस्त हो गई। जानकारी के मुताबिक वाहन में दो लोग सवार थे। वाहन में सवार दोनों लोग गम्भीर रूप से घायल है। घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए भावानगर ले जाया गया है। सूचना मिलते ही भावानगर थाने से पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
देव सदन कुल्लू में फिट बुल तथा मस्क्युलर प्लेनेट द्वारा आयोजित मिस्टर हिमालया 2021 बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें डॉ वाईकिंग भानू को बतौर मुख्यअतिथि आमंत्रित किया गया। इस प्रतियोगिता में पुरे हिमाचल से प्रतिभागियों ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। इसमें तीन श्रणियों में प्रतियोगिता हुई जिसमे मैन्स ओपन बॉडी बिल्डिंग, मैन्स फिटनेस फिजिक तथा फीमेल फिटनेस फिजिक में युवकों तथा युवतियों ने हिस्सा लिया। इनमे मैन्स ओपन बॉडी बिल्डिंग मे हमीरपुर के प्रीतम को प्रथम स्थान, मनाली के मनु नेगी द्वितीय स्थान, कांगड़ा के अमित कुमार त्रितय स्थान पर रहे। डिस्ट्रिक चैंपियन में मनु नेगी प्रथम स्थान, नीतीश मंघाट दूसरे स्थान, व करण तीसरे स्थान पर रहे, वहीं महिला फिजिक में शिमला से रुद्रांशी को पहला, सचना राजपूत को दूसरा व सोनम ठाकुर को तीसरा स्थान प्राप्त हुआ। मेनज़ फिजिक में शेरू को पहला, मनु नेगी को दूसरा स्थान एवं हिमांशु को तीसरा स्थान प्राप्त हुआ। इस उपलक्ष्य पर भानू अस्पताल की तरफ से मिस्टर हिमालया को 20,000/- कैश प्राइज़ , बाकी सारे विजेताओं तथा उनके परिवारों को भानू अस्पतालों में लाइफटाइम फ्री इलाज का सौगात दी गई। इसके अलावा बाकी समस्त प्रतिभागियों को भानू अस्पतालों में 10-50 प्रतिशत तक का लाइफटाइम डिस्काउंट का प्रोत्साहन गिफ्ट दिया गया।
प्रदेश में पहली व् दूसरी कक्षा के विद्यार्थी 2 साल बाद पहली बार स्कूल पहुंचे। विद्यार्थियों में अपने सहपाठियों व् अध्यापकों से मिलने का उत्साह देखने को मिला। वंही तीसरी से सातवीं कक्षा के विद्यार्थी 10 नवंबर से स्कूल आ रहे थे। स्कूलों विद्यार्थियों को बैठाने के लिए उचित व्यवस्था की गई है। विभाग द्वारा स्कूलों में कोविड-19 से बचाव के लिए गाइडलाइन जारी की गई है। वंही प्राथमिक पाठशाला डाडासीबा के हेड मास्टर यशवंत सिंह का कहना है कि सरकार के दिशा निर्देशानुसार 15 नवंबर से विद्यार्थियों के लिए स्कूल खोल दिए गए हैं। उन्होंने कहा इस दौरान कोविड-19 को लेकर सरकार द्वारा जारी सभी गाइडलाइन का ध्यान रखा जा रहा है, ताकि संक्रमण का खतरा पैदा न हो।
हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ के संगठनात्मक जिला देहरा की जिला कार्यकारिणी 2021-24 के चुनाव हेतु राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला परागपुर में आम सभा का आयोजन हुआ। उपस्थित सभा सदों ने सर्वसम्मति से राजीव भारद्वाज प्रवक्ता, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला स्वाणा को जिलाध्यक्ष चयनित किया। अपने सम्बोधन में सभी कार्यकर्ताओं का धन्यवाद करते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ हिमाचल के सभी शिक्षक वर्गों की मांगों को सरकार के समक्ष उचित मंच पर उठाता रहा है और भविष्य में भी जिला देहरा का नेतृत्व करते हुए संगठन के प्रति निष्ठावान रहूंगा। आम सभा ने जिला देहरा के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अशोक कुमार, जिला मंत्री राजकुमार, जिला संगठन मंत्री नरेश कुमार, जिला सह संगठन मंत्री अनुराग सूद, सचिव शमशेर सिंह, कुलदीप ठाकुर, कोषाध्यक्ष अनुराग बद्धन, प्रशिक्षण प्रकोष्ठ सुनील धीमान को भी सर्वसम्मति से चयनित किया। आम सभा में मुख्य चुनाव अधिकारी के रूप में उपस्थित प्रान्त अतिरिक्त मंत्री सुधीर गौतम ने कहा कि हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ राष्ट्रीय स्तर पर कार्य कर रहे अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के प्रेरणा से राष्ट्र हित, शिक्षा हित ,छात्रहित व शिक्षक हित में कार्य करते हुए प्री-प्राथमिक स्तर से लेकर विश्वविद्यालय स्तर के सभी शिक्षकों की आवाज़ को उचित मंच पर बुलंद करता है। इसके साथ साथ वर्ष में शिक्षक महासंघ तीन कार्यक्रम कर्तव्य बोध दिवस, नववर्ष सुवेच्छा कार्यक्रम व गुरुवंदन कार्यक्रमों का आयोजन कर सांस्कृतिक पुनर्जागरण का कार्य भी करता है। इस मौके पर चुनाव पर्यवेक्षक के रूप में जिला ऊना से संजीव चौधरी व सुमित भारद्वाज सहित जिला देहरा के सतपाल, चन्द्रशेखर,राकेश,अजय,दीपक, बलवीर,रजत ,मनोज, संजीव आदि उपस्थित रहे।
युवा प्रतिभाओं के सर्वांगीण विकास के लिए जिला युवा सेवाएँ एवं खेल कार्यालय के सहयोग से यूथ डेवलपमेंट सेंटर द्वारा शिवालिक इंटरनेशनल कान्वेंट स्कूल नंगल चौक में ब्लॉक यूथ फेस्टिवल का आयोजन किया गया। युवा उत्सव का शुभारम्भ करते हुए प्रबंध निर्देशक एमएस राणा ने कहा कि ऐसे आयोजन से युवाओं में आपसी सामंजस्य, सौहार्द्र और सहयोग की भावना में वृद्धि होती है। इस आयोजन का उद्देश्य कला एवं संस्कृति को बढ़ावा देना है। इससे युवाओं में अध्ययन के अतिरिक्त सांस्कृति, विविध कलाओं और साहित्य की क्षमता का विकास होता है। इस अवसर पर आयोजित लोक नृत्य में शिवालिक इंटरनेशनल कान्वेंट स्कूल विजेता बना।स्थानीय मंडली द्वारा प्रसुत नाटी दूसरे स्थान पर रही। इस अवसर पर सहायक मेनेजिंग डायरेक्टर राजेश राणा, प्रिंसिपल पूजा रानी,कुशल प्रीत, मनोज कुमार, वंदना कुमारी, रीता रानी, रमा डोगरा, औंबाला, शमा राणा, प्रिय, निधि, ज्योति, अंजलि, परमजीत, मोनिया शर्मा, परवेश आदि गणमान्य उपस्थित थे।
एनपीएस ब्लॉक ज्वालामुखी की मीटिंग सोमवार को ज्वालामुखी में संपन्न हुई। मीटिंग में मुख्य अतिथि के रूप में चंबा जिला प्रधान सुनील जरयाल उपस्थित रहे। साथ ही राज्य उपाध्यक्ष सौरभ वैद्य, पूर्व जिला प्रधान अनिरुद्ध गुलेरिया, ज्वालामुखी ब्लॉक प्रधान विपिन कुमार, उपाध्यक्ष राहुल राणा, उपाध्यक्ष सुमन कुमार, महा सचिव आशीष शर्मा, वित्त सचिव रत्न लाल, आईटी सैल से साथी रजनीश व अनूप, महिला विंग,अन्य एनपीएस साथी व मीडिया प्रभारी संदीप सकलानी उपस्थित रहे। मीटिंग में सभी कर्मचारियों ने सरकार से मांग उठाई कि एनपीएस को खत्म कर पुरानी पेंशन व्यवस्था को बहाल किया जाए।
उपमंडल देहरा के अंतर्गत पड़ते हरिपुर के तहत भटोली फकोरियाँ में स्थानीय वाशिंदों द्वारा मणिपुर में शहीद हुए भारतीय सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गयी। अधिक जानकारी देते हुए एडवोकेट शिवेन्द्र सैनी ने बताया कि 13 नवम्बर को मणिपुर में हुए उग्रवादी हमले में शहीद हुए असाम राईफ़लस के 5 जवान शहीदों को भटोली के बाज़ार में पुष्पांजलि अर्पित की गई और शहीदों के लिए दो मिनट का मौन रखा गया। उन्होंने कहा कि जवानों की वजह से ही हम लोग सुरक्षित रहते हैं और इनकी वीरगति को हमेशा याद रखा जाएगा। इस मौक़े पर गाँव भटोली के वरिष्ठ नागरिक और युवा साथी उपस्तिथ रहे।
आजादी के 75वें अमृत महोत्सव के तहत किन्नौर जिला के रिकांगपिओ स्थित पुलिस मैदान में 20 नवम्बर, 2021 से 24 नवम्बर, 2021 तक राज्य स्तरीय जनजातीय नृत्य प्रतियोगिता व क्राफ्ट मेले का आयोजन किया जाएगा। उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने जानकारी देते हुए कहा कि राज्य स्तरीय जनजातीय नृत्य प्रतियोगिता व क्राफ्ट मेले का शुभारंभ मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर 20 नवम्बर, 2021 को करेंगे। उन्होंने बताया कि राज्य स्तरीय जनजातीय नृत्य प्रतियोगिता में प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों पांगी, भरमौर, केलांग, काजा, कांगड़ा के बड़ा-भगांल के गद्दी नृत्य दल के अलावा किन्नौर जिला के पूह, कल्पा व निचार उपमण्डल के नृत्य दल भाग लेगें। उन्होंने बताया कि इस दौरान आयोजित क्राफ्ट मेले में भी भरमौर, पांगी, काजा, केलांग सहित किन्नौर जिला के हस्तशिल्प, मूर्तिकला, हथकरघा, काष्ठ-कला से संबंधित प्रतिभागी भाग लेंगे। इसके अलावा जिले के स्वयं सहायता समूह भी शामिल होंगे। उपायुक्त ने बताया कि 20 नवम्बर, 2021 को मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर जिले के लिए विभिन्न विकासात्मक योजनाओं के लोकापर्ण व शिलान्यास भी पुलिस ग्राउंड रिकांगपिओ से करेंगे। मुख्यमंत्री इस अवसर पर क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ में 250-250 लीटर पर मिनट क्षमता के दो ऑक्सीजन संयत्रों का भी लोकापर्ण करेंगे।
ग्राम पंचायत सुरजपुर में लोगों ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर अनिश्चित काल के लिए धरना प्रदर्शन शुरू किया। लोगों का आरोप है कि प्रशासन पंचायत में लोगों की समस्याओं की अनदेखी कर रहा है। बार बार समस्याओं से निजात दिलाने की मांग करने के बावजूद भी कोई सुनवाई नही हो रही है। जिसके चलते लोगों को सड़कों पर उतर कर आंदोलन करना पड़ रहा है। पंचायत प्रधान ओम प्रकाश शर्मा का कहना है कि पिपलुघाट चौक पर लोगों को सार्वजनिक शौचालय, रेन शेल्टर, पार्किंग आदि की सुविधा के अभाव में परेशानी झेलनी पड़ रही है। कई गांवों में गैस की गाड़ी नहीं पहुंच पा रही है। पंचायत के अंतर्गत कई सड़कों की रिपेयरिंग समय पर नहीं हो रही है। पंचायत के कई गांवों में लोग पीने के पानी जैसी मूलभत सुविधा से वंचित है। जल शक्ति विभाग कई गांवों में खराब हो चुकी पाइपलाइन को नहीं बदल पा रहा है।उन्होंने बताया की प्रशासन को बार बार समस्याओं से अवगत करवाने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। जिसके चलते जनता सड़कों पर उतरने को मजबूर हो गई है। उन्होंने बताया कि जब तक समस्याओं के समाधन के लिए प्रशासन सकारात्मक कदम नहीं उठता है, तब तक उनका धरना जारी रहेगा।
एसएफआई सोलन इकाई द्वारा विश्वविद्यालय में पीएचडी के अंदर हो रही धांधलियो के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। एसएफआई ने कहा क़ि हमारे कुलपति द्वारा अपने बेटे को पीएचडी में एडमिशन दिलाने के लिए यूजीसी की गाइडलाइन को दरकिनार करते हुए अपने बेटे की डायरेक्ट एडमिशन करवाई है। यूजीसी की गाइडलाइन के अनुसार पीएचडी में एडमिशन के लिए नेट जेआरएफ पास करने के बाद प्रवेश परीक्षा देनी होती थी। उसे क्लियर करने के बाद पीएचडी में प्रवेश मिलता था। परंतु अपने उच्च पद का दुरुपयोग कर कुलपति ने अपने बेटे को बिना किसी टेस्ट के ही सीधा प्रवेश दे दिया। एसएफआई कड़े शब्दों में इसकी निंदा करती है और मांग करती है कि जल्द से जल्द इस प्रवेश को वापिस लिया जाए। वहीं दूसरी ओर न्यू एजुकेशन पॉलिसी को हिमाचल में लागू करने के लिए सरकार काफी समय लंबे समय से कोशिश कर रही है इस पॉलिसी के अंदर हमारी शिक्षा को निजीकरण और सांप्रदायिकरण किया जा रहा है 2014 में रूसा सिस्टम को भी सबसे पहले हिमाचल प्रदेश में लागू किया गया। एसएफआई मांग करती है कि नई शिक्षा नीति को वापस लिया जाए। न्यू एजुकेशन पॉलिसी के माध्यम से सरकार आंगनवाड़ी को प्राइमरी स्कूलों के साथ मर्ज करने की बात कर रही है और वहीं पर स्कूलों को भी निजी हाथों में सौंप रही है और जिन स्कूलों और कॉलेजों में छात्रों की संख्या कम है उनको प्राइवेट के साथ मर्ज करने की बात नई शिक्षा नीति मे की गई है। इसी के साथ साथ PTA के नाम पर जो छात्रों से करोड़ों रुपए लूटे जा रहे हैं उसे छात्रों से लेना बंद किया जाए। हर साल विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों से पीटीए के नाम पर करोड़ों रुपए लूटता है पर वह कहां खर्च होते हैं इसका कोई ब्यौरा नहीं है। साथ ही महाविद्यालय के अंदर खाली पड़े अध्यापकों के पदों को भी जल्द से जल्द भरा जाए। एसएफआई मांग करती है कि कुलपति के ऊपर से सख्त कार्रवाई हो। न्यू एजुकेशन पॉलिसी को हिमाचल में इंप्लीमेंट न किया जाए तथा पीटीए के नाम पर छात्रों को लूटना बंद करें। अगर जल्द से जल्द इन मागों को पूरा नहीं किया गया तो एसएफआई छात्रों को लामबंद करते हुए एक उग्र आंदोलन करेगी। जिसका जिम्मेदार विश्वविद्यालय प्रशासन तथा हमारी सरकार होगी इस मौके पर शिवानी, संतोष, वंशिका, संजय, श्रेया, शलेजा अंकिता, आर्यन, सौरव सहित 20 लोग सम्मिलित थे।
विकास खंड करसोग के तहत पढ़ने वाली खड़कन पंचायत के भागचंद पुत्र चैत्री देवी गांव द्रष्टि डा० भंथल ने एसडीम करसोग सनी शर्मा को एक शिकायत पत्र सौंपा। जिसमें उन्होंने लिखा है कि दिनांक 3 -9 - 2021 को उन्होंने अपनी भूमि का विकास कार्य मनरेगा के तहत करवाया था तथा इस भूमि सुधार कार्य में उनके सहित और भी लोगों ने कार्य किया था जिसका कि इतना समय बीत जाने के बाद भी अभी तक पैसों की अदायगी नहीं की गई है उनका कहना है कि दिवाली के समय में है उनके द्वारा या पैसे मांगे गए थे लेकिन पैसे ना मिलने के कारण इनकी दिवाली भी फीकी ही रही तथा इसके बारे में है उन्होंने सीएम हेल्पलाइन 1100 नंबर पर भी कॉल की थी जहां से भी कोई उचित जवाब नहीं मिल पाया इसी के चलते इन्होंने सोमवार को एसडीम करसोग सनी शर्मा को शिकायत पत्र सौंपा जिसमें लिखा है कि जल्द से जल्द इनके मनरेगा की दिहाड़ी के पैसों की अदायगी की जाए ताकि मजदूर लोगों को परेशानियों का सामना ना करना पड़े साथ ही उन्होंने लिखा है कि खड़कन पंचायत मैं अलग-अलग कामों की पहले भी लगभग 190 लोगों की पेमेंट नहीं दी गई है जिसके चलते वह भी परेशान हैं। उन्होंने आशा की है कि जल्द से जल्द इनकी पेमेंट की जाएगी ताकि ग्रामीणों को परेशानियों का सामना ना करना पड़े।
निपुणता युवाओं की योग्यता बढ़ाने का काम करती है। निपुण व्यक्ति जटिल से जटिल काम बड़ी आसानी से कर सकता है। किसी काम को करने में निपुण होने के लिए दक्ष होने के लिए या हुनरमंद होने के लिए व्यक्ति को प्रशिक्षण लेना पड़ता है। सीखने की प्रक्रिया पूरी उम्र जारी रहती है, किसी भी दक्ष से दक्ष व्यक्ति में भी सीखने की गुंजाइश हमेशा रहती है। सोमवार को वरिष्ठ भाजपा नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री प्रोफेसर प्रेम कुमार धूमल ने समीरपुर में मशीन ऑपरेटर प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के बाद, दक्ष हुए 45 प्रशिक्षुओं को सर्टिफिकेट बांटते हुए यह बात कही है। उन्होंने कहा कि प्रयास संस्था एवं एटी स्किल्स हब क्षेत्र के युवा वर्ग को हुनरमंद बनाने के लिए जगह जगह पर कई तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम चला रहे हैं। बेकहो लोडर मशीन ऑपरेटर, ब्यूटीशियन, सिक्युरिटी गार्ड, पलम्बरिंग, बांस की हस्तकला इत्यादि जैसे अन्य कई कार्यों की ट्रेनिंग युवाओं को दी जा रही है। यह सभी कोर्स युवाओं को रोजगार स्वरोजगार प्राप्त करने के लिए दक्ष बनाकर उनकी योग्यता बढ़ाएंगे। आज के अत्याधुनिक डिजिटल और तकनीकी युग में दक्ष एवं योग्य वर्ग की बहुत अधिक डिमांड होने के कारण उन्हें रोजगार प्राप्त करते हुए आसानी रहती है।
जुब्बल-नावर-कोटखाई में बाग़वानी, पर्यटन और विकास के कार्य को गति दी जाएगी। यह बात नव निर्वाचित कांग्रेस विधायक रोहित ठाकुर ने कोटखाई में आयोजित जन आभार कार्यक्रम के दौरान कोटखाई की जनता को सम्बोधित करते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि जुब्बल-नावर-कोटखाई के उप-चुनाव में कांग्रेस पार्टी का सीधा मुकाबला प्रदेश की भाजपा सरकार से था। प्रदेश की भाजपा सरकार ने पूरा कैबिनेट जुब्बल-नावर-कोटखाई में उतार दिया था और बड़े-2 विजन और घोषणाओं से जनता को गुमराह करने की कोशिश की। लेकिन क्षेत्र की प्रबुद्ध जनता ने अपनी बुद्धिमता और विवेकता का परिचय देते हुए, अपार स्नेह और समर्थन के साथ कांग्रेस पार्टी को जीत दिलवाई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा ही एक समान दृष्टिकोण के साथ संतुलित और समग्र विकास करने का प्रयास किया है और रुकें पड़े विकास कार्य को गति दी जाएगी। रोहित ठाकुर ने कहा कि क्षेत्र में सीए स्टोर स्थापित करने और पर्यटन में अपार संभावनाओं को देखते हुए क्षेत्र में स्थानों को चिन्हित कर विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उप-चुनाव से पूर्व भाजपा सरकार ने दो उपमंडल, विकास खंड और उप तहसील खोलने की घोषणा की है। उसे भी अमलीजामा पहनाया जाएगा। रोहित ठाकुर ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उप चुनाव में निरंतर संघर्ष और मेहनत कर कांग्रेस पार्टी को विजयी बनाने पर आभार जताया।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आरके अग्रिहोत्री ने बताया कि जिला में कोरोना रोधी वैक्सीनेशन के लिए साप्ताहिक शेड्यूल जारी कर दिया गया है। 16 नवंबर को इन स्थानों पर लगाए जाएंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, सीएचसी गलोड़, स्वास्थ्य उपकेंद्र जंगलरोपा, सनाही, पीएचसी सलौणी, मोबाइल टीम धनेड, स्वास्थ्य उपकेंद्र नारा, कोटलू, नागरिक अस्पताल नादौन, पीएचसी चौड़ू, सेरा, धनेटा, स्वास्थ्य उपकेंद्र पुतडिय़ाल, झलाण, कलूर, मोबाइल टीम, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, स्वास्थ्य उपकेंद्र उटपुर, पीएचसी कोट, कुठेड़ा, स्वास्थ्य उपकेंद्र झनियारी, अमरोह, स्वाहल, मटटनसिद्ध, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, पीएचसी चबूतरा, स्वास्थ्य उपकेंद्र रंगड़, करोट, स्वास्थ्य उपकेंद्र दैण-रोपड़ी, पीएचसी भोटा, सीएचसी बिझड़ी, स्वास्थ्य उपकेंद्र सोहारी, पीएचसी ननावां, चकमोह, गारली, बड़ाग्रां, नागरिक अस्पताल बड़सर, नागरिक अस्पताल भोरंज, पीएचसी जाहू, भरेड़ी, मैड़, बलोखर, डेरा परोल, स्वास्थ्य उपकेंद्र खरवाड़, जमली, चंदरूही, पंजोत, अमनेड, टोहू, टिप्पर, मोबाइल टीम पथलियार और मोबाइल टीम बगवाड़ा। 17 नवंबर को इन स्थानों पर लगेंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, सीएचसी गलोड़, पीएचसी नालटी, कांगू, कश्मीर, स्वास्थ्य उपकेंद्र करेर, पपलाह, मोबाइल टीम धनेड, नागरिक अस्पताल नादौन, पीएचसी चौड़ू, सेरा, रैल, स्वास्थ्य उपकेंद्र बलडूहक, ग्वालपत्थर, जलाड़ी, बेला, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, स्वास्थ्य उपकेंद्र ठाणा लोहारां, बलोह, चलोखर, बजूरी, पीएचसी कुठेड़ा, आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र लंबलू, स्वास्थ्य उपकेंद्र ब्ल्यूट, पौहंज, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, पीएचसी गुब्बर, पटलांदर, जंगलबैरी, चौरी, स्वास्थ्य उपकेंद्र बनाल, समताणा, पीएचसी भोटा, सीएचसी बिझड़ी, स्वास्थ्य उपकेंद्र कठियाणा, पीएचसी ननावां, चकमोह, स्वास्थ्य उपकेंद्र बडडू, मोबाइल टीम गारली, स्वास्थ्य उपकेंद्र जमली-महारल, नागरिक अस्पताल भोरंज, पीएचसी जाहू, बगवाड़ा, महल, कड़ोहता, स्वास्थ्य उपकेंद्र धमरोल, बधाणी, टिक्कर सनेहड, धीरवीं, बालू, जोल, पंजोत-अवाहदेवी, नागरिक अस्पताल बड़सर, मोबाइल टीम भरेड़ी और मोबाइल टीम नादौन। 18 नवंबर को इन स्थानों पर लगेंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, सीएचसी गलोड़, स्वास्थ्य उपकेंद्र जंगलरोपा, तेलकर, पीएचसी सलौणी, स्वास्थ्य उपकेंद्र हड़ेटा, मोबाइल टीम धनेड, नागरिक अस्पताल नादौन, पीएचसी चौड़ू, सेरा, धनेटा, स्वास्थ्य उपकेंद्र भूंपल, मोबाइल टीम, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, स्वास्थ्य उपकेंद्र दड़ूही, नेरी, पीएचसी कुठेड़ा, स्वास्थ्य उपकेंद्र चमनेड, धरोग, पीएचसी कोट, स्वास्थ्य उपकेंद्र कलंझड़ी, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, पीएचसी पटलांदर, चबूतरा, स्वास्थ्य उपकेंद्र डूहक, बीड़ बगेहड़ा, पीएचसी भोटा, स्वास्थ्य उपकेंद्र धंगोटा, पीएचसी ननावां, स्वास्थ्य उपकेंद्र कनोह, मोबाइल टीम कलवाल, पीएचसी गारली, स्वास्थ्य उपकेंद्र जजरी, नागरिक अस्पताल बड़सर, सीएचसी बिझड़ी, नागरिक अस्पताल भोरंज, पीएचसी भरेड़ी, बलोखर, जाहू, स्वास्थ्य उपकेंद्र चौकी कनकरी, हनोह, नगरोटा, कंजयाण, खुथड़ीं, बुमाणा, बडैहर और मोबाइल टीम महल। 19 नवंबर को इन स्थानों पर लगेंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, पीएचसी कुठेड़ा, स्वास्थ्य उपकेंद्र दड़ूही, ख्याह, झनियारी, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, पीएचसी जाहू, बगवाड़ा, महल, कड़ोहता, स्वास्थ्य उपकेंद्र उखली, दिम्मी, भलवाणी, आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र मुंडखर, स्वास्थ्य उपकेंद्र अम्मण, आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र समीरपुर और मोबाइल टीम जाहू। 20 नवंबर को इन स्थानों पर लगेंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, सीएचसी गलोड़, स्वास्थ्य उपकेंद्र ब्राहलड़ी, पनसाई, पीएचसी कश्मीर, धनेड, मोबाइल टीम सलौणी, नागरिक अस्पताल नादौन, पीएचसी चौड़ू, सेरा, धनेटा, स्वास्थ्य उपकेंद्र बसारल, कलूर, मोबाइल टीम, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, स्वास्थ्य उपकेंद्र अणु, झनियारा, पीएचसी कुठेड़ा, स्वास्थ्य उपकेंद्र भीड़ा, बोहनी, पीएचसी उहल, बचत भवन हमीरपुर, पीएचसी कोट, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, पीएचसी चौरी, गुब्बर, चबूतरा, स्वास्थ्य उपकेंद्र धमडिय़ाणा, झरनोट, पीएचसी भोटा, सीएचसी बिझड़ी, स्वास्थ्य उपकेंद्र पैहरवीं, पीएचसी ननावां, चकमोह, मोबाइल टीम चकमोह, स्वास्थ्य उपकेंद्र हरसौर, पीएचसी बड़ाग्रां, नागरिक अस्पताल बड़सर, नागरिक अस्पताल भोरंज, पीएचसी भरेड़ी, जाहू, बलोखर, चंबोह, मैड़, स्वास्थ्य उपकेंद्र लुददर महादेव, आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र लदरौर, स्वास्थ्य उपकेंद्र धमरोल, चौकी कनकरी-डिडवीं, कंजयाण-आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र हिम्मर और मोबाइल टीम कड़ोहता-मैड़। 21 नवंबर को इन स्थानों पर लगेंगे कोरोना रोधी टीके : मेडिकल कालेज अस्पताल हमीरपुर, पीएचसी सलौणी, नालटी, नागरिक अस्पताल सुजानपुर, नागरिक अस्पताल टौणी देवी, पीएचसी उहल और स्वास्थ्य उपकेंद्र नेरी।
हालही में संपन्न हुए मंडी संसदीय सीट पर लोकसभा के उपचुनाव के दौरान कांग्रेस पार्टी की छवि को खराब करने की जो कोशिश की गई है, उसकी जांच होनी चाहिए। यह बात प्रेस को जारी बयान में कांग्रेस प्रदेश महासचिव आश्रय शर्मा ने कही। उन्होंने कहा क़ि शिमला ग्रामीण से कांग्रेस के विधायक विक्रमादित्य सिंह की जांच की मांग का वे भी समर्थन करते है। उन्होंने कहा क़ि मतदान से ठीक पहले तथाकथित ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल करके, कांग्रेस प्रत्याशी प्रतिभा सिंह और कांग्रेस पार्टी सहित पूर्व मुख्यमंत्री स्व. वीरभद्र सिंह की छवि को खराब करने का जो षडयंत्र रचा गया है। उसकी जांच होनी चाहिए। यह ऑडियो किसने वायरल किया और उसे वायरल करने के पीछे क्या मंशा थी इस बात का पर्दाफाश होना चाहिए। आश्रय शर्मा ने राज्य सरकार इस प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच एजैंसियों से जाँच करवाने की मांग की ।
आज जब देश के प्रधानमंत्री श्रीयुत नरेंद्र मोदी देश में भगवान् बिरसा मुंडा के जन्मदिन 15 नवंबर को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने की परंपरा का शुभारंभ कर रहे हैं। तब स्वाभाविक ही विदेशी परंपरा व विघ्नसंतोषियों के “मूलनिवासी दिवस” का विचार हृदय में आता है। भारत में मूलनिवासी दिवस या इंडिजिनस पीपल डे एक भारत मे एक नया षड्यंत्र है। सबसे बड़ी बात यह कि इस षड्यंत्र को जिस जनजातीय समाज के विरुद्ध किया जा रहा है, उसी समाज के काँधों पर रखकर इसकी शोभायमान पालकी भी चतुराई पूर्वक निकाल ली जा रही है। वैश्विक दृष्टि से यदि देखा जाये तो जिस 9 अगस्त दिवस को जनजातीय समाज के नरसंहार दिवस के रूप मे स्मरण किया जाना चाहिए उसी दिवस को पश्चिमी शक्तियों द्वारा एक उत्सव के रूप मे स्थापित कर दिया गया है। संयुक्त राष्ट्र संघ के एक संगठन विश्व मजदूर संगठन ILO द्वारा “राइटस आफ इंडिजिनस पीपल” नाम से एक कन्वेन्शन जारी किया गया जिसे सम्पूर्ण विश्व के मात्र 22 उन देशों ने हस्ताक्षर किया जिनकी कहीं कहीं अत्याचार पूर्ण औपनिवेशिक कालोनियां थी। इन्हीं 22 देशों ने एक “वर्किंग ग्रूप फार इंडिजिनस पीपल” नामक संगठन बनाया जिसकी प्रथम बैठक 9 अगस्त 1982 को हुई और इसी दिन को बाद मे विश्व मूल निवासी दिवस या विश्व आदिवासी दिवस के रूप मे मनाया जाने लगा। भारत के तथाकथित सेकुलर बुद्धिजीवियों व वामपंथियों के सहयोग से विदेशियों की यह चाल इतनी सफल हुई कि बड़ी संख्या मे जनजातीय समाज इस वर्ल्ड इंडिजेनस डे यानि विश्व मूलनिवासी दिवस को आदिवासी दिवस के नाम से मनाने लगा। तथ्य यह है कि भारत मे जनजातीय समाज व अन्य जाति जिसे इन विघटनकारियों ने आर्य – अनार्य का वितंडा बना दिया, वैसी परिस्थितियाँ भारत मे है ही नहीं। कथित तौर पर आर्य कहे जाने वाले लोग भी भारत मे उतने ही प्राचीन हैं जितने कि जनजातीय समाज के लोग। यह तो अब सर्वविदित है कि इस्लाम व ईसाइयत दोनों ही विस्तारवादी धर्म हैं व अपने विस्तार हेतु इन्होने अपने धर्म के परिष्कार, परिशोधन के स्थान पर षड्यन्त्र, कुतर्क, कुचक्र व हिंसा का ही उपयोग किया है। अपने इसी लक्ष्य की पूर्ति हेतु पश्चिमी विद्वानों ने भारतीय जातियो मे विभेद उत्पन्न करना उत्पन्न किया व द्रविड़ों को भारत का मूलनिवासी व आर्यों को बाहरी आक्रमणकारी कहना प्रारंभ किया। ईसाइयों ने अपने धर्म की श्रेष्ठता सिद्ध करने हेतु इस प्रकार के षड्यन्त्र रचना सतत चालू रखे। विदेशियों ने ही भारत के इतिहास लेखन मे इस बात को दुराशय पूर्वक बोया कि आर्य विदेश से आई हुई एक जाति थी जिसने भारत के मूलनिवासी द्रविड़ समाज की सभ्यता को आक्रमण करके पहले नष्ट भ्रष्ट किया व उन्हे अपना गुलाम बनाया। जबकि यथार्थ है कि आर्य किसी जाति का नहीं बल्कि एक उपाधि का नाम था जो कि किसी विशिष्ट व्यक्ति को उसकी विशिष्ट योग्यताओं, अध्ययन या सिद्धि हेतु प्रदान की जाती थी। आर्य शब्द का सामान्य अर्थ होता है विशेष। पहले अंग्रेजों ने व स्वातंत्र्योत्तर काल मे अंग्रेजों द्वारा लादी गई शिक्षा पद्धति ने भारत मे लगभग छः दशकों तक इसी दूषित, अशुद्ध व दुराशयपूर्ण इतिहास का पठन पाठन चालू रखा। भारत मे इसी दूषित शिक्षा पद्धति ने आर्यन इंवेजन थ्योरी की स्थापना की व सामाजिक विभेद के बीज लगातार बोये। जर्मनी मे जन्में किंतु संस्कृत के ज्ञान के कारण अंग्रेजों द्वारा भारत बुलाये गए मेक्समूलर ने आर्यन इन्वेजन थ्योरी का अविष्कार किया। मेक्समूलर ने लिखा कि आर्य एक सुसंस्कृत, शिक्षित, बड़े विस्तृत धर्म ग्रन्थों वाली, स्वयं की लिपि व भाषा वाली घुमंतू किंतु समृद्ध जाति थी। इस प्रकार मैक्समूलर ने आर्य इंवेजन थ्योरी के सफ़ेद झूठ का पौधा भारत मे बोया जिसे बाद मे अंग्रेजी शिक्षा पद्धति ने एक बड़ा वृक्ष बना दिया। यद्द्पि बाद मे 1921 मे हड़प्पा व मोहनजोदाड़ो सभ्यता मिलने के बाद आर्यन थ्योरी को बड़ा धक्का लगा किंतु अंग्रेजों ने अपनी शिक्षा पद्धति, झूठे इतिहास लेखन व षड्यन्त्र के बल पर इस थ्योरी को जीवित रखा। सिंधु घाटी सभ्यता की श्रेष्ठता को छुपाने व आर्य द्रविड़ के मध्य विभाजन रेखा खींचने की यह कथा बहुत विस्तृत चली किंतु अभी हम मूलनिवासी दिवस तक ही सीमित रहते हैं। यदि हम भारत के जनजातीय समाज व अन्य समाजों मे परस्पर एकरूपता की बात करें तो कई कई अकाट्य तथ्य सामने आते हैं। कथित तौर पर जिन्हे आर्य व द्रविड़ अलग अलग बताया गया उन दोनों का डीएनए परस्पर समान पाया गया है। दोनों ही शिव के उपासक हैं। प्रसिद्ध एन्थ्रोपोलाजिस्ट वारियर एलविन, जो कि अंग्रेजों के एडवाइजर थे, ने जनजातीय समाज पर किए अध्ययन मे बताया था कि ये कथित आर्य और द्रविड़ शैविज़्म के ही एक भाग है और गोंडवाना के आराध्य शंभूशेक भगवान शंकर का ही रूप हैं। माता शबरी, निषादराज, सुग्रीव, अंगद, सुमेधा, जांबवंत, जटायु आदि आदि सभी जनजातीय बंधु भारत के शेष समाज के संग वैसे ही समरस थे जैसे दूध मे शक्कर समरस होती है। प्रमुख जनजाति गोंड व कोरकू भाषा का शब्द जोहारी रामचरितमानस के दोहा संख्या 320 में भी प्रयोग हुआ है। मेवाड़ में किया जाने वाला लोक नृत्य गवरी व वोरी भगवान शिव की देन है जो कि समूचे मेवाड़ी हिंदू समाज व जनजातीय समाज दोनों के द्वारा किया जाता है। बिरसा मुंडा, टंटया भील, रानी दुर्गावती, ठाकुर विश्वनाथ शाहदेव, अमर शहीद बुधू भगत, जतरा भगत, लाखो बोदरा, तेलंगा खड़िया, सरदार विष्णु गोंड आदि आदि कितने ही ऐसे वीर जनजातीय बंधुओं के नाम हैं जिनने अपना सर्वस्व भारत देश की संस्कृति व हिंदुत्व की रक्षा के लिये अर्पण कर दिया। जब गजनी से विदेशी आक्रांता हिंदू आराध्य सोमनाथ पर आक्रमण कर रहा था तब अजमेर, नाडोल, सिद्ध पुर पाटन, और सोमनाथ के समूचे प्रभास क्षेत्र में हिंदू धर्म रक्षार्थ जनजातीय समाज ने एक व्यापक संघर्ष खड़ा कर दिया था। गौपालन व गौ सरंक्षण का संदेश बिरसा मुंडा जी ने भी समान रूप से दिया है। और तो आर क्रांतिसूर्य बिरसा मुंडा का “उलगुलान” संपूर्णतः हिंदुत्व आधारित ही है। ईश्वर यानी सिंगबोंगा एक है, गौ की सेवा करो एवं समस्त प्राणियों के प्रति दया भाव रखो, अपने घर में तुलसी का पौधा लगाओ, ईसाइयों के मोह जाल में मत फंसो, परधर्म से अच्छा स्वधर्म है, अपनी संस्कृति, धर्म और पूर्वजों के प्रति अटूट श्रध्दा रखो, गुरुवार को भगवान सिंगबोंगा की आराधना करो व इस दिन हल मत चलाओ यह सब संदेश भगवान बिरसा मुंडा ने दिये हैं। वे जिन्हे आर्य कहा गया और वे जिन्हे आर्य कहा गया दोनों ही वन, नदी, पेड़, पहाड़, भूमि, गाय, बैल, सर्प, नाग, सूर्य, अग्नि आदि की पूजा हजारों वर्षों से पूजा करते चले आ रहें हैं। भारत के सभी जनजातीय समुदाय जैसे गोंड, मुंडा, खड़िया, हो, किरात, बोडो, भील, कोरकू, डामोर, ख़ासी, सहरिया, संथाल, बैगा, हलबा, कोलाम, मीणा, उरांव, लोहरा, परधान, बिरहोर, पारधी, आंध, टाकणकार, रेड्डी, टोडा, बडागा, कोंडा, कुरुम्बा, काडर, कन्निकर, कोया, किरात आदि आदि के जीवन यापन, संस्कृति, दैनंदिन जीवन, खानपान, पहनावे, परम्पराओं, प्रथाओं का मूलाधार हिंदुत्व ही है। अब ऐसी स्थिति मे भारत मे मूलनिवासी दिवस की अवधारणा का स्थान कहां रह जाता है? तो आइए इस नए भारत में जनजातीय गौरव दिवस का स्वागत करे। यह डॉ मामराज पुंडीर, राजनीतिक शास्त्र प्रवक्ता के लेख है।
सिर्फ वार्षिक परीक्षाओं के लिए दस दिन के लिए स्कूल खोलने के खिलाफ व वार्षिक परीक्षाएं ऑनलाइन करने के लिए सेंट एडवर्ड स्कूल शिमला के अभिभावक, छात्र अभिभावक मंच के बैनर तले स्कूल परिसर में इकट्ठा हुए व स्कूल प्रिंसिपल से मिले। उन्होंने स्कूल में वार्षिक परीक्षाएं ऑनलाइन करवाने की मांग की जिस पर स्कूल प्रिंसिपल ने हामी भर दी। छात्र अभिभावक मंच संयोजक विजेंद्र मेहरा, मंच के सदस्य विवेक कश्यप व सत्यवान पुंडीर ने सेंट एडवर्ड स्कूल में आठवीं कक्षा तक ऑनलाइन कक्षाएं व वार्षिक परीक्षाएं करवाने के स्कूल प्रबंधन के निर्णय का स्वागत किया है। उन्होंने शीतकालीन सत्र के तहत चलने वाले स्कूलों को सिर्फ दस से पन्द्रह दिन के लिए खोलने के प्रदेश सरकार के निर्णय पर कड़ा विरोध ज़ाहिर किया है तथा सब स्कूलों में ऑकलैंड व एडवर्ड स्कूल की तर्ज़ पर ऑनलाइन कक्षाएं व परीक्षाएं करवाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जब पूरा वर्ष ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से ही बच्चों ने पढ़ाई की है। तो फिर वार्षिक परीक्षाएं ऑनलाइन करने में क्या दिक्कत है। इन दस दिनों के बाद स्कूल तीन महीने के लिए बन्द रहेंगे तो फिर स्कूल सिर्फ वार्षिक परीक्षाओं के लिए खोलने का क्या तुक बनता है। उन्होंने कहा कि दस-पन्द्रह दिन की वार्षिक परीक्षाओं के बाद शिमला शहर के स्कूल शीतकालीन अवकाश के कारण फिर से तीन महीने के लिए फरवरी अंत तक बन्द हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि शीतकालीन सत्र व ग्रीष्मकालीन सत्र में समरूपता नहीं है इसलिए सर्दियों में केवल वार्षिक परीक्षाओं के लिए दस से पन्द्रह दिन के लिए स्कूल खोलना तार्किक नहीं है। उन्होंने कहा है कि कोरोना का संक्रमण शिमला शहर जैसे भीड़-भड़ाके वाले इलाकों में बड़ी तेजी से बढ़ रहा है। स्कूलों में दर्जनों छात्र कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। इस तरह स्कूलों में परीक्षाओं को लेकर अभिभावक व छात्र काफी घबराए हुए हैं। उन्होंने कहा कि जब छात्र व अभिभावक ही स्कूल में परीक्षाओं के लिए तैयार नहीं हैं, तो फिर स्कूल प्रबंधन इन परीक्षाओं के संदर्भ में क्यों जबरदस्ती कर रहे हैं। प्रतिनिधिमंडल में विवेक कश्यप, सत्यवान पुंडीर, विरोचन शर्मा, आशा शर्मा, अदिति चड्डा, ज्योतिका राणा, रुचि जिन्ना, विकास, पदमिनी शर्मा, रेणु, सोफ़िया, सीमा, ऋचा, दीपशिखा डोगर, गुरमीत कौर सेठी, हरप्रीत कौर, सीमा, रमा, रुचि, ईशान, वरदा गौतम, गिन्नी, रमा कुमारी सहित दर्जनों अभिभावक मौजूद रहे।


















































