धैणी पंचायत में विक्रमादित्य सिंह ने लोगों की समस्याओं सुनी, हर गाँव को सड़क तक जोड़ने का दिया आश्वासन
शिमला दिनांक 22 नव.विधायक विक्रमादित्य सिंह ने कहा है कि नेहवात न्यासर धैणी देवीधार सड़क को वर्ष 2020-21 की विधायक प्राथमिकता में डाल कर इसका निर्माण करवाया जाएगा। उन्होंने कहा है कि उनकी प्राथमिकता सभी गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने की है। धैणी पंचायत में विधायक आपके द्वार कार्यक्रम के तहत लोगों की समस्याओं में जन समस्याओं को सुनते हुए विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि उपरोक्त सड़क का निर्माण जल्द पूरा करवाया जाएगा जिससे इस क्षेत्र के लोगों को सड़क सुविधा उपलब्ध हो सकें।उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में सब्जी उत्पादन को भी बढ़ावा मिलेगा।उन्होंने कहा कि इस सड़क से पाहल,धैणी,नींन,रयोग आदि पंचायतों के लगभग 15 गांव को सड़क सुविधा का लाभ मिलेगा।लगभग 9 किलोमीटर की इस सड़क निर्माण पर लगभग 7 करोड़ खर्च आएगा।इस सड़क के निर्माण से बर्फबारी के दौरान रामपुर,किन्नौर के लोगों को आने जाने के लिए वैकल्पिक सड़क सुविधा भी होगी जो साल भर खुली रहेगी। विक्रमादित्य सिंह ने कहा सड़के किसी भी क्षेत्र की भाग्य रेखायें होती है इसलिए इनका निर्माण सही ढंग से निश्चित समयावधि में होना चाहिए।उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता है कि उनके निर्वाचन क्षेत्र में हर गांव सड़क सुविधा से जुड़े। इस दौरान उन्होंने इस क्षेत्र के विकास और समस्याओं बारे लोगों के विचार भी सुने और उनके सुझाव भी लिए। इस अबसर पर उनके साथ ब्लॉक अध्यक्ष गोपाल शर्मा के अतिरिक्त प्रधान राम प्यारी वर्मा,गीताराम,दुर्गा सिंह,आशा वर्मा,मेहद्र कश्यप,धर्मेंद्र वर्मा,गिरिश शर्मा,विक्रम ठाकुर, बलदेव वर्मा के अतिरिक्त कई अन्य कांग्रेस नेता,कार्यकर्ता व महिला मंडल की सदस्य भी साथ थ।
एसएचओ दाड़लाघाट ने मानवता का परिचय देकर मिसाल कायम की है। कश्यालु गांव के एक व्यक्ति को उस समय मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा जब उसकी मां को गैंगरिंग हो गई, इस वजह से अपनी मां की टांग कटवानी पड़ी। यही नहीं उसकी मां का कोरोनावायरस टैस्ट करने पर वह कोरोना पॉजिटिव भी आ गई। जब वह व्यक्ति अपनी मां को हॉस्पिटल से घर लाया तो गांव के लोग उनसे दूर-दूर रहने लगे। इस कारण उसे आत्मग्लानि महसूस हुई। अपनी मां को दवाई का प्रबंध होता न देख उसे पुलिस प्रशासन से सहायता लेनी पड़ी। उस व्यक्ति ने पहले तो समीप के स्वास्थ्य कर्मियों तथा सामाजिक बंधुओं से सहायता हेतु गुहार लगाई लेकिन जब उसने देखा कि सभी कोरोना वायरस पॉजिटिव आने के कारण उसकी सहायता करने में आनाकानी कर रहे हैं तो उसने अंत में पुलिस प्रशासन को फोन कर अपनी मां को दवाई का इंतजाम करने की गुहार लगाई और दाड़लाघाट पुलिस के एसएचओ जीत सिंह ने मुश्किल की इस घड़ी में उसकी सहायता करने हेतु स्वयं तुरंत दवाई,फलों तथा अन्य खाद्य सामग्री का इंतजाम कर उसके घर पहुंचे और उस व्यक्ति तथा उसकी मां को जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हुए सांत्वना दी। एसएचओ जीत सिंह ने तो मानवता का परिचय देते हुए या अपने कर्तव्य का पालन करते हुए उस पीड़ित महिला की सहायता की और भविष्य में भी किसी भी प्रकार की सहायता करने हेतु कहा। उन्होंने कम से कम समाज को यह संदेश तो दिया ही है कि मानवता के नाते सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए समाज का कोई भी व्यक्ति स्वयंसेवी भावना से इस प्रकार की सहायता कर सकता है।ताकि उस समाज में रहने वाला पीड़ित व्यक्ति आत्मग्लानि महसूस न करे। एसएचओ जीत सिंह ने कहा कि इसी तरह अन्य लोग भी कोविड-19 से बचाव के लिए सरकारी दिशानिर्देशों का पालन करें और कोरोना पीड़ित व्यक्तियों को उनकी पीड़ा में शरीक होकर उनकी सहायता के लिए आगे आकर पुण्य कमाएं। एसएचओ जीत सिंह की टीम में उनके साथ पवन ठाकुर,कर्मचंद,चेतन भी मौजूद रहे।
ग्रामीण विकास, पंचायती राज, कृषि, पशु पालन एवं मत्स्य पालन मन्त्री वीरेन्द्र कंवर ने कहा कि प्रदेश सरकार प्राकृतिक कृषि को बढ़ावा देने एवं भारतीय तथा पहाड़ी नस्ल की गाय के संरक्षण तथा संवर्द्धन के लिए कृतसंकल्प है। वीरेन्द्र कंवर आज सब्जी मण्डी सोलन के समीप स्थित आश्रय गौ सदन में गौशाला के लिए नए भवन का शिलान्यास करने के उपरान्त उपस्थित जन समूह को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने गौशाला भवन निर्माण के लिए 15 लाख रुपए प्रदान करने की घोषणा की। वीरेन्द्र कंवर ने सभी को गोपाष्टमि की बधाई देते हुए आशा जताई कि यह दिवस जनमानस को गाय की सुरक्षा के प्रति अधिक जागरूक बनाने में सहायक सिद्ध होगा। पशु पालन मन्त्री ने कहा कि गाय भारतीय संस्कृति का आधार है और भारतीय नस्ल की गाय का संरक्षण तथा संवर्द्धन प्राकृतिक खेती, पर्यावरण एवं मानवीय जीवन के लिए अमृत है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती एवं भारतीय गाय का सम्बन्ध हम सभी जानते हैं और उत्तम स्वास्थ्य तथा भावी पीढ़ियों की सुरक्षा के लिए प्राकृतिक कृषि एवं भारतीय गाय को बढ़ावा देने का सभी को प्रण लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि गौ का पंचगव्य अमृत तुल्य है और भारतीय चिकित्सा पद्धति में अनेक जटिल रोगों के निवारण के लिए गौ मूत्र का प्रयोग किया जा रहा है। वीरेन्द्र कंवर ने कहा कि प्रदेश सरकार हिमाचल को देश का प्रथम प्राकृतिक कृषि राज्य बनाने के लिए कार्यरत है और इस दिशा में भारतीय एवं पहाड़ी नस्ल की गाय का उपयोग आवश्यक है। प्रदेश के ऊना जिला में 47 करोड़ रुपए की लागत से एक उत्कृष्ट केन्द्र स्थापित किया जा रहा है। इस केन्द्र में भारतीय नस्ल की रेड सिन्धी, साहीवाल एवं थार पारकर नस्ल की गायों को बढ़ावा देने के लिए अनुसन्धान एवं अन्य कार्य किए जाएंगे। साहीवाल व गिर नस्ल की गाय के लिए वीर्य प्रयोगशाला की स्थापना कांगड़ा जिला के पालमपुर में की जाएगी। इससे प्रदेश के गौ पालकों को लाभ होगा। उन्होने कहा कि भारतीय नस्ल की गाय का क्रय करने के लिए प्रदेश सरकार 30,000 रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान कर रही है। कृषि मंत्री ने कहा कि प्रदेश की पहाड़ी नस्ल की गाय की अच्छी नस्ल तैयार करने के लिए कार्य प्रगति पर है। इस गाय को ‘गौरी’ ब्राण्ड नाम दिया गया है। उन्होंने कहा कि इस कार्य के लिए 10 करोड़ रुपए की परियोजना को केन्द्र सरकार से सैद्धांतिक स्वीकृति प्राप्त हो गई है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी गाय के दूध को मिल्कफेड द्वारा ‘गौरी मिल्क’ के नाम से बाजार में उतारा गया है। वीरेन्द्र कंवर ने कहा कि गौ वंश के संरक्षण के लिए राज्य में गौ अरण्य क्षेत्र निर्मित किए जा रहे हैं। प्रदेश का प्रथम गौ अरण्य क्षेत्र सिरमौर जिला के कोटला पंजोला में निर्मित किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि आगामी एक से डेढ वर्ष में गौ वंश सड़क पर बेसहारा न रहे। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए पशुओं को डिजीटल टैग लगाया जा रहा है और गौशालाओं को सहायता प्रदान की जा रही है। वर्तमान में प्रदेश में 180 गौ शालाएं पंजीकृत हैं। राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ सोलन के सह विभाग कार्यवाह कश्मार सिंह ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया तथा कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी प्रदान की। आश्रय गौ सदन के अध्यक्ष अविनाश ने धन्यावाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। नगर परिषद सोलन के अध्यक्ष देवेन्द्र ठाकुर, प्रदेश गौ संवर्द्धन बोर्ड के उपाध्यक्ष अशोक शर्मा, भाजपा नेता डाॅ. राजेश कश्यप, बघाट बैंक के अध्यक्ष पवन गुप्ता, भाजपा जिला महामन्त्री नन्द राम कश्यप, मनोनीत पार्षद एवं भाजपा महामन्त्री भरत साहनी, ग्राम पंचायत शामती के प्रधान संजीव सूद, प्रदेश भाजपा कार्यकारिणी सदस्य नरेन्द्र ठाकुर, जोगेन्द्रा बैंक के पूर्व अध्यक्ष विजय ठाकुर, स्वामी आंनद गिरि महाराज, स्वामी कल्याण गिरि महाराज, स्वामी अमर देव, उपमण्डलाधिकारी सोलन एच.एस राणा, विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, भाजपा तथा भाजयुमो के अन्य पदाधिकारी, गणमान्य व्यक्ति एवं गौ पालक इस अवसर पर उपसिथत थे।
हमीरपुर, 22 नवम्बर : सी.यू. विवाद को लेकर भाजपा में मचे आपसी घमासान को लेकर प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं सुजानपुर के विधायक राजेंद्र राणा ने चुटकी ली है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रवास पर आए भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा भी पानी डालने का काम कर रहे हैं, जबकि बखूबी जानते हैं कि वे भी भुक्तभोगी रहे हैं। जारी प्रेस विज्ञप्ति में उन्होंने कहा कि यह अंतर्कलह है और कुछ नहीं, जिसका बवाल थमने वाला नहीं है। कुछ लोगों को सी.एम. की कुर्सी छिन जाने का दर्द अब तक सता रहा है, जिसकारण सत्ता चले जाने से उठा तूफान उफान पर है। विधायक राजेंद्र राणा ने कहा कि जगत प्रकाश नड्डा स्वयं इन्हीं कुछ लोगों की कार्यशैली से द्रवित होकर दिल्ली गए थे। अब दर्द भी बयां कर दिया कि धैर्य बनाए रखें, लेकिन खेद है कि सत्ता दूर होती देख भाजपा के कुछ लोग अधीर होकर रह गए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय के मुद्दे ने राजनीतिक फिजाओं में ठंडक भर दी है। भाजपा हाईकमान का चाबुक चलने के बाद अब अनुराग ठाकुर के सुर बदल गए हैं। यह वही अनुराग हैं, जिन्होंने माननीय सुप्रीम कोर्ट में भी हलफनामा देकर माफी मांगी थी। राजेंद्र राणा ने कहा कि पहले बेमतलब कोसने के बाद माफी मांगने की अदा केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री को ही भाती है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को सी.यू. विवाद में घसीटकर बखेड़ा खड़ा कर दिया और अब अपनी गलती होने पर सरकार की पीठ भी थपथपा रहे हैं। राजेंद्र राणा ने कहा कि नड्डा ने दो-चार शब्द कहकर जिस तरह अपना दुख जाहिर किया है, उससे सब साफ हो गया है कि प्रदेश में मंत्री पद छोड़कर नड्डा केंद्र की राजनीति में क्यों गए थे। जलील करने की राजनीति किस कद्र भाजपा की नस-नस में फैली है, वो जसवां-परागपुर की जनता ने देख लिया है। उन्होंने कहा कि इशारों-इशारों में नड्डा ने हाल-ए-दिल बयां कर दिया कि घबराएं नहीं, उनके साथ भी ऐसा ही हुआ था। ऐसा कहकर उन्होंने अपनी पीड़ा भी जाहिर की है।
राजधानी के मशोबरा क्षेत्र में आज़ सुबह एक बारात की जीप के गहरी खाई में गिर जाने से 2 लोगों की मौत हो गई है जबकि 7 अन्य घायल हैं। घायलों को कड़ी मशक्कत के बाद खाई से निकालकर अस्पताल में भर्ती करवाया गया। दुर्घटना का कारण बोलेरो जीप की तेज रफ्तार बताई जा रहा है। ये हादसा बसंतपुर-गुम्मा सड़क पर स्वां क्यार में सुबह 6:30 बजे हुआ। दोनों मृतक शादी समारोह में बैंड बजाने वाले बजंतरी थे। दरअसल रविवार को ठियोग उपमंडल से शिमला से सटे धामी की ओर बारात जा रही थी। शादी में बैंड बजाने वाले 9 बजंतरी बोलेरो (HP63D2386) में सवार थे। स्वां क्यार में बोलेरो असंतुलित होकर 200 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। दुर्घटना में चमन (34) पुत्र यशपाल निवासी ठियोग और तिलक (48) पुत्र तिलो राम निवासी करसोग की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि सात घायल हुए। हादसे की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग और ढली व सुन्नी थाना क्षेत्रों पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। हताहत और घायल व्यक्तियों को घटनास्थल से निकालने में बचाव दलों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। घायलों की पहचान करसोग निवासी भीम सिंह (30), होम कृष्ण (34), पीर सिंह (25), हेम राम (40) व मेघ सिंह (30) और सुन्नी निवासी हरीश (39) और ठियोग निवासी महेश वर्मा (23) के रूप में हुई है। शवों का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है। घायलों को उपचार के लिए सुन्नी अस्पताल में लाया गया है और इनकी हालत खतरे से बाहर है। इस हादसे को लेकर ढली थाने में मामला दर्ज किया गया है।
अब ग्राम पंचायत चुराग की पंचवटी में सजेगी बुजुर्गों की पंचायत,पार्क,खेल मैदान अच्छे रास्तो को लेकर बनेगा 50 लाख का पार्क । गांवों में वर्षों पहले बुजुर्गों की पंचायत पीपल के पेड़ के नीचे सजती थी, लेकिन अब यह पंचायत पार्कों में सजा करेगी। सरकार की योजना सिरे चढ़ी तो गांवों में बनने वाले पार्कों में बुजुर्ग सुख-दुख बांटते नजर आएंगे। पंचवटी पार्क योजना के तहत हर पंचायत में ऐसे पार्क का निर्माण करवाया जाएगा। इसी कड़ी में शनिवार को करसोग के तहत पड़ने वाले चुराग में पंचवटी पार्क योजना का शिलान्यास करसोग के विधायक हीरालाल द्वारा किया गया। यह पंचवटी पार्क 50 लाख से बनेगा । विधायक हीरा लाल ने बताया कि इस योजना के तहत प्रदेश की सभी 3226 पंचायातों में पार्क , खेल मैदान अच्छे रास्तो की व्यवस्था के लिए पार्क का निर्माण किया जाएगा। पहले चरण में प्रदेश के बीस ब्लॉकों में यह योजना शुरू होगी जिसमें कि ब्लॉक करसोग भी है। इसका सारा खर्च प्रदेश सरकार ही कर रही है । योजना के तहत चुने 20 ब्लॉकों में से 16 में एक से दो बीघा तक की भूमि का चयन कर लिया है। एक ब्लॉक में तीन से चार स्थानों का चयन किया गया है जहां पर लोग इन्हें बनाने के लिए तैयार हैं और जमीन भी उपलब्ध है। प्रदेश में पहली बार इस तरह की योजना आरंभ हो चुकी है। प्रदेश सरकार के बजट भाषण में इस तरह की व्यवस्था रखी गई थी जो अब शुरू होने जा रही है। इस योजना के तहत उपमंडल करसोग मैं सबसे पहले पंचवटी पार्क योजना शुरू हो गई है । इस योजना में सबसे पहले चुराग पंचायत को चुना गया है इस योजना से ग्राम पंचायत चुराग की सुंदरता बढऩे के साथ लोगों को सैंर करने व वैठने के लिए एक बेहतर स्थान भी मिलेगा।
हिमाचल प्रदेश कैबिनेट की बैठक कल,,शिक्षण संस्थानों को खोलने और कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए सरकार ले सकती है बड़ा फैसला शिमला: हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक सोमवार सुबह सचिवालय के शिखर सम्मेलन हाल में आयोजित की जाएगी। कैबिनेट की बैठक में कई अहम निर्णय लिए जा सकते हैं। कैबिनेट की बैठक में शिक्षण संस्थानों को खोलने को लेकर नई गाइडलाइंस तैयार की जा सकती है 25 नवंबर को सभी शिक्षण संस्थानों में दी गई छुट्टियां खत्म हो रही है। ऐसे में सरकार केबिनेट में स्कूलों में क्लास से लगाने के बजाय ऑनलाइन पढ़ाई को फिर से शुरू करने का निर्णय ले सकती है। इसके अलावा बैठक में धर्मशाला में शीतकालीन सत्र को लेकर भी चर्चा हो सकती है। कैबिनेट में प्रदेश में लगातार बढ़ रहे कारोना के मामलों को लेकर कोई बड़ा निर्णय लिया जा सकता है। जिसमें कारोना के बीच दी गई छूट पर ओर अधिक सख्ती बरतने पर फैसला लिया जा सकता है। इसके अलावा भी विभिन्न विभागों में खाली पड़े पदों एवम अन्य निर्णयों पर भी मोहर लग सकती है।
शनिवार को करसोग के तहत पड़ने वाले चुराग क्षेत्र में नवनिर्मित ग्राम पंचायत कार्यालय का करसोग के विधायक हीरालाल द्वारा विधिवत रुप से उद्घाटन किया गया। स्थानीय लोगों द्वारा विधायक हीरालाल का फूलमालाओं से स्वागत किया गया। स्थानीय ग्राम पंचायत प्रधान मान दास ने बताया कि पंचायत कार्यालय भवन का निर्माण पंचायत निधि से कराया गया है। पंयायत प्रधान मान दास ने कहा कि पंचायत कार्यालय बहुत ही अच्छा बनाया गया है। कार्यालय की सुंदरता देख कर काफी हर्ष हो रहा है। कार्यालय में तीन कमरे बनाए गए हैं, और इसमे लगभग पद्रह लाख रुपये की लागत आई है तथा इस ग्राम पंचायत कार्यालय से अन्य ग्राम प्रधानों को भी प्रेरणा लेनी चाहिए और गाँव मे इस तरह के पंचायत भवनो का निर्माण होना चाहिए। इस उद्धघाटन समारोह में स्थानीय जनता सहित अनेको भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे ।
गांव मातला डाकघर खूहन तहसील बाली चौकी जिला मण्डी के निवासी डीणे राम और टिकमू देवी के घर में लगी आग का जायजा लेने मानव देखभाल संगठन के वाइस चेयरमैन एच सी राणा, शाखा प्रबंधक वी आर भारती, डाटा ऑपरेटर रवि ठाकुर सहित संस्था की इकाई समन्वयक तमन्ना ठाकुर व इंद्रा कुमारी अग्नि पीड़ित परिवार के पास पहुंचे। संस्था के कार्यकर्ताओं ने परिवार के साथ मिलकर गहरा दुःख और संवेदना व्यक्त करते हुए परिवार को रजाई, कम्बल, बर्तन, खाने पीने की सामग्री इत्यादि प्रदान की और भविष्य में संस्था से मिलने वाले यथासंभव सहयोग का भी आश्वासन दिया। इस मौके पर वार्ड मेंबर सहित गांव के लोग भी उपस्थित रहे। वार्ड पंच रेशमा ने राष्ट्रीय मानव देखभाल संगठन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज में गिनी चुनी ऐसी संस्थाएं है जो समाजिक कार्य में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेती है। उनमें से राष्ट्रीय मानव देखभाल संगठन अपनी एक अलग छवि बनाते हुए इंसानियत का एक अनूठा उदाहरण पेश कर रही है। हमें ऐसी संस्थाओं के साथ मिलकर अपने घर समाज और राष्ट्र को आगे बढ़ाने का प्रण लेना चाहिए। संस्था के चेयरमैन एच सी राणा ने सभी को संस्था के बारे में अवगत करवाते हुए कहा कि राष्ट्रीय मानव देखभाल संगठन इस तरह के समाजिक कार्यों के साथ-साथ पानी, स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा और आवास योजना जैसी सुविधाओं के लिए भी आम जनमानस को समय समय पर जागरूक करवाती हैं तथा इन प्रोजेक्ट्स के माध्यम से मिलने वाली सुविधाओं को भी प्रदान करती हैं।
मंडी। जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति ‘दिशा’ की बैठक सांसद राम स्वरूप शर्मा की अध्यक्षता में 20 नवंबर को वर्चुअल माध्यम से होगी। समिति के सदस्य सचिव एवं उपायुक्त मंडी ऋग्वेद ठाकुर ने सभी संबंधित अधिकारियों को प्रातः साढ़े 10 बजे ‘वेबएक्स’ के जरिए बैठक में भाग लेने को कहा है। बैठक में महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना, दीनदयाल अंत्योदय आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्किल इंडिया, स्वच्छ भारत मिशन, डिजिटल इंडिया सहित विभिन्न योजनाओं के कार्यान्वयन से जुड़े सभी पहलुओं पर विचार विमर्श एवं चर्चा की जाएगी।
मंडी। श्री लाल बहादुर शास्त्री मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल नेरचौक के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. जीवानंद चौहान ने अस्पताल में भर्ती होने वाले कोरोना संक्रमित मरीजों व उनके परिजनों से आग्रह किया है कि वे अस्पताल में मरीज के अलावा, परिवार के किसी सदस्य या नजदीकी रिश्तेदार का मोबाइल नंबर अवश्य दर्ज करवाएं ताकि समय समय पर परिजनों को मरीज के स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी दी जा सके। कुछ मामलों में यह पाया गया कि अस्पताल में भर्ती कोरोना संक्रमित मरीज ने केवल अपना ही मोबाइल नंबर दर्ज करवाया, जिससे अस्पताल प्रबंधन को उनके परिवार के सदस्यों से संपर्क करने और उनके स्वास्थ्य की जानकारी देने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। इस असुविधा से बचने के लिए ही वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक अस्पताल में भर्ती मरीज के अलावा किसी परिजन या नजदीकी रिश्तेदार का मोबाइल नंबर भी अवश्य दर्ज करवाने की अपील की है।
जुब्बल कोटखाई के पूर्व विधायक व पूर्व मुख्य संसदीय सचिव रोहित ठाकुर ने कोरोना महामारी में स्वास्थ्य सुविधाओं में अव्यवस्थाओ और कोरोना के बढ़ते संक्रमण पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि मरीजों की कोरोना से कम और स्वास्थ्य सेवाओं में कुप्रबंधन के चलते ज्यादा मौतें हो रही है जो कि गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा कि एक ओर जहां कोरोना महामारी के चलते जनता में खौफ है वहीं दूसरी ओर मरीजों को कोविड अस्पतालों में रामभरोसे छोड़ दिया जाता हैं। उपरी शिमला और जुब्बल-नावर-कोटखाई में जहां विशेषकर कोरोना महामारी के मामलों में इज़ाफ़ा हुआ हैं वहीं संक्रमण से आए दिन मौते हो रही हैं। कोविड सैंटर डी डी यू शिमला और रोहड़ू में स्वास्थ्य सुविधाओं में भारी अव्यवस्था देखने को मिल रही हैं और मरीज़ो के साथ अमानवीय व्यवहार के कई उदाहरण भी सामने आए हैं। प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाएं इतनी अव्यवस्थित हो चुकी है कि प्रदेश सरकार के क़द्दावर मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर से लेकर एक आम जन तक ने अपने कटु अनुभवों से स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली पर गम्भीर सवाल खड़े किए हैं। जुब्बल कोटखाई में स्वास्थ्य सुविधाओ का टोटा हैं, पिछले तीन वर्षों में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र झड़ग-नकराड़ी और कुठाड़ी में वर्तमान विधायक चिकित्सक का पद भरने में नाकाम रहे। पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव को नज़दीक आते देख सरकार द्वारा नियमों को ताक में रखकर हज़ारों लोगों को इक्क्ठा कर सार्वजनिक स्थानों में कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा हैं। रोहित ठाकुर ने कहा कि उपरी शिमला में कोरोना के बढ़ते मामले से कुछ क्षेत्रों में सामुदायिक संक्रमण (Community Spread) की आशंका जताई जा रही जिसे रोकने के लिए सरकार को विशेष कदम उठाने की आवश्यकता हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में ठंड बढ़ेगी, महामारी और विस्फोटक हो सकती हैं। इन परिस्थितियों से निपटने के लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को हस्तक्षेप करने की आवश्यकता हैं। उन्होंने कोरोना महामारी से पीड़ित मरीज़ों को घर में आइसोलेट कर पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन सिलेंडर मुहैया करवाएं जाने की मांग की हैं। उन्होंने जनता से कोरोना महामारी के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए शादी और धार्मिक कार्यक्रमों को सादगीपूर्ण रूप से ज़रुरी एहतियात के साथ आयोजित करने की करबद्ध अपील भी की हैं।
हमें कपटी व दुर्जन लोगों से हमेशा दूरी बनाकर रखनी चाहिए नहीं तो यह लोग पूरे परिवार पूरे समाज को संकट में डाल देते है। जैसे दासी मन्थरा ने कैकेई को बहकाकर श्री राम को 14 वर्ष का वनवास दिलवाकर पूरी अयोध्या वासियों को गमगीन कर दिया था। यह बात कुनिहार के गाँव नमोल मंगला माता मंदिर प्रांगण में चल रही श्री राम कथा के चौथे दिन आचार्य भगत राम नड्डा ने अपने प्रवचनों के दौरान श्रोताओं से कही। आचार्य ने कथा को आगे बढ़ाते हुए कथा के चौथे दिन भगवान श्री राम व भाईयो की शिक्षा दीक्षा से लौटने के बाद जब भगवान श्री राम को अयोध्या का राजा बनाए जाने का निर्णय लिया गया तो किस तरह दासी मन्थरा के बहकावे में आकर रानी कैकेई ने राजा दशरथ से अपने दो वचन मांगे जिसमे भरत के लिए राज्य व श्री राम के लिए 14 वर्ष का वनवास मांगा। भगवान राम को 14 वर्ष वनवास की बात सुनते ही पूरी अयोध्या गमगीन हो गई। कथा वाचक द्वारा अपनी मधुर व ह्रदय विदारक वाणी से इस प्रषंग को सुनाकर पूरे पंडाल में श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथा के उपरांत आयोजकों द्वारा भण्डारे का आयोजन किया जा रहा है। इस कथा को 24 नवम्बर को विराम दिया जाएगा। आज इस अवसर पर कृष्ण लाल, मेहर चंद, ओमप्रकाश, राजेन्द्र, जयपाल, पुनित, पीयूष, रूबल, नरेश, मान सिंह, रिखीराम, नवीन, दीपक, पूनम, निर्मला, इंद्रादेवी, रमा, संगीता आदि मौजूद रहे।
नगर निगम सोलन के सभी वार्डों की मतदाता सूचियां हिमाचल प्रदेश नगर निगम निर्वाचन नियम-2012 के अनुसार तैयार कर ली गई हैं। यह जानकारी निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी एवं उपमण्डलाधिकारी सोलन हरि सिंह राणा ने दी। हरि सिंह राणा ने कहा कि नगर निगम सोलन के वार्ड संख्या 01 से 17 की मतदाता सूचियों की प्रति उपमण्डलाधिकारी कार्यालय सोलन, नगर निगम कार्यालय सोलन तथा तहसीलदार कार्यालय सोलन में निरीक्षण के लिए उपलब्ध है। मतदाता सूचियों का निरीक्षण किसी भी कार्यदिवस पर कार्यालय समय में किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में किसी नाम को सम्मिलत किए जाने के सम्बन्ध में दावा, प्रविष्टि अथवा किन्हीं प्रविष्टियों के सम्बन्ध में आक्षेप 28 नवम्बर, 2020 को अथवा उससे पूर्व दाखिल किए जा सकते हैं। यह दावा अथवा आक्षेप प्रारूप 04, 05 अथवा 06 में दाखिल किए जा सकते हैं। दावे एवं आक्षेप पुनरीक्षण अधिकारी, आयुक्त, नगर निगम सोलन को सम्बोधित होने चाहिएं। इन्हें व्यक्तिगत रूप से अथवा अभिकर्ता द्वारा प्रस्तुत किया जाएगा या पंजीकृत डाक द्वारा इस प्रकार भेजा जाएगा कि यह निर्धारित तिथि के भीतर पुनरीक्षण प्राधिकारी के समक्ष पहुंच जाएं।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग सोलन द्वारा राष्ट्रीय नवजात शिशु जागरूकता सप्ताह के अन्तर्गत गत दिवस एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, आशा कार्यकर्ताओं तथा नवजात शिशुओं की माताओं को नवजात शिशु की सुरक्षा तथा उनकी देखभाल के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। राष्ट्रीय नवजात शिशु जागरूकता सप्ताह 15 नवम्बर से 21 नवम्बर, 2020 तक आयोजित किया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. राजन उप्पल ने कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए कहा कि नवजात शिशुओं में बीमारी के जोखिम को कम करने, उनके संतुलित शारीरिक विकास के लिए नवजात शिशु देखभाल की संपूर्ण जानकारी की आवश्यकता होती है। जन्म के समय नवजात शिशु की मूलभूत जरूरत माँ का साथ, सामान्य श्वास तथा मां का दूध होता है। इससे नवजात को संक्रमण से बचाया जा सकता है। कार्यशाला में शिशु रोग विशेषज्ञ डाॅ. धर्मेन्द्र ने नवजात शिशु सुरक्षा पर जानकारी देते हुए कहा कि शिशु की सुरक्षा के लिए माताओं को सजग रहने की आवश्यकता है। नवजात शिशु की त्वचा और प्रतिरक्षा तंत्र संवेदनशील होता है। शिशु का पीठ के बल सोना सबसे सुरक्षित माना जाता है। बच्चे को इस स्थिति में नींद अच्छी आती ही हैै। उन्हांेने कहा कि नवजात शिशुओं को गुणवत्तायुक्त स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नवजात शिशुओं की स्वास्थ्य जांच के लिए जिला स्तर पर स्पेशल न्यू बोर्न केयर यूनिट (एस.एन.सी.यू), प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र स्तर पर न्यू बोर्न केयर काॅर्नर (एन.बी.सी.सी.) तथा खण्ड स्तर पर न्यू बोर्न स्टेबिलाइजेशन यूनिट (एन.बी.एस.यू.) स्थापित किए गए हैं। सभी स्तरों पर नवजात की माताओं को शिशुओं की देखभाल के बारे में जरूरी जानकारी प्रदान की जा रही है। डाॅ. धर्मेन्द्र ने कहा कि राष्ट्रीय नवजात शिशु जागरूकता सप्ताह के अन्तर्गत हर दिन नवजात शिशुओं की उचित जांच तथा नवजात शिशुओं की माताओं को उनकी घर पर देखभाल के बारे में जानकारी प्रदान की जा रही है। इस सप्ताह का उद्देश्य नवजात शिशुओं की देखभाल के बारे में माताओं को जागरूक बनाना और भविष्य में उनका सर्वांगीण शारीरिक एवं मानसिक विकास सुनिश्चित करना है। क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. एन.के. गुप्ता, डाॅ. मुक्ता रस्तोगी, डाॅ. पूनम, बीसीसी समन्वयक राधा चैहान, किशोर स्वास्थ्य परामर्शदाता ममता, आहार विशेषज्ञ प्रेरणा इस अवसर पर उपस्थित थे।
मंडी। निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी नगर निगम मंडी एवं एसडीएम सदर निवेदिता नेगी ने जानकारी दी है कि हिमाचल प्रदेश नगर निगम चुनाव नियम, 2012 के तहत नगर निगम मंडी के 1 से 13 वार्ड तक की मतदाता सूचियां तैयार कर ली गई हैं और इनकी प्रति उनके कार्यालय और नगर निगम मंडी तथा तहसीलदार सदर के कार्यालय में लोगों के निरीक्षण के लिए उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति मतदाता सूची में अपना नाम शामिल करने के लिए दावा करना चाहता है या किसी प्रविष्टि के बारे में अपनी आपत्ति दर्ज करवाना चाहता है तो वह फार्म 4, 5 या 6 पर 28 नवंबर 2020 तक दर्ज करवा सकता है। उन्होंने बताया कि इस तरह के दावे या आपत्ति को उक्त अवधि में तहसीलदार सदर को प्रस्तुत किया जा सकता है। कोई भी व्यक्ति स्वयं या अपने एजेंट के माध्यम से या पंजीकृत डाक के माध्यम से अपना दावा-आक्षेप प्रस्तुत कर सकता है।
हिमाचल प्रदेश की भूमि के कण कण में देवी देवताओं का वास माना जाता हैं। यह एक ऐसा प्रदेश है जहां धार्मिकता व अचंभित करने वाले रहस्य की कई कथाएं जुड़ी हुई है। चंबा जिले में स्थित प्रसिद्ध देवीपीठ भलेई माता के मंदिर से ऐसे रहस्य व कथाए जुड़ी है जो सभी को अचंभित कर देती है। मान्यता है कि इस मंदिर में देवी माता की जो मूर्ति है, उस मूर्ति को पसीना आता है। यहां आने वाले लोग यह भी मानते हैं कि जिस समय देवी की मूर्ति से पसीना आता है, उस वक्त जो भी श्रद्धालु वहां मौजूद होता है उसकी सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। स्थानीय लोगों की मानें तो 500 साल पुराने इस मंदिर का इतिहास अलग है। भलेई माता के मंदिर में वैसे तो हर दिन हजारों की तादाद में श्रद्धालु आते हैं, लेकिन नवरात्रों में यहां विशेष धूम रहती है। यह मंदिर अपनी एक अजीब मान्यता को लेकर अधिक जाना जाता है, जिस पर यहां आने वाले श्रद्धालु विशेष यकीन रखते हैं। माना जाता है कि इस मंदिर में 300 साल तक महिलाओं को जाने की इजाजत नहीं थी। कुछ सालों के बाद मंदिर से माता की मूर्ति चोरी हो गई थी। बाद में ये मूर्ति चमेरा डैम के आसपास मिली। कहा जाता है कि जिन चोरों ने मूर्ति को चुराया था, उनकी आंखों की रौशनी भी चली गई थी। इसके बाद चोर मूर्ति छोड़ वहां से भाग गए थे। भलेई मंदिर है के बारे में यहां के पुजारी कहते है कि देवी माता इसी गांव में प्रकट हुई थीं। उसके बाद ही इस मंदिर का निर्माण कराया गया था। तब से लेकर आज तक यहां हजारों श्रद्धालुओं का तांता इस इंतजार में लगा रहता है कि जाने कब देवी को पसीना आए और उनकी मनोकामना पूर्ण हो जाए।
उपायुक्त कार्यालय सोलन में चालक के 01 पद के लिए ड्राईविंग टैस्ट 25 नवम्बर, 2020 को बसाल हेलीपेड सोलन में प्रातः 11.00 बजे से आयोजित किया जाएगा। यह जानकारी उपायुक्त सोलन केसी चमन ने दी। केसी चमन ने कहा कि इस ड्राईविंग टैस्ट के लिए सहायक आयुक्त भानु गुप्ता की अध्यक्षता में एक समिति गठित की गई है। समिति में हिमाचल राज्य पथ परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबन्धक सुरेश धीमान, हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग, उपमण्डल धर्मपुर के सहायक अभियन्ता (यान्त्रिक) अबनेश कुमार तथा सोलन के कार्यकारी एमवीआई जतिन मेहता सदस्य हैं। उन्होंने कहा कि समिति को निर्देश दिए गए हैं कि ड्राईविंग टैस्ट की प्रक्रिया के दौरान कोविड-19 महामारी के सम्बन्ध में जारी विभिन्न निर्देशों का पूर्ण पालन सुनिश्चित बनाया जाए।
प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के दिशा-निर्देशानुसार मिनी सचिवालय सोलन में स्थापित वेयरहाउस में भण्डारण की गई एम-1 इलैक्ट्राॅनिक वोटिंग मशीन के 60 बैलेट यूनिट तथा 68 कन्ट्रोल यूनिट को आज हरियाणा के पंचकूला स्थित बीईएल फैक्टरी के लिए भेज दिया गया। यह जानकारी जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त सोलन केसी चमन ने दी। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया के दौरान जिला निर्वाचन कार्यालय सोलन तथा राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में कार्य पूरा किया गया। इन ईवीएम मशीनों को पुलिस सुरक्षा के साथ बीईएल फैक्टरी पंचकूला के लिए रवाना किया गया। इस अवसर पर भाजपा मंडल सोलन के उपाध्यक्ष चन्द्रकांत शर्मा, कांग्रेस जिला महासचिव शिवदत्त ठाकुर, कार्यकारी उपमण्डलाधिकारी सोलन हरि सिंह राणा, तहसीलदार निर्वाचन राजेन्द्र शर्मा तथा नायब तहसीलदार महेन्द्र ठाकुर उपस्थित थे।
एशियन कंकरीट्स और सीमेंट्स प्राइवेट लिमिटेड बीर पलासी, डाकघर मंझोली, तहसील नालागढ़, जिला सोलन के निदेशक कर्ण अग्रवाल ने कोविड-19 के दृतिष्टगत अपने सामाजिक दायित्व का निर्वहन करते हुए प्रदेश सरकार को 500 ऑक्सीमीटर और 200 थर्मामीटर भेंट किए हैं। कर्ण अग्रवाल ने मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को यह ऑक्सीमीटर और थर्मामीटर भेंट किए। मुख्यमंत्री ने इस पुनीत कार्य के लिए एशियन कंकरीट्स और सीमेंट्स प्राइवेट लिमिटेड का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे कोरोना पीड़ित लोगों को राहत प्रदान करने में सहायता मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस योगदान से अन्य लोग भी सरकार की सहायता के लिए आगे आने को प्रोत्साहित होंगे।
सुजानपुर। बुधवार को सुजानपुर ब्लाक कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की बैठक ब्लाक अध्यक्ष कैप्टन ज्योति प्रकाश की अध्यक्षता में पटलांदर में आयोजित की गई, जिसमें पी.सी.सी. की ओर से नियुक्त सुजानपुर प्रभारी संजीव कालिया व डी.सी.सी. की ओर से आर.सी. डोगरा, जुगल किशोर, शहंशाह आदि ने विशेष रूप से भाग लिया। बैठक में पंचायती राज चुनावों के लिए कमर कसते हुए रणनीति बनाने के साथ कमेटियों का गठन किया गया तथा निर्णय लिया गया कि पंचायत चुनावों में ही वर्तमान प्रदेश सरकार को सबक सिखाकर आगामी विधानसभा चुनावों की पटकथा लिखी जाएगी। इस अवसर पर विधायक राजेंद्र राणा ने कहा कि वर्तमान में देश बुरे आर्थिक दौर से गुजर रहा है। राजनीतिक इच्छाशक्ति के अभाव में सत्तासीन केंद्र सरकार ने देश को पिछड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। उन्होंने कहा कि इससे बड़ी त्रासदी क्या हो सकती है कि देश की सीमाओं की दिन-रात चौकसी करने वाले हमारे जवानों की पैंशन घटाने की तैयारी हो रही है, जिसके विरोध में पूर्व सैनिक केंद्र सरकार के खिलाफ 28 नवम्बर को सुजानपुर में विरोध-प्रदर्शन कर शंखनाद कर रहे हैं। यह विरोध-प्रदर्शन सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में हर वर्ग केंद्र व प्रदेश सरकार की नीतियों से परेशान हो चुका है। अपनी जनविरोधी नीतियों से आने वाली पीढ़ियों का भविष्य भी सरकार बिगाड़ने पर आ तुली है, जोकि कांग्रेस हरगिज होने नहीं देगी। उन्होंने कहा कि जनता ही सरकार चुनती है, लेकिन जब सरकार दमनकारी नीतियों को अपनाना शुरू कर दें तो ऐसी स्थिति में एक ही रास्ता बचता है कि ऐसी सरकार को सत्ता से बाहर कर दिया जाए। उन्होंने कहा कि अब जनता ने भी सरकार को जड़ से उखाड़ने का मन बना लिया है।
वर्तमान समय में अनेक युवा केन्द्र तथा प्रदेश सरकार की रोज़गारपरक योजनाओं को अपनाकर समाज के समक्ष अपने परिश्रम तथा कौशल के माध्यम से अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत कर रहे हैं। ये युवा शिक्षित बेरोज़गार युवाओं को सफलतापूर्वक यह समझा रहे हैं कि यदि लगन के साथ कार्य किया जाए तो पूरे समाज को एक नई राह दिखाई जा सकती है। ऐसे ही एक युवा हैं सोलन जिला के ओच्छघाट के तरूण शर्मा। तरूण प्रधानमंत्री रोज़गार सृजन कार्यक्रम की सफलता की जीती-जागती मिसाल हैं। वर्तमान में तरूण को पूरे सोलन विकास खण्ड में युवाओं के जीवन को संवारने वाला माना जाता है। तरूण सोलन विकास खण्ड की ग्राम पंचायत ओच्छघाट के जीरो प्वाइंट में स्थापित अपने गत्ता उद्योग ‘देव्यांशी पैकर्ज़’ के माध्यम से हुनर से स्वरोज़गार और स्वरोज़गार से रोज़गार की नई इबारत लिख रहे हैं। केन्द्र सरकार के महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री रोज़गार सृजन कार्यक्रम को हिमाचल प्रदेश में हाथों-हाथ लिया जा रहा है। इसका प्रमुख कारण है केन्द्र सरकार एवं वर्तमान प्रदेश सरकार द्वारा गांव-गांव तक योजना का समुचित प्रचार-प्रसार सुनिश्चित बनाना। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में राज्य सरकार ने इस महत्वपूर्ण योजना से प्रदेश के युवाओं को लाभान्वित करने के लिए सम्बन्धित विभागों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड तथा ज़िला उद्योग केन्द्रों को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रधानमंत्री रोज़गार सृजन कार्यक्रम की पूरी जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाएं ताकि शिक्षित युवा इसका लाभ उठा सकें। इसके प्रत्यक्ष लाभ भी दृष्टिगोचर हो रहे हैं। केन्द्र सरकार के इस महत्वाकांक्षी कार्यक्रम के बारे में तरूण शर्मा को प्रचार-प्रसार के विभिन्न माध्यमों से जानकारी प्राप्त हुई। उन्होंने जानकारी मिलने पर ज़िला उद्योग केन्द्र तथा खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड से सम्पर्क किया। उन्हें अवगत करवाया गया कि वे प्रधानमंत्री रोज़गार सृजन कार्यक्रम के तहत ऋण तथा उपदान के लिए आवेदन कर सकते हैं। तरूण शर्मा ने गत्ता आधारित उद्योग स्थापित करने के लिए 25 लाख रुपए का ऋण लिया। उन्होंने वर्ष 2017-18 में ओच्छघाट के जीरो प्वाइंट में देव्यांशी पैकर्ज़ के नाम से अपना व्यवसाय आरम्भ किया। काम के प्रति लगन और केन्द्र एवं प्रदेश सरकार तथा खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड से प्राप्त मार्गदर्शन के माध्यम से तरूण ने आज अपने स्वरोज़गार को सफलता का प्रतीक बना लिया है। गत 03 वर्षों में उनका यह प्रयास स्थापित आकार ले चुका है। तरूण शर्मा ने देव्यांशी पैकर्ज़ के माध्यम से क्षेत्र के 08-10 युवाओं को रोज़गार भी प्रदान किया है। तरूण शर्मा ने इस सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री रोज़गार सृजन कार्यक्रम के अन्तर्गत प्राप्त ऋण ने उनके जीवन को एक नई दिशा दी है। आज वो न केवल अपना सफल व्यवसाय चला रहे हैं अपितु बेरोज़गार शिक्षित युवाओं को रोज़गार भी प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब तक वे कुल ऋण का 50 प्रतिशत से अधिक लौटा चुके हैं। वे व्यवसाय के विभिन्न कार्यों को पूरा करने के उपरांत 04 से 05 लाख रुपए वार्षिक आय अर्जित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपने गत्ता उद्योग में वे सेब सहित विभिन्न फलों के कार्टन बाॅक्स और दवाईयों के लिए पैकेजिंग सामग्री तैयार करते हैं। उनके तैयार उत्पाद अपनी गुणवत्ता के लिए जाने जाते हैं। तरूण शर्मा ने यह सिद्ध किया है कि केन्द्र तथा प्रदेश सरकार की रोज़गार एवं स्वरोज़गार प्रदान करने वाली योजनाएं आज के शिक्षित युवाओं का ऐसा सहारा है जो उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ अन्य को राह दिखाने का जरिया भी बन सकती हैं। आवश्यकता है तो इन योजनाओं की सही जानकारी प्राप्त कर उचित मार्गदर्शन में इन्हें अपनाने की।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार 27 दिसंबर, 2020 को अपने तीन साल का कार्यकाल पूरा कर रही थी और सरकार शिमला में इस अवसर को चिह्नित करने के लिए एक यादगार समारोह की योजना बना रही थी। वह वर्तमान राज्य सरकार के तीन वर्षों के समारोह के संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस समारोह को सामाजिक दूर के मानदंडों का पूरी तरह से पालन करके मनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की विभिन्न नीतियों और कार्यक्रमों और उपलब्धियों के उचित वितरण और प्रसार के लिए सूचना और जनसंपर्क विभाग द्वारा प्रभावी मीडिया योजना तैयार की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि विभाग को राज्य सरकार की उपलब्धियों और योजनाओं के प्रचार के लिए संचार के विभिन्न साधनों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करना चाहिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रचार साहित्य लाने के अलावा विभाग को सरकार की फ्लैगशिप योजनाओं, पहलों और उपलब्धियों को उजागर करने वाली एक वृत्तचित्र भी तैयार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के माध्यम से एक विशेष अभियान भी तैयार किया जाना चाहिए। उन्होंने इस अवसर पर अधिकारियों को गिरिराज के विशेष मुद्दे को सामने लाने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पीआरआई के चुनावों के मद्देनजर आचार संहिता लागू होने के बाद विभाग को अगले तीन महीनों के लिए एक आक्रामक मीडिया योजना भी तैयार करनी चाहिए। मुख्य सचिव अनिल खाची ने मुख्यमंत्री को आश्वासन दिया कि प्रशासन इस आयोजन को यादगार बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। सचिव सूचना और जनसंपर्क रजनीश ने समारोहों के बारे में विभाग की प्रस्तावित कार्ययोजना का विवरण दिया। सचिव जीएडी देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के प्रमुख निजी सचिव डॉ। आर.एन. बत्ता, निदेशक सूचना और जनसंपर्क हरबंस सिंह ब्रासकोन और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक में शामिल हुए।
दाड़लाघाट। ग्राम पंचायत मांगल के गांव कोल से संबंध रखने वाली रमा धीमान का भजन जय बाड़ू बाड़ा देव लांच हुआ। यह भजन सत श्री देव बाडू बाड़ा मंदिर प्रांगण शालुघाट में पंचायत उपप्रधान श्यामलाल चौहान और कृष्णा चौहान की देखरेख में लांच किया गया। रमा धीमान ने कई वर्षों से गीत संगीत की दुनिया में कदम रखा है, मगर उनको बड़े-बड़े मंच मिले, सुर संगम जिला सोलन साहित्य कला मंच द्वारा करवाए गए संगीत कंपटीशन 2016 के बाद जिसमें उन्होंने प्रथम स्थान हासिल किया। गरीब परिवार से संबंध रखने वाली रमा धीमान के पति सुनील कुमार द्वारा उन्हें पुरजोर समर्थन रहता है, वो हर कंपटीशन में भाग लेती है। जागरण और स्टेज शो भी करती है। इनके कंठ में मां सरस्वती का वास है। उप प्रधान श्यामलाल चौहान ने उन्हें आशीर्वाद दिया व हमेशा सफलता की सीढ़ियां चढ़ने की कामना की। चौहान कृष्णा ने कहा कि मांगल में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, कमी है तो बस बड़े मंच प्रदान करने की जिसके लिए हम सदैव दृढ़ संकल्पित है। कृष्णा चौहान ने बताया कि रमा धीमान की सफलता का श्रय मोहनलाल चौहान को जाता है। इन्होंने सबसे पहले जागरण मंडली में हवाणी में सत श्री देवता बाडू बाड़ा मंदिर से इन्हें मां का गायन का मौका दिया और आज यही कारण है कि रमा धीमान का सबसे पहला भजन भी देवता जी के नाम रहा। इनकी कामयाबी के पीछे मोहन लाल चौहान का बहुत बड़ा योगदान रहा है। इस विशेष मौके पर मोहनलाल चौहान, मनोहर लाल, प्रेमी देवी, पवना देवी, प्रधान महिला मंडल कोल शानू, बृजलाल, पवन ठाकुर, पवन चौहान, गुलशन, सोनू, निशांत और एससीएसटी सेल उपाध्यक्ष अर्की राकेश चौहान, मोहनलाल चौहान सहित अन्य मौजूद रहे।
दाड़लाघाट। जोगिन्द्रा केंद्रीय सहकारी बैंक दाड़लाघाट में मंगलवार सुबह प्रातः 6 बजे के करीब आग लग गई जिसमे बैंक में सिर्फ पुराने रखे गए दस्तावेज जले। बैंक के साथ एक दुकानदार ने बैंक से धुआं उठता हुए देखा तभी बैंक प्रबंधक को सूचित किया गया और बैंक में ज्यादा आग लगने से बचाव हो गया। वही अगर समय रहते आग लगने का पता नही लगता तो बैंक में रखे गए जरूरी दस्तावेज राख हो जाते। बैंक में आग लगने का कारण शॉट शर्किट बताया जा रहा है। सूचना पर स्थानीय पुलिस, अम्बुजा फायर ब्रिगेड, बैंक कर्मचारी और स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंच गए, साथ ही आग बुझाने का कार्य शुरू हो गया। बैंक प्रबंधक बी आर कौशल ने बताया कि मुझे बैंक में आग लगने का पता प्रातः लगा। उन्होंने बताया कि बैंक में लगी आग का स्थानीय लोगों के सहयोग से काबू पाया गया। उन्होंने बताया कि अम्बुजा फायर भी मौके पर पहुँच गई थी लेकिन तब तक आग पर काबू पा लिया गया था। एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह ने भी बैंक में आकर मौके का जायजा लिया। इस दौरान बैंक प्रबंधक उनकी पूरी टीम व स्थानीय लोगों ने आग पर काबू पाकर बैंक में रखे गए जरूरी कागजो को समय रखते बचा लिया।
हिमाचल प्रदेश को यू ही नहीं देवभूमि कहा जाता है। प्रकृति के बेहतरीन दृश्य के साथ रोचक रीति रिवाज और धामिर्क स्थल मानो देवभूमि शब्द को सालों से जीवंत रखती आ रही है। ऐसे ही जिला किन्नौर का युला कांडा झील आस्था और प्राकृतिक सौन्दर्य का अद्भुत संगम है। इस झील के बीचों बीच भगवान श्रीकृष्ण का मंदिर है। समुद्र तल से लगभग 12000 फीट की ऊंचाई पर होने के कारण इसे दुनिया के सबसे ऊंचे कृष्ण मंदिर में से एक माना जाता है। पौराणिक कथा व जनश्रुतियों के अनुसार कहा जाता है कि इसका निर्माण पांडवों ने वनवास के समय किया था। उसके बाद झील के बीच कृष्ण मंदिर का निर्माण किया गया। यहां हर साल जन्माष्टमी पर उत्सव मनाया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। मान्यता है कि तत्कालीन बुशहर रियासत के राजा केहरी सिंह के समय इस उत्सव को मनाने की परंपरा शुरू हुई थी। सदियों पुरानी परंपरा आज भी चली आ रही है। पहले छोटे स्तर पर मनाए जाने वाले इस उत्सव को अब जिला स्तरीय दर्जा मिल चुका है। यह मंदिर न केवल खूबसूरती का अनूठा प्रमाण है बल्कि बरसो से रिश्तों की खूबसूरती को भी सींचता आ रहा है। जन्माष्टमी के दिन यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। इस दिन यहां श्रद्धालु किन्नौरी टोपी उल्टी करके झील में डालते हैं। मान्यता है कि अगर आपकी टोपी बिना डूबे तैरती हुई दूसरे छोर तक पहुंच जाती है तो आपकी मनोकामना जरूर पूरी होती है। फिर वो चाहे धर्म का रिश्ता हो, या जीवन साथी को पाने की कामना। इसके अलावा यहां आने वाले श्रद्धालु पवित्र झील की परिक्रमा भी जरूर करते हैं। मान्यता है कि ऐसा करने से उन्हें पापों से मुक्ति मिल जाती है।
कृषि मन्त्री वीरेन्द्र कंवर ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में हींग और केसर की खेती आरम्भ कर दी गई है। प्रदेश सरकार ने इस खेती को बढ़ावा देने के लिए ‘कृषि से संपन्नता’ योजना आरम्भ की है, जिसके सफल कार्यान्वयन के लिए कृषि विभाग ने विस्तृत कार्य योजना तैयार की है। इस योजना के तहत 6 जून, 2020 को हिमालय जैव सम्पदा प्रौद्योगिकी संस्थान आईएचबीटी, पालमपुर के साथ समझौता हस्ताक्षरित किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में हींग व केसर की खेती के लिए मंडी, चम्बा, लाहौल-स्पीति व किन्नौर जिलों के ऊंचाई वाले क्षेत्र अनुकूल पाए गए हैं और लाहौल-स्पीति के कोरिंग गांव में हींग का पहला पौधा रोपित किया गया है। वीरेन्द्र कंवर ने बताया कि इस योजना के अंतर्गत हींग व केसर की खेती के लिए सरकार ने 10 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। हींग की खेती के लिए कृषि विभाग ने पांच वर्षों में 302 हेक्टेयर क्षेत्र और केसर की खेती के लिए तीन वर्षों में 3.5 हेक्टेयर क्षेत्र को खेती करने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत किसानों व अधिकारियों को इस खेती की विधि की व्यापक जानकारी देने के लिए प्रशिक्षण प्रदान करने का प्रावधान भी किया गया है। हींग और केसर की खेती के लिए सिंचाई व्यवस्था का सुदृढ़ होना भी अति आवश्यक है। उन्होंने कृषि विभाग को इन क्षेत्रों में सिंचाई व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए योजना तैयार करने के निर्देश दिए।
चंबा। रजेरा-गागला संपर्क मार्ग पर रजेरा के समीप आल्टो कार के खाई में गिरने से मां- बेटी की मौत हो गई। कार में पांच लोग सवार थे। चालक को छोड़कर चारों अन्य एक ही परिवार के सदस्य थे। मंगलवार सवेरे गागला की और से गेहरा की और जा रही कार रजेरा के पास अनियत्रित होकर पहाड़ी से लुढक कर भरमौर एनएच पर आ गिरी। परिणामस्वरूप बेटी रंजना की मौके पर मौत हो गई, जबकि मां वीना ने अस्पताल में दम तोड़ा। घायलों में चालक अमित वासी गांव रजेरा, शुभम और सपना दोनों वासी गेहरा शामिल है। अस्पताल में उपचाराधीन सपना की हालत नाजुक बनी हुई है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने प्रदेश के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष तुलसी राम के निधन पर शोक व्यक्त किया है, जिनका सोमवार रात्रि जिला कांगड़ा के पालमपुर में निधन हो गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि तुलसी राम महान राजनेता थे, जिन्होंने समाज के कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए अथक प्रयास किए। उन्होंने कहा कि भरमौर विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र के विकास में उनका बहुत बड़ा योगदान रहा, जिसे भावी पीढ़ियां हमेशा याद रखेंगी। जय राम ठाकुर ने परमात्मा से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिजनों को इस अपूर्णीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है। तुलसी राम वर्ष 2007 से 2012 तक हिमाचल प्रदेश विधान सभा के अध्यक्ष रहे। वह वर्ष 1990, 1998 और 2007 में चम्बा जिले के भरमौर निर्वाचन क्षेत्र से विधायक चुने गए।
Dr. YS Parmar University of Horticulture and Forestry (UHF), Nauni has invited applications for its one-year Vocational Training Course on Horticulture Management (Self-Employment) for the session 2020-21. The objective of the course is to train the youth from agricultural backgrounds to become self-employed in the production of fruits, vegetables, flowers, mushrooms, and beekeeping. The training course will be run at the Regional Horticulture Research and Training Stations and the Krishi Vigyan Kendras (KVK) of the University from January 4. The total seats in the program are 130, which will be offered at seven regional stations of the university. The Regional Horticulture Research and Training Stations at Jachh in Kangra, Bajaura in Kullu, Sharbo in Kinnaur, Mashobra in Shimla and College of Horticulture and Forestry, Neri in Hamirpur will offer 20 seats each. The Regional Horticulture Research and Training Station at Dhaulakaun in Sirmaur district and KVK in Chamba will be offering 15 seats each in this program. Candidates between the age of 17 to 30 years belonging to an agricultural background and possessing a minimum qualification of Class 10 are eligible to apply for this program. Interested candidates can submit their application on a simple paper to the respective Associate Directors/ KVK Coordinators on or before December 1. The interviews will be conducted on December 15 at the office of the Associate Directors/ KVK Coordinators. The candidates will have to submit an affidavit that they will be taking up this as a vocation. Candidates will have to bring all the essential certificates along with photocopies including any category certificates (if applicable) at the time of the interview. No stipend will be paid during the course.
ग्राम पंचायत हनुमान बड़ोग के नेहरू युवा क्लब मनलोग बड़ोग में पंडित जवाहरलाल नेहरू की जयंती और दीपावली के मौके पर नेहरू युवा क्लब के सदस्यों द्वारा मनलोग बड़ोग के गांव में स्ट्रीट लाइट लगवाई गई।क्लब के प्रधान पंकज कुमार व सचिव मनीष कुमार ने बताया कि गांव वासियों ने क्लब के सभी सदस्यों का धन्यवाद किया है और क्लब का गांव के लिये इस तरह के सहयोग करने के लिए आभार व्यक्त किया है ।इस दौरान क्लब के प्रधान पंकज कुमार,उपप्रधान संजीव कुमार,सचिव मनीष कुमार,नवीन कुमार,अमित शर्मा,नीतीश,मुकेश,विकास,हिमांशु,प्रभात,नमन,गगन,सोहनलाल,नवल किशोर,देवराज,किशोर कुमार सहित गांव के सदस्य मौजूद रहे।
ग्राम पंचायत घनागुघाट के युवा कल्याण मंडल कलाहरण द्वारा क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन किया जा रहा है। इस टूर्नामेंट के शुभारंभ अवसर पर ओबीसी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य नरेंद्र सिंह चौधरी ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। उन्होंने रिबन काटकर टूर्नामेंट का शुभारंभ किया। उन्होंने अपने सम्बोधन में आयोजकों को इस टूर्नामेंट को शुरू करने के लिए बधाई व शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि खेल प्रतिस्पर्धा में भाग लेने से शारीरिक व मानसिक विकास होता है। खेलों को खेलने से खिलाड़ियों में अनुशासन व भाईचारा बढ़ता है। सभी खिलाड़ी कोरोना महामारी को देखते हुए अपनी सुरक्षा का पूर्ण रूप से ध्यान रखे। इस अवसर पर उन्होंने अपनी ओर से आयोजकों को 21 सौ रुपये की राशि दी। इस मौके पर ओबीसी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य नरेंद्र सिंह चौधरी, बीडीसी सदस्य हीरा पाल, जिला किसान मोर्चा सचिव मनसा राम ठाकुर, वीरेन्द्र ठाकुर, पवन ठाकुर, रजत वर्मा, तरुण ठाकुर, अमन ठाकुर, हैप्पी ठाकुर सहित क्लब के समस्त सदस्य, स्थानीय लोग और आसपास के इलाकों से आये बहुत से युवा भी उपस्थित रहे।
कहते है कन्यादान करना किसी पुण्य से कम नही होता, मसलन आर्थिक मदद की दरकार न हो। किंतु एक गरीब बेटी की शादी करवा कर नव चेतना संस्था कुनिहार ने असल मायनों में समाजसेवा की मिसाल पेश की है। बता दें कि एक बेटी ने संस्था से विवाह के लिए मदद की गुहार लगाई थी। दीवाली के दिन जरूरत मंद परिवार को बेटी के विवाह के लिए संस्था ने दैनिक उपयोग का जरूरी सामान दिया व खुशाल जीवन का आशीर्वाद दिया। इस दौरान नव चेतना संस्था के प्रधान कुलदीप सिंह कंवर,सर्व एकता जनमंच कुनिहार के प्रधान राजेन्द्र ठाकुर ,सचिव संजीव कुमार,चमन लाल मल्होत्रा सहित संस्था के सदस्यों ने इस पुनीत कार्य मे योगदान दिया।
16 नवम्बर जेष्ठ सोमवार को कुनिहार की शिव ताण्डव गुफा में गुफा विकास समिति द्वारा विशाल भण्डारे का आयोजन किया जा रहा है। समिति ने सभी क्षेत्र वासियों से गुफा में स्थित प्राकृतिक शिवलिंग के दर्शन करने व भण्डारे का प्रसाद ग्रहण करने की अपील की है। समिति अध्यक्ष रामरतन तनवर, उपाध्यक्ष अमरीश ठाकुर व सचिव गोपाल शर्मा ने बताया कि 15 नवम्बर रविवार से गुफा में दो दिवसीय राम चरित मानस अखण्ड पाठ का शुभारम्भ हुआ, जिसे सोमवार को हवन व पूर्णाहुति के साथ विराम दिया जाएगा। सोमवार दोपहर से भण्डारा आरम्भ कर दिया जाएगा। कोरोना के चलते समिति ने गुफा में पहुंचने वाले सभी शिव भक्तों से सामाजिक दूरी ,मास्क व सेनेटाइजर का इस्तेमाल करने की अपील की है।
छात्र अभिभावक मंच ने शिमला के तारा हॉल स्कूल द्वारा 20 नवम्बर से शुरू होने वाले फाइनल एग्ज़ाम को स्थगित करने की कड़ी निंदा की है व सरकार से इस मामले पर हस्तक्षेप करके इन्हें समय पर करवाने की मांग की है। मंच के संयोजक विजेंद्र मेहरा,सदस्य फालमा चौहान,विवेक कश्यप,सत्यवान पुंडीर व जियानंद शर्मा ने फाइनल एग्ज़ाम की तिथि को स्थगित करने के कदम को तानाशाही व लूट तंत्र करार दिया है। उन्होंने कहा है कि निजी स्कूल सभी चार्ज़ेज़ सहित पूरी फीस वसूली के लिए तरह तरह के हथकंडे अपना रहे हैं ताकि फीस वसूली को जायज़ ठहराया जा सके। यह केवल मनमानी लूट को सुनिश्चित करने का तरीका है। सब जानते हैं कि फरवरी शिमला में बेहद ठंड का महीना होता है व इस दौरान बर्फ़बारी आम बात है। बेहद ठंडे मौसम के कारण इस समय कोरोना जैसे सभी प्रकार के वायरल संक्रमण का खतरा भी कई गुणा बढ़ जाता है। स्कूल का यह तर्क कि फरवरी में ऑनलाइन के बजाए स्कूल में परीक्षाएँ करवाई जाएंगी पूरी तरह अवैज्ञानिक व तर्कहीन है। इस से बच्चों,अध्यापकों व कर्मचारियों की जान पर खतरा कई गुणा बढ़ जाएगा। तारा हॉल स्कूल को सरकारी स्कूलों से सबक लेना चाहिए जिन्हें खोलते ही कोरोना संक्रमण चरम पर पहुंच गया था व जिन्हें दोबारा से 25 नवम्बर तक बन्द करना पड़ा। इसलिए फरवरी में फिज़िकल एग्ज़ाम की सोच ही बेबुनियादी है। इसके बावजूद वार्षिक परीक्षाओं को स्थगित किया जा रहा है। इसके पीछे केवल एक ही कारण है और वह पूर्ण फीस वसूली व अभिभावकों की मनमानी लूट करने का है। उन्होंने तारा हॉल स्कूल के इस निर्णय को बेहद हास्यास्पद व बचकाना करार दिया है। एक तरफ उच्च शिक्षण संस्थानों ने अपने छात्रों को बिना परीक्षाओं के ही प्रोमोट कर दिया वहीं दूसरी ओर निजी स्कूल अपनी मनमानी के लिए छोटे बच्चों की जिंदगी से खेलने में भी गुरेज नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि तारा हॉल स्कूल प्रबंधन तानाशाही कर रहा है। उसने 20 नवम्बर से शुरू होने वाली वार्षिक परीक्षाओं को स्थगित करके 8 फरवरी से इसे करने का आदेश जारी कर दिया है जोकि पूर्णतः छात्र व अभिभावक विरोधी है। यह सब केवल अपनी आर्थिक लूट को जारी रखने का पैंतरा है। उन्होंने सवाल किया है कि वार्षिक परीक्षाओं को तीन महीने तक टालने के पीछे क्या बुनियादी मकसद है। उन्होंने इसे छात्रों व अभिभावकों की मानसिक प्रताड़ना करार दिया है। उन्होंने कहा कि इस से निजी स्कूलों की पोल खुल गयी है। एक तरफ ये स्कूल निरन्तर ऑनलाइन क्लासेज़ की डींगें हांक रहे थे और दूसरी ओर समय से वार्षिक परीक्षाएं न करवाने से स्पष्ट हो गया है कि निजी स्कूलों ने ऑनलाइन कक्षाओं के नाम पर केवल औपचारिकता की है। अगर निजी स्कूलों ने वास्तव में ही निरन्तर ऑनलाइन कक्षाएं सुनिश्चित की हैं व उनका पाठयक्रम पूर्ण हो चुका है तो फिर वार्षिक परीक्षाओं की तिथि आगे ले जाने का क्या मतलब है। बच्चे व अभिभावक कोरोना काल में ऑनलाइन कक्षाओं के कारण पिछले नौ महीने से भारी मानसिक तनाव में हैं। समय पर वार्षिक परीक्षाएं होने से इस तनाव से उन्हें मुक्ति मिलती। परीक्षाओं को तीन महीने के लिए टालने से एक तरफ छात्रों पर अतिरिक्त मानसिक तनाव होगा वहीं दूसरी ओर ऑनलाइन कक्षाओं के नाम पर अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ेगा। इस से अध्यापकों की भी मानसिक परेशानी बढ़ना तय है। निजी स्कूल प्रबंधन पूर्ण फीस वसूली,अपनी आर्थिक लूट व मनमानी सुनिश्चित करने के लिए छात्रों,अभिभावकों,अध्यापकों व कर्मचारियों सभी को बेवजह परेशान कर रहे हैं। उन्होंने हैरानी व्यक्त की है कि कुछ बेहद प्रभावशाली निजी स्कूल प्रदेश सरकार व शिक्षा निदेशालय के आदेशों व उसकी नियमावली को सरेआम ठेंगा दिखाते है परन्तु सरकार व शिक्षा विभाग पूरी तरह से असहाय नज़र आते हैं। इन स्कूलों पर कोई कार्रवाई करने में इनके हाथ पांव फूल जाते हैं जिसका सीधा फायदा अपनी लूट को बरकरार व बढ़ाने के लिए ये निजी स्कूल उठाते हैं। इसका सबसे बड़ा उदाहरण यह है कि निजी स्कूलों में फीस व पीटीए के सवाल पर 18 मार्च व 8 अप्रैल 2019 के अपने आदेशों को लागू करवाने के लिए शिक्षा निदेशालय को मुंह की खानी पड़ी थी। इन आदेशों को लागू करना तो दूर की बात इन निजी स्कूलों ने शिक्षा निदेशक के पत्रों का जबाव तक देना उचित नहीं समझा था। पिछले डेढ़ वर्ष से निजी स्कूलों के संचालन के लिए कानून का प्रारूप सरकार के पास पड़ा है परन्तु सरकार निजी स्कूलों के दबाव में इस कानून को पारित करवाने अथवा संशोधन करने की हिम्मत तक नहीं कर पा रही है। उन्होंने सरकार व शिक्षा विभाग से मांग की है कि बिल्कुल अंतिम समय में वार्षिक परीक्षाओं को रद्द करने व उन्हें फरवरी तक स्थगित करने के निर्णय को वापिस करवाने के लिए तारा हॉल स्कूल प्रबंधन को सख्त आदेश जारी किए जाएं व परीक्षाएं निर्धारित समय व शेडयूल पर करवाई जाएं।
राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस के अवसर पर आज पंडित दीन दयाल उपाध्याय जिला आयुर्वेदिक चिकित्सालय सोलन में निःशुल्क चिकित्सा शिविर एवं ‘कोविड-19 महामारी में आयुर्वेद की भूमिका’ विषय पर सम्मेलन आयोजित किया गया। शिविर की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने की। के.सी. चमन ने इस अवसर पर कहा कि आयुर्वेद विश्व को भारत की अनुपम देन है और आयुर्वेद के माध्यम से लगभग सभी रोगों को उपचार संभव है। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद रोग के कारण का निवारण करता है। आयुर्वेद में जटिल रोगों से मुक्ति के लिए प्रकृति के माध्यम से उपचार पर ध्यान दिया जाता है। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद व्यक्ति की तासीर के अनुरूप उपचार उपलब्ध करवाता है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि आयुर्वेद द्वारा स्थापित नियमों एवं ऋतुचर्या को जीवन में अपनाएं। उपायुक्त ने कहा कि उपचार की आयुर्वेदिक पद्धति पूर्ण रूप से विकसित है और आयुर्वेदिक चिकित्सकों को जन-जन को योग एवं ऋतुचर्या के विषय में जागरूक बनाना चाहिए। उन्होंने सभी को दीपावली की शुभकामनाएं प्रेषित करते हुए आशा जताई कि चिकित्सा जगत से जुड़े व्यावसायी लोगों को कोविड-19 सुुरक्षा के लिए आवश्यक नियमों के सम्बन्ध में जागरूक करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर मास्क पहनना, सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करना और नियमित रूप से अपने हाथ धोना कोरोना वायरस से बचाव का कारगर उपाय है। उपायुक्त ने सभी से सुरक्षित दीवाली मनाने एवं रात्रि 08.00 बजे से 10.00 बजे के मध्य ही पटाखे चलाने का आग्रह किया। इस अवसर पर वैद्य राम कुमार बिन्दल, डाॅ. ए.के. बतरा, डाॅ. डी.डी. बिष्ट, डाॅ. जी.डी.शर्मा, डाॅ. सुरेश मैहता, डाॅ. धर्म चन्द गुलेरिया, डाॅ.एस.एस. परमार, डाॅ. बालमुकुन्द, डाॅ. दिनेश गुप्ता को आयुर्वेद के क्षेत्र में अनुकरणीय सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया। उपायुक्त ने इस अवसर पर आयोजित औषधीय पौधों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया तथा प्रदर्शित पौधों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। योग भारती के प्रदेश संयोजक श्री निवास मूर्ति ने इस अवसर पर आयुर्वेद, योग एवं रोग निवारण के सम्बन्ध में सारगर्भित जानकारी प्रदान की। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि प्रकृति के समीप रहकर प्राकृतिक वस्तुओं का उपयोग करें और योग एवं व्यायाम को जीवन का अभिन्न अंग बनाएं। जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डाॅ. राजेंद्र शर्मा ने सभी का स्वागत करते हुए कहा कि राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस प्रतिवर्ष धनवन्तरि जयंती के अवसर पर आयोजित किया जाता है। उन्होंने कहा कि भगवान धनवन्तरि को आयुर्वेद का जनक माना जाता है। उन्होंने कहा कि आयुर्वेदिक पद्धति के माध्यम से व्यक्ति को प्राकृतिक उपायों से निरोग रखने में सहायता मिलती है। डाॅ लोकेश ममगई ने कहा कि भगवान धनवन्तरि आरोग्य, स्वास्थ्य एवं आयु के आराध्य देव हैं। उन्होंने आयुर्वेद के द्वारा कोरोना वायरस संक्रमण से बचाव पर भी प्रकाश डाला। वैद्य राम कुमार बिन्दल ने इस अवसर पर वर्तमान समय में आयुर्वेद की सार्थकता विषय पर प्रकाश डाला। डाॅ. करूणेश ने कोविड-19 महामारी से बचाव के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। हैप्पी योग ग्रुप कोटलानाला द्वारा इस अवसर पर योग के माध्यम से कोविड-19 महामारी से बचाव के बारे में जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर आयुर्वेदिक चिकित्सक, गणमान्य व्यक्ति, पैरामेडिकल कर्मचारी एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
उपायुक्त सोलन के.सी चमन ने समस्त जिलावासियों को दीपावली पर्व की शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। उपायुक्त ने अपने बधाई संदेश में सोलन जिला के सभी निवासियों के सुख, स्वास्थ्य एवं मंगल की कामना की है। उन्होंने आशा जताई कि यह त्यौहार हमें सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करेगा। के.सी चमन ने सभी जिला वासियों से आग्रह किया कि दीपावली को सुरक्षित तरीके से मनाएं। उन्होंने सभी से अपील की कि संकट के इस समय में कोविड-19 के लिए केन्द्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा जारी नियमों का पूर्ण पालन करें और सुरक्षित रहें।
प्रदेश विद्युत बोर्ड के विद्युत उपमण्डल सोलन द्वारा उन उपभोक्ताओं के विद्युत कुनेक्शन काट दिए जाएंगे जिन्होंने अक्तूबर, 2020 में अपने बिजली के बिल जमा नहीं करवाए हैं। यह जानकारी आज यहां विद्युत उपमण्डल सोलन नम्बर-1 के सहायक अभियन्ता आर. विदुर ने दी। उन्होंने कहा कि ऐसे कुल 432 उपभोेक्ता हैं जिन्होंने अक्तूबर, 2020 में अपने बिजली के बिल जमा नहीं करवाए हैं। उन्होंने कहा कि इन उपभोक्ताओं द्वारा जमा न करवाई गई कुल राशि 28 लाख 12 हजार 993 रुपए है। इन उपभोक्ताओं में 229 घरेलू उपभोक्ता हैं। घरेलू उपभोक्ताओं द्वारा जमा न करवाई गई कुल राशि 12 लाख 15 हजार 336 रुपए है। 185 व्यावसायिक उपभोक्ताओं द्वारा जमा न करवाई गई कुल राशि 13 लाख 39 हजार 997 रुपए है। अन्य 18 उपभोक्ताओं द्वारा जमा न करवाई गई कुल राशि 02 लाख 57 हजार 660 रुपए है। आर. विदुर ने उपरोक्त सभी उपभोक्ताओं से आग्रह किया कि नोटिस प्राप्त होन पर शीघ्र बिजली का बिल जमा करवाएं अन्यथा उनके बिजली के कुनेक्शन काट दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि अधिक जानकारी दूरभाष नम्बर 01792-223611 से प्राप्त की जा सकती है। बिजली के बिल उपभोक्ता आई.डी के माध्यम से पेटीएम, गूगल पे, अमेजन, भीम एप, फोन पे अथवा पर भी जमा करवाए जा सकते हैं।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग तथा आयुर्वेद मंत्री डाॅ. राजीव सैजल ने प्रदेश वासियों सहित सोलन ज़िला के निवासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। डाॅ. सैजल ने अपने संदेश में कहा कि ‘दीपावली’ का त्यौहार हमें अंधकार से प्रकाश तथा असत्य से सत्य की ओर अभिमुख होने की प्रेरणा प्रदान करता है। उन्होंने कामना की कि दीपों का यह महापर्व प्रदेश में प्रेम और सद्भाव के साथ ही लोगों के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लायेगा। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि दीपावली के पावन अवसर पर हम सभी को कोरोना वायरास संक्रमण से बचाव के लिए नियम पालन के लिए संकल्पबद्ध होना होगा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर नाक से ठोडी तक के हिस्से को मास्क से ढक कर रखना, सोशल डिस्टेन्सिग के नियम का पालन करना और बार-बार अपने हाथ साबुन अथवा एल्कोहल युक्त सेनिटाईजर से साफ करने की आदत कोविड-19 से बचाव की दिशा में सहायक है। उन्होंने आशा जताई कि दीपावली का यह शुभ अवसर सभी को निरोग, दीर्घायु एवं प्रसन्न रखने में सहायक सिद्ध होगा।
रामपुर बुशहर। शिमला जिला ननखड़ी थाना के तहत बेलू-चमाड़ा संपर्क मार्ग पर कार दुर्घटना में दो युवतियों की मौत जबकि एक युवती व वाहन चालक घायल हैं। घायलों को रामपुर के महात्मा गांधी चिकित्सा सेवा परिसर खनेरी में भर्ती किया गया है। जानकारी के अनुसार आज सुबह मारुति कार टैक्सी ननखड़ी तहसील के खमाड़ी पंचायत के गांव बेलू से चमाड़ा जा रही थी, तो शुनी मोड़ के पास करीब डेढ़ सौ मीटर नीचे खाई में जा गिरी। इस हादसे में एक युवती की मौके पर ही मौत हुई जबकि एक ने महात्मा गांधी चिकित्सा सेवा परिसर खनेरी में उपचार के दौरान दम तोड़ा। दुर्घटना में मौके पर मारी गई युवती की पहचान विद्या भगती पुत्री मोतीलाल निवासी गांव चमड़ा पोस्ट ऑफिस खमाड़ी जिला शिमला उम्र 22 वर्ष व महात्मा गांधी चिकित्सा सेवा परिसर में उपचार के दौरान दम तोड़ने वाली युवती की शिनाख्त अंजलि पुत्री मोतीलाल उम्र 18 वर्ष चमड़ा निवासी जबकि घायलों में सूरज पुत्र बालक राम गांव नया धारटा पोस्ट ऑफिस व तहसील निरमण्ड ज़िला कुल्लू उम्र 25 वर्ष, घायल युवती इंदिरा पुत्री गोपीचंद गांव तांगरी तहसील ननखड़ी उम्र 25 वर्ष के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही एसएचओ समेत ननखरी थाने से पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की सहायता से घायलों व मृतकों के शवों को खाई से बाहर निकाला गया। दुर्घटना के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
सभी को अपने अंदर से कुविचारों का दमन कर सुविचारों का दीपक जलाना चाहिए। इसी सोच के साथ वीरवार को सोलन पब्लिक स्कूल में ऑनलाइन सभा से दीपावली कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस लाइव कार्यक्रम में बच्चों ने दीया और विभिन्न तरह के कार्ड बनाए। इन कलाकृतियों को बनाने में बच्चों ने विभिन्न सामग्रियां जैसे थर्माकोल, कांच की चूडियां, माचिस की तीलियां, सितारे, धागे, कागज आदि का प्रयोग किया और अपनी सोच व समझ से कलाकृतियों को बहुत ही सुन्दर रूप दिया। बच्चों ने लाइव क्लास में ही दीपावली के पर्व को धूमधाम से मनाया। स्कूल की एम डी प्रीती कुमार ने कहा कि इस तरह के आयोजन से बच्चों की प्रतिभा को नई दिशा देने में मदद मिलती है। उनके लिए जीवन में अग्रसर होने के और आत्मर्निभर बनने के लिए और भी विकल्प खुलते हैं। वहीं अध्यापकों के लिए रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। अध्यापकों ने भी अपना बखूबी योगदान दिया, साथ ही अध्यापकों ने विद्यार्थीयों को बाल दिवस पर शुभकामाएं दी। ऑनलाइन सभा के द्वारा बच्चों को नृत्य व गाना गा कर अपना प्यार दिखाया और बच्चों के उज्वल भविष्य की कामना की।
आज ठेकेदार यूनियन के अध्यक्ष हितेंद्र की अध्यक्षता में एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर से मिला। उन्होंने मुख्यमंत्री से मिलकर ठेकेदारों की समस्याओं से अवगत करवाया। उन्होंने पिछले कुछ महीनो से M From और X Form को ले कर समस्या चल रही है और जो ठेकेदारों की पेमेंट जो PWD डिपार्टमेंट द्वारा रोकी गई है उसके बारे मे चर्चा की। CM ने इन सभी विषयों को लेकर अपना आश्वासन दिया और कहा की जल्द पूरे प्रदेश में सभी ठेकेदारों को इस समस्या से निदान मिलेगा।
दाड़लाघाट पुलिस ने यातायात के नियमों का उल्लंघन करने वाले मनचले चालकों के चालान काटकर उन्हें यातायात के नियमों का पालन करने के निर्देश दिए। एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह और उनकी टीम ने एक स्पेशल कैंपेन के तहत चालकों द्वारा वाहन चलाते समय मोबाइल यूज़ और प्रेशर हाॅर्न का इस्तेमाल करने पर उनके चालान काटे। उन्होंने बताया कि इस कैंपेन के तहत उन्होंने आठ प्रेशर हॉर्न के चालान किए तथा तीन मोबाइल यूज के चालान काटे जिससे सरकार के खजाने को 63900 रुपए का राजस्व प्राप्त किया। एसएचओ जीत सिंह ने यह भी बताया कि त्योहारों के मौसम में ड्रंक ड्राइविंग और ओवर स्पीड के चालान भी किए जाएंगे। इस कैपेन में उनकी टीम में हेड कांस्टेबल बृजमोहन, चंद्रमोहन कांस्टेबल मनजीत भी मौजूद रहे। डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ठाकुर ने इसकी पुष्टि की है।
उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण के आदेशों एवं प्रदेश सरकार के निर्देशों के अनुरूप दीपावली के त्यौहार पर पटाखे चलाने के सम्बन्ध में निर्देश जारी किए हैं। राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा जारी आदेशों में कहा गया है कि कोविड-19 महामारी के वर्तमान समय में पटाखों के प्रयोग के कारण होने वाले वायु प्रदूषण से उन व्यक्तियों के जीवन को खतरा है जो कोरोना वायरस संक्रमण के प्रति संवेदनशील हैं। इसके दृष्टिगत सोलन जिला के नालागढ़ उपमण्डल के नालागढ़ व बद्दी जहां राज्य प्रदूषण नियन्त्रण बोर्ड द्वारा परिवेशी वायु गुणवत्ता (एमबिअन्ट एअर क्वालिटी) मध्य श्रेणी (मोडरेट) की तथा सोलन उपमण्डल के परवाणु जहां परिवेशी वायु गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई है में केवल पर्यावरण के लिए सुरक्षित पटाखे (ग्रीन क्रैकर्स) ही बेचे जा सकेंगे। इन क्षेत्रों में पटाखे 02 घण्टे के लिए रात्रि 08.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे के मध्य चलाए जा सकेंगे। इस सम्बन्ध में पुलिस अधीक्षक सोलन, बद्दी तथा उपमण्डलाधिकारी सोलन एवं नालागढ़ को उचित आदेश जारी कर दिए गए हैं।
जिला दंडाधिकारी सोलन केसी चमन ने दीपावली के त्यौहार के दृष्टिगत आमजन की सुविधा एवं सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सोलन के पुराने उपायुक्त कार्यालय चाौक से पुराना बस अड्डा सोलन तक वाहनों की आवाजाही पर रोक के संबंध में आदेश जारी किए हैं। यह आदेश मोटर वाहन अधिनियम 1988 की धारा-115 एवं 117 में निहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए जारी किए गए हैं। जिला दंडाधिकारी द्वारा जारी आदेशों के अनुसार 13 तथा 14 नवम्बर, 2020 को सोलन के पुराना उपायुक्त कार्यालय चौक से पुराना बस अड्डा तक सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही एवं पार्किंग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। यह आदेश उक्त तिथियों को प्रातः 09.00 बजे से रात्रि 9.00 बजे तक लागू रहेंगे। आदेश रोगी वाहन, अग्निशमन वाहन, पुलिस तथा कानून एवं व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के लिए प्रयुक्त किए जा रहे वाहनों पर लागू नहीं होंगे। यह आदेश हाथ गाड़ी पर भी लागू नहीं होंगे। जिला दंडाधिकारी ने समादेशक गृह रक्षा तथा अग्निशमन अधिकारी सोलन को निर्देश दिए हैं कि दीपावली के त्यौहार के दृष्टिगत पूरी तैयारी रखें। जल शक्ति विभाग सोलन तथा नगर परिषद सोलन को निर्देश दिए गए हैं कि वे दीपावली के त्यौहार के दृष्टिगत अग्नि शामकों के लिए समुचित जलापूर्ति सुनिश्चित बनाएं।
हमीरपुर। चंबा जिला में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा कोरोना व कांग्रेस से मुक्ति वाली टिप्पणी पर प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं विधायक राजेंद्र राणा ने पलटवार करते हुए कहा है कि प्रदेश सरकार को इतनी ही फ़िक्र है तो जनता को उन जनहित से जुड़े मुद्दों से मुक्ति दिलाए, जिनसे जनता परेशान व हताश हैं। जारी प्रेस विज्ञप्ति में उन्होंने कहा कि सत्तासीन पार्टी द्वारा देश को कांग्रेस मुक्त करने का सपना कभी पूरा नहीं होगा। अगर सही मायने में मुक्ति दिलानी है तो सरकार द्वेष भावना से काम करना छोड़ दे। चुनावों में सरकार ई.वी.एम का सहारा लेना छोड़ दे, ताकि भाजपा को सच का आइना दिखे। उन्होंने कहा कि जिन देशों ने ई.वी.एम. से चुनाव करवाना शुरू किए थे, उन देशों ने भी ई.वी.एम. हैकिंग के मामलों के बाद पुरानी पद्धति बैलेट पेपर से चुनाव करवाने में ही बेहतरीन समझी है। इसलिए लोकतंत्र पर जनता का विश्वास कायम रखने के लिए सरकार ई.वी.एम. का सहारा छोड़कर पुरानी पद्धति अपनाए तो जमीन पर अपनी हैसियत का पता भी चल जाएगा। उन्होंने कहा कि जनसभाओं में बड़ी-बड़ी बातें करने वाले मुख्यमंत्री कांग्रेस की फिक्र करने की बजाय महंगाई, बेरोजगारी व भ्रष्टाचार से समाज को मुक्त करवाएं। बिगड़ी अर्थव्यवस्था से चौपट हुए व्यापार को पटरी पर लाएं। सड़कों की हालत ठीक करवाकर व अस्त-व्यस्त तथा चरमराए सरकारी सिस्टम को ही चुस्त-दुरुस्त कर दें तो इससे ही जनता सरकार को दुआएं देगी। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेताओं को सपने में भी कांग्रेस ही दिखती है तथा दिन-रात यही सोचते हैं कि कांग्रेस से कैसे छुटकारा मिले, ताकि अपनी मनमानी कर जनता को परेशान कर सकें, लेकिन ऐसा हरगिज नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ही ऐसी पार्टी है, जोकि आजादी से पहले और बाद में भी अब तक जनता के सुख-दुख की साथी है, जबकि भाजपा उन फसली बटेरों की तरह है जोकि सत्ता में आने के बाद जन विरोधी फैसले लेकर जनता को निराश करती है और फसल बटोरकर चलती बनती है। विधायक राजेंद्र राणा ने कहा कि भाजपा में वर्तमान में राष्ट्रीय स्तर पर वन मैन शो चल रहा है तथा बाकि केवल कठपुतलियां बनकर रह गए हैं, जिन्हें सही व ग़लत से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को सलाह दी कि कांग्रेस मुक्त प्रदेश के सपने देखने की बजाय अपनी पार्टी में धधक रहे ज्वालामुखी को शांत करवाएं।
आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद जिला शिमला और सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट शिमला द्वारा स्व सुनील उपाध्याय की पुण्यतिथि के अवसर पर रिज मैदान शिमला में रक्तदान शिविर एवं संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सुफल सूद, मुख्य वक्ता नितिन व्यास (SFD प्रांत प्रमुख), सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट के सचिव डॉ. सुरेंद्र शर्मा और शिमला नगर मंत्री रमन उपस्थित रहे। ट्रस्ट के सचिव डॉ सुरेन्द्र शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि COVID-19 महामारी के दौरान लॉकडाउन में सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट एवं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने जिला शिमला में 6 बार रक्तदान शिविर का आयोजन कर 300 यूनिट से अधिक रक्त इकट्ठा कर प्रदेश के सबसे बड़े हॉस्पिटल IGMC को दान किया। विद्यार्थी परिषद और सुनील उपाध्याय एजुकेशन ट्रस्ट हर वर्ष सुनील उपाध्याय जी की पुण्यतिथि पर रक्तदान शिविर का आयोजन करात आ रही है। उसी के तहत आज शिमला रिज मैदान में इस रक्त दान शिविर का आयोजन किया गया है। इसमें IGMC से आयी टीम ने 38 रक्त एकत्र किया। मुख्य अतिथि सुफल सूद ने बताया कि छात्र राजनीति में सुनील छात्र हितों को सर्वोपरि मानते थे और अपने संगठनात्मक एवं विद्यार्थी परिषद् के कार्य के दृढ़ीकरण एवं विस्तार हेतु सुनील अपने आराम एवं स्वास्थ्य की परवाह न करते हुए लगातार प्रवास एवं स्वास्थ्य की परवाह न करते हुए लगातार प्रवास एवं कठोर परिश्रम से हिमाचल प्रदेश में विद्यार्थी परिषद् को सशक्त बनाने हेतु कार्य करते रहे। अपनी इस जीवन शैली से उनके शारीरिक स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ने लगा और 1985 के पटना अधिवेशन के दौरान उनके मुंह से अचानक खून आ गया। डॉक्टरी जांच में पता चला कि सुनील के फेफड़े खराब हो चुके थे। उन्हें दिल्ली में अस्पताल में दाखिल किया गया, फिर देख - रेख की दृष्टि से दिल्ली से मुम्बई लाया गया। लगभग 8 मास तक जीवन-मृत्यु से लड़ते हुए 12 नवम्बर, 1985 को दिवाली के दिन सुनील का देहावसान हो गया। तब से लेकर सुनील की पुण्यतिथि को प्रदेश में विभिन्न स्थानों पर रक्तदान शिविरों का आयोजन कर उन्हें हर वर्ष श्रद्धांजली अर्पित की जाती हैं । मुख्य वक्ता डॉ. नितिन व्यास ने बताया कि सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट समय समय पर शैक्षणिक, सामाजिक कार्यों में हमेशा कार्यरत रहने वाली संस्था है। समय-समय पर निरन्तर कार्यक्रम कर जागरूकता का संदेश देता है। स्व सुनील उपाध्याय ने जम्मू कश्मीर से देवभूमि हिमाचल आकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की नींव रखी। 1975 में देश पर जब आपातकाल थोपा गया तो छात्रों एवं युवाओं में गुस्से का माहौल था। तब वे 10 वीं कक्षा में पढते थे उन्होंने इस काले कानून के विरुद्ध सत्याग्रह करने का निर्णय लिया था। जिला संयोजक सचिन ने जानकारी देते हुए बताया कि इस रक्तदान शिविर में स्थानीय लोगों और दूर दराज से शिमला घुमने आए पर्यटकों ने भी रक्तदान किया। इस वैश्विक महामारी में रक्तदान करना, और जरूरतमंदों को रक्त देना पुण्य का कार्य है। रक्तदान करना नया जीवन देने के समान है। इस कार्यक्रम में आलोक पाण्डेय जी अभाविप शोध कार्य प्रमुख, प्रान्त मंत्री राहुल राणा, आशीष राष्ट्रीय सोशल मीडिया सह संयोजक और नशा निवारण बोर्ड के चेयरमैन ओ पी शर्मा भी मौजूद रहे।
भारतीय जनता पार्टी के कानून व विधि प्रकोष्ठ के मंडल अर्की के संयोजक अधिवक्ता चंद्रमणि ठाकुर ने अपनी कार्यकारिणी का मंडल स्तर पर गठन किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि भाजपा प्रदेश जिला व मंडल संगठन ने उन्हें जो दायित्व सौंपा है उसका भी कर्मठता से निर्वहन करेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी नियुक्ति के लिए वे प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुरेश कश्यप और भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल, पूर्व विधायक गोविंदराम शर्मा, जिला भाजपा कानून व विधि प्रकोष्ठ के संयोजक अधिराज ठाकुर, अर्की भाजपा मंडलाध्यक्ष डीके उपाध्याय विशेष आभार प्रकट करते है। ठाकुर ने अपनी कार्यकारिणी का विस्तार करते हुए अधिवक्ता अजय सिंह कौशल को सह - संयोजक की जिम्मेवारी सौंपी और अधिवक्ता भूपेंद्र किशोर शर्मा, हंसराज भाटिया, गोपाल दास ठाकुर, सुनील ठाकुर, अनूप चौहान, तिलकराज शर्मा, कमल ठाकुर और पार्वती देवी को कार्यकारिणी सदस्य नियुक्त किया।
ग्राम पंचायत बैरल के गांव सिहारली के लोगों का एक प्रतिनिधिमंडल सिहारली पेयजल योजना का पानी लेने बारे पंचायत प्रधान बैरल से मिला। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने ग्राम पंचायत प्रधान बैरल श्याम लाल शांडिल को एक ज्ञापन भी सौपा। ज्ञापन के माध्यम से कहा है कि गांव सिहारली (दर्श) में पिछले कई वर्षों से पानी नहीं आ रहा है, जिसमें ग्रामीणों को पेयजल की भारी समस्या का सामना करना पड़ता है। सिहारली में जो लिफ़ट लगी है, उससे गांव से सिहारली तक तो पानी जा रहा है, लेकिन सात से आठ परिवार गांव से सिहारली से ऊपर दर्श में रहते हैं, वहां पर पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। अगर सिहारली लिफ्ट का पानी वहां से उठाकर गांव में पानी का टैंक बनवाकर उठाया जाए, तो वहां पर पानी की आपूर्ति संभव है। गांव वासियों ने पंचायत प्रधान से आग्रह किया कि वह विभाग से इस बारे पत्र लिखे व वहां पर एक टैंक बनवा कर व पानी उठाकर वहां रह रहे 7 परिवारों को पानी मुहैया कराएं ताकि जो पेयजल की समस्या आ रही है उससे लोगों को निजात मिल सके। इस दौरान गांव सिहारली की पंचायत सदस्य चंद्रा कुमारी, प्रेम लाल, हंसराज सहित अन्य लोगों मौजूद रहे। जब इस बारे पंचायत प्रधान श्याम लाल शांडिल से बात की गई तो उन्होंने कहा कि पंचायत द्वारा मासिक बैठक में विभाग को लिफ्ट से पानी उठाकर दर्श गांव तक पहुँचाने के लिए प्रस्ताव पारित कर दिया है ताकि गांव सिहारली (दर्श) के लोगों की पेयजल समस्या का हल हो सके।
दीपावली से दो दिन पूर्व धनतेरस को लेकर बाजारों में लोगों ने जमकर खरीदारी की। उपमंडल के दाड़लाघाट, दाड़लामोड़, कराडाघाट, पीपलूघाट, भराड़ीघाट व धुंधन के बाज़ारो में लोग सामान की खरीदारी करते हुए देखे गए। सबसे ज्यादा लोगों की भीड़ ज्वेलर्स व बर्तन भंडारों की दुकानों में रही। धनतेरस के दिन आभूषणों सहित बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है। खरीददारी करने पहुंचे योगेश उमेश, निशांत पूर्वी भाविका जस्सू दुशान्त सुनील देवेंद्र उदित दीपांशु का कहना है कि धनतेरस के दिन मां लक्ष्मी और गणेश जी की मूर्ति खरीदना शुभ माना जाता है। इस दिन लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति खरीदें और दीपावली के दिन इसी का पूजन करें। वहीं धनतेरस के दिन सोने व चांदी की वस्तुएं खरीदना शुभ माना जाता है। इस दिन महिलाऐं सोने-चांदी के आभूषण खरीदती हैं लेकिन यदि आपकी जेब अनुमति ना दे तो आप सोने या चांदी का सिक्का भी खरीद सकते हैं। इस दिन धातु के बर्तन खरीदना बेहद शुभ माना जाता है। विशेषकर चांदी और पीतल को भगवान धन्वंतरी का मुख्य धातु माना जाता है। धनतेरस के दिन चांदी या पीतल के बर्तन खरीदने चाहिए।


















































