राजकीय उच्च माध्यमिक पाठशाला खुंडियां की एसएमसी कमेटी का चयन प्रिंसिपल कमलेश कुमार की देख-रेख मे हुआ । जिस में खुंडियां के कपिल वालिया को सर्व सम्मति से अध्यक्ष चुना गया साथ में 12 सदस्यों को कमेटी मेंबर्स भी चुना गया। पिछली कमेटी को भंग कर दिया गया, कविता देवी, रंजना शर्मा, दीक्षा राणा, पूजा देवी, वीना कुमारी, कुसम, मोनिका मनु,अंसना देवी,कमलेश कुमारी, कृष्णा सिंपल देवी, बतौर सदस्य चुना। यह स्कूल प्रबन्धन कमेटी अगले तीन साल के लिए चुनी गई, इस कमेटी की देख-रेख में स्कूल के विकासात्मक कार्यों को अमलीजामा पहुंचाया जायेगा।
बरसात से पहले कूहलों तथा नालियों की मिशन मोड में करें साफ-सफाई: डीसी विकास खंड अधिकारियों को जल निकासी के लिए कारगर कदम उठाने के निर्देश सभी विभागों में आपदा प्रबंधन को लेकर नोडल अधिकारी करें नियुक्त उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि कांगड़ा जिला में मानसून आरंभ होने से पहले कूहलों तथा नालियों की साफ सफाई का कार्य मिशन मोड में करने तथा विकास खंड अधिकारियों को सभी पंचायतों में जल निकासी के लिए कारगर कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं ताकि बारिश का पानी कहीं भी रूक न सके। इसके साथ ही लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को भू-स्खलन को लेकर संवेदनशील सड़कों एवं अन्य जगहों की सूची पहले से तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। भू-स्खलन इत्यादि से होने वाले नुक्सान को कम करने की दिशा में कारगर कदम उठाए जाएं इसके साथ ही लोक निर्माण विभाग, आईपीएच तथा विद्युत विभाग को आपदा प्रबंधन की दृष्टि से जेसीबी मशीनें और आवश्यक उपकरण भी पहले से तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं। उपायुक्त ने कहा कि मौसम के पूर्वानुमान की जानकारी नियमित तौर पर लोगों तक पहुंचाने के लिए भी उपयुक्त कदम उठाए जाएंगे ताकि आम जनमानस पहले से ही मौसम को लेकर पहले से अलर्ट रहें। उन्होंने कहा कि आपदा के दौरान राहत कार्यों में किसी भी स्तर पर बिलंब नहीं किया जाए। उन्होंने कहा कि जिला स्तर तथा उपमंडल स्तर पर आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम खोलने के लिए दिशा-निर्देश भी दे दिए गया हैं ताकि आपदा से त्वरित प्रभाव से निपटा जा सके। इसके अतिरिक्त सभी विभागों को मानसून के सीजन के दौरान आपदा प्रबंधन से जुड़े कार्यों के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त करने निर्देश भी दिए गए हैं ताकि आपदा प्रबंधन का कार्य सुचारू रूप से सके। उन्होंने कहा कि सभी उपमंडलाधिकारियों को पंचायत प्रतिनिधियों तथा वालंटियर्स के साथ आपदा प्रबंधन को लेकर आवश्यक बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्य सरकार के प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि प्रदेश में सूखे की स्थिति के मद्देनज़र लोगों को पेयजल के साथ-साथ अन्य दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में प्राकृतिक स्त्रोतों में पेयजल की कमी, पेयजल आपूर्ति, पेयजल वितरण व पेयजल योजनाओं को हुए नुकसान की शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। इस गंभीर स्थिति से निपटने और लोगों को पर्याप्त पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि हालात सामान्य होने तक जल शक्ति विभाग के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। विभाग द्वारा सख्त दिशा-निर्देश जारी करते हुए कहा गया है कि सभी अधिकारी और कर्मचारी अपने कार्यालयों में उपस्थित रहेंगे। यदि कोई अधिकारी, कर्मचारी छुट्टी पर है तो वह तुरंत अपने तैनाती कार्यालय में रिपोर्ट करें। उन्होंने कहा कि विभाग के प्रमुख अभियंता, मुख्य अभियंता और अधीक्षण अभियंताओं को पेयजल आपूर्ति की कमी से संबंधित समस्याओं का जल्द से जल्द समाधान करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रवक्ता ने कहा कि राज्य की जनता को पर्याप्त पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्तर पर कदम उठाने के निर्देश जारी किए गए हैं।
हिमाचल प्रदेश उपचुनाव के लिए कांग्रेस ने दो विधानसभा सीटों पर उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया है। हिमाचल की हमीरपुर सीट के लिए कांग्रेस ने पुष्पेंद्र वर्मा को टिकट दिया है तो वहीं नालागढ़ के लिए हरदीप सिंह बावा को कैंडिडेट बनाया है। फिलहाल, देहरा विधानसभा के लिए कांग्रेस ने अभी प्रत्याशी के नाम की घोषणा नहीं की है। हमीरपुर विधानसभा सीट से प्रत्याशी डॉ. पुष्पेंद्र वर्मा विधानसभा 2022 के चुनाव में कांग्रेस पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं। त्रिकोणीय मुकाबले में वह दूसरे नंबर पर रहे थे, जबकि भाजपा के प्रत्याशी तीसरे नंबर पर। उस वक़्त इंडिपेंडेंट कैंडिडेट आशीष शर्मा ने जीत हासिल की थी। अब इस बार दूसरी बार पुष्पेंदर वर्मा और आशीष शर्मा आमने सामने है। उधर, नालागढ़ सीट से हरदीप सिंह बावा भी पहले कांग्रेस टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं। 2022 के आम चुनावों में कांग्रेस की ओर से हरदीप सिंह बावा कांग्रेस, लखविंद्र राणा बीजेपी और केएल ठाकुर ने आजाद प्रत्याशी के तौर पर लड़ा था।
गर्मी से झुलस रहे हिमाचल के लिए बड़ी खुशखबरी है। अगर मौसम विभाग का पूर्वानुमान सही रहा तो हिमाचल में 18 जून से मौसम बदलना शुरू हो जाएगा। मौसम के करवट बदलते ही 19 से 21 जून के बीच हिमाचल के कई हिस्से राहत की रिमझिम से रू-ब-रू होंगे। मौसम विभाग की मानें तो 19 जून से हिमाचल में प्री मानसून की बारिश शुरू हो जाएगी और उसके बाद 21 जून तक इसका असर रहेगा। फिर 22 जून को ड्राई मौसम का अनुमान है, जबकि इसके बाद फिर मानसून शुरू हो जाएगा। मौसम में संभावित परिवर्तन की बावजूद 17 और 18 जून को भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में हीटवेव का असर देखने को मिलेगा। इस दौरान अधिकतम तापमान 40 डिग्री के आसपास रह सकता है। पिछले 24 घंटे में भी मौसम विभाग के अनुसार राज्य के सिरमौर और मंडी में गंभीर हीट वेव देखने को मिली है, जबकि ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, शिमला, सोलन, कांगड़ा और कुल्लू में भी गर्मी का असर देखा गया है। यदि तापमान की बात करें तो सबसे ज्यादा तापमान कांगड़ा के देहरा गोपीपुर में 40 डिग्री दर्ज किया गया है, जबकि सबसे कम लाहुल -स्पीति के कुकुमसेरी में 7.2 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया है। पिछले 24 घंटे में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में कोई अंतर नहीं आया है। मौसम विभाग के अनुसार एक नया पश्चिम विक्षोभ तैयार हो रहा है, जिसका असर दो दिन के बाद से देखने को मिलेगा।
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री की बेटी आस्था अग्निहोत्री ने शनिवार को हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में सहायक आचार्य का पदभार संभाला। विवि के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ लीगल स्टडीज यूआईएलए में आस्था की सहायक आचार्य के पद पर नियुक्ति हुई है। बीते शुक्रवार को हुई कार्यकारिणी परिषद की बैठक में विधि विभाग के दो, मैनेजमेंट के तीन, सहायक आचार्य पदों के लिफाफे खोले गए थे। इसमें उपमुख्यमंत्री की बेटी आस्था अग्निहोत्री भी शामिल थीं। शनिवार को पदभार संभालने के बाद डा. आस्था अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से इसकी जानकारी सांझा की।
**योजनाओं की समयबद्ध समीक्षा और समुचित निगरानी के निर्देश दिए कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार ने बीते रोज़ कृषि विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। कृषि मंत्री ने विभागीय गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कहा कि किसानों को लाभान्वित करने के लिए अधिकारियों को फील्ड स्तर पर जाकर कार्य सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी फील्ड में जाकर किसानों की समस्याएं सुनें और उनका निराकरण करने के लिए हर सम्भव प्रयास करें। उन्होंने कृषि क्षेत्र में नवाचारों को शामिल करने पर विशेष अधिमान देते हुए कहा कि वे नए सुझावों और वैज्ञानिक पद्धति पर आधारित कार्यशैली अपनाएं। उन्होंने भू-संरक्षण और सिंचाई योजनाओं के कार्यान्वयन पर भी विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में कृषि को प्रोत्साहन प्रदान करने के लिए प्रदेश सरकार अनेक योजनाएं कार्यान्वित कर रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे सरकार की योजनाओं का लाभ किसानों तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत रहें। कृषि क्षेत्र में सुदृढ़ होने से प्रदेश की आर्थिकी को संबल मिलेगा, साथ ही मुख्यमंत्री की आत्मनिर्भर हिमाचल की परिकल्पना को साकार करने में भी मदद मिलेगी। प्रो. चन्द्र कुमार ने आपसी समन्वय से कार्य करने तथा नई योजनाओं के बारे में सुझाव देने को भी कहा। उन्होंने योजनाओं की प्रगति की समयबद्ध समीक्षा करने और उनकी निरंतर निगरानी करने के निर्देश भी दिए। कृषि निदेशक कुमुद सिंह ने विभागीय गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा प्रदेश सरकार की योजनाओं के सफल कार्यान्वयन के लिए समयबद्ध कार्य किया जा रहा है। इस अवसर पर अधिकारियों ने विभिन्न सुझाव दिए। बैठक में विभाग के सभी अधिकारी उपस्थित थे।
जयसिंहपुर: कंवर दुर्गा चन्द राजकीय महाविद्यालय जयसिंहपुर में शैक्षणिक सत्र 2024–25 की प्रवेश प्रक्रिया 03 जून 2024 से शुरू हो चुकी है, जिसमें बीसीए और पीजीडीसीए सेल्फ फाइनेंस कोर्सेस की भी प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। यह कोर्सेस महाविद्यालय में कैबिनेट मंत्री ई. यादवेंद्र गोमा के सौजन्य व उनके अथक प्रयासों से इस सत्र से ही शुरू किए जा रहे है। प्राचार्य प्रो. उपेन्द्र शर्मा व महाविद्यालय के समस्त प्रध्यापकवर्ग ने आयुष एवं खेल कानून मंत्री यादविंदर गोमा के इस योगदान के लिए उनका धन्यवाद किया और बताया कि इन कोर्सेस से यहां के छात्रों को इसका लाभ होगा। छात्रों को अब इन व्यावसायिक प्रशिक्षण के लिए दूर के महाविद्यालयों में शिक्षा ग्रहण करने के लिए नहीं जाना पड़ेगा जो इस क्षेत्र के लिए अपने आप में एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। महाविद्यालय के प्राचार्य ने इन कोर्सेस को सुचारू रूप से चलाने के लिए एक जागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान के अंतर्गत सभी शिक्षकों ने सरकारी व निजी स्कूलों में जाकर छात्रों को इन कोर्सेस के बारे में विस्तृत जानकारी दी, तथा उनको इन कोर्सेस से होने वाले लाभ व भविष्य से जुड़े विभिन्न अवसरों के बारे में भी अवगत करवाया। महाविद्यालय के सभी शिक्षकों ने चार टीमें बनाकर चौदह स्कूलों का दौरा किया, जिनमें संधोल से लेकर कोटलू, कोसरी और दगोह तक के विद्यालय शामिल रहे। प्राचार्य प्रो.उपेन्द्र शर्मा ने सभी शिक्षकों का उत्साहवर्धन किया व सफल दौरे के लिए उनको बधाई दी।
धर्मशाला: उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि वन हमारी अमूल्य सम्पदा है जिसकी सुरक्षा करना हमारा कर्त्व्य है। वनों में लगने वाली आग पर नियंत्रण पाने के लिए जन सहभागिता और लोगों को जागरूक करना अत्यन्त आवश्यक है। उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों को वनों में आग लगने पर उसे बुझाने में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने आग्रह किया कि जंगल में धुंआ या आग की जानकारी मिलने पर निकटतम वन विभाग कार्यालय या आपातकालीन सेवाओं के टोल-फ्री नम्बर-1077 सूचना अवश्य दें। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने वन विभाग के अधिकारियों के साथ वर्चुअल माध्यम से वनों की आग की घटनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि आमजन को वनों की आग पर काबू पाने के लिए वन विभाग के अधिकारियों और अग्निशमन के प्रयासों में सहयोग करना चाहिए। उन्होंने लोगों से अवैध रूप से जंगल में आग लगाने वाले असामाजिक तत्वों के बारे में जानकारी हिमाचल प्रदेश वन विभाग और कानून प्रवर्तन एंजेंसी को देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आग लगने के कारण बनने वाली गतिविधियों जैसे वन क्षेत्रों में कैंप फायर, आतिशबाजी तथा किसी भी तरह से भी झाड़ियां इत्यादि हटाने के लिए आग इत्यादि नहीं लगाएं।
थाना देहरा की संसारपुर टैरस के अंतर्गत बैटरियों की फैक्टरी में सिक्का चोरी के आरोप में पुलिस ने दो आरोपियों पर मामला दर्ज कर उन्हें हिरासत में ले लिया है। वीरवार रात को फैक्टरी में करीब एक लाख का सिक्का चोरी के आरोपी फैक्टरी में ही काम करते थे। दोनों आरोपी हर्ष कुमार सुपुत्र रमेश कुमार निवासी हलेड़ पंजाब व गुरेन्द्र सिंह सुपुत्र बलविंदर सिंह निवासी रजवाल पंजाब, बैटरी फैक्टरी में रात की शिफ्ट में काम करते थे। वहीं उन्होंने रात को ही चोरी को अंजाम दिया। कैमरे में कैद हुए दोनों आरोपियों की संसारपुर टैरस चौकी इंचार्ज एस.आई संजय शर्मा व पुलिस टीम ने शिनाख्त कर दोनों को हिरासत में लेकर उनपर मामला दर्ज कर लिया। वहीं शनिवार को दोनों आरोपियों को पुलिस द्वारा कोर्ट में पेश किया गया। डीएसपी देहरा अनिल कुमार ने मामले की पुष्टि की है व कहा कि आरोपियों को चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।
**धर्मशाला के चेतडू में बाढ़ में फंसे लोगों को बचाया **कांगड़ा जिले में माॅक ड्रिल से बाढ़-भूस्खलन से निपटने की तैयारी का आकलन कांगड़ा जिला में आपदा से बचाव के लिए जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा तैयार आपदा प्रबंधन प्लान को धरातल पर परखने के लिए मॉक ड्रिल आयोजित की गई। शुक्रवार को प्रातः नौ बजे मॉक ड्रिल अलर्ट मिलते ही आपदा प्रबंधन से संबंधित सभी दल पुलिस ग्राउंड स्टैजिंग एरिया में डट गए। जिला प्रशासन ने पूरी माॅक ड्रिल को वास्तविक घटना की तरह लेकर ही अपनी प्रतिक्रिया की। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने मॉक ड्रिल के पश्चात प्रेस वार्ता में कहा कि ने इस मॉक ड्रिल का मकसद आपदा के समय में जिला प्रशासन की आपातकालीन प्रतिक्रिया योजना और मानक संचालन प्रक्रियाओं का मूल्यांकन करना था। इसमें प्रतिक्रिया में लगने वाले समय, समन्वय में गैप समेत अन्य कमियों को जांचा गया, साथ ही फील्ड में आने वाली व्यावहारिक समस्याओं की पहचान की गई। इससे प्राप्त सीख और अनुभव के आधार पर आगे सुधारात्मक कदम उठा कर आपदा प्रबंधन योजना को और कारगर बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि बरसात का मौसम आने को है और इसमें सम्भावित भारी बारिश, बाढ़, बादल फटना, भूस्खलन और नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी से आपदा की स्थिति बनती है। ऐसे में जन सुरक्षा तय बनाने और आपदा से होने वाले संभावित नुकसान को कम करने के लिए अधिकारियों को आपदा प्रबंधन की दृष्टि से अपने दायित्वों की जानकारी, विभागों की आवश्यक पूर्व तैयारी और मुस्तैदी बहुत आवश्यक है। इसमें यह माॅक ड्रिल बहुत सहायक रही। अधिकारियों की आपदा प्रबंधन को लेकर क्षमता विकास में भी यह अभ्यास मददगार है। इस पूरे घटनाक्रम में आपदा प्रबंधन योजना, रेस्क्यू आॅपरेशन, आपात संचार प्रणाली, विभागीय तालमेल, आधुनिक तकनीकी का इस्तेमाल, संसाधन मैपिंग, रास्ते बहाल करने को मशीनरी का प्रयोग, स्वास्थ्य व्यवस्था, घायलों को मौके पर मेडिकल सहायता देने, एंबुलेंस से घायलों को अस्पताल ले जाने, प्रभावितों को राहत शिविरों में पहुंचाने, राशन एवं पेयजल वितरण व्यवस्था देखने, स्थानीय स्तर पर जन सहयोग समेत स्थिति को सामान्य बनाने से जुड़े आपदा प्रबंधन के हर पहलू पर गौर करने के साथ सभी उपायों को परखा गया। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने बताया कि कांगड़ा जिला के सभी उपमंडलों में भी बाढ़ तथा भूस्खलन को लेकर मॉक ड्रिल आयोजित की गई है।
मिनर्वा कॉलेज ऑफ़ एजुकेशन इंदौरा में इवेवैक्युएशन ड्रिल कम हेड काउंट एक्सरसाइज का आयोजन किया गया। यह आयोजन कॉलेज की सी सी ए कमेटी औरआईक्यूएसी के सौजन्य से करवाया गया। इस कार्यक्रम में बी.एड के द्वितीय व चतुर्थ सत्र के विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़ कर भाग लिया। इसमें छात्रों को आपातकालीन निकास योजना, निकासी मार्गों आपातकाल के दौरान क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए, इसके बारे में जागरूक किया गया। सभी छात्रों को मॉक ड्रिल का उद्देश्य भी समझाया गया कि कैसे अप्रत्यशित आपत्ति स्थितियों में निपटने और उनके लिए तैयार रहने में मदद करता है। छात्रों ने आग ,भूकंप और बाढ़ के लिए कौन सी सावधानियां अपनानी चाहिए, उनको नाटकीय प्रतिक्रिया में समझा। इस कार्यक्रम में छात्रों के साथ -साथ सभी अध्यापक वर्ग भी वहां उपस्थित रहे।
देहरा विधानसभा उपचुनाव-2024 के दृष्टिगत जिला स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित कर दिया गया है इसके साथ ही निष्पक्ष तथा शांतिपूर्वक निर्वाचन के लिए विभिन्न स्तरों पर कमेटियां भी गठित कर दी गई हैं। यह जानकारी जिला निर्वाचन अधिकारी, उपायुक्त हेमराज बैरवा ने वीरवार को उपायुक्त कार्यालय परिसर के सभागार में निर्वाचन के लिए गठित कमेटियों के नोडल अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के निर्देशानुसार सुरक्षा व्यवस्था के भी पुख्ता प्रबंध किए गए है। उन्होंने कहा कि व्यय निगरानी समिति राजनीतिक दलों तथा प्रत्याशियों के चुनाव प्रचार व्यय की पूरी तरह से निगरानी करेगी जबकि आदर्श आचार संहिता की अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए एमसीसी कमेटी का गठन किया गया है। जिला निर्वाचन अधिकारी हेमराज बैरवा ने कहा कि सभी राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों द्वारा चुनाव विज्ञापन के प्रमाणीकरण के लिए जिला स्तरीय मीडिया प्रमाणन निगरानी समिति (एमसीएमसी) का गठन किया गया है। उन्होंने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल को समाचार पत्रों, संचार माध्यम इंटरनेट में कोई भी विज्ञापन देने से पहले जिला स्तरीय मीडिया प्रमाणन निगरानी समिति की अनुमति लेना अनिवार्य होगा। उपायुक्त ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया को निष्पक्ष तथा शांतिपूर्वक तरीके से संपन्न करवाने के लिए सभी नोडल अधिकारियों को नियमित तौर को चुनाव आयोग द्वारा निर्धारित प्रपत्र पर रिपोर्ट भी प्रेषित करने के आदेश दिए गए हैं। इससे पहले तहसीलदार निर्वाचन संजय राठौर ने लोकसभा निर्वाचन के लिए चुनाव आयोग के दिशा निर्देशों के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। उन्होंने कहा कि आबकारी विभाग को शराब इत्यादि की बिक्री तथा अवैध तौर पर शराब जब्त करने की प्रतिदिन रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है इसके साथ ही नाकों पर सुचारू चेकिंग भी करने के लिए कहा गया है। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त सौरभ जस्सल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वीर बहादुर तथा एडीएम डा हरीश गज्जू सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
उपायुक्त हेमराज बैरवा ने बताया कि कांगड़ा जिला के सभी उपमंडलों में 14 जून को मेगा माॅक ड्रिल आयोजित की जाएगी माॅक ड्रिल के दौरान राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से तैनात पर्यवेक्षक भी उपस्थित रहेंगे तथा माॅक ड्रिल की कर्मियों को लेकर रिपोर्ट भी प्रेषित करेंगे ताकि भविष्य में तैयारियां बेहतर हो सकें। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने बताया कि सभी विद्यालयों में भी निकासी अभ्यास किया जाएगा। उन्होंने बताया कि माॅक ड्रिल को लेकर 12 जून को टेबल टाॅप अभ्यास भी किया गया है ताकि आपदा प्रबंधन की दृष्टि से सभी विभागों में आपसी समन्वय स्थापित हो सके। उन्होंने कहा कि आपदा के दौरान प्रभावित क्षेत्रों में राहत बचाव कार्य प्रभावी तरीके से पूरा करने के लिए विभागों में आपसी तालमेल जरूरी है। इस तालमेल की परख 14 जून को मॉक ड्रिल में की जाएगी। इससे जिला में आपदा प्रबंधन की तैयारियों व क्षमताओं का गहन आकलन एवं विश्लेषण होगा और आपदा प्रबंधन योजना को और पुख्ता बनाने में मदद मिलेगी। उपायुक्त ने इस दौरान आम जनता से अपील की है कि वे इस मॉक ड्रिल के दौरान किसी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और भयभीत न हों। यह ड्रिल उनकी सुरक्षा के लिए आपदा प्रबंधन क्षमताओं को बेहतर बनाने के लिए आयोजित की जा रही है।
आगामी विधानसभा उपचुनाव के दौरान देहरा निर्वाचन क्षेत्र के 85 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्ग मतदाता और 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांग मतदाता अब घर से भी अपना वोट डाल सकते हैं। रिटर्निंग ऑफिसर तथा एसडीएम देहरा शिल्पी बेक्टा ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार आगामी विधानसभा उपचुनाव के दौरान बुजुर्ग और दिव्यांग वोटर्स के लिए मतदान प्रक्रिया को सरल और सुलभ बनाने के लिए विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसी के चलते बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं के लिए घर से वोट डालने का विकल्प दिया जा रहा है। रिटर्निंग अधिकारी ने बताया कि देहरा निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची में 85 वर्ष से अधिक आयु के 1487 बुजुर्ग मतदाता हैं। वहीं दिव्यांग मतदाताओं की संख्या 554 है। उन्होंने बताया कि यह सभी मतदाता अपने घर द्वार से वोट डालने का विकल्प चुन सकते हैं। एसडीएम ने बताया कि होम वोटिंग का विकल्प चुनने के लिए पात्र मतदाताओं को फॉर्म 12-डी भरना होगा। फॉर्म 12-डी के लिए मतदाता अपने स्थानीय बीएलओ से संपर्क कर सकते हैं। एक बार फॉर्म 12-डी भरने और उनका नाम मतदाता सूची में मार्क होने के बाद वे केवल घर से ही मतदान कर सकेंगे। यदि कोई दिव्यांग मतदाता फॉर्म 12-डी भरने के बजाय स्वयं मतदान केंद्रों पर जाकर मतदान करना चाहेंगे तो मतदान केंद्रों पर भी उनके लिए विशेष प्रबंध किए जाएंगे। एसडीएम ने बताया कि दिव्यांग मतदाताओं की तरह ही 85 वर्ष से अधिक आयु के सभी बुजुर्ग मतदाताओं के लिए भी यही व्यवस्था रहेगी। शिल्पी ने बताया कि दिव्यांग मतदाताओं की सुविधा के लिए निर्वाचन आयोग ने ‘सक्षम ईसीआई ऐप’ भी लांच किया है। इस ऐप के माध्यम से दिव्यांग मतदाता विभिन्न सुविधाओं की मांग कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि मतदान केंद्रों पर दिव्यांग मतदाताओं की मदद के लिए एनसीसी, एनएसएस, स्काउट एंड गाइड्स और अन्य संस्थाओं के वालंटियर्स भी मौजूद रहेंगे।
राजकीय महाविद्यालय ढलियारा में नेक कलस्टर की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई, जिसमे क्लस्टर के पाँचों कालेजों के नेक सदस्यों ने हिस्सा लिया। इस बैठक में देहरा कालेज, नगरोटा सुरियाँ कालेज, डाडा सीबा कालेज, कोटला बेहड और हरिपुर कालेज के सदस्य शामिल थे। इस बैठक में डॉ आर.एस. गिल ने नए एवं पुराने ए.क्यू.ए.आर के बारे में विस्तृत चर्चा की और कैसे इस पर काम करना है इसके बारे में दिशा निर्देश दिए। इस बैठक में उन्होंने बताया यदि कोई भी गतिविधि कालेज द्वारा आयोजित की जाती है तो उसकी फीडबेक लेना आवश्यक है और उक्त फीडबैक का विश्लेष्ण कर उपयुक्त कार्यवाही अम्ल में लाना अनिवार्य है। इस बैठक में प्रो सुशिल भारद्वाज, प्रो गुलशन धीमान, प्रो विनीत, प्रो विकास, ओंकार चंद भाटिया, अमित कौशल इत्यादि समस्त कालेजों के सदस्य उपस्थित रहे।
जिला मुख्यालय धर्मशाला के कोतवाली बाजार ओल्ड चड़ी रोड़ में स्थित निजी स्कूल डिवाईन पब्लिक स्कूल में बुधवार शाम को अचानक आग भड़क गई। गनीमत यह रही कि स्कूल भवन में शाम के समय आग भड़की, ऐसे में स्कूली बच्चे, शिक्षक व स्टाफ कोई भी मौजूद नहीं था। स्कूल की छत लकड़ी सहित स्लेटपोश है, इसके चलते देखते ही देखते आग ने भयानक रूप इख्तियार करते हुए स्कूल भवन व डेस्क, फर्नीचर सहित अन्य सामग्री का काफी नुकसान हुआ है। इस बीच दमकल विभाग धर्मशाला ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। इसके बाद देर शाम आठ बजे के करीब आग पर काबू पाया गया। इस दौरान स्कूल भवन को काफी अधिक नुकसान हुआ है। वहीं, अब तक आग लगने के कारणों का पता नहीं लग पाया है, जिसे लेकर संबंधित विभागों की ओर जांच पड़ताल की जा रही है। उधर, अग्रिशन विभाग धर्मशाला के फायर ऑफ्सिर डीएस भाटिया ने बताया कि कोतवाली ओल्ड चड़ी रोड़ में स्कूल भवन में आग लगी थी। इस दौरान स्कूल भवन व सामग्री को काफी नुकसान हुआ है, उसका आंकलन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया है, और बहुत अधिक नुकसान होने से बचा लिया गया है।
एसआईएस कंपनी ने युवाओं के लिए सिक्योरिटी गार्ड के 150 पद अधिसूचित किए हैं। इच्छुक आवेदक अपने मूल शैक्षणिक और अन्य प्रमाणपत्रों के साथ पासपोर्ट साइज के दो फोटोग्राफ सहित उप रोजगार कार्यालय थुनाग में 15 जून को सुबह 10:30 बजे से नियोक्ता के समक्ष साक्षात्कार में शामिल हो सकते हैं। रोजगार की तलाश कर रहे बेरोजगार युवाओं के लिए नौकरी का सुनहरा मौका है। इस बारे जानकारी देते हुए मोहन सिंह, प्रभारी उप-रोजगार कार्यालय थुनाग ने बताया कि सिक्योरिटी गार्ड के इन पदों के लिए इच्छुक आवेदक निर्धारित तिथि व स्थान पर उपस्थित होकर साक्षात्कार में भाग ले सकते हैं। सिक्योरिटी गार्ड के इन पदों के लिए न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता दसवीं रखी गई है। आवेदक की न्यूनतम लम्बाई 168cm वजन 55 किलोग्राम एवं आयु 19 से 40 वर्ष निर्धारित की गई है। चयनित होने के उपरांत आवेदक को रोजाना 8 घंटे ड्यूटी के लिए प्रतिमाह 15 से 16 हजार रुपये वेतन दिया जाएगा, जबकि 12 घण्टे के लिए प्रतिमाह 17 से 22 हज़ार रुपये वेतन दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इच्छुक आवेदक अपने मूल शैक्षणिक और अन्य प्रमाणपत्रों के साथ पासपोर्ट साइज के दो फोटोग्राफ सहित उप रोजगार कार्यालय थुनाग में 15 जून को सुबह 10:30 बजे से नियोक्ता के समक्ष साक्षात्कार में शामिल हो सकते हैं। इच्छुक आवेदक ऑनलाइन माध्यम से https://eemis.hp.nic.in पर जाकर Candidate Login से भी आवेदन कर सकते हैं। साक्षात्कार में भाग लेने पर किसी भी प्रकार का दैनिक और यात्रा भता नहीं दिया जाएगा।
देहरा, 12 जून। भारतीय निर्वाचन आयोग द्वारा देहरा विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव की घोषण के बाद प्रशासन ने चुनावी प्रक्रिया को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। रिटर्निंग ऑफिर देहरा निर्वाचन क्षेत्र शिल्पी बेक्टा ने बताया कि चुनावी प्रक्रिया के दौरान वोटर्स को प्रभावित करने के लिए धनराशि, शराब या अन्य किसी प्रकार की वस्तु का वितरण को रिश्वत माना जाता है और भारतीय दंड संहिता के अनुसार यह दंडनीय अपराध है। उन्होंने बताया कि इस दौरान नकद, शराब और अन्य चीजों के वितरण पर नजर रखने के लिए उड़न दस्तों का गठन किया गया है। उन्होंने समस्त नागरिकों से अनुरोध किया कि वे निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की रिश्वत लेने व देने से बचें। बकौल शिल्पी बेक्टा, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव करवाने के लिए चुनाव आयोग द्वारा सभी जरूरी व्यवस्थाएं की जा रही हैं, इसमें समाज का सहयोग भी उतना ही आवश्यक है। बिना प्रमाण का कैश होगा जब्त शिल्पी ने बताया कि आचार संहिता के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी ले जाने के लिए उसका वैध प्रमाण अवश्य साथ रखें। इस दौरान नकदी का स्रोत, पैन कार्ड, व्यवसाय का पंजीकरण प्रमाण पत्र, बैंक स्टेटमेंट, कैश बुक, आदि साथ रखना जरूरी है। उन्होंने बताया कि बिना वैध प्रमाण के 50 हजार से अधिक कैश और अन्य आपत्तिजनक सामान को गाड़ी में रखना और साथ ले जाने पर जब्त कर लेने का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि यदि किसी के जब्त कैश या अन्य सामान का सही प्रमाण उसके पास है, तो वे उसे छुड़वाने के लिए 9418454054 पर संपर्क कर सकता है।
आज दिनांक 12/06/2024 को राजकीय महाविद्यालय खुंडिया में शिक्षक-अभिभावक संघ की बैठक महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ अमरजीत लाल की अध्यक्षता में हुई जिसमें शिक्षक-अभिभावक संघ प्रधान व स्थानीय पंचायत के प्रधान श्री प्रताप सिंह व अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। इस बैठक का मुख्य आयोजन राजकीय महाविद्यालय, खुण्डियां में सत्र 2024- 25 की प्रवेश प्रक्रिया में बच्चों का अधिक से अधिक संख्या में प्रवेश हेतु था। महाविद्यालय के प्राचार्य ने सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर अपने विचार रखें। इस दौरान उपस्थित सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे अपने स्थानीय संपर्क के द्वारा अधिक से अधिक अभिभावकों के साथ संपर्क बनाएं तथा उन्हें महाविद्यालय में अपने बच्चों के प्रवेश के लिए प्रेरित करें। उन्होंने बताया कि महाविद्यालय में तीनों संकाय बी. ए, बीकॉम तथा बी एससी की समस्त फैकेल्टी शैक्षणिक फैकल्टी मौजूद है तथा महाविद्यालय में विद्यार्थियों को जो भी मूलभूत सुविधाएं चाहिए वो मौजूद हैं। विद्यार्थियों के लिए बस पास की सुविधा महाविद्यालय परिसर तक दी जाएगी। विद्यार्थी अपने पढ़ाई सत्र के उपरांत आगामी क्या जॉब ऑप्शन होंगे इसके लिए प्लेसमेंट-सैल मौजूद है जो कि सरकार के द्वारा दिशा-निर्देशित है। उन्होंने मौजूद सदस्यों से आग्रह किया कि वे इस शैक्षणिक सत्र 2024- 25 के लिए अपना अधिक से अधिक जन सहयोग करें ताकि इस महाविद्यालय को आगामी सत्र के लिए सुचारू रूप से चलाया जा सके। बैठक के दौरान महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक आचार्य उपस्थित रहे।
भीषण गर्मियों में पीने के पानी की कमी को ध्यान में रखते हुए प्रागपुर व इसके साथ लगते गांव को एक दिन छोडकर पीने के पानी की सप्लाई दी जा रही है। परन्तु विभाग को शिकायते मिल रही है कुछ उपभोक्ता टुल्लू पम्प का प्रयोग कर रहे है। सभी उपभोक्ताओं से आईपीएच विभाग ने आग्रह किया है कि यदि किसी भी उपभोक्ता को पीने के पानी की पाइप में सीधा टुल्लू पम्प लगाते हुये पाया गया तो उसका टुल्लू पम्प जल शक्ति विभाग द्वारा जब्त कर लिया जाएगा तथा उसका कनैक्शन भी काट दिया जाएगा ।
पालमपुर के लोहना चौक में अब बच्चों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं प्राप्त होंगी। एमडी (पीजीआई) बाल रोग विशेषज्ञ डा. अरविंद शर्मा द्वारा यहां अरविंद चाइल्ड केयर सेंटर खोला गया है। डा. अरविंद शर्मा ने 33 वर्ष तक सरकारी क्षेत्र में विभिन्न चिकित्सालयों में अपनी सेवाएं दी हैं। सरकारी अस्पताल से सेवानिवृति के बाद उन्हाेंने अरविंद चाइल्ड केयर सेंटर आरंभ किया है। डा. अरविंद शर्मा ने बताया कि शुरुआत में यहां पर अभी बच्चों की ओपीडी आरंभ की गई है। इसके बाद इंडोर सुविधा के साथ फोटोथैरेपी (नवजात बच्चों के लिए पीलिया) एवं लैब की सुविधा भी आरंभ की जाएगी। उन्होने बताया कि चाइल्ड केयर सेंटर में रविवार को छोड़कर ओपीडी सुबह 9.30 से दोपहर 1.30 व सांय 3.30 से 6.30 बजे तक रहेगी जबकि रविवार को सुबह 10.30 से 1.30 तक ओपीडी होगी।
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बच्चों को मिलने वाले मिड डे मिल की गुणवत्ता पर हमेशा से सवाल उठते है लेकिन अब बच्चों के अभिभावक भी स्कूल में मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता की जांच कर सकेगें| जी हां अब हिमाचल के सरकारी स्कूलों में बच्चों को दोपहर का भोजन उनके माता-पिता प्रदेश के सरकारी स्कूलों में प्री नर्सरी से आठवीं कक्षा तक बच्चों को मिलने वाले मिड डे मील को लेकर नए निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत अब भोजन बच्चों को उनके माता-पिता या एसएमसी सदस्य से चखाने के बाद परोसा जाएगा। प्रदेश भर में प्री नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के 5.34 लाख बच्चों को दोपहर का भोजन दिया जा रहा है। पहले जैसा भी खाना बनाया जाता था, उसे सीधे बच्चों को बांट दिया जाता था। इसकी वजह से बच्चों को कई बार खराब खाना मिल जाता था। लेकिन अब इस नए निर्देश के बाद अभिभावक या फिर एमडीएम प्रभारी को पहले खाने की टेस्टिंग करनी होगी।हर दिन किसी न किसी बच्चे के अभिभावकों को स्कूल आकर खाना टेस्ट करना होगा। खाने का स्वाद, गुणवत्ता को लेकर भी उन्हें बताना होगा। इसके लिए उनके हस्ताक्षर भी लिए जाएंगे
उत्तर भारत की सबसे कठितम धार्मिक यात्रा श्रीखंड महादेव यात्रा है जो जुलाई महीने में शुरू होने वाली है। अभी यात्रा की आधिकारिक तिथियों की घोषणा नहीं हुई है| निरमंड प्रशासन ने निर्देश जारी किए हैं कि आधिकारिक तिथियों की घोषणा से पहले कोई भी व्यक्ति अथवा यात्री अनाधिकृत तरीके से यात्रा न करें। अगर कोई अनाधिकृत तरीके से उपरोक्त यात्रा में जाता हुआ पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अभी उपरोक्त यात्रा मार्ग में काफी बर्फ है और रास्ते भी खराब हैं, जिसकी मरम्मत प्रशासन द्वारा अभी की जानी है। प्रशासन ने स्थानीय टैंट मालिकों तथा पर्यटक गाइड से भी अनुरोध किया है कि वे अनाधिकृत तरीके से श्रद्धालुओं को यात्रा में जाने के लिए प्रोत्साहित न करें। एसडीएम मनमोहन सिंह ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि जुलाई माह में जब भी प्रशासन द्वारा यात्रा का संचालन किया जाएगा। केवल उसी समय श्रीखंड महादेव यात्रा करें।
ज्वालामुखी उपमंडल के तहत सियालकड स्कूल में प्रधानाचार्य विनोद कौंडल ने आज विद्यालय प्रभारी का पदभार संभाला। जिला ऊना के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बढेड़ा से स्थानान्तरण राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सियालकड़ में हुआ है। मार्च महीने के बाद विद्यालय में प्रधानाचार्य का पद रिक्त चल रहा था जो आज महोदय के पदभार संभालने से भर गया है । विद्यालय परिवार महोदय का हार्दिक स्वागत करता है तथा नई ऊर्जा नए जोश के साथ कार्य करने हेतु प्रतिबद्धता प्रकट करता है।
धर्मशाला: सहायत अभियंता विद्युत उपमंडल सिद्धपुर कर्मचंद भारती ने बताया कि 13 जून को सुबह 9 बजे से शाम कार्य समाप्ति तक 11 केवी टंग फीडर और 11 केवी बरवाला फीडर के अन्तर्गत आने वाले क्षेत्रों टिकरी, सालिग, बगिआरा, कंड कडियाना, जुहल, दिक्तु, नरवाणा, नरवाणा कस्बा, बलेहर, तंगरोटी, उथड़ा ग्रां, दराड़े का बल्ला, रसेहर, फतेहपुर, बागणी, तपोवन, झिओर, बरवाला, सिद्धबाड़ी, आधुनिक स्कूल, छैंटी आदि क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति पूर्ण रूप से बाधित रहेगी। उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील की है।
देशभर के सैलानियों का इंतजार खत्म हो गया है। हिमाचल पथ परिवहन निगम की बहुचर्चित बस सेवा का आगाज हो गया है। 1,026 किलोमीटर लंबे लेह-दिल्ली रूट पर एचआरटीसी की बस आज सुबह लेह के लिए रवाना हुई। एसडीएम केलांग रजनीश शर्मा ने केलांग बस अड्डा से बस को लेह के लिए रवाना किया। उन्होंने बस में सफर करने वाले 23 यात्रियों को हरी झंडी दिखाकर लेह की ओर रवाना करते हुए शुभकामनाएं दीं। इस बस से यात्री बर्फ से ढके चार दर्रों को पार कर अपने सफर को यादगार बना सकेंगे। लेह-दिल्ली बस का सफर यात्री 1,740 रुपये में पूरा होगा। 30 घंटे के रूट में यात्री दिल्ली, हरियाणा, पंजाब से होते हुए हिमाचल और लेह-लद्दाख की वादियों का आनंद उठा सकेंगे। पहाड़ी और बर्फीली वादियों से होकर गुजरने वाली सड़क पर सैलानी और आम लोग खूब लुत्फ उठा सकेंगे। हिमाचल पथ परिवहन निगम के केलांग डिपो की बस करीब 9 महीने बाद शुरू हुई है। इस साल से रूट में बदलाव किया है। अब दिल्ली से आने वाली यह बस रात में जिला मुख्यालय केलांग में नहीं रुकेगी। मात्र सुबह के समय 30 मिनट के लिए बस अड्डा में खड़ी होगी। एचआरटीसी केलांग डिपो का अतिरिक्त कार्यभार देख रहे उमेश शर्मा ने कहा कि बस सुबह 5:00 बजे केलांग से सरचू होते हुए लेह रवाना होगी। यात्री 16,500 फीट ऊंचे बारालाचा, 15,547 फीट नकिल्ला, 17,480 फीट तंगलांगला और 16,616 फीट ऊंचे लाचुंग दर्रे के नजारों से भी रुबरू होंगे। नई समयसारिणी के अनुसार बस दिल्ली से दोपहर 12:15 बजे चलेगी। चंडीगढ़ से शाम को 6:10 बजे रवाना होगी और सुबह 5:00 बजे तक केलांग बस अड्डा पहुंचेगी और 5:30 पर लेह के लिए चलेगी।
हिमाचल प्रदेश के डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल टांडा में एमबीबीएस के चार सीनियर प्रशिक्षुओं पर रैगिंग के आरोप लगे हैं। कालेज प्रशासन ने शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच कमेटी के माध्यम से करवाई। जांच कमेटी ने जूनियर छात्रों के साथ रैगिंग होने की पुष्टि की है। जांच कमेटी की सिफारिश पर कॉलेज प्रशासन ने आरोपी चारों सीनियर छात्रों को नियमानुसार एक साल और छह माह के लिए कॉलेज से निष्कासित दिया है। साथ ही एक लाख व 50 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। कालेज प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने चारों छात्रों पर कार्रवाई रिपोर्ट पर मुहर लगा दी है। उन्होंने कहा कि रैगिंग किसी भी सूरत में बर्दास्त नहीं होगी।
**एडीसी बोले, बेहतर आपसी समन्वय से हो टीकाकरण, नहीं छूटे एक भी बच्चा धर्मशाला: अतिरिक्त उपायुक्त सौरभ जस्सल की अध्यक्षता में आज सोमवार को डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा और बच्चों के टीकाकरण को लेकर जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक का आयोजन किया गया। डीसी ऑफिस में आयोजित इस बैठक में 15 से 30 जून, 2024 तक होने वाले डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा और जिले में बच्चों के टीकाकरण अभियान के सफल क्रियान्वयन को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अतिरिक्त उपायुक्त ने इन अभियानों के बेहतर परिणाम के लिए विभिन्न विभागों को तालमेल बनाकर काम करने के निर्देश दिए। बैठक में रूटीन इम्यूनाइजेशन, मीजल्स रूबेला उन्मूलन और एनीमिया मुक्त हिमाचल अभियान को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अतिरिक्त उपायुक्त ने सही समय पर बच्चों के टीकाकरण को लेकर सभी विभागों को बेहतर आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के अच्छे स्वास्थ्य और समग्र विकास के लिए सही समय पर टीकाकरण बहुत जरूरी है, इसलिए टीकाकरण अभियान सबकी सामूहिक जिम्मेवारी है। एडीसी ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा यूएनडीपी के माध्यम से यू-विन पोर्टल का निर्माण किया गया है। उन्होंने बताया कि यू-विन पोर्टल के माध्यम से बच्चों को होने वाले टीकाकरण का सारा रिकॉर्ड डिजिटाइज किया जा रहा है। जिससे भविष्य में किसी भी स्थान पर यदि वे जाते हैं तो उनके टीकाकरण का पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध होगा। अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि बरसात के मौसम में डायरिया संबंधित रोगों की चपेट में आने की अधिक संभावना रहती है। उन्होंने कहा कि इसकी जांच और समय से उपचार को लेकर 15 से 30 जून तक स्वास्थ्य विभाग द्वारा डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा मनाया जाएगा। जिसके तहत आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर बच्चों की डायरिया संबंधित जांच करेंगी और दवाईयां उपलब्ध करवाएंगी। उन्होंने बताया कि इसके अंतर्गत 5 साल तक की आयु के बच्चों को घर-घर जाकर आशा वर्कर ओआरएस का पैकेट देगी तथा दस्त रोग के बारे में लोगों को जागरूक करेगी। लोगों को स्वच्छता और हाथ धोने के सही तरीके के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। बैठक में जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ वंदना ने रूटीन इम्यूनाइजेशन और मीजल्स रूबेला उन्मूलन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बैठक में जिला चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.के सूद, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ वंदना, महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, स्वयंसेवी संगठन तथा स्वास्थ्य विभाग के सभी जिला कार्यक्रम अधिकारी तथा चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे।
धर्मशाला: विद्युत उपमंडल-2 धर्मशाला के सहायक अभियंता रमेश धीमान ने जानकारी देते हुए बताया कि 12 जून, 2024 (बुधवार) को विद्युत लाइनों की सामान्य रख-रखाव के चलते 11 केवी मंदल फीडर के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों मंदल, मसरेड़, भड़वाल, त्रैंबलू, हरनेड़, घियाना खुर्द, ढगवार, खटेहड़, मनेड़, अप्पर बगली, कोहाला, मटौर, तथा साथ लगते क्षेत्रों में प्रातः 9 बजे से सायं 5 बजे अथवा कार्य समाप्ति तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। वहीं 14 जून, 2024 (शुक्रवार) को 11 केवी बगली फीडर के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों नन्देहड़, पुराना मटौर, घुंडी, बगली, अनसोली, पटोला, घना, गंग भैरों, गगली, चैतड़ू, बनवाला, मनेड़, मस्तपुर, कंदरेहड़, चकवां ढगवार, सराह, लोअर सकोह, पुलिस लाइन सकोह तथा साथ लगते क्षेत्रों में प्रातः 9 बजे से सायं 6 बजे अथवा कार्य समाप्ति तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने बताया कि मौसम खराब होने की स्थिति में यह कार्य अगले दिन किया जाएगा। उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील की है।
** देहरा, हमीरपुर और नालागढ़ में उपचुनाव **आज से तीन जिलों में आदर्श आचार संहिता लागू **13 जुलाई को होगी मतगणना... लोकसभा चुनाव व विधानसभा की छह सीटों के उपचुनाव के नतीजे घोषित होते ही अब हिमाचल में तीन विधानसभा सीटों के लिए उपचुनाव होंगे। निर्वाचन आयोग ने इसका शेड्यूल जारी कर दिया है। प्रदेश में निर्दलीय विधायकों के इस्तीफे से खाली हुई देहरा, नालागढ़ और हमीरपुर विधानसभा सीट के लिए उपचुनाव होने हैं। चुनाव आयोग के शेड्यूल के अनुसार 10 जुलाई को इन सीटों के लिए मतदान होगा। 13 जुलाई को मतगणना व नतीजे घोषित होंगे। 15 जुलाई से पहले चुनाव की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। उपचुनाव के लिए 14 जून को राजपत्र में अधिसूचना जारी होगी। 21 जून नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथ तय की गई है।
हिमाचल प्रदेश में एक सप्ताह तक मौसम साफ रहने के आसार हैं। ऐसे में धूप खिलने से मैदानी व कम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में गर्मी का प्रकोप जारी रहने की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार राज्य में 16 जून तक मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है। 12 से 14 जून तक मैदानी व कम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हीटवेव चलने का येलो अलर्ट जारी हुआ है। वहीं आज राजधानी शिमला व आसपास भागों में हल्के बादलों के साथ धूप खिली हुई है।
कांगड़ा जिला के उपमंडल इंदौरा के पुलिस थाना डमटाल के अंतर्गत भदरोया में एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की की तेजदार हथियार से बेरहमी से हत्या करने का मामला पेश आया है। इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। इस संबंध में एएसपी धर्मचंद वर्मा ने बताया के थाना डमटाल में सुबह करीब 9 बजे ग्राम पंचायत भदरोया के प्रधान ने फोन पर सूचना दी कि भदरोया में एक प्रवासी परिवार की नाबालिग लड़की का बेरहमी से कत्ल कर दिया गया है। सूचना मिलते ही एडिशनल एसएचओ डमटाल देवराज टीम सहित घटना स्थल पर पहुंचे ओर शव को कब्जे में लेकर साक्ष्य जुटाए। उन्होंने बताया कि नाबालिग लड़की झुग्गी में रहती थी तथा रानी के घर में सफाई का काम करती थी। उसके माता-पिता राजस्थान गए हुए थे। लड़की अपनी मामा महेंद्र के साथ रहती थी। रविवार को उसका मामा नहाने के लिए गया तो उसने देखा कि उनकी भांजी का किसी ने कत्ल कर दिया है तथा मौके पर मोहन (40) पुत्र रामदास जो बिहार का रहने वाला है, हाथ में तेजधार दराट लेकर बाहर जा रहा है। जब उन्होंने कमरे के अंदर देखा तो उसकी भांजी खून से लथपथ बैड पर पर पड़ी थी। गांव वाले इकट्ठे होकर लड़की को अस्पताल ले जाने लगे परंतु तब तक वह दम तोड़ चुकी थी। आरोपी भागने की फिराक में था तथा पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद आरोपी को धर दबोचा। अभी यह जांच का विषय है कि आरोपी ने कत्ल क्यों किया। मौके पर एएसपी धर्मचंद वर्मा, डीएसपी विशाल वर्मा तथा फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची तथा तथ्यों को जुटा कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। पकड़े गए आरोपी पर आईपीसी की धारा 302 के तहत मामला दर्ज करके पुलिस आगामी कार्रवाई कर रही है।
** कांगड़ा में कहाँ चुक गई कांग्रेस ** चेहरा गलत या कारण कुछ और .... ? अपनी गलती माने कौन? दर्द पराया जाने कौन? इक दूजे को गुनहगार बताए सब, खुद को कसूरवार माने कौन? 11 विधायकों में से एक विधानसभा अध्यक्ष, दो कैबिनेट मंत्री, दो कैबिनेट रैंक, दो सीपीएस और एक मुख्य उप सचेतक, यानी कांगड़ा के लगभग आठ विधायक सरकार में एडजस्ट हैं बावजूद इसके कांग्रेस प्रत्याशी आनंद शर्मा को चारों लोकसभा सीटों में से सबसे बड़ी हार का मुंह देखना पड़ा। कांगड़ा संसदीय क्षेत्र की एक भी विधानसभा सीट से कांग्रेस को लीड नहीं मिली है। अब हार का ठीकरा किसके सर फूटेगा ? गलती किसकी मानी जाएगी, अब सवाल तो उठेंगे ही कि आखिरकार कांग्रेस की हार के क्या कारण रहे होंगे ? 15 महीने पहले 2022 में हुए विधानसभा चुनाव में कांगड़ा-चंबा संसदीय सीट से ही कांग्रेस ने सत्ता का रास्ता प्रशस्त किया था। बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर पार्टी ने यहां से 12 सीटों में जीत हासिल की थी। फिर राज्यसभा चुनाव में सियासी उठापटक के बाद धर्मशाला विधानसभा सीट कांग्रेस से छिटक गई और अब कांगड़ा संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस विधायकों का संख्यां बल 11 हो गया। यहां भाजपा के सिर्फ 5 ही विधायक है और इस बार ये 5 विधायक 11 पर भारी पड़े है। यहां कांग्रेस ने पूरा दारोमदार ही अपने विधायकों पर छोड़ा हुआ था। कांग्रेस के विधायक फील्ड पर बेहद मेहनत करते भी नज़र आ रहे थे, लेकिन परिणाम शून्य रहे। नतीजे दर्शा रहे है कि कांग्रेस के सभी के सभी विधायक आनंद को लीड दिलाने में फेल साबित हुए है। 30 मार्च को ही भाजपा ने डॉ. राजीव भारद्वाज को अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया था, जबकि कांग्रेस ने गहन चिंतन मंथन के बाद हुए आनंद शर्मा को 30 अप्रैल को टिकट देकर अपना प्रत्याशी घोषित किया था। पहले चर्चा कई नामों की थी मगर कांग्रेस ने चौंकाते हुए आनंद शर्मा को मैदान में उतारा। 71 वर्ष की आयु में पहला लोकसभा का चुनाव लड़ने वाले आनंद शर्मा ने देरी से टिकट मिलने के बावजूद महज़ 25 दिनों में 76 चुनावी बैठकें कर कांग्रेस की जीत को लेकर कदमताल तो किया, लेकिन उनकी इस मेहनत पर मोदी फैक्टर ज़्यादा असरदार दिखा। शुरुआत से ही आनंद शर्मा पर बाहरी होने का टैग लगा रहा। दूसरा फैक्टर...आनंद शर्मा उस संसदीय सीट से चुनाव लड़ रहे थे जहाँ उनका खुद का वोट भी नहीं था हालाँकि आनंद ने बाहरी टैगलाइन की काट के लिए मोदी की वाराणसी सीट का उदहारण ज़रूर दिया मगर इसका कोई लाभ आनंद को नहीं मिला। काँगड़ा संसदीय सीट के सियासी समीकरणों को देखा जाए तो यहाँ क्षेत्रवाद और जातिवाद का असर किसी भी चुनाव में निर्णायक साबित होते हुए आए है। अब भाजपा ने यूँ ही तो नहीं ब्राह्मण फेस पर दांव खेला होगा। पिछले चुनावी नतीजे बताते है कि काँगड़ा संसदीय सीट पर अधिकाँश बार ब्राह्मण चेहरा ही जीत कर संसद भवन पहुंचा है। तीसरा बड़ा फैक्टर .. कांग्रेस अगर किसी स्थानीय नेता को टिकट देकर मैदान में उतारती तो शायद परिणाम कुछ बेहतर होते। जीत मिलती न मिलती मगर ऐसी करारी हार का मुँह तो न देखना पड़ता। कई नेता थे जो चुनाव लड़ने के इच्छुक थे और कई नेता ऐसे भी थे जिनकी चुनाव लड़ने में कोई दिलचस्पी नहीं थी, मगर फैसला तो आलाकमान को लेना था और आलाकमान ने ऐसे चेहरे पर दांव खेला जो जी -23 में शामिल हुआ करते थे। अब परिणाम सबके सामने है। काँगड़ा में भाजपा के प्रत्याशी डॉ राजीव भारद्वाज ने 2,51,895 वोटो से जीत हासिल की है। आनद शर्मा की ये हार आनंद से ज़्यादा कांग्रेस के 11 विधायकों की हार है। अब रिपोर्ट कार्ड दिल्ली भी जाएगा और प्रदेश में भी इस पर सवालिया निशान उठेंगे।
ऑल इंडिया गर्ल्स ट्रैकिंग एक्सपीडिशन के तीसरे दिन कैडेट्स को इंद्रू नाग ले जाया गया। कर्नल संजय शांडिल ने कैडेट्स को ट्रेकिंग के लिए रवाना होने से पूर्व ट्रैकिंग की बुनियादी जानकारी दी। कैडेट को ट्रेकिंग की व्यवस्थित योजना, तैयारियां तथा अतिरिक्त आवश्यकता के बारे में जानकारी प्रदान की। स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए ट्रेक से पहले और उसके दौरान संतुलित आहार का ध्यान रखने का निर्देश दिया। कैडेट्स ने इंद्रुनग मंदिर में पहुंच कर इंद्रुनाग का इतिहास जाना तथा प्राग्लाइडिंग साइट से पैराग्लाइडिंग होती हुई भी देखी। कर्नल संजय शांडिल भी ट्रैक पर मौजूद रहे। इसी दौरान बैच 2 का ओपनिंग एड्रेस हुआ, इसके साथ ही सभी कैडेट्स, एनो तथा जीसीआई को ट्रेकिंग कैप्स दी गई। तत्पश्चात उन्हें शहीद स्मारक और एचपीसीए ले जाया गया। ट्रैकिंग से आने के बाद कर्नल संजय शांडिल ने कैडेट्स का हाल-चाल जाना इसी के साथ उनका हौसला बुलंद किया। इसी दौरान संध्या में कैंप में हेल्थ और हाइजीन के विषय में सीनियर रिसोर्स पर्सन, डॉ. अनुराधा द्वारा कैडेट्स को एडोलिसेंट, हेल्थ व हाइजीन का महत्व, एवं लाभ बताए गए। इस सेशन के दौरान कैडेट्स ने अपने प्रश्नों के उत्तर लिए और अपनी सारी शंकाएं दूर करी। इसी कार्यक्रम के साथ ही आपदा प्रबंधन विभाग के डॉक्टर भुल्लर ( ट्रेनर डीडीएम ) ने कैडेट्स को सीपीआर का डेमो दिया। कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (सीपीआर) एक आपातकालीन प्रक्रिया है जो किसी व्यक्ति की सांस या दिल के रुकने पर उसकी जान बचाने में मदद कर सकती है। जब किसी व्यक्ति का दिल धड़कना बंद कर देता है, तो उसे कार्डियक अरेस्ट कहते हैं। कार्डिएक अरेस्ट के दौरान, हृदय मस्तिष्क और फेफड़ों सहित शरीर के बाकी हिस्सों में रक्त पंप नहीं कर सकता है। डॉक्टर भुल्लर ने बताया कि इस प्रक्रिया के ज्ञान से हम किसी व्यक्ति के बचने की संभावना को दोगुना या तिगुना कर सकते है।
धर्मशाला: शाहपुर उपमंडल के विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक स्थानीय विधायक एवं प्रदेश सरकार में उपमुख्य सचेतक केवल पठानिया की अध्यक्षता में एटीसी सभागार शाहपुर में आयोजित की गई। केवल पठानिया ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि वह खुद फील्ड में जाकर विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण सुनिश्चित करें ताकि किसी भी तरह की कोई कमी न रहे। उन्होंने एनएचएआई के अधिकारियों को आदेश दिए कि घटनालू से लेकर रजोल तक फोरलेन के कार्य को और अधिक तीव्रता प्रदान करें ताकि बरसात से पहले कम से कम एक लेन पर यातायात सुचारू रूप से चल सके। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो इसलिए एनएचएआई के अधिकारी यह भी सुनिश्चित करें कि बरसात के समय निर्माणाधीन सड़क या किनारों पर जलभराव न हो और पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था हो । उन्होंने बताया कि पिछले दिनों हल्की बारिश के बाबजूद कुछ स्थानों पर पानी इकठ्ठा हो गया था और निकासी की व्यवस्था न के बराबर थी। एनएचएआई के अधिकारी यह भी सुनिश्चित करें कि फोरलेन के काम के चलते धूल-मिट्टी से बचाव के लिए सड़क पर पानी का समुचित छिड़काव भी प्राथमिकता के आधार पर हो ताकि वाहन चालकों, राहगीरों के साथ-साथ आसपास के घरों को किसी तरह की परेशानी न हो। उन्होंने उपमण्डल के सभी अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर अपने-अपने विभाग के पिछले 18 महीने के विभिन्न विकास कार्यों का लेखा-जोखा अगले 15 दिन में बनाने के निर्देश दिए । उन्होंने कहा कि पर्यावरण सरंक्षण हम सब की जिम्मेदारी है प्रत्येक विभाग अपने स्तर पर बरसात के मौसम में उचित भूमि चिन्हित कर पौधरोपण करेगा । उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के मद्देनजर धारकंडी क्षेत्र में बरसात के मौसम में उचित मशीनरी की व्यवस्था सुनिश्चित करे ताकि आमजनमानस को किसी तरह की परेशानी न हो । उन्होंने कहा कि लोक निर्माण के साथ साथ ग्रामीण विकास विभाग भी विधानसभा के प्रत्येक गाँव में पानी की निकासी हेतु नालियों की साफ-सफाई बरसात से पहले पुख्ता कर ले। बैठक में आने पर एसडीएम शाहपुर करतार चंद ने उपमुख्य सचेतक का स्वागत किया और उन्हें आश्वस्त किया कि उनके द्वारा दिये गए विभिन्न सुझावों एवं निर्देशों का पालन उपमण्डल के सभी विभाग सुनिश्चित करेंगें । इस अवसर पर एसडीएम शाहपुर करतार चंद, बीएमओ डॉ विक्रम कटोच, वैज्ञानिक अधिकारी एटीसी शाहपुर सुनन्दा पठानिया, डीएफओ दिनेश शर्मा, अधिशासी अभियंता विद्युत अमित शर्मा, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण अंकज सूद, गज प्रोजेक्ट के अधिशासी अभियंता सुभाष शर्मा, बीडीओ रैत महेश ठाकुर, प्रधानाचार्य आईटीआई शाहपुर चैन सिंह ,वैटनरी सर्जिकल विशेषज्ञ डॉ अरविंद शर्मा ,सहायक अभियंता विद्युत विक्रम शर्मा,जल शक्ति मोहम्मद रज्जाक ,लोक निर्माण बलवीत,रेंज ऑफिसर सुमित शर्मा , एनएचएआई के अधिकारी तथा सोशल मीडिया प्रभारी विनय के अतिरिक्त विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे ।
प्रदेश के सभी जिलों में 14 जून को होने जा रही आठवीं मॉकड्रिल को लेकर शिमला में आज राज्य आपदा प्रबंधन के निदेशक व विशेष सचिव डी.सी. राणा की अध्यक्षता में वर्चुअल माध्यम से बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि व सभी जिलों के उपायुक्त शामिल हुए। प्रदेश भर के सभी जिलों में 12 जून को राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा टेबल टॉप अभ्यास किया जाएगा। टेबल टॉप अभ्यास का मुख्य उद्देश्य आपदा की स्थिति में जमीनी स्तर पर की गई तैयारियों का मूल्याकंन करना है। 14 जून को बाढ़, भू-स्खलन, हिम-स्खलन और औद्योगिक आपदा से निपटने के लिए सभी जिलों में मॉकड्रिल की जाएगी, जिसमें विशेषकर स्कूलों, महाविद्यालयों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में आपदा में फंसे छात्रों को सुरक्षित बाहर निकालने को लेकर अभ्यास किया जाएगा। डी.सी. राणा ने कहा कि मॉकड्रिल का मुख्य उद्देश्य जीवन और संपत्ति के नुकसान को कम करना और आपदा से निपटने के लिए सभी विभागों के प्रतिनिधियों, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, केन्द्रीय सशस्त्र बलों, पुलिस, होमगार्ड आदि में समन्वय स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि मॉकड्रिल के दौरान शैक्षणिक संस्थानों में राहत कैंप न बनाए जाए जिससे कि शैक्षणिक गतिविधियां प्रभावित न हो। उन्होंने कहा कि नदियों, झीलों और ग्लेशियर के क्षेत्र में रहने वाले लोगों को समय से पहले ही मॉकड्रिल को लेकर की जा रही तैयारी की जानकारी दी जाए ताकि मौके पर अभ्यास के दौरान लोगों में भय का माहौल न उत्पन्न हो। उन्होंने कहा कि मॉकड्रिल के लिए गैर सरकारी संगठनों के साथ भी समन्वय स्थापित कर कार्य योजना बनाई जाए। उन्होंने औद्योगिक क्षेत्रों में भी बेहद संवेदनशील स्थानों को चिन्हित करने के निर्देश दिए। ऐसे स्थानों में त्रासदी से पूर्व घटना के संबंध में जानकारी मिले इसके लिए पूर्व चेतावनी प्रणाली की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। खतरनाक झीलों के किनारे रह रही आबादी के लिए विशेष कार्य योजना तैयार करने पर भी बल दिया जाए। आपात स्थिति में किसी भी त्रासदी की जानकारी मिलने पर मौके पर जमीनी स्तर पर अपनी कार्य योजना को भी लागू करने के लिए विकल्प रखें। उन्होंने कहा कि इस मॉकड्रिल में केंद्र सरकार, राज्य सरकार और जिला प्रशासन का त्रिस्तरीय समन्वय होगा। डी.सी. राणा ने बताया कि इस बार मॉकड्रिल में संचार सुविधा बाधित हो जाने की स्थिति में लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का अभ्यास भी किया जाएगा। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण का विशेष तौर पर नेतृत्व कर रहे सेवानिवृत्त मेजर जनरल सुधीर बहल ने आपदा से निपटने के लिए विशेष योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कर्नल संजय शांडिल, कमांडिंग ऑफिसर 1 एचपी गर्ल्स बटालियन एनसीसी सोलन ने ऑल इंडिया गर्ल्स ट्रैकिंग एक्सपीडिशन कैंप का आज शुभारंभ किया। उन्होंने अपने ओपनिंग ऐड्रेस के दौरान ट्रैकिंग कैंप की जानकारी दी। यह करते हुए मौजूद एनसीसी कैडेट्स को देवभूमि और वीर भूमि कहे जाने वाले हिमाचल प्रदेश के इतिहास और परंपराओं के बारे में बताया गया। उन्हें ट्रैकिंग से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई। जंगलों में होने वाली समस्याएं और उनसे निपटने के बारे में विस्तार से बताया गया। कैडेट्स को हिमाचल की संस्कृति समझने एवं यहां की अति दुर्गम क्षेत्रों में ट्रैकिंग करने का अनुभव प्रदान करवाया जायेगा । इसी दौरान यहां आए हुए सभी कैडेट्स , एएनओ, जीसीआई,को-ट्रैकिंग कैप्स प्रदान की गई । कर्नल संजय शांडिल ने तैयारी का मुकम्मल जायजा लिया। उन्होंने मेस का पूर्ण रूप से स्वयं निरीक्षण किया एवं साफ- सफाई का ध्यान रखने का निर्देश जारी किया। बच्चों के लिए एमआई रूम की स्थापना की गई, जिसमें 24 घंटे डॉक्टर तथा एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई। इसके साथ ही महिला पुलिस को गर्ल कैडेट की सुरक्षा के लिए तैनात किया गया। प्रथम दिवस कैडेट को दो टुकड़ियों में बांटा गया। एक टुकड़ी को शहीद स्मारक एवं दूसरी टुकड़ी को हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम भेजा गया। आज ट्रैक के दूसरे दिवस कर्नल संजय शांडिल ने सुबह कैडेट्स को कुणाल पथरी के लिए रवाना किया। बच्चों ने वहां जाकर माता कुणाल पथरी इतिहास के बारे में वहां के पुजारी से जानकारी प्राप्त की तथा आते समय उन्होंने चाय के बागानों के सौंदर्य का लुत्फ उठाया।
जयसिंहपुर: कंवर दुर्गा चन्द राजकीय महाविद्यालय जयसिंहपुर मे प्राचार्य उपेन्द्र शर्मा के नेतृत्व में एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य शिक्षक व गैर शिक्षक वर्ग को हिंदी टंकण में निपुणता हासिल कराना रहा। इस संगोष्ठी में कंवर दुर्गा चन्द राजकीय महाविद्यालय के सभी शिक्षक व गैर शिक्षक वर्ग मौजूद रहे। कंप्यूटर विशेषज्ञ के रूप में गगन ने कार्यशाला का संचालन किया। महाविद्यालय में चल रही विभिन्न शिक्षक व गैर शिक्षक वर्ग के कौशल विकास संगोष्ठी श्रृखंला के अन्तर्गत इस संगोष्ठी का आयोजन किया गया। उपस्थित सदस्यों द्वारा संगोष्ठी समाप्त होने तक व्यावहारिक कुशलता के साथ गूगल डॉक पर हिन्दी दस्तावेज़ तैयार किए गए। यह संगोष्ठी सभी मौजूद सदस्यों की कार्य क्षमता को बढाने में महत्वपूर्ण योगदान प्रदान करेगी। प्राचार्य ने सभी का उत्साह किया और भविष्य में इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहने के लिए प्रेरित किया।
जयसिंहपुर: कंवर दुर्गा चंद राजकीय महाविद्यालय जयसिंहपुर में शैक्षणिक सत्र 2024–25 की प्रवेश प्रक्रिया 03 जून 2024 से शुरू हो गई है। महाविद्यालय के प्राचार्य उपेन्द्र शर्मा ने बताया कि दाखिले की प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यम से की जा रही है। दाखिले के लिए छात्र महाविद्यालय की वेबसाइट (www.kdcjaisnghpur.in) पर जा कर वर्तमान सत्र के नियमित कोर्सेज विज्ञान बीएससी, कला बीए और वाणिज्य बीकॉम का प्रोस्पेक्टस डाउनलोड कर सकते हैं व इसके साथ ही इस सत्र में महाविद्यालय में सेल्फ फाइनेंस कोर्सेज जैसे कि बीसीए व पीजीडीसीए भी शुरू की जा रहीं हैं, जिसका प्रोस्पेक्टस भी महाविद्यालय वेबसाइट पर उपलब्ध करवा दिया गया है। ज्ञात रहे कि कला बीए, विज्ञान बीएससी एवं वाणिज्य बी.कॉम संकाय के प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए दाखिले की प्रक्रिया 03 जून से शुरू हो गई है जो कि 15 जुलाई तक चलेंगी और पहली मेरिट सूची 15 जुलाई को महाविद्यालय की वेबसाइट पर प्रदर्शित की जाएगी। प्रथम वर्ष के छात्र 16 से 18 जुलाई के बीच दाखिले की फीस जमा कर सकते हैं व दूसरी मेरिट सूची 18 जुलाई को निकाली जाएगी व दाखिले की फीस 19 और 20 जुलाई को जमा करवाई जाएगी। इसके अतिरिक्त द्वितीय व तृतीय वर्ष के छात्रों का दाखिला 6 जून से 15 जुलाई के मध्य होगा। सभी इच्छुक एवं पात्र विद्यार्थियों के पास महाविद्यालय में नामांकन के लिए ईमेल आईडी के साथ-साथ प्रोस्पेक्टस में दिए गए जरूरी दस्तावेजों का होना भी आवश्यक है। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो.उपेन्द्र शर्मा ने बताया कि छात्र समय रहते अपना प्रवेश सुनिश्चित कर लें ताकि बाद में उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
**अरविंद पनगढ़िया की अध्यक्षता में 16वें वित्त आयोग ने किया पहली बैठक का आयोजन **हिमाचल प्रदेश से होगी राज्यों के दौरे की शुरुआत भारत सरकार का 16वां वित्त आयोग इस बार हिमाचल प्रदेश से देश के सभी राज्यों के दौरे की शुरुआत कर रहा है और 24 और 25 जून, 2024 को हिमाचल के दौरे पर रहेगा। वित्त आयोग की टीम इन दो दिनों में शिमला में राज्य सरकार के साथ बैठक करेगी और प्रदेश का दौरा भी करेगी। इससे पहले जून के पहले सप्ताह में ही राज्य सरकार को अपना मेमोरेंडम तैयार कर वित्त आयोग के पोर्टल पर अपलोड करना होगा। इस दौरे की तैयारी के लिए मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना में दो दिन पहले ही अपने अफसरों की टीम के साथ बैठक की है। केंद्र सरकार ने नीति आयोग के पूर्व उपाध्यक्ष अरविंद पनगढिय़ा की अध्यक्षता में 16वें वित्त आयोग का गठन किया है। इसमें चार अन्य सदस्य नियुक्त किए गए हैं, जिनमें से तीन फुल टाइम मेंबर हैं। 16वें वित्त आयोग को 31 अक्तूबर, 2025 तक अपनी सिफारिशें केंद्र सरकार को देनी हैं, जो पहली अप्रैल, 2026 से सभी राज्यों पर लागू होंगी। हिमाचल के लिए 16वें वित्त आयोग का यह दौरा काफी अहम रहने वाला है। हिमाचल को केंद्र से राजस्व घाटा अनुदान यानी रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट मिलती है, जो 15वें वित्त आयोग ने 37,199 करोड़ दी थी। हालांकि यह अनुदान हर साल कम हो रहा है, इसीलिए 16वें वित्त आयोग के पीरियड में इस अनुदान को बचाए रखना हिमाचल के लिए सबसे बड़ी चुनौती है। भाजपा की जयराम ठाकुर सरकार के समय 15वें वित्त आयोग ने पांच साल की अवधि के लिए हिमाचल को 81977 करोड़ रेकमंड किए थे। इनमें 37199 करोड़ रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट, 3049 करोड़ स्थानीय निकायों के लिए और 2258 करोड़ डिजास्टर मैनेजमेंट के लिए थे। वित्त आयोग की सिफारिश में प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के तहत 2222 करोड़ भी दिए थे। इसी वित्त आयोग ने मंडी में प्रस्तावित एयरपोर्ट के लिए 1000 करोड़ की सिफारिश भी की थी, जिसे भारत सरकार ने बाद में लागू नहीं किया। वित्त आयोग की सिफारिश के अनुसार ही केंद्र राज्यों के बीच आर्थिक संसाधनों का बंटवारा करता है।
हिमाचल के लोगों को जल्द भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इससे पहाड़ों पर अगले 5 दिन बारिश के आसार है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने कल से अगले चार दिन तक कुछ स्थानों पर आंधी-तूफान का भी अलर्ट जारी किया है। प्रदेश के अधिक ऊंचे व मध्यम उंचाई वाले कुछ क्षेत्रों में आज भी बारिश हो सकती है। मगर मैदानी जिले ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, सोलन और सिरमौर जिला के निचले इलाकों में आज भी हीटवेव चल सकती है। इन जिलों में आज हीटवेव को लेकर येलो अलर्ट दिया गया है। मैदानी इलाकों के लोग बीते 20 दिन से गर्मी से बेहाल है। हमीरपुर के नेरी का तापमान सर्वाधिक 43.9 डिग्री सेल्सियस चल रहा है। ऊना का तापमान 43.6 डिग्री, बिलासपुर का 40.4 डिग्री, हमीरपुर 39.8 डिग्री, चंबा 38.8 डिग्री, धौलाकुंआ 39.8 डिग्री, बरठी 38.7 डिग्री, नाहन 37.7 डिग्री सेल्सियस चल रहा है। प्रदेश के ज्यादातर शहरों का पारा नॉर्मल से 5 डिग्री सेल्सियस तक ज्यादा चल रहा है। नॉर्मल की तुलना में सबसे ज्यादा 4.9 डिग्री का उछाल ऊना के तापमान में आया है। शिमला का पारा नॉर्मल से 2.3 डिग्री, सुंदनरगर 4.2 डिग्री, ऊना 4.9 डिग्री, नाहन 3.8 डिग्री, सोलन 1.9 डिग्री, बिलासपुर 3.1 डिग्री और हमीरपुर में सामान्य से 3.5 डिग्री तापमान अधिक चल रहा है। परन्तुं जल्द प्रेदशवासियों को इस भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है। पहाड़ों पर अगले 5 दिन बारिश के आसार है।
हिमाचल प्रदेश के जंगलों में आग लगने की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। रोजाना प्रदेश के हर कोने से आग लगने के मामले सामने आ रहे हैं। पिछले 24 घंटे में जंगलों में आग लगने की 29 घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें 177.11 हेक्टेयर जंगल राख हुए हैं। इस फायर सीजन में जंगल में आग लगने के मामले 1302 हो गए हैं, जिनमें 12,431 हेक्टेयर में वन संपदा राख हुई है। आग से जंगलों में अभी तक करीब 3 करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है। शनिवार शाम से रविवार शाम तक हमीरपुर सर्किल में जंगलों में आग लगने की 13 घटनाएं, ग्रेट हिमालय नेशनल पार्क में एक, मंडी में छह, नाहन में सात, शिमला एक और सोलन में एक मामला दर्ज हुआ है। हमीरपुर में 111 हेक्टेयर, मंडी 46. 5, नाहन में 103.51 हेक्टेयर, शिमला में पांच और सोलन में 13.5 हेक्टेयर भूमि पर वन संपदा राख हुई है। आग की घटनाओं से लोग भी परेशान हैं। जंगल की आग घरों तक पहुंच रही है, जिससे कई बार दहशत का माहौल भी बन जाता है। वन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक इस बार की घटनाओं ने बीते चार सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। वित्तीय वर्ष 2023-24 में 681, वर्ष 2022-23 में 860 और 2021-22 में 33 घटनाएं जंगलों में आग लगने की दर्ज हुई थी। शनिवार को मंडी जिले में जंगलों की आग नियंत्रित हो गई थी, मगर रविवार को कांगणीधार, सुकेत के जैदेवी, सरकाघाट और जोगिंद्रनगर में एक के बाद एक जंगलों में आग लगने की चार घटनाएं सामने आईं। इससे कई हेक्टेयर क्षेत्र में वन संपदा राख हो गई है। वहीं वन मंडल चंबा के दायरे में आने वाले आधा दर्जन जंगल शनिवार की पूरी रात आग से दहकते रहे। वन विभाग के कर्मचारी जंगलों में लगी आग को बुझाने के लिए मौके पर डटे रहे, लेकिन तेज हवाओं से आग और फैलती गई। इसके चलते कर्मचारी काफी परेशान भी हुए। आग बुझने तक ये कर्मचारी अपने-अपने जंगलों में आग को बुझाने में डटे रहे।
ज्वालामुखी उपमंडल के तहत पुलिस चौकी लगड़ू के अंतर्गत पड़ते बग्गी मडली के 24 वर्षीय सतीश कुमार पुत्र मदन लाल को आरपीजीएमसी टांडा में मृ*त अवस्था में लाया गया है। मृत*क सतीश कुमार की इमारत की तीसरी मंजिल से गिरने के कारण सिर में गहरी चोटें लगने से उसकी मौ*त हो गई है। मौके पर परिजनों के बयान कलमबद्ध किए गए। मृत*क सतीश कुमार का पोस्टमॉर्टम आरपीजीएमसी टांडा में किया गया। मामले की पुष्टि करते हुए थाना प्रभारी खुंडिया रणजीत परमार ने बताया कि पुलिस द्वारा सीआरपीसी की धारा 174 के तहत कार्यवाही अमल में लाई गई है।
**कल से प्रदेश में बारिश के आसार, चिलचिलाती गर्मी से मिलेगी राहत **अगले 4 दिन बारिश के आसार, कुछ जगहों पर आंधी-तूफान की संभावना हिमाचल प्रदेश में आज रात से पश्विमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इससे अगले चार दिन तक पहाड़ों में बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग द्वारा 4 से 6 जून को ज्यादा बारिश के आसार हैं। प्रदेशवासियों को गर्मी से राहत मिल सकती है। मौसम विभाग ने तीन दिन तक कुछ स्थानों पर आंधी-तूफान का भी अलर्ट जारी किया है। वहीं आज अधिक ऊंचे क्षेत्रों को छोड़कर अन्य स्थानों पर मौसम साफ रहेगा। इससे कुछ स्थानों पर हीट वेव भी चल रही है। ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, सोलन और सिरमौर जिला के निचले इलाकों में हीटवेव का येलो अलर्ट दिया गया है। कल से प्रदेशवासियों को गर्मी से राहत मिलेगी। हमीरपुर में तापमान 45 डिग्री पार प्रदेश में बीते 18 दिनों के दौरान 16 दिन हीट वेव महसूस की गई है। अगले कल से किसी भी जिला में हीट वेव का अलर्ट नहीं है। प्रदेशवासियों के लिए यह राहत की बात है। अभी प्रदेश के छह शहरों का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक चल रहा हैं। प्रदेश के ज्यादातर शहरों का पारा नॉर्मल से 6 डिग्री तक अधिक चल रहा है। नॉर्मल की तुलना में सबसे ज्यादा 6.2 डिग्री का उछाल मंडी के तापमान में आया है। इसी तरह शिमला का पारा नॉर्मल से 4.3 डिग्री, सुंदनर 5.4 डिग्री, ऊना 5.5 डिग्री, नाहन 4.5 डिग्री, सोलन 5.1 डिग्री, बिलासपुर 4.8 डिग्री और हमीरपुर में सामान्य से 5.7 डिग्री तापमान अधिक चल रहा है। परन्तुं कल से इस चिलचिलाती गर्मी से हिमाचल के लोगों को राहत मिलने वाली हैं।
देहरा के सुभाष चौहान ने पहली बार ठाकुर जगदेव का बूथ उनके चुनाव के समय वर्ष 1974 में लगाया था। तभी से वे लगातार हर चुनाव में भाजपा जो पहले जनसंघ हुआ करता था, बूथ नंबर 68 पर लगा रहे हैं। भाजपा प्रवक्ता अमित राणा एडवोकेट देहरा ने बताया कि सुभाष चौहान जो भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता हैं सभी के लिए एक प्रेरणास्रोत हैं । इस उम्र में भी पार्टी के प्रति उनका समर्पण सभी को ऊर्जा देता है । उनकी स्वर्गवासी धर्मपत्नी नीलम जी नगर परिषद देहरा में अध्यक्ष रह चुकी हैं। उनके सुपुत्र अभय चौहान व अमित चौहान भी भाजपा के सक्रीय कार्यकर्ता हैं। सुभाष चौहान ने कहा कि इस बार अनुराग ठाकुर लगातार पाँचवी बार जीत का परचम लहरा कर रिकॉर्ड तोड़ लीड लेकर भारतीय संसद में पहुँचेंगे। देहरा विधानसभा क्षेत्र से सबसे अधिक लीड मिलेगी।
सेना में अग्निवीर बनने का जज्बा रखने वाले नौजवानों के लिए हिमाचल प्रदेश में लिखित परीक्षा 22 अप्रैल से ऑनलाइन आयोजित हुई थी। बुधवार को घोषित अग्निवीर की लिखित परीक्षा के परिणाम में ईएसएम सैनिक एकेडमी खुंडियां के 19 में से 17 लड़के पास हुए हैं। एकेडमी के निदेशक रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा ने बताया कि इस एकेडमी का उद्देश्य तहसील खुंडियां के पिछड़े इलाके में इच्छुक नौजवानों को किफायती फीस पर क्वालिटी की पढ़ाई करवा कर कम्पटीशन के लिए तैयार करना है। कर्नल राणा ने सभी उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को उनके उज्जवल भविष्य की कामना की है। इस एकेडमी के संचालक छात्रों को निशुल्क सेवाएं दे रहे हैं।
राजकीय महाविद्यालय इंदौरा में नए सत्र 2024_ 25 के लिए प्रवेश प्रक्रिया आरंभ होने जा रही है। प्राचार्या डॉक्टर सुमीक्षा गुप्ता ने बताया, कि विद्यार्थी महाविद्यालय में आकर 3 जून 2024 से 15 जुलाई 2024 तक फॉर्म भर सकते हैं। बीए ,बीकॉम और बीएससी प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों को फॉर्म भरकर महाविद्यालय में जमा करवाने होंगे, पहली मेरिट आधारित सूची 16 जुलाई दोपहर 1:00 बजे सूचना पट पर लगा दी जाएगी। 19 जुलाई तक विद्यार्थी अपनी फीस जमा करवा सकते हैं दूसरी सूची 20 जुलाई 11:00 बजे सूचना पट पर लगा दी जाएगी। विद्यार्थी उसी दिन 5:00 बजे तक अपनी फीस जमा करवा सकते हैं, द्वितीय व तृतीय वर्ष के विद्यार्थी 6 जून से 15 जुलाई तक महाविद्यालय में प्रवेश ले सकते हैं। 22 जुलाई को ओरिएंटेशन होगा। तथा 23 जुलाई से नियमित कक्षाएं आरंभ की जाएगी। विद्यार्थी, स्कूलों से महाविद्यालय में पहुंचते हैं इसलिए यह पूरी तरह से अनभिज्ञ होते हैं। ऐसे में छात्रों की जिज्ञासाओं को शांत करने के लिए महाविद्यालय प्रबंधन छात्रों को प्रवेश के लिए परामर्श देगा। ताकि वह सही विषय का चयन कर अपने भविष्य को उज्जवल कर सके। इसलिए सभी विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों से अनुरोध है कि वह समय पर आकर के महाविद्यालय में अपने बच्चों को प्रवेश दिलाएं।
लॉरेट फार्मेसी शिक्षण संस्थान की एन एस एस इकाई ने विश्व तंबाकू दिवस मनाया। इसका विषय बच्चों को तम्बाकू उद्योग के हस्तक्षेप से बचाना था। इस मोके पर रिटायर्ड बीएमओ डॉ के के रतन ने मुख्यातिथि के रूप में शिरकत की। संस्थान के निर्देशक एवं प्राचार्य एमएस आशावत ने मुख्यातिथि का स्वागत किया। उन्होंने अपने सम्बोधन में कहा कि दुनियाभर में युवा तेजी से तंबाकू उत्पादों के आकर्षण और संपर्क में आ रहे है, ऐसे में लोगो के तंबाकू के सेवन को रोकने और इससे होने नुकसान के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष दुनिया भर में विश्व तंबाकू दिवस मनाया जाता है। इस अवसर पर एचओडी प्रोफेसर डॉ विनय पंडित और डीन स्टूडेंट वेलफेयर डॉ सीपीएस वर्मा मौजूद रहे। डॉ केके रतन ने छात्रों को सम्बोधित करते हुए तंबाकू के दुष्प्रभावों को बताया। उन्होंने छात्रों को नशे से दूर रहने की सलाह दी और कहा अगर कोई तंबाकू का सेवन करता हैं तो उसे इसके दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करने और कभी न हाथ लगाने की सलाह दें। इस दिवस पर लॉरेट शिक्षण संस्थान ने तंबाकू अभियान के लिए युवाओ की ब्रिगेड तैयार की। इस मौके पर स्लोगन कम्पटीशन, स्पीच कम्पटीशन, पोस्टर कम्पटीशन जैसी प्रतियोगिताएं भी करवाई गई। इस कार्यक्रममें डॉ परवीन, डॉ अदिति, डॉ रितेश राण, डॉ स्वाति, सहायक प्रोफेसर अमित तथा लॉरेट इंस्टिट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट एंड इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी के प्राचार्य प्रो राजेश वालिआ एवं एचओडी कंप्यूटर साइंस प्रो जसबीर सिंह एवं स्टाफ के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
सिटी केयर मल्टीस्पेशिलस्ट हॉस्पिटल कुठमां (गगल) को एनएबीएच (राष्ट्रीय अस्पताल मानकीकरण बोर्ड) प्रमाणित का पूर्ण दर्जा मिला है। जानकारी देते हुए अस्पताल के एमडी नीरज ठाकुर ने बताया कि यह उपलब्धि जितनी सिटी केयर मल्टीस्पेशलिस्ट हॉस्पिटल के लिए महत्व पूर्ण है। उससे कहीं ज्यादा कांगड़ा व प्रदेश वासियों के लिए गौरव की बात है कि जिसे एनएबीएच मान्यता प्राप्त अस्पताल का दर्जा मिला है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में लोगों को बेहतर सुविधाएं देने के चलते एनएबीएच की मान्यता के लिए आधार बना। लोगों को स्वास्थ्य संबंधी बेहतर सुविधाओं के लिए हमेशा तत्पर रहता है। वहीं अस्पताल को निर्धारित मापदंडों की अनुपालना को प्रमाणित करने वाली देश की शीर्ष संस्था क्वालिटी कौंसिल ऑफ़ इंडिया ने एन.ए.बी.एच. की मान्यता प्रदान कर दी है।


















































