मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रवीण सिंह को तेनजिंग नोर्गे राष्ट्रीय साहसिक पुरस्कार 2022 से सम्मानित होने पर बधाई दी है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु द्वारा यह पुरस्कार उन्हें मंगलवार को नई दिल्ली में प्रदान किया गया। कांगड़ा जिला से संबंधित प्रवीण सिंह बीएसएफ में एएसआई के पद पर कार्यरत हैं। प्रवीण सिंह माउंट एवरेस्ट और माउंट कंचनजंगा को दो बार फतह करने के साथ-साथ 20 से अधिक हिमालयी चोटियों पर सफलतापूर्वक पर्वतारोहण कर चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि साहसिक खेलों में प्रवीण की उल्लेखनीय उपलब्धियां दूसरे लोगों के लिए प्रेरक हैं और सभी को कड़ी मेहनत तथा समर्पण के बल पर अपने क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए प्रोत्साहित करती हैं।
हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा के गगल हवाई अड्डे के विस्तार के लिए प्रस्तावित पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन योजना पर प्रदेश हाई कोर्ट ने रोक लगा दी है। अदालत ने यह रोक मामले की अगली सुनवाई तक लगाई है। विस्तारीकरण के लिए प्रस्तुत की गई सामाजिक प्रभाव मूल्यांकन रिपोर्ट, विशेषज्ञ समूह रिपोर्ट और तकनीकी आर्थिक व्यवहार्यता रिपोर्ट को उच्च न्यायालय में चुनौती दी गई थी। मंगलवार को मुख्य न्यायाधीश एमएस रामचंद राव और न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ की खंडपीठ ने स्पष्ट किया, चूंकि इस बात की संभावना है कि प्रदेश सरकार मामले के सभी पहलुओं की जांच करने के बाद गग्गल हवाई अड्डे के विस्तार को आगे बढ़ाने के अपने फैसले पर दोबारा विचार कर सकती है और ऐसी स्थिति में शुरू की गई आरएंडआर प्रक्रिया में लगने वाला समय और खर्च बर्बाद हो जाएगा। हाई कोर्ट ने आदेश दिए कि मामले की बगली सुनवाई तक आरएंडआर प्रक्रिया के साथ-साथ भूमि के अधिग्रहण एवं विध्वंस के लिए अधिसूचित भूमि पर कब्जा लेने के संबंध में यथास्थिति रखी जायेगी। मामले में अगली सुनवाई 29 फरवरी को होगी।
-समग्र शिक्षा अभियान के तहत शिक्षकों को प्रशिक्षण देने का काम शुरू राज्य के सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी अब चैटबॉट से घर बैठे अभ्यास कर सकेंगे। ग्रीष्मकालीन स्कूलों के शिक्षकों को समग्र शिक्षा अभियान कार्यालय ने इस बाबत प्रशिक्षण देना शुरू कर दिया है। समग्र शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना कार्यालय के विद्या समीक्षा केंद्र (वीएसके) कक्ष में इस बाबत बीते दिनों एक वर्चुअल मीट भी हुई है। इसमें हिमाचल प्रदेश के ग्रीष्मकालीन स्कूल प्रमुखों और शिक्षकों को एक साथ लाया गया। प्रशिक्षण स्टार्स नोडल अधिकारी सुरेंद्र रंगटा ने स्टार्स परियोजना में कॉन्वेजीनियस संस्था के सहयोग से संचालित किया। प्रशिक्षण का फोकस शिक्षकों को विद्या समीक्षा केंद्र में स्विफ्टचैट ऐप पर उपलब्ध स्टूडेंट लर्निंग चैटबॉट के बारे में उन्मुख करना रहा। राज्य के सभी 12 जिलों से करीब 175 शिक्षक और यूूट्यूब पर 1,200 समवर्ती दर्शक प्रशिक्षण में शामिल हुए। वीडियो, क्विज और कहानियों से बच्चों को हिंदी, अंग्रेजी और गणित विषय समझाए जाएंगे। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि गणित विषय के लिए चैटबॉट के माध्यम से कक्षा 1 से 12 तक के छात्र विषय से संबंधित हर अध्याय पर घर पर अभ्यास कर सकते हैं।
** हिमाचल में चल रही हैं 173 जल विद्युत परियोजनाएं ** अब तब केवल 35 ने ही जमा करवाया है वाटर सेस हिमाचल जल आयोग ने वाटर सेस जमा न कराने पर 20 और बिजली कंपनियों को नोटिस जारी किए हैं। इन कंपनियों को 15 जनवरी तक बिल जमा करने को कहा है। अगर वाटर सेस जमा नहीं कराया तो आयोग की ओर से आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। बता दें कि हिमाचल में कुल 173 बिजली परियोजनाएं चल रही हैं। अब तक आयोग के पास 35 परियोजनाओं से वाटर सेस जमा हुआ है। सरकारी उपक्रम की 25 बिजली परियोजनाओं ने करीब 27 करोड़ रुपये जमा करा दिए हैं। गौरतलब है कि हिमाचल की सुक्खू सरकार ने प्रदेश की आर्थिकी को पटरी पर लाने के लिए ऊर्जा उत्पादकों पर वाटर सेस लगाने का फैसला लिया है। पहले सरकार ने प्रति घन मीटर 0.10 रुपये से 0.50 रुपये तक वाटर सेस वसूलने का फैसला लिया था, अब इसे घटाकर 0.06 से लेकर 0.30 रुपये प्रति घन मीटर किया गया है। वाटर सेस की दरें वसूल करने के लिए अलग-अलग टैरिफ बनाया गया है।
** अनुबंधित कंपनी क्रसना ने पेमेंट न होने पर काम किया बंद ** 700 अस्पतालों में 12 बजे के बाद पैथोलॉजी टेस्ट ** 115 अस्पतालों में एक्स-रे नहीं होंगे हिमाचल प्रदेश के मेडिकल कॉलेज एवं अस्पतालों में आज से मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ेगी। अस्पतालों में पैथोलॉजी टेस्ट और एक्स-रे के लिए अनुबंधित कंपनी क्रसना ने पेमेंट नहीं मिलने के कारण काम बंद कर दिया है। इससे 700 अस्पतालों में 12 बजे से पैथोलॉजी टेस्ट और 115 अस्पतालों में दोपहर से एक्स-रे नहीं होंगे। दरअसल, सभी अस्पतालों में दोपहर 12 बजे तक सरकारी लैब में टेस्ट होते है। इसके बाद प्राइवेट क्रसना लैब टेस्ट करती है।
-कहा, एक साल में कई ऐतिहासिक फैसले लिए कांग्रेस सरकार ने -कानून बदलकर 16 हजार से ज्यादा परिवारों की दी आर्थिकी सहायता -आने वाले दिनों में नादौन में बनाया जाएगा बड़ा इंडोर स्टेडियम मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज देर शाम हमीरपुर जिला के धनेटा में उक जनसभा को संबोधित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार धनेटा में जनसभा को संबोधित कर रहा हूं। उन्होंने कहा कि प्रदेश आर्थिक संकट से जूझ रहा था और कर्ज की तरफ देखना पड़ रहा था। ऐसे हालात में सरकार ने धीरे-धीरे कर्जे पर नियंत्रण किया है और अर्थव्यवस्था पटरी पर लौटने लगी। सुक्खू ने कहा कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने एक साल में कई ऐतिहासिक फैसले लिए और कानून में बदलाव करके 16 हजार से जयादा परिवारों की आर्थिकी सहायता दी। पहले इंतकाल के लिए पटवारी के पीछे घूमना पड़ता था, लेकिन आज पटवारी लोगों के पीछे घूम रहे हंै कि जल्दी इंतकाल के लिए आएं। उन्होंने कहा कि नादौन में आने वाले दिनों में बड़ा इंडोर स्टेडियम बनाया जाएगा और धनेटा कॉलेज में छह महीने में उच्च शिक्षा के लिए ब्लॉक बन कर तैयार हो जाएगा। इस अवसर पर केसीसी बैंक चेयरमैन कुलदीप पठानिया, नादौन कांग्रेस ब्लाक अध्यक्ष पृथी चंद, प्रदेश मुख्य प्रवक्ता प्रेम कौशल के अलावा एसपी आकृति शर्मा, डीसी हेमराज बैरवा, एसडीएम अपराजिता चंदेल भी मौजूद रहीं।
**धर्माणी को टेक्निकल, वोकेशनल एंड इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग विभाग **यादवेंदर गोमा को आयुष और खेल विभाग हिमाचल प्रदेश के नवनियुक्त 2 मंत्रियों को आज पोर्टफोलियो अलॉट कर दिए गए हैं। बिलासपुर जिले से संबंध रखने वाले राजेश धर्माणी को टेक्निकल एजुकेशन, वोकेशनल एंड इंडस्ट्रियल एजुकेशन दिया गया है, जबकि कांगड़ा जिले से संबंध रखने वाले यादवेंदर गोमा को आयुष और खेल विभाग दिया गया है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने इंडस्ट्री मिनिस्टर हर्षवर्धन चौहान से आयुष विभाग, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह से खेल विभाग और शिक्षा मंत्री रोहित शर्मा से तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग लेकर नए मंत्रियों को सौंपा है।
हिमाचल में बर्फबारी का इंतजार आखिरकार खत्म हो गया। प्रदेश की राजधानी शिमला में आज दोपहर बाद मौसम ने अचानक करवट बदली। शिमला के नजदीक प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कुफरी में हल्की बर्फबारी दर्ज की गई। शिमला के मालरोड, जाखू, ढली में भी फाहे गिरे। अचानक आसमान से बर्फ के फाहे गिरने देख सैलानी भी खुशी में झूम उठे। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला की ओर से आज मध्य व उच्च पर्वतीय कुछ स्थानों पर हल्की बारिश-बर्फबारी की संभावना जताई गई है। 10 से 15 जनवरी तक पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहने के आसार हैं। वहीं, मैदानी जिलों में 10 जनवरी तक कोहरा छाए रहने का येलो अलर्ट जारी हुआ है। मौसम में आए बदलाव से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है।
-प्रतिभा सिंह बोलीं, बैठक में लोकसभा चुनाव को लेकर बनाई जाएगी रणनीति -सरकार की नीतियों को घर-घर पहुंचाने पर किया जाएगा मंथन -कहा, राम मंदिर को लेकर राजनीति करना दुर्भाग्यपूर्ण हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस को चुस्त-दुरुस्त करने को लेकर 16 जनवरी को कांग्रेस कार्यालय राजीव भवन में अहम बैठक होगी, जिसमें मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सूक्खू, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष, सभी मंत्री, विधायक व पूर्व विधायक और पार्टी के अन्य पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। जानकारी देते हुए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों पर 16 जनवरी को बैठक बुलाई गई है, जिसमें लोकसभा चुनाव को लेकर रणनीति बनाने के साथ सरकार और संगठन के बीच प्रभावी तालमेल बिठाकर सरकार की नीतियों को घर-घर पहुंचाने पर मंथन किया जाएगा। वहीं, अयोध्या में राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा समारोह में जाने को लेकर प्रतिभा सिंह ने कहा कि समारोह में उन्हें भी आमंत्रित किया गया है। राजनीति अपनी जगह और धर्म अपनी जगह है। कुछ लोग इस विषय को लेकर राजनीति करना चाहते हैं, यह दुर्भाग्यपूर्ण है।
-केंद्र से मिलने वाली मदद में केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर डाल रहे अड़ंगा हिमाचल प्रदेश के सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि अयोध्या जाने के लिए उन्हें निमंत्रण की जरूरत नहीं है। प्रभु राम की प्रतिमा के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के बाद जब भी मौका मिलेगा और जब भगवान राम बुलाएंगे, तब वे वहां जाएंगे। मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू ने मंगलवार को शिमला में पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में यह बात कही। वहीं, हमीपुर जिले के दो दिवसीय दौरे पर आज नादौन विधानसभा क्षेत्र पहुंचे सीएम ने कहा कि केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर केंद्र से मिलने वाली मदद में अड़ंगा डाल रहे हैं। अनुराग ठाकुर के बयान पर पलटवार करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में आई आपदा के बाद केंद्र सरकार की तरफ से कोई विशेष राहत पैकेज नहीं मिला है। पहले से निर्धारित जो बजट हिमाचल को मिलना था उसे एडवांस में दिया गया है। उन्होंने कहा कि नियमों के तहत आपदा के बाद जो क्लेम बनता है उसका 9,900 करोड़ के प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेजे गए हैं, लेकिन अभी तक यह क्लेम भी केंद्र सरकार की तरफ से नहीं दिया गया है।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अरुणाचल प्रदेश में भारत-तिब्बत सीमा पुलिस बल में तैनात दीपेश परमार के निधन पर शोक व्यक्त किया है। उनकी एक दुर्घटना में मृत्यु हो गई। वह हमीरपुर जिला की नादौन तहसील के जजोली गांव के रहने वाले थे। सुखविंदर सिंह सुक्खू ने जिला प्रशासन को प्रभावित परिवार को हरसम्भव सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिजनों को इस अपूर्णीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है।
-मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित करने के आदेश -आईजी स्तर के अधिकारी की देखरेख में होगी जांच -मामले में 28 फरवरी को होगी अगली सुनवाई हिमाचल हाई कोर्ट ने पूर्व डीजीपी संजय कुंडू और एसपी कांगड़ा शालिनी अग्निहोत्री की रिकॉल एप्लिकेशन डिसमिस कर दी है और मामले को लेकर एक सप्ताह में आईजी स्तर के अधिकारी की देखरेख में एसआईटी गठित कर जांच करने के आदेश दिए हैं। हाई कोर्ट में महाअधिवक्ता अनूप रतन ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों पर संजय कुंडू ने हाई कोर्ट में रिकॉल एप्लीकेशन दायर की थी, उन्होंनेे 26 दिसंबर के आदेशानुसार ट्रांसफर पर स्टे लगाने की गुहार लगाई थी, जिसको लेकर हाई कोर्ट ने 5 जनवरी को फैसला सुरक्षित रखा था। आज हाई कोर्ट की डबल बैंच ने रिकॉल एप्लिकेशन को डिसमिस कर दिया और मामले को सीबीआई को ट्रांसफर न करने के भी आदेश दिए। हाई कोर्ट के आदेशों पर एसआईटी को 28 फरवरी तक फ्रेस स्टेटस रिपोर्ट अदालत में देनी होगी। मामले में अगली सुनवाई 28 फरवरी को होगी। बता दें कि पालमपुर के कारोबारी निशांत कुमार शर्मा की सुरक्षा और मामले की स्वतंत्र जांच को लेकर इस मामले पर हाईकोर्ट में सुनवाई हो रही है। कोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी कर कारोबारी को उचित सुरक्षा मुहैया करवाने के आदेश पहले ही जारी कर रखे हैं। इस मामले में निशांत ने कोर्ट में एसपी कांगड़ा को बदलने के लिए याचिका दायर की थी। उन्होंने एसपी पर अपने कर्तव्यों के निर्वहन में कोताही बरतने का आरोप लगाया था। वहीं, डीजीपी की ओर से कोर्ट को बताया गया कि उनका निशांत से संपर्क करने का इरादा केवल इतना था कि वे दोनों पक्षकारों के बीच मध्यस्थता कर मामले को सुलझाना चाहते थे।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज ओक ओवर से इन्नर व्हील क्लब की स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण होने पर इन्नर व्हील डिस्ट्रिक्ट 308 द्वारा आयोजित कार रैली को झंडी दिखाकर रवाना किया। यह रैली दिल्ली में आयोजित अंतरराष्ट्रीय स्तर के समारोह में संपन्न होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन्नर व्हील क्लब सामाजिक सरोकार से जुड़े अपने दायित्वों का बखूबी निर्वहन कर रहा है। उन्होंने इस संस्था के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह संस्था 100 वर्षों से समाज के जरूरतमंद वर्गों के कल्याण के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित कर रही है। सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि समाज के विकास में महिलाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। महिलाएं हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं। प्रदेश सरकार द्वारा महिला सशक्तिकरण की दिशा में कई कदम उठाए गए हैं, जिनके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। इस अवसर पर ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार मीडिया नरेश चौहान, मुख्यमंत्री के ओएसडी गोपाल शर्मा एवं रितेश कपरेट, इन्नर व्हील क्लब की डिस्ट्रिक्ट चेयरपर्सन सीमा कपूर, पदाधिकारी नेहा शर्मा और अन्य गणमान्य उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में वार्षिक बजट 2024-25 के लिए विधायकों की प्राथमिकताओं के निर्धारण के लिए प्रस्तावित दो दिवसीय बैठक का आयोजन 29 और 30 जनवरी सचिवालय में किया जाएगा। 29 जनवरी को पूर्वाह्न 10.30 बजे से 1.30 बजे तक ऊना, हमीरपुर और सोलन तथा अपराह्न 2 बजे से 5 बजे तक सिरमौर, चंबा, बिलासपुर और लाहौल-स्पिति जिले के विधायकों के साथ बैठक आयोजित की जाएगी। 30 जनवरी को पूर्वाह्न 10.30 बजे से 1.30 बजे तक कांगड़ा, किन्नौर व कुल्लू जिलों तथा अपराह्न 2 से 5 बजे तक शिमला और मण्डी के विधायकों के साथ बैठक आयोजित की जाएगी। इन बैठकों में वार्षिक बजट 2024-25 की विधायक प्राथमिकताओं के निर्धारण के लिए विचार-विमर्श किया जाएगा। बैठकों में विधायकों से वर्ष 2024-25 के लिए मित्तव्ययता उपायों, वित्तीय संसाधन जुटाने एवं बेहतर प्रशासन के संदर्भ में प्राप्त सुझावों पर भी चर्चा होगी।
-बैडमिंटन स्टार चिराग शेट्टी और शात्विकसाईराज रंकीरेड्डी को खेल रत्न सम्मान -नई दिल्ली में आयोजित मारोह में राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मू ने किया सम्मानित राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मू ने आज नई दिल्ली में खिलाड़ियों को वर्ष 2023 के खेल रत्न और अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया। सबसे बड़ा खेल का सम्मान खेल रत्न अवॉर्ड बैडमिंटन की स्टार जोड़ी चिराग शेट्टी और शात्विकसाईराज रंकीरेड्डी को मिला, जबकि क्रिकेटर मोहम्मद शमी व हिमाचल की बेटी कबड्डी स्टार रितु नेगी सहित 26 खिलाड़ियों को अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। सिरमौर जिले के गिरीपार से संबंध रखने वाली रितु नेगी वर्तमान में भारतीय महिला कबड्डी टीम की कप्तान हैं। पुरस्कार समारोह से पहले शमी ने कहा था, 'यह पुरस्कार एक सपना है, जिंदगी बीत जाती है और लोग यह पुरस्कार नहीं जीत पाते। मुझे खुशी है कि मुझे इस पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया है।' बता दें कि भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने बीते साल हुए क्रिकेट वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन करते हुए टूर्नामेंट में सबसे अधिक 24 विकेट झटके थे।
-केंद्रीय उपभोक्ता मामले विभाग के अतिरिक्त सचिव की जिम्मेदारी सौंपी हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के प्रधान सचिव भरत खेड़ा को केंद्र सरकार ने दिल्ली बुला लिया है। केंद्र की मोदी सरकार ने खेड़ा को उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय में उपभोक्ता मामले विभाग के अतिरिक्त सचिव की जिम्मेदारी सौंपी है। इस संबंध में केंद्रीय कैबिनेट की नियुक्ति समिति के सचिवालय की ओर से नियुक्ति आदेश जारी किए गए हैं। भरत खेड़ा के प्रतिनियुक्ति पर जाने से मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव पद के लिए योग्य अधिकारी को तलाश करना सरकार के लिए चुनौती रहेगा। वर्तमान में प्रदेश के प्रशासनिक सचिवों के पास औसतन पांच से छह विभाग हैं। खेड़ा वर्तमान में अकेले करीब दस महकमों की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। सामान्य प्रशासन विभाग, सचिवालय प्रशासन विभाग, ऊर्जा विभाग, बिजली बोर्ड, लोक निर्माण विभाग, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग, कर एवं आबकारी विभाग, संसदीय कार्य के अलावा मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव का पदभार इनके पास है। खेड़ा के दिल्ली जाने से इन महकमों का आवंटन करना सरकार के लिए आसान नहीं रहने वाला है।
** मानव भारती विवि के संचालक सहित 10 लोगों को बनाया आरोपी ** यूनिवर्सिटी पर 46,000 फर्जी डिग्रियां बेचने का है आरोप मानव भारती निजी विश्वविद्यालय के फर्जी डिग्री मामले में एसआईटी ने हिमाचल उच्च न्यायालय में अंतिम चालान पेश कर दिया है। एसआईटी ने विश्वविद्यालय के संचालक राजकुमार राणा व पत्नी समेत 10 से ज्यादा लोगों को आरोपी बनाया गया है। फॉरेंसिक लैब जुन्गा से सैंपल की रिपोर्ट आने और अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद एसआईटी ने चालान पेश किया है। एसआईटी का दावा है कि आरोपियों के खिलाफ पुख्ता सबूत हैं। लैब को भेजे गए फर्जी डिग्रियों के नमूने और उत्तर पुस्तिकाओं की लिखावट की जांच में पाया गया कि दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ हुई है। जांच में पाया गया कि कई राज्यों में फर्जी डिग्रियां बेची गईं। इन राज्यों में महाराष्ट्र, बिहार, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, दिल्ली, गुजरात, तमिलनाडु, केरल, पंजाब, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश और कर्नाटक शामिल हैं। डिग्रियां बेचने का यह फर्जीवाड़ा 2010 से चल रहा था। विश्वविद्यालय पर 46,000 फर्जी डिग्रियां बेचने का आरोप है।
-आयोजन में पहुंचे 12 से अधिक देवी-देवता और 20 हजार देवलु हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के रोहड़ू के गवास गांव में देवता गुडारू महाराज के सानिध्य में 38 साल बाद ऐतिहासिक देव अनुष्ठान शांत महायज्ञ समारोह का शुभारंभ रविवार को हुआ था। तीन दिन तक चलने वाले इस ऐतिहासिक महायज्ञ में 12 से अधिक देवी-देवता और 20 हजार से अधिक देवलु एवं खूंद पहुंचे हैं। प्रचलित पंरपरा के मुताबिक इस ऐतिहासिक देव अनुष्ठान के सफल आयोजन से क्षेत्र में सुख-समृद्धि की कामना की जाएगी। आयोजन के दूसरे दिन सोमवार को फेरी व शिखा पूजन की परंपरा पूरी की गई। फेरी रोहटान खूंद की ओर से सुबह 9 बजे मंदिर की परिक्रमा करके की गई। शिखा पूजन रस्म दोपहर 1 बजे मंदिर की छत पर पारंपरिक ढंग से पूजा-अर्चना के साथ हुई। इस दौरान हजारों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।
** नेहरू-गांधी परिवार से आज तक कोई क्यों नहीं पहुंचा राम जन्मभूमि ** भगवान राम पर अपमान जनक टिप्पणी पर खामोश है इंडी गठबंधन नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि कोर्ट के आदेश से राम जन्मभूमि का ताला खुलने के बाद किसी बड़े कांग्रेसी नेता ने राम लला के दर्शन करने की जहमत क्यों नहीं उठाई। पूजा पाठ और दर्शन की अनुमति होने के बाद से कांग्रेस नेताओं की राम लला से दूरी बनाने की क्या वजह है। कांग्रेस को इन बातों का जवाब देना चाहिए। आज भगवान राम सबके हैं कहने वाले 37 साल से कहां थे। देश के लोग यह जानना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का असली चेहरा देश के सामने हैं। आज विपक्षनीत 'इंडी गठबंधन का कोई न कोई नेता हताशा में भगवान राम अपमानजनक टिप्पणी कर रहा है लेकिन कांग्रेस समेत सभी नेता ख़ामोश बैठे हैं। इसी से पता चलता है कि सनातन की परंपरा के ध्वजवाहक मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम के प्रति कांग्रेस समेत विपक्ष की क्या भावना है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि देश का बच्चा-बच्चा जानता हैं कि राम मंदिर की राह में कांग्रेस ने किस-किस तरह से रोड़े अटकाने का प्रयास किया। पूरे गांधी नेहरू परिवार की विरासत ही उत्तर प्रदेश की रही है। नेहरू-गांधी परिवार ने उत्तर प्रदेश से ही अपना प्रतिनिधित्व किया है। लेकिन कोर्ट से पूजा पाठ की अनुमति मिलने के बाद न जाने किस डर से किसी ने राम जन्मभूमि जाकर राम लला के दर्शन नहीं किए। चाहे वह राहुल गांधी हों, या प्रियंका गांधी या खुद सोनिया गांधी। कोई भी भगवान राम की चौखट तक नहीं गया। अमेठी का पिछला चुनाव हारने के पहले राहुल और सोनिया गांधी अयोध्या के आस-पास की लोक सभा क्षेत्रों से ही संसद का प्रतिनिधित्व करते रहे हैं। जयराम ठाकुर ने कहा कि यह सभी नेता कई बार अयोध्या के आस-पास से गुजरे होंगे। प्रियंका गांधी ने तो अयोध्या रोड शो किया, हनुमान गढ़ी तक आई। वहां से चंद कदमों की दूरी पर राम लला का स्थान था लेकिन दो मिनट का समय भी उनसे नहीं निकाला गया। 37 साल से भगवान राम से इस तरह की दूरी बनाने के बाद अगर आज कांग्रेस के नेताओं को राम मंदिर पर बातें करने से पहले सोचना चाहिए।
** देशभर में इस तरह की महत्वकांक्षी पहल करने वाला पहला राज्य बनेगा हिमाचल ** मुख्यमंत्री बोले, स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने में कृत्रिम मेधा का होगा प्रयोग मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए आधुनिक प्रौद्योगिकी और आर्टिफिशियल इटेंलिजेंस (कृत्रिम मेधा) का उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा। यह बात उन्होंने आज यहां स्वास्थ्य विभाग की उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार विभिन्न क्षेत्रों में कृत्रिम मेधा का उपयोग सुनिश्चित करने के लिए वृहद स्तर पर कार्य कर रही है। इसके लिए आर्टिफिशियल इटेंलिजेंस मंत्रालय का सृजन करने पर भी विचार किया जा रहा है। देशभर में इस तरह की महत्वकांक्षी पहल पहली बार होगी। हमीरपुर में स्थापित होगा राष्ट्रीय कैंसर केंद्र सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार हमीरपुर में राष्ट्रीय कैंसर केंद्र स्थापित करने जा रही है। इसके लिए सभी प्रक्रियाएं चरणबद्ध तरीके से पूर्ण की जा रही हैं। इस केंद्र में मुख्य तौर पर अस्पताल, पालीऐटिव केयर, सेंटर फॉर प्रिवेन्टिव ऑन्कोलोजी और सेंटर फॉर मोलीक्यूलर ऑन्कोलोजी विभाग होंगे। उन्होंने कहा कि इस केंद्र में हाई-एंड प्रौद्योगिकी का उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा और विश्व स्तरीय डायग्नोस्टिक लैब स्थापित की जाएगी। इस केंद्र में मोलीक्यूलर ऑन्कोलोजी सहित अनेक नवीन प्रौद्योगिकियों का इस्तेमाल कर मरीजों को श्रेष्ठतम स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा वर्तमान में राज्य में कार्यशील कैंसर केयर यूनिट को भी सुदृढ़ किया जाएगा। बैठक में मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी, कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. दिनेश पेढ़ारकर, डॉ. जीके रथ, डॉ. सीएम त्रिपाठी, मुख्यमंत्री के ओएसडी गोपाल शर्मा, स्वास्थ्य सचिव एम सुधा देवी, मुख्यमंत्री के प्रधान निजी सचिव विवेक भाटिया, मिशन निदेशक एनएचएम प्रियंका वर्मा, निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं गोपाल बेरी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
-कहा, लंबित राजस्व मामलों का त्वरित निपटारा प्रदेश सरकार की प्राथमिकता मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रशासनिक सचिवों के साथ आज यहां मंडे मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा आयोजित पहली राजस्व लोक अदालत से अब तक 65000 से अधिक इंतकाल के मामलों का निपटारा किया गया है। इनमें से 11420 इंतकाल के मामले और 1217 तकसीम के मामले इस वर्ष 4 और 5 जनवरी को आयोजित तीसरी राजस्व लोक अदालत में निपटाए गए। उन्होंने कहा कि अगली राजस्व लोक अदालतें 30 और 31 जनवरी को आयोजित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि यह पहली बार है कि तकसीम के मामलों की निपटान दर 200 प्रतिशत दर्ज की गई है। 3 दिसंबर, 2023 से 5 जनवरी, 2024 तक तकसीम के 1823 नये मामले निपटारे के लिए आए जबकि इस अवधि में तकसीम के 3544 लंबित मामलों का निपटारा किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार लंबित राजस्व मामलों को समयबद्ध निपटाने को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान कर रही है, जिससे राजस्व लोक अदालतों को लोगों की सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार लोगों को घर-द्वार पर गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार हिमाचल आने वाले पर्यटकों को सहज और यादगार अनुभव प्रदान करने के लिए बुनियादी पर्यटन ढांचे को विकसित करने पर विशेष ध्यान केंद्रित कर रही है। उन्होंने राज्य सरकार के सभी पर्यटन होटलों, हिमाचल भवन, हिमाचल सदन और विभिन्न विभागों के विश्राम गृहों में क्यूआर कोड आधारित ऑनलाईन भुगतान की सुविधा प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने पर्यटन विभाग को पर्यटकों को दी जाने वाली सेवाओं में और सुधार सुनिश्चित करने को भी कहा। ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार ने राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्ट-अप योजना का पहला चरण शुरू किया है, जिसमें राज्य के युवाओं को स्वरोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए ई-टैक्सी परमिट की पेशकश की गई है। उन्होंने प्रदेश के विभिन्न स्थानों में स्थापित किए जा रहे ई-चार्जिंग स्टेशनों की अद्यतन स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि यह कदम राज्य के स्वच्छ पर्यावरण को संरक्षित करने और 31 मार्च, 2026 तक हिमाचल प्रदेश को हरित ऊर्जा राज्य बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
-मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने किया कैल्शियम क्लोराइड ब्राइन प्लांट का उद्घाटन -शिमला के बाद अन्य स्थानों पर भी किया जाएगा इस्तेमाल लोक निर्माण विभाग ने बर्फबारी से निपटने के लिए पुख्ता इंतजाम कर लिए हैं। विभाग पहली बार कैल्शियम क्लोराइड से सड़कों पर से बर्फ हटाएगा। लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने आज शहर की पहली कैल्शियम क्लोराइड ब्राइन मशीन का उद्घाटन किया है। शिमला में यह मशीन आरटीओ कार्यालय के बाहर स्थापित की गई है। प्लांट एक दिन में 6,000 लीटर कैल्शियम क्लोराइड बना सकता है। इसके अलावा विभाग ने मंत्री को कैल्शियम क्लोराइड ब्राइन सॉल्यूशन की स्प्रे करके पूरी प्रक्रिया के बारे में भी बताया। प्लांट से 500 रुपये लागत में एक किलोमीटर सड़क पर कैल्शियम क्लोराइड ब्राइन सॉल्यूशन छिड़क कर सड़क पर बर्फ जमने से रोकी जा सकती है। लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर इन चीफ अजय गुप्ता ने बताया कि मशीन में बर्फ पिघलाने का कैमिकल तैयार होगा। इस कैमिकल को पिकअप के माध्यम से बर्फीले क्षेत्रों की सड़कों तक पहुंचाया जाएगा। जैसे-जैसे बर्फबारी का मौसम बनेगा, उससे पहले सड़कों पर इसका पहला छिड़काव किया जाएगा। इससे सड़क पर बर्फ नहीं टिकेगी। जिन सड़कों पर बर्फ जम गई है, वहां यह स्लूशन पांच मिनट के भीतर बर्फ पिघला देगा। शिमला के बाद अन्य बर्फबारी वाली जगहों में इस स्लूशन का प्रयोग किया जाएगा।
-सभी वर्गों के लिए एक इंच बढ़ाई गई लंबाई -महिलाओं को 30 फीसदी आरक्षण हिमाचल प्रदेश में लोकसभा चुनाव से पहले होने वाली पुलिस कांस्टेबल भर्ती नियमों में सरकार ने कुछ बदलाव किए हैं। अब सभी वर्गों के लिए एक-एक इंच लंबाई बढ़ाई गई है। सामान्य वर्गों के लिए पुरुष भर्ती के लिए लंबाई 5.6 फीट, आरक्षित वर्गों के लिए 5.4, महिलाओं के लिए 5.2 फीट रखी गई है। पुलिस मुख्यालय 1228 पदों को भरने की औपचारिकताएं पूरी करे में जुटा है। संशोधित पुलिस भर्ती में महिलाओं को 30 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। इससे पहले महिलाओं को भर्ती में 25 फीसदी का आरक्षण दिया जाता रहा है। प्रदेश सरकार ने महिलाओं को राहत देने के लिए नियमों में संशोधन किया है। लोकसेवा आयोग के माध्यम से यह भर्ती होगी। पुलिस मुख्यालय की ओर से इसके लिए 15 दिन के भीतर आपत्ति और सुझाव मांगे गए हैं। उल्लेखनीय है कि पुलिस की भर्ती काफी समय से लटकी थी। कांग्रेस सरकार ने इस प्रक्रिया को शुरू किया है। पुरुषों को साढ़े पांच मिनट में पूरी करनी होगी 1500 मीटर दौड़ पुरुष अभ्यर्थियों को 1500 मीटर दौड़ साढ़े पांच मिनट तक पूरी करनी होगी। महिलाओं के लिए 800 मीटर दौड़ होगी। यह उन्हें 3 मिनट 45 सेकंड में पूरा करनी होगी। पुरुष अभ्यर्थियों के लिए 1.35 मीटर और महिलाओं के लिए 1.10 मीटर ऊंची कूद में भाग लेना होगा। इसके लिए उन्हें तीन प्रयास मिलेंगे। पुरुषों को 4 मीटर और महिलाओं को 3 मीटर लंबी छलांग लगानी होगी। इसके अलावा पुरुषों को 100 मीटर की दौड़ 14 सेकंड और महिलाओं को 17 सेकंड के भीतर पूरी करनी होगी।
- प्रतिभा सिंह अध्यक्ष, कमेटी में सीएम सुक्खू भी शामिल - मंत्री पद न मिलने से नाराज चल रहे सुधीर व राणा भी मेंबर कांग्रेस ने लोकसभा चुनाव के लिए हिमाचल प्रदेश में इलेक्शन कमेटी गठित कर दी है। 20 सदस्यों वाली इस कमेटी की अगुआई प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह करेंगी। मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू और उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री भी उनकी अध्यक्षता में कमेटी में काम करेंगे। कमेटी में पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा, मंत्री पद न मिलने से नाराज चल रहे विधायक सुधीर शर्मा व राजेंद्र राणा सहित 20 सदस्य हैं। कमेटी में विप्लव ठाकुर, आशा कुमारी, ठाकुर कौल सिंह, रामलाल ठाकुर, कुलदीप कुमार, कुलदीप राठौर, जगत सिंह नेगी, चंद्र कुमार, कर्नल धनीराम शांडिल, विनय कुमार को शामिल किया गया है। इनके अलावा प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष, एनएसयूआई अध्यक्ष, सेवा दल अध्यक्ष और प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष को भी सदस्य बनाया गया है।
-कहा, विपक्ष की कमियां नहीं; अपनी उपलब्धियां बताए सरकार -मंत्री तो बनाए, पर पोर्टफोलियो नहीं दे पा रही सुक्खू सरकार शिमला: नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार बने अब एक साल से भी ज्यादा का समय हो गया है। इसलिए सरकार को विपक्ष को कोसने के बजाय प्रदेश के विकास पर स्वयं को फोकस करना चाहिए। अब सरकार को विपक्ष की कमियां नहीं, बल्कि अपनी उपलब्धियां बतानी चाहिए। विपक्ष को कोसने से नहीं, विकास कार्यों को गति देने से प्रदेश का भला होगा। इसलिए सरकार अपनी नाकामी का ठीकरा विपक्ष पर फोड़ने के बजाय अपने नेताओं द्वारा किए गये चुनावी वादों के भाषणों को को फिर से सुने तथा घोषणापत्र को फिर से पढ़े और उन्हें पूरा करे। जयराम ने कहा कि सरकार ने व्यवस्था का मजाक बना रखा है। व्यवस्था परिवर्तन में आज ऐसे स्थिति है कि 'धरना दो और वेतन लो'। क्या इसी तरह की व्यवस्था परिवर्तन की बात शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री द्वारा की गई थी। प्रदेश में अराजकता फैलाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि आए दिन लोगों को परेशान किए जाने की खबरें ही सरकार की नाकामी की वजह से सामने आ रही हैं। महंगाई बढ़ाने से लेकर पूर्व सरकार द्वारा दी गई सुविधाओं को छीनने के अलावा और कोई भी काम इस सरकार द्वारा नहीं किया गया है। आज भी यही क्रम जारी है। कभी बिजली बर्ड तो कभी परिवहन निगम के कर्मचारी अपने वेतन की मांग के लिए सड़कों पर उतरते हैं तो कभी धरना देने की धमकी देते हैं। प्रदेश को इस तरह का व्यवस्था परिवर्तन नहीं चाहिए जो काम के बदले वेतन भी नहीं दे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि व्यवस्था परिवर्तन का एक और नज़ारा वर्तमान कांग्रेस सरकार में देखने को मिल रहा है। मंत्रियों के पद ख़ाली रखकर सीपीएस की नियुक्तियां की गई हैं। एक साल तक आपसी रार में सरकार निर्धारित संख्या में मंत्री तक नहीं बना पाई। अब जब एक साल बाद मंत्री बना दिया तो उन्हें पोर्टफोलियो नहीं दे पा रही है। दो मंत्री बिना किसी पोर्टफ़ोलिया के ही चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने एक साल बाद मंत्री बना दिया है तो शपथ ग्रहण के महीनें भर के भीतर उन्हें विभाग भी दे दे, जिससे विभागों के काम आगे बढ़ सकें।
-राजस्व मंत्री कृष्ण बायरे गोडा ने जनहित में सराहनीय पहल दिया करार -कहा, बेहतरीन कार्य कर रही हिमाचल की कांग्रेस सरकार कर्नाटक के राजस्व मंत्री कृष्ण बायरे गोडा ने हिमाचल सरकार के इंतकाल अदालतें के आयोजन को जनहित में एक सराहनीय पहल करार दिया है। रविवार क बेंगलुरु में हिमाचल के शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक केवल सिंह पठानिया और इंदौर के विधायक मलिंदर राजन के साथ कर्नाटक के राजस्व मंत्री ने औपचारिक भेंट में यह कहा कि हिमाचल की सुखविंदर सिंह की सरकार बेहतरीन कार्य कर रही है। बता दें कि आपदा के दौरान भी प्रदेश सरकार के प्रयासों को नीति योग से लेकर वर्ल्ड बैंक तक की जैसी एजेंसियों ने भी ने खूब सराहा है। उन्होंने कहा की हिमाचल की सरकार ने कर्मचारियों के हितों में ओल्ड पेंशन का निर्णय लेकर बढ़िया कदम उठाया है। इस अवसर पर विधायक केवल सिंह पठानिया ने कर्नाटक के राजस्व मंत्री को अवगत करवाते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा आयोजित राजस्व लोक अदालतें राज्य के लोगों के लिए फायदेमंद साबित हो रही हैं। इनके माध्यम से इंतकाल और तकसीम के हजारों मामलों का निपटारा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा 4 व 5 जनवरी, 2024 को आयोजित राजस्व लोक अदालतों में 24,091 मामलों का निपटारा किया गया, जिनमें इंतकाल के 20,547 मामले थे। दिसम्बर, 2023 में प्रदेश की राजस्व अदालतों में तकसीम के कुल 1,823 मामले दर्ज किए गए। 3 दिसम्बर, 2023 से 5 जनवरी, 2024 तक तकसीम के रिकॉर्ड 3,544 मामलों का निपटारा किया गया, जोकि इस दौरान दर्ज मामलों का लगभग 200 प्रतिशत है। उन्होंने बताया प्रदेश सरकार भविष्य में भी राजस्व लोक अदालतों का आयोजन करेगी ताकि प्रदेशवासियों के राजस्व से जुड़े मामलों का शीघ्र निपटारा किया जा सके।
-कहा, हिमाचल के लोगों की देव संस्कृति में गहरी आस्था -प्रदेश की प्राचीन संस्कृति का प्रतीक है यह महायज्ञ मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू आज जिला शिमला के रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र के गवास में 36 वर्षों के बाद आयोजित किए जा रहे तीन दिवसीय शांत महायज्ञ में शामिल हुए और देवता गुडारू जी महाराज के मंदिर में पूजा-अर्चना की। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की सुख और समृद्धि की कामना की। क्षेत्र में पहुंचने पर स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री का जोरदार स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि 36 वर्षों बाद यह महायज्ञ धूमधाम के साथ आयोजित किया जा रहा है, जिसमें क्षेत्र के लोग बड़ी संख्या में भाग ले रहे हैं। क्षेत्रवासियों को शांत महायज्ञ की बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के लोगों की देव संस्कृति में गहरी आस्था है, इसीलिए हिमाचल प्रदेश को देवभूमि कहा जाता है। यह महायज्ञ हिमाचल प्रदेश की प्राचीन संस्कृति का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के सभी निवासियों की देवी-देवताओं में गहरी आस्था तथा सभी को अपनी पुरातन संस्कृति पर गर्व है। मुख्यमंत्री ने युवा पीढ़ी से इस प्राचीन संस्कृति को सहेज कर रखने की अपील की। शांत महायज्ञ में क्षेत्र के हजारों लोग पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ शामिल होने के लिए पहुंचे हैं। साथ ही रोहड़ू और जुब्बल क्षेत्र के सात देवता और 13 खूूंद शामिल हो रहे हैं। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और सांसद प्रतिभा सिंह, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह तथा मुख्य संसदीय सचिव मोहन लाल ब्राक्टा ने भी क्षेत्रवासियों को महायज्ञ की बधाई दी और मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू का रोहड़ू पहुंचने पर स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के ओएसडी कर्नल कुलदीप सिंह बांशटू तथा रितेश कपरेट, उपायुक्त आदित्य नेगी व अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
-एक वर्ष में राज्य में स्थापित किए 102 स्वचालित मिल्क कलेक्शन यूनिट -दूध का खरीद मूल्य 6 रुपये बढ़ाने की मुख्यमंत्री ने की है घोषणा पशु पालन और दुग्ध उत्पादन गतिविधियां प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के जीवन का अभिन्न अंग हैं। प्रदेश में ये रोजगार का साधन और महिला सशक्तिकरण की संभावनाओं वाला क्षेत्र है। डेयरी क्षेत्र को विस्तार प्रदान कर प्रदेश सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत कर हिमाचल को देश का समृद्ध राज्य बनाने की ओर अग्रसर है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने दुग्ध उत्पादकों को लाभान्वित करने के उद्देश्य से दूध का खरीद मूल्य 6 रुपये बढ़ाने की घोषणा की है। यह निर्णय दुग्ध उत्पादकों की खुशहाली और समृद्धि की दिशा में सहायक सिद्ध होगा। दुग्ध उत्पादकों की आर्थिकी सुदृढ़ करने और दुग्ध उत्पादन में पारदर्शिता लाने के लिए हिमाचल प्रदेश दुग्ध प्रसंघ ने इस वर्ष राज्य में 102 स्वचालित मिल्क कलेक्शन यूनिट (एएमसीयू) में स्थापित किए हैं। प्रदेश में 455 स्वचालित मिल्क कलेक्शन यूनिट कार्यशील हैं। इसके अतिरिक्त प्रदेश में विभिन्न परियोजनाओं के अन्तर्गत अब तक 106 बल्क मिल्क कूलर लगाए जा चुके हैं। दूध की गुणवत्ता में सुधार के लिए सोसायटी स्तर पर राष्ट्रीय डेयरी विकास कार्यक्रम के तहत 35 केन मीटर कूलर प्रदान किए गए हैं। 500 करोड़ की श्वेत क्रांति की शुरुआत प्रदेश सरकार राज्य में सहकार को बढ़ावा प्रदान कर ग्रामीणों की उन्नति के द्वार खोल रही है। डेयरी क्षेत्र के विकास में सहकार महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। सरकार द्वारा ग्रामीण स्तर पर समितियों को संगठित किया जा रहा है। वर्तमान में इन समितियों की संख्या बढ़कर 1,107 हो गई है। प्रदेश में श्वेत क्रांति की शुरुआत कर प्रदेश सरकार ने 500 करोड़ रुपये के बजटीय प्रावधान से महत्वाकांक्षी हिम गंगा योजना आरंभ की है। योजना के तहत प्रथम चरण में लोगों को जागरूक करने के लिए समितियां गठित की गई हैं। जिला हमीरपुर और कांगड़ा में 201 नई दुग्ध सहकारी सोसायटियों का गठन किया गया है। जिला हमीरपुर में 11 महिला सोसायटियां और जिला कांगड़ा में 8 महिला सोसायटियां गठित की गई हैं जो प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में सरकार के प्रयासों को इंगित करती हैं। हमीरपुर जिला में 4 सोसायटियों को पुनर्गठित किया गया है। इन दुग्ध सहकारी सोसायटियों के माध्यम से 4064 किसानों को जोड़ा गया है। कांगड़ा के डगवार में 250 करोड़ का दूध प्रसंस्करण संयंत्र डेयरी क्षेत्र में महिलाओं की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए इस योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक महिला दुग्ध उत्पादक सहकारी समितियों का गठन किया जा रहा है। डेयरी फार्मिंग से जुड़े किसानों को लाभान्वित करने के उद्देश्य से जिला कांगड़ा के डगवार में 250 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक पूर्ण रूप से स्वचालित दूध प्रसंस्करण संयंत्र स्थापित किया जाएगा। इस परियोजना के प्रथम चरण में 180 करोड़ रुपये के निवेश से संयंत्र का निर्माण किया जाएगा। इस संयंत्र के स्थापित होने से दही, लस्सी, मक्खन, घी, पनीर, स्वादिष्ट दूध, खोया और मोजेरेला पनीर सहित विभिन्न प्रकार के डेयरी उत्पाद तैयार किए जाएंगे। रोजगार सृजन का मार्ग प्रशस्त करने के साथ-साथ डेयरी क्षेत्र कुपोषण जैसी समस्याओं के समाधान में भी सहायक सिद्ध हो रहा है। हिमाचल प्रदेश दुग्ध प्रसंघ ने महिला एवं बाल कल्याण विभाग के लिए पंजीरी तैयार करने की गतिविधियों में विविधता लाई है। दुग्ध प्रसंघ द्वारा फोर्टीफाइड पंजीरी, फोर्टीफाइड बेकरी बिस्कुट, फोर्टीफाइड गेहूं सेवियां और होल मिल्क पाऊडर उपलब्ध करवाया जा रहा है। सरकार की यह पहल प्रदेश के नौनिहालों के स्वस्थ्य और खुशहाल भविष्य की नींव रख रही है।
-नेता प्रतिपक्ष ने जन्मदिन पर कही यह बात नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि भगवान भारत की साझी सांस्कृतिक विरासत है। हर भारतीय को 22 जनवरी का बेसब्री से इंतजार है। भगवान राम की अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा भारत के इतिहास का स्वर्णिम दिन होगा। पांच सौ साल के लंबे इंतज़ार के बाद यह शुभ घड़ी आई है। इस दिन भारत भर में दिवाली मनेगी। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के नेता और कार्यकर्ता 22 जनवरी के दिन प्रधानमंत्री ने निर्देशानुसार अपने घर, स्थानीय मंदिरों में जाकर इस शुभ घड़ी का उत्सव मनाएंगे। अपने जन्मदिन के अवसर यह बात नेता प्रतिपक्ष ने पत्रकारों से बात करते हुए कही। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री ने सभी देशवासियों से आग्रह किया है कि प्राण प्रतिष्ठा के बाद अयोध्या अवश्य आएं। इसके लिए अयोध्या में विकास के ऐतिहासिक काम हुए हैं। अयोध्या आज विश्व के मानचित्र पर एक वैश्विक शहर बन कर उभरा है। अयोध्या में विश्व स्तर की सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। उन्होंने कहा कि देश भर में विकास के की नई गाथा लिखने वाले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को देश इस तीसरी बार भारी जनादेश के साथ प्रधानमंत्री बनाने जा रही है। हिमाचल प्रदेश की चारों लोकसभा सीटों से बीजेपी विजयी होगी।
राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने आज यहां बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा आयोजित राजस्व लोक अदालतें राज्य के लोगों के लिए फायदेमंद साबित हो रही हैं। इनके माध्यम से इंतकाल और तकसीम के हजारों मामलों का निपटारा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा 4 व 5 जनवरी को आयोजित राजस्व लोक अदालतों में 24,091 मामलों का निपटारा किया गया, जिनमें इंतकाल के 20,547 मामले थे। दिसंबर, 2023 में प्रदेश की राजस्व अदालतों में तकसीम के कुल 1,823 मामले दर्ज किए गए। 3 दिसम्बर, 2023 से 5 जनवरी, 2024 तक तकसीम के रिकॉर्ड 3,544 मामलों का निपटारा किया गया, जोकि इस दौरान दर्ज मामलों का लगभग 200 प्रतिशत है। राजस्व मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार भविष्य में भी राजस्व लोक अदालतों का आयोजन करेगी ताकि प्रदेशवासियों के राजस्व से जुड़े मामलों का शीघ्र निपटारा किया जा सके।
-बागवानी मंत्री ने एचपीएआईसी के कार्यों की समीक्षा के दौरान दी जानकारी हिमाचल प्रदेश कृषि उद्योग निगम सीमित (एचपीएआईसी) की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने आज यहां कहा कि हिमाचल प्रदेश में किसानों व बागवानों के हितों को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में एचीपीएआईसी के कुल 19 बिक्री केंद्र हैं और अब रामपुर के सराहन में एचीपीएआईसी का बिक्री केंद्र खोला जाएगा। जगत सिंह नेगी ने कहा कि प्रदेश सरकार ने एचपीएआईसी को हिमाचल प्रदेश बागवानी उत्पाद विपणन एवं प्रसंस्करण निगम सीमित (एचपीएमसी) में विलय करने का निर्णय लिया था। उन्होंने इस निर्णय की पूर्ति के लिए प्रक्रिया को गति प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एचपीएआईसी की संपत्ति तथा कर्मचारियों को एचपीएमसी में समायोजित किया जाएगा। इससे एचपीएमसी की कार्य क्षमता में वृद्धि होगी तथा बागवानों को बेहतर विपणन सुविधाएं प्राप्त होंगी।
हिमाचल प्रदेश पुलिस के रेलवे पुलिस चौकी ऊना में तैनात जवानों ने एक बहुत ही सराहनीय कार्य किया है। गत 4 जनवरी को शिमला स्थित मीडिया हाउसेस को बजरिया ईमेल पर एस. प्रभु नामक व्यक्ति द्वारा सूचित किया गया कि वह रेलवे लाइन ऊना में ट्रेन के सामने आकर आत्महत्या करने जा रहा है, क्योंकि उसे एक महिला ने धोखा दिया है। ई-मेल मिलने पर मीडिया हाउसेस द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरवीर सिंह राठौर को सूचित किया गया। उन्होंने तुरंत कार्रवाई करते हुए जीआरपी थाना कांगड़ा एवं जीआरपी चौकी ऊना को सूचित किया एवं पुलिस जवानों को इस संदर्भ में उचित दिशा-निर्देश दिए। एक प्रभावी योजना तैयार कर एस. प्रभु के मोबाइल फोन की लोकेशन ली गई एवं जीआरपी चौकी ऊना पुलिस टीम को योजना के तहत रेलगाड़ी के इंर्जन ( लोकोमोटिव) वाले कैबिन में बिठाया गया। रेलगाड़ी जो दौलतपुर से ऊना की तरफ आ रही थी को धीमी रफ्तार से चलाया गया। जब ट्रेन ऊना के पास पहुंची तो एक व्यक्ति पटरी के पास दिखाई दिया। इस पर पुलिस जवान ने तुरंत रेल से उतरकर उसे पकड़ लिया। पूछने पर व्यक्ति ने अपना नाम एस. प्रभु निवासी तमिलनाडु बताया और यह भी बताया कि वह आत्महत्या की करने की नीयत से यहां पर खड़ा था। उसने अपने को भारतीय सेना का जवान बताया। वहीं, भारतीय सेना के सूत्रों से जानकारी एकत्र की गई तो पता चला कि एस. प्रभु भारतीय सेना में हवलदार के पद पर कार्यरत था एवं वर्ष 2022 में छुट्टी आने के बाद वापस ड्यूटी ज्वाइन नहीं की थी। इसे भगोड़ा घोषित किया गया था। आज उसे जीआरपी चौकी ऊना एवं जीआरपी थाना कांगड़ा के पुलिस कर्मचारियों द्वारा सेना कैंप योल में सेना के हवाले किया गया। जीआरपी पुलिस द्वारा की गई उपरोक्त तुरंत कार्रवाई से एस. प्रभु की जान बच गई। जीआरपी चौकी ऊना टीम सहायक उप निरीक्षक अजय ऐरी के नेतृत्व में आरक्षी आनंद, रमन शर्मा, कमल देव, राहुल एवं अनिल द्वारा तुरंत कार्रवाई करते हुए सराहनीय कार्य को अंजाम दिया है। गुरुदेव चंद शर्मा डीआईजी टीटीआर द्वारा जीआरपी पुलिस जवानों द्वारा की गई सफल एवं सराहनीय कार्रवाई पर उनकी भरपूर प्रशंसा की गई।
जाइका वानिकी परियोजना के सौजन्य से शनिवार को मशोबरा में प्रोजेक्ट के डिप्टी रेंजर्स को लेखांकन एवं लेखापालन का पाठ पढ़ाया। यहां आयोजित एक दिवसयीय कार्यशाला का मुख्य लक्ष्य जाइका वानिकी परियोजना के तहत २२ वन मंडलों के डिप्टी रेंजर्स को परियोजना से संबंधित लेखा-जोखा से अवगत करवाना था। इस अवसर पर परियोजना के अतिरिक्त परियोजना निदेशक डीके विज ने यहां मौजूद सभी डिप्टी रेंजर्स को परियोजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि आज जाइका वानिकी परियोजना की पहचान आज विदेशों में भी हो चुकी है। हिमाचल प्रदेश में मुख्य परियोजना निदेशक नागेश कुमार गुलेरिया के नेतृत्व वाली टीम पिछले चार वर्षों से बेहतरीन कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि जाइका जाइका वानिकी परियोजना के तहत प्रदेश में ९२० स्वयं समूहों को शामिल किए जा रहे हैं। डीके विज ने कहा कि डिप्टी रेंजर्स के लिए आयोजित इस कार्यशाला में उन्हें लेखांकन एवं लेखापालन को और आधुनिकीकरण करने के लिए तीन सीए यानी चार्टेड अकाउंटेंट्स ने विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर चार्टेट अकाउंटेंट अतुल तिवारी, नवीन डोगरा और पियूष शर्मा ने लेखा से संबंधित ज्ञान सांझा किए। कार्यशाला के दौरान जाइका वानिकी परियोजना की ओर पीएमयू शिमला का स्टाफ भी मौजूद रहा।
हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड के कर्मचारियों को आज वेतन जारी हो गया है, लेकिन पेंशनर्स को पेंशन जारी नहीं हुई। इसके लिए अभी इंतजार करना होगा। हालांकि आज भी बोर्ड मुख्यालय कुमार हाउस शिमला सहित प्रदेश के सभी कार्यालयों के बाहर भोजन अवकाश के दौरान कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। बिजली बोर्ड कर्मी वेतन व पेंशन नहीं मिलने के चलते बीते कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे थे। शुक्रवार को राज्य भर में कर्मचारियों ने प्रबंधन की शव यात्रा भी निकाला। इसके बाद मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद कर्मियों ने आंदोलन को स्थगित किया। कर्मचारी और इंजीनियरों की संयुक्त संघर्ष समिति ने कहा कि प्रबंध निदेशक को पद से हटाने की मांग को लेकर प्रदर्शन अभी जारी रहेगा।
-पत्नी डॉक्टर सुदेश धनखड़ के साथ कांगड़ी लोकनृत्य भी किया -पांच शिक्षकों और बच्चों को लैपटॉप और स्कूल बैग किए वितरित उप राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने आज हमीरपुर जिले के दोसड़का पुलिस लाइन मैदान में एक से श्रेष्ठ संस्था के 500वें सेंटर का शुभारंभ किया। इस दौरान उप राष्ट्रपति और उनकी पत्नी डॉक्टर सुदेश धनखड़ ने कलाकारों के साथ कांगड़ी लोकनृत्य भी किया। इस दौरान उप राष्ट्रपति व उनकी पत्नी को हिमाचली टोपी व चंबा का थाल देकर सम्मानित किया गया। उप राष्ट्रपति ने एक से श्रेष्ठ योजना के तहत पांच शिक्षकों और बच्चों को लैपटॉप और स्कूल बैग वितरित किए। इससे पहले एनआईटी हमीरपुर के निकट हेलीपैड पर पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल, केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण, युवा सेवा और खेल मंत्री अनुराग ठाकुर व कैबिनेट मंत्री राजेश धर्माणी ने हेलीपैड पर उप राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत किया। स्थानीय विधायक आशीष शर्मा, संभागीय आयुक्त राखी काहलों, उप महानिरीक्षक उत्तरी रेंज अभिषेक धुल्लर, उपायुक्त हेमराज बैरवा, पुलिस अधीक्षक डॉ. आकृति शर्मा, एनआईटी, हमीरपुर के निदेशक प्रो. एचएम सूर्यवंशी और राज्य सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
शिक्षा विभाग के एक प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि राज्य और केंद्र प्रायोजित छात्रवृत्ति योजनाओं के तहत शैक्षणिक सत्र 2023-24 के लिए राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (एनएसपी) पर ऑनलाइन छात्रवृत्ति आवेदन-पत्र जमा करने की अंतिम तिथि 16 जनवरी तक बढ़ा दी गई है। उन्होंने कहा कि संशोधित कार्यक्रम के अनुसार सभी योजनाओं में सत्र के लिए एनएसपी पोर्टल पर छात्रों के पंजीकरण की तिथि 16 जनवरी, 2024 है। प्रथम स्तर के सत्यापन के लिए अंतिम तिथि 30 जनवरी और दूसरे स्तर के सत्यापन के लिए अंतिम तिथि 31 जनवरी निर्धारित की गई है। उन्होंने सभी संस्थानों, स्कूलों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों के प्रमुखों और उच्च शिक्षा उप-निदेशकों से आग्रह किया कि वे एनएसपी के पात्र विद्यार्थियों का ऑनलाइन आवेदन-पत्र जमा करवाना सुनिश्चित करें, ताकि राज्य या राज्य से बाहर पढ़ाई कर रहे किसी भी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त या संबद्धता वाले निजी संस्थानों के विद्यार्थियों को प्रदर्शन में सुधार के लिए प्रोत्साहित किया जा सके। उन्होंने कहा कि इसके उपरांत किसी प्रकार का विस्तार नहीं दिया जाएगा और यह संस्थान प्रमुख की जिम्मेदारी होगी कि सभी पात्र छात्र निर्धारित समय अवधि के भीतर आवेदन करें। उन्होंने कहा कि नवीनतम अपडेट और आवश्यकउ जानकारी के लिए अनाउसमेंट कॉर्नर पर सूचना प्राप्त की जा सकती है और किसी भी तकनीकी पूछताछ के लिए हेल्प डेस्क helpdesk@nsp.gov.in या 0120-6619540 (अवकाश के अतिरिक्त सभी दिनों में सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक) पर संपर्क किया जा सकता है।
-आग से कॉलोनी का एक सेट पूरी तरह से जलकर राख -एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पाया काबू हिमाचल की राजधानी शिमला में आज सुबह करीब 10 बजे स्कैंडल पॉइंट के समीप पीएंटी कॉलोनी में आग लग गई। आग से कॉलोनी के दो सेट को नुकसान हुआ है। इसमें एक सेट पूरी जलकर तरह राख हो गया है, जबकि दूसरे को आंशिक नुकसान हुआ है। घटना ममें लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। उधर, आग लगने की जानकारी मिलते ही माल रोड सहित तीनों फायर स्टेशनों से बचाव दल तुरंत मौके पर पहुंचे और करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग लगने के वक्त मकान में कोई मौजूद नहीं था। इसकी वजह से कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। उधर, अग्निशमन अधिकारी मनसा राम ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया की सुबह करीब 10 बजे उन्हें घटना की जानकारी मिली। इसके बाद तीनों फायर स्टेशनों से बचाव दलों ने तुरंत पहुंचकर आग पर काबू पा लिया है। आग की घटना के कारणों का अभी पता नहीं चला है।
-प्रदेश के डाकघरों में 100 से ज्यादा युवाओं ने फेक सर्टिफिकेट से पाई नौकरी -जांच कर रही सीबीआई ने कहा, यह एक बड़ा भर्ती घोटाला पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश में बाहरी राज्यों के युवक फर्जी प्रमाणपत्रों से नौकरियां कर रहे हैं। सीबीआई की जांच के मुताबिक बाहरी राज्य से 100 से ज्यादा युवाओं ने प्रदेश के अलग-अलग डाकघरों में फर्जी प्रमाणपत्र तैयार कर नौकरी हासिल की है। पहले तक प्रदेश के विभिन्न जिलों की पुलिस मामले की जांच कर रही थी, लेकिन फर्जी दस्तावेजों से नौकरी हासिल करने का आंकड़ा प्रतिदिन बढ़ने के बाद जांच के लिए सीबीआई की मदद भी ली गई है। सीबीआई को दिसंबर के आखिरी हफ्ते में जांच का जिम्मा सौंपा गया था। सीबीआई की जांच के मुताबिक बाहरी राज्य से 100 से ज्यादा युवाओं ने प्रदेश के अलग-अलग डाकघरों में फर्जी सर्टिफिकेट तैयार कर नौकरी हासिल की है। ब्यूरो का मानना है कि यह भर्ती का एक बड़ा घोटाला है।
भारतीय जनता पार्टी लोकसभा चुनाव को लेकर हिमाचल प्रदेश में भी एक्टिव हो गई है। के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा की अध्यक्षता में शुक्रवार शाम को चुनाव की तैयारियों को लेकर शिमला के पीटरहॉफ में भाजपा कोर ग्रुप की बैठक हुई। सूत्रों की मानें तो इसमें प्रदेश की चारों संसदीय सीटों पर पार्टी के संभावित प्रत्याशियों को लेकर चर्चा हुई। बैठक में नड्डा ने पार्टी के कोर ग्रुप से 31 जनवरी से पहले लोकसभा चुनावों के लिए संभावित प्रत्याशियों का पैनल मांगा। प्रत्याशियों के नाम पर अंतिम मुहर लगाने से पहले पार्टी अलग से सर्वे भी करवाएगी। अभिनंदन कार्यक्रम के बाद कोर ग्रुप की बैठक में 21 में से 18 सदस्य मौजूद रहे। तीन मौजूदा सांसदों का रिपोर्ट कार्ड मांगा बैठक के दौरान प्रदेश के तीन मौजूदा सांसदों का रिपोर्ट कार्ड मांगा गया। नड्डा ने सांसदों के कामकाज की दिल्ली से लाई सर्वे रिपोर्ट भी कोर ग्रुप के सामने रखी। बैठक में तय किया गया कि चुनावों में मोदी फैक्टर जीत का आधार होगा।
हिमाचल हाई कोर्ट ने प्रदेश पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) संजय कुंडू और एसपी कांगड़ा शालिनी अग्निहोत्री के ट्रांसफर से जुड़े आदेश वापस लेने से जुड़े आवेदनों पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। मुख्य न्यायाधीश एमएस रामचंद्र राव और न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ की खंडपीठ ने सभी पक्षकारों की ओर से दी गई दलीलों को सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रखा है। गौर रहे कि पालमपुर के कारोबारी निशांत कुमार शर्मा की सुरक्षा और मामले की स्वतंत्र जांच को लेकर इस मामले पर हाईकोर्ट में सुनवाई हो रही है। कोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी कर कारोबारी को उचित सुरक्षा मुहैया करवाने के आदेश पहले ही जारी कर रखे हैं।
- प्रदेश हाई कोर्ट ने ओबेरॉय ग्रुप की रिव्यू पिटीशन की खारिज - कहा, हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम को दो माह में सौंपे होटल राजधानी शिमला के फाइव स्टार होटल वाइल्ड फ्लावर होटल हिमाचल सरकार को वापस मिलेगा। ओबेरॉय ग्रुप के पास छराबड़ा में बने इस होटल का कब्जा नहीं रहेगा। यह आदेश आज हिमाचल हाई कोर्ट ने सुनाया। न्यायालय के न्यायमूर्ति सत्येन वैद्य की अदालत ने होटल के मालिकाना हक को लेकर दायर की गई ओबेरॉय ग्रुप की रिव्यू पिटीशन खारिज कर दी है। अदालत ने ओबेरॉय ग्रुप को निर्देश दिए कि दो महीने में होटल का कब्जा राज्य सरकार के हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) को सौंप दिया जाए। हाई कोर्ट के वरिष्ठ अतिरिक्त महाधिवक्ता आईएन मेहता ने कहा कि यह राज्य के लिए एक ऐतिहासिक निर्णय है, जहां ईस्ट इंडिया होटल मैनेजमेंट और ओबेरॉय समूह को हिमाचल प्रदेश सरकार को कब्जा देने का निर्देश दिया गया है। समीक्षा याचिका भी खारिज कर दी गई है। अदालत ने होटल प्रबंधन को दो महीने की अवधि के भीतर एचपीटीडीसी को कब्जा देने का निर्देश दिया है। अदालत ने 15 मार्च 2024 तक अनुपालन रिपोर्ट जमा करने का भी निर्देश दिया है। कब्जा दो महीने के भीतर देना होगा और अनुपालन रिपोर्ट अगले दिन यानी 15 मार्च 2024 को देनी होगी।
-कर्मचारियों एवं पेंशनरों को वेतन व पेंशन जारी न करने पर जताया रोष -कहा, अब सभी देय लाभ और ओपीएस भी लेकर रहेंगे बोर्ड से विद्युत बोर्ड तकनीकी कर्मचारी संघ जिला शिमला ने आज जिला प्रधान अशोक शर्मा की अध्यक्षता में कसुम्पटी में धरना-प्रदर्शन किया। इसमें संघ के पूर्व अध्यक्ष मोहन लाल ठाकुर व डिवीजन नंबर एक के अध्यक्ष मदन ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित रहे। इसमें सरकार और बिजली बोर्ड प्रबंधन द्वारा बोर्ड कर्मचारियों एवं पेंशनरों का वेतन व पेंशन जारी न करने पर रोष जताया गया। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि बोर्ड 570 करोड़ की कमाई करके भी सैलरी व पेंशन समय पर नहीं दे रहा है, ये चिंता का विषय है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सरकार उपभोक्ताओं को 125 यूनिट फ्री देने की सब्सिडी बोर्ड को समय पर दे या फिर इस फैसले को वापस ले। पदाधिकारियों ने कहा कि ये संघर्ष अब वेतन तक सीमित नहीं है। अब बोर्ड प्रबंधन को कर्मचारियों और पेंशनरों के सभी देय लाभ देने होंगे और पुरानी पेंशन स्कीम को भी बिजली बोर्ड में लागू करना पड़ेगा। इस धरने में सिटी डिवीजन शिमला, डिवीजन 2 व डिवीजन नंबर एक के तकनीकी कर्मचारी एवं संघ के पदाधिकारी मौजूद रहे।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल ने आज 102 और 108 एंबुलेंस सेवाओं के संचालन और रखरखाव पर आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए एंबुलेंस सेवा प्रदाता को अपनी सेवाओं में सुधार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता से शिकायतें मिली हैं कि कंपनी मानदंडों के अनुसार एंबुलेंस नहीं चला रही है। यह भी देखा गया है कि एम्बुलेंस और संबंधित सेवाएं या तो क्रियाशील नहीं हैं या उनका रखरखाव ठीक से नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एंबुलेंस सेवा प्रदाता पर मरीजों को आवश्यक सेवाएं प्रदान करने की महत्त्वपूर्ण जिम्मेदारी है और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान करने में किसी भी प्रकार की चूक पर सरकार द्वारा कड़ी कार्यवाही की जाएगी। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रदेश के लोगों द्वारा जन प्रतिनिधियों के ध्यान में यह बात लाई गई है कि एंबुलेंस सेवा प्रदाता द्वारा चलाई जा रही 102 व 108 एंबुलेंस में या तो बुनियादी सुविधाओं, जैसे कि सहायता प्रदाता, ऑक्सीजन सिलेंडर या अन्य चिकित्सा उपकरण का अभाव है या फिर इन बुनियादी सुविधाओं का पर्याप्त रखरखाव नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र ही इन सेवाओं में सुधार नहीं किया गया और लोगों की असुविधाओं के चलते शिकायतें जारी रहीं, तो सेवा प्रदाता के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
-मुख्यमंत्री ने केंद्रीय नागर विमानन मंत्री से भेंट कर किया आग्रह -प्रस्तावित 9 हेलीपोर्ट के निर्माण में तेजी लाने का भी आग्रह किया मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया से शिष्टाचार भेंट की। मुख्यमंत्री ने ए 320 विमानों के संचालन के लिए कांगड़ा हवाई अड्डे के 1376 मीटर से 3010 मीटर तक प्रस्तावित विस्तारीकरण पर चर्चा की। उन्होंने भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) द्वारा हवाई अड्डे के निर्माण के लिए शीघ्र कार्रवाई का आग्रह किया, जिसके लिए राज्य सरकार भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी करेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जिला मुख्यालयों के साथ-साथ जनजातीय क्षेत्रों में हेलीपोर्ट निर्मित करने की दिशा में कार्य कर रही है। उन्होंने पहले चरण में राज्य में प्रस्तावित 9 हेलीपोर्ट के निर्माण की प्रक्रिया में तेजी लाने का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि ये हेलीपोर्ट जनजातीय और दूरदराज के क्षेत्रों में पर्यटन को बढ़ावा प्रदान करने, आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं और बर्फीले क्षेत्रों में स्थानीय लोगों और पर्यटकों के फंसने की स्थिति में उन्हें सुरक्षित निकालने में मील पत्थर साबित होंगे। मुख्यमंत्री ने संजौली हेलीपोर्ट के संचालन के बारे में भी चर्चा की और पर्यटकों की सुविधा के लिए चंडीगढ़ से कुल्लू के लिए अतिरिक्त उड़ानें शुरू करने का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में शिमला के लिए तीन, धर्मशाला के लिए चार और कुल्लू के लिए केवल एक उड़ान संचालित की जा रही है, जो क्षेत्र में आने वाले पर्यटकों की बड़ी संख्या को देखते हुए अपर्याप्त है। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि उड़ान योजना के तहत रक्कड़, पालमपुर, चंबा और रिकांगपिओ के लिए हेलीपोर्ट पर विचार किया जा रहा है और अगले चरण में अन्य हेलीपोर्ट पर विचार किया जाएगा। उन्होंने मंत्रालय के अधिकारियों को संजौली हेलीपोर्ट के संचालन की प्रक्रिया में तेजी लाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने राज्य को हरसंभव सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया। बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव भरत खेड़ा, आवासीय आयुक्त मीरा मोहंती और मुख्यमंत्री के प्रधान निजी सचिव विवेक भाटिया भी उपस्थित थे।
-हाई कोर्ट ने सरकार की अधिसूचना पर 18 मार्च तक लगाई रोक -एसटी दर्जा देने के खिलाफ गुज्जर और एससी समुदाय ने की है अपील हाटी समुदाय को जनजातीय दर्जा देने का मामला एक बार फिर से लटक गया है। हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने सरकार की अधिसूचना के लागू होने पर 18 मार्च तक रोक लगा दी है। हाटी को जनजातीय दर्जा देने के खिलाफ गुज्जर और एससी समुदाय की तरफ से हाई कोर्ट में अपील की गई है, जिस पर आज हाई कोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी किए हैं। क्योंकि मामला कोर्ट के विचाराधीन था, ऐसे में अब हाटी समुदाय के लोगों को प्रमाण पत्र लेने के लिए कोर्ट के निर्णय का इंतजार करना पड़ेगा। इस मामले में याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ता रजनीश ने बताया कि हाटी समुदाय को जनजातीय दर्जा देने के लिए केंद्र सरकार द्वारा किए गए संविधान संशोधन और प्रदेश सरकार की ओर से की गई अधिसूचना पर उच्च न्यायालय ने रोक लगा दी है। उन्होंने बताया कि जनजातीय दर्जा देने के लिए स्थानीय समुदाय मानदंड को आधार बनाया गया है। इसके तहत इलाके की आर्थिक पिछड़ेपन और साक्षरता को कसौटी पर रखा जाता है। लेकिन हाटी समुदाय इन मानदंडों को पूरा करने में असफल रहा। हाई कोर्ट ने पाया कि ट्रांसगिरि क्षेत्र में रहने वाला हाटी समुदाय निर्धारित शैक्षणिक और आर्थिक प्रावधानों को पूरा नहीं कर पाया है। इस इलाके में एक गांव एशिया का सबसे अमीर माना जाता है। इसके साथ इस इलाके में 80 फीसदी साक्षरता दर है। उन्होंने कहा कि मामले की अगली सुनवाई 18 मार्च को होगी, तब तक हाटी को जनजातीय दर्जा मिलने पर रोक रहेगी। खास बात यह है कि पहली जनवरी को सुक्खू सरकार ने हाटी समुदाय को जनजातीय दर्जा देने की केंद्र की अधिसूचना पर मुहर लगाई।
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि व्यवस्था परिवर्तन करने का दावा करने वाली सरकार कर्मचारियों को वेतन भी नहीं दे पा रही है। आलम यह है कि कर्मचारी सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। जहां कांग्रेस सरकार को कर्मचारियों से किए गए और वादे पूरे करने की बात थी वहीं अब सरकार उन्हें वेतन के लिए भी परेशान कर रही है। जिसके कारण आज कई विभाग के लोग धरना देने पर मजबूर हैं। यदि इसी तरह से चलता रहा तो आम लोगों को तमाम समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि सरकार बिजली बोर्ड समेत अन्य विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों के वेतन को अविलंब जारी करे। इस तरह का व्यवस्था परिवर्तन प्रदेश को स्वीकार नहीं है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि बिजली बोर्ड के कर्मचारियों के भुगतान लंबे समय से लंबित है। मार्च के बाद से न तो एरियर मिले हैं और नहीं रिटायर हुए कर्मियों को ग्रैच्युटी मिल पाई है। जिस कारण लोग परेशान हो रहे हैं। सरकार को इन चीजों का भी ध्यान देना चाहिए। इतने लंबे समय तक लोगों के भुगतान न होने के कारण लोगों को भटकना पड़ रहा है। जिन्होंने लंबे समय तक प्रदेश की सेवा की थी उनका रिटायरमेंट के बाद अपने हक़ के लिए इस तरह से भटकना दु:खद है। सरकार किसी भी काम गंभीरता से नहीं ले रही है। जयराम ठाकुर ने कहा कि सुक्खू सरकार जनता के सरोकारों से दूर हो गई है। विकास के कार्यों से कोई लेना देना नहीं हैं। विकास के सारे काम ठप पड़े हैं। गारंटियों के नाम सरकार एकदम ख़ामोश है। नए संस्थान खोलने की बजाय पुराने संस्थान बंद किए जा रहे हैं। कानून-व्यवस्था पर सरकार का नियंत्रण नहीं है। सोलन में जेपी नड्डा का स्वागत करेंगे नेता प्रतिपक्ष नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा का सोलन में स्वागत करेंगे। इसके बाद बीजेपी द्वारा सोलन में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल रहेंगे। इसके बाद वह शिमला पहुंचेंगे और उनके साथ ही विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे। जयराम ठाकुर ने कहा कि 3 राज्यों के विधान सभा चुनावों में बीजेपी की शानदार जीत के बाद बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा पहली बार हिमाचल प्रदेश आ रहे हैं।
-कल से प्रदेश भर में धरना-प्रदर्शन करेंगे कर्मचारी जनवरी माह के 4 दिन बीत जाने के बाद भी बिजली बोर्ड कर्मचारियों को वेतन नहीं मिला है, जिससे बोर्ड के तकनीकी कर्मचारियों का सब्र का बांध टूटता जा रहा है। संघ के प्रदेश महामंत्री नेक राम ठाकुर ने कहा कि इस समय पूरे प्रदेश में तकनीकी कर्मचारी बहुत ही विकट परिस्थितियों में काम कर रहे हैं। 4 से 5 हजार तकनीकी कर्मचारियों की कमी के बावजूद ये दिन-रात काम कर 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवा रहे हैं। कर्मचारियों ने सरकार व प्रबंधन का 3 दिन तक वेतन अदायगी का इंतजार किया, परंतु अब संघ आंदोलन की ओर आगे बढ़ेगा। 5 जनवरी से प्रदेश भर के तकनीकी कर्मचारी अपने-अपने डिवीजन, सर्किल और चीफ ऑफिस में धरना -प्रदर्शन करेंगे। संघ के प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण कपटा ने स्पष्ट किया है कि सरकार उपभोक्ताओं को दी जाने वाली 125 फ्री यूनिट की सब्सिडी बिजली बोर्ड को समय पर दे अन्यथा इस फैसले को वापस ले। कल से बिजली व्यवस्था बाधित होती है तो इसके लिए बोर्ड प्रबंधन जिम्मेदार होगा। धरने के संबंध में नोटिस बोर्ड प्रबंधन को दे दिया गया है। इसके उपरांत प्रदेश पदाधिकारियों की 7 जनवरी को होने वाली बैठक में आगामी रणनीति बनाई जाएगी।
-केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से स्वास्थ्य ढांचे को सुदृढ़ करने में मांगा सहयोग मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया से शिष्टाचार भेंट की। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री से कैंसर, मधुमेह, सीबीडी और स्ट्रोक रोकथाम एवं नियंत्रण के राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहत डॉ. राधाकृष्णन राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय हमीरपुर में प्राथमिकता के आधार पर राज्य कैंसर संस्थान स्थापित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि राज्य में कैंसर मामलों की बढ़ती दर के दृष्टिगत यह संस्थान स्थापित करना आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत डॉ. राधाकृष्णन राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय हमीरपुर में सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक निर्मित करने का भी आग्रह किया। उन्होंने केंद्रीय मंत्री को अवगत करवाया कि राज्य में लोगों को सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं और प्रदेश सरकार ग्रामीण स्तर पर स्वास्थ्य बुनियादी अधोसंरचना को सुदृढ़ कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सुपर स्पेशियलिटी बुनियादी अधोसंरचना के सुदृढ़ीकरण की दिशा में भी कार्य कर रही है। उन्होंने डॉ. राधा कृष्णन राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय हमीरपुर में मातृ एवं शिशु अस्पताल विंग की क्षमता 100 से बढ़ाकर 200 बिस्तर करने का भी आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने सड़क दुर्घटनाओं की स्थिति में यात्रियों व पर्यटकों को समय पर त्वरित आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाने के दृष्टिगत चंडीगढ़-मनाली राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित नागरिक अस्पताल घुमारवीं तथा श्री लाल बहादुर शास्त्री राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय नेरचौक, परवाणू-शिमला राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित नागरिक अस्पताल धर्मपुर और पठानकोट-मंडी राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित नागरिक अस्पताल पालमपुर के लिए चार ट्रामा सेंटर स्वीकृत करने का भी आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने चंबा, हमीरपुर और नाहन में तीन नर्सिंग कॉलेजों की स्थापना के लिए आवश्यक स्वीकृति और धन उपलब्ध करवाने की प्रक्रिया में तेजी लाने का भी आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री ने राज्य को हर संभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया।
-डीजीपी और एसपी कांगड़ा ने दी ऑर्डर वापस लेने की अर्जी हिमाचल उच्च न्यायालय में आज डीजीपी संजय कुंडू और कारोबारी निशांत शर्मा मामले में सुनवाई हुई। कोर्ट में हिमाचल की कांग्रेस सरकार ने मामले में अब तक की जांच की स्टेटस रिपोर्ट पेश की, वहीं डीजीपी और एसपी कांगड़ा शालिनी अग्निहोत्री ने ट्रांसफर के ऑर्डर वापस लेने को लेकर कोर्ट में एप्लिकेशन दी। हाई कोर्ट में यह केस जस्टिस एमएस रामचंद्र राव और जस्टिस ज्योत्सना रेवाल दुआ की बैंच में लगा है। अब हाई कोर्ट संजय कुंडू का पक्ष सुनने के बाद तय करेगा कि मामले में जांच पूरी होने तक उन्हें डीजीपी पद से हटाया जाए या नहीं। गौरतलब है कि गत 26 दिसंबर को हिमाचल उच्च न्यायालय ने डीजीपी संजय कुंडू और एसपी कांगड़ा शालिनी अग्निहोत्री को पद से हटाने के आदेश दिए थे, ताकि मामले में निष्पक्ष जांच हो सके। वहीं, आदेशों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे संजय कुंडू को उच्चतम अदालत से बड़ी राहत मिली थी। सुप्रीम कोर्ट ने बिना डीजीपी का पक्ष सुने उन्हें पद से हटाने के आदेश पर रोक लगा दी थी और रिकॉल अर्जी को दो सप्ताह में निपटाने के आदेश दिए थे।
- हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग करेगा भर्ती - भर्ती के लिए जरूरी संसाधनों को जुटाने की तैयारियां शुरू हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग ऑपरेशन थियेटर असिस्टेंट (ओटीए) की भर्ती प्रक्रिया को तीन माहीने में पूरा करेगा। आयोग के माध्यम से ऑनलाइन भर्ती मॉडल के तहत यह पहली भर्ती आयोजित हो रही है। भर्ती प्रक्रिया के लिए जरूरी संसाधनों को जुटाने के लिए तैयारियां शुरू हो गई हैं। इन तैयारियों के सिलसिले में आयोग के मुख्य प्रशासक ने बुधवार को आयोग से जुड़े अधिकारियों के साथ बैठक की है।


















































