हिमाचल प्रदेश में फिलहाल 28 नवंबर तक मौसम साफ बना रहेगा। शिमला मौसम विभाग केंद्र ने पूर्वानुमान जताया है कि 28 नवंबर तक पूरे प्रदेश भर में मौसम साफ रहने वाला है और बारिश या बर्फबारी की आशंका नहीं है, लेकिन ठंड का प्रकोप अब धीरे-धीरे बढ़ने लगा है। वहीं लाहौल स्पीति में न्यूनतम तापमान -3.0°C डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है और केलांग और कुकुमसेरी का न्यूनतम तापमान माइनस में दर्ज किया गया है। प्रदेश के उच्च पर्वतीय क्षेत्रों किन्नौर, लाहौल स्पीति, कुल्लू, मंडी, चंबा और शिमला के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंडक लगातार बढ़ने लगी है। जिससे सुबह-शाम लोगों को सूखी ठंड का सामना करना पड़ेगा। वहीं प्रदेश की राजधानी शिमला के साथ साथ निचले क्षेत्रों में भी बुधवार को मौसम साफ रहा। ऊना में अधिकतम तापमान 27.6, बिलासपुर में 25.5, सोलन में 25.2, धर्मशाला में 24.0, हमीरपुर में 23.9, कांगड़ा में 23.5, शिमला में 19.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। वहीं आज केलांग में - 5.2 न्यूनतम तापमान और ऊना में 27. 6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
हाईकोर्ट में गुरुवार को हुई सुनवाई में जेबीटी यूनियन vs हिमाचल प्रदेश सरकार CWP 8134/2022 केस में बी.एड उम्मीदवारों को जेबीटी टेट देने से रोक लगा दी है। यूनियन अध्यक्ष मोहित ठाकुर ने कहा की यूनियन के ओर से हाईकोर्ट में पैरवी करते समय यह दलील रखी गई थी की जब जे.बी.टी. बनाम बी.एड. केस सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है तो वर्तमान में शिक्षा विभाग को जेबीटी टेट में नियम बदलने की कोई आवश्यकता ही नहीं थी। साथ ही उन्होंने बताया कि जिस अधिसूचना को आधार बना कर बी.एड उम्मीदवार हिमाचल में जेबीटी कैडर में जगह बनाना चाहते है उस अधिसूचना को राजस्थान हाईकोर्ट द्वारा ना बल्कि रद्द करार दिया था साथ ही सुप्रीम कोर्ट में भी उस अधिसूचना पर कई प्रश्न चिन्ह खड़े किए गये हैं। इसीलिए ग़नीमत है कि बाई.एड उम्मीदवारों को हाल ही में जेबीटी टेट देने से रोका जाए। इन्ही बातों को मद्देनज़र रखते हुए कोर्ट ने जेबीटी का पक्ष लेते हुए यह निर्णय सुनाया। संघ महासचिव जगदीश परियाल ने भी प्रदेश के तमाम जेबीटी प्रशिक्षुओं को कोर्ट के इस निर्णय पर शुभकामनाएँ दी।साथ ही यूनियन का इस लड़ाई में साथ देने के लिए उनका धन्यवाद भी किया।
आज भाजपा मीडिया प्रभारी करण नंदा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने पूरे देश भर में कांग्रेस छोड़ो यात्रा निकाल रखी है, जब से कांग्रेस पार्टी की भारत जोड़ो यात्रा चली है तब से कांग्रेस के दिग्गज नेता कांग्रेस छोड़ रहे है। भाजपा को कांग्रेस की यात्रा से कोई डर नहीं है पर कांग्रेस को भाजपा से पूर्ण भय है क्योंकि जिस प्रकार से जनता ने बढ़-चढ़कर भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में मतदान किया है उससे कांग्रेस नेताओं को पूर्वसंकेत हो चुका है कि वह सत्ता में नहीं आने वाले। उन्होंने कहा कि हार के डर से कांग्रेस अलग-अलग प्रकार के आरोप भाजपा पर लगा रही है पर दुख की बात तो यह है कि उनके लगाए सारे आरोप निराधार है। आने वाली 8 तारीख को जब परिणाम सामने आएंगे तो भाजपा की 40 से अधिक सीटें आएगी। भाजपा प्रचंड बहुमत के साथ हिमाचल प्रदेश में एक स्थिर सरकार बनाने जा रही है और इस बार हिमाचल प्रदेश में रिवाज बदलने तय है। कांग्रेस पार्टी के नेताओं को तो यह भी चिंता सता रही है कि उनके कई मुख्यमंत्री दावेदार हार की ओर अग्रसर हो रहे है। समीकरण तो ऐसे निकल कर आ रहे है जैसे कांग्रेस के मुख्यमंत्री दावेदार चुनाव में हार का सामना करने जा रहे है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला राजधानी शिमला के फाइव बेंच के पास एक व्यक्ति पर तेंदुएं ने हमला कर घायल कर दिया। विजय थापा के मुताबिक जब वह रात 11 बजे होटल में काम करने के बाद घर लौट रहा था, तो अंधेरे में उसके ऊपर तेंदुएं ने हमला कर दिया, वह किसी तरह जान बचाकर वहां से भाग गया, लेकिन तेंदुएं के हमले से हाथ में ज्यादा लगी है। IGMC में ईलाज के बाद विजय को छुट्टी दे दी गई है।
बिजली की बढ़ रही खपत को लेकर बोर्ड ने विशेष एडवाइजरी जारी की है। बोर्ड ने उपभोक्ताओं को सुबह अढ़ाई घंटे जबकि शाम को साढ़े तीन घंटे बिजली इस्तेमाल करने की बात की है। इसके साथ ही गीजर इस्तेमाल करने को लेकर भी बोर्ड ने दिशा-निर्देश दिए है। बोर्ड ने सुबह पांच से छह बजे के बीच गीजर से पानी गर्म करने की बात कही है और आवश्यकता अनुसार पानी गर्म होने के बाद बंद करने की सलाह दी है। प्रदेश भर में इन दिनों बिजली की खपत बढ़ रही है और विद्युत उपकरणों के ज्यादा इस्तेमाल की वजह से लोड पर असर पड़ रहा है। इसे देखते हुए बिजली बोर्ड प्रबंधन अब सक्रिय हो गया है। बोर्ड प्रबंधन के अनुसार सुबह 6:30 बजे से 9:00 बजे तक और शाम को 6:30 से रात 10:00 बजे के दौरान विद्युत उपकरणों का उपयोग विशेष रूप से आवश्यकता के अनुसार करना होगा। बोर्ड के अनुसार उपकरण अच्छी गुणवत्ता वाले खास कर बीईई स्टार रेटिंग उपकरण हो जिनके उपयोग से विद्युत लोड में कमी आएगी और विद्युत बिलों में भी उपभोक्ताओं की बचत होगी।बोर्ड ने पानी गर्म करने के लिए हस्त निर्मित फिलामेंट तार रॉड का इस्तेमाल न करने की सलाह दी है।
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन आरकेएमवी इकाई ने शिमला से सटे कस्बे मल्याणा के समीप जरुरतमंद लोगों को वस्त्र वितरित किए। प्रदेश में बढ़ रही ठंड को देखते हुए छात्र संगठन ने यह कदम उठाया है। इस मौके पर छात्र संगठन एनएसयूआई हिमाचल प्रदेश के प्रदेश महासचिव शुभम वर्मा भी छात्रों के साथ उपस्थित रहे।उनके अलावा महाविद्यालय आरकेएमवी में एन एसयूआई की छात्रा कार्यकर्ता ममता, माही, सुमन, रिया, काजल, मन्नत इत्यादि मौजूद रही। एसयूआई प्रदेश महासचिव शुभम वर्मा ने कहा कि प्रदेश में ठंड बढ़ रही है। ऐसे में प्रदेश में बहुत सारे जरूरतमंद लोग रहते है। ऐसे में हर व्यक्ति को या सामाजिक संगठन को अपने स्तर पर जितना हो सके जरूरतमंदों लोगो की मदद करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश पहाड़ी प्रदेश है। प्रदेश में कड़ाके की ठंड पड़ती है, हिमपात होता है, ऐसे में सर्दियों के समय में जरूरतमंदों को गर्म कपड़ों की बेहद आवश्यकता होती है।
राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने कहा कि प्रदेश को क्षय रोग मुक्त बनाने के अभियान में प्रत्येक व्यक्ति को अपनी सहभागिता सुनिश्चित करनी चाहिए ताकि वर्ष 2023 तक इस लक्ष्य को प्राप्त किया जा सके। उन्होंने कहा कि इस लक्ष्य को प्राप्त कर हिमाचल देश का पहला आदर्श राज्य बनकर उभर सकता है, जो हम सभी के लिए एक बड़ी उपलब्धि होगी। राज्यपाल आज राज्य स्वास्थ्य प्रशिक्षण केन्द्र, शिमला में हिमाचल प्रदेश के सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारियों और खण्ड चिकित्सा अधिकारियों के लिए आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 9 सितंबर को क्षय मुक्त भारत अभियान का शुभारंभ किया था और वर्ष 2025 तक देश को क्षय मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि राज्य के स्वास्थ्य विभाग द्वारा राज्य और क्षेत्रीय स्तर पर क्षय मुक्त भारत अभियान सराहनीय तरीके से चलाया जा रहा है। उन्होंने विभाग के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के निरन्तर प्रयासों के फलस्वरूप हिमाचल वर्ष 2023 तक क्षय मुक्त राज्य का लक्ष्य हासिल करेगा। उन्होंने कहा कि कोविड-19 टीकाकरण के मामले में देश में हिमाचल प्रदेश प्रथम स्थान प्राप्त कर चुका है। राज्यपाल ने कहा कि यह केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें प्रत्येक व्यक्ति को आगे आने की आवश्यकता है। उन्होंने राज्य के विभिन्न जिलों में इस विषय पर बैठकें की हैं। उन्होंने मरीजों को व्यक्तिगत रूप से अपनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि मरीजों को व्यक्तिगत रूप से अपनाने से उनके स्वास्थ्य में शीघ्र सुधार होता है और उन्हें ज्यादा मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि उपचार के दौरान सभी रोगियों को निःक्षय मित्र के माध्यम से सामुदायिक सहायता प्रदान करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कॉर्पाेरेट, व्यक्तिगत, राजनेता, गैर सरकारी संगठन, नागरिक, समाज और अन्य लोग निःक्षय मित्र की भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और क्षेत्रीय अधिकारियों को इसकी बारीकी से निगरानी करने और यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि पंजीकरण के तुरंत बाद सभी टीबी रोगियों को सामुदायिक सहायता प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि वह स्वयं इस अभियान में शामिल हैं और रेडक्रॉस जैसी संस्थाओं को जोड़कर इस कार्य में तेजी लाई जा सकती है। उन्होंने प्रधानमंत्री क्षय मुक्त भारत अभियान के माध्यम से मरीजों की पहचान करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि क्षय रोगियों को अपनाने की जिम्मेदारी किसी एक विशेष वर्ग की नहीं बल्कि यह एक सामाजिक जिम्मेदारी है। उन्होंने इस दिशा में जागरूकता बढ़ाने पर भी बल दिया। राष्ट्रीय कुष्ठ नियंत्रण कार्यक्रम (एनएलसीपी) की समीक्षा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि कार्यक्रम का प्राथमिक लक्ष्य कुष्ठ रोग के मामलों का प्रारंभिक चरण में पता लगाना और रोगियों को अपंगता से बचाने के लिए उन्हें शीघ्र निःशुल्क उपचार की सुविधा उपलब्ध करवाना है। उन्होंने कहा कि प्रारम्भिक चरण में रोग की जांच से सामुदायिक स्तर तक बीमारी को फैलने से रोका जा सकता है।
उम्मीदवार के खर्च का लेखा-जोखा मतगणना के दिन तक जोड़ा जाएगा। यह जानकारी देते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने कहा कि 8 दिसंबर को मतगणना होगी तथा विजयी उम्मीदवारों के विजय जुलूस का खर्च भी उनके व्यय खाते में जुड़ेगा। आदित्य नेगी ने कहा कि सहायक व्यय प्रेक्षक तथा अकाउंटिंग टीमें मतगणना से एक दिन पूर्व ड्यूटी पर तैनात रहेंगी तथा विजय जुलूस के खर्च पर निगरानी रखेंगीं। उन्होंने कहा कि निर्वाचन विभाग ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा के उपरांत अलग-अलग वस्तुओं के दाम पहले से ही निर्धारित किए हैं, जिसके हिसाब से व्यय का आकलन किया जाएगा। बैंड अथवा ढोल के लिए 1000 रुपए प्रति व्यक्ति खर्च निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त प्रति फूलमाला के रेट 35-70 रुपए तक निर्धारित किए गए हैं। साथ ही मिठाईयों के दाम भी पहले ही निर्धारित हैं। विजयी जुलूस में इस्तेमाल होने वाली सामग्री जैसे कि झंडे, बैनर, गाड़ी इत्यादि का खर्च भी उम्मीदवार के खर्च में जोड़ा जाएगा। जिला निर्वाचन अधिकारी आदित्य नेगी ने कहा कि मतगणना के लिए रिटर्निंग अधिकारी तैयारियां कर रहे हैं और शांतिपूर्ण मतगणना के लिए सभी से सहयोग की आशा है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों की अनुपालना में निर्वाचन विभाग ने इन विधानसभा चुनावों के दौरान दिव्यांगजन मतदाताओं के लिए फार्म 12-डी और डाक मतपत्र प्रदान करने सहित अन्य सुविधाओं का प्रावधान सुनिश्चित किया था। गर्ग ने बताया कि 40 प्रतिशत से अधिक शारीरिक दिव्यांगता वाले 6882 दिव्यांगजन मतदाताओं को डाक मतपत्र जारी किए गए थे जिनमें से 6426 ने निर्वाचन विभाग द्वारा तैनात की गई विशेष टीमों के माध्यम से अपने घरों से मतदान किया। सोलन जिला की अर्की विधानसभा क्षेत्र के बांजण गांव के पवन कुमार (34) एक ऐसे दिव्यांग मतदाता हैं जिन्होंने स्वंय निकटतम मतदान केन्द्र पर जाकर अपना मत डाला। पवन कुमार अर्की तहसील के जिले के मांगू के सरस्वती विद्या मंदिर में कंप्यूटर शिक्षक हैं। पवन ने बताया कि यद्यपि निर्वाचन विभाग ने दिव्यांगजन मतदाताओं के लिए घर से मतदान करने की व्यवस्था की थी लेकिन उन्होंने अपनी दिव्यांगता को दरकिनार करते हुए स्वंय मतदान केंद्र पर पहुॅंचकर अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जिसके लिए वह गर्व महसूस करते हैं। पवन कुमार ने बताया कि उन्हें अधिकारियों द्वारा व्हील चेयर की पेशकश की गई थी, लेकिन उन्होंने इस सुविधा के बिना ही मतदान करने का निर्णय लिया। पवन कुमार का कहना है कि वह अपने जैसे अन्य मतदाताओं को प्रेरित कर जहां चाह वहां राह का सन्देश देना चाहते हैं। इसी प्रकार पच्छाद विधानसभा क्षेत्र के बाग पशोग पंचायत के सेर-भराल गांव के ओम प्रकाश (50) जो चल-फिरने में पूरी तरह असमर्थ हैं, ने 11 साल की अवधि के बाद डाक मतपत्र के माध्यम से मतदान किया। ओम प्रकाश कहते हैं कि निर्वाचन आयोग की नई पहल के कारण राज्य में पहली बार डाक मतपत्रों के माध्यम से विशेष श्रेणी के मतदाताओं को चुनाव प्रक्रिया में शामिल किया गया। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया में भाग लेने तथा मतदान के लिए प्रेरित करने के लिए मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग का आभार व्यक्त किया।
इंडियन ऑडिट एंड अकाउंट्स डिपार्टमेंट नॉर्थ जॉन तीन दिवसीय बैडमिंटन चैंपियनशिप का आज से आगाज हो गया है। इस प्रतियोगिता में पांच राज्यों के खिलाड़ी भाग लेंगे। 23 से 25 नवंबर तक चलने वाली इस प्रतियोगिता का शुभारंभ हिमाचल के राज्यपाल राजेन्द्र विश्वनाथ आर्लेकर ने किया। इस प्रतियोगिता में दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और हिमाचल के खिलाड़ी अपना दम खम दिखाएंगे। इस अवसर पर राज्यपाल ने सभी खिलाड़ियों का स्वागत किया और कहा कि खेल के बहाने सभी खिलाड़ी आए है और विभाग की यह बहुत अच्छी पहल है उन्होंने कहा ज्यादातर इस विभाग के अधिकारियों के हाथ मे पैन होता है, लेकिन आज विभाग के खिलाड़ी रैकेट ओर शटल से अपना दम दिखाएंगे। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के लिए इस प्रतियोगिता के लिए शुभकामनाएं दी।
100 से अधिक छात्रों ने कार्यक्रम में लिया भाग प्रधानाचार्य ने अंगदान की शपथ लेकर छात्रों को किया प्रेरित सोटो की ओर से आयोजित हुआ जागरूकता कार्यक्रम अमित शारटा। शिमला शिमला के कोटशेरा कॉलेज में मंगलवार को स्टेट ऑर्गन एंड टिशु ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन (सोटो) हिमाचल प्रदेश की ओर से अंगदान के विषय में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत में कॉलेज प्रधानाचार्य डॉ. अनुपमा गर्ग ने शपथ पत्र भरकर अंगदान करने का प्रण लिया। सोटो के नोडल अधिकारी व आईजीएमसी के सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉ. पुनीत महाजन ने छात्रों को अंगदान की महत्वता के बारे में अवगत करवाया। उन्होंने बताया कि लोग मृत्यु के बाद भी अपने अंगदान करके जरूरतमंद का जीवन बचा सकते हैं। ब्रेन डेड होने पर अंगदान करने वाला व्यक्ति ऑर्गन के जरिए 8 लोगों का जीवन बचा सकता है। हमारे देश में अंगदान की कमी के कारण लाखों लोग मौत के मुंह में चले जाते हैं। रोजाना हजारों लोग सड़क दुर्घटना के कारण मर जाते हैं। इनमें से कई लोग ब्रेन डेड होते हैं और अंगदान करने के लिए सक्षम होते हैं, लेकिन सही जानकारी ना होने की वजह से अंग दान नहीं हो पाता। वहीं, दूसरी ओर देश में हर वर्ष करीब दो लाख लोगों को ऑर्गन ट्रांसप्लांट की जरूरत होती है। बदलती जीवन शैली के चलते ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, हृदय की बीमारी, ब्रेन स्ट्रोक व फेफड़े की बीमारियां बढ़ती जा रही है। इसकी वजह से किडनी हॉर्ट और लीवर बड़ी संख्या में फेल हो रहे हैं। उन्होंने जानकारी देते हुए कहा कि कई बार मरीज के तीमारदारों में भ्रम होता है कि अंगदान करवाने के चलते डॉक्टर उनके मरीज को ठीक करने की कोशिश नहीं करेंगे, जबकि यह धारणा बिल्कुल गलत है। अस्पताल में इलाज करने वाले डॉक्टर मरीज को हर संभव मेडिकल इलाज उपलब्ध करवाते हैं। इसके बावजूद अगर मरीज में इंप्रूवमेंट नहीं होती है और मरीज ब्रेन डैड की स्थिति में पहुंच जाता है, तभी अंगदान के बारे में तीमारदारों को अवगत करवाया जाता है। तीमारदारों की रजामंदी के बाद ही मरीज के शरीर से अंग निकाले जाते हैं। साथ ही कई बार तीमारदारों की धारणा होती है कि ब्रेन डेड होने के बाद भी मरीज वापस जिंदा हो सकता है। उन्होंने बताया कि मरीज कोमा से वापस आ सकता है, लेकिन ब्रेन डेड होने के बाद उसका रिकवर होना असंभव है। वहीं, लोगों को लगता है कि अमीर मरीजों की जान बचाने के लिए ब्रेन डेड की स्थिति में चल रहे मरीज से अंग लिए जाएंगे, जबकि निकाले गए अंगों को दूसरे के शरीर में प्रत्यारोपित करने से पहले कई प्रकार के टेस्ट किए जाते हैं। अंग दाता और अंग लेने वाले मरीज के ब्लड सैंपल मैच के जाते हैं, टिशु टाइपिंग, ऑर्गन साइज, मेडिकल अर्जेंसी, वेटिंग टाइम और भौगोलिक स्थिति के आधार पर दान किए गए अंग दूसरे मरीज के शरीर में ट्रांसप्लांट किए जाते हैं। अस्पताल में ब्रेन डेट डिक्लेअर करने वाली कमेटी उपलब्ध होती है। अस्पताल के किसी भी वार्ड के आईसीयू में अगर कोई मरीज ब्रेन डेड की स्थिति में पहुंचता है, तो ब्रेन डेथ कमेटी एक्टिवेट हो जाती है। यह कमेटी आगामी 36 घंटे के भीतर मरीज की पूरी तरह से मॉनिटरिंग करती है और पूरी तरह से आश्वस्त होने के बाद ही मरीज को ब्रेन डेड डिक्लेअर किया जाता है। देश में प्रतिदिन प्रत्येक 17 मिनट में एक मरीज ट्रांसप्लांट का इंतजार करते हुए जिंदगी से हाथ धो बैठता है। उन्होंने छात्रों से अपील करते हुए कहा कि अंगदान की मुहिम को आगे बढ़ाने के लिए युवा बढ़-चढ़कर आगे आए और इस पुनीत कार्य में अपना सहयोग दें। कॉलेज प्रधानाचार्य डॉ. अनुपमा गर्ग ने कहा कि जरूरतमंद लोगों की जान बचाने के लिए सदैव आगे रहना चाहिए। छात्रों को अंगदान के प्रति मिली जानकारी अपने परिवार में साझा करनी चाहिए, ताकि समाज में अंगदान को लेकर फैली भ्रांतियां दूर हो सके। इस दौरान सोटो के ट्रांसप्लांट को-ऑर्डिनेटर नरेश कुमार, एचपीयू की रिसर्च स्कॉलर नीलमा वर्मा, कॉलेज के शिक्षक वर्ग में डॉ.अनुप्रिया, डॉ. नितिका, डॉ अजीत ठाकुर, डॉ राकेश शर्मा, डॉ निखिल, डॉ दिनेश शर्मा प्रो विजय और यशिका गुलेरिया मौजूद रहीं। शव को नहीं किया जाता क्षत-विक्षत मरणोपरांत अंगदान के लिए परिजनों की सहमति सहित अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद ट्रांसप्लांट के लिए जिस व्यक्ति के शरीर से अंगों को निकाला जाता है, उस शव को क्षत-विक्षत नहीं किया जाता। विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में आंखों सहित अन्य अंगों को सावधानी पूर्वक निकाला जाता है। शरीर के जिन हिस्सों से अंग निकाले जाते हैं, उन जगहों पर स्टिचिंग की जाती है। कॉर्निया निकालने के बाद आर्टिफिशियल आंखें मृत शरीर में लगा दी जाती है, ताकि शरीर भद्दा नजर ना आए।
भाजपा प्रदेश मुख्य प्रवक्ता रणधीर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के भाजपा पर लगाए सभी आरोप निराधार हैं, उन्होंने कहा कि भाजपा को किसी भी पार्टी के विधायकों की आवश्यकता नहीं क्योंकि भाजपा अपने ही बल पर एक मजबूत सरकार बनाने जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता हॉर्स ट्रेडिंग की बात कर रहे हैं पर हॉर्स ट्रेडिंग भाजपा ना करती है ना करेगी। वहीं उन्होंने कांग्रेस पर तंज़ कस्ते हुआ कहा कि कांग्रेस के नेता जानते हैं कि वह बड़ी हार का सामना करने वाले है इसलिए वह जनता का ध्यान भटकाने का कार्य कर रहे हैं, कभी ईवीएम की बात करते हैं तो कभी हॉर्स ट्रेडिंग की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जबसे देश में ईवीएम के माध्यम से मतदान हो रहा है तब से कांग्रेस के नेता है ईवीएम को दोष दे रहे हैं, पर वह तभी दोष देते हैं जब वह हारने की स्थिति में होते हैं ईवीएम में ना कोई गड़बड़ी होती है ना हो सकती है।
हिमाचल की राजधानी शिमला में एशिया के पहले ओपन एयर आइस स्केटिंग रिंक में जल्द ही स्केटिंग का रोमांच शुरू होने वाला है। ऐसे में लंबे समय से स्केटिंग का इंतजार कर रहे स्केटिंग के दीवानों के लिए यह खुशी की खबर है। हालांकि आजकल मैदान में गड्ढे पड़ जाने के चलते उसकी साफ-सफाई का कार्य चल रहा है और इसे जल्द ही ठीक कर दिया जाएगा। मैदान को समतल करने के बाद जल्द स्केटिंग व अन्य आइस के खेल शुरू होंगे। आइस स्केटिंग क्लब के आयोजन ने जानकारी दी है कि पिछले साल 16 दिसंबर को स्केटिंग शुरू की गई थी। इस बार 30 नवंबर तक मैदान को समतल कर लिया जाएगा। पहली दिसंबर से बर्फ को जमाने का कार्य शुरू किया जाएगा और यदि मौसम ने साथ दिया तो 6 दिसम्बर तक स्केटिंग शुरू हो जाएगी।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला शिमला पुलिस ने शिमला निवासी महावीर नाम के एक व्यक्ति के कब्जे से 16.80 ग्राम चरस और 1.32 ग्राम हेरोइन बरामद की है। आरोपी हिस्ट्रीशीटर है और उसके खिलाफ अलग-अलग थानों में कुल 11 मामले दर्ज है। थाना पश्चिम में केस एफआईआर नंबर 285/2022 यू/एस 20,21 एनडी एंड पीएस एक्ट दर्ज किया गया है। आगे की जांच चल रही है।
हिमाचल प्रदेश शिमला मौसम विभाग ने 25 नवंबर तक मौसम साफ बना रहने का पूर्वानुमान जताया है। प्रदेश में मौसम साफ होते ही ऊना, मंडी, हमीरपुर और सोलन में रात के समय शिमला से अधिक ठंड पड़ना शुरू हो गई है और वहीं प्रदेश के न्यूनतम तापमान में लगातार कमी भी दर्ज की गए है। केलांग और कुकुमसेरी का पारा माइनस में पहुंच गया है। आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में और अधिक गिरावट दर्ज होने की आशंका जताई गई है। रविवार रात को ऊना का न्यूनतम तापमान 7.0, सोलन में 5.4, मंडी में 6.3, हमीरपुर में 6.7 और चंबा में 6.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। राजधानी शिमला का न्यूनतम तापमान 7.5 डिग्री रहा और वहीं शिमला में अन्य क्षेत्रों के मुकाबले कम ठंड महसूस की गई है। सुंदरनगर और बिलासपुर जिलों के कुछ क्षेत्रों में सोमवार सुबह कोहरा भी छाया रहा जिसके कारण वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित हुई है। वहीं सोमवार को प्रदेश के सभी क्षेत्रों में धूप खिली। ऊना में अधिकतम तापमान 28.0, बिलासपुर में 26.5, धर्मशाला-हमीरपुर में 25.0, सोलन में 24.5, कांगड़ा में 24.0, मंडी में 23.9, शिमला में 18.7 और मनाली में 15.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ है।
शिमला के कोटखाई के तहत आने वाले बाघी व आसपास के क्षेत्रों में चेरी की फसल में फैले संक्रमण को रोकने के लिए प्लान तैयार कर लिया गया हैं। बुधवार को बागवानी निदेशालय में बागवानी विभाग के कार्यकारी निदेश सुदेश मोक्टा की अध्यक्षता में एक बैठक हुई हैं। इस बैठक में नौणी यूनिवर्सिटी के विशेषज्ञ बागवानी विभाग के एचडीओ और बागवान भी मौजूद रहे। बैठक में निर्णय लिया गया हैं कि चेरी की फसल में इन्फेक्शन रोकने के लिए संक्रमित पौधों का उखाड़ा जाएगा। ताकि बागीचों में यह संक्रमण ज्यादा न फैले। इसके अलावा बागवानों को पर्चे बांटकर फाइटोप्लाजमा बीमारी के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा। चेरी से संक्रमित पौधों को बचाने के लिए बनाई गई योजना के लिए यूनिवर्सिटी सरकार व विभाग को फंड के उपलब्धता के लिए भी लिखेगा, क्योकि बैठक में नौणी यूनिवसिर्टी के प्रतिनिधियों ने फंड की कमी का जिक्र भी किया हैं। वहीं अप्रैल के महीने सेब के बागीचों को 3 जोन में बांटा जाएगा। इसमें रेड जोन, ओरेंज जोन और ग्रीन जोन होंगे। रेड जोन में पूरी तरह से संक्रमित क्षेत्र होंगे, ओरेंज जोन मेें कम संक्रमित जोन और ग्रीन जोन संक्रमित रहित क्षेत्र हैं। इस दौरान भी नौणी यूनिवर्सिटी की टीमें बागीचों का निरीक्षण करेगी। गौरतलब है कि बाघी क्षेत्र में चेरी के बगीचों में इसी साल सितंबर माह में अज्ञात बीमारी से 90 फीसदी पौधे सूख गए थे। इसके बाद बागवानी विभाग ने नौणी यूनिवर्सिटी के विशेषज्ञों की एक कमेटी गठित की और बीमारी का पता लगाने के निर्देश दिए थे। कमेटी ने कई दिन तक बाघी क्षेत्र में डेरा डाले रखा। कमेटी की कई दिनों की जांच में पता चला कि बाघी व आसपास के क्षेत्रों में फाइटोप्लाज्मा वायरस से चेरी के बगीचे सूख रहे हैं। इसके बाद नौणी यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने बागवानों को कुछ छिड़काव का सुझाव दिया। कोटगढ़ के बागवान दीपक सिंघा का कहना है कि फाइटोप्लाजमा के कारण चेरी के 80 से 90 प्रतिशत पौधे सूख गए हैं। इससे अगले साल फसल लगने की संभावनाएं खत्म हो गई है। यदि इस बीमारी को कंट्रोल नहीं किया गया तो यह साथ लगते नारकंडा, थानाधार, कंडियाली, कुमारसैन आदि क्षेत्रों में भी फैल जाएगी। इससे क्षेत्र के बागवान चिंतित है। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह का भी नारकंडा के साथ लगते क्षेत्र में चेरी का बगीचा है। यहां आसपास के क्षेत्रों में बड़ी संख्या में बागवानों की रोजी-रोटी चेरी पर निर्भर है। दीपक सिंघा ने इस बीमारी को रोकथाम के लिए उचित कदम उठाने की अपील की है।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी व पहाड़ों की रानी शिमला पर तीसरी आंख का पहरा लग गया है। राजधानी का चप्पा चप्पा अब तीसरी आंख की निगरानी में होगा। नगर निगम शिमला स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत शिमला में विभिन्न जगहों पर 210 सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए जा रहे है। इसके लिए निगम ने 71 करोड़ का प्रावधान रखा गया है। इन कैमरों का कंट्रोल कैथ्यू पुलिस लाइन में रहेगा, जहां से शहर की हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी। शिमला में आने जाने वाला हर एक व्यक्ति तीसरी आंख की पैनी नजर से बच नहीं पाएगा। गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश में बढ़ते अपराधों को देखते हुए पुलिस विभाग आधुनिक तकनीक का सहारा लेकर अपराधियों की धरपकड़ सुनिश्चित कर रहा है। इसके लिए बाकायदा हिमाचल पुलिस द्वारा रोडमैप तैयार किया गया है। हिमाचल में अपराध करने के बाद अपराधी फरार हो जाते है। ऐसे अपराधियों को पकड़ना पुलिस के लिए टेढ़ी खीर साबित होता है। CCTV लगने के बाद ऐसे अपराधियों पर कड़ी नज़र रखी जा सकेगी। इसके अलावा यातायात नियमों की अवहेलना करने वालों पर नकेल कसने के लिए 5 इंटेलिजेंस ट्रैफिक मोनिटरिंग सिस्टम (ITMS) भी लगाए गए है। आगामी 1 से डेढ़ माह में ये सारा कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग इन दिनों सिरमौर, सोलन और बिलासपुर जिलों के अपने चार दिवसीय प्रवास पर हैं। उन्होंने सिरमौर जिला के चार विधानसभा क्षेत्रों में बनाए गए स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्रों का निरीक्षण किया तथा सुरक्षा व्यवस्था का जायज़ा लिया और संतोष व्यक्त किया। अपने प्रवास के पहले दिन देर सांय उन्होंने पच्छाद विधानसभा क्षेत्र के सराहां और नाहन विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत नाहन शहर का दौरा किया तथा ईवीएम और वीवीपैट के स्ट्रांग रूम की सुरक्षा व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। उन्होंने आज श्री रेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत संगड़ाह और शिलाई विधानसभा क्षेत्र में बनाए गए स्ट्रॉंग रूम तथा मतगणना केंद्राें का भी दौरा किया। कल रविवार को वह पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्र का दौरा करेंगे और उसके पश्चात सोलन जिला के नालागढ़ तथा बिलासपुर जाएंगे। गर्ग ने चुनाव प्रत्याशियों के कुछ प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की। प्रतिनिधियों ने उन्हें बताया कि वे स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था से संतुष्ट हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मशीनों को मतगणना के दिन स्ट्रांग रूम से मतगणना केंद्रों तक पहुंचाने की भी व्यवस्था की भी समीक्षा की। उन्होंनें कहा कि जिले में पांच स्ट्रांग रूम बनाए गए हैं और सभी पर सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से 24 घंटे निगरानी रखी जा रही है। उपायुक्त राम कुमार गौतम, पुलिस अधीक्षक रमन कुमार मीणा के अतिरिक्त संबंधित रिटर्निंग अधिकारी भी इस दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी के साथ थे।
रानी लक्ष्मीबाई जयंती पर एबीवीपी एचपीयू इकाई ने की पुष्पांजलि अर्पित एबीवीपी एचपीयू इकाई ने आयोजित की मेहंदी एवं रस्साकशी प्रतियोगिता फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई ने आज रानी लक्ष्मी बाई जयंती के उपलक्ष्य पर विश्वविद्यालय के ऐतिहासिक पिंक पैटल पर पुष्पांजलि अर्पित की। पुष्पांजलि अर्पित करने के उपरांत विवि इकाई के द्वारा 1857 की क्रांति की अग्रणी योद्धा महारानी लक्ष्मीबाई की जयंती के अवसर पर विवि पुस्तकालय के बाहर मेहंदी प्रतियोगिता एवं ऐतिहासिक पिंक पैटल पर छात्राओं के बीच रस्साकशी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय में आयोजित इन प्रतियोगिताओं में अनेकों छात्राओं ने भाग लिया। भारतीय संस्कृति में मेहंदी का विशेष महत्व पिंक पैटल पर मौजूद छात्र छात्राओं को संबाेधित करते हुए इकाई सह मंत्री सुनील ने कहा कि मेहंदी भारतीय परंपराओं में बहुत सांस्कृतिक महत्व रखती है। मेहंदी का उपयोग भारतीय परंपरा में बेहद शुभ माना जाता है, खासकर हिंदुओं के भीतर, जो मेहंदी को प्रथागत सोलह श्रृंगार का हिस्सा मानते हैं। हिन्दू संस्कारों में शुभ अवसरों और उत्सवों में मेहंदी के बिना कार्य संभव ही नहीं है। राष्ट्र के लिए रानी लक्ष्मीबाई का योगदान अतुलनीय सुनील ने कहा कि रानी लक्ष्मीबाई भारतवर्ष की प्रत्येक स्त्री के लिए शौर्य का प्रतीक है। महिलाएं शुरू से हर क्षेत्र में आगे रही हैं, चाहे रानी दुर्गावती हों या रानी लक्ष्मी बाई, उनकी वीरता का बखान मुश्किल है। रानी लक्ष्मीबाई से नौजवानों को वीरता स्वदेश प्रेम और आत्म बलिदान की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने कहा कि स्त्री शक्ति हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही है। हालांकि पहले महिलाओं को सिर्फ गृहणी के रूप में देखा जाता था, लेकिन महिलाएं आज हर क्षेत्र में पुरुषों से न केवल कदम से कदम मिलाकर चल रही हैं, बल्कि उनसे आगे भी निकल रही हैं। झांसी की रानी लक्ष्मी बाई ने अपनी वीरता से अंग्रेजों का जीना हराम कर दिया था। रानी लक्ष्मीबाई गजब की उत्साही एवं उनमें वीरों की भांति तेज था। आज की प्रत्येक महिलाओं को उनका अनुसरण करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब अंग्रेजों ने झांसी पर कब्जा करने की कोशिश की, तो एक महिला होकर भी पूरी वीरता के साथ लड़कर रानी लक्ष्मी बाई ने अंग्रेजों को चने चबा दिए थे। लक्ष्मीबाई औपनिवेशिक शासन के खिलाफ भारत के 1857 स्वतंत्रता संग्राम की एक महत्वपूर्ण शख्सियत हैं, जिन्होंने झांसी पर कब्जा करने का प्रयास कर रही ब्रिटिश सेना से बहादुरी से लड़ते हुए अपने प्राण का बलिदान कर दिया था। हमारे देश के लिए उनके साहस और महत्वपूर्ण योगदान को कभी नहीं भुलाया जा सकता। उनकी शौर्य गाथा हमेशा देशवासियों के लिए प्रेरणास्त्रोत रहेगी।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के ऐतिहासिक रिज़ मैदान में भाषा एवं संस्कृति विभाग और राज्य संग्रहालय की ओर से विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया गया है। रिज मैदान पर लगा ये क्राफ्ट मेला स्थानीय लोगों को ही नहीं बल्कि सैलानियों को भी अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। यहां हाथ से बनी वस्तुएं सबको पसंद आ रही है। चाहे बात की जाए कुल्लू-किन्नौरी शॉल से लेकर चंबा रुमाल तक या बुद्धिस्म को दर्शाने वाली थांका पेंटिंग की। पांच दिवसीय तक चलने वाले इस कला शिल्प मेले यह प्रदर्शनियाँ लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रही है। इन सबके बीच अगर बात की जाए चम्बा रुमाल की तो रेशम के धागों से कॉटन और खादी के इस रुमाल पर की गई कारीगरी को देख कर हर कोई आश्चर्यचकित हो रहा है। चंबा के इस एक रुमाल की कीमत 250 रुपये से लेकर 30 हजार रुपये तक है। इन महंगे रुमाल को बनाने के लिए 25 दिन लग जाते हैं। इस बाबत रुमाल कारीगर ने बताया कि इसके लिए विशेष धागा कई बार दिल्ली या अमृतसर से मंगवाना पड़ता है और कसीदाकारी किए रुमाल एक लाख रुपये तक बिकते है। इसी बीच बौद्धधर्म को दर्शाने वाली थांका पेंटिंग भी लोगों को खूब भा रहा है। एक थांका पेंटिंग का दाम एक लाख रुपये है। इस पेंटिंग का दाम सुन कोई इसे ख़रीदे या न ख़रीदे पर लोग इसे देखने की लिए दूर- दूर से पहुंच रहे है।
रामपुर में कुमारसैन के जाबली में SIU शिमला की टीम को ट्रैफिक नाके के दौरान चरस तस्कर को दबोचने में सफलता मिली है। आरोपी युवक की पहचान 19 वर्षीय दीवान सिंह पुत्र नोख सिंह गांव कानों तहसील बंजार जिला कुल्लू के तौर पर हुई है। SDPO रामपुर चंद्रशेखर ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि शुक्रवार को SIU शिमला की टीम ASI अम्बिलाल की अगुवाई में गश्त पर थी, इस दौरान नेशनल हाईवे-5 पर दुर्गा माता मंदिर जाबली के समीप ट्रैफिक नाके पर लिप्पा से सोलन की ओर जा रही HRTC बस HP-25ए-3324 को तलाशी के लिए रोका गया। पुलिस की तलाशी के दौरान बस की 10 नम्बर सीट पर बैठा युवक हड़बड़ा गया, जिसके आधार पर उससे पूछताछ की गई। पुलिस पूछताछ में युवक कोई संतोषजनक जवाब नही दे पाया। तलाशी लेने पर युवक के बैग से 802 ग्राम चरस बरामद हुई। SIU टीम ने आरोपी युवक को हिरासत में लिया और मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
राजधानी शिमला के ठियोग में प्रदेश स्तरीय रेटिड शतरंज प्रतियोगिता शुरू हो गई है। यह प्रतियोगिता प्रदेश शतरंज संघ द्वारा ठियोग में 18 से 20 नवंबर तक होगी। प्रतियोगिता का शुभारंभ ठियोग के एसडीएम सौरभ जस्सल ने किया। प्रदेश संघ के अध्यक्ष अरुण कंबोज ने जानकारी दी कि यह प्रतियोगिता ठियोग के शिमला हिल्स होटल में यह प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है। इस प्रतियोगिता में पुरुष, महिला, वरिष्ठ नागरिक, अंडर-19,अंडर-13 और जिला शिमला के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी को नगद और ट्राफी देकर सम्मानित किया जाएगा। इस प्रतियोगिता में सभी आयु वर्ग में अंतरराष्ट्रीय रेटिड अंक पाने के लिए खेली जाएगी और अंतरराष्ट्रीय रेटिड पाने के लिए जिला शिमला में पहली बार इस तरह का आयोजन किया जा रहा है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने आज इंदिरा गांधी चिकित्सा महाविद्यालय शिमला के अटल सभागार में फैलोशिप ऑफ इण्डियन एसोसिएशन ऑफ गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल एंडोसर्जन (एफआईएजीईएस) के तीन दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने एकीकृत चिकित्सा शिक्षा पद्धति पर बल देते हुए कहा कि इसमें एलोपैथी के साथ-साथ होम्योपैथी और आयुर्वेद को भी शामिल किया जाए। उन्होंने कहा कि आज के दौर में एलोपैथी के अलावा अन्य पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के महत्त्व को नकारा नहीं जा सकता है। राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने कहा कि हमारी पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली हजारों वर्ष पुरानी है, जो आधुनिक समय की उपचार तकनीकों को बेहतर बनाने में मदद कर सकती है। एकीकृत चिकित्सा पद्धति लोगों को बेहतर उपचार उपलब्ध करवाने में सक्षम है। उन्होंने सभी विशेषज्ञों से इस दिशा में विचार करने और खुली चर्चा का आह्वान किया। राज्यपाल ने कहा कि यहां उपस्थित प्रतिभागी अपने-अपने क्षेत्र के विशेषज्ञ हैं और मुझे उम्मीद है कि इस तीन दिवसीय सम्मेलन में होने वाले विचार-विमर्श से नवोदित शल्य चिकित्सकों (सर्जन) को बहुत लाभ होगा, जिससे वे आम लोगों को बेहतर स्वास्थ्य लाभ प्रदान कर पाएंगे। राज्यपाल ने एफआईएजीईएस के प्रयासों की सराहना करते हुए इस आयोजन के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि सम्मेलन के दौरान आयोजित फेलोशिप कोर्स कई प्रतिनिधियों को लैप्रोस्कोपिक कौशल में प्रशिक्षित करेगा। उन्होंने कहा कि इन शैक्षणिक गतिविधियों और प्रशिक्षण सत्रों के माध्यम से सर्जन, विशेष रूप से युवा सर्जन नई तकनीक से अपने कौशल में निखार और अपने ज्ञान को बढ़ाकर लाभान्वित होंगे। इससे पहले राज्यपाल का सम्मेलन में पहुंचने पर भव्य स्वागत किया गया और उन्होंने एफआईएजीईएस की स्मारिका का विमोचन भी किया। इंडियन एसोसिएशन ऑफ गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल एंडोसर्जन (आईएजीईएस) के अध्यक्ष डॉ. एलपी थंगावेलु ने एसोसिएशन की गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि आईएजीईएस भारत का एक प्रमुख संगठन है और विश्वभर में इसके दस हजार से अधिक सदस्य हैं। उन्होंने कहा कि संघ द्वारा युवा सर्जनों के लिए विभिन्न ऑनलाइन कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं और नकद पुरस्कार प्रदान कर उन्हें प्रोत्साहित किया जाता है। उन्होंने कहा कि इस सम्मेलन में देश भर से सैकड़ों प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। इससे पूर्व डॉ. आरएस झोगटा ने राज्यपाल का स्वागत किया। इस अवसर पर निदेशक चिकित्सा शिक्षा एवं अटल अतिविशिष्ट चिकित्सा संस्थान,चमियाना, शिमला के प्रधानाचार्य प्रो. रजनीश पठानिया, प्रिंसिपल आईजीएमसी डॉ. सीता ठाकुर एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति और आईजीएमसी के कर्मचारी भी उपस्थित थे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष कैप्टन रामेश्वर सिंह ठाकुर ने आज राजभवन में राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर से भेंट कर उन्हें आयोग की वर्ष 2020-21 और वर्ष 2021-22 की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस अवसर पर आयोग की सदस्य डॉ. रचना गुप्ता, राकेश शर्मा, कर्नल राजेश कुमार शर्मा, नैन सिंह और आयोग के सचिव देवेंद्र कुमार रतन भी उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश में कल से मौसम का मिज़ाज बदलने वाला है। मौसम विभाग ने 19 नवंबर यानि कल से ऊंचाई वाले क्षत्रों में भारी बारिश और बर्फ़बारी का पूर्वानुमान जताया है। मौसम विभाग के निदेशक सुरेंद्र पॉल ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमपात होगा, जबकि निचले क्षेत्रों में हल्की बारिश होगी। इससे लोगों को सूखी ठंड से काफी राहत मिलेगी। वही शिमला, कुल्लू, मंडी, किन्नौर, लाहौल स्पीति और चंबा की ऊंची चोटियों पर ताजा हिमपात होने की संभावना भी जताई गई है, जबकि इन जिलों के निचले क्षेत्रों में बारिश होने का अंदेशा है वही कुछ जिले कोहरे की चपेट में रहेंगे जिसमे बिलासपुर ,मंडी , हमीरपुर शामिल है। अधिकांश क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से कम रहने वाला है। जिला लाहौल स्पीति का न्यूनतम तापमान और पर्यटक नगरी मनाली का तापमान भी जमाव बिंदु के पास पहुंच गया है। वही अन्य जिले का तापमान शिमला का न्यूनतम तापमान 6 डिग्री, सुंदर नगर का 4, भुंतर का 3, कल्पा का एक, धर्मशाला का 8, ऊना का 6 और धर्मशाला का न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। वही आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में और गिरावट दर्ज किए जाने की संभावना जताई गई है।
शिमला में करीब 1 माह तक अपने निजी आवास छराबडा में रहने के बाद प्रियंका गांधी वापिस दिल्ली लौट गई है। चुनावी थकान मिटाने के बाद सुबह सड़क मार्ग से प्रियंका गांधी शिमला से चंडीगढ़ की तरफ रवाना हो गई है। हिमाचल विधानसभा चुनाव में प्रियंका गांधी ने अकेले ही चुनाव प्रचार की कमान संभाली और पांच रैलियां व रोड शो किए। इस बीच सोनिया गांधी भी शिमला आई लेकिन उन्होंने चुनावी प्रचार नही किया। हिमाचल में 12 नवंबर को 14 वीं विस के लिए मतदान हुआ जिसके नतीजे 8 दिसम्बर को आएंगे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने कहा की भाजपा हिमाचल प्रदेश में अपनी ताकत पर सरकार बनाएगी। उन्होंने कहा कि 8 दिसंबर को जब परिणाम आएंगे, उसमें भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है, कांग्रेस पार्टी केवल सरकार बनाने के सपने देख रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा यह दावा कर रही है। क्योंकि हिमाचल प्रदेश में विकास कार्य तेज गति से हुए हैं और यह विकास कार्य धरातल पर दिख रहे हैं। भाजपा केवल घोषणाओं की सरकार नहीं चलती उनको पूरा भी करती है, इसलिए भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है। भाजपा ने प्रदेश में रिवाज बदलने के संकल्प के साथ चुनाव लड़ा है और यह संकल्प पूर्ण होगा। भाजपा हिमाचल प्रदेश में इतिहास रचने जा रही है और इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए भाजपा ने पहले से ही तैयारी कर रखी थी। हिमाचल प्रदेश में सरकार और संगठन के बीच अच्छा तालमेल रहा, जिसके कारण भाजपा के कार्यकर्ताओ में अद्भुत जोश देखने को मिला। हिमाचल प्रदेश में सभी 68 विधानसभा क्षेत्रों में भाजपा ने जनसभाओं का आयोजन किया, जिसमे अच्छी संख्या और बड़ा जोश देखने को मिली। भाजपा ने घर-घर जाकर भी प्रचार किया, जिसमें भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा और केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने सक्रिय रूप से भाग लिया। खन्ना ने कहा की पुरानी पेंशन के मुद्दे पर भी कांग्रेस ने जनता को भटकाने का प्रयास किया, पर हिमाचल प्रदेश के सभी कर्मचारी जानते हैं कि कौन सी पार्टी दृढ़ इच्छाशक्ति के साथ काम करती है। कांग्रेस सरकारों ने छत्तीसगढ़ और राजस्थान में भी पुरानी पेंशन की घोषणा की पर अभी तक उसपर कुछ नहीं हुआ। हिमाचल प्रदेश में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर मतदान किया, जो कि भाजपा के पक्ष में दिखाई दे रहा है। हिमाचल प्रदेश चुनावों में इतिहास रचने जा रहा है और हिमाचल प्रदेश में फिर एक बार भाजपा की सरकार बनेगी, इससे पहले उत्तर प्रदेश, गोवा, मणिपुर और उत्तराखंड में भी भाजपा ने इतिहास रचा है।
राजधानी शिमला में बंदरों ने उत्पात मचा रखा है। वीरवार को शिमला में माल रोड पर बीएसएनएल के कार्यालय में फोन का बिल जमा करवाने पहुंचे एक व्यक्ति के हाथों से नोटों से भरा बैग छीनकर एक उत्पाती बंदर भाग गया। देखते ही देखते बीएसएनएल कार्यालय के अंदर और बाहर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। दुकानदारों और नगम निगम के कर्मचारियों ने भी बैग वापस लेने के बहुत प्रयास किए। बताया जा रहा है की बैग में 75 हजार रुपये थे। कुछ देर में बंदर के वहाँ से जाने के बाद बैग में 70 हज़ार रुपए मिल गए है। एक हजार रुपये के नोट बंदर ने फाड़ दिए और करीब 4 हजार रुपये गायब हैं। प्रत्यक्ष दर्शी ने बताया कि व्यक्ति बीएसएनएल काउंटर पर बिल जमा करवा रहा था और अचानक बंदर अंदर आया और झपटा मारकर पैसे का बैग छीन कर भाग गया।
हिमाचल प्रदेश में आगामी पांच दिनों तक मौसम शुष्क रहने की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार प्रदेश में 22 नवंबर तक मौसम शुष्क रहने का पूर्वानुमान है। इस दौरान लोगों को ठंड से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि 19 नवंबर को ऊपरी कुछ इलाकों में बारिश - बर्फ़बारी हो सकती है। वहीं बीते दिनों हुई बर्फ़बारी के बाद लाहौल-स्पीति में 90, कुल्लू में 6, कांगड़ा में 3 और चंबा में 2 सड़कें बंद हैं। कुल मिला कर पुरे प्रदेश भर में 102 सड़के पर आवाजाही ठप रही, जिससे लोगों को काफी दिक्तो का सामना करना पड़ा। अटल टनल में बर्फ़बारी के बाद भी लाहौल-कुल्लू के बीच बस से सफर जारी है। वहीं सोमवार को बर्फ़बारी और धुंध के कारण लाहौल,समेत अटल टर्नल रोहतांग सोमवार और मंगलवार दो तीन के लिए बंद रही।
देश के महान स्वतंत्रता सेनानी लाला लाजपत राय की पुण्यतिथि पर देश भर में उन्हें याद किया जा रहा है। शिमला में भी उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। स्कैंडल प्वाइंट पर स्थित लाला लाजपत राय की प्रतिमा पर उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी व नगर निगम आयुक्त सहित शहर की जनता ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके योगदान को याद किया। लाला लाजपत राय ने देश को आजाद करवाने के लिए अपना जीवन न्योछावर कर दिया। लाजपत राय ने अपनी पढ़ाई के दौरान लाहौर में भारत को पूर्ण राज्य दिलाने का फैसला कर लिया था और इस सोच के साथ उन्होंने 1928 में साइमन कमीशन के विरोध में प्रदर्शन किया। जिसमें वह अंग्रेजों द्वारा किए गए लाठीचार्ज में बुरी तरह से घायल हो गए थे।17 नवंबर1928 को इनकी मृत्यु हो गई थी। लाजपत राय ने उसी दौरान कह दिया था कि उनके सिर पर पड़ने वाली एक-एक लाठी अंग्रेजी हुकूमत को खत्म करने के लिए कील का काम करेगी।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला भारत सरकार ने वर्ष 2021 से जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी ‘बिरसा मुंडा’ की जयंती के अवसर पर 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। बिरसा मुंडा न केवल एक स्वतंत्रता सेनानी, बल्कि समाज सुधारक थे, जिन्होंने ब्रिटिश औपनिवेशिक सरकार की शोषणकारी व्यवस्थाओं के खिलाफ उलगुलान (विद्रोह) जनजातीय आंदोलन का नेतृत्व किया था। उन्हें धरती अब्बा के रूप में भी जाना जाता है। क्योंकि उन्होंने जनजातीय लोगों को उनकी सांस्कृतिक जड़ों को समझने और एकता का पालन करने के लिए प्रोत्साहित किया था। जनजातीय गौरव दिवस पूरे अनुसूचित क्षेत्रों में देशभक्ति के उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर कई सांस्कृतिक कार्यक्रम, स्वच्छता अभियान, जनजातीय गीत व नृत्य एवं चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इस उपलक्ष्य में भरमौर में पट्टी से चौरासी परगना तक एक रैली आयोजित की गई। इस मौके पर सरकारी कर्मचारियों, स्वयं-सहायता समूहों, स्कूली बच्चों व महिला मंडलों आदि ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया और पारंपरिक पोशाकों, आभूषण पहन कर जनजातीय संस्कृति की आकर्षक आभा प्रस्तुत की। चौरासी परगना पहुंचने के बाद महिलाओं द्वारा आकर्षक जनजातीय नृत्य भी किया गया। पांगी क्षेत्र में पारंपरिक जीवन शैली, स्वदेशी कृषि पद्धतियों को प्रदर्शित करती झाँकियां और फुलयात्रा, जोकारू इत्यादि मुख्य आकर्षण रहे। इस कार्यक्रम में लगभग 300 लोगों ने पारंपरिक परिधान पहनकर भाग लिया।लाहौल-स्पीति जिले में स्कूलों में वाद-विवाद प्रतियोगिताएं, नारे, पोस्टर बनाने की प्रतियोगिताएं और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां मुख्य आकर्षण रहीं। केलांग में लगभग 150 लोग एकत्रित हुए और शहर के बाजार में शोभा यात्रा निकाली गई। काजा में स्वच्छता अभियान और चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में जनजातीय नेताओं के योगदान व जीवनी पर प्रकाश डाला गया।
बीजेपी सरकार के खिलाफ लाेगाें ने किया रिकॉर्ड मतदान फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कौल सिंह ठाकुर ने कांग्रेस की 45 से 50 सीटें जीतने का दावा किया हैं। प्रदेश में इस बार सरकार के खिलाफ रिकॉर्ड मतदान हुआ हैं। बीजेपी की सरकार में लोग महंगाई बेरोजगारी से परेशान हैं। प्रदेश की जनता ने बीजेपी की सरकार के खिलाफ बाहर आकर रिकॉर्ड मतदान किया हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी 15 से 20 सीटों पर सिमट कर रह जाएगी। कौल सिंह ने शिमला में कहा कि कांग्रेस पार्टी में लोकतंत्र हैं, कांग्रेस मुख्यमंत्री घोषित नहीं करती है, वह स्वयं नवीं बार चुन कर आएंगे। पार्टी के अध्यक्ष व मंत्री के पदों पर भी रहे हैं। एक बार के विधायक भी मुख्यमंत्री का दावेदार होता हैं। कांग्रेस बहुमत में आने के बाद एक प्रक्रिया के तहत मुख्यमंत्री बनती हैं। सोनिया गांधी जो भी निर्णय करेंगी, वह स्वीकार होगा। उन्होंने कहा कि बीजेपी में तानाशाही हैं। उत्तराखंड में हारे हुए को सीएम बनाया गया। प्रदेश में रिकॉर्ड मतदान हुआ हैं। लोगों ने सरकार के खिलाफ मतदान किया हैं। पांच वर्षाें के कुशासन, महंगाई बेरोजगारी भर्ष्टाचार के खिलाफ मतदान हुआ हैं।
राज सोनी। करसाेग विधानसभा क्षेत्र करसोग में विधानसभा चुनावों के दौरान कर्मचारी द्वारा चुनावी ड्यूटी में लापरवाही बरतने का मामला सामने आया है, जिसमें चुनावी ड्यूटी में लापरवाही बरतने पर एक परिवहन निगम के चालक को जहां सस्पेंड कर दिया गया है। वहींे, एक अन्य कर्मचारी को शराब के नशे में पाए जाने पर उसके संबंधित विभाग को कार्यवाही के लिए लिखा गया है। एसडीएम करसोग सुरेंद्र ठाकुर ने बताया कि मतदान के दिन पोलिंग पार्टी को लेकर आ रहे परिवहन निगम के चालक द्वारा बस को खड़ा कर दिया गया और पोलिंग पार्टी ने इसकी जानकारी निर्वाचन अधिकारी को दी, जिन्होंने तुरंत कार्यवाही करते हुए क्षेत्रीय प्रबंधक को कार्यवाही के आदेश दिए तथा जिसके चलते उक्त चालक को सस्पेंड कर दिया गया है। वहीं, दूसरी ओर एक कर्मचारी जो कि चुनावी ड्यूटी के दौरान ड्यूटी पर नहीं पहुंचा और नशे में पाया गया उसके विरुद्ध भी संबंधित विभाग को कार्यवाही के लिए पत्र जारी किया गया है, जिसमें भी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला अतिरिक्त उपायुक्त शिमला शिवम प्रताप सिंह ने आज यहां बचत भवन सभागार में उपायुक्त कार्यालय में कार्यरत कर्मचारियों को मतदान के प्रति शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के इस महापर्व का सफल आयोजन के लिए हम सब को अपने मत का अवश्य ही प्रयोग करना चाहिए। साथ ही लोकतंत्र की मजबूती के लिए सभी लोग कर्तव्यनिष्ठ होकर कार्य करें, ताकि स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव का निष्पादन हो सके। इस अवसर पर तहसीलदार निर्वाचन एवं अन्य अधिकारीगण व कर्मचारी उपस्थित थे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला निर्वाचन विभाग के एक प्रवक्ता ने आज यहां जानकारी दी कि हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनावों के लिए 12 नवंबर,2022 को मतदान के दिन प्रातः 8 बजे से 5 दिसंबर, 2022 को सांय 5.30 बजे तक के बीच की अवधि के दौरान हिमाचल प्रदेश और गुजरात की विधानसभाओं के वर्तमान चुनावों के संबंध में किसी भी प्रकार के एग्जिट पोल का आयोजन करने तथा चुनावों परिणाम का समाचार-पत्रों अथवा टीवी चैनलों के माध्यम से प्रकाशन अथवा प्रचार-प्रसार करने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। भारत चुनाव आयोग द्वारा इस संबंध में जारी अधिसूचना में कहा गया है कि कोई भी व्यक्ति कोई निर्गम मत सर्वेक्षण नहीं करेगा और किसी निर्गम मत सर्वेक्षण के परिणाम का इस अवधि के दौरान प्रचार-प्रसार नहीं करेगा। अधिसूचना के अनुसार लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 126 (1) (ख) के अधीन आम चुनावों में सम्बन्धित मतदान क्षेत्रों में मतदान की समाप्ति के लिए नियम समय पर समाप्त होने वाले 48 घंटाें के दौरान किसी भी प्रकार टीवी चैनल पर किसी भी ओपिनियन पोल या किसी अन्य मतदान सर्वेक्षण के परिणामों सहित किसी भी प्रकार के निर्वाचन संबंधी मामले के प्रदर्शन पर प्रतिबंध रहेगा।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने आज शिमला जिला के रामपुर बुशहर में चार दिवसीय अंतरराष्ट्रीय लवी मेले का शुभारंभ किया। इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि लवी एक व्यावसायिक मेले के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश का सांस्कृतिक उत्सव बन गया है। उन्होंने कहा कि लवी मेले का अपना ऐतिहासिक महत्व है और यह व्यापारिक गतिविधियों के साथ-साथ अपनी समृद्ध पुरानी परंपराओं के लिए भी प्रसिद्ध है। राज्यपाल ने प्रदेश के लोगों से लवी मेले के साथ-साथ लोकतंत्र के पर्व में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि वे 12 नवंबर को अपने मताधिकार का प्रयोग करें। प्रत्येक वोट लोकतंत्र को मजबूत करता है, इसलिए सफल लोकतंत्र के लिए अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश अपनी समृद्ध संस्कृति, रीति-रिवाजों और परंपराओं के लिए जाना जाता है। यह इस तथ्य से स्पष्ट है कि लोग सभी धार्मिक और पारंपरिक त्योहारों को बड़े उत्साह और उल्लास के साथ मनाते हैं। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने और पारंपरिक मेलों और त्योहारों के पुराने गौरव को बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास किए जाने चाहिए। उन्होंने लवी मेले की समृद्ध परंपराओं को आगे बढ़ाने के ईमानदार प्रयासों के लिए आयोजकों की सराहना की। उन्होंने कहा कि मेले में प्रदर्शित ऊनी वस्त्र, सूखे मेवे और अन्य पारंपरिक शिल्प और उत्पाद अद्वितीय हैं। मेले में पारंपरिक कारीगरों और किसानों को लाभान्वित करने और उनके प्रचार और बिक्री के लिए बेहतरीन अवसर प्राप्त हुआ है। राज्यपाल ने इस अवसर पर किन्नौरी बाजार और विभिन्न संगठनों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भी शुभारम्भ किया और उनमें गहरी रुचि दिखाई। उपायुक्त एवं अंतर्राष्ट्रीय लवी मेला आयोजन समिति के अध्यक्ष आदित्य नेगी ने राज्यपाल का स्वागत किया और मेले के दौरान आयोजित की जा रही विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने राज्यपाल को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक डॉ. मोनिका भटुंगुरु और अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला निर्वाचन विभाग के एक प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि विधानसभा चुनावों के दृष्टिगत लागू आदर्श आचार संहिता के दौरान पुलिस विभाग द्वारा प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर की गई नाकेबंदी के दौरान 17 लाख 55 हजार रुपए की नकदी जबकि लगभग 30 लाख 47 हजार रुपए मूल्य की 6802 लीटर अंग्रेजी एवं देशी शराब तथा बीयर जब्त की गई है। उन्होंने बताया कि राज्य कर एवं आबकारी विभाग द्वारा एक करोड़ 13 लाख 8 हजार रुपए मूल्य की 35118 लीटर शराब जब्त की गई, जबकि एक लाख 37 हजार रूपए की चर्स भी पकड़ी गई। उद्योग विभाग द्वारा खनिज अधिनियम के अंतर्गत 81 हजार 400 रूपए, पुलिस विभाग द्वारा 94 हजार 200 रूपए तथा वन विभाग द्वारा 3 लाख 90 हजार रूपए के जुर्माने किए गए हैं। प्रदेश भर में अब पुलिस तथा आयकर द्वारा 17 करोड़ 18 लाख 17 हजार रूपए की नकदी, पुलिस तथा राज्य कर एवं आबकारी विभाग द्वारा 17 करोड़ 50 लाख 9 हजार रूपए मूल्य की 972818 लीटर शराब, बीयर तथा लाहण आदि जब्त की गई है। पुलिस तथा अन्य उड़न दस्तों द्वारा 93 लाख 61 हजार रूपए मूल्य की चरस, हेरोईन तथा अन्य नशीले पदार्थ जब्त किए गए हैं। इसी प्रकार नारकोटिक ब्यूरो (एनसीबी.) द्वारा 26 लाख 5 हजार रूपए मूल्य की चरस जब्त की गई है। अब तक 13 करोड़ 99 लाख 20 हजार रूपए मूल्य का 47 किलोग्राम सोना,चांदी एवं अन्य आभूषण भी जब्त किए गए हैं। उद्योग विभाग द्वारा खनन अधिनियम के तहत अब तक 177 चालान किए गए और कुल 16 लाख 64 हजार के जुर्माने किए गए जबकि पुलिस विभाग द्वारा 501 चालान करने के अतिरिक्त एक प्राथमिकी दर्ज की गई, जबकि कुल 32 लाख 86 हजार के जुर्माने भी किए गए। इसी प्रकार वन विभाग द्वारा खनन अधिनियम के तहत अब तक कुल 39 चालान किए गए तथा 6 लाख 16 हजार रूपए के जुर्माने किए गए हैं। सभी विभागों द्वारा अब तक की गई संयुक्त कार्रवाई के तहत 50 करोड़ 83 लाख 91 रूपए की जब्ती एवं जुर्माने किए जा चुके हैं।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला हिमाचल प्रदेश राज्य कर एवं आबकारी विभाग की टीम ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए आज लगभग 19,151 शराब की बोतलें आबकारी नियम के अंतर्गत जब्त की है। आयुक्त यूनुस स्वयं भी प्रदेश के विभिन्न जिलों में जाकर टास्क फोर्स के साथ अवैध शराब के खि़लाफ़ अभियान में कार्रवाई कर रहे हैं। आयुक्त ने बताया कि विधानसभा चुनावों के दृष्टिगत विभाग ने अपनी गतिविधियां बढ़ा दी है। सभी गठित टीमें निरंतर अपने अपने क्षेत्रों में अवैध शराब के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है टास्क फोर्स ने पिछले 24 घंटों में जिला सिरमौर में पांवटा साहिब तहसील के खारा के जंगलों में छापेमारी कार्रवाई करते हुए लगभग 48,300 लीटर कच्ची शराब को आबकारी अधिनियम के अंतर्गत नष्ट किया। टास्क फोर्स ने शराब की दो भट्टियों एवं अन्य उपकरणों को नष्ट किया। इस सम्पूर्ण कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी की गई है। आयुक्त ने बताया कि नूरपुर के पंजाब की सीमा से सट्टे इलाकों में राज्य आबकारी विभाग पंजाब आबकारी विभाग के अधिकारियो एवं पुलिस के सहयोग से रणनीति बना कर इंदौरा क्षेत्र में संयुक्त कार्रवाई करते हुए लगभग 18000 लीटर कच्ची शराब आबकारी अधिनियम के अंतर्गत कब्जे में लेकर नियमानुसार मौके पर नष्ट किया। कच्ची शराब बनाने वालों ने जमीन के नीचे गड्ढे बनाकर ड्रमों एवं प्लास्टिक के तिरपालों में यह शराब छिपा कर रखी थी। इसके अतिरिक्त 125 लीटर लाहन कब्जे में लेकर संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ पुलिस थाना मे एफआईआर भी दर्ज की है। इस कार्रवाई में दोनों राज्यों के लगभग 50 विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया। उन्होंने कहा कि जिला बिलासपुर में भी टास्क फोर्स ने पंजाब के सीमावर्ती गांव मजारी में अवैध शराब के खिलाफ कार्यवाही करते हुए शराब की भट्टियों एवं अन्य उपकरणों सहित लगभग 1600 लीटर कच्ची शराब आबकारी अधिनियम के तहत नष्ट की गई। इसके अतिरिक्त प्रवर्तन जोन दक्षिण क्षेत्र की टीम ने जिला शिमला के चीनी बंगला, नारकंडा, एवं संधू में खुदरा बिक्री के परिसरों का निरीक्षण कर नियमों की अवहेलना पर लगभग 3161 लीटर शराब जब्त की। आयुक्त ने बताया कि विभाग की यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। पूरे प्रदेश में शराब के अवैध धंधे पर लगाम कसने के लिए निरंतर कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। सभी कलेक्टर, प्रवर्तन प्रभारी और जिला प्रभारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं कि ड्राई-डे दिनांक 10 नवम्बर 2022 शाम 5.00 बजे से शुरू 12 नवम्बर 2022 शाम 5.00 बजे या मतदान समाप्त होने तक जारी रहेगा। किसी भी प्रकार की शराब के प्रेषण की अनुमति नहीं होगी। चुनाव के दिन सहित दो दिन पहले से ड्राई डे होगा। आठ दिसंबर को चुनाव परिणाम के दिन भी शराब की बिक्री एवं परिवहन पर रोक रहेगी। सभी प्रकार के लाइसेंस परिसर चाहे थोक विक्रेता परिसर, देसी एवं अंग्रेजी खुदरा बिक्री के बार, बियर, वाइन शॉप आदि बंद रहेंगे। संदिग्ध और अन्य परिसरों की कड़ी जांच की जाएगी। सीमावर्ती जिला प्रभारी निकटवर्ती राज्य के नोडल अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर यह सुनिश्चित करेंगे कि मतदान क्षेत्रों के 3 किलोमीटर के दायरे में भी शराब की बिक्री पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगी।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला विधानसभा चुनावों के दृष्टिगत आबकारी विभाग के मध्य क्षेत्र की प्रवर्तन टीम ने जिला बिलासपुर में अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अंग्रेजी शराब के अलग-अलग ब्रांड्स की 125 पेटी (1500 बोतलें) बरामद की हैं। राज्य कर एवं आबकारी आयुक्त यूनुस ने आज यहां बताया कि विभाग को इस क्षेत्र में काफी समय से शराब बेचने की सूचना प्राप्त हो रही थी। प्रवर्तन टीम के अधिकारियों ने अपने सूचना तंत्र को सजग करते हुए इस खेप को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है। उन्होंने बताया कि जहां यह शराब पकड़ी गई है वह एक बंद दुकान थी और दुकान का मालिक मौके पर मौजूद नहीं था। इसलिए पंचायत प्रधान एवं पुलिस की उपस्थिति में ताला तोड़कर उक्त शराब कब्जे में लेकर आबकारी अधिनियम के अंतर्गत कार्रवाई की गई और मामले को शराब सहित आगामी कार्रवाई के लिए निकटवर्ती पुलिस थाना को सौंप दिया गया है। उन्होंने बताया कि एक अन्य मामले में राजस्व जिला बद्दी की टास्क फोर्स ने नालागढ़ में वाहनों की चेकिंग के दौरान एक स्कोर्पियो गाड़ी की तलाशी ली गई, तो उसमें शराब की 8 पेटी (96 बोतलें) पकड़ी गईं। आबकारी अधिनियम के अंर्तगत कार्रवाई करते हुए शराब को कब्जे में लेकर संलिप्त व्यक्ति के खिलाफ नालागढ़ थाना में एफआईआर दर्ज की गई है। आयुक्त यूनुस ने बताया कि विधानसभा आम चुनाव की अधिसूचना के बाद, पूरे प्रदेश में अवैध शराब एवं गुड्स जो कि चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं, के विरुद्ध अभियान जारी है। अंतर राज्य सीमाओं पर विभाग की टीमें प्रदेश में आने वाले सभी वाहनों की गहन जांच पड़ताल कर रही है। विभाग सीमावर्ती क्षेत्रों, चोर रास्तों में नाका लगा कर अवैध शराब का कारोबार करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रहा है। टास्क फोर्स द्वारा विभिन्न अधिनियमों के तहत चेकिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव संपन्न करने के लिए शराब की आपूर्ति रोकने को विभाग के अधिकारी निरंतर सजगता से कर्तव्य निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि शराब की किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों के संदर्भ में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों के बारे में कोई भी व्यक्ति टॉल फ्री नंबर 1800-180-8062, ईमेल vselection2022@mailhptax या व्हाट्सएप नंबर 9418611339 पर शिकायत कर सकता है।
पूर्व मुख्यमंत्री ठाकुर रामलाल का अभेद किला रही जुब्बल कोटखाई सीट पर पिछले पांच चुनाव में कांग्रेस व भाजपा दोनों को जनता ने बराबर का प्यार दिया है। 2003 के विधानसभा चुनाव में ठाकुर रामलाल के पोते रोहित ठाकुर जीते, तो 2007 में पूर्व बागवानी मंत्री रहे नरेंद्र बरागटा ने इस सीट पर कब्ज़ा किया। 2012 के विधानसभा चुनाव में फिर जनता ने कांग्रेस के रोहित ठाकुर को जुब्बल कोटखाई की सीट पर विजय बनाया। जबकि 2017 के विधानसभा चुनाव में नरेंद्र बरागटा ने जीत हासिल की। नरेंद्र बरागटा के निधन के बाद अक्टूबर 2021 में हुए उपचुनाव में रोहित ठाकुर को फिर जीत मिली। अब 2022 के विधानसभा चुनाव में भी ये सिलसिला बरकरार रहता है या नहीं, ये देखना रोचक होगा। वर्तमान स्थिति की बात करें तो कांग्रेस से रोहित ठाकुर मैदान में है और चेतन बरागटा भी भाजपा में वापसी कर चुके है। भाजपा ने वापसी के बाद चेतन पर ही दांव खेला है। इस बार माकपा से विशाल शांगटा भी मैदान में है। इसके अलावा आम आदमी पार्टी ने श्रीकांत चौहान को मैदान में उतारा है। पिछली बार की तरह इस बार भी चेतन बरागटा अपने पिता स्वर्गीय नरेंद्र बरागटा के दिखाए रास्ते पर आगे बढ़ते हुए सेब और बागवान हित के मुद्दे पर चुनाव लड़ रहे है। चेतन जनता के बीच जा कर बागवानी और बागवानों के हितों की बात कह रहे है। निसंदेह चेतन के आने से भाजपा में भी चेतना लौट आई है और पिछले चुनाव में जमानत जब्त करवाने के बाद पार्टी में टोटल मेकओवर दिखा है। चेतन को लेकर कोई विरोध नहीं दिखता और ये तय है कि इस बार मुकाबला कांटे का होगा। उधर रोहित ठाकुर फिर जीत को लेकर आश्वस्त है लेकिन माकपा ने विशाल शांगटा को मैदान में उतार कर इस चुनाव को रोचक कर दिया है। यदि प्रदेश सरकार से खफा वोट में शांगटा सेंध लगाते है तो रोहित की मुश्किलें बढ़ सकती है। बहरहाल जुब्बल कोटखाई का चुनाव बेहद रोचक होता दिख रहा है। इस कांटे के मुकाबले में कौन जीतता है ये तो आठ दिसंबर को तय होगा लेकिन नतीजा जो भी हो चेतन की भाजपा में रंग जरूर लाएगी।
भारतीय जनता पार्टी आज अपना दृष्टि पत्र जारी करने वाली थी। लेकिन अब इसे रविवार 6 नवंबर को जारी किया जाएगा। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा का शिमला में उपस्थित न होना दृष्टिपत्र जारी न करने का कारण बताया गया है। गौरतलब है कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा दोपहर बाद ढाई बजे पीटरहॉफ शिमला में दृष्टिपत्र लांच करने वाले थे। घोषणापत्र में ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) को लेना है कि नहीं, इस बारे में असमंजस है। भाजपा इसे लागू करेगी की नहीं, इस पर भी संशय बना है। भाजपा कर्मियों, किसानों-बागवानों, महिलाओं, युवाओं, बुजुर्गों समेत तमाम वर्गों को घोषणापत्र में शामिल करने का प्रयास कर रही है। उधर, कांग्रेस 5 नवंबर को घोषणापत्र जारी करेगी। प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन शिमला में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, राजस्थान के पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट, प्रदेश कांग्रेस के नेता घोषणापत्र जारी करेंगे। घोषणापत्र में कांग्रेस ओपीएस को लेकर कर्मियों के अलावा किसानों, बागवानों, महिलाओं और युवाओं को साधेगी। दस गारंटियों को फिर दोहराया जाएगा।
हिमाचल विधानसभा चुनाव के लिए मतदान के लिए केवल कुछ ही दिन बाकी हैं। इसी के चलते दोनों बड़े राजनीतिक दलों बीजेपी और कांग्रेस में आरोप प्रत्यारोप का सिलसिला जारी हैं। वहीं बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सांबित पात्रा ने शिमला में कांग्रेस पर बड़ा हमला बोला हैं। पात्रा ने राहुल गाँधी के हिमाचल न आने पर भी सवाल खडे किए हैं। सांबित पात्रा ने कहा कि कांग्रेस के पास नेता, नीति और नियत नही हैं। राहुल गांधी हिमाचल में प्रचार में क्यों नही आना चाहते? क्या नेताओं ने उनको मना किया है ? उन्होंने आगे कहा कि राहुल गाँधी जहाँ भी जाते हैं कांग्रेस हारती हैं। सांबित पात्रा ने कहा कि सोनिया गांधी हिमाचल में छुट्टियां मनाने आई है। कांग्रेस के लिए हिमाचल हॉलिडे डेस्टिनेशन है। जबकि बीजेपी के लिए विकास डेस्टिनेशन। उन्होंने कहा कि सोनिया गाँधी शिमला में हैं, बावजूद इसके कोई जनसभा क्यों नही कर रही है? उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस एटीएम की पार्टी हैं। जहाँ भी इनके कुछ एमएलए जीत जाते हैं, वहाँ से भ्रष्टाचार कर पैसे निकाल कर दिल्ली भेजना इनका एजेंडा होता हैं।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने सुन्नी में भाजपा प्रत्याशी रवि मेहता के पक्ष में चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि यदि धड़ल्ले से जय श्री राम का नारा लगाना है। सिर उठा कर जय श्री राम कहना है तो भारतीय जनता पार्टी को शिमला ग्रामीण विधानसभा में विजय बनाना होगा। कांग्रेस पर तीखे प्रहार करते हुए स्मृति ईरानी ने कहा कि यदि कांग्रेस सत्ता में आई तो चेहरा या तो मम्मी होगी या तो बेटा होगा कांग्रेस के नेता तो केवल अपने परिवारों के लिए काम करते हैं, लेकिन प्रदेश की जयराम सरकार ने 70 लाख हिमाचलियों के लिए कार्य किया है। गरीब को अब ईलाज की चिंता नहीं हिमकेयर कार्ड से सभी का ईलाज मुफ्त में किया जा रहा है। केन्द्र में मोदी सरकार की आयुष्मान योजना और हिमाचल में हिमकेयर योजना डबल इंजन का बेहतरीन उदाहरण है। उन्होंने बताया कि जयराम जी ने तो सहारा योजना के तहत लाचार लोगों के लिए 3 हजार रूपये की मासिक सहायता दी है। 60 साल से ऊपर के सभी बुजूर्ग लोगों को सामाजिक पेंशन का लाभ दिया है, जो कि कांग्रेस के समय 80 वर्ष के बाद दिया जाता था। उज्जवला योजना और गृहिणी सुविधा योजना के तहत महिलाओं को मुफ्त में गैस कनैक्शन का लाभ दिया गया है। जिससे कि हिमाचल प्रदेश देश में पहला धुंआ मुक्त राज्य बना है। ऊना के हरोली में बल्क ड्रग पार्क का निर्माण शुरू किया जा रहा है, जिससे की प्रदेश में निवेश के साथ-साथ रोजगार का भी सृजन होगा। नालागढ़ में मैडिकल डिवाइस पार्क, ऊना में ट्रिपल आईआईटी, बिलासपुर में एम्स और अटल टनल का निर्माण डबल इंजन सरकार के कारण ही संभव हो पाया है। मोदी और जयराम की डबल इंजन की सरकार ने गरीब के करीब रह कर काम किया है। कोरोना के समय से लेकर आज तक देश के 80 करोड़ लोगों को मुफ्त में अनाज का वितरण किया जा रहा है, जो आज भी जारी है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश के 140 करोड़ लोगों को मुफ्त में कोरोना के टीके लगवाए हैं और लोगों से एक भी पैसा नहीं लिया गया। स्मृति ईरानी ने कांग्रेस प्रत्याशी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें पता नहीं है कि शिमला ग्रामीण से रवि मेहता कौन है। अमेठी में राहुल गांधी को भी पता नहीं था कि स्मृति ईरानी कौन है, लेकिन अमेठी की जनता ने बता दिया कि स्मृति ईरानी कौन है। वैसे ही शिमला ग्रामीण की जनता भी कांग्रेस प्रत्याशी को बताएगी की रवि मेहता कौन है। कांग्रेस झुठी गांरटियों का मॉडल प्रदेश की जनता को नहीं बेच पाऐगी। क्योंकि कांग्रेस के झुठे वादे इस प्रदेश की जनता को पता है। कांग्रेस ने 2012 के चुनावी घोषणा पत्र में बेरोजगारों को 1000 रूपया मासिक भता देने का ऐलान किया था, लेकिन सता में आने के बाद भूल गई। पिछली बार कांग्रेस ने युवाओं को ठगा था इस बार कांग्रेस महिलाओं को ठगने की तैयारी में है, लेकिन कांग्रेस को यह मालूम नहीं है कि प्रदेश की जनता इस बार कांग्रेस को ठगने वाली है।
हिमाचल में कांग्रेस प्रत्याशियों के खिलाफ प्रचार और पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल रहने वाले 8 नेताओं को कांग्रेस ने पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने इन नेताओं को 6 साल के लिए निष्कासित किया है। इनमें आनी ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष कैलाश शर्मा, जिला कांग्रेस कमेटी कुल्लू के महासचिव लोक राज ठाकुर, शेर सिंह ठाकुर व विजय कवंर, आनी से पंकज कुमार, शिमला शहरी से अभिषेक भरवालिया, सुलह से प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव सुनील कुमार व जसवां-परागपुर से मुकेश कुमार शामिल हैं। इससे पहले पार्टी प्रत्याशियों के खिलाफ चुनाव लड़ने वाले 6 बागियों को 6 साल के लिए निष्कासित कर चुकी है। आने वाले दिनों में पार्टी प्रत्याशियों के खिलाफ प्रचार करने वाले कई नेताओं पर पार्टी अनुशासनात्मक कार्रवाई कर सकती है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा ने कुल्लू में भारत के लौह पुरुष वल्लभभाई पटेल की जयंती पर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए कहा की भारत की एकता और अखंडता के प्रतीक, आधुनिक भारत के शिल्पकार, महान स्वतंत्रता सेनानी एवं भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की आज 31 अक्तूबर को 147वीं जयंती है, इस मौके पर उन्हें याद कर कोटि-कोटि नमन करता हूं। उन्होंने कहा सरदार पटेल का जीवन हमें बताता है कि कैसे एक व्यक्ति अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति, लौह नेतृत्व और अदम्य राष्ट्रप्रेम से देश के भीतर की सभी विविधताओं को एकता में बदल कर एक अखंड राष्ट्र का स्वरूप दे सकता है। सरदार साहब ने देश के एकीकरण के साथ आजाद भारत की प्रशासनिक नींव रखने का भी काम किया।
रचना झीना शर्मा (कसुम्पटी मंडल भाजपा की उपाध्यक्ष) हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव का दौर जारी है। हिमाचल प्रदेश में 5 वर्ष भारतीय जनता पार्टी ने सफलता से सरकार चलाई, प्रदेश का नेतृत्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने किया। हिमाचल प्रदेश में लगातार डबल इंजन की सरकार ने हिमाचल को शिखर पर पहुंचाने का काम किया है। प्रदेश की समस्याओं को हल किया। प्रदेश में 2 वर्ष से अधिक समय तक कोरोना के संकट से निपटने का काम किया। हिमाचल प्रदेश में विकास की रफ्तार को रुकने नहीं दिया। इसे हिमाचल प्रदेश के भाजपा नेतृत्व की खूबी कहा जा सकता है कि संकट के दौर में भी जहां सरकार लोगों के स्वास्थ्य व उनकी सुविधाओं के लिए उनकी सुरक्षा के लिए काम करती रही, वही भारतीय जनता पार्टी का संगठन जनता के बीच रहकर सेवा के काम को आगे बढ़ाता रहा है। हिमाचल प्रदेश में निश्चित रूप से भारतीय जनता पार्टी का बेहतर संगठन है, बेहतर रणनीति है। विधानसभा चुनाव अपने आप में हर दल के लिए महत्वपूर्ण रहते हैं। यह कठिन भी होते है, और जनता के मूड पर निर्भर भी करते है। 5 वर्ष भाजपा नेतृत्व ने परीक्षा दी है और उसके बाद अब यह चुनाव के 25 दिन मेहनत के रहते हैं और यही परीक्षा का परिणाम भी देते हैं। यही फ़र्ज़ रहता है कि ईमानदारी, कर्मठता के साथ काम किया जाए ,मेहनत की जाए, जनता के बीच जाए और जनता का जनादेश जो भी रहता है ,वह स्वीकार होता है। हिमाचल प्रदेश में इस बार का विधानसभा चुनाव अनेक मायनों में महत्वपूर्ण है। यह चुनाव विकास पर लड़ा जा रहा है। मैं अपने लेख में अलग से एक नेता व क्षेत्र की बात कर रही हूँ। ऐसा नेता जिसे हमने संघर्ष से बढ़ते देखा है, काम करते देखा है। जी हां, हिमाचल प्रदेश में बड़े नेताओं की बात की जाए तो हिमाचल के बड़े नेताओं में शुमार सुरेश भारद्वाज ने बिना राजनीतिक परिवारिक पृष्ठभूमि के, अपने विचारों से अपने संघर्ष से अपनी विचारधारा, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़कर, विद्यार्थी परिषद से लेकर भारतीय जनता युवा मोर्चा से होते हुए ,भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष के सर्वोच्च पद तक पहुंच कर अपना नाम बनाया, पहचान बनाई और उस पहचान को भाजपा नेतृत्व में देश में स्थापित किया। सुरेश भारद्वाज स्पष्ट राजनीति करते हैं, स्पष्ट बात बोलते हैं। हिमाचल प्रदेश में बतौर मंत्री उन्होंने सफलता के साथ काम किया है। उन्होंने संसदीय कार्य मंत्री होने के नाते विधानसभा के संचालन में अहम भूमिका निभाई। शिक्षा मंत्री व सहकारिता मंत्री के नाते बेहतर काम किया। कानून मंत्री के नाते उन्होंने बेहतरीन काम किया। शहरी विकास मंत्री होने के नाते उन्होंने हिमाचल प्रदेश के शहरों को स्मार्ट बनाने के लिए परियोजनाएं शुरू की। सुरेश भारद्वाज ने शिमला के विकास के लिए करोड़ों रुपए की योजनाएं शुरू की। प्रदेश की सरकार में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का उन्हें समर्थन प्राप्त हुआ। केंद्र सरकार का सहयोग मिला और पहाड़ों की रानी शिमला को आगे बढ़ाने के लिए ऐतिहासिक ही नहीं बल्कि लीक से हटकर के योजनाएं बनाकर के योजनाओं को जमीन पर उतारने का काम मंत्री सुरेश भारद्वाज द्वारा किया गया, जिसका गवाह शिमला बन रहा है। सुरेश भारद्वाज शिमला का नेतृत्व है, प्रदेश का नेतृत्व में बड़े नेता में शुमार हैं, इस विधानसभा चुनाव में पार्टी के नेतृत्व ने उन्हें कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाया है। कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र भाजपा का एक समय गढ़ रहा है। भाजपा लगातार जीत दर्ज करती रही है, लेकिन पिछले 20 वर्षों से भारतीय जनता पार्टी जहां जीत से दूर है, कारण अनेकानेक हो सकते हैं। परन्तु भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं ने कभी कमी नहीं रखी। जनता के बीच जाकर के अपनी बात रखी है। मतदाता लोकतंत्र की मजबूती है, मतदाता की जय जयकार होती है। राजनीतिक दलों का काम मतदाता के पास जाना होता है और मतदाता अपने विवेक से निर्णय करता है। हिमाचल प्रदेश कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र इस बार हॉट सीट के रूप में है, क्योंकि यहां से विकास की पहचान बने भाजपा के नेता सुरेश भारद्वाज भारतीय जनता पार्टी की तरफ से प्रत्याशी है, पार्टी के निर्णय को उन्होंने सहर्ष स्वीकार किया, कसुम्पटी मंडल भाजपा के समस्त नेतृत्व ने उनका स्वागत किया। एकजुट होकर के सब उनके साथ चले है। जनता के बीच सुरेश भारद्वाज की पहचान एक विकास पुरुष की तरह है, कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र के निवासी रहे और कसुम्पटी में करोड़ों रुपए के विकास कार्य करवाने में उन्होंने अपना जहां विभागीय सहयोग किया ,वहीं प्रदेश के मुख्यमंत्री से समय-समय पर कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र की समस्याओं को हल करने में अपना योगदान दिया है, इसलिए सुरेश भारद्वाज द्वारा किया गया विकास कार्य ही आज हमारी ताकत है। हम जनता के बीच यह बात रख रहे हैं कि विकास की पहचान नेता को आगे बढ़ाएं,जो कसुम्पटी की आस सुरेश भारद्वाज बने हैं विकास के लिए, इसलिए जनता के बीच जाकर जहां सुरेश भारद्वाज के लिए जनसमर्थन जुटाने का प्रयास कर रहे हैं। वहीं सुरेश भारद्वाज कड़ी मेहनत करते हुए लगातार जनसंपर्क अभियान को तेज किए हुए हैं और भारतीय जनता पार्टी मंडल के सभी नेता सभी कार्यकर्ता सभी पदाधिकारी अपने अपने स्तर पर उनका सहयोग कर रहे हैं। बुजुर्गों का सहयोग मिल रहा है, युवाओं का जोश मिल रहा है व महिला शक्ति आगे बढ़ रही है। इसलिए कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र का चुनाव अपने आप में महत्वपूर्ण है और आज इस लेख में मैं इसलिए विशेष रूप से कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र की चर्चा कर रही हूं क्योंकि यह विधानसभा क्षेत्र रिवाज बदलने के लिए अपना योगदान देने हेतु आगे बढ़ रहा है। हम सबका काम मेहनत करना है जनता तक पहुंचना है, सुरेश भारद्वाज के विजन को घर-घर तक पहुंचाना है। भारतीय जनता पार्टी के डबल इंजन की सरकार के कामों को लोगों ने देखा है, उन कामों का लाभ घर-घर को मिला है, सहारा योजना, पेंशन योजना, हिम केयर कार्ड ,उज्जवला योजना सहित अनेक ऐसी योजनाएं जिनका लाभ प्रदेश की सरकार के कारण से जनता तक पहुंचा। 125 बिजली के फ्री,गांव में पानी का बिल फ्री ,विकास के नए संस्थान बनाना विकास के लिए नई सोच के साथ काम करना यह कसुम्पटी विधानसभा क्षेत्र में सुरेश भारद्वाज के मार्गदर्शन में प्रदेश की सरकार ने किया है। हमें यकीन है कि विधानसभा क्षेत्र रिवाज बदलने की ओर आगे बढ़कर ट्रिपल इंजन स्थापित करेगा विकास के लिए। केंद्र, प्रदेश व कसुम्पटी में कमल चुनाव चिन्ह रहेगा और कसुम्पटी विकास में सुरेश भारद्वाज जी के नेतृत्व में आगे बढ़ेगा। हौसले ,उड़ान हमारी अभी बाकी है, कदम जो बढ़ गए हैं वो मंजिल तक पहुंचना बाकी हैं, आसमान को नापना बाकी है, कसुम्पटी के हालात को बदलना बाकी है, कसुम्पटी की तकदीर व तस्वीर को बनाना है, सुरेश भारद्वाज को आगे लाना है। (रचना झीना शर्मा स्वतंत्र लेखिका है। यह उनके स्वतंत्र विचार है।)
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला विद्यापीठ शिमला की छात्रा अपर्णा शर्मा ने एमबीबीएस में नीट 2022 के आधार पर अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स बिलासपुर में दाखिला प्राप्त किया है। अपर्णा शर्मा अब एम्स बिलासपुर में एमबीबीएस करेगी। अपर्णा शर्मा के माता पिता गांव भरेड़ी (कुमारसेन) के रहने वाले हैं। पिछले 3 वर्षों से अपर्णा शर्मा विद्यापीठ संस्थान में कोचिंग ले रही थी। अपर्णा ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय माता-पिता के साथ विद्यापीठ शिमला के निदेशक इंजीनियर रविंद्र अवस्थी और डॉ रमेश शर्मा को देते हुए बताया कि उनके विश्वास और मार्गदर्शन से आज उसने यह मुकाम हासिल किया है। अपर्णा की इस उपलब्धि पर विद्यापीठ के दोनों निदेशकों ने अपर्णा शर्मा को उसके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी।
भाजपा हिमाचल में सरकार रिपीट करने का दावा कर रही हैं। इसी कड़ी में आज केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने शिमला में पत्रकार वार्ता कर दावा किया कि भाजपा की डबल इंजन की सरकार ने हिमाचल में पांच सालों में विकास किया है, जिसके बाद जनता उन्हें दोबारा सत्ता में लाने का मन बना चुकी है। अनुराग ने कांग्रेस और आम आदमी पार्टी पर भी जमकर निशाना साधा हैं। अनुराग ठाकुर ने कहा कि भाजपा की डबल इंजन की सरकार ने एम्स बल्क ड्रग पार्क जैसे बड़े संस्थान प्रदेश को दिए हैं। स्वरोजगार के नये मार्ग सृजित किए गए है। उन्होंने कहा, "हिमाचल में विकास की रफ्तार हैं, फिर भाजपा सरकार है।" अनुराग ने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा की कांग्रेस झूठे वादों की पार्टी हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब में इनकी सरकार रही लेकिन कर्ज माफ करने का जो वादा किया था वह पूरा नहीं किया गया। हर घर से सरकारी नौकरी का वादा किया लेकिन पूरा नहीं किया। ये चुनावों से पहले कोरे कागज भरवाते हैं बाद में भूल जाते हैं। भारत जोड़ो यात्रा में कभी भाई बहन नहीं जुड़ सके यह भारत को क्या जोड़ेंगे। वंही कांग्रेस के द्वारा लाई जा रही चार्जशीट पर भी अनुराग ने निशाना साधा है उन्होंने कहा कि कांग्रेस का राष्ट्रीय व प्रदेश नेतृत्व बेल पर हैं। जो स्वयं भ्रष्टाचार में डूबें हैं, वह क्या चार्जशीट लाएंगे। उन्हें इसका नैतिक अधिकार नहीं हैं। दूसरी ओर अनुराग ने आम आदमी पार्टी पर भी निशाना साधा है। उन्होंने कहा आप भ्रष्टाचार में डूबी है। पंजाब और दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पहले भ्रष्टाचार में संलिप्त पाए गए और अब दिल्ली के उपमुख्यमंत्री शराब घोटाले में फंसे है। कांग्रेस व आप पूरी तरह भ्रष्टाचार में डूबी है। दिल्ली के सीएम केजरीवाल द्वारा नोट पर लक्ष्मी व गणेश की फोटो लगाने के बयान पर अनुराग ने कहा कि फर्जीवाल की फर्जी बातें हैं। यहीं लोग राम मंदिर का विरोध करते थे। दिल्ली में मौलवियों को सालाना अठारह हजार देते हैं क्या मंदिर के पुजारियों और गुरद्वारे के ग्रंथियों को भी देंगे। उन्होंने कहा कि केजरीवाल अराजकता के प्रतीक हैं।
हिमाचल प्रदेश में मौसम विभाग ने तीन दिन तक मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान जताया है। मौसम विभाग केंद्र शिमला के अनुसार प्रदेश के सभी भागों में 30 अक्टूबर तक मौसम साफ रहने के आसार है। जबकि 31 अक्तूबर व 1 नवंबर को मध्य व उच्च पर्वतीय कई स्थानों पर बारिश की संभावना है। इस दौरान चोटियों पर बर्फबारी हो सकती है। विभाग के अनुसार 2 व 3 नवंबर को भी मौसम खराब रहने की संभावना है। शिमला में न्यूनतम तापमान 12.1, सुंदरनगर 8.4, भुंतर 7.4, कल्पा 3.0, धर्मशाला 13.2, ऊना 12.2, नाहन 16.7, केलांग 0.2, पालमपुर 10.0, सोलन 7.5, मनाली 4.5, कांगड़ा 12.5, मंडी 10.1, बिलासपुर 13.5, हमीरपुर 11.3, चंबा 9.8, डलहौजी 13.1, जुब्बड़हट्टी 13.0, कुफरी 9.5, नारकंडा 6.1, रिकांगपिओ 6.5 और पांवटा साहिब में 18.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सांसद प्रतिभा सिंह ने कहा है कि कांग्रेस सत्ता में आते ही कर्मचारियों के साथ हो रहें भेदभाव को दूर करेंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार जनजातीय क्षेत्रो में लोगों की समस्याओं को दूर करने में विफल रही है। आज लाहुल स्पिति के काजा में लोगों को सम्बोधित करते हुए प्रतिभा सिंह ने कहा कि प्रदेश से भाजपा सरकार की विदाई तय है। उन्होंने कहा कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने जनजातीय क्षेत्रों के विकास के लिए विशेष योजनाएं चलाई थी, पर वर्तमान सरकार की उपेक्षा के चलते इस क्षेत्र के लोगों को उसका पूरा लाभ नही मिला। प्रतिभा सिंह ने कहा कि डबल इंजन का दावा करने वाली भाजपा ने प्रदेश की पूरी अर्थव्यवस्था को तहस नहस कर दिया है। प्रदेश पर 70 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज चढ़ चुका है। प्रतिभा सिंह ने कहा कि अब चुनावों के समय मुख्यमंत्री सहित इसके सभी नेता झूठ बोल कर लोगों को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं। प्रदेश में भाजपा की ऐसी कोई भी उपलब्धि नही है, जिसके नाम पर वह लोगों से वोट मांग सकें। उन्होंने कहा मुख्यमंत्री ने अपने इस कार्यकाल में उन्हीं योजनाओं के रिब्बन काटे, जो पूर्व कांग्रेस सरकार ने शुरू किए थे। प्रतिभा सिंह ने लोगों से कांग्रेस उम्मीदवार को भारी मत्तो से जीताने का आह्वान किया।


















































