प्रदेश में जुलाई में माह में शुरू होने वाले सेब सीज़न से पहले प्रदेश के बागवानों को बड़ा झटका लगा है । बागवानी मंत्री ने कोरोना काल में सेब कार्टन के दाम न बढ़ाने का आश्वासन दिया था लेकिन कंपनियों ने कच्चा माल और कागज महंगा होने की दलील देकर कार्टन के दाम पांच से 10 रुपये तक बढ़वा लिए हैं। सोमवार को हिमाचल प्रदेश बागवानी उत्पाद विधायन एवं विपणन निगम ने दाम तय कर दिए हैं। प्रति बीस किलो के सफेद कार्टन की दरें 60 से 70 रुपये निर्धारित की गई हैं। ब्राउन कागज के कार्टन 54 से 62 रुपये में बागवानों को मिलेंगे। पिछले साल एचपीएमसी ने 350 लाख कार्टन उपलब्ध कराए थे। एचपीएमसी ने इस बार 17 कंपनियों को कार्टन आपूर्ति का काम सौंपा है। पिछले साल 24 कंपनियों ने कार्टन बेचा था। पिछले साल कार्टनों के रेट में कोई वृद्धि नहीं की थी। पिछले साल प्रदेश में सेब की फसल काम थी। लेकिन इस साल करीब चार करोड़ पेटी सेब होने का अनुमान है। हालंकि इस साल बागवानों को मौसम की मार भी झेलनी पड़ी जिससे उन्हें खासा नुकसान हुआ। वंही इस बार ट्रक भाड़ा भी बढ़ेगा डीजल महंगा होने के कारण अब ट्रक मालिक सेब की ढुलाई का भाड़ा 15 फीसदी तक बढ़ाने की तैयारी में है।
प्रदेश सरकार ने निजी बस ऑपरेटरों को बड़ी रहत दी है। परिवहन विभाग ने 50 फीसदी टोकन टैक्स और विशेष पथ कर माफ करने की अधिसूचना जारी कर दी है। यह टैक्स अगस्त 2021 तक माफ़ किया जाएगा। अधिसूचना के मुताबिक निजी बस ऑपरेटरों को वर्किंग कैपिटल स्कीम के तहत 2 से 20 लाख रुपये तक लोन भी दिया जाएगा। निजी बस ऑपरेटर टैक्स माफी को लेकर हड़ताल पर चल रहे थे। इस बीच यूनियन का प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से मिला था। इसके बाद मामले को बीती कैबिनेट की बैठक में लाया गया था। जिस राज्य सरकार टैक्स माफ़ करने को हरी झंडी दिखाई।
प्रदेश में आज मंत्रिमंडल की बैठक राज्य अतिथि गृह पीटरहॉफ शिमला में होगी। इस बैठक में कोरोना की वजह से बंद मंदिरों को खोलने पर फैसला हो सकता है। साथ ही हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की 12वीं कक्षा के अंक निर्धारण के लिए बनाए गए फॉर्मूले को भी मंत्रिमंडल से हरी झंडी मिल सकती है। बोर्ड ने सीबीएसई के अंक निर्धारण के फॉर्मूले में कुछ बदलाव किया है। नए फार्मूले के तहत अप्रैल में हुई 12वीं कक्षा के अंग्रेजी कक्षा की परीक्षा और फर्स्ट व सेकेंड टर्म की परीक्षाओं के अंकों को भी शामिल किया गया है। बैठक में स्कूलों को खोलने को लेकर भी चर्चा की जाएगी। स्कूलों में बरसात की छुट्टियां देने के बारे में भी चर्चा हो सकती है। शिक्षा विभाग के प्रस्ताव के अनुसार 15 जुलाई से ग्रीष्मकालीन स्कूलों में अवकाश दिया जा सकता है। शीतकालीन स्कूलों में अगस्त के दौरान छुट्टियां देने की योजना है। कोरोना को लेकर बैठक में स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी एक प्रस्तुति दी जाएगी। कोरोना बंदिशों में और छूट दिए जाने से प्रदेश में कोरोना के मामले फिर से बढ़ सकते हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग मंगलवार को होने वाली कैबिनेट की बैठक में बाहरी राज्यों के लिए बसें न चलाने, मंदिरों को श्रद्धालुओं के लिए न खोलने की सिफारिश करेगा। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि प्रदेश में इस समय 2500 से ज्यादा एक्टिव मामले हैं। जब तक यह आंकड़ा एक हजार से नीचे नहीं आ जाता, ढील देना भारी पड़ सकता है। महकमे ने कैबिनेट के लिए यह प्रस्ताव तैयार किया है। इसमें स्वास्थ्य सचिव कोरोना की वास्तविक स्थिति के बारे में प्रस्तुति देंगे। वंही बैठक में पंजाब के छठे वेतन आयोग के बारे में चर्चा हो सकती है। राज्य से बाहर और अन्य राज्यों से हिमाचल के लिए अंतरराज्यीय बसें शुरू करने व बाहर से आने वाले लोगों के पंजीकरण की प्रक्रिया पर भी फिर से बात होगी। इस प्रक्रिया में अधिक ढील देने पर प्रदेश में कोरोना संक्रमण के फिर से फैलने की आशंका है। ऐसे में सख्ती की जा सकती है। कारोबारी कह रहे हैं कि उन्हें पांच बजे के बाद भी दुकानें खोलने की अनुमति दी जाए। इस बारे में भी विचार हो सकता है।
हिमाचल प्रदेश की भाजपा सरकार अपने चहेतों को चोर दरवाजे से नौकरी दे रही है और सभी नियमों की सरेआम धज्जियां उड़ा रही है। प्रदेश के उद्योग मंत्री और उनके विभाग के ऊपर गंभीर आरोप लगाते हुए हिमाचल प्रदेश के पूर्व मंत्री और ऑल इंडिया कॉंग्रेस के राष्ट्रीय सचिव सुधीर शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर बताएं कि कैसे मंत्री के हिमाचल प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास निगम ( HPSIDC) विभाग में एक रिटायर सुपरिटेंडेंट इंजीनियर को बिना किसी कंपटीशन के नियुक्त कर दिया और 62000 रुपये प्रति माह तनखा भी फिक्स कर दी। सुधीर शर्मा ने आरोप लगाते हुए बताया कि उपरोक्त इंजीनियर जिनका नाम अयूब चौधरी है, इसी विभाग से दो महीने पहले सुपरिटेंडेंट इंजीनियर के तौर पर रिटायर हुए थे और नौकरी पाने का जुगाड़ कर रहे थे। उन्होंने विभाग के उपाध्यक्ष राम कुमार पर भी इस मे शामिल होने के आरोप लगाए। सुधीर शर्मा ने मुख्यमंत्री से सवाल पूछा है कि ऐसे कैसे हो सकता है बिना मुख्यमंत्री की मर्जी से इतनी बड़ी फाइल चल पडी और नियुक्ति भी हो गई। सुधीर शर्मा ने कहा कि कॉंग्रेस इस नियुक्ति के खिलाफ जनता के बीच जाएगी और सरकार के भ्रष्टाचार को उजागर करेगी और इस नियुक्ति की जांच की मांग करेगी और अगर सरकार ने इसे रद्द नहीं किया तो न्यायालय भी जाएगी।
उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने आज नई दिल्ली में केन्द्रीय वित्त एवं कारपोरेट मामले के राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर से भेंट कर हिमाचल प्रदेश और अपने विधानसभा क्षेत्र जसवां परागपुर की विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं को लेकर चर्चा की। उन्होंने राज्य मंत्री से इन परियोजनाओं से सम्बन्धित मामलों को शीघ्र स्वीकृति के लिए विभिन्न केन्द्रीय मंत्रालयों के समक्ष उठाने का आग्रह किया। उद्योग मंत्री ने जसवां परागपुर विधानसभा के मुद्दों पर चर्चा करते हुए राज्य मंत्री को अवगत करवाया कि क्षेत्र में विभिन्न खड्डों के बाढ़ सुरक्षा और कटाव रोधी उपायों के लिए 505.71 लाख रुपये की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट मंत्रालय को सौंपी गई है जिसकी स्वीकृति अपेक्षित है। उन्होंने अनुराग ठाकुर से इन मामलों को केन्द्र सरकार से आगामी कार्रवाई के लिए उठाने का आग्रह किया। उन्होंने श्री ठाकुर से पंजाब नेशनल बैंक प्राधिकरण को चनौर गांव में अपनी शाखा और एटीएम खोलने के निर्देश देने का भी आग्रह किया। उन्होंने राज्य मंत्री से सड़क परिवहन मंत्रालय से केंद्रीय सड़क एवं बुनियादी ढांचा कोष (सीआरआईएफ) के अन्तर्गत जिला कांगड़ा में रक्कड़-चलाह-अप्पर भटोली-टिक्कर-शान्तला सड़क के सुधारीकरण, चैड़ाई और सुदृढ़ीकरण मामले पर कार्रवाई करने का भी आग्रह किया। उन्होंने केन्द्रीय मंत्रालय से जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम पंचायत रिड़ी कुठेड़ा में केन्द्रीय विद्यालय स्वीकृत करने के मामले में उचित कार्रवाई करने का अनुरोध किया। बिक्रम सिंह ने अवगत करवाया कि उनके विधानसभा क्षेत्र में जल जीवन मिशन के अन्तर्गत हर घर जल से नल उपलब्ध करवाने के लिए तीन चरणों में 11 परियोजनाओं को पूरा करने के लिए केन्द्र से 2394.32 लाख रुपये की आवश्यकता है। अभी तक इन योजनाओं के लिए केन्द्र ने 1043.56 लाख रुपये आवंटित किए हैं। उन्होंने इन परियोजनाओं को समयबद्ध पूरा करने के लिए शेष स्वीकृत राशि को शीघ्र जारी करने का आग्रह किया। उन्होंने औद्योगिक विकास योजना को वर्ष 2024 तक दो वर्ष का विस्तार देने और राज्य में औद्योगिक विकास को गति प्रदान करने के लिए हिमाचल प्रदेश को जम्मू-कश्मीर के समान प्रोत्साहन प्रदान करने के संदर्भ में भी श्री ठाकुर से चर्चा की। उन्होंने सोलन जिले के बद्दी में सीईटीपी सुविधा प्रदान करने के लिए सौंपे गए प्रस्ताव पर संबंधित मंत्रालय से मामला उठाने का आग्रह किया। उन्होंने वाणिज्य मंत्रालय से बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ को अमृतसर-कोलकाता औद्योगिक गलियारे के अंतर्गत औद्योगिक नोड के रूप में समावेश करने का भी आग्रह किया। अनुराग ठाकुर ने बिक्रम सिंह द्वारा प्रस्तुत मुद्दों पर सम्बन्धित मंत्रालयों के समक्ष उठाने का आश्वासन दिया।
शिमला। उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने आज नई दिल्ली में केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र शेखावत से भेंट की। उन्होंने केन्द्रीय मंत्री से जिला कांगड़ा के अन्तर्गत जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र में जल जीवन मिशन के अन्तर्गत हर घर जल से नल उपलब्ध करवाने के लिए तीन चरणों में 11 परियोजनाओं को पूरा करने के लिए केन्द्र से 2394.32 लाख रुपये जारी करने का आग्रह किया। अभी तक इन योजनाओं के लिए केन्द्र ने 1043.56 लाख रुपये आवंटित किए हैं, जिसमें से 776.55 लाख रुपये खर्च किए जा चुके है। उन्होंने इन परियोजनाओं को समयबद्ध पूरा करने के लिए शेष स्वीकृत राशि को शीघ्र जारी करने का आग्रह किया। उन्होंने केन्द्रीय मंत्री को अवगत करवाया कि जसवां परागपुर एक दुर्गम क्षेत्र है जिसमें बहुत सी खड्ड है, जिसके कारण मानसून के दौरान भूमि कटाव होता है। क्षेत्र में बाढ़ सुरक्षा और भूमि कटाव रोधी उपायों के लिए 505.71 लाख रुपये की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट केन्द्रीय जल आयोग को सौंपी गई है। उन्होंने केन्द्रीय मंत्री से इस सम्बन्ध में स्वीकृति प्रदान करने का आग्रह किया है। गजेन्द्र सिंह शेखावत ने बिक्रम सिंह को हर सम्भव सहायता प्रदान करने का आश्वसन दिया।
उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी की अध्यक्षता में आज यहां कैथलीघाट-ढली फोरलेन से संबंधित मुद्दों के संबंध में बैठक का आयोजन किया गया।बैठक में फोरलेन परियोजना से संबंधित कार्य प्रगति की नवीनतम स्थिति पर विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों को परियोजना के अंतर्गत भूमि तथा ढांचे की क्षतिपूर्ति की अनुसूचि तैयार कर कार्यालय को भेजने के निर्देश दिए ताकि मेजिस्ट्रेट तथा पुलिस की मौजूदगी में आगामी कार्यवाही अमल में लाई जा सके। उन्होंने बताया कि परियोजना के अंतर्गत सड़क निर्माण के दौरान 4 लोगों से नुक्सान की शिकायतें प्राप्त की गई थी, जिसमें से 3 शिकायतों का निपटारा किया जा चुका है तथा बची एक शिकायत का जल्द ही निपटारा किया जाएगा। उन्होंने उपमण्डलाधिकारी (शहरी) को सड़क निर्माण के दौरान आ रही विभिन्न समस्याओं का समाधान निकालने के निर्देश दिए। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (प्रोटोकाॅल) विनय धीमान, उपमण्डलाधिकारी (शहरी) मंजीत शर्मा, नायब तहसीलदार लायक राम शर्मा, साईट इंजीनियर एनएचएआई के.एच. नेगी, प्रबंधक तकनीकी एनएचएआई अशोक रोहलानिया एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन की प्रदेश इकाई ने बिना कोरोना टीकाकरण के ही कॉलेज छात्रों की परीक्षाओं का विरोध किया है। इस मुद्दे को लेकर प्रदेशाध्यक्ष छत्तर ठाकुर की अध्यक्षता में एनएसयूआई के एक प्रतिनिधिमंडल ने उच्च शिक्षा निदेशक से मुलाकात कर उनके माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। छत्तर ठाकुर ने बताया कि कोरोना महामारी के संकट के बीच एनएसयूआई समस्त छात्र समुदाय की सुरक्षा को लेकर चिंतित है और इसी को लेकर इस संकट के दौर में बार बार सरकार व प्रशासन से छात्रों की मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर मांग की जा रही है। एनएसयूआई छात्रों की किसी भी प्रकार की परीक्षाओं से पहले सभी छात्रों को वैक्सीनेशन की पैरवी कर रही है और जब तक सभी छात्रों को वैक्सीन नहीं लग जाती तब तक परीक्षाएं न करवाने की मांग उठाई गयी। साथ ही सलेबस में भी उचित कटौती की मांग की। एनएसयूआई ने मुख्यमंत्री को भी पत्र में परीक्षाओं से पहले सभी छात्रों की प्रॉपर वैक्सीनेशन करवाए जाने की मांग की है। एनएसयूआई के प्रतिनिधियो ने बताया की अगर प्रदेश सरकार और विश्वविद्यालय परीक्षाओं को ही करवाना चाहती है तो ऑफलाइन परीक्षाओं की जगह ऑनलाइन माध्यम से परीक्षाओं को आयोजित करें। एनएसयूआई ने तर्क दिया कि जब प्रदेशभर के स्कूलों मे पढाई ऑनलाइन माध्यम से हो सकती है तो परीक्षाए भी ऑफलाइन नहीं होनी चाहिए। एनएसयूआई ने प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष निगम भंडारी का छात्रहित की इस मुहिम में समर्थन देने के लिए भी आभार जताया और साथ ही सरकार व विवि प्रशासन से इस मुद्दे को गंभीरता से लेकर छात्रों की सुरक्षा में ऑफलाइन परीक्षाएं रद्द करने की मांग की।
स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि प्रदेश में 20 जून तक कुल 200410 व्यक्ति कोविड पाॅजिटिव पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि पिछले एक माह के दौरान कोरोना पाॅजिटिव मामलों में निरंतर कमी आई है और कोविड पाॅजिटिव मामलों की संख्या 2711 रह गई हैं। 14 जून से 20 जून के दौरान कोविड के 1860 पाॅजिटिव मामले और पाॅजिटिविटी दर 1.3 प्रतिशत दर्ज की गई। इसी अवधि के दौरान जिला बिलासपुर में कुल 9655 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 104 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.1 प्रतिशत रही। चंबा में कुल 8899 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 222 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 2.5 प्रतिशत, हमीरपुर में कुल 9670 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 158 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.6 प्रतिशत, कांगड़ा में कुल 33060 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 434 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.3 प्रतिशत, किन्नौर में कुल 1994 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 48 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 2.4 प्रतिशत रही। उन्होंने कहा कि जिला कुल्लू में कुल 6355 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 99 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.6 प्रतिशत रही। लाहौल स्पीति में कुल 1081 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 21 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.9 प्रतिशत, मंडी में कुल 24342 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 276 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.1 प्रतिशत रही। शिमला में कुल 11714 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 211 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.8 प्रतिशत, सिरमौर में कुल 10032 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 116 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 1.2 प्रतिशत, सोलन में कुल 9626 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 83 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 0.9 प्रतिशत और जिला ऊना में कुल 12437 लोगों के कोविड टेस्ट किए गए, जिनमें से 88 लोग पाॅजिटिव पाए गए और पाॅजिटिविटी दर 0.7 प्रतिशत दर्ज की गई। इसी अवधि के दौरान प्रदेश में 51 कोरोना मरीजों की मृत्यु दर्ज की गई हैं।
Chief Minister Jai Ram Thakur addressing the people on the occasion of International Yoga Day at Peterhof, Shimla on 21 June 2021. Yoga not only keeps human physically and mentally fit but also go a long way in maintaining the balance between body and soul. This was stated by Chief Minister Jai Ram Thakur while addressing the virtual celebration of International Yoga Day-2021 organized by the Ayush Vibhag Himachal Pradesh at Peterhof here today. Chief Minister said that International Day of Yoga-2021, was being observed with the theme 'Yoga for well-being', was much relevant in the prevalent times of corona pandemic. He said that the Covid-19 pandemic was not just a physical crisis but also left lasting impacts on mental health. It has left many people in psychological suffering, depression, anxiety, and dealing with the pandemic-necessitated restrictions. He said that Yoga can help people dealing with such crises, the United Nations explained on its website since the message of the practice is to promote both physical and mental health. Jai Ram Thakur said that the idea for an UN-mandated International Day of Yoga was first proposed by Prime Minister Narendra Modi during his speech at the United Nations General Assembly in 2014. Prime Minister Modi called Yoga an "invaluable gift of India's ancient tradition" and called for the "harmony between man and nature" through Yoga and this initiative was backed by as many as 177 nations, the highest number of co-sponsors ever for any UN Resolution of such nature, he added. Chief Minister said that the State Government was committed to promoting Yoga in the State. He said that with the active cooperation of Art of Living, Yog Bharati, Vivekanand Yog Kendra, etc., the State Ayush Department has launched a new program 'Ayush Ghar Dwar' from 14th May this year to virtually help the corona patients and other people for doing yoga and pranayam. Jai Ram Thakur thanked Founder of Art of Living Shri Shri Ravi Shankar for sparing his valuable time by joining virtually to motivate the people with his enlightening thoughts. Health Minister Dr. Rajiv Saizal while welcoming the Chief Minister and other dignitaries said that during the present era of cut short competition and various stress, Yoga has emerged as the best measure for relaxation of body and mind. He said that as many as 1327 groups were constituted under the Ayush Ghar Dwar program through which over 53000 people were motivated to practice Yoga and pranayam. Founder of Art of Living Shri Shri Ravi Shankar appreciated the steps taken by the State Government in promoting Yoga in the State. He said that Yoga not only helps in making them a strong and healthy society but also in promoting goodwill among the masses. He said that Himachal Pradesh was an abode of god and goddess and steps must be taken to make Himachal Pradesh a prosperous and healthy State. The State Government had also done exceptionally well in the vaccination campaign. He also thanked the doctors and other paramedical staff and frontline workers for working with dedication during the corona pandemic. Principal Secretary Ayush Onkar Chand Sharma presented a vote of thanks. Governor Bandaru Dattatraya joined the event virtually whereas Urban Development Minister Suresh Bhardwaj, Member of Parliament and State BJP President Suresh Kashyap, Organizing Secretary Pawan Rana, Vice Chairman State Handicraft and Handloom Corporation Sanjeev Katwal, Mayor Shimla Municipal Corporation Satya Kaundal, Deputy Mayor Shalender Chauhan, DGP Sanjay Kundu, Chairman cum Managing Director SJVNL Nand Lal Sharma, Deputy Commissioner Shimla Aditya Negi, Director Information and Public Relations Harbans Singh Brascon, Superintendent of Police Mohit Chawla and other senior officers were also present with the Chief Minister at Peterhof.
Industries Minister Bikram Singh called on Union Minister for Jal Shakti Gajendra Singh Shekhawat at New Delhi today. He requested the Union Minister to release Rs. 2394.32 lakh for completing 11 schemes approved in three phases for Jaswan Pragpur constituency in Kangra district under Jal Jeevan Mission for providing Har Ghar Nal se Jal. He apprised the minister that Rs. 1043.56 lakh have been allotted for the schemes against which Rs. 776.55 lakh have already been spent. He urged the Union Minister to release the rest of the amount required so that the schemes may be completed soon. He further informed the Union Minister that Jaswan Pragpur was a far-flung area and has a lot of Khuds which cause erosion to adjacent areas in the rainy season. He said that flood protection and anti-erosion measures are required to be undertaken in the areas and added that keeping this in view a detailed project report amounting to Rs. 505.71 crores have been submitted to Central Water Commission. He urged the Union Minister for according approval for the same. Gajendra Singh Shekhawat assured Bikram Singh of all possible assistance.
Industries Minister Bikram Singh called on Union Minister of Chemicals and Fertilizers D.V Sadananda Gowda at New Delhi today. Bikram Singh informed the Union Minister that Himachal Pradesh has submitted highly competitive proposals for the bulk drug and medical device parks to the department of Pharmaceuticals, Government of India. He urged for early announcement of the results for these parks as it will stabilize the API prices and also result in import substitution. He informed the Union Minister that the present state is home to more than 700 Pharma companies and emerged as the largest Pharma formulation hub in the country and added that the state witnessed phenomenal industrial growth, especially in the Pharma sector after GoI's industrial package to hilly areas including Himachal Pradesh. Union Minister assured to provide all possible assistance to the state.
सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट का गठन वर्ष 2016 में हुआ जिसमें शोधार्थी छात्र और कुछ एक शिक्षाविद है जो निरंतर समाज के उत्थान के लिए समाज के रखरखाव के लिए दिन-रात समाज सेवा में प्रयासरत है। इससे पूर्व में भी अपने स्थापना काल से ही ट्रस्ट ने अनेकों समाजिक कार्यों के माध्यम से समाज में अपनी पहचान बनाई है और सामाजिक सेवाओं में समाज को एक नई दिशा देने का कार्य किया है। ट्रस्ट के सचिव डॉ सुरेंद्र शर्मा ने मीडिया को जानकारी देते हुए कहा कि ट्रस्ट प्रत्येक सर्दी में समाज से लोगों के पुराने और कार में छोटे कपड़ों को एक वस्त्र बैंक के माध्यम से एकत्रित करती है और वस्त्र बैंक के माध्यम से बस्तियों में जरूरतमंदों को आवश्यकता अनुसार वितरण करने का कार्य करते हैं। इसी कड़ी में डॉक्टर सुरेंद्र शर्मा ने कहा कि योग आज पूरे विश्वभर में भारत देश का एक उपहार है। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए और देश के जन-जन तक योग की महत्वता पहुंचाने के लिए ट्रस्ट निरंतर योग के क्षेत्र में भी कार्य कर रहा है। डॉक्टर सुरेंद्र शर्मा ने कहा कि आज से ट्रस्ट का 1 सप्ताह का योग शिविर आयोजन शुरू हो चुका है, जिसे वर्चुअल माध्यम से भी आम जनता तक पहुंचाने का कार्य किया जाएगा। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के बतौर डॉक्टर नागेश ठाकुर व विशिष्ट अतिथि दीपक श्रीधर पस्थित रहे । सुनील उपाध्याय एजुकेशन ट्रस्ट के सचिव डॉ सुरेंद्र शर्मा ने कहा वर्तमान समय में मनुष्य जाति एक गंभीर महामारी से जूझ रही है। लंबा समय बीत जाने के बाद भी इस महामारी का कोई स्थाई इलाज नहीं मिल पा रहा है। ऐसी स्थिति में शरीर की प्रतिरोधक शक्ति को योग और खेल के माध्यम से बढ़ाया जा सकता है। इन सभी चीजों को ध्यान में रखते हुए सुनील उपाध्याय एजुकेशनल ट्रस्ट 21 जून से 27 जून तक शिमला शहर के एसडी स्कूल में यह कार्यक्रम आयोजित कर रहा है। योग का समय सुबह 7:00 बजे रहेगा। जिसमें योगाचार्य के तौर पर हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय से योग विषय में शोधार्थी रिंकू कुमार और सुनीता शर्मा रहेंगे!
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का प्रतिनिधिमंडल आज हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय की समस्याओं को लेकर तकनीकी शिक्षा मंत्री डॉ राम लाल मारकंडा से उनके कार्यालय में मिला। प्रतिनिधिमंडल ने तकनीकी शिक्षा मंत्री को विश्वविद्यालय की समस्याओं से अवगत करवाया तथा ज्ञापन सौंपा। प्रदेश मंत्री विशाल वर्मा ने कहा कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद लगभग पिछले 3 वर्षों से हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय के अंदर चल रही विभिन्न समस्याओं के लिए आंदोलनरत है। परंतु प्रशासन और सरकार की नाकामियों की वजह से तकनीकी विश्वविद्यालय की समस्या तस से मस बनी हुई है। हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय में वर्ष 2018 से 8 पाठ्यक्रमों को शुरू किया गया है जिसमें लगभग 450 विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। परंतु बहुत दुर्भाग्य की बात है की इन 8 पाठ्यक्रमों में शिक्षा देने के लिए गेस्ट फैकेल्टी का सहारा लिया जा रहा है और इन विभिन्न विषयों में एक भी नियमित शिक्षक की नियुक्ति नहीं हो पाई है। तकनीकी विश्वविद्यालय में 42 शिक्षकों के पद आज भी खाली है। इसी के साथ विश्वविद्यालय में गैर शिक्षक पदों की भारी कमी है जिसकी वजह से अनेकों समस्याएं उत्पन्न हो रही है। विद्यार्थी परिषद मांग करती है कि तकनीकी विश्वविद्यालय में शिक्षकों और गैर शिक्षक पदों पर नियमित भर्तियां शीघ्र की जाए। हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय में अगर फीस की बात की जाए तो वहां पर निजी विश्वविद्यालय से भी ज्यादा भारी भरकम फीस छात्रों से लूटी जा रही है। न ही विश्वविद्यालय में सब्सिडाइज्ड और नॉन सब्सिडाइज सीटों का प्रावधान है। भारी भरकम फीस होने की वजह से बहुत सारे गरीब छात्र उच्च शिक्षा अर्जित नहीं कर पाते हैं। 2010 में स्थापित हुआ हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय आज भी आधारभूत सुविधाओं के लिए तरस रहा है। 2019 में माननीय मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा विश्वविद्यालय के लिए 10 करोड की आवर्ती अनुदान की घोषणा की जाती है लेकिन विश्वविद्यालय को यह राशी नियमित रूप से नहीं मिल रही है। तकनीकी शिक्षा मंत्री द्वारा शीघ्र इन मांगों को पूरा करने हेतु आश्वासन दिया गया है। यदि शीघ्र इन मांगों को पूरा नहीं किया जाता है अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद आने वाले समय में अपने आंदोलन को और तेज करेगी। इस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश मंत्री विशाल वर्मा, प्रदेश जनसंपर्क प्रमुख आशीष शर्मा, प्रदेश सहमंत्री शिल्पा, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य कोमल वेकटा, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई अध्यक्ष विशाल सकलानी मौजूद रहे।
योग न केवल मानव को शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रखता है बल्कि यह शरीर और आत्मा के मध्य सन्तुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज यहां पीटरहाॅफ में अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस-2021 के अवसर पर प्रदेश के आयुष विभाग द्वारा वर्चुअल माध्यम से आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस-2021, योगा फोर वैल बींग विषय पर आधारित है, जोकि कोरोना महामारी के इस कठिन समय में बहुत प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी न केवल एक आपदा है, बल्कि इस महामारी ने लोगों के मानसिक स्वास्थ्य पर भी प्रभाव डाला है। कोरोना महामारी के प्रतिबन्धों और इससे हुई क्षति के कारण लोग अवसाद और चिन्ता से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र ने अपनी वैबासइट पर बताया है कि योग लोगों को इस तरह के संकटों से निपटने में सहायक सिद्ध होता है। यह सन्देश लोगों को शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है। जय राम ठाकुर ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र द्वारा अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस का विचार वर्ष 2014 में सर्वप्रथम संयुक्त राष्ट्र महासभा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने भाषण में प्रस्तावित किया था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने सम्बोधन में कहा था कि योग भारत की प्राचीन परम्परा का अमूल्य उपहार है। उन्होंने योग के माध्यम से मानव और प्रकृति के बीच सामंजस्य का आहवान किया और उनकी इस पहल को 177 देशों का समर्थन मिला था, जो संयुक्त राष्ट्र के इस प्रकार के प्रस्ताव के लिए सह-प्रायोजकों की सबसे अधिक संख्या थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार राज्य में योग को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा की आयुष विभाग ने आर्ट आफ लिविग, योग भारती, विवेकानंद योग केंद्र आदि के सक्रिय सहयोग से इस वर्ष 14 मई को नए कार्यक्रम आयुष घर-द्वार का शुभारम्भ किया। इस कार्यक्रम के अन्तर्गत कोरोना मरीजों और अन्य लोगों को वर्चुअल माध्यम से योग और प्राणायाम का अभ्यास करवाया गया। जयराम ठाकुर ने इस अवसर पर लोगों को वर्चुअल माध्यम से योग के प्रति प्रेरित करने के लिए आर्ट आफ लिविग के संस्थापक श्री श्री रवि शंकर का आभार व्यक्त किया। स्वास्थ्य मंत्री डा.राजीव सैजल ने कहा कि प्रतिस्पर्धात्मक और तनाव भरे इस समय में योग शरीर और मस्तिष्क को राहत पहुचाने का एक उपयुक्त माध्यम बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि आयुष धर-द्वार कार्यक्रम के अंतर्गत 1327 समूह गठित किए गए हैं। जिनके माध्यम से 53000 से अधिक लोगों को योग और प्राणायाम के लिए प्रेरित किया गया है। आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रविशंकर ने राज्य में योग को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की सराहना की। उन्होंने कहा कि योग न केवल स्वस्थ और सुदृढ़ समाज के निर्माण में सहायता करता है, बल्कि सौहार्द को बढ़ावा देता है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं की भूमि है और प्रदेश को स्वस्थ एवं समृद्ध राज्य बनाने के प्रयास जारी रखने चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने टीकाकरण अभियान में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। उन्होंने चिकित्सकों, अन्य पैरामेडिकल कर्मियों और अग्रिम पंक्ति के कार्यकर्ताओं का कोरोना महामारी के दौरान प्रतिबद्धता से कार्य करने के लिए आभार व्यक्त किया। प्रधान सचिव आयुष ओंकार चन्द शर्मा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय वर्चुअल माध्यम से इस आयोजन से जुड़े जबकि शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, सांसद एवं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप, संगठन सचिव पवन राणा, राज्य हस्तशिल्प और हथकरघा निगम के उपाध्यक्ष संजीव कटवाल, नगर निगम शिमला की महापौर सत्या कौण्डल, उप-महापौर शैलेन्द्र चैहान, पुलिस महानिदेशक संजय कुंडू, एचजेवीएनएल के अध्यक्ष एवं कार्यकारी निदेशक नन्दलाल शर्मा, उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी, निदेशक सूचना एवं जन सम्पर्क हरबंस सिंह ब्रसकोन, पुलिस अधीक्षक मोहित चावला और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मुख्यमंत्री के साथ पीटहाॅफ में उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज टाउन हाॅल शिमला से प्रदेश में कोविड-19 प्रतिरक्षा टीकाकरण अभियान का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर इलैक्ट्राॅनिक मीडिया के प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में अब तक वैक्सीन की 27.45 लाख खुराकें लगाई जा चुकी है और प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में खुराकें उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि टीकाकरण के इस विशेष अभियान के अन्तर्गत 18 से 44 आयु वर्ग के लोगों को प्रतिदिन लगभग एक लाख खुराकें लगाई जाएंगी। तीन दिवसीय इस विशेष अभियान के दौरान इस आयु वर्ग के लगभग तीन लाख लोगों का टीकाकरण किया जाएगा। उन्होंने 18 से 44 आयु वर्ग के लोगों के लिए निःशुल्क टीकाकरण उपलब्ध करवाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त किया। जय राम ठाकुर ने कहा कि इस विशेष अभियान के अन्तर्गत जनजातीय जिलों लाहौल-स्पीति, किन्नौर और चंबा जिले के पांगी क्षेत्र और शिमला जिला के दुर्गम क्षेत्र डोडरा-क्वार में शत-प्रतिशत जनसंख्या को कवर करने के लिए प्रतिदिन टीकाकरण सत्र आयोजित करके ऑन-स्पाॅट सत्रों के माध्यम से 25 जून, 2021 तक वैक्सीन की कम से कम पहली खुराक लगाई जाएगी, जिसके लिए यदि आवश्यक हुआ तो रविवार और अन्य छुट्टियों के दिन भी ऑन-स्पाॅट टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में टीकाकरण के लिए पंजीकरण की शर्त में छूट देने का भी निर्णय लिया है, लेकिन यह प्रक्रिया शहरी क्षेत्रों में लागू रहेगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को मौके पर ही टीकाकरण के लिए अपना पंजीकरण करवाने की सुविधा मिलेगी। शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, स्वास्थ्य मंत्री डाॅ. राजीव सैजल, महापौर नगर निगम शिमला सत्या कौंडल, उप-महापौर शैलेंद्र चैहान, उपायुक्त आदित्य नेगी, पुलिस अधीक्षक मोहित चावला, आयुक्त शिमला नगर निगम अशीष कोहली सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी इस अवसर पर उपस्थित थे।
डेढ़ महीने से ज्यादा लंबे समय के अंतराल के बाद कालका-शिमला रेलवे हैरिटेज ट्रैक पर चारों ट्रेन का संचालन शुरू हो गया है। कोरोना की दूसरी लहर की वजह से यात्रियों की आमद में गिरावट को देखते हुए 9 मई को ट्रेन का संचालन बंद कर दिया गया था। कालका-शिमला रेलवे ट्रैक पर केवल एक ही ट्रेन चल रही थी। अनलॉक के बीच व्यवस्थाएं पटरी पर लौटते ही कालका-शिमला रेलवे ट्रैक पर ट्रेन संचालन शुरू हो गया है। 21 जून को ट्रेन का संचालन शुरू होने पर शिवालिक एक्सप्रेस 04527 में 54,04529 में 191 और रेल कार में 5 यात्रियों ने सफर किया। इसके अलावा विस्ताडोम कोच में फिलहाल रेलवे को कोई यात्री नहीं मिले। आने वाले दिन में बढ़ेगी यात्रियों की संख्या शिमला रेलवे स्टेशन के अधीक्षक जोगिंदर सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि अनलॉक के बीच यात्रियों की आमद में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि आने वाले दिनों में यात्रियों की संख्या में बढ़ोतरी होगी जोगिंदर सिंह ने बताया कि यात्रियों की संख्या में कमी को देखते हुए 9 मई को ट्रेन का संचालन बंद कर दिया गया था। अब जब देश अनलॉक हो रहा है, तो शिमला में भी पर्यटकों की आमद में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है ऐसे में ट्रेन का संचालन फिर से शुरू कर दिया गया है। दिलचस्प सफर का आनंद लेने दूर-दूर से आते हैं पर्यटक कालका-शिमला रेलवे हैरिटेज ट्रैक पर सर्पीली पहाड़ियों को चीरती हुई ट्रेन का सफर पर्यटकों के लिए बेहद दिलचस्प होता है। इस रोमांचकारी सफर का आनंद लेने के लिए पर्यटक दूर-दूर से शिमला पहुंचते हैं। कालका-शिमला रेलवे हैरिटेज ट्रैक पर ट्रेन का संचालन शुरू होने से पर्यटकों की आमद में बढ़ोतरी की उम्मीद जताई जा रही है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर सोमवार को हिमाचल प्रदेश में 50 हजार से अधिक लोगों ने एक साथ सूर्य नमस्कार समेत कई आसन किए। यह मुख्य कार्यक्रम शिमला में राज्य अतिथि गृह पीटरहॉफ में वर्चुअल माध्यम से आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कोरोना के चलते पीटरहॉफ में ज्यादा लोग एकत्र नहीं किए गए। जिला स्तर पर भी योग करने के लिए लोग वर्चुअली जुड़े। यह कार्यक्रम सुबह 7 बजे से शुरू हुआ। आयुष विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि वर्तमान परिपेक्ष्य में तनाव एवं व्यस्त जीवनशैली के कारण हमारे स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है, जिसके निवारण के लिए योग एवं आयुर्वेद वरदान हैं। आयुष विभाग द्वारा आर्ट ऑफ लिविंग संस्था, योग भारती संस्था, विवेकानंद योग केंद्र आदि के समन्वय से चलाए जा रहे इस कार्यक्रम में होम आइसोलेशन में रह रहे कोविड संक्रमित व्यक्तियों और सामान्य जनता को व्हाट्सऐप व जूम के माध्यम से प्रतिदिन योग एवं प्राणायाम करवाया जाता है ताकि वे मानसिक तनाव से बचकर शीघ्र स्वस्थ हो सकें और बेहतर जीवन जी सकें। इस कार्यकम के माध्यम से लगभग 1327 व्हाट्सऐप ग्रुप बनाकर लगभग 53 हजार लोगों को योग एवं प्राणायाम का अभ्यास करवाया गया तथा योग का चिकित्सकीय महत्व समझाया गया।
ग्रामीण विकास सभा चनावग और हिमालय साहित्य एवम संस्कृति मंच के संयुक्त संयोजन में जिला शिमला की सुन्नी तहसील के गांव चनावग में रक्तदान शिविर का सफल आयोजन किया गया. इसमें स्थानीय और दूरदराज के गांव के तीस युवा और अन्य लोग रक्तदान के लिए पहुंचे। रक्तदान शिविर का उद्घाटन 86 वर्षीय वरिष्ठ शिक्षाविद नोखराम शर्मा के करकमलों द्वारा संपन्न हुआ। उन्होंने ग्राम पंचायत में इस तारा के पहले सफल आयोजन की खूब प्रशंसा की। उद्घाटन के अवसर पर साहित्य मंच के अध्यक्ष एस आर हरनोट, ग्रामीण विकास सभा के अध्यक्ष युवा जगदीश हरनोट, विलेज रेवेन्यू ऑफिसर जगदीश राणा, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के प्रधानाचार्य राजकुमार शर्मा, ग्राम पंचायत की प्रधान कृष्णा शर्मा, उप प्रधान, जगदीश गौतम, पंचायत सदस्य रमेश चंद, सभा के वरिष्ठ सदस्य रत्न चंद और पूर्ण चंद गौतम के साथ अन्य सदस्य तथा स्थानीय लोग शामिल रहे। मुख्य अतिथि नोखराम शर्मा को मंच तथा सभा की ओर से स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया गया। ग्रामीण विकास सभा की ओर से अध्यक्ष जगदीश हरनोट और हिमालय मंच की ओर से युवा सदस्य शिवेन कुमार ने इस शिविर के संचालन में सक्रिय भूमिका निभाई। शिमला से हिमालय मंच की वरिष्ठ सदस्य स्नेह नेगी भी विशेष रूप से रक्तदान शिविर में पहुंची। यह जानकारी हिमालय मंच के अध्यक्ष व लेखक एस आर हरनोट ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी। शिमला दीन दयाल उपाध्याय ज़ोनल अस्पताल (रिप्पन) से चिकित्सा कर्मियों की सात सदस्यीय टीम डॉक्टर गंगा शर्मा, इंचार्ज ब्लड बैंक की अगुवाई में जब पहुंची तो उनका स्वागत पुष्प भेंट कर किया गया। इस टीम में वरिष्ठ लैब टेक्नीशियन, इंदिरा मेहता और दीपिका, वरिष्ठ लैब टेक्नीशियन, अंजना कंवर, स्टाफ नर्स सहित दुर्गादास और वेद शामिल रहें। डॉक्टर शर्मा ने शिविर में उपस्थित रक्तदाताओं को संबोधित करते हुए जानकारी दी कि उनकी 14 जून से 30 जून तक विशेष नेशनल वॉलंटरी ब्लड डोनेशन कैंपेन चल रही है जिसके तहत कई स्थानों पर रक्तदान शिविर लगाए जा रहे हैं और विशेषकर युवाओं को रक्तदान के लिए प्रेरित और जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि रक्तदान एक महादान है जिससे आप बहुत से जीवन को बचा सकते हैं। रक्त दान करने में कोई कठिनाई नहीं होती और रक्तदाता को पूरी तरह जांच करके ही रक्तदान के लिए अनुमति दी जाती है। मंच और सभा ने डॉक्टरों की टीम को स्मृति भेंट कर सम्मानित भी किया गया। रक्तदान के लिए तीस से अधिक युवा और अन्य ग्रामीण पहुंचे। इस कोविड समय में ग्रामीण युवाओं और लोगों का यह सहयोग अमूल्य रहा। हिमालय मंच और ग्रामीण विकास सभा ने ग्राम पंचायत चनावग की प्रधान, उप प्रधान, सदस्य, प्रधानाचार्य राजकुमार शर्मा व उनके स्टाफ और सभी रक्तदाताओं का रक्तदान शिविर को सफल बनाने के लिए दिल से आभार व्यक्त किया। भोजन की बढ़िया व्यवस्था देवी चंद शर्मा, लता देवी और गीता ने की। रक्तदान के लिए पहुंचे निम्न युवा व अन्य ग्रामीण रक्तदाताओं का हिमालय मंच के अध्यक्ष एस आर हरनोट ने हार्दिक आभार व्यक्त किया। इस दौरान राजकुमार शर्मा, जगदीश हरनोट, जगदीश गौतम, रमेश हरनोट, प्रेम चंद, प्रेम चंद, चंद्र पाल, हरीश कुमार, कुमारी जयवंती, सुनील कुमार, ओम प्रकाश, संदीप, खेमराज शर्मा, नीरज शर्मा, ममता शर्मा, महेंद्र शर्मा, मेहर चंद, प्रेम प्रकाश, शौंक राम, धर्म प्रकाश, तारा चंद, मनोहर लाल शर्मा, प्रकाश पोटली, तुलसी, सुनील कुमार, मोहिंदर कुमार, पवन कुमार, ममता शर्मा, खेमे राज, तारा देवी, धनवंती ने रक्तदान शिविर के सफल आयोजन के लिए भरपूर सहयोग दिया।
योग एक शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक अभ्यास है, जिससे शांति, आत्मविश्वास और शक्ति मिलती है। साथ ही योग मनुष्य को प्रकृति से भी जोड़ता है। योग भारतीय मनीषियों द्वारा प्रदत्त वह पुरातन ज्ञान है, जो भारतीय परम्परा व समृद्ध संस्कृति का अभिन्न अंग बन चुका है। हमारी इस समृद्ध धरोहर को सम्पूर्ण विश्व में मान्यता प्राप्त हुई है। योगाभ्यास से अनेक विकारों व असाध्य रोगों का इलाज सम्भव है। योग का नियमित अभ्यास करने वाले व्यक्ति के रक्तशोधन व परिसंचरण में सुधार के साथ-साथ इससे तंत्रिका प्रणाली को सामान्य करने में भी सहायता मिलती है। यह व्यक्ति के शरीर, मन, भावनाओं व ऊर्जा को नियंत्रित करने में भी सहायक है। सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए उत्पन्न हुए इस संकट ने प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने और स्वस्थ जीवन शैली अपनाने के महत्व को रेखांकित किया है। प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने में योग की प्रभावशीलता कई अध्ययनों से साबित हो चुकी है। योग शारीरिक व्यायाम, सांस लेने के अभ्यास और एकाग्रता की बेहतरी का एक संयोजन है जिससे शरीर और दिमाग सुदृढ़ होता है, जिसके फलस्वरूप हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली मजबूत होती है। योग आसन कईं प्रकार के हैं, जिनमें शवासन और शसाकासन से तनाव कम होता है और हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली की रोगों से लड़ने की क्षमता बढ़ती है। प्राणायाम जैसे श्वसन अभ्यास से हमारा श्वसन तंत्र मजबूत बनता है और फेफड़ों की कार्यक्षमता बढ़ती है। त्रिकोणासन से रक्त के संचरण में सुधार होता है और सभी अंगों का बेहतर कामकाज सुनिश्चित होता है। इसलिए योग का अभ्यास न केवल प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने में सहायक है, बल्कि यह मानव शरीर के समग्र स्वास्थ्य के लिए भी आवश्यक है। आज योग का महत्व और भी अधिक बढ़ गया है। जहां एक तरफ योगाभ्यास से स्वस्थ मनुष्य अपने शारीरिक और मानसिक तनाव को नियंत्रित कर रहे हैं, वहीं रोगी भी शीघ्र स्वस्थ होने के लिए योग को अपना रहे हैं। प्रदेश सरकार द्वारा ‘आयुष घर द्वार’ कार्यक्रम चलाया जा रहा है। यह पूरे देश में योग पर आधारित अनूठा प्रयास है। आयुष विभाग द्वारा आर्ट ऑफ लिविंग संस्था, योग भारती संस्था, विवेकानंद योग केंद्र आदि के समन्वय से चलाए जा रहे इस कार्यक्रम में होम आइसोलेशन में रह रहे कोविड संक्रमित व्यक्तियों और सामान्य जनता को व्हाट्सऐप व जूम के माध्यम से प्रतिदिन योग एवं प्राणायाम करवाया जाता है, ताकि वे मानसिक तनाव से बचकर शीघ्र स्वस्थ हो सकें और बेहतर जीवन जी सकें। इस कार्यक्रम के माध्यम से लगभग 1327 व्हाट्सऐप ग्रुप बनाकर लगभग 53000 लोगों को योग एवं प्राणायाम का अभ्यास करवाया गया तथा योग का चिकित्सकीय महत्व समझाया गया। योग को प्रत्येक व्यक्ति के जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों के फलस्वरूप संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा 21 जून अर्थात् ग्रीष्म संक्रांति के दिन अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में घोषित किया गया, जिसे 21 जून, 2015 को आरम्भ किया गया। योग दिवस का आयोजन सम्पूर्ण विश्व में हर वर्ष इसी दिन किया जाता है। प्रदेश में भी पिछले छः वर्षों से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है। वर्तमान में सम्पूर्ण विश्व कोविड-19 महामारी के संकट से जूझ रहा है। इसके दृष्टिगत, वर्तमान परिस्थितियों में सामूहिक समारोह आयोजित नहीं किए जा रहे हैं। इसलिए सरकार द्वारा ‘घर पर योग, परिवार के साथ योग’ को प्रोत्साहित किया जा रहा है। इस वर्ष भी पिछले वर्ष के अनुरूप ही वर्चुअल माध्यम से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है। इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का थीम ‘योगा फोर वेलनेस’ निर्धारित किया गया है, जिसका अभिप्राय है ‘स्वास्थ्य के लिए योग’। लोग नित्य योगाभ्यास कर योग को अपने जीवन का अभिन्न अंग बना कर प्रदेश सरकार के प्रयासों में सहयोग कर सकते हैं। हम योग को अनुशासित ढंग से अपनाकर न केवल शारीरिक रोगों पर विजय प्राप्त कर सकते हैं, अपितु अपने जीवन को सकारात्मक ऊर्जा से भी भर सकते हैं।
हिमाचल कला संस्कृति भाषा अकादमी शिमला द्वारा कोरोना महामारी के चलते पिछले वर्ष 24 मई 2020 से साहित्य कला संवाद कार्यक्रम के प्रसारण की शुरुआत की गई। अकादमी का यह कार्यक्रम फेसबुक पेज और यूट्यूब चैनल पर रोजाना 7:00 बजे नियमित रूप से प्रसारित हो रहा है। साहित्य कला संवाद कार्यक्रम के अंतर्गत अभी तक लगभग 500 कार्यक्रम सफलतापूर्वक आयोजित किए जा चुके हैं जिसमें प्रदेश, देश और विदेश से साहित्यकारों, कलाकारों का भरपूर योगदान, समर्थन, सहयोग और आशीर्वाद प्राप्त होता रहा है। कार्यक्रम के श्रोताओं दर्शकों की अपेक्षा और सुझावों के अनुसार कार्यक्रम में समय-समय पर बहुत सारे परिवर्तन भी होते रहे। जहां प्रदेश, देश, विदेश के नामी-गिरामी साहित्यकारों, कलाकारों ने इस कार्यक्रम में शामिल होकर के अपने विचार सांझा किए और अपनी रचनाओं का पाठ किया, संवाद में भाग लिया उनके सकारात्मक सहयोग का यह कार्यक्रम सम्मान करता है। बच्चों, युवाओं, महिलाओं, समाजसेवियों ने भी इस कार्यक्रम को सफल बनाने में हमारा सहयोग दिया, साहित्य, कला, संस्कृति, पहाड़ी भाषा एवं साहित्य, मनोरंजन, गीत-संगीत, लोक साहित्य, सामाजिक सरोकारों पर केंद्रित परिसंवाद, कवि सम्मेलन और युवाओं के विभिन्न कार्यक्रम इस संवाद की यात्रा को शिखर की ओर ले जाने में सहायक सिद्ध हुए। कुछ समय पहले वेद व्याख्यान, वैदिक और संस्कृत साहित्य पर केंद्रित व्याख्यानमाला का प्रारंभ किया गया।वर्तमान में पुराण कथा पर आधारित व्याख्यान की श्रृंखला चल रही है। साहित्य कला संवाद कार्यक्रम के सम्पादन में हितेन्द्र शर्मा का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। उन्होने लेखकों, साहित्यकारों के साथ सम्पर्क बनाते हुए उन्हें कार्यक्रम में शामिल करने, कार्यक्रम के पोस्टर निर्माण, लाइव कार्यक्रम का संचालन, नियंत्रण और प्रसारण करना। साहित्य कला संवाद कार्यक्रम की वीडियो को फेसबुक तथा यूट्यूब पर अपलोड करते हुए और हिमाचल अकादमी के लिए हार्ड डिस्क में कार्यक्रम सुरक्षित रखना, समय-समय पर कार्यक्रमों मे विशेष प्रस्तुतिकरण सहित परिचर्चा मे भाग लेते हुए सभी कार्यो के निर्वाह में रात दिन परिश्रम करते रहना उल्लेखनीय है जो इस कार्यक्रम की अभूतपूर्व सफलता का मूल आधार रहा है। भविष्य में कार्यक्रम की रूपरेखा भी इन्हीं सब सहयोगियों के परामर्श से तैयार की जा रही है। इसी बीच कार्यक्रम के प्रचार प्रसार के लिए प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का भी भरपूर सहयोग मिलता रहा है। सभी के सहयोग से हिमाचल अकादमी का फेसबुक पेज और दो यूट्यूब चैनल मोनोटाइज हो चुके हैं इसलिए इनका निरंतर संचालन अकादमी की एक नैतिक जिम्मेवारी बन गई है। आगामी दिनों में भी अकादमी के कार्यक्रम ऑनलाइन इसी तरह आयोजित किए जाते रहेंगे और यह कार्यक्रम बाल, युवा, महिला, पुरस्कृत, सम्मानित सभी लेखकों कलाकारों के लिए समर्पित रहेगा। साहित्य कला संवाद के कार्यक्रमों की यात्रा को और अधिक सफल बनाने के लिए आप सभी के सहयोग की अपेक्षा रहेगी।
The state government has set a target to vaccinate 60 thousand people daily in Himachal Pradesh. The central government will now provide free vaccines to Himachal. Its supply is likely to reach Himachal by June 20. This program will start on June 21. Apart from hospitals, primary health centers, now vaccine centers will be set up in schools, colleges, offices, and Panchayat Bhawan as well. The government is going to build one thousand more vaccination centers in the state. Regarding the vaccine campaign, Health Secretary Amitabh Awasthi has asked the principals, CMOs, BMOs of medical colleges to vaccinate more and more people. The government has set a target to vaccinate people above 18 years of age by October. Under the new vaccination policy, the beneficiaries are divided into two categories for applying the vaccine. Category-A all beneficiaries above 45 years of age for the first dose, all beneficiaries of the same age group eligible for the second dose of Covishield, all healthcare workers, frontline workers, while beneficiaries in the age group 18 to 44 Placed in B-category.
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड ने 12वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम तैयार करने के लिए अपना फॉर्मूला तैयार कर लिया है। बोर्ड ने सीबीएसई के पांच अंकों के फॉर्मूले में तीन नए बिंदुओं को शामिल किया है। अप्रैल में आयोजित अंग्रेजी विषय की परीक्षा सहित प्रथम व द्वितीय सत्र की परीक्षाओं के अंक भी वार्षिक परिणाम में शामिल होंगे। इसके अलावा सीबीएसई द्वारा तय किए गए इंटरनल असेसमेंट, प्रैक्टिकल/प्रोजेक्ट वर्क, दसवीं और दसवीं कक्षा के प्रदर्शन सहित कक्षा १२वीं के अंक शामिल होंगे। शनिवार को स्कूल शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष व सचिव ने मनाली जाकर शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर से इस प्रस्ताव को साझा किया। इस संबंध में अगले सप्ताह अधिसूचना जारी की जाएगी। 12वीं से पहले 10वीं के नतीजे जारी किए जाएंगे। इसके बाद बारहवीं कक्षा का परिणाम घोषित किया जाएगा। सीबीएसई ने हाल ही में सुप्रीम कोर्ट को 12वीं कक्षा के अंक निर्धारित करने का फॉर्मूला दिया था। सुप्रीम कोर्ट से मंजूरी मिलने के बाद हिमाचल प्रदेश में भी इस फॉर्मूले पर मंथन शुरू हो गया है। इसी कड़ी में शनिवार को शिक्षा मंत्री को इस संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। बोर्ड के अध्यक्ष सुरेश सोनी और सचिव अक्षय सूद ने कहा कि शिक्षा बोर्ड ने परीक्षा परिणाम से जुड़े तमाम पहलुओं को ध्यान में रखते हुए ऐसा फॉर्मूला तैयार किया है ताकि छात्रों का संपूर्ण मूल्यांकन सुनिश्चित हो सके।
आईबीपीएस ने 43 सरकारी बैंकों के लिए 10 हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दी है। साथ ही इसके लिए आवेदन भी शुरू हो चुके हैं। देश के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में स्थित रिजनल रूरल बैंकों में ऑफिस असिस्टेंट और ऑफिसर के पदों पर ये भर्तियां की जाएंगी। आईबीपीएस आरआरबी वैकेंसी 2021 की नोटिफिकेशन और एप्लीकेशन फार्म लिंक पर अभ्यर्थी को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। ऑफिस असिस्टेंट के 5305 पद, ऑफिसर स्केल-1 (असिस्टेंट मैनेजर) - 4119, ऑफिसर स्केल-2 (मैनेजर) के तहत जनरल बैंकिंग ऑफिसर 905 पद,आईटी ऑफिसर 59 पद, सीए 32 पद, लॉ ऑफिसर 27 पद, ट्रेजरी मैनेजर नौ पद, मार्केटिंग ऑफिसर 43, एग्रीकल्चर ऑफिसर 25, ऑफिसर स्केल-3 (सीनियर मैनेजर) 210 पद भरे जाएंगे। अभ्यर्थी का मान्यता प्राप्त विवि से किसी भी विषय में स्नातक होना जरूरी है। सिर्फ ऑफिसर स्केल-2 के लिए पद के अनुसार संबंधित विषय में ग्रेजुएशन होनी चाहिए। 40 साल तक के उम्मीदवार इन पदों के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने की अंतिम तारीख 28 जून है।हिमाचल के अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा केंद्र बद्दी, हमीरपुर, सोलन, बिलासपुर, मंडी, कांगड़ा, कुल्लू, शिमला और ऊना बनाए गए हैं। जनरल, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस के लिए एप्लीकेशन फीस 850 रुपये है। एससी, एसटी और दिव्यांग के लिए 175 रुपये है। परीक्षा तीन चरणों में होगी। अभ्यर्थी आवेदन करने से पहले अधिक जानकारी आईबीपीएस की अधिकारिक वेबसाइट पर जांच कर सकते हैं।
Himachal Pradesh School Education Board has prepared its formula to prepare the 12th class exam result. The board has included three new points in the CBSE's formula of five points. The marks of the first and second term examinations including the English subject examination held in April will also be included in the annual result. Apart from this, the marks of class 12th including internal assessment, practical/project work, performance of class X and Xl as decided by CBSE will be included. On Saturday, the Chairman and Secretary of the Board of School Education went to Manali and shared this proposal with Education Minister Govind Singh Thakur. A notification in this regard will be issued next week. Before the 12th, class 10th results will be released. After this, the result of class XII will be declared. CBSE had recently given the Supreme Court the formula for determining the marks of class 12th. After getting approval from the Supreme Court, the churning of this formula started in Himachal Pradesh too. In this episode, on Saturday, the Education Minister was given detailed information in this regard. Board President Suresh Soni and Secretary Akshay Sood said that the Board of Education has prepared such a formula keeping in mind all the aspects related to the examination results so that the complete evaluation of the students is ensured.
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का मिशन रक्षक अभियान पांचवें दिन भी निरंतर जारी। इकाई सचिव आकाश नेगी ने जानकारी देते हुए कहा कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद मिशन रक्षक अभियान के तहत गांव-गांव में जाकर महामारी से बचाव के मापदंडों को आम ग्रामीणों तक पहुंचाने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद समाज के प्रत्येक वर्ग से टीकाकरण हेतु आग्रह कर रही है। समाज में आज कई प्रकार की भ्रांतियां टीके को लेकर फैलाई जा रही है। आकाश ने कहा कि विद्यार्थी परिषद का मकसद है कोई भी टीकाकरण से बच ना पाए। इस दौरान ग्रामीणों से बातचीत में ग्राम स्तर की कई समस्याएं भी उभर कर सामने आ रही है, जिसमे आम ग्रामीणों तक स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव सबसे महत्वपूर्ण देखने को मिल रहा है। उन्होंने कहा की सरकार के सामने उनकी समस्याओं को रखा जाएगा। वंही आकाश ने बताया कि निरंतर 25 जून तक चलता रहेगा।
प्रदेश की राजधानी शिमला में कोरोना कर्फ्यू में ढील के बाद सैलानियों का सैलाब उमड़ पड़ा है। शहर के अधिकतर होटलों में शनिवार को 70 से 80 फीसदी ऑक्यूपेंसी पहुंच गई। जबकि कुछ होटल 100 फीसदी ऑक्यूपेंसीके साथ बुक हो गए। शनिवार को शहर की सबसे बड़ी लिफ्ट कार पार्किंग दोपहर ढाई बजे पैक हो गई, जिसके बाद संचालकों को एंट्री प्वाइंट चेन लगाकर बंद करना पड़ा। शनिवार को रिज मैदान और मालरोड पर सैलानियों की खूब चहलपहल रही। शिमला के अलावा सैलानियों ने मशोबरा, नालदेहरा, कुफरी और नारकंडा का भी रुख किया। वंही आने वाले वीकेंड के लिए शहर के 50 प्रतिशत होटल पहले से ही बुक हो गए है। गौरतलब है कि बीते 36 घंटों में शहर के प्रवेशद्वार शोघी बैरियर से करीब 8000 वाहनों की शहर में एंट्री हुई है।
प्रदेश में 21 जून से सभी आयु वर्ग के लोगों को फ्री वैक्सीन लगाई जाएगी। केंद्र सरकार हिमाचल को मुफ्त वैक्सीन उपलब्ध करवा रही है। 20 जून तक हिमाचल में इसकी सप्लाई पहुंचने की संभावना है। 21 जून से यह कार्यक्रम शुरू हो जाएगा। अस्पतालों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के अलावा अब स्कूलों, कॉलेजों, दफ्तरों और पंचायत घरों में वैक्सीन सेंटर बनाए जाएंगे। राज्य सरकार ने हिमाचल में प्रतिदिन 60 हजार लोगों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा है। सरकार प्रदेश में एक हजार और वैक्सीनेशन सेंटर बनाने जा रही है। सरकार ने 18 साल से अधिक आयु वर्ग के लोगों को अक्तूबर तक वैक्सीन लगाने का टारगेट रखा है। टीकाकरण की नई नीति के तहत वैक्सीन लगाने के लिए लाभार्थियों को दो श्रेणियों में बांटा गया है। श्रेणी-ए में पहली खुराक के लिए 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी लाभार्थी, इसी आयु वर्ग के कोविशील्ड की दूसरी खुराक के लिए पात्र सभी लाभार्थी, सभी स्वास्थ्य देखभाल कार्यकर्ता, अग्रिम पंक्ति कार्यकर्ता, जबकि 18 से 44 आयु वर्ग के लाभार्थियों को बी-श्रेणी में रखा गया है।
प्रखर सामजसेवी नरेश शर्मा की अगुवाई में आज एक सामाजिक संगठन की नींव रखी गई । जिसका नाम अटल सेवा संगठन रखा गया। इस संघठन में ठियोग ब्लाक की 15 पंचायतों से लोग जुड़े हैं। कमलेश शर्मा को संगठन का अध्यक्ष चुना गया। वंही, रामकृष्ण मदराडी को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, भूपेंद्र शर्मा व मंजुला अत्री को महासचिव, देव शर्मा, रमेश शर्मा, हेमराज शर्मा, शारदा शर्मा, अनिता मैहता, रंजना शर्मा को उपाध्यक्ष, विक्की चंदेल, रोहित शर्मा, तेजेन्द्र, सुमन शर्मा, प्रितिका शर्मा को सचिव, बबली, साहिल, प्रिया वर्मा व मीना वर्मा को सह सचिव, अमर सिंह को कोषाध्यक्ष, जय प्रकाश, बनीता चंदेल को सलाहकार, सुरेश शर्मा व कुलदीप वर्मा को प्रवक्ता, हरिश शर्मा को प्रेस सचिव नियुक्त किया गया। बैठक में संगठन द्वारा आगामी दिनों में किए जाने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तैयार की गई।
आशा कार्यकर्ता ग्रामीण इलाकों में घर घर जाकर स्वास्थ्य देखभाल से जुड़े काम करती हैं लेकिन अब उनका काम कोविड-19 के कारण बढ़ गया है। महामारी के कारण जोखिम भी बढ़ गया है। कोरोना के प्रति ग्रामीण क्षेत्रों में लोगो को जागरूक करने के लिए कुछ सामाजिक संस्थाएं और लोग भी लोगों को कोरोना के प्रति जागरूक कर रहे हैं। इस कड़ी में आज समाजसेवी मनीष शारदा की टीम ने आज गगरेट विस के अंबोआ, नंगल जरियाला, मावा कहोला, चलेट, बबेहर, मारवाड़ी, रायपुर, गणु मधवारा क्षेत्रों में आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को एन-95 मास्क और विटामिन सी की गोलियां देकर सम्मानित किया। इस दौरान विनोद ठाकुर प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय क्षत्रिय महासभा हिमाचल प्रदेश, उप प्रधान प्रदीप कहोल, सुरेश शारदा, विजय ठाकुर, पूर्ण शर्मा, अशोक राणा, नरेंद्र पिंटू, समीर कालिया, शम्मी पराशर, मीना कुमारी प्रधान, बिटु उप प्रधान,सुरेश कौशल,ओमप्रकाश सहित कई लोग मौजूद रहे ।
जल शक्ति, राजस्व, बागवानी एवं सैनिक कल्याण मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर ने आज रामपुर उपमंडल के तहत अपने दो दिवसीय प्रवास के दौरान लगभग 18 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से विभिन्न विकास कार्यों के उद्घाटन एवं शिलान्यास किए। उन्होंने आज जल शक्ति विभाग के तहत रामपुर उपमंडल में लगभग 10 करोड़ रूपए के उद्घाटन किए तथा 95 लाख से अधिक की राशि के शिलान्यास किए। उल्लेखनीय है कि उन्होंने आज 1 करोड़ 63 लाख से अधिक की राशि की बहाव सिंचाई योजना निरसू ग्राम पंचायत दत्तनगर, 2 करोड़ 18 लाख 60 हजार रुपए से अधिक की राशि से निर्मित पेयजल योजना ग्राम समूह ज्यूरी, बघाल एवं शाहधार, 2 करोड़ 87 लाख रुपए से अधिक की लागत से बहाव सिंचाई योजना डवराच बट्ठारा तथा 2 करोड़ 20 लाख रुपए से अधिक की लागत से निर्मित सराहन रावीं का उद्घाटन किया जबकि 95 लाख 25 हजार की राशि से बनने वाली पेयजल योजना ग्राम पंचायत फाँचा एवं गानवी का शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि मेरा पहला जनमंच गानवी में था, जिसमें लोगों द्वारा क्षेत्र में आ रही समस्याओं से मुझे अवगत करवाया गया था। उन्होंने बताया कि उस जनमंच की अधिकतर समस्याओं का निवारण किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में 15-20 की सात पंचायतों के लोगों को पानी की समस्या आ रही थी, उसके लिए 9 करोड़ 11 लाख 40 हजार रुपये की लागत से पेयजल योजना इस क्षेत्र के लिए स्वीकृत करवाई है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में माननीय मुख्यमंत्री के प्रवास के उपरांत इसका शुभारंभ किया जाएगा। उन्होंने बताया कि हमारी सरकार का मुख्य उद्देश्य नीचली दिर्घा में रह रहे हर व्यक्ति तथा दूर-दराज क्षेत्र में रह रहे लोगों को हर सुविधाएं मुहैया करवाना प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के लिए प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत हर व्यक्ति को सिंचाई के पानी की सुविधा उपलब्ध करवाना भी लक्ष्य रहेगा। उन्होंने सभी से कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए टीकाकरण करवाने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि हमें कोरोना संक्रमण की चैन को तोड़ना है तो प्रदेश सरकार व स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी मानकों की अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। उन्होंने कहा कि मास्क लगाने, दो गज की दूरी और हाथों को साबुन से निरंतर धोना या सैनेटाइजर का प्रयोग करने को अपने जीवन का अनिवार्य अंग बनाना आवश्यक है तभी हम कोरोना संक्रमण से बचने में कामयाब हो सकेंगे। उन्होंने माताओं से आग्रह किया कि वे जहां स्वयं अपना ध्यान रखे वहां अपने बच्चों का ध्यान भी रखे क्योंकि विशेषज्ञों द्वारा बताया गया है कि कोरोना की तीसरी लहर बच्चों को संक्रमित कर सकती है। इस अवसर पर भाजपा मण्डल अध्यक्ष रामपुर भीम सिंह ठाकुर, जिला महासु के महा सचिव शशी भूषण श्याम, पूर्व प्रत्याशी प्रेम सिंह दरेग, मुख्य अभियंता जल शक्ति विभाग सुशील जस्टा, एसई जल शक्ति विभाग राजीव महाजन, अधिशाषी अभियंता जल शक्ति विभाग रणबीर नेगी, उपमण्डलाधिकारी रामपुर सुरेन्द्र मोहन, डीएसपी चन्द्र शेखर कायत, जिला परिषद सदस्य नारायण वार्ड त्रिलोक भलूणी, उप-निदेशक उद्यान विभाग डी.आर. शर्मा, अधिशाषी अभियंता लोक निर्माण विभाग संदीप तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं स्थानीय प्रधान, उप-प्रधान एवं स्थानीय लोग उपस्थित थे।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने कहा कि 21 जून को भाजपा योग दिवस के रूप में मनाएगा इस दिन हर मंडल में दो स्थानों पर कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, इस दौरान कोविड-19 प्रोटोकॉल का विशेष ध्यान रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि इसी दिन भाजपा के सभी चुने हुए प्रतिनिधि 683 टीकाकरण केंद्रों पर अपनी सहभागीदारी सुनिश्चित करेंगे, इस दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश भर में टीकाकरण अभियान की शुरुवात करेंगे इसके अंतर्गत भाजपा के सभी नेतागण सभी टीकाकरण केंद्रों के पास बूथ लगाकर जनसेवा के पुण्य कार्य में जुटेंगे। उन्होंने बताया कि इस बूथ पर कार्यकर्ता जन जागरण अभियान चलाएंगे और टीकाकरण अभियान में अपनी सहभागीदारी सुनिश्चित करेंगे। हर बूथ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा एवं मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का बैनर लगाया जाएगा। उन्हें बताया कि सभी कार्यकर्ता अपने वाहनों में टीकाकरण केंद्र पर जनता को लेकर भी आएंगे और टीका लगवा कर वापस छोड़ेंगे।उन्होंने कहा कि टीकाकरण जन जागरण अभियान को एक भव्य कार्यक्रम के रूप में जनता के समक्ष तेजी से लेजाया जाएंगे। जिस प्रकार से कांग्रेस टीकाकरण को लेकर नकारात्मक भ्रांतियां फैला रही है उन भ्रांतियों को इस अभियान के माध्यम से दूर किया जाएगा। इस कार्यक्रम में सभी सभी सांसदगण 2017 के प्रत्याशी ज़िला परिषद, बीडीसी / नगर पंचायत / नगर परिषद के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष, नगर निगमों के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष सक्रिय रुप से कार्य करेंगे और अपने किए गए कार्यक्रमो की विस्तृत जानकारी प्रदेश कार्यालय को भेजेंगे।
कोरोना संक्रमण से बचाव के प्रति जयदेव कुरगन सामाजिक एवं सांस्कृतिक कलामचं के कलाकारों ने रामपुर विधानसभा क्षेत्र के किंगल, बिथल, सेंज और नीरथ क्षेत्र में लोगों को जागरूक किया । उन्होंने कोरोना संक्रमण से बचाव और इसके फैलाव को रोकने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा जारी की गई सलाहों व मानकों को अपनाने के प्रति भी जागरूक किया। कलाकारों ने जगह-जगह घूम कर लोक नाट्य करयाला के माध्यम से लोगों से अपील की कि प्रदेश सरकार जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अवश्य पालन करें तथा कोरोना से बचने के लिए बार-बार हाथ धोते रहे या फिर सैनेटाइजर का प्रयोग करते रहंे, सामाजिक दूरी बनाएं रखें, आवश्यकता होने पर ही बाहर आएं, सार्वजनिक स्थलों पर अधिक भीड़ न जुटाएं, भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों में जाने से बचे, शादियों/ब्याहों में अधिकतक 20 लोगों की सीमा का पालन करें, किसी भी व्यक्ति में खांसी, जुखाम, बुखार के लक्षण हो तो तुरन्त नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र में कोविड जांच करवाएं, इन्हें सन्देशों के द्वारा लोगों को जागरूक किया गया । स्थानीय लोगों तथा जन प्रतिनिधियों ने प्रदेश सरकार द्वारा कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए फोक मीडिया के माध्यम से किए जा रहे प्रचार-प्रसार की सराहना की और संदेश देने के इस माध्यम को अति उत्तम बताया। उन्होंने कहा कि इस माध्यम से यदि संदेश गांव-गांव तक पहुंचेगा तो लोग कोरोना संक्रमण के बचाव के लिए अपनाएं जाने वाले तरीकों के प्रति जागरूक होंगे। जागरूकता अभियान के दौरान स्थानीय लोगों को राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत तैयार की गई होम आइसोलेशन की स्वंय सहायता पुस्तिका का वितरण भी किया गया । जागरूकता का यह अभियान जिला शिमला के हर विधानसभा क्षेत्र में निरंतर जारी रहेगा।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर के समक्ष आज यहां शिमला बाईपास फोरलेनिंग परियोजना के अन्तर्गत कैथलीघाट से ढली सेक्शन में प्रस्तावित संरेखण (अलाइनमेन्ट) और शिमला स्मार्ट सिटी मिशन के तहत ढली टनल के समानान्तर हाईवे टनल के निर्माण के लिए एक प्रस्तुति दी गई। मुख्यमंत्री को अवगत करवाया गया कि कैथलीघाट से ढली सेक्शन तक पांच सुरंगों के निर्माण की आवश्यकता है। इस फोरलेन परियोजना में भट्टाकुफर से ढली के लिए वर्तमान में प्रस्तावित ट्विन टनल/वायोडक्ट्स शहरी क्षेत्र को पूरी तरह बाईपास करेगी और इससे वन क्षेत्र तथा ढांचे कम से कम प्रभावित होंगे। जय राम ठाकुर ने कहा कि इस प्रस्तावित फोरलेन बाईपास से क्षेत्र के निवासियों की जिन्दगी में नगण्य प्रभाव होना चाहिए। उन्होंने आशा व्यक्त की कि संजौली बाईपास और शहर की सड़कों से सम्पर्क के लिए प्रस्तावित ट्विन टनल से शिमला नगर के लोगों को बेहतर सम्पर्क सुविधा उपलब्ध होगी। मुख्यमंत्री ने ढली जंक्शन और ढली बाईपास के सुधार कार्य की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि सुरंगों के निर्माण से बड़ी मात्रा में मलबा निकलता है, इसलिए भूमि के बेहतर उपयोग के लिए डंपिंग स्थलों पर स्टेडियम जैसी सुविधाओं का निर्माण किया जाना चाहिए। उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को इन परियोजनाओं को निर्धारित समय पर पूरा करने के निर्देश दिए ताकि लोग शीघ्र इनसे लाभान्वित हो सकें। जय राम ठाकुर ने कहा कि ढल्ली सुरंग 175 वर्ष से अधिक पुरानी है और इसकी डिजाइन की अवधि समाप्त हो चुकी है। उन्होंने कहा कि ऊपरी शिमला क्षेत्र, मंडी, कुल्लू और किन्नौर जिलों को जोड़ने के कारण यह सुरंग एक महत्वपूण है। सरकार ने इस सुरंग के साथ समानांतर सुरंग बनाने का निर्णय लिया है ताकि वाहनों का सुचारू रूप से संचालन सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि 55 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से इस टू लेन सुरंग का निर्माण किया जाएगा और अगले साल अगस्त माह तक इसका कार्य पूरा हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सभी हितधारकों विशेषकर प्रस्तावित सुरंग के ऊपर स्थित मकानों के मालिकों को विश्वास में लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उनके साथ बैठक कर उन्हें आश्वस्त किया जाए कि इस परियोजना से उनकी संपत्ति को कोई नुकसान नहीं होगा।
कोरोना संकट के दौरान पहले से ही बेरोजगारी और महंगाई से जूझ रहे हिमाचल प्रदेश के लोगों को उचित मूल्य की दुकानों में बांटे जा रहे महंगे सरसों तेल से जुलाई महीने में भी राहत नहीं मिलेगी। खाद्य आपूर्ति विभाग की ओर से सरसों तेल और रिफाइंड तेल की कीमतों में फिलहाल कोई कमी नहीं की गई है। हालांकि दालों के दाम कम करने की तैयारी कर ली गई है। खाद्य आपूर्ति निगम ने दालों पर मिलने वाली सब्सिडी को 15 रुपये से बढ़ाकर 25 रुपये प्रति किलो करने का प्रस्ताव तैयार किया है। कैबिनेट की अगली बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव लाया जाएगा। एक जून से बीपीएल परिवारों समेत सभी श्रेणी के उपभोक्ताओं को सरसों का तेल 57 रुपये प्रति लीटर महंगा हो रहा है। पहले एक लीटर सरसों का तेल 98 रुपये से 117 रुपये प्रति लीटर बिक रहा था, अब वही 155-175 रुपये प्रति लीटर के बीच मिल रहा है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के तहत आने वाले परिवारों को सरसों का तेल मिल रहा है। तेल 152 रुपये प्रति लीटर, एपीएल कार्डधारक 158 रुपये प्रति लीटर और एपीएल आयकर दाता कार्ड धारक 178 रुपये प्रति लीटर पर सरसों का तेल प्राप्त कर रहे हैं। खाद्य आपूर्ति विभाग के क्षेत्रीय प्रबंधक विजय शर्मा ने कहा कि जुलाई तक, सरसों तेल और रिफाइंड के दाम पहले से ही तय हैं। खाद्य आपूर्ति मंत्री राजेंद्र गर्ग ने कहा कि दालों में सब्सिडी बढ़ाने का मामला कैबिनेट में लाया जा रहा है।
हिमाचल प्रदेश में शनिवार को दो और ब्लैक फंगस के मरीजों ने दम तोड़ दिया। मिला जानकारी के मुताबिक शिमला के आईजीएमसी अस्पताल में दो मरीजों की मौत हुई है। शिमला के लक्कड़ बाजार की रहने वाली महिला और हमीरपुर के व्यक्ति ने दम तोड़ा है। आईजीएमसी के एमएस डॉ. जनक राज ने इस मामले की पुष्टि की हे। गौरतलब है कि प्रदेश में अब तक ब्लैक फंगस से चार मरीजों की मौत हो चुकी है। 28 मई को हमीरपुर और सोलन के दो मरीजों ने आईजीएमसी अस्पताल में ब्लैक फंगस से जान गवाई थी।
पंजाब ने 1 जुलाई से छठे वेतन आयोग को लागू करने की घोषणा कर दी है। इस पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल लंबे समय से पंजाब पैटर्न को भी फॉलो करता आया है। ऐसे में हिमाचल में कब, कैसे लागू किया जाए इस पर विचार होगा। करोना की तीसरी लहर से निपटने के सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश ने दूसरी लहर के दौरान स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को मजबूत बनाया है। तीसरी लहर से बच्चों के संक्रमित होने का खतरा बताया जा रहा है जिसको लेकर सरकार ने मुकम्मल तैयारियां की है उन्होंने कहा की हिमाचल देख पर्यटन राज्य है ऐसे में अधिक समय तक लोगों को घर पर रोक कर रखना भी संभव नहीं है छूट दी गई है लेकिन नियमों का पालन करना सभी के लिए आवश्यक है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता पूरे प्रदेश भर में मिशन रक्षक अभियान के तहत गांव-गांव जाकर लोगों को कोरोनावायरस के प्रति जागरूक तथा वैक्सीन लगाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। इसी अभियान के तहत आज अभाविप शिमला महानगर इकाई के कार्यकर्ताओं ने शिमला की टूटू मजठाई पंचायत मैं जाकर लोगों को जागरूक किया। इस अभियान में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं का स्थानीय पंचायत के जनप्रतिनिधियों ने भी भरपूर सहयोग किया। प्रदेश मंत्री विशाल वर्मा ने कहा कि कोरोना महामारी के संकट के समय में विद्यार्थी परिषद ने प्रशासन के साथ मिलकर जनजीवन के लिए कार्य किया है। मिशन रक्षक अभियान के तहत विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता हिमाचल प्रदेश के प्रत्येक गांव में जाकर विभिन्न प्रकार से वहां के लोगों की सेवा करते हुए उन को जागरूक करना, वैक्सीन लगाने हेतु प्रेरित करना, छात्रों को पाठ्य सामग्री उपलब्ध करवाना, जरूरतमंद लोगों को राशन मुहैया करवाना आदि कार्य कर रहे हैं। यह अभियान 15 जून शुरू हुआ था तथा 25 जून तक चलेगा। विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने पाया की ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को महामारी के प्रति जागरूक करने की बहुत आवश्यकता है तथा वहां के स्थानीय स्वास्थ्य केंद्रों को भी सुदृढ़ करने की आवश्यकता है। अभी भी ग्रामीण क्षेत्रों में बहुत सारे लोग ऐसे हैं जिन्होंने वैक्सीन हेतु पंजीकरण तक नहीं करवाया है। विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता ऐसे सभी लोगों को जागरूक कर रहे हैं। स्थानीय पंचायत के उपप्रधान केशपा राम कश्यप, वार्ड पंच कमलेश तथा सुनीता ने विद्यार्थी परिषद द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान की सराहना की है। इस दौरान अभाविप के कार्यकर्ताओं ने उन्हें शिमला शहर में किए गए अपने सेवा कार्यों की जानकारी दी। अभाविप ने यह भी देखा की ग्रामीण क्षेत्रों में बहुत कम जागरूकता का कार्य प्रशासन द्वारा किया गया है। इसी के मद्देनजर विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता गांव गांव जाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। टूटू मजठाई में चलाए गए इस अभियान में प्रदेश मंत्री विशाल वर्मा प्रदेश सोशल मीडिया संयोजक आशीष ठाकुर शिमला महानगर इकाई के कार्यकर्ता रित्विक विश्वास तथा अजय आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन द्वारा नेता राहुल गांधी का जन्मदिवस प्रदेशभर में गरीब व जरूरतमन्दों की सहायता कर मनाया। इस उपलक्ष पर एनएसयूआई कार्यकर्ताओं द्वारा कहीं गरीब परिवारों को राशन किट तो कहीं जरूरतमंद छात्रों को कॉपी-किताबें भेंट की। इस मौके पर प्रदेशाध्यक्ष छत्तर ठाकुर व संगठन महासचिव मनोज चौहान ने जानकारी दी कि राज्य एनएसयूआई इकाई ने राष्ट्रहित में राहुल गांधी को आगामी प्रधानमंत्री बनाने के लिए कार्य करने का संकल्प लिया। छत्तर ठाकुर ने जानकारी दी कि राहुल के जन्मदिवस के उप्लक्ष पर राष्ट्रीय नेतृत्व नीरज कुंदन के दिशानिर्देशों पर मानव सेवा और राष्ट्रसेवा के उद्देश्य से प्रदेश के विभिन्न जिलों में छात्र कार्यकर्ताओं द्वारा अलग-अलग सामाजिक कार्य किये गए, जिसमें कांगड़ा जिले में छात्रों के लिए निशुल्क टीकाकरण शिविर, सोलन, ऊना व चम्बा जिला में मास्क व सेनिटाइजर वितरण, शिमला, हमीरपुर व बिलासपुर जिलों में गरीब छात्रों को पुस्तकें व पेन-कापियां व मंडी, कुल्लू व सिरमौर जिलों में हस्पतालों व वृद्धाश्रम में फल वितरण सहित मास्क व सेनिटाइजर इत्यादि भेंट किये गए।
Chief Minister Jai Ram Thakur has expressed grief over the sad demise of Milkha Singh popularly known as 'the Flying Sikh', who passed away at PGI Chandigarh today morning. He was 91. Jai Ram Thakur said that Milkha Singh won many Asian gold medals and finished fourth in the 400m final at the 1960 Rome Olympics. He said that his passion for athletic and fitness would remain source of inspiration for not only young generation but also for the people of all age groups. Chief Minister prayed the Almighty to give peace to the departed soul and strength to the bereaved family members to bear this irreparable loss.
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी अपने परिवार के साथ शिमला आए हैं। महेंद्र सिंह धोनी परिवार और रिश्तेदारों के साथ शिमला आए हैं, जो कुल 12 लोग हैं। सभी शिमला के हैवन होम-स्टे मैहली में रूके हैं। बताया जा रहा है कि वे देर शाम करीब नौ बजे यहां पहुंचे हैं। जिला प्रशासन की ओर से उनकी सुरक्षा के तमाम इंतजाम किए गए हैं। होम स्टे के बाहर पुलिस भी तैनात की गई है। धोनी के पहुंचने की खबर सुनते ही आज उनके प्रंशसकों और स्थानीय लोगों की भीड़ मैहली में उमड़ पड़ी और धोनी की एक झलक पाने को स्थानीय लोग और उनके प्रशंसक बेताब दिखे। धोनी ने भी अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया और ऑटोग्राफ दिए और उनके साथ तस्वीरें भी खिंचवाई। धोनी 4 दिन शिमला में रुकेंगे। गौरतलब है कि विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेला जा रहा है। यह मैच इंग्लैंड के साऊथ हैम्पटन शहर में चल रहा है। महेंद्र सिंह धोनी शिमला में इस फाइनल का लुत्फ उठाएंगे। बता दें कि इससे पहले महेंद्र सिंह धोनी अगस्त 2018 में शिमला आए थे। तब वे एक विज्ञापन फिल्म की शूटिंग करने के लिए शिमला आए थे। अब दूसरी बार धोनी शिमला आए हैं।
People of Himachal Pradesh and Gudiya's parents are not accepting the decision taken by the court. Once again there is an uproar on social media related to Gudiya rape and murder case. A local court found Anil alias Nilu guilty in the four-year-old Gudiya rape and murder case and sentenced him to life imprisonment on Friday. The Court had held Kumar, a Chirani (woodcutter), guilty of rape and murder of a minor girl and convicted him under sections 376 (2)(i), 376 (A), and 302 of the Indian Penal Code and Section 4 of the POCSO Act. District and Sessions Judge, Shimla, Rajiv Bharadwaj, who is also Special Judge of CBI Court said that out of the 14 crucial points of evidence produced by the CBI, 12 were found to be against Nilu. The conviction was based on the fact that DNA from a blood sample of Nilu matched with the semen on the private parts and clothes of the victim and soil samples from clothes matched with the soil samples taken from the spot where the body of the deceased was found. The bite marks on the body of the deceased were also found to be of Nilu's in forensic investigations. At the same time, Gudiya's parents are unhappy with this decision of the court. Both of them questioned the CBI probe saying it would be impossible for Chirani Neelu to do such cruality alone. Gudiya's parents have alleged that the real culprits are still roaming free and they are not even satisfied by the punishment. Gudiya's parents said that their daughter has not got justice even after four years. After the CBI investigation started, they were confident that justice would be done now. The culprits will be caught, but the CBI has also broken their trust. Gudiya's mother said, "Now we will take the matter to the High Court. We will keep on fighting the legal battle until our daughter gets justice". There were 59 witnesses, including students, teachers of the school where Gudiya was studying, villagers, doctors, forensic experts, police and eyewitnesses who saw the accused in the area before and after the crime was committed. The judge observed that the crime was committed in a spur of the moment, with Nilu making up his mind to rape and kill the victim when he encountered her on a passage in the forest while she was returning home from school. As per the CBI charge sheet, the accused spotted Gudiya, about 1.5 km from Dandi on the mud path on Dandi-Bankufar road in Kotkhai on July 4, 2017. He had an altercation with the victim after she spat on him following which he caught hold of her and dragged her down in the forest. He then raped and strangulated her and dumped her body in a ditch, about 32 metres away from the road. Two days later on July 6, her body was found in the nearby forest in Haliailla in the Kotkhai area of Shimla district. On July 7 Postmortem reports confirmed rape and murder. On July 10 the special investigation team was constituted in the case and on July 13, 2017 a special investigation team of the state police led by IG Zahur H Zaidi arrested six men residing in the area on charges of raping and killing of the minor. On July 19 one of the suspects Suraj 29-year-old labourer from Nepal, died while being interrogated at the Kotkhai police station . The police alleged that he was murdered by one of his co-accused. The custodial death aggravated the ongoing public protests and speculations of an unfair investigation, triggering an outburst in Kotkhai and Theog the next morning. A mob burnt down the Kotkhai police station and vandalised police vehicles. The same day, the Himachal Pradesh High Court ordered the CBI to take over the case. CBI arrests the SIT head. A few days later, the CBI was also tasked with investigating Suraj’s custodial death, in connection with which it arrested eight police officials, including IG Zaidi, in August 2017. The case against them was eventually shifted to the CBI court in Chandigarh, where it is currently underway against nine people. Some of the police officials were granted bail by the Supreme Court in 2019, including IG Zaidi who was reinstated in the state police. Last year, however, an SP from Himachal told the court that she was being pressured by Zaidi to change her statement. The court cancelled Zaidi’s bail, and he’s back behind bars in Burail jail, Chandigarh. Other accused are all out on bail presently. The rape-murder: Investigation 2.0 On July 22 CBI registered two cases under Sections 302, 376 of IPC and Section 4 of POCSO Act relating to rape and murder of a minor girl and another case under section 302 of IPC relating to the custodial death of Suraj. The CBI found that the DNA of those already arrested did not match the reference DNA extracted from samples taken from the crime spot and the victim’s body in the rape and murder case, according to the agency’s chargesheet filed in the trial court. The accused also underwent scientific tests such as polygraph, narco analysis and brain mapping at a forensic lab in Gujarat. According to the CBI, the involvement of the six people could not be established, and the five surviving accused were eventually discharged from the case. On April 13, 2018 – CBI arrests woodcutter Anil Kumar alias Nilu in Kotkhai minor rape and murder case. On May 29– CBI submits charge sheet in court against Nilu, the lone accused in the case. On Oct 15, 2020 Family members of Gudiya filed petition in High Court seeking re-investigation into the case. On April 28, 2021 Lone Accused Nilu convicted in Gudiya rape and murder case and on 18th June, 2021 local court sentenced him life imprisonment.
भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने आज शिमला में प्रदेश के राज्यपाल बंडारु दत्तात्रेय से मुलाकात की। उनके साथ प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप , शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, भाजपा महामंत्री त्रिलोक जम्वाल एवं संगठन महामंत्री पवन राणा उपस्थित रहे । इस अवसर पर सबने अनेको विषयों पर चर्चा की साथ ही प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना द्वारा लिखी गयी पुस्तक My Experiences During Covid-19, A Big Salute To Corona Warriors का विमोचन किया।
ग्रामीण विकास सभा चनावग और हिमालय साहित्य मंच के संयुक्त संयोजन में जिला शिमला की सुन्नी तहसील के गांव चनावग में इस रविवार 20 जून को हाई सकूल के साथ स्थित सामुदायिक भवन में रक्तदान शिविर लगाया जा रहा है। यह शिविर प्रातः ग्यारह बजे से सांय चार बजे तक रहेगा, जिसमें स्वेच्छा से युवा और अन्य इच्छुक ग्रामीण रक्त दान कर सकते हैं। ग्रामीण विकास सभा की ओर से अध्यक्ष जगदीश हरनोट और हिमालय मंच की ओर से युवा सदस्य शिवेन कुमार इस शिविर के संचालन में सहयोग करेंगे। यह जानकारी हिमालय मंच के अध्यक्ष व लेखक एस आर हरनोट ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी। शिमला रिप्पन अस्पताल से डॉक्टरों और चिकित्सा कर्मियों की टीम में डॉक्टर गंगा शर्मा, इंचार्ज ब्लड बैंक इंदिरा मेहता, वरिष्ठ लैब टेक्नीशियन दीपिका, वरिष्ठ लैब टेक्नीशियन अंजना कंवर, स्टाफ नर्स सहित दुर्गादास और वेद शामिल रहेंगे।
स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता ने आज यहां कहा कि 18-44 वर्ष के आयु वर्ग के टीकाकरण के संबंध में भारत सरकार द्वारा संशोधित दिशा-निर्देश जारी किए है, जो 21 जून से प्रभावी होंगे। उन्होंने कहा कि नए टीकाकरण अभियान के अन्तर्गत प्रदेश को कोविशिल्ड की 2.5 लाख खुराक की आपूर्ति की जा रही है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 टीकाकरण अभियान के सुचारू संचालन और टीकाकरण रणनीति के संबंध में स्वास्थ्य सचिव द्वारा सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों व जिला टीकाकरण अधिकारियों के साथ वीडियो काॅन्फ्रैस के माध्यम से चर्चा कर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। प्रवक्ता ने कहा कि 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी पात्र लाभार्थियों के टीकाकरण के लिए जून, 2021 माह के लिए भारत सरकार की ओर से मिलने वाली वैक्सीन की उपलब्धता के आधार पर जिलों के लिए नई टीकाकरण रणनीति तैयार की गई है। जिसके अन्तर्गत लक्षित लाभार्थियों को दो श्रेणियों में बांटा गया है। श्रेणी-ए के लिए पहली खुराक के लिए 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी लाभार्थी, 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के कोविशील्ड की दूसरी खुराक के लिए सभी पात्र लाभार्थी, भारत सरकार द्वारा नामित सभी स्वास्थ्य देखभाल कार्यकर्ता, सभी अग्रिम पंक्ति कार्यकर्ता व राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित सभी प्राथमिकता समूहों के पात्र लाभार्थी, जिन्हें टीकाकरण की पहली व दूसरी खुराक लगाई जानी है को शामिल किया गया है। जबकि 18-44 वर्ष के आयु वर्ग के लाभार्थी जो उपरोक्त श्रेणी में शामिल नहीं हैं को श्रेणी-बी में रखा गया है। प्रवक्ता ने कहा कि राज्य में 21 जून से 30 जून, 2021 तक दोनों श्रेणियों के लाभार्थियों का टीकाकरण करने के लिए प्रभावी रणनीति बनाई गई है ताकि दोनों श्रेणियों के लाभार्थियों का टीकाकरण अलग-अलग किया जा सके। दोनों श्रेणिायों के लाभार्थियों के टीकाकरण के लिए दिन निर्धारित किए गए है जिसके अनुसार श्रेणी-ए के लाभार्थियों के लिए वीरवार, शुक्रवार व शनिवार के दिन टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे जबकि श्रेणी-बी के लाभार्थियों के लिए सोमवार, मंगलवार व बुधवार को टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे और रविवार के दिन टीकाकरण के लिए कोई सत्र आयोजित नहीं होगा। उन्होंने कहा कि श्रेणी-बी 18 से 44 वर्ष के आयु वर्ग के लाभार्थियों के लिए तैयार की गई रणनीति के अन्तर्गत ग्रामीण, जनजातीय व दुर्गम क्षेत्रों में ऑन-स्पाॅट पंजीकरण की सुविधा जबकि शहरी क्षेत्रों जैसे नगर निगम, एनएसी व नगर परिषद आदि क्षत्रों में ऑनलाइन स्लाॅट बुकिंग के माध्यम से टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे। शहरी क्षेत्रों में टीकाकरण के लिए सभी ऑनलाइन सत्र टीकाकरण की तिथि से एक दिन पूर्व दोपहर 12 से 1 बजे के बीच प्रदर्शित किए जाएंगे। प्रवक्ता ने कहा कि पिछले निर्देशों के अनुसार 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग और अन्य श्रेणियों जैसे स्वास्थ्य देखभाल कार्यकर्ता, अग्रिम पंकित कार्यकर्ता और प्राथमिकता वाले समूहों के लाभार्थियों के टीकाकरण के लिए पहली खुराक की समय सीमा 30 जून, 2021 तक बढ़ाई गई है। उन्हांेने कहा कि जनजातीय और दुर्गम क्षेत्रों में 18 से 44 वर्ष के आयु वर्ग और 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग की शत-प्रतिशत आबादी को कम से कम पहली खुराक प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, इसके लिए आन-स्पाॅट सत्र आयोजित किए जाएंगे और यदि आवश्यक हो, तो रविवार व अन्य छुट्टियों के दिन भी आॅन-स्पाॅट सत्र आयोजित किए जाएगे। उन्होंने कहा कि जनजातीय और दुर्गम क्षेत्रों में 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के पात्र लाभार्थियों का शत प्रतिशत टीकाकरण 25 जून, 2021 तक करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया हैं।
जल शक्ति, राजस्व, बागवानी एवं सैनिक कल्याण मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर ने आज रामपुर प्रवास के दौरान जल शक्ति विभाग के 7 करोड़ 87 लाख रुपये से अधिक राशि के विभिन्न विकास कार्यों के उद्घाटन व शिलान्यास किए। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के तहत प्रदेश के प्रत्येक घर के नल में शुद्ध जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रति प्रदेश सरकार कटिबद्ध है, जिसके लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है। उन्होंने आज 1 करोड़ 82 लाख 88 हजार रुपये की लागत से बनने वाली पेयजल योजना ग्राम समूह जाहू एवं खुन्नी पनोली तहसील ननखड़ी, 2 करोड़ 24 लाख 75 हजार रुपये की लागत से बनने वाली पेयजल योजना ग्राम पंचायत बगलती, बड़ाच, बड़ोग, करांगला एवं ननखड़ी कार्यात्मक घरेलू नल योजना तथा 92 लाख रुपये से अधिक की लागत से पेयजल योजना शरन ग्राम पंचायत नरैण तथा 1 करोड़ 60 लाख 71 हजार रुपये की राशि से बनने वाली सयारला, केटू बाटकी एवं तकलेच पेयजल योजना तथा 89 लाख 97 हजार रुपये की राशि से बनने वाली द्वारकापुरी ग्राम पंचायत घारगौरा में पेयजल योजना का शिलान्यास किया। उन्होंने आज ग्राम पंचायत नरैण में 36 लाख 70 हजार रुपये की राशि से निर्मित जराशी, नागाटिकर एवं स्वर्णनगर पेयजल योजना का उद्घाटन भी किया। उन्होंने कहा कि जहां प्रदेश के हर क्षेत्र में लोगों को पेयजल तथा सिंचाई योजना का लाभ प्राप्त हो रहा है वहीं रामपुर उपमण्डल के ननखड़ी तहसील की 18 पंचायतों में रह रहे लोगों को भी इन योजनाओं का लाभ प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश ने देश व विदेश में सेब राज्य के रूप में अपनी विशेष पहचान बनाई है। प्रदेश सरकार ने प्रयास किया है कि प्रदेश में गुणवत्तायुक्त सेब तैयार हो, जिससे हमारे सेब की पहचान राष्ट्रीय तथा अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हो सके तथा बागवानों की आय में भी तीव्रता से तेजी लाई जा सके। उन्होंने कहा कि जिला शिमला में बागवानों की सुविधा के लिए जहां छोटी-छोटी मंडियों का निर्माण किया है वहीं पराला में 100 करोड़ की लागत से आधुनिक तकनीकयुक्त प्रोसेसिंग प्लांट तथा पराला मण्डी के विस्तार का कार्य किया जा रहा है जबकि 60 करोड़ की लागत से सीए स्टोर का निर्माण कार्य पराला में तेजी से आरम्भ किया गया है। इस प्लांट से जहां क्षेत्र में युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान होंगे वहीं बागवानों की आर्थिकी में भी वृद्धि होगी। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को क्षेत्र में सड़कों तथा सम्पर्क मार्गों को सेब सीजन से पहले दुरूस्त करने के भी सख्ती से दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन योजना के तहत प्रदेश सरकार ने 2019 व 2020 में प्रथम स्थान प्राप्त किया है वहीं भारत सरकार द्वारा इस मिशन के तहत 1400 करोड़ रुपये भी हिमाचल सरकार को दिए हैं। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत जहां रामपुर क्षेत्र के लोगों की हर योजना से घर में पानी की सुविधा मुहैया करवाई जाएगी वहीं 50 वर्षों तक किसी को पानी की कमी नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने जरासी में सीए स्टोर खोलने के भी निर्देश दिए। उन्होंने टिक्करी-खमाड़ी सड़क जिसकी दूरी 52 किलोमीटर है की टायरिंग के संबंध में मुख्यमंत्री को अवगत करवाने का आश्वासन दिया ताकि कार्य को किया जा सके। उन्होंने ननखड़ी क्षेत्र की सभी पंचायतों के लोगों द्वारा रखी गई मांग एंटीहेलगन की मांग के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा नौणी विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों को इसे ट्रायल के आधार पर प्रयोग करने के निर्देश दिए है, जिसकी लागत 15 लाख रुपये है और यह प्रयोग यदि सही पाया गया तो हिमाचल सरकार इसे बागवानों को 80 प्रतिशत की सब्सिडी पर उपलब्ध करवाएगी। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा से सेब बागवानों को इस साल पौने 300 करोड़ का नुक्सान हुआ है, इसके लिए हमने प्रदेश सरकार से बात की है और जो भी संभव हो सकेगा उसका लाभ बागवानों को दिया जाएगा। उन्होंने सभी से कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए टीकाकरण करवाने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि हमें कोरोना संक्रमण की चैन को तोड़ना है तो प्रदेश सरकार व स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी मानकों की अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। उन्होंने कहा कि मास्क लगाने, दो गज की दूरी और हाथों को साबुन से निरंतर धोना या सैनेटाइजर का प्रयोग करने को अपने जीवन का अनिवार्य अंग बनाना आवश्यक है तभी हम कोरोना संक्रमण से बचने में कामयाब हो सकेंगे। इस अवसर पर भाजपा मण्डल अध्यक्ष रामपुर भीम सिंह ठाकुर, जिला महासु के महा सचिव शशी भूषण श्याम, पूर्व प्रत्याशी प्रेम सिंह दरेग, मुख्य अभियंता जल शक्ति विभाग सुशील जस्टा, एसई जल शक्ति विभाग राजीव महाजन, अधिशाषी अभियंता जल शक्ति विभाग रणबीर नेगी, उपमण्डलाधिकारी रामपुर सुरेन्द्र मोहन, डीएसपी चन्द्र शेखर कायत, जिला परिषद सदस्य नारायण वार्ड त्रिलोक भलूणी, उप-निदेशक उद्यान विभाग तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं स्थानीय प्रधान, उप-प्रधान एवं स्थानीय लोग उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लोगों को स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी विभिन्नों सलाहों एवं मानक संचालन की अनुपालना के लिए करयाला के माध्यम से जागरूक किया जा रहा है। इस जागरूकता अभियान से पंचायत स्तर व गांव.गांव में सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के कलाकारों द्वारा करयाला के माध्यम से जानकारी प्रदान की जा रही है। इस कड़ी में आज जय देव कुर्गण सामाजिक एवं सांस्कृतिक कला मंच के कलाकारों ने रामपुर विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत रामपुर बाजार, बस अडडा, नोगली तथा दतनगर में आम जनमानस को कोरोना महामारी से बचाव बारे जागरूक किया जिसमें मास्क का प्रयोग करना हैए दो गज की दूरी बेहद है जरूरी अपने हाथों को बार.बार साबुन से धोएं या सैनेटाइज करें तथा वैक्सीन के टीके जरूर लगाएं तथा कोरोना से सम्बन्धित समय समय पर जारी विभिन्न आदेषो व मानकों का पालन करने बारे जागरूक किया। जागरूकता अभियान के दौरान उपस्थित जनसमूह ने कोरोना के प्रति सन्देष को बड़ी संजीदगी से सुना और उस पर अमल करने का प्रण किया। स्थानीय लोगों ने बताया कि सरल भाषा में दिया गया सन्देष आम जनमानस पूर्णतयः समझ सकता है जिस पर अमल करने से कोरोना महामारी को रोका जा सकता है। इस अवसर पर दल के कलाकारों ने सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग द्वारा प्रकाशित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग हिमाचल प्रदेश की होम आईसोलेशन की स्वयं सहायता पुस्तिका भी लोगों को जागरूकता व जानकारी प्रदान करने के लिए वितरित की।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज शरल म्यूजिक मुम्बई द्वारा निर्मित म्यूजिक एल्बम ‘मीठियां मीठियां गल्लां’ का पोस्टर जारी किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कलाकार और गायक प्रिया शक्तावत के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के प्रयास राज्य की समृद्ध संस्कृति और परम्परा को देशभर में प्रोत्साहित करने के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों के लिए भी संजोए रखने में महत्वपूर्ण साबित होते हैं। उन्होंने आशा व्यक्त की कि इस एल्बम से लोगों का भरपूर मनोरंजन होगा। प्रिया शक्तावत हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा से सम्बन्ध रखती हैं। देहरा के विधायक होशियार सिंह भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के हाल ही में तीन दिवसीय सम्मेलन ने पार्टी को राज्य सरकार की उपलब्धियों पर विचार करने के साथ-साथ मण्डी संसदीय क्षेत्र सहित फतेहपुर व जुब्बल-कोटखाई विधानसभा क्षेत्रों के लिए होने जा रहे उप-चुनावों और आगामी आम चुनावों के लिए पार्टी को तैयार करने का अवसर प्रदान किया है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज यहां मीडिया कर्मियों से बातचीत करते हुए यह बात कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि तीन दिवसीय बैठकों के दौरान पार्टी पदाधिकारियों, विधायकों और 2017 के विधानसभा में पार्टी प्रत्याशियों के साथ विस्तार से चर्चा की गई। इस दौरान विभिन्न बोर्डों और निगमों के अध्यक्षों और उपाध्यक्षों के साथ भी बैठक आयोजित हुई। उन्होंने कहा कि यह बैठक 2022 में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी का खाका तैयार करने में महत्वपूर्ण साबित हुई है।
प्रदेश में कोरोना कर्फ्यू में ढील के बाद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया ने रफ़्तार रफ्तार पकड़ ली है। 14 जून को 50 फीसदी स्टाफ बुलाने और बाहरी राज्यों से बिना निगेटिव रिपोर्ट प्रदेश में आने का फैसला आने के बाद विवि ने 15 जून से फिजिक्स विभाग के साक्षात्कार शुरू करवा दिए। 15 और 16 जून को साक्षात्कार की प्रक्रिया पूरी कर 16 को ही चार शिक्षकों के लिफाफे भी खोल दिए गए। विवि 25 जून तक साक्षात्कार का शेड्यूल तय कर भर्ती प्रक्रिया को जल्द निपटाने की कोशिश में है। भर्ती की इस प्रक्रिया में छंटनी व अन्य कार्य के लिए शिक्षक गैर शिक्षक बुलाए जा रहे हैं। तय साक्षात्कार के शेड्यूल के मुताबिक वीरवार, शुक्रवार और शनिवार को कॉमर्स विभाग के शिक्षकों के लिए साक्षात्कार की प्रक्रिया चलेगी। इनके लिफाफे भी 19 जून को ही खोलने की तैयारी है। यही नहीं, 20 और 21 जून को अर्थशास्त्र विभाग के शिक्षकों के साक्षात्कार रखे गए हैं। 22 और 23 जून को इतिहास विभाग, 24 और 25 जून को बायो साइंस विभाग के साक्षात्कार करवाए जाने हैं। शिक्षकों के पदों की भर्ती को रहे इन साक्षात्कारों में प्रदेश और प्रदेश के बाहर के उम्मीदवार भी भाग लेने पहुंच रहे हैं। हालंकि, सरकार ने अभी स्कूलों और कॉलेजों को खोलने को लेकर कोई फैसला नहीं लिया है।


















































