चंबा, कांगड़ा, शिमला और अन्य जिलों के भ्रमण कर सकते हैं सैलानी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज जिला हमीरपुर के नादौन में कहा कि हाल ही में हुई भारी बारिश के कारण प्रदेश में कई सड़कें क्षतिग्रस्त हुईं और निजी एवं सार्वजनिक संपत्ति को भारी नुकसान हुआ। उन्होंने स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को आश्वस्त करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार के दृढ़ एवं त्वरित प्रयासों के फलस्वरूप राज्य में सड़कों को काफी हद तक बहाल कर दिया गया है तथा प्रदेश में आगंतुकों के लिए सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित किया गया है। उन्होंने कहा कि यह राज्य की अब तक की सबसे भीषण त्रासदी थी, लेकिन अब राज्य में हालात सामान्य हो रहे हैं। नादौन में मीडिया कर्मियों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश पर्यटकों के लिए सुरक्षित है और पर्यटक अब चंबा, कांगड़ा, शिमला और अन्य जिलों के भ्रमण पर आ सकते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार आपदा से प्रभावी ढंग से निपटने और सभी प्रभावितों को आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि विपदा के समय में भी नेता प्रतिपक्ष प्रभावित परिवारों की पीड़ा के प्रति सहानुभूति व्यक्त करने के बजाय राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने नेतापक्ष से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से संपर्क कर हिमाचल प्रदेश के लिए केदारनाथ और भुज त्रासदी की तर्ज पर विशेष पैकेज प्रदान करने के लिए आग्रह करने का आहवान किया। उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार ने केंद्र सरकार से इसे राष्ट्रीय आपदा घोषित करने और उत्तराखंड और गुजरात में प्रदान की गई सहायता के समान वित्तीय सहायता प्रदान करने की बार-बार अपील की है, लेकिन अभी तक केंद्र सरकार द्वारा इस संबंध में कोई भी कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने प्रदेशवासियों को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार अपने संसाधनों से प्रभावित परिवारों को सहायता प्रदान करने के हरसंभव प्रयास कर रही है। ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि पूर्व भाजपा सरकार ने प्रदेश पर 75 हजार करोड़ रुपये के ऋण का बोझ डाला तथा केवल राजनीतिक लाभ के लिए कई घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार कर्मचारियों के बकाया और भत्ते देने में विफल रही। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने सत्ता संभालने के पश्चात वित्तीय बाधाओं के बावजूद कर्मचारियों के हितों में अभूतपूर्व निर्णय लेकर पुरानी पेंशन योजना को बहाल किया है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद प्रतिभा सिंह ने श्री कृष्ण जन्माष्टमी महापर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। प्रतिभा सिंह ने कहा है कि भगवान श्री कृष्ण ने धर्म व सत्य का जो पथ प्रशस्त किया, वह आज भी हमारे जीवन का मार्ग प्रशस्त करता हैं। भगवान श्री कृष्ण के उपदेश आज भी हमारे जीवन को सत्य और धर्म पर चलने को प्रेरित करते हैं। भगवान श्री कृष्ण का आशीर्वाद सब पर बना रहे, इसकी उन्होंने कामना की।
मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन इंदौरा में जन्माष्टमी उत्सव पर विविध रंगारंग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। यह आयोजन सीसीए कमेटी की अध्यक्ष मिस रजनी शर्मा और मिस प्रियंका के दिशा-निर्देशन में हुआ। आयोजन में छात्र-छात्राओं ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा का परिचय देते हुए विविध रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए, जिसमें मीनू, बेबी, भानु, अंजली, शिल्पा ने कृष्ण जनम झांकि, नृत्य और भजन की भावपूर्ण प्रस्तुति दी गई। कॉलेज प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार और डॉ. अश्वनी शर्मा ने इस अवसर पर छात्र-छात्राओं की हौसला अफजाई करते हुए कहा कि भारत की संस्कृति विश्व में अनुसरणीय रही है। भगवत गीता हमारे देश का वो महान ग्रंथ है जिसमें जीवन की सभी समस्याओं का समाधान है। कृष्ण जन्माष्टमी उत्सव हमें बिना फल की इच्छा किए अपने कर्तव्यों के निर्वहन के लिए प्रेरित करता है। कार्यक्रम में समस्त मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन इंदौरा के शिक्षकों की उपस्थिति ने छात्र-छात्राओं का उत्साहवर्धन किया।
साई इंटरनेशनल स्कूल में श्री कृष्ण जन्मोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। जन्माष्टमी भगवान कृष्ण के जन्मदिन के रूप में मनाई जाती है, जो भगवान विष्णु के सबसे शक्तिशाली और प्रसिद्ध अवतारों में से एक हैं। इस उत्सव के लिए स्कूल को अच्छी तरह से सजाया गया था। आरती और भजन गाए गए और जन्माष्टमी से संबंधित गाने बजाए गए। प्री-नर्सरी, नर्सरी और केजी के छात्र पारंपरिक रूप से राधा और कृष्ण की पोशाक पहनकर आए। बच्चों द्वारा एक शानदार रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जहां उन्होंने गीत, नृत्य और भाषण प्रस्तुत किए। इस अवसर की शोभा बढ़ाने के लिए 'दही हांडीÓ का भी आयोजन किया गया। स्कूल के चेयरमैन रमिंदर बावा ने सभी को श्री कृष्ण जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं।
गुरुकुल पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल जलावन में में धूमधाम से मनाई जन्माष्टमी गुरुकुल पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल जलावन में श्री कृष्ण जन्माष्टमी का पर्व बड़े धूमधाम के साथ मनाया गया। इस दौरान नन्हें-मुन्ने बच्चे राधा व कृष्ण की पोशाक पहनकर स्कूल पहुंचे। इस मौके पर नर्सरी व केजी से शब्द, श्रद्धा, एंजेल, ऋतिक, आदविक, कृतिक आयुष, औवियान ने श्रीकृष्ण के बाल रूप को प्रस्तुत किया। कक्षा प्रथम से आदित्य, प्राक्षी माही, सार्थक, शिवांश, अर्शिया, वेदिका, सतविका, शिवाय, रियान ने श्रीकृष्ण के माथे पर शोभा देने वाले वाले मोर पंख पर नृत्य किया। वहीं कक्षा द्वितीय से साक्षी, सुरभि, कक्षा तीसरी से वनिशा, कृष्टि, रिहाना, नव्या, एंजल व अक्षित ने अपने डांस के द्वारा श्री कृष्ण के सुंदर रूप का वर्णन किया। कक्षा चौथी व पांचवीं के विद्यार्थियों नेहा, कृतिका, नितिक्षा, सार्थक, रौनक, समय, दिव्यांश, आर्यन, आयान, कोमल व शगुन ने राधे-राधे पर डांस किया। कक्षा छठी और सातवी से पलक, कनिका, अर्पिता कनिक्षा, सारिका, आराध्या, अक्षत, आदित्या, रेयांश, राधिका, इशुकांत ने गोविंद वोलो हरि गोपाल गाने के माध्यम से श्रीकृष्ण के विभिन्न रूपों को दिखाया। अंतिम प्रस्तुति कक्षा नवमी के विद्यार्थियों यथार्थ, नितिन, शिवाश, शुभम, अनामिका, कृतिका, अक्षिता एवं शिवांशी ने तुम प्रेम हो प्रीत हो, गाने के गाने के माध्यम से राधा-कृष्ण के प्रेम बारे बताया। स्कूल के निर्देशक विशाल अवस्थी ने सभी बच्चों को जन्माष्टमी पर हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई दी।
श्री कृष्ण और श्री राधा की वेषभूषा में सज कर आए नौनिहाल माउंट मौर्या इंटरनेशनल स्कूल जोगिंदर नगर में बुधवार को जन्माष्टमी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी स्कूल में स्पेशल असेंबली का आयोजन किया गया। इस दौरान नन्हे-मुन्ने बच्चों ने श्री कृष्ण और श्री राधा की वेषभूषा में बेहतरीन नृत्य किया। जहां नन्हे कृष्णा बांसुरी की धुन बजाते दिखे, वहीं राधा बनी बच्चियों ने भी अपने नृत्य के खूब जलवे बिखेरे। विद्यार्थियों द्वारा श्रीकृष्ण की विभिन्न कलाओं का प्रदर्शन किया गया। स्कूली छात्राओं ने अपने नृत्य से सबका मन मोह लिया। स्कूल के प्रधानाचार्य योगेश ठाकुर ने बताया कि स्कूल में हर वर्ष विभिन्न त्योहारों के दौरान स्पेशल असेंबली का आयोजन किया जाता है। उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम बच्चों के ज्ञान को बढ़ाने के साथ-साथ बच्चों को भारतीय सांस्कृतिक बारे में भी पता चलता है। प्रधानाचार्य ने स्कूल के सभी विद्यार्थियों से भगवान श्री कृष्ण के बताए रास्ते पर चलकर उनके द्वारा निर्धारित लक्ष्य को हासिल करने के लिए उस क्षेत्र में एकाग्र मन से आगे बढ़ने का आह्वान किया। इस दौरान स्कूल के बच्चों को स्कूल प्रशासन द्वारा जूस व फल आदि वितरित किए गए।
धर्मशाला के इंडोर स्टेडियम में 9 सितंबर से अंडर-11 एवं अंडर-13 की लड़कों एवं लड़कियों की प्रतियोगिता का आयोजन जिला स्तर पर किया जाएगा। कांगड़ा जिला बैडमिंटन संघ के महासचिव विलास हंस ने बताया कि अंडर-11 एवं अंडर-13 वर्ग में एकल एवं युगल मुकाबले आयोजित किए जाएंगे। इसमें विजेता एवं उपविजेता जो इस प्रतियोगिता में रहेंगे, उन्हें जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ की तरफ से पुरस्कृत किया जाएगा। जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ ने इस प्रतियोगिता के लिए पंजीकरण की तारीख को बढ़ाकर 7 सितंबर तक कर दिया है। अगर किसी भी खिलाड़ी को पंजीकरण कराने में कोई कठिनाई आती है, तो वह सीधे जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के पदाधिकारी के साथ संपर्क कर सकते हैं। पंजीकरण की जानकारी के लिए जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के दूरभाष नंबर 9418446628, 9418221716, 9418974790, 9816093930 पर संपर्क कर सकते हैं। महासचिव विलास हंस ने बताया कि जिला कांगड़ा के खिलाड़ियों का अंडर-17 एवं अंडर-15 राज्य स्तरीय प्रतियोगिता जो कि सोलन में आयोजित की गई थी उसमें काफी अच्छा प्रदर्शन रहा है। एकल मुकाबले में जिला कांगड़ा के कारण शर्मा एवं भारती शर्मा विजेता रहे हैं। वहीं मिक्स डबल्स मुकाबले में करण शर्मा एवं यक्षिता सामरा की जोड़ी विजेता रही हैं। इसके अतिरिक्त अंडर-17 लड़कियों के डबल्स मुकाबले में भारती शर्मा एवं अमृता ठाकुर की जोड़ी उपजेता रही है। अंडर-15 मिक्स डबल्स मुकाबले में जिला कांगड़ा के अंशुमन एवं अवनी ठाकुर की जोड़ी उप विजेता रही है। जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ के अध्यक्ष सुनील मनोचा ने विजेता एवं उपविजेता रहे खिलाड़ियों को जिला कांगड़ा बैडमिंटन संघ की तरफ से बधाई दी और बताया कि जिन खिलाड़ियों का चयन राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए हुआ है ये सभी खिलाड़ी जिला कांगड़ा का नाम पूरे भारत में रोशन करेंगे।
ओडिशा सरकार ने आपदा राहत कोष-2023 के लिए हिमाचल प्रदेश को 5 करोड़ रुपये की सहायता राशि प्रदान की है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने उदारतापूर्ण सहायता के लिए ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इससे आपदा से प्रभावित परिवारों को राहत प्रदान करने में प्रदेश सरकार को मदद मिलेगी। उन्होंने आम लोगों से आपदा राहत कोष में उदारतापूर्वक योगदान का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा से प्रभावितों को सहयोग और सहायता सुनिश्चित करने के लिए देश भर के लोगों के सामूहिक प्रयास और योगदान सराहनीय हैं।
शिव प्रताप शुक्ल ने विशेष क्षमता वाले बच्चों के संस्थान ढली का किया दौरा राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने आज शिमला के निकट ढली में विशेष क्षमता वाले बच्चों के संस्थान (बाल) का दौरा किया। राज्यपाल ने कहा कि विशेष रूप से सक्षम बच्चों के कौशल को निखारना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि विशेष मार्गदर्शन प्राप्त कर ये, बच्चे समाज के लिए प्रेरणास्रोत साबित हो सकते हैं। उन्होंने संस्थान में छात्रों के लिए कई व्यावसायिक कार्यक्रमों के आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के व्यावसायिक कार्यक्रम उन्हें आत्मनिर्भरता की राह पर आगे बढ़ने में सहायक सिद्ध हो सकते हैं। राज्यपाल ने कहा कि सभी बच्चों को अपनी भावनाओं को व्यक्त करने और प्रतिभा को प्रदर्शित करने का समान अवसर प्रदान किया जाना चाहिए। राज्यपाल ने बच्चों की विशेष देखभाल और उन्हें नियमित शिक्षण के साथ-साथ व्यावसायिक प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए शिक्षकों की सराहना की। उन्होंने कहा कि आज विशेष रूप से सक्षम बच्चे कई प्रतिष्ठित क्षेत्रों में अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सही मार्गदर्शन और प्रोत्साहन से वे जीवन में सफलतापूर्वक आगे बढ़ सकते हैं। उन्होंने संस्थान में कार्यरत शिक्षकों एवं कर्मचारियों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जायेगा तथा संस्थान में पढ़ने वाले बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि वह सामाजिक संगठनों से भी बात करेंगे ताकि उन्हें संरक्षकता मिल सके। उन्होंने बच्चों से संवाद किया और मिठाईयां भी बांटी। उन्होंने कहा कि वह इन बच्चों के साथ दीवाली मनाएंगे। उन्होंने परिसर और कक्षाओं का निरीक्षण भी किया तथा नवनिर्मित भवन के बारे में जानकारी ली। इससे पहले, स्कूल के प्रधानाचार्य धर्मपाल राणा ने राज्यपाल का स्वागत किया और संस्थान में चलाए जा रहे व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के बारे में विस्तार से अवगत करवाया। उन्होंने राज्यपाल को कर्मचारियों की विभिन्न मांगों के बारे में भी जानकारी दी। राज्यपाल के सचिव राजेश शर्मा, निदेशक, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता प्रदीप ठाकुर, अतिरिक्त निदेशक महिला एवं बाल विकास मोहन दत्त शर्मा, जिला कल्याण अधिकारी केवल राम चौहान, जिला बाल संरक्षण अधिकारी रमा कंवर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।
लोक निर्माण व युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री विक्रमादित्य सिंह की अध्यक्षता में आज यहां सुन्नी बांध जल विद्युत परियोजना तथा एनटीपीसी कोलडैम प्रबंधन के साथ एक बैठक आयोजित की गई। बैठक में परियोजना निर्माण में प्रभावितों से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई। लोक निर्माण मंत्री ने कहा कि सतलुज जल विद्युत निगम द्वारा निर्मित की जा रही 382 मेगावॉट क्षमता की सुन्नी बांध जल विद्युत परियोजना से विद्युत उत्पादन सहित स्थानीय स्तर पर लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से लाभ पहुंचेगा। उन्होंने कहा कि शिमला व मण्डी जिला के मध्य यह परियोजना स्थापित की जा रही है और शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र का एक बड़ा भाग भी इसके अंतर्गत आ रहा है। उन्होंने कहा कि इस परियोजना से प्रभावितों को रोजगार में प्राथमिकता प्रदान की जानी चाहिए। इसके अतिरिक्त स्थानीय स्तर पर निगमित सामाजिक दायित्व के अंतर्गत विभिन्न कार्य सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि सुन्नी-लुहरी सड़क पर सुन्नी से चेवड़ी तक सड़क के विस्तारीकरण के लिए परियोजना प्रबंधन आवश्यक कदम उठाए। इससे परियोजना कार्य में बड़ी मशीनों को लाने-ले जाने में सुविधा होगी, वहीं स्थानीय जनता को भी आवागमन के लिए बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। उन्होंने कहा कि इसके लिए लगभग 80 करोड़ रुपये का प्राक्कलन तैयार कर परियोजना प्रबन्धन को भेजा गया है। बैठक में हाल ही में भारी बरसात के कारण कोलडैम जलाशय में जल स्तर बढ़ने से सुन्नी तथा आसपास के क्षेत्रों में हुए नुकसान एवं इससे बचाव संबंधी कार्यों पर भी चर्चा की गई। लोक निर्माण मंत्री ने परियोजना प्रबन्धन को शाकरा तथा अन्य पचंायतों को जोड़ने वाले चाबा पैदल पुल तथा थली पुल के पुनर्निर्माण एवं रख-रखाव में आवश्यक सहयोग करने को कहा। इसके अतिरिक्त जल स्तर बढ़ने से भू-धंसाव के कारण सकरोड़ी पंचायत में कुछ घरों में दरारें आई हैं। उन्होंने इसके लिए आवश्यक सुरक्षा प्रबन्ध सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने एनटीपीसी कोलडैम को सुन्नी सहित अन्य क्षेत्रों में जलाशय के जल स्तर में होने वाली वृद्धि के दृष्टिगत तटीयकरण एवं सुरक्षा दीवार इत्यादि के लिए व्यापक अध्ययन करने को भी कहा ताकि इन क्षेत्रों में भूमि कटाव सहित सार्वजनिक एवं निजी सम्पत्ति को बार-बार होने वाले नुकसान से बचाया जा सके। बैठक में सतलुज नदी मेें सिल्ट के कारण साथ लगती पंचायतों को नुकसान से बचाने, मुख्य जिला सड़कों एवं राज्य सड़कों के रख-रखाव एवं मरम्मत सहित अन्य मुद्दों पर भी चर्चा की गई। बैठक में उपायुक्त आदित्य नेगी, उपमंडलाधिकारी (नागरिक) निशांत भारद्वाज, सतलुज जल विद्युत निगम एवं एनटीपीसी कोलडैम परियोजना के वरिष्ठ अधिकारी, ऊर्जा विभाग व लोक निर्माण विभाग के अधिकारी, शिमला ग्रामीण मंडल से गोपाल शर्मा सहित सुन्नी बांध जल विद्युत परियोजना कार्य से जुड़ी कम्पनियों के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी, मनीष गर्ग ने आज यहां ईवीएम और वीवीपैट की प्रथम स्तरीय जांच (एफएलसी) की प्रक्रिया पर चर्चा के लिए राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने राजनीतिक दलों को अवगत करवाया कि राज्य के ज़िला मंडी व कुल्लू के अतिरिक्त सभी जिलों में ईवीएम और वीवी पैट की एफएलसी 16 सितंबर से तथा जिला मंडी व कुल्लू में यह कार्य 25 सितंबर से आरंभ किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एफएलसी की शुरुआत से पहले सभी ज़िला निर्वाचन अधिकारी (उपायुक्त) द्वारा सभी राष्ट्रीय व राज्य मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के सभी जिला अध्यक्ष व सचिवों को नोटिस जारी किया जाएगा। राजनैतिक दलों को जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा पहचान-पत्र जारी करने के लिए प्रतिनिधियों के पासपोर्ट आकार के फोटो के साथ उनके अधिकृत प्रतिनिधियों की एक सूची प्रदान कर आवेदन करना होगा।
हिमालयन आईटीआई लगवलियाना में 8 सितंबर को एक बार फिर युवाओं के लिए रोजगार मेला लगेगा। इसमें टाटा मोटर्स उत्तराखंड से 15800 रुपये प्रतिमाह सैलरी पर 100 बेरोजगार युवाओं को रोजगार प्रदान करेगी। इसमें वे युवा भाग ले सकते हैं, जिनकी आयु 18 से 23 वर्ष के बीच में है। इसमें ट्रेड इलेक्ट्रीशियन, फीटर, मोटर मकैनिक व्हीकल, टर्नर, मशीनिस्ट, मशीनिस्ट ग्रांइडर में पास छात्र भाग ले सकते हैं। संस्थान के प्रधानाचार्य आनंद कुमार का कहना है कि इच्छुक विद्यार्थी अपने साथ पासपोर्ट साइज 4 फोटो, दसवीं, 12वीं तथा आईटीआई का प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, पैन कार्ड की दो कॉपी आदि दस्तावेज लेकर सुबह 10 बजे हिमालयन आईटीआई के प्रांगण में पहुंच जाएं। कंपनी की तरफ से ओर भी सुविधाएं दी जाएंगी।
कहा-संबंधित विभाग जागरूकता अभियान चलाएं उपायुक्त सिरमौर सुमित खिमटा ने कहा है कि शिशुओं और गर्भधात्री माताओं को समुचित मात्रा में पोषाहार मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि पात्र लोगों को पोषाहार देने के लिए बाल विकास एवं महिला विकास के माध्यम से कई कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं, जिन्हें सही परिप्रेक्ष्य में कार्यान्वित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के माध्यम से शिशुओं और गर्भधात्री माताओं को आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से समुचित मात्रा में पौष्टिक आहार प्रदान किया जा रहा है। हमें कुपोषण का शिकार बच्चों और माताओं पर विशेष ध्यान केंद्रित करने की आवश्यकता है। उपायुक्त सुमित खिमटा बुधवार को बचत भवन नाहन में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित एक दिवसीय पोषाहार शिविर की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे। इस पोषाहार शिविर में लगभग 120 प्रतिभागियों ने भाग लिया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्वेश्य 1 सितंबरसे 30 सितंबर तक पूरे जिला मे मनाए जाने वाले पोषण माह के दौरान जिला सिरमौर में माह भर करवाए जाने वाले कार्यक्रमों एवं गतिविधियों बारे जानकारी प्रदान करना तथा कार्यक्रमों का विधिवत आयोजन करना है। सुमित खिमटा ने कहा कि कुपोषण और एनिमिया के विरुद्ध सभी संबंधित विभागों द्वारा जागरूकता अभियान चलाए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि शिक्षण संस्थानों, आंगनबाड़ी केंद्रों और पंचायत स्तर पर सघन जागरूकता अभियान चलाए जाएं, जिससे अधिक से अधिक लोगों को पोषाहार योजना की सही जानकारी हासिल हो सके। उन्होंने कहा कि कुपोषण और रक्त की कमी बच्चों और गर्भधात्री माताओं के लिए जानलेवा हो सकते हैं, इसलिए हम सभी को मिलकर पोषाहार कार्यक्रम को सफल बनाना चाहिए। कुपोषण और रक्त की कमी को दूर करने के लिए ग्रास रूट लेवल तक रोडमैप बनाये जाने की आवश्यकता है। उपायुक्त ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के लाभ से कोई भी पात्र छूटना नहीं चाहिए। यह सुनिश्चित बनाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि समाज के अनाथ और परित्यक्त बच्चों और युवाओं के हितों को ध्यान में रखते हुए सभी विभागों को मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना पर गंभीरता से कार्य करना चाहिए ताकि पात्र व्यक्ति को लाभान्वित किया जा सके। सुमित खिमटा ने इस अवसर उपस्थित प्रतिभागियों को पोषाहार संबंधी प्रतिज्ञा भी दिलवाई। जिला कार्यक्रम अधिकारी सिरमौर सुनील शर्मा ने महिला एवं बाल विकास विभाग के माध्यम से संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा चलाये जा रहे विभिन्न पोषाहार कार्यक्रमों के बावजूद भी कुपोषण और एनिमिया के मामले लगातार संज्ञान में आ रहे हैं जो कि चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि बाल एवं महिला विकास विभाग इस दिशा में गंभीरता से कार्य कर रहा है और अन्य संबंधित विभागों को भी अपने स्तर पर प्रयास करने चाहिए। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखाश्रय योजना के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की। पोषण अभियान के जिला समन्वयक राजेश शर्मा ने पोषण अभियान के बारे में संक्षिप्त जानकारी प्रदान की और पोषण अभियान के अंतर्गत हर वर्ष मनाए जाने वाले पोषण माह के दौरान जिला सिरमौर में आयोजित होने वाली गतिविधियों की जानकारी दी। इस शिविर में आयुर्वेद विभाग की ओर से डॉ. मंजू और स्वास्थ्य विभाग की ओर से डॉ. विनोद सांगल ने बतौर रिसोर्स पर्सन कुपोषण और एनिमिया आदि के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की। जिला परिषद अध्यक्ष सीमा कन्याल, नगर परिषद की अध्यक्ष श्यामा पुंडीर, उप निदेशक उच्च शिक्षा कर्मचंद, जिला पांचायत अधिकारी विक्रम ठाकुर, समस्त बाल विकास परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक और खंड समन्वयक भी शिविर में उपस्थित थे।
भारत का नाम देश के गौरव और स्वाभिमान का प्रतीक है। जो राजा दुष्यंत, ऋषभदेव और राजा दशरथ के पुत्र भरत के शौर्य, त्याग और राष्ट्र के प्रति अनुराग का प्रतीक है। भरताम निवास, भारतम हमारे ग्रंथों में अंकित है। भाजपा के जिला प्रवक्ता विनोद शर्मा ने कहा कि देश में सनातन धर्म, वंंदेमातरम, भारत माता की जय, तिरंगा कुछ ऐसे शब्द हैं, जिनसे देश के एक वर्ग को तकलीफ हो रही है। इसी वर्ग के साथ कांग्रेस भी साथ खड़ी है, जो देश के लिए चिंता की बात है। उन्होंने कहा कि देश में विदेशी ताकतों की फंडिंग पर एक षड्यंत्र रचा जा रहा है, जिसमें 'इंडिया' के सभी दल शामिल हैं। जिनको हिंदी, हिंदू, हिंदुस्तान से कोई लगाव नहीं है। विनोद शर्मा ने कहा कि 'सना' का अर्थ निरंतर व 'तन' का अर्थ वर्तमान होता है जो अपने वर्तमान में निरंतर विकास पथ पर अग्रसर रहता है, वही सनातन है। 'वसुधैव कुटुंबकम का और सर्वे भवंतु सुखिन' का दृष्टिकोण भी सनातन में निहित है। लेकिन 'इंडिया' के घटक दल एक सुनियोजित षड्यंत्र के चलते भारत और सनातन के विरोध में राष्ट्रव्यापी मुहिम चला रहे हैं, जिसकी निंदा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस स्थिति का मुकाबला करने के लिए भाजपा कृत संकल्प है। उन्होंने आम जनमानस से भी इसका विरोध करने का आह्वान किया है।
केंद्रीय विद्यालय नलेटी के छात्रों व शिक्षकों ने एसडीएम देहरा शिल्पी बेक्टा के माध्यम से मुख्यमंत्री राहत कोष में 40,370 रुपये का अंशदान किया। केंद्रीय विद्यालय नलेटी की कप्तान छात्रा विदुषी ठाकुर और स्पोर्ट्स कप्तान गरिमा ठाकुर के हाथों से यह चेक एसडीएम देहरा शिल्पी बेक्टा को सौंपा गया। इस मौके पर विद्यालय की कार्यवाहक प्राचार्य शशि कला कटोच व नरेंद्र कुमार पीजीटी अंग्रेजी बच्चों के साथ रहे।
आईआईटी मंडी में कथित तौर पर सीनियर बैच के छात्रों द्वारा प्रथम बैच के छात्रों की रैगिंग का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि यह रैगिंग पिछले महीने हुई थी। जिसकी शिकायत संस्थान के एंटी रैगिंग सेल में की गई थी। इसके बाद संस्थान ने 72 छात्रों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए 10 छात्रों को 6 महीने के लिए निलंबित कर दिया है। सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार घटना 11 अगस्त को हुई थी। आईआईटी मंडी के निदेशक प्रोफेसर लक्ष्मीदत्त बेहरा ने 20 अगस्त को रैगिंग लेने वाले सभी छात्रों को एक मेल भेजा था। जिसमें इन छात्रों द्वारा लक्ष्मण रेखा को पार करने का जिक्र किया गया था। संस्थान के मुताबिक 72 विभिन्न संकाय के छात्रों को दोषी पाया गया है। दोषी पाए गए कुछ छात्रों को जुर्माना भी लगाया गया है। वहीं कुछ छात्रों का निलंबन भी किया गया है। 10 निलंबित छात्रों में से तीन छात्र संगठन के पदाधिकारी भी है। इन तीन छात्रों के पद भी छीन लिए गए हैं और उनसे हॉस्टल भी खाली करवा दिए हैं। सूत्रों के मुताबिक सजा पाने वाले सीनियर स्टूडेंट ने संस्थान से सजा पर पुनर्विचार की अपील की है। बताया जा रहा है कि 11 अगस्त को सीनियर स्टूडेंट द्वारा आयोजित फ्रेशर मिक्सर के दौरान अज्ञात शिकायतों की जांच के आधार पर आईआईटी मंडी ने यह कार्रवाई की है। संस्थान को मिली शिकायतों में कथित तौर पर मीट के दौरान प्रथम वर्ष के छात्रों द्वारा सीनियर स्टूडेंट्स द्वारा उनकी रैगिंग करना व उन्हें कोने में खड़ा करने के आरोप लगाए हैं। जबकि सीनियर स्टूडेंट ने यह कह कर अपना बचाव किया है कि यह आमतौर पर हर साल फ्रेशर मिक्सर के दौरान होने वाला एक मजाक था। जिसे गलत समझा जा रहा है। वहीं, संस्थान की ओर से पुलिस के पास बीते महीने हुए इस रैगिंग की कोई भी शिकायत दर्ज नहीं करवाई गई है। पुलिस के मुताबिक फरवरी माह में संस्थान के एंटी रैगिंग सेल द्वारा एक शिकायत दर्ज कराई गई थी जिसकी रिपोर्ट बनाकर भेजी गई है। जिसक बाद अभी तक कोई और शिकायत पुलिस के पास नहीं पहुंची है। इस बारे में आईआईटी मंडी की तरफ से आने वाले जबाव का इंतजार किया जा रहा है।
कबड्डी में संदीप की टीम ने प्रथम और आयुष की टीम ने द्वितीय स्थान किया हासिल राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बाल ज्वालामुखी में गुलमोहर ईको क्लब द्वारा स्पोर्ट्स एक्टिविटी-2023 का आयोजन किया गया। इसके अंतर्गत शतरंज और कबड्डी के मैच करवाए गए। शतरंज में स्कूल की आठ टीमों ने भाग लिया, जिसमें कॉमर्स स्ट्रीम के विद्यार्थियों ने गणेश बहादुर के नेतृत्व में प्रथम स्थान, साइंस स्ट्रीम के विद्यार्थियों ने शोएब के नेतृत्व में द्वितीय और विवेक के नेतृत्व में कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों ने तृतीय स्थान हासिल किया। कबड्डी में संदीप की टीम ने प्रथम और आयुष की टीम ने द्वितीय स्थान हासिल किया। स्कूल प्रधानाचार्या मीना कुमारी ने बताया कि ये प्रतियोगिता गुलमोहर ईको क्लब ज्वालामुखी द्वारा आयोजित की गई थी। ऐसे ही आयोजनों से बच्चों में सहयोग और टीम की भावना जागृत होती है और उन्हें टीम के महत्व का पता चलता है उन्होंने विजेता टीमों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। विजेता, उपविजेता टीम और सभी प्रतिभागियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस मौके पर ईको क्लब प्रभारी अंकिता शर्मा, विकास धीमान प्रवक्ता वाणिज्य, प्रवीण शर्मा प्रवक्ता अर्थशास्त्र, डीपीई अशोक कुमार, पीईटी श्यामा और स्टाफ मौजूद रहा।
मुख्यमंत्री ने सुजानपुर विधानसभा क्षेत्र में आपदा प्रभावित क्षेत्रों का किया दौरा मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज हमीरपुर जिला के सुजानपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत विभिन्न क्षेत्रों में बारिश और भूस्खलन के कारण हुए नुकसान का निरीक्षण किया और राहत एवं पुनर्वास कार्यों के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने ऊटपुर और कक्कड़ सहित अन्य स्थानों पर हुई भारी तबाही के दृष्टिगत जिला प्रशासन को इन्हें आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित करने निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने प्रभावित परिवारों से बात कर उन्हें हरसंभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया और कहा कि राज्य सरकार प्रत्येक प्रभावित के साथ है। प्रदेश सरकार अपने संसाधनों से एक-एक पैसा जोड़कर सभी प्रभावितों की मदद करेगी। ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि भारी बारिश के कारण हुई तबाही के दृष्टिगत राज्य सरकार ने एक विशेष राहत पैकेज की घोषणा की है, जिसमें प्रभावितों की सहायता के लिए दस गुणा तक बढ़ा हुआ मुआवजा प्रदान करने का प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित होने के बाद यहां रहने वाले प्रभावित परिवारों को इस विशेष पैकेज के हिसाब से राहत राशि प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि पूर्व में पक्के मकान को आंशिक क्षति पर 12,500 रुपये और कच्चे घर को आंशिक क्षति होने पर 10,000 रुपये की राहत राशि दी जाती थी। लेकिन प्राकृतिक आपदा के कारण हुए नुकसान को देखते हुए सरकार ने इसे बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दिया है। उन्होंने कहा कि पहले दुकानों और ढाबों को हुए नुकसान के मुआवजे के रूप में सामान के बदले केवल 10 हजार रुपये की आंशिक आर्थिक सहायता मिलती थी, जिसे अब राज्य सरकार ने दस गुना बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दिया है। इसके अलावा, नए प्रावधानों के अनुसार गाय व भैंस जैसे दुधारू पशुओं की मृत्यु पर प्रति पशु 55,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जा रही है और भेड़, बकरी की मृत्यु पर मिलने वाली वित्तीय सहायता को 4000 रुपये से बढ़ाकर 6000 रुपये कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने सुजानपुर में सचूही, बजाहड़ और जोल पलाही सहित अन्य क्षेत्रों में भी आपदा से हुए नुकसान का जायजा लिया और संबंधित विभागों को राहत एवं पुनर्वास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। इस अवसर पर विधायक राजेंद्र राणा व आशीष शर्मा, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा, कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया, अभिषेक राणा, उपायुक्त हेमराज बैरवा, पुलिस अधीक्षक डॉ. आकृति शर्मा इत्यादि उपस्थित रहे।
हिमाचल छात्र संघ (हिमसू) चंडीगढ़ ने इस बार पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ में आज होने वाले छात्र संघ चुनाव में उपाध्यक्ष पद के लिए कसौली के गौरव काशीव को छात्र संघ चुनाव में पार्टी की तरफ से मैदान में उतारा है। गौरव पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ के यूआईईटी इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट में एमटेक की पढ़ाई कर रहे हैं। गौरव काशीव अपने साथियों के साथ अपनी जीत के लिए विभिन्न विभागों और हास्टल में जा कर सभी विद्यार्थियों से वोट की अपील कर रहे हैं। हिमसू लंबे समय से पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ में छात्रों के हित के लिए काम कर रही है और हर वर्ष छात्र संघ चुनाव लड़ते आ रही हैं, जिसमें उससे कई बार सफ़लता मिली है। इस बार हिमसू सीवाईएसएस के साथ मिलकर अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद पर लड़ रही हैं, जिनका कोड 2300 है। इससे पहले भी पीयू चुनावों में हिमसू संयुक्त उम्मीदवारों के साथ कई बार जीत हासिल कर चुकी है। पंजाब विश्विद्यालय में हिमाचल प्रदेश के छात्र-छात्राओं की संख्या ज्यादा होने से हिमसू चुनावों में महत्वपूर्ण दल बन कर उभरते आई है। वर्ष 2015 में हिमसू की प्रीति नेगी 1700 वोटों से उपाध्यक्ष पद हासिल कर रिकार्ड बना चुकी है। हिमसू पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ के साथ साथ चंडीगढ़ के डीएवी 10 और एसडी 32 कॉलेज में भी छात्र संघ चुनाव लड़ रही है। कॉलेजों में बहुत बार हिमसू पार्टी को जीत मिली है। हिमसू पार्टी के सदस्य अपनी जीत के लिए पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ और कॉलेजों मे भी पूरी मेहनत कर रहे हैं। उनका दावा है कि उन्होंने विद्यार्थियों के हित के लिए कार्य किया है और उनको जीत जरूर मिलेगी। 6 सितंबर को पंजाब विश्विद्यालय चंडीगढ़ और कॉलेज में चुनाव होंगे और शाम को इसके नतीजे आएंगे।
बीएल सेंट्रल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुुनिहार में जन्माष्टमी पर्व बड़ी धूमधाम के साथ मनाया गया। इस समारोह में प्रधानाचार्य पुरुषोत्तम लाल व मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। मुख्यातिथि ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस पर्व में विद्यालय के नौनिहालों द्वारा भगवान कृष्ण, राधा रानी और गोकुल की गोपियां व ग्वाले बनकर रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। प्रधानाचार्य ने बताया कि नर्सरी से पांचवीं कक्षा तक के नौनिहालों ने राधा कृष्ण के वेशभूषा में उनके भजनों पर नृत्य किया और सबका मन मोह लिया। विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष व अध्यापक अभिभावक संघ के अध्यक्ष ने भी सभी बच्चों, अध्यापकों और अभिभावकों को जन्माष्टमी की बधाई दी। इस अवसर पर सभी अध्यापक वर्ग व बच्चे मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी बच्चों को फल बांटे गये।
उपायुक्त सिरमौर सुमित खिमटा ने पंचायत सचिवों को दिव्यांगजनों के पैंशन प्रपत्र पर अविलंब रिपोर्ट देना सुनिश्चित बनाने के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों को अपने पैंशन प्रपत्र पर रिपोर्ट के लिए बार-बार पंचायतों के चक्कर न काटना पड़े इसके लिए जिला पंचायत अधिकारी और परियोजना अधिकारी जिला ग्रामीण विकास अभिकरण ठोस कार्रवाई करें। उपायुक्त सिरमौर सुमित खिमटा गत सोमवार नाहन में जिला स्तरीय दिव्यांगता समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम के तहत दिव्यांगजनों के अधिकारों के संरक्षण हेतु जिला स्तरीय समिति का गठन किया और समिति दिव्यांगजनों के कल्याण के लिये किये जा रहे सभी कार्यों की निरंतर समीक्षा कर रही है। उपायुक्त ने डा. यशवंत सिह परमार मैडिकल कॉलेज नाहन में दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए अमृत फार्मेसी एवं एसआर लैब को उचित स्थान पर खोलने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह मामला काफी समय से लंबित है और दिव्यांगजनों के हितों को देखते हुए इस पर तुरंत उचित कार्रवाई की जाये। सुमित खिमटा ने दिव्यांगजनों के लिए विशेष मैडिकल शिविरों के आयोजन के लिए स्वास्थ्य विभाग और मैडिकल कॉलेज को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए जिला के विभिन्न स्थानों पर विशेष शिविर लगाये जाने चाहिए जिसमें पंचायतों का सहयोग भी लिया जा सकता है।
उपायुक्त सिरमौर सुमित खिमटा ने कहा कि सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत परिवहन, पुलिस और सम्बन्धित विभागों को यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्ती से कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि वाहनों की संख्या बढ़ने के साथ-साथ दुर्घटनाओं की संख्या में भी लगातार इजाफा होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत हमें गंभीरता से तीन बिंदुओं पर कार्य करने की आवश्यकता है जिसमें वाहन चालकों में जागरूकता, वाहनों के लिए पार्किंग इत्यादि की सुविधा और यातायात नियमों का उल्लंघन करने पर दंडात्मक कार्रवाई शामिल है। उपायुक्त सुमित खिमटा आज मंगलवार को नाहन में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। सुमित खिमटा ने जिला का रोड़ सेफटी प्लाने बनाने के साथ ही नाहन शहर के लिए भी रोड सेफटी प्लान बनाने के लिए नगर परिषद को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नगर परिषद, लोक निर्माण विभाग और पुलिस के साथ मिलकर नाहन शहर के लिए रोड सेफटी प्लाान तैयार करे। उन्होंने कहा कि शहर के प्रमुख स्थलों सहित कैंट स्कूल नाहन के समीप चौक पर वाहनों के अनावश्यक पार्किंग पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाये। उपायुक्त ने कहा कि जिला की प्रमुख सड़कों विशेषकर राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर ओपरस्पीड रोकने के लिए आवश्यक पग उठाये जायें। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए मुख्य मार्ग पर साईन बोर्ड लगाकर स्पीड लिमिट तथा आपातकालीन चिकित्सा सेवा के दूरभाष नम्बरों की जानकारी दी जाये। उन्होंने कहा कि कालाअंब से पांवटा साहिब का क्षेत्र सड़क सुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत गंभीर है क्योंकि यहां पर औद्योगिक क्षेत्र होने के साथ ही स्कूलों की काफी संख्या है, इस लिए यहां पर सड़क सुरक्षा उपाय बहुत जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि ओवर स्पीड को रोकने तथा दुर्घटना से बचाव के लिए मुख्य मार्ग पर जहां भी जरूरी हो सीसीटीवी कैमरे लगाये जायें। सुमित खिमटा ने अंडर ऐज ड्राईविंग पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि यह बहुत ही खतरनाक और जानलेवा है। उन्होंने कहा कि पुलिस को जागरूकता के साथ साथ दोषियों के खिलाफ नियुमानुसार कार्रवाई करवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मानवीय जीवन की सुरक्षा को देखते हुए यातायात नियमों को कठोरता से पालना होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदूषण सम्बन्धी नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई करें और नियमानुसार चालान किये जायें। उन्होंने बताया कि लोक निर्माण विभाग द्वारा जिला में विभिन्न सड़कों में 566 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किये गए हैं। इसी प्रकार राष्ट्रीय उच्च मार्ग द्वारा जिला में 17 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किये गऐ हैं।
प्राथमिक पाठशाला देवामानल में आज अध्यापक दिवस के उपलक्ष्य पर रंगारंग कार्यक्रम के साथ गुरु शिष्य परंपरा को निभाते हुए विद्यालय में अध्यापक दिवस मनाया गया। सुबह से ही बच्चों में अध्यापक दिवस की एक उमंग थी। सुबह स्कूल पहुंचते ही बच्चों ने अध्यापकों का तिलक लगा कर स्वागत किया फिर स्कूल के मुख्य अध्यापक शमशेर वर्मा ने सभी अध्यपकों को अध्यापक दिवस की शुभकामनाएं दीं। इसके बाद स्कूल के छोटे-छोटे बच्चों के द्वारा गुरु की महिमा का बखान अपनी कविता के माध्यम से किया गया इसके लिए बच्चों को पुरस्कार भी दिए गए। इसके बाद स्कूल के बच्चों के द्वारा अध्यापको से विभिन्न प्रकार की प्रतियोगिता करवाई गई सभी अध्यापको ने इन गतिविधि मे बहुत उत्साह के साथ भाग लिया। सभी अध्यापकों को उपहार भी दिए गए और एक बार फिर स्कूल के मुख्य अध्यापक के द्वारा सभी अध्यापकों को शिक्षक दिवस की शुभकामनाएंं दी गइंर्।
हिमोत्कर्ष, साहित्य संस्कृति एवं जन कल्याण परिषद जिला सिरमौर शाखा पांवटा साहिब ने शिक्षक दिवस के अवसर पर पांवटा साहिब में कार्यक्रम का आयोजन किया। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सिरमौर एलआर वर्मा ने कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व निदेशक पीजीआई चंडीगढ़ पद्मश्री डॉ. जगत राम ने की। एलआर वर्मा ने इस असर पर कहा कि समाज के निर्माण में शिक्षकों की भूमिका काफी महत्वपूर्ण है। शिक्षक अपने शिष्य को कोई भी आकार देने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कहा कि यह शिक्षा की ही देन है कि आज हमारा देश चंद्रयान-3 का सफल प्रक्षेपण करके विश्व के चार देशों में शुमार हुआ है। उन्होंने कहा कि समय के साथ शिक्षा में अनेक नए आयाम जुड़े हैं। उन्होंने इस बात पर चिंता जाहिर की की गुरु शिष्य परंपरा जो प्राचीन समय में थी वह आज कहीं ना कहीं विलुप्त हो गई है। गुरुओं के प्रति सम्मान और बुजुर्गों के प्रति सम्मान की भावना कम होने से निश्चित तौर पर कहीं ना कहीं नैतिकता का पतन हो रहा है। उन्होंने कहा कि विद्या हासिल करने अथवा कुछ सीखने के लिए व्यक्ति में झुकने की प्रवृत्ति होनी जरूरी है। एडीएम ने हिमोत्कर्ष संस्था के प्रयासों की सराहना की जो पिछले 20 सालों से शिक्षक दिवस के मौके पर पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन कर रही है। इससे न केवल समाज में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले व्यक्तियों को प्रोत्साहन मिलता है बल्कि दूसरे लोगों को भी प्रेरणा मिलती है। पदमश्री डॉ. जगत राम ने कहा कि जीवन में सफलता हासिल करने के लिए संघर्ष बहुत जरूरी है। सफलता की ऊंचाई को बिना मेहनत लगन और समर्पण के हासिल नहीं किया जा सकता। वहीं, हिमोत्कर्ष संस्था के अध्यक्ष राजेंद्र तिवारी ने कहा कि संस्था का प्रयास समाज के प्रत्येक उस व्यक्ति को सम्मान प्रदान करना है जिसने उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल की हों। उन्होंने कहा कि समाज में सेवा के अनेक क्षेत्र हैं, जहां व्यक्ति अपना योगदान कर सकता है। हिमोत्कर्ष साहित्य संस्कृति एवं जन कल्याण परिषद् जिला सिरमौर शाखा पांवटा साहिब द्वारा हिमाचलश्री, सिरमौर श्री और विद्या विशारद जिसके लिए लोक सेवक, समाजसेवी व शिक्षकगणों को परिषद द्वारा चयनित किया गया तथा हिमाचलश्री प्रदेश स्तर पर और सिरमौर श्री और विद्या विशारद पुरस्कार जिला स्तर पर प्रदान किए गए। हिमाचल पुरस्कार से पूर्व निदेशक पीजीआई चंडीगढ़ पद्मश्री डॉ. जगत राम तथा प्रो. अमर सिंह चौहान समाज सेवा, शिक्षा, लोक संस्कृति साईं कुटीर नाहन को सम्मानित किया गया। सिरमौर श्री पुरस्कार से हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. अवकाश कुमार, जनसेवक राम स्वरूप चौहान नाहन, जनसेवक नसीम दिदान नाहन, समाज सेवक बहादुर सिंह ठाकुर ददाहू, पत्रकारिता व समाजसेवा संजय कंवर संवाददाता पंजाब केसरी पांवटा साहिब, पत्रकारिता धीरज चोपड़ा संवाददाता दिव्य हिमाचल पांवटा साहिब, समाजसेवा स्वास्थ्य सेवा नीरज गोयल माजरा, इंचार्ज नर्सिंग दीपिका शर्मा जेसी जुनेजा हॉस्पिटल पांवटा साहिब तथा कमला देवी पर्यावरण संरक्षण अध्यक्षा महिला वन एवं पर्यावरण (सुरक्षा) समिति गांव टापी अम्बोया जिला सिरमौर को सम्मानित किया गया। विद्या विशारद पुरस्कार से शबनम शर्मा शिक्षा एवं साहित्य माजरा, प्रो. नंदिनी कंवर सहायक प्रो. गुरु गोविंद सिंह राजकीय महाविद्यालय पांवटा, बीआर ठाकुर सहायक प्रोफेसर रा. स्नातकोत्तर महाविद्यालय नाहन, रमेश चौहान प्रवक्ता कॉमर्स पांवटा साहिब, दिनेश कुमार शर्मा टी.जी.टी. नॉन-मेडिकल रावमापापबियाना राजगढ़, सुरेश कुमार र्शमा टीजीटी आर्ट्स हाई स्कूल खारा, सुमन लता पीजीटी बायोलॉजी जीएमएसएसएस राजगढ़ सिरमौर, अजय शर्मा डी.पी.ई. रा.व.मा.पाठशाला कोडगा, बलबीर सिंह चौहान जेबीटी राजकीय प्राथमिक विद्यालय भटाड कफोटा सिरमौर, अर्चना गुप्ता शिक्षा जेबीटी राप्रास्कूल हैवना को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर डीपीआरओ प्रेम ठाकुर, तहसीलदार ऋषभ शर्मा,अमर सिंह चौहान, हीरा सिंह ठाकुर, जयप्रकाश चौहान सहित संस्था के पदाधिकारी तथा स्कूली बच्चे व अभिभावक उपस्थित रहे।
हमीरपुर: मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावितों को प्रदान किए गृह निर्माण के लिए भूमि दस्तावेज : मुख्यमंत्री
प्रत्येक प्रभावित परिवार को राहत सुनिश्चित कर रही प्रदेश सरकार प्रदेश के खूबसूरत गंतव्यों के भ्रमण के लिए पर्यटक आमंत्रित मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज हमीरपुर जिला के बड़सर और सुजानपुर विधानसभा क्षेत्र में भारी बारिश से हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने बड़सर विधानसभा क्षेत्र के तहत जब्बल खैरियां, गुरु का बन्न, भेबड़, समताणा खुर्द व लाहड़ी सलान में आपदा प्रभावित परिवारों से संवाद किया और उन्हें हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया। उन्होंनेे कहा कि राज्य सरकार हर आपदा प्रभावित के साथ हैं और प्रत्येक प्रभावित परिवार को राहत सुनिश्चित की जा रही है। गुरु का बन्न में मुख्यमंत्री ने तीन आपदा प्रभावित परिवारों को गृह निर्माण के लिए छह-छह मरला भूमि प्रदान करने के दस्तावेज प्रदान किए। आपदा में इन परिवारों की भूमि बह गई थी तथा इनके मकानों को असुरक्षित घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि एक और प्रभावित परिवार को भी भूमि प्रदान करने के लिए जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं तथा जल्द ही उन्हें भी राज्य सरकार की ओर से भूमि प्रदान कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि समताणा में तीन घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं, जबकि 11 अन्य घरों में दरारें आ गई हैं। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को इन्हें आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त घोषित करने के निर्देश दिए, ताकि उन प्रभावित परिवारों की मदद की जा सके। मुख्यमंत्री ने लाहड़ी गांव में भूस्खलन से हुए नुकसान का भी निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में क्षतिग्रस्त सड़कों की बहाली के लिए युद्ध स्तर पर कार्य किया जा रहा है और अधिकांश मुख्य मार्गों पर यातायात व्यवस्था सुचारू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि पर्यटक शिमला, किन्नौर, चम्बा, डलहौजी व कांगड़ा घाटी सहित प्रदेश के खूबसूरत पर्यटन गंतव्यों की यात्रा और भ्रमण कर सकते हैं। इन पर्यटन गंतव्यों के लिए सड़क मार्ग खुले हैं और कोई भी इन गंतव्यों की सुरक्षित यात्रा कर सकता है। पर्यटक वर्तमान सीजन में राज्य के अधिकांश होटलों में विशेष छूट की सुविधा का लाभ भी उठा सकते हैं। पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि भारी बरसात से आई आपदा के कारण पूरे प्रदेश में भयंकर तबाही हुई है और हमीरपुर जिला भी इससे अछूता नहीं रहा है। हमीरपुर जिला में हुई तबाही को उन्होंने स्वयं देखा है और आज यहां लोगों का दुख-दर्द बांटने आए हैं। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा का पूर्वानुमान बेहद मुश्किल है, लेकिन राज्य सरकार समयबद्ध राहत एवं पुनर्वास कार्य सुनिश्चित कर रही है और आपदा प्रभावित परिवारों की हर तरह से मदद करेगी। प्रदेश में नए राज्य चयन आयोग के प्रश्न पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके लिए गठित कमेटी से विस्तृत चर्चा की गई है और इसे हमीरपुर में ही खोला जाएगा क्योंकि यहां पर पहले से ही भवन इत्यादि उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जल्द ही लगभग 1200 पुलिस कर्मचारियों की भर्ती करने जा रही है, जिसे नशा तस्करी पर रोक लगाने के लिए विशेष रूप से प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त यह पर्यटन पुलिस के रूप में भी इनकी सेवाएं ली जाएंगी। एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में खनन गतिविधियों पर पहले भी 15 सितंबर तक रोक लगती थी और इस वर्ष भी लगाई गई है। उन्होंने कहा कि ब्यास नदी और इसकी सहायक नदियों पर क्रशर के संचालन पर रोक आपदा अधिनियम के तहत लगाई गई है। इस अवसर पर विधायक इंद्रदत्त लखनपाल और राजेंद्र राणा, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा, कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया, पूर्व विधायक मनजीत डोगरा, उपायुक्त हेमराज बैरवा, पुलिस अधीक्षक डॉ. आकृति शर्मा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
10वीं वार्षिक शूलिनी मैराथन में चांसलर प्रोफेसर पीके खोसला और कुलपति प्रोफेसर अतुल खोसला के नेतृत्व में शूलिनी विश्वविद्यालय के प्रतिभागियों ने शिक्षक दिवस का उत्साहपूर्वक जश्न मनाया। डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर (डीएसडब्ल्यू) टीम द्वारा आयोजित द्वारा मैराथन को थोडो ग्राउंड से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। सोलन के उपायुक्त मनमोहन शर्मा, आईएएस, अवसर के मुख्य अतिथि थे। इस कार्यक्रम में छात्रों, शिक्षकों और स्टाफ सदस्यों का मिश्रण देखा गया, जिनमें से प्रत्येक ने मैराथन की सफलता में योगदान दिया। सभी के लिए समावेशी माहौल को बढ़ावा देने के लिए प्रतिभागियों को अलग-अलग आयु समूहों में वर्गीकृत किया गया था। छात्रों के बीच प्रतिस्पर्धा कड़ी थी, जिसमें डेविड, ऑर्गोप्रेशन घोष और शैल ने लड़कों के लिए शीर्ष तीन स्थान हासिल किए, जबकि लड़कियों की श्रेणी में राधिका, अनुष्का और मिर्गना ने शीर्ष स्थान हासिल किया। संकाय और स्टाफ सदस्यों के लिए, प्रतियोगिता समान रूप से उत्साही थी, और इसे भी आयु वर्ग में वर्गीकृत किया गया था। 35 वर्ष तक वर्ग में, ज्ञानचंद पुरुष चैंपियन के रूप में उभरे, जबकि आनंदिता और सना महिला वर्ग में। 35-45 वर्ष श्रेणी में, विकास और रेनू सूद पाल ने क्रमश: पुरुषों और महिलाओं के बीच पहला स्थान हासिल किया। सौरभ कुलश्रेष्ठ और ऐलिस ने क्रमश: पुरुषों और महिलाओं की 45-50 वर्ष श्रेणी में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। 50-55 वर्ष श्रेणी में, आशीष खोसला ने शीर्ष स्थान हासिल किया, जबकि प्रोफेसर अतुल खोसका ने दूसरा स्थान हासिल किया। अंत में, 55-65 वर्ष श्रेणी में, प्रबंधन विज्ञान के डीन, मुनीश सहरावत ने असाधारण एथलेटिकिज्म का प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया। मैराथन ने न केवल एथलेटिक कौशल बल्कि सौहार्द का भी जश्न मनाया, जिसमें विजेताओं को मौद्रिक पुरस्कार दिए गए। प्रथम स्थान पाने वाले विजेताओं को रु. 3000, दूसरे स्थान के विजेताओं को रु. 2000, और तीसरे स्थान के विजेताओं को रु. 1500. इसके अतिरिक्त, सभी प्रतिभागियों को सोच-समझकर जलपान और पानी उपलब्ध कराया गया, जिससे चुनौतीपूर्ण दौड़ के दौरान उनकी भलाई सुनिश्चित हुई। 10वीं वार्षिक शूलिनी मैराथन ने न केवल शिक्षक दिवस को मनाया गया, बल्कि शूलिनी विश्वविद्यालय समुदाय के भीतर एकता, एथलेटिकवाद और समर्पण की भावना को भी प्रदर्शित किया। छात्र कल्याण अधिष्ठाता श्रीमती पूनम नंदा ने कहा कि यह आयोजन अकादमिक क्षेत्र और रनिंग ट्रैक दोनों में उत्कृष्टता प्राप्त करने में सामूहिक प्रयास की शक्ति की याद दिलाता है।
विधायक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि आपदा प्रभावितों को हरसंभव मदद मुहैया करवाई जाएगी इस के लिए सरकार कारगर कदम उठा रही है ताकि प्रभावितों को किसी भी तरह की असुविधा नहीं झेलनी पड़े। यह उद्गार विधायक केवल सिंह पठानिया ने मंगलवार को शाहपुर में लोगों की समस्याएं सुनने के उपरांत व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि शाहपुर विधानसभा क्षेत्र में ग्रामीण संपर्क मार्गों की मरम्मत के लिए उचित कदम उठाने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दिए गए हैं, ताकि ग्रामीणों को आवागमन की बेहतर सुविधाएं मुहैया करवाई जा सकें। विधायक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि शाहपुर की जनता की तरफ से वे अभी तक मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष में 14 लाख रुपए की राशि प्रदान की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि शाहपुर के लोगों ने आपदा में खुलकर अंशदान किया गया है इस के लिए ब्लॉक कांग्रेस कमेटी, महिला कांग्रेस, पार्टी से सभी अग्रिम संगठनों, महिला मंडलों, पंचायत प्रतिनिधियों, पूर्व सैनिक लीग, कर्मचारी संगठनों, विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों, समाजिक संस्थाओं, व्यापार मंडलों, स्टूडेंट्स सहित दानी लोगों का आभार है। उन्होंने कहा कि प्रदेश वर्तमान में प्राकृतिक आपदा से जूझ रहा है। सरकार को 10 हजार करोड़ का नकसान हुआ है। विधायक केवल पठानिया ने कहा कि प्रदेश में आपदा के वाबजूद मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू दिन रात एक कर हिमाचल की उन्नति व विकास के लिए कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शाहपुर विधानसभा क्षेत्र को एक आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाना ही उनका मुख्य मकसद है तथा इसके लिए कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। इस मौके पर विधायक ने लोगों की समस्याएं सुनीं तथा अधिकतर का मौके पर ही निपटारा सुनिश्चित किया। इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता देवदत्त शर्मा, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सुरजीत राणा, उप मंडल अधिकारी करतार चंद, दिनेश शर्मा डीएफओ, अमित डोगरा एक्सीयन जलशक्ति विभाग, खंड विकास अधिकारी कंवर सिंह, बिजली विभाग एक्सईएन अमन चौधरी, लोक निर्माण विभाग एसडीओ वीपुल पुंज, राकेश कुमार तहसीलदार, एक्सीयन गज प्रोजेक्ट सुभाष शर्मा, एससीओ बिजली विभाग एसडीओ विक्रम शर्मा, एसडीओ जलशक्ति विभाग रजाक मोहम्मद, आरओ वन विभाग सुमित शर्मा एवं कृषि विभाग, पशुपालन विभाग, सोइलकंजेर्वशन, शिक्षा विभाग के अधिकारी तथा जिला परिषद सदस्य नीना ठाकुर उपस्थित रहीं।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर से लेकर 2 अक्तूबर गांधी जयंती तक पूरे प्रदेशभर सेवा पखवाड़ा मनाया जाएगा। भारतीय जनता पार्टी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन को हर्ष और उल्लास के साथ पूरे प्रदेश भर में अनेकों कार्यक्रमों के माध्यम से मनाने जा रही है। मोदी देश के प्रथम सेवक हैं और उनके जन्मदिन सेवा कार्यों के माध्यम से मनाया जाएगा। बिंदल ने कहा कि 17 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विश्वकर्मा योजना का शुभारंभ करेंगे, जिसमें विभिन्न प्रकार के कारीगर लोहार, सुनार, कुम्हार, बढ़ई, मिस्त्री, बार्बर, टेलर, चर्मकार, मुर्तिकार, जुलाहा, बुनकर आदि 2 करोड़ों लोगों के लिए 15000 करोड़ रुपये की योजना प्रारंभ की जाएगी। इस कार्यक्रम को हमे पूरे प्रदेशभर में मंडल और बूथ तक देखेंगे। उन्होंने कहा कि इसी दिन देश के 70 स्थानों पर एक्सपो केंद्रों का उद्घाटन होगा। इसी क्रम में 18 सितंबर को प्रदेशभर में रक्तदान शिविर लगाए जाने हैं। 19 सितंबर से 22 सितंबर तक आयुष्मान भारत योजना के कार्ड बनाने हैं। इसके लिए विशिष्ट मोबाइल ऐप का उपयोग किया जाएगा। भाजपा के कार्यकर्ता इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे। 23 और 24 सितंबर को स्वास्थ्य शिविर लगाए जाने हैं। 25 सितंबर पं दीनदयाल उपाध्याय की जयंती है। सदा की भांति हर बूथ पर यह कार्यक्रम होगा। हमें हर मंडल में एक दलित बस्ती चुनकर प्रमुख कार्यकर्ताओं को वहां पूरा दिनभर संपर्क- संवाद करना है। उन्होंने कहा कि 2 अक्तूबर को गांधी जयंती के दिन सभी स्थानों पर स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा।
प्रदेश कांग्रेस 7 सितंबर को सायं 5 बजे 6 बजे तक सभी जिलों में भारत जोड़ो पदयात्रा सम्मेलन का आयोजन करेगी। इस यात्रा की परिणति भारत जोड़ो अभियान, सार्वजनिक सभा के रूप में होगी। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद प्रतिभा सिंह ने कहा है कि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने देश में बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, आपसी भाईचारे को बढ़ावा देने, विभाजनकारी राजनीति व राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर गत वर्ष 7 सितंबर को देश में भारत जोड़ो यात्रा को शुरू किया था। उन्होंने इस दौरान 4080 किलोमीटर, 12 राज्यों, 2 केंद्र शासित राज्यों, देश के 75 जिलों व 76 लोकसभा क्षेत्रों से होकर 130 दिनों तक यह पदयात्रा की थी। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने राहुल गांधी की इस ऐतिहासिक पदयात्रा के एक वर्ष पूरा होने पर देश के सभी राज्यों के जिलों में 7 सितंबर को भारत जोड़ो यात्रा, भारत जोड़ो सम्मेलन का आयोजन करने को कहा है।
कहा- राजनीति करने की जगह एसपीयू के विकास की बात करें शिक्षा मंत्री अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद कांगड़ा विभाग के संयोजक अभिनव चौधरी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए प्रदेश सरकार के शिक्षा मंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि शिक्षा मंत्री यदि राजनीति करने की जगह एसपीयू के लिए विकास कार्य करते तो उन्हें शिक्षा की गुणवत्ता समझ आती। शिक्षा मंत्री ने हाल ही में दिए अपने बयान में कहा है कि पूर्व सरकार ने सरदार पटेल विश्वविद्यालय को केवल राजनीतिक लाभ देखते हुए खोला और वर्तमान में वहां पर स्थायी शिक्षक व गैर शिक्षक कर्मचारी भी नहीं हैं। लेकिन दस महीनों से कांग्रेस की सरकार है और वर्तमान सरकार ने एक बार भी विश्वविद्यालय के भवन निर्माण से लेकर विद्यार्थियों को मिलने वाली मूलभूत सुविधाओं की सुध तक नहीं ली। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार विद्यार्थियों के साथ धोखा करते हुए सरदार पटेल विश्वविद्यालय को बंद करने पर तुली हुई है। हाल ही में प्रदेश सरकार ने विश्वविद्यालय का दायरा घटाने का फैसला लिया है जो बिल्कुल भी छात्र हित में नहीं है। सरदार पटेल विश्वविद्यालय प्रदेश का दूसरा विश्वविद्यालय है और यह पूरे प्रदेश की बहुत बड़ी मांग है। दूर दराज के क्षेत्र से शिमला पहुंच पाना बहुत ही मुश्किल है और दूर-दराज से पढ़ने वाले छात्रों को यदि कोई आवश्यक काम आ जाए तो उन्हें काफी लंबा सफर तय करना पड़ता है। विद्यार्थी परिषद ने प्रदेश के लाखों युवाओं के साथ इस विश्वविद्यालय के लिए लंबी निर्णायक लड़ाई लड़ी है 7 वह जिस प्रकार की राजनीति प्रदेश की सरकार कर रही है तो विद्यार्थी परिषद प्रदेश सरकार को यह चेतावनी देना चाहती है की अगर सरदार पटेल विश्वविद्यालय को खोलने के लिए हजारों विद्यार्थियों के साथ छात्र हुंकार रैली कर सकती है तो हजारों विद्यार्थियों द्वारा लंबी लड़ाई के बाद खोले गए इस विश्वविद्यालय को बचाने के लिए प्रदेश के हजारों युवाओं को एकत्रित कर प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलने से पीछे नहीं हटेगी वह प्रदेश सरकार से यही आग्रह करती है कि वह राजनीति का खेल नबनाते हुए विश्वविद्यालय को एक शिक्षण संस्थान ही रहने दें। जो फैसला विश्वविद्यालय का दायरा घटाने का लिया गया है उसे जल्द से जल्द वापस ले नहीं तो विद्यार्थी परिषद आने वाली 8 तारीख को हिमाचल प्रदेश के प्रत्येक जिला केंद्रों पर धरना प्रदर्शन करेगी। 11 सितंबर को 24 घंटे की भूख हड़ताल प्रत्येक महाविद्यालय में करेगी। और अगर इस छात्र विरोधी फैसले को वापस नहीं लिया गया तो विद्यार्थी परिषद उग्र से होकर आंदोलन करेगी, जिसका खामियाजा प्रदेश की वर्तमान सरकार को भुगतना पड़ेगा। उन्होंने कहा अगर बात केंद्रीय विश्वविद्यालय के स्थाई परिसर की की जाए तो केंद्रीय विश्वविद्यालय देहरा और धर्मशाला निर्माण का टेंडर ओर काम एक साथ शुरू हुआ था देहरा में हम देख सकते हैं विश्वविद्यालय का काम जोरों शोरों से चला है एक मंजिला भवन भी तैयार हो चुका है। लेकिन धर्मशाला में 24 हेक्टेयर जमीन जो विश्वविद्यालय के अपने नाम है और 57 हेक्टर लैंड फॉरेस्ट लैंड है, जिसकी क्लीयरेंस के लिए सरकार को 30 करोड़ 3 लाख 94 हजार रुपये मिनिस्ट्री ऑफ़ एनवायरमेंटल साइंस एंड फॉरेस्ट्री को देते ही यहां भी कार्य शुरू हो जाएगा, लेकिन इस सरकार को तो शिक्षण संस्थान डी नोटिफाई करने आते हैं स्थायी परिसर के निर्माण हेतु 30 करोड़ रुपये इस सरकार द्वारा नहीं दिए जा रहे। उन्होंने कहा वर्तमान की छात्र विरोधी कांग्रेस सरकार प्रदेश में सिर्फ और सिर्फ बदले की भावना से कम कर रही है शिक्षण संस्थानों को डिनोटिफाई किया जा रहा है और प्रदेश के महाविद्यालय के आधारभूत संरचना की और ध्यान नहीं दिया जा रहा महाविद्यालय में रिक्त पड़े शिक्षक और गैर शिक्षकों के पद इस प्रदेश सरकार द्वारा नहीं भरे जा रहे। छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकार छात्र संघ चुनावों को बहाल नहीं किया जा रहा जो इनकी छात्रों के प्रति नकारात्मक मानसिकता को दर्शाता है।
कंवर दुर्गा चंद कॉलेज जयसिंहपुर में मनाया शिक्षक दिवस कंवर दुर्गा चंद राजकीय महाविद्यालय जयसिंहपुर में आज 5 सितंबर को शिक्षक दिवस मनाया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर प्रदीप कौंडल की उपस्थिति में दीप प्रज्जवलन के साथ हुआ। इस अवसर पर महाविद्यालय में विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने भाषण एवं कविता पाठ के द्वारा शिक्षक दिवस के बारे में अपने विचार प्रस्तुत किए। भाषण प्रतियोगिता का विषय 'विद्यार्थियों के चरित्र निर्माण में शिक्षक की भूमिकाÓ रहा और काव्य पाठ का विषय बिंदु भी शिष्य शिक्षक संबंध रहा, जिसमें विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। भाषण प्रतियोगिता में महाविद्यालय के छात्रों अविका नेहा शर्मा और अविनाश ने क्रमश: प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान ग्रहण किया और काव्य पाठ में कनिका शर्मा, सान्या कुमारी और अभिषेक ने प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों ने प्राध्यापकों के सम्मान में रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए, जिसमें महाविद्यालय के छात्रों ने बढ़-चढ़ कर अपनी प्रस्तुतियां दीं। अंत में महाविद्यालय के प्राचार्य श्री प्रदीप कुमार कौण्डल ने विद्यार्थियों को संबोधित किया तथा छात्रों को शिक्षा व शिक्षक के महत्व के बारे में विस्तार से अवगत करवाया।
मल्लहन खड़ पर बनने वाली पुली के कार्य का किया भूमि पूजन 5 लाख से बनने वाले लोक सेवा केंद्र भवन की आधारशिला रखी मुख्य संसदीय सचिव कृषि, पशुपालन, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज किशोरी लाल ने मंगलवार को ग्राम पंचायत कुंसल में लगभग 5-5 लाख रुपये की लागत से वार्ड 1 और 2 में मल्लहन खड़ पर बनने वाली पुली के कार्य का भूमि पूजन किया। उन्होंने 5 लाख से बनने वाले लोक सेवा केंद्र भवन की आधारशिला भी रखी। यहां लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि इन पुलियों के बनने से ठारा, गुणी और मैहला गांव की लगभग 2600 आबादी लाभान्वित होगी तथा इन्हें आवाजाही के लिए अच्छी सुविधा उपलब्ध होगी। उन्होंने कहा कि बैजनाथ विधान सभा क्षेत्र के सभी गांव को सड़क सुविधा से जोड़ना उनकी प्राथमिकताओं में है। उन्होंने कहा कि बैजनाथ हलके में मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता और इलाके की जरूरत के अनुरूप विकास कार्यों को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा जनसेवक के रूप में बैजनाथ में अच्छा प्रशासन एवं पारदर्शी व्यवस्था को स्थापित कर सभी के सहयोग से बैजनाथ को आदर्श विधान सभा क्षेत्र बनाया जाएगा। उन्होंने स्थानीय लोगों की मांग पर अप्पर कुंसल से लेखराज के घर तक खराब पाइपों को बदलने व ग्राम पंचायत कुंसल में 35 नल लगाने के लिए जल सक्ति विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए । उन्होंने पंचायत में लाइब्रेरी बनाने के लिए प्राकलन तैयार करने और लोक निर्माण विभाग को कुनी रोड के बहे ढंगे को लगाने के निर्देश दिये। इस अवसर पर किशोरी लाल ने प्राथमिक पाठशाला कुंसल के भवन की मरम्मत के लिए एक लाख रुपये, भद्र घर बनबाने के लिए 70 हजार रुपये तथा गुरु रविदास महिला मंडल भवन कुंसल के लिए डेढ़ लाख रुपये देने की घोषणा की। इसके अतिरिक्त पंचायत द्वारा रखी सभी मांगों को चरणबद्ध तरीके से पूरा करने का आश्वासन दिया।उन्होंने कुंसल में जनसमस्याएं भी सुनीं और अधिकतर समस्याओं को मौके पर निपटारा कर दिया। इस मौके पर प्रधान कुंसल सपना धीमान, प्रधान बही बलवीर ठाकुर, प्रधान मझैरना मनजीत कुमार , ब्लॉक कांग्रेस महासचिव पंकज धीमान , उप प्रधान कुंसल संजय राणा, युवा कांग्रेस अध्यक्ष रविंद्र राव, मीडिया प्रभारी अमित शर्मा, वीडियो बैजनाथ राकेश पटियाल, एसडीओ जल शक्ति विभाग सरती शर्मा , प्रीतम चन्द, सुरेश शर्मा, बमधीर राणा, बनबीर कुमार, सुरेश राणा, संसार राणा,विलायती राणा, श्रेष्ठा राणा, नीलम कुमारी, पिंकी देवी , राकेश शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, पार्टी कार्यकर्ता तथा बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
विधानसभा अध्यक्ष ने की सुरक्षा प्रबंधों को लेकर आयोजित बैठक की अध्यक्षता हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने 11:30 बजे आगामी मानसून सत्र के दृष्टिगत सुरक्षा प्रबंधों से संबंधित विधानसभा सचिवालय में एक महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता की। गौरतलब है कि विधानसभा का 7 दिवसीय मानसून सत्र 18 सितंबर से आरंभ होने जा रहा है। इस बैठक में राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों संजय कुंडू, पुलिस महानिदेशक, सतवंत अटवाल अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, डीसी शिमला आदित्य नेगी, विधानसभा सचिव यशपाल शर्मा, एसपी शिमला संजीव गांधी तथा अन्य कई विभागों के अधिकारी भी मौजूद थे। बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया कि विधानसभा सचिवालय में ई-प्रवेश पत्र ऑनलाइन आवेदन पर ही दिया जाएगा। ई-विधान प्रणाली के तहत विधान सभा सचिवालय इसे ऑनलाइन तरीके से मुद्रित करेगी। यह आवेदन सभी ई- प्रवेश पत्र पाने वालों को अनिवार्य है। विधानसभा सचिवालय में ई- प्रवेश पत्र की जांच हेतु पुलिस द्वारा कम्पयुट्रीकृत जांच केंद्र मुख्य द्वारों पर स्थपित किए जाएंगे, ताकि कम से कम असुविधाहो तथा जांच भी पूर्ण हो। पठानिया ने कहा कि पूर्व की भांति इस बार भी क्युआर कोड के माध्यम से फोटो युक्त ई-प्रवेश पत्र को लेपटॉप के माध्यम से प्रमाणित किया जाएगा। इन केंद्रों पर हर व्यक्ति का डाटाबेस बनेगा। जिसे पुलिस नियन्त्रण कक्ष से मॉनिटर करेगी। उन्होने कहा कि ई- प्रवेश पत्र ई-विधान के अंतर्गत बनाये जाएंगे। बैठक में सदस्यों तथा सत्र के कार्य से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों को कम से कम असुविधा हो के दृष्टिगत यह निर्णय लिस गया कि विधान सभा सचिवालय द्वारा जारी अधिकारी दीर्घा पास, स्थापना पास तथा प्रैस संवाददाताओं को जारी किए गए पास प्रमुखता से प्रदर्शित किए जाएंगे, ताकि सुरक्षा कर्मियों द्वारा फ्रिस्किंग की कम से कम आवश्यकता रहे। श्री पठानियां ने बैठक में सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि सुरक्षा में किसी भी तरह की कोताही न बरती जाए तथा सीसीटीवी तथा ड्रोन कैमरों से निगरानी सुनिश्चित की जाए। प्रेस संवाददाताओं की सुविधा एवं सार्वजनिक सुरक्षा को देखते हुए बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्रैस संवाददाताओं का प्रवेश यथावत गेट नं 3,4,5 व 6 से ही रखा जाए। विधान सभा सचिवालय के अधिकारियों और कर्मचारियों को भी अपने पहचान पत्र प्रमुखता से प्रदर्शित करने होंगे। इसके अतिरिक्त यह भी निर्णय लिया गया कि कोई भी सरकारी अधिकारी/ कर्मचारी व अन्य पास धारक अपना शासकीय पास किसी अन्य को स्थानांतरित नहीं करेगा, अन्यथा कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जा सकती है। बैठक में निर्णय लिया गया कि विधान सभा परिसर की मुख्य पार्किंग में केवल मंत्रियों, विधायकों, मुख्य सचिव, अतिरिक्त मुख्य सचिवों एवं प्रशासनिक सचिवों के वाहनों को ही पार्किंग करने की अनुमति प्रदान की जाएगी।
हिमाचल प्रदेश पुलिस विभाग द्वारा रविवार को ऐतिहासिक गेयटी थिएटर जिला शिमला में डीजीपी डिस्क अवॉर्ड समारोह का आयोजन किया गया था, जिसमें राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। इस समारोह में जिला कांगड़ा की पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री सहित निरीक्षक संजीव कुमार प्रभारी पुलिस थाना कांगड़ा, एएसआई प्रवीन कुमार प्रभारी वाहन शाखा पुलिस लाइन धर्मशाला, हेड कांस्टेबल विजय कुमार 145 अन्वेषणाधिकारी पुलिस थाना धर्मशाला, हेड कांस्टेबल नरेश कुमार 4 जिला अपराध रिकॉर्ड शाखा पुलिस अधीक्षक कार्यालय धर्मशाला, हेड कांस्टेबल अजय ठाकुर 53 सुरक्षा शाखा पुलिस अधीक्षक कार्यालय धर्मशाला व महिला आरक्षी रजनी देवी 372 पुलिस थाना गगल को उत्कृष्ट कार्यों के लिए डीजीपी डिस्क अवॉर्ड देकर सम्मानित किया गया।
छात्र-छात्राओं ने नाटी-भांगड़ा पर दीं मनमोहक प्रस्तुतियां जिला सोलन के अटल शिक्षा कुंज स्थित आईईसी विश्वविद्यालय में मंगलवार को हर वर्ष की भांति शिक्षक दिवस का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिकारीगण, शिक्षक, विद्यार्थी एवं अन्य स्टाफ मौजूद रहा। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय की छात्र-छात्राओं ने मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। वहीं, विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने सब शिक्षकों को सम्मानित कर उनके प्रति अपनी श्रद्धा और सम्मान का भाव व्यक्त किया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ की गई। इसके पश्चात विश्वविद्यालय के फार्मेसी, मैनेजमेंट, इंजीनियरिंग, फैशन डिजाइनिंग, फिजियोथेरेपी, ह्यूमैनिटीज आदि विभागों के छात्र-छात्राओं ने फिल्मी गानों और लोकगीतों पर आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। नाटी और भांगड़ा पर विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों को खूब सराहा गया। इस दौरान शिक्षकों और विद्यार्थियों ने मिलकर टंग ट्विस्टर, डेयर गेम, रैंप वॉक आदि गेम्स का भी आयोजन किया। शिक्षक दिवस कार्यक्रम पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अशोक पुरी ने आचार्य चाणक्य के कथन को दोहराते हुए कहा कि शिक्षक कभी भी साधारण नहीं होता। निर्माण और प्रलय दोनों उसकी गोद में पलते हैं। ऐसे में शिक्षण के महान दायित्व का हर शिक्षक को पूरी निष्ठा, समर्पण और ईमानदारी के साथ निर्वहन करना चाहिए। शिक्षक को बच्चों का पसंदीदा शिक्षक बनने के साथ-साथ हितकारी शिक्षक बनने का भी प्रयास करना चाहिए।
देश का प्रसिद्ध पर्यटन गंतव्य हिमाचल प्रदेश एक बार फिर पर्यटकों के स्वागत के लिए तैयार है। हिमाचल प्रदेश पर्यटन एवं नागरिक उड्डयन विभाग के निदेशक अमित कश्यप ने बताया कि पर्यटक कसौली, शिमला, चायल, नारकंडा और किन्नौर जैसे खूबसूरत पर्यटन गंतव्यों की यात्रा और भ्रमण कर सकते हैं। इन पर्यटन गंतव्यों के लिए सड़क मार्ग खुले हैं और कोई भी इन गंतव्यों की सुरक्षित यात्रा कर सकता है। उन्होंने बताया कि कांगड़ा घाटी, धर्मशाला, मैक्लोडगंज, पालमपुर, डलहौजी, खज्जियार और चंबा के भ्रमण के लिए भी सड़क मार्ग खुले हैं। पर्यटक वर्तमान सीजन में राज्य के अधिकांश होटलों में विशेष छूट की सुविधा का लाभ भी उठा सकते हैं। उन्होंनेे बताया कि राज्य के सकल घरेलू उत्पाद में पर्यटन क्षेत्र का योगदान 7 प्रतिशत है। इसके अलावा, पर्यटन क्षेत्र राज्य में कुल रोजगार में लगभग 14.42 प्रतिशत प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार का योगदान देता है। उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई भारी बारिश के कारण सड़क मार्ग से यात्रा के लिए राज्य के कुछ हिस्सों में व्यवधान उत्पन्न हुआ, हालांकि सड़क मार्गों को बहाल करने के लिए युद्ध स्तर पर किये गए प्रयासों से पर्यटक अब चंबा, कांगड़ा, शिमला और अन्य जिलों की यात्रा कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार के निरंतर प्रयासों से शिमला से धर्मशाला के लिए हवाई सेवा कनेक्टिविटी प्रदान की गई है और अब दिल्ली से शिमला और शिमला से धर्मशाला (गग्गल हवाई अड्डा) के लिए अलायन्स एयर की दैनिक उड़ान भी उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि शिमला-धर्मशाला-शिमला की सभी सीटों के किराये पर सब्सिडी राज्य सरकार द्वारा वहन की जा रही है। इस रूट पर कुल किराया प्रति सीट 3000 रुपये (टैक्स अतिरिक्त) निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त, हिमाचल प्रदेश में पर्यटकों की सुविधा के लिए उड़ान योजना के अंतर्गत पवन हंस द्वारा संचालित हेलीकाप्टर सेवा की उड़ानें चंडीगढ़ से शिमला और शिमला से रामपुर, मंडी, कुल्लू तथा धर्मशाला के लिए उपलब्ध हैं।
विभाग परीक्षा बोर्ड के एक प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि भारतीय प्रशासनिक सेवा, हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा, भारतीय वन सेवा और हिमाचल प्रदेश वन सेवा के अधिकारियों, तहसीलदार, नायब तहसीलदार और हिमाचल में कार्यरत अन्य सभी राजपत्रित एवं पात्र अराजपत्रित अधिकारियों, स्कूल शिक्षा बोर्ड के राजपत्रित अधिकारी, पात्र अराजपत्रित अधिकारी तथा हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड के अभियन्ताओं व हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के वरिष्ठ प्रबन्धकों, सहायक अभियन्ताओं, राजस्व विभाग के पटवारी व कानूनगो के लिए विभागीय परीक्षाएं 21 से 29 नवंबर तक आयोजित की जाएंगी। इन परीक्षाओं के लिए पात्र अधिकारियों से 8 सितंबर से 7 अक्तूबर, तक मानव संपदा पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। प्रवक्ता ने बताया कि ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि के बाद आवेदन की विंडो स्वत: ही बंद हो जाएगी। उन्होंने बताया कि संबंधित विभागाध्यक्षों के अनुमोदन के बाद ही प्रार्थी का आवेदन मान्य होगा और विभागाध्यक्षों के लिए यह विंडो 16 अक्तूबर तक खुली रहेगी। इसके बाद विभागाध्यक्ष की विंडो भी बंद हो जाएगी। उन्होंने बताया कि विभागीय परीक्षाओं में भाग लेने के इच्छुक पात्र अधिकारियों की सुविधा के लिए सभी पेपर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, राजकीय डिग्री कॉलेज संजौली, शिमला में आयोजित करवाए जायेंगे। इसके अतिरिक्त जो अभ्यार्थी केवल प्रथम पेपर वित्तीय प्रशासन पेपर-1 में भाग ले रहे हैं, उनके लिए राजकीय डिग्री कॉलेज धर्मशाला और राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला, मण्डी में भी आयोजित करवाया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह परीक्षा की संभावित तिथियां हैं और परिस्थितियों के अनुरूप इनमें बदलाव किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया और परीक्षा की समय सारिणी हिमाचल प्रदेश लोक प्रशासन संस्थान (हिप्पा) की वेबसाइट पर उपलब्ध करवा दी गई है।
शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले हिमाचल प्रदेश के 16 शिक्षकों को राज्य स्तरीय पुरस्कार से नवाजा गया है। मंगलवार सुबह शिक्षक दिवस पर राजभवन शिमला में राज्यपाल शिवप्रताप शुक्ल और शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर इन शिक्षकों को सम्मानित किया। कांगड़ा, बिलासपुर, लाहौल-स्पीति और किन्नौर से एक भी शिक्षक का पुरस्कार के लिए चयन नहीं हुआ है। जिला शिमला से चार, कुल्लू-ऊना और हमीरपुर से दो-दो शिक्षकों को चुना गया है। मंडी-सोलन-सिरमौर और चंबा जिला से पुरस्कार के लिए एक-एक शिक्षक का चयन हुआ है। 10 शिक्षकों का चयन प्रदेशभर से प्राप्त हुए 39 आवेदनों के आधार हुआ था। तीन शिक्षकों किशोरी लाल, दलीप सिंह और हरीराम शर्मा को सरकार की ओर से गठित राज्य स्तरीय कमेटी ने चयनित किया। कार्यक्रम में इन शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र और शॉल व टोपी देकर सम्मानित किया गया। वहीं, पुरस्कार के लिए एक शिक्षक का नाम समारोह के दौरान ही घोषित किया गया। इसके अलावा बीते वर्ष राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिमला के वीरेंद्र कुमार व चंबा के युद्धवीर सिंह को भी राज्य पुरस्कार दिया गया पुरस्कार पाने वाले शिक्षकों की सूची शिक्षक का नाम स्कूल का नाम पद अमर चंद चौहान वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल आनी, कुल्लू प्रिंसिपल दीपक कुमार वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल चंबा प्रवक्ता बायोलॉजी अशोक कुमार वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल मंडी प्रवक्ता वाणिज्य कृष्ण लाल वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल बजौरा, कुल्लू डीपीई हेम राज वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल हिमरी, शिमला टीजीटी नॉन मेडिकल कमल किशोर वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल त्यूरी, ऊना कला शिक्षक नरेश शर्मा प्राथमिक स्कूल गिरथरी, हमीरपुर मुख्य शिक्षक प्रदीप कुमार प्राथमिक स्कूल सलोह, सोलन जेबीटी शिव कुमार प्राथमिक स्कूल ककराना, ऊना जेबीटी कैलाश सिंह शर्मा केंद्रीय प्राथमिक स्कूल लालपानी, शिमला जेबीटी किशोरी लाल उपशिक्षा निदेशक कार्यालय हमीरपुर सीएचटी दलीप सिंह वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल वासनी, सिरमौर प्रवक्ता अंग्रेजी हरि राम शर्मा मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल नेरवा, शिमला प्रिसिंपल सुरजीत सिंह राठौर छोटा शिमला स्कूल प्रवक्ता
केंद्रीय विद्यालय नलेटी में आज शिक्षक दिवस हर्षोल्लास से मनाया। इस मौके पर प्रभारी प्राचार्य शशि कला कटोच ने डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की तस्वीर पर पुष्प अर्पित करके श्रद्धांजलि दी व बच्चों को शिक्षक दिवस की महत्ता बताते हुए बच्चों को एक अच्छा नागरिक बनने और देश के प्रति अपने उत्तरदायित्व के प्रति प्रेरित किया। बच्चों को शिक्षा देते हुए बताया कि सच्चा ज्ञान वही है, जो आपके अंदर के अज्ञान को समाप्त कर सकता है। उन्होंने सभी छात्र शिक्षकों से कहा कि वे अपने शिक्षकों के समान विद्यालय में अनुशासन बनाए रखें तथा स्वयं भी अनुशासन में रहें। डॉ. राधाकृष्णन के विषय में उन्होंने बताया कि वे जिस भी विषय को पढ़ाते थे, पहले स्वयं उसका गहन अध्ययन करते थे। दर्शन जैसे गंभीर विषय को भी वह अपनी शैली से सरल, रोचक और प्रिय बना देते थे। इसलिए इनके जन्मदिवस को शिक्षक दिवस के रूप मे मनाते हैं। बच्चों ने विद्यालय में अपने अपने शिक्षकों का रोल अदा किया व कक्षाओं में पढ़ाने का कार्य भी किया। इस मौके पर संबंधित विषय के शिक्षकों ने बच्चों का हौसला बढ़ाया। बच्चों ने अपनी अपनी कक्षाओं में शिक्षकों के साथ केक काटा व मिठाइयां बांटकर शिक्षक दिवस को हर्षोल्लास से मनाया। इस अवसर पर कुछ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत कक्षा ग्यारहवीं के बच्चों ने गुरु वंदना पर नृत्य के साथ की। विदांशी कक्षा ग्यारहवीं की छात्रा ने नृत्य के माध्यम से सबका मन मोह लिया। इसके पश्चात विद्यालय छात्रा आस्था ने शिक्षक दिवस के अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम के अंत में प्राचार्या शशि कला कटोच ने एक बार पुन: सभी को शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं दीं व बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
भारत के दूसरे राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन, जो एक दार्शनिक और एक महान शिक्षक थे, के जन्म के उपलक्ष्य में हर साल 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के रूप में मनाया जाता है। आज साई इंटरनेशनल स्कूल के छात्रों द्वारा शिक्षक दिवस का आयोजन बड़े उत्साह और जोश के साथ किया गया। इस अवसर पर छात्रों ने शिक्षकों के लिए कई मनोरंजक खेलों प्रतियोगिताओं का आयोजन किया। इस अवसर पर बच्चों ने सोलो और ग्रुप डांस प्रस्तुत किए। कार्यक्रम में सभी विद्यार्थी स्कूल ड्रेस में शामिल हुए। कार्यक्रम स्कूल के ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया था जिसे फूलों और झालरों वा गुब्बारों से खूबसूरती से सजाया गया था। बच्चों ने टीचर्स को कार्ड ब बुके देकर सम्मानित किया।
हिमाचल प्रदेश के अटल मेडिकल विश्वविद्यालय में एमबीबीएस प्रवेश मामले में राष्ट्रीय मेडिकल आयोग को सुप्रीम राहत मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने एमबीबीएस में दाखिला देने के हिमाचल हाईकोर्ट के निर्णय पर अंतरिम रोक लगाई है। न्यायमूर्ति एस रवींद्र भट्ट और न्यायमूर्ति अरविंद कुमार की खंडपीठ ने प्रतिवादियों को नोटिस जारी किया है। सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेशों में स्पष्ट किया है कि एमबीबीएस में दाखिला देने के आदेशों पर लगाई गई रोक याचिका के अंतिम निर्णय पर निर्भर करेगी। मामले की सुनवाई 25 सितंबर को निर्धारित की गई है। हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली पीठ ने संजना ठाकुर को एमबीबीएस में प्रवेश न देने पर राष्ट्रीय मेडिकल आयोग और अटल मेडिकल विश्वविद्यालय को दो-दो लाख रुपये मुआवजा अदा करने के आदेश दिए थे। इसके अलावा आयोग और विवि को 10-10 हजार की कॉस्ट भी लगाई थी। अदालत ने याचिकाकर्ता संजना ठाकुर को एमबीबीएस में दाखिला देने के आदेश भी पारित किए थे। मंडी जिले की संजना ठाकुर ने हाईकोर्ट के समक्ष याचिका दायर की थी। याचिकाकर्ता ने अटल मेडिकल विवि में एमबीबीएस की दो खाली सीटों को भरने की गुहार लगाई थी। दलील दी गई थी कि दो अभ्यर्थियों के फर्जी दस्तावेज पाए जाने के कारण एमबीबीएस की दो सीटें खाली रह गई हैं। याचिकाकर्ता ने नीट में 508 अंक प्राप्त किए है, जबकि 508 अंकों वाली रिया सिंह को एमबीबीएस में प्रवेश दिया गया है। अब दो सीटें खाली होने के कारण याचिकाकर्ता का प्रवेश संभव हो सकता है। विवि प्रशासन की ओर से अदालत को बताया गया कि कार्तिक शर्मा और शिवानी शर्मा के फर्जी दस्तावेज पाए जाने के कारण दो सीटें खाली रह गई हैं। सीटों को भरने के लिए 17 जनवरी 2023 को राष्ट्रीय मेडिकल आयोग को पत्राचार किया गया था। अदालत ने अपने निर्णय में कहा था कि एमबीबीएस की पढ़ाई नवंबर 2022 को शुरू हो गई है और राष्ट्रीय मेडिकल आयोग और अटल मेडिकल विवि ने अभी तक इस मामले में जवाब दायर नहीं किया है। अदालत ने कहा था कि प्रतिवादियों के इस गैर जिम्मेदाराना व्यवहार से याचिकाकर्ता को एमबीबीएस में समय पर प्रवेश नहीं मिल पाया। अदालत को बताया गया था कि एमबीबीएस की प्रवेश के लिए अंतिम तिथि 29 दिसंबर 2022 थी। अब इस मामले में याचिकाकर्ता को प्रवेश नहीं दिया जा सकता है। अदालत ने अपने निर्णय में कहा था कि यदि आयोग ने समय से जवाब दिया होता तो याचिकाकर्ता को प्रवेश मिल सकता था। अटल मेडिकल विवि की कार्यप्रणाली के बारे में अदालत ने कहा था कि उसने 17 जनवरी 2023 को आयोग को खाली सीटों के बारे में बताया। हालांकि एमबीबीएस मेें प्रवेश 29 दिसंबर 2022 थी। अदालत ने पाया था कि आयोग और विवि के गैर जिम्मेदाराना रवैये के कारण याचिकाकर्ता को एमबीबीएस में दाखिला नहीं दिया गया।
विधानसभा के तीसरे सत्र (मानसून सत्र) के चलते शिक्षा विभाग में 11 से 25 सितंबर तक छुट्टियों पर रोक लगा दी गई है। 18 सितंबर से शुरू होने वाले मानसून सत्र के चलते उच्च और प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने निर्देश जारी कर दिए हैं। अधिकारियों और कर्मचारियों को मानसून सत्र के चलते रविवार सहित अन्य छुट्टियों के दौरान भी बुलाया जा सकता है। सुबह आठ से रात आठ बजे तक अफसरों को दफ्तर में मौजूद रहना होगा। विभाग ने विधानसभा में शिक्षा विभाग से संबंधित लगे सभी प्रश्नों के जवाब जल्द देने के लिए भी कहा है। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान विभाग से संबंधित सभी प्रश्नों के जवाब तैयार होने चाहिए। अधिकारियों के पास हर तरह की जानकारी होनी चाहिए। हर शाखा में कम से कम एक अधिकारी इस दौरान रोजाना सुबह साढ़े आठ बजे ऑफिस में होना चाहिए। इनकी छुट्टियां हुई हैं रद्द अतिरिक्त निदेशक प्रशासन, कॉलेज, स्कूल उच्च शिक्षा, संयुक्त निदेशक कॉलेज, संयुक्त निदेशक फाइनेंस एंड अकाउंट, सह निदेशक, उच्च शिक्षा के सभी उपनिदेशक, सभी सरकारी कॉलेजों के प्रिंसिपल, कमांडर एनसीसी और चीफ लाइब्रेरियन सेंट्रल स्टेट लाइब्रेरी सोलन, प्रारंभिक शिक्षा के सभी उपनिदेशक, प्रिंसिपल डाइट की छुट्टियां रद्द करने के आदेश दिए गए हैं। इन अधिकारियों के तहत काम करने वाले स्टाफ को भी छुट्टियां नहीं मिलेंगी। विभाग में विभिन्न श्रेणी के कर्मचारियों के कितने पद सृजित हैं, कितने पद रिक्त हैं। कितने पद भरे गए हैं। निदेशालय के अधिकारियों ने कितने स्कूलों, कॉलेजों का निरीक्षण किया। कितने नए स्कूल, कॉलेज खोले गए। सरकार की विभिन्न योजनाओं का क्या स्टेटस है।
सरकार और प्रशासन के खिलाफ की नारेबाजी, डेढ़ घंटे तक मुख्य बाजार में लगाया किया चक्का जाम एसडीएम के आश्वासन पर समाप्त किया प्रदर्शन संगड़ाह महाविद्यालय की एबीवीपी छात्र संगठन इकाई और आदर्श विद्यालय संगड़ाह की लगभग दो दर्जन छात्राओं ने संगड़ाह के मुख्य बाजार काली मिट्टी में बस की मांग को लेकर सरकार और प्रशासन के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया। सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और करीब डेढ़ घंटे तक मुख्य बाजार में जाम लगाकर रखा। बाद में छात्र-छात्राओं ने एसडीएम संगड़ाह सुनील कायथ के आश्वासन पर प्रदर्शन समाप्त किया। यह है विद्यार्थियों की मांग छात्रों की मांग थी कि महाविद्यालय के लिए जो बस सेवा है उसके रूट में परिवर्तन किया जाए। अभी यह बस सुबह 9 बजे दो सड़का पहुंचती है। कॉलेज के विद्यार्थी दूर दराज क्षेत्रों रजाना, माईना, बडग, बौऊनल आदि से आते हैं। इनको सुबह इस बस के लिए घर से दो सड़का तक 8-10 किलोमीटर का पैदल सफ़र करना पड़ता है और अगर बस के लिए 5-10 मिनट लेट हो जाते हैं तो यह बस वहां से निकल जाती है। शाम के वक्त इस बस की सुविधा महाविद्यालय के छात्रों के लिए नहीं है। शाम को लंबे रूट की बस (नाहन-कुहुट-नाहन) रूट वाली बस में जाना पड़ता है। इस बस में पहले से ही सवारियां खचाखच भरी होती हैं। महाविद्यालय के लगभग 120 छात्र हैं, जिन्हें हर रोज परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गंभीरता से हो मांग पर विचार नहीं तो फिर होगा प्रदर्शन छात्रों ने कॉलेज प्रशासन, सरकार, स्थानीय प्रशासन और परिवहन निगम से उनकी मांग पर गंभीरता से विचार करने की मांग की है। छात्रों ने कहा कि तीन दिन के भीतर उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे फिर से प्रदर्शन करेंगे। छात्रों का कहना है कि पिछले 3 वर्ष के से महाविद्यालय में भी ज्ञापन दे चुके हैं। स्थानीय विधायक विनय कुमार को भी ज्ञापन दिया गया था है और एसडीएम और आरएम को भी ज्ञापन के माध्यम से अपनी मांग से अवगत करवा चुके हैं। बोरली में तो बस रोकते ही नहीं चालक इस प्रदर्शन में शामिल हुई आदर्श विद्यालय संगड़ाह की लगभग दो दर्जन छात्राओं ने भी संगडाह महाविद्यालय एबीवीपी छात्र संगठन का साथ दिया और उनका कहना था कि बोरली नामक स्थान पर सुबह के समय बस चालकों द्वारा बस को नहीं रोका जाता, जिस कारण वे स्कूल नहीं पहुंच पाती हैं। क्या कहना हैं विधायक विनय का... वहीं, स्थानीय विधायक विनय कुमार द्वारा अपने फेसबुक पेज सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी देते हुए बताया कि यह बस सेवा आज से ही आरंभ कर दी गई है और अब बच्चों को कोई परेशानी नहीं होगी।
हिमाचल प्रदेश सरकार ने आठ आईएएस अधिकारियों के विभागों में फेरबदल कर दिया है। सचिव राकेश कंवर को शिक्षा विभाग का जिम्मा सौंपा गया है। कंवर के पास पशुपालन और भाषा एवं संस्कृति विभाग भी रहेगा। इनसे कृषि विभाग वापस लिया गया है। सचिव डॉ. अभिषेक जैन को शिक्षा विभाग की जिम्मेवारी से पदभार मुक्त कर दिया गया है। अभिषेक जैन को गृह एवं विजिलेंस और आईटी विभाग सौंपा गया है। इनके पास सचिव वित्त, योजना, आर्थिकी एवं सांख्यिकी, बीस सूत्रीय कार्यक्रम, श्रम एवं रोजगार विभाग और मुख्यमंत्री के सचिव का कार्यभार भी रहेगा। कार्मिक विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार सचिव सी. पालरासू को कृषि विभाग सौंपा गया है। इनके पास प्रशासनिक सुधार, सहकारिता और बागवानी विभाग भी रहेगा। सचिव प्रियतू मंडल को तकनीकी शिक्षा विभाग की जिम्मेवारी सौंपी गई है। प्रियतू मंडल के पास ग्रामीण विकास और पंचायतीराज और मतस्य विभाग भी रहेगा। विशेष सचिव राजस्व सीपी वर्मा को निदेशक भू अभिलेख के पद पर नियुक्ति दी गई है। विशेष सचिव तकनीकी शिक्षा संदीप कुमार को आयुक्त विभागीय जांच का कार्यभार भी सौंपा गया है। बीबीएन विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ललित जैन को प्रबंध निदेशक अल्पसंख्यक वित्त एवं विकास निगम का जिम्मा भी सौंपा गया है। नियुक्ति का इंतजार कर रहे आईएएस अधिकारी मनीष कुमार को एडीसी हमीरपुर लगाया गया है।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के हमीरपुर जिला में नादौन क्षेत्र के दौरे के दौरान आज विभिन्न संगठनों और दानी सज्जनों ने आपदा राहत कोष-2023 के लिए उदारतापूर्वक अंशदान किया। मुख्यमंत्री को श्री माता बगलामुखी न्यास ने 5 लाख, गौना स्थित डाईट के कर्मचारियों ने 55 हजार, ज्योतिकलश संस्था टीहरा जिला मंडी ने एक लाख रुपये, प्राथमिक शिक्षक संघ गलोड़ ने 21 हजार रुपये, टीजीटी कला संघ ने 52 हजार रुपये, राजस्व विभाग कर्मचारी संघ ने 65 हजार रुपये और नादौन के चौरू गांव के डॉ. जय प्रेम ने 51 हजार रुपये के चेक राहत कोष के लिए भेंट किए। मुख्यमंत्री ने अंशदान के लिए आभार व्यक्त किया और कहा कि इस तरह के योगदान से जरूरतमंदों की जीवन में आशातीत बदलाव लाने में मदद मिलेगी।
महिला मोर्चा ने केंद्र की नीतियों व पार्टी विचार को लेकर दिया प्रशिक्षण भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा ने राष्ट्रीय स्तर महिला मोर्चा को सोशल मीडिया की तकनीक में माहिर बनाने के लिए राष्ट्रीय बैठक का आयोजन पार्टी के मुख्यालय दिल्ली में किया गया। इसका शुभारंभ भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष वानथी श्रीनिवासन ने किया। इस बैठक में महिला मोर्चा की देश भर से महिला प्रतिनिधियों ने भाग लिया। वहीं, हिमाचल से भाजपा महिला मोर्चा आईटी व सोशल मीडिया की संयोजक वर्षा ठाकुर, कांगड़ा चंबा क्षेत्र की संयोजक सीमा चंदेल व शिमला क्षेत्र से रचना शर्मा ने हिमाचल के प्रतिनिधित्व करते हुए भाग लिया। बैठक में महिला मोर्चा की सोशल मीडिया की गतिविधियों को लेकर जहां जानकारी दी गई, किस प्रकार से पार्टी के प्रचार व विचार को आगे रखना है, सोशल मिडिया का सकारात्मक प्रयोग करते हुए लोगों तक बात पहुंचानी है,वहीं केंद्र सरकार ने किस प्रकार से महिला सशक्तिकरण के लिए काम किया है, महिलाओं के लिए क्या-क्या नीतियां बनाई है ,किस प्रकार से उन नीतियों को घर-घर तक पहुंचना है, उसको लेकर के भी विशेष जानकारी दी गई। पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व द्वारा बेहतर रूप से इस कार्यशाला बैठक में प्रशिक्षण दिया गया, निश्चित रूप से इस प्रशिक्षण का आने वाले समय में भाजपा महिला मोर्चा को हिमाचल में अपने कार्य व नीतियों को आगे बढ़ने व प्रचार में मदद मिलेगी। बैठक में भाग लेने गई भाजपा महिला मोर्चा की प्रतिनिधि वर्षा ठाकुर,रचना शर्मा व सीमा चंदेल ने कहा कि पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व का एक सराहनीय प्रयास रहा है, राष्ट्रीय स्तर की इस बैठक में अनेक महत्वपूर्ण जानकारियां दी गई हैं, जिसका लाभ हिमाचल प्रदेश को भी मिलेगा। उन्होंने कहा कि हिमाचल महिला मोर्चा की अध्यक्ष वंदना योगी के नेतृत्व में संगठन को मजबूत बनाने में सोशल मीडिया की यह बैठक महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगी।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा सचिवालय में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से विशेष भेंट के दौरान सत्ता पक्ष तथा विपक्ष के सभी विधायकों ने विधान सचिवालय में विधायकों तथा उनसे मिलने आने वाले आगंतुकों के लिए सुविधाओं का विस्तार करने के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू तथा विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप पठानिया का धन्यवाद किया है। विधायकों ने कहा है कि 15 दिन पूर्व उन्होंने सामूहिक रूप से विधान सभा सचिवालय तथा परिसर में सुविधाओं के विस्तार हेतु माननीय अध्यक्ष को एक ज्ञापन सौंपा था। जिस पर कार्रवाई करते हुए विधानसभा अध्यक्ष ने उनकी आशा अनुरूप सुविधाओं का विस्तार किया है, वहीं परिसर के नजदीक बने विधायकों के आवासीय परिसर के जिर्णाेद्धार का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि विकास का कार्य एक निरंतर प्रक्रिया है, जो चलता रहेगा। उन्होने कहा कि शीघ्र ही विधान सभा परिसर में जहां विधायकों के लिए व्यायामशाला, फिटनेस सेंटर जैसी सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी, वहीं विधान सभा में कैन्टीन की सुविधा को भी स्तरोन्नत किया जाएगा। इस अवसर पर माननीय विधायक केवल सिंह पठानियां, डॉ. जनक राज, मलेंद्र राजन तथा पूर्ण चंद ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित थे। विधायकों ने कहा कि उनके आवास की मरम्मत पूर्ण हो चुकी है अब वह बेफिक्र अपने आवास में रह रहे हैं।
जिला सोलन के परवाणू के रहने वाले मनीष शर्मा की शिकायत पर 3 सितंबर को थाना परवाणू में आईपीएस की धाराओं 454, 380, 511 में चोरी से संबंधित मामला दर्ज किया गया। शिकायतकर्ता ने शिकायत दी है कि ओम सन्स कंपनी परवाणू सेक्टर-1 में प्लांट न. 32 में स्थित टिप फैक्टरी 4 के प्लांट में मशीनरी रखी है। यह प्लांट अभी बंद पड़ा है। 3 सितंबर को जब वह अन्य मजदूरों को साथ लेकर इस टिप फैक्टरी के गेट को बंद करने गए तो हरीश नामक लड़का फैक्टरी में पाया गया, जिसके पास मशीनरी खोलने की चाबियां भी थीं। इन्होंने उसे मौके पर पकड़ा व पुलिस को मौका पर बुलाया। यह लड़का अपने अन्य साथियों के साथ काफी समय से इस फैक्टरी में चोरी की फिराक में था। उक्त दिन भी इसने चोरी करने की नियत से फैक्टरी में प्रवेश किया था। शिकायत पर आरोपी हरीश (24) पुत्र मन बहादुर निवासी कामली, परवाणू को पुलिस थाना की टीम द्वारा गिरफ्तार किया गया है। आरोपी को पहले भी चोरी और नशा तस्करी के आरोप में गिरफ़्तार किया जा चुका है। मामले में पुलिस की जांच जारी है।
भाजपा विधायक दल की बैठक में चंद्रयान 3 पर बधाई प्रस्ताव पारित आपदा में जानमाल का नुकसान, शोक प्रस्ताव पारित भाजपा विधायक दल की बैठक शिमला में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक में प्रदेश में मानसून से पैदा हुई आपदा को लेकर चर्चा हुई। भाजपा विधायक रणधीर शर्मा ने कहा कि भाजपा के सभी विधायकों ने अपने -अपने विधानसभा क्षेत्रों में बारिश से हुए नुकसान को नेता प्रतिपक्ष व भाजपा प्रदेशाध्यक्ष के सामने रखा। इस बारिश में हिमाचल प्रदेश को बहुत नुकसान हुआ है, जान माल का नुकसान हुआ है और हर परिवार प्रभावित हुआ है, जिसमें लोगों की निजी संपत्ति भी काफी नष्ट हुई है। विधायक दल ने आपदा के कारण प्रदेश में हुई जानमाल के नुकसान पर शोक प्रस्ताव भी पारित किया। भाजपा विधायकों द्वारा एक महीने की सैलरी को आपदा राहत कोष में जमा करवाया जाएगा जो मुख्यमंत्री को शिमला आने पर दिया जाएगा। उन्होंने कहा की चंद्रयान 3 की सफलता पर केंद्र सरकार, पीएम मोदी,इसरो के अध्यक्ष और वैज्ञानिक को बधाई देते हुए प्रस्ताव पारित किया गया। साथ ही विधानसभा के दृष्ठिगत योजना बनाई जाएगी व कांग्रेस के कर्णधारों द्वारा राहत राशि की बांट में जो भाई भतीजाबाद और भ्रष्टाचार हुआ उसकी पोल विधानसभा सत्र के दौरान खोली जाएगी। बैठक में भाजपा विधायक विपिन परमार, बिक्रम ठाकुर, रणधीर शर्मा, हंसराज, विनोद कुमार, रणवीर सिंह, बलबीर वर्मा, पवन काजल, सतपाल सत्ती, अनिल शर्मा, जीत राम कटवाल, इंद्र सिंह गांधी, दीप राज , सुरेंद्र शौरी, दिलीप ठाकुर, पूर्ण चंद, रीना कश्यप उपस्थित रहे।
विजिलेंस की ओर से पेपर लीक मामले के मुख्य आरोपी उमा आजाद और नितिन आजाद को सोमवार को कोर्ट में पेश किया। उन्हें 14 दिन के न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। चार दिन पहले इन्हें ऑक्शन रिकॉर्डर पेपर लीक मामले को लेकर कोर्ट में पेश किया गया था जहां से 4 दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा गया था। आरोपी नितिन आजाद इस मामले में नामजद किया गया है। उसने भी इस पेपर का टेस्ट दिया था, जिसे उसने पास कर लिया था। उल्लेखनीय है कि कमीशन में पेपर लीक मामले में उमा आजाद मुख्य आरोपी हैं और उनके दोनों बेटे निखिल और नितिन भी सलाखों के पीछे हंै। वहीं मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में रविवार को स्पेशल कोर्ट लगाया गया था। जज के सामने हिमाचल कर्मचारी चयन आयोग में ऑक्शन रिकॉर्डर भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले के दो आरोपियों के हैंडराइटिंग सैंपल लिए गए थें। दरअसल ऑक्शन रिकॉर्डर भर्ती परीक्षा जब आयोजित की गई थी तो उसमें आयोग में हुए पेपर लीक मामलों में मुख्य आरोपी उमा आजाद के बेटे नितिन आजाद ने टॉप किया था यही कारण है कि दोनों को रविवार को स्पेशल कोर्ट में पेश किया गया और वहां दोनों के हैंडराइटिंग सैंपल लिए गए यह प्रक्रिया पूरा दिन चली थी।


















































