जिला आपदा प्रबन्धन प्राधिकरण द्वारा जोखिम प्रतिरोधी भवन निर्माण करने के लिए राजमिस्त्री, बढई और बारवाईंडरों को प्रशिक्षित करने के लिए जिला परिषद भवन में तीन दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ एडीएम विनय धीमान ने किया। इस अवसर पर उन्होने कहा कि जिला बिलासपुर भूकम्प की दृष्टि से अत्यन्त संवेदनशील क्षेत्र है तथा यह क्षेत्र जोन 4 व 5 में आता है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण कार्य इस प्रकार से होना चाहिए कि भूकम्प के आने पर किसी भी प्रकार की जानमाल को हानि न पंहुचे और भवन भी सुरक्षित रहें। उन्होंने कहा कि भूकम्प या अन्य किसी भी प्रकार की आपदा का कोई भी समय नहीं होता यह किसी भी समय आ सकती है। उन्होंने कहा कि इसे रोका तो नहीं जा सकता, लेकिन जागरूकता के कारण इससे होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। उन्होने कहा कि भवन निर्माण करने वाला कारीगर सही मायने में एक कुशल इंजीनियर है। लेकिन समय के साथ-साथ भवन निर्माण में कुछ नई-नई तकनीकियों की जानकारियां होना भी अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण के लिए नई-नई तकनीकियों की जानकारी उपलब्ध करवाने के लिए इस प्रकार की कार्यशालाओं का आयोजन किया जा रहा है और इन कार्यशालाओं में विशेषज्ञ इंजीनियरों द्वारा राजमिस्त्री, बढई और बारवाईंडरों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। उन्हें प्रशिक्षण दिया जा रहा है कि वे भवन निर्माण करवाने वाले मालिकों को भी भूकम्प रोधी भवन निर्माण करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि भूकम्प रोधी मकान बनाने के लिए केवल 5 प्रतिशत लागत बढती है। इसलिए जब भी भवन निर्माण करवाएं तो भवन निर्माण करवाने वाले को आवश्य भूकम्प रोधी निर्माण कार्य की जानकारी दें ताकि आने वाले समय में पूर्ण रूप से सुरक्षित भवन का निर्माण किया जा सके। इस अवसर पर जवाहरलाल नेहरू राजकीय इंजीनियरिंग काॅलेज सुन्दरनगर से प्रोफेसर डा. एसपी. गुलेरिया ने खतरों की गम्भीरता और इमारतों पर भूकम्प के होने वाले प्रभाव तथा क्षेत्र में आवास निर्माण कार्य में कारीगरों का योगदान और भूमिका के बारे, जवाहरलाल नेहरू राजकीय इंजीनियरिंग काॅलेज सुन्दरनगर से सहायक प्रो. कपिल देव ने भवन निर्माण में उपयुक्त होने वाली सामग्री की गुणवत्ता की जांच तथा जोखिम प्रतिरोधी निर्माण के सिद्धांतों के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।
मंगलवार को गुरूकुल सी. सै. स्कूल में 'ग्रैंड पैरेंट्स डे' का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्री. नर्सरी से कक्षा द्वितीय तक के ग्रैंड पैरेंट्स ने भाग लिया। इस दौरान ग्रैंड पैरेंट्स के लिए तरह - तरह की गेम्स और रैम्पवॉक भी रखी गई। इसमें सभी सदस्यों ने बढ़ - चढ़ कर भाग लिया। साथ ही प्रतियोगितां में भाग लेने वाले विजेता को पुरस्कार भी दिए गए। इस कार्यक्रम में विद्यालय के निर्देशक महोदय सुनील गर्ग, सुरेश गर्ग, शशि गर्ग भी उपस्थित रहें। अंत में विद्यालय की प्रधानाचार्या गुरप्रीत माथुर ने सर्वप्रथम सभी ग्रैंड पैरेंट्स का धन्यवाद किया, जिनकी उपस्थिति से कार्यक्रम मनोरंजक बन गया। उन्होंने बताया कि स्कूल में इस तरह के कार्यक्रम को करवाने के पीछे मुख्य उदेशय यह था कि आज के बदलते युग में बच्चों में बड़ों के प्रति आदर भाव और साकार पैदा करना अति आवश्यक है। इस अवसर पर उपस्थित सदस्यों को जलपान की भी व्यवस्था की थी।
हमीरपुर : जिला हमीरपुर में भोटा से कुछ दूरी पर अग्घार के पास दो गाड़ियों के बीच भीषण टक्कर हो गई। इस हादसे में करीब दस लोग घायल हो गए, जिनमें तीन को गंभीर चोटें आई हैं। ग्रामीणों और राहगीरों ने घायलों को 108 एंबुलेंस की सहायता से भोटा अस्पताल पहुंचाया गया। हादसा इतना जबरदस्त था कि गाड़ियों के परखच्चे उड़ गए। दोनों गाड़ियां पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गईं। हादसे की आवाज सुनते ही आसपास के लोग इक्ट्ठा हो गए और घायलों को एंबुलेंस की सहायता से भोटा अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं पुलिस ने भी मौके पहुंचकर छानबीन शुरू कर दी है। जीप बड़सर से भोटा की तरफ आ रही थी, इसकी विपरीत दिशा से आ रही कार के साथ जोरदार टक्कर हो गई। सड़क हादसे में 26 वर्षीय संतोष निवासी गंगलोह तहसील झंडूता, जिला बिलासपुर, 32 वर्षीय मंजू देवी निवासी गंगलोह तहसील झंडूता जिला बिलासपुर और 32 वर्षीय संजीव कुमार गांव व डाकघर बड़शाई, तहसील हरोली जिला ऊना को गंभीर चोटें आई है। गंभीर रूप से घायल तीनों लोगों को भोटा अस्पताल में उपचार किया जा रहा है। इसके अलावा अन्य घायलों को मामूली चोटें आई थीं, जिनका मौके पर ही प्राथमिक उपचार कर दिया गया।
शिमला के रामपुर में एक भयानक हादसा देखने को मिला है। हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। मिली जानकारी के अनुसार ये हादसा तब पेश आया जब युवक रोड़ पर खड़ा था, इतने में एक तेज़ गति से चलने वाली गाड़ी ने युवक को कुचल दिया। हादसा इतना दर्दनाक था की युवक के सिर के टुकड़े हो गए। बताया जा रहा है कि ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया गया है।
प्रदेश मंत्रिमण्डल की आयोजित बैठक में प्रारम्भिक शिक्षा विभाग में जे.बी.टी, सी.एण्ड.वी. और टी.जी.टी. श्रेणियों के 3636 पद भरने का निर्णय लिया गया। ये पद भर्ती एवं पदोन्नति नियम के तहत अनुबंध आधार पर भरे जाएंगे। इनमें 684 पद टीजीटी कला, 359 टीजीटी नाॅन-मेडिकल, 261 टीजीटी मेडिकल, 1049 शास्त्री, 590 भाषा अध्यापक तथा 693 जेबीटी के शामिल है। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में जिला मण्डी के निकट नागचला में ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे के विकास के लिए हिमाचल प्रदेश सरकार तथा भारतीय हवाई अड्डा प्राधिकरण के मध्य समझौता ज्ञापन हस्ताक्षरित करने के प्रारूप को स्वीकृति दी गई। पर्यटक विभाग के निदेशक को एएआई के साथ समझौता ज्ञापन तथा अन्य समझौतों आदि पर हस्ताक्षर करने के अधिकृत किया गया है। मंत्रिमंडल ने 25 जून, 1975 से 21 मार्च, 1977 के मध्य प्रजातंत्र की रक्षा और लोगों के संवैधानिक अधिकारों के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने वाले लोगों को आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था अधिनियम (एमआईएसए) तथा डिफेंस ऑफ इंडिया रूल (डीआईआर) के तहत हिमाचल प्रदेश लोकतंत्र प्रहरी सम्मान राशि प्रदान करने की स्वीकृति दी है। हिमाचल प्रदेश लोकतंत्र प्रहरी सम्मान राशि योजना, 2019 को क्रियान्वित करने की भी स्वीकृति दी गई। जो परिवार वित्तीय कठिनाई से गुजर रहे है उन्हें केन्द्र और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से रोजगार पैकेज देने के उद्देश्य से मंत्रिमंडल ने मिशन अंतोदय लागू करने को स्वीकृति दी। इस कार्य के लिए ग्रामीण विकास विभाग एक लाख परिवारों का सर्वेक्षण करेगा और यह जानने के प्रयास करेगा कि क्या ये परिवार विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लाभान्वित हो रहे है अथवा नहीं। दूसरे चरण में इन परिवारों की आर्थिक स्थिति का आकलन किया जाएगा जबकि तीसरे चरण में विभिन्न योजनाओं के माध्यम से उन्हें लाभान्वित करने का प्रयास किया जाएगा। मंत्रिमण्डल ने इंदिरा गांधी मेडिकल काॅलेज एवं अस्पताल शिमला, डा. राजेन्द्र प्रसाद मेडिकल कालेज टांडा तथा लाल बहादुर शास्त्री मेडिकल काॅलेज नेरचैक में कोकलीयर इम्पलांट सेंटर स्थापित करने को स्वीकृति प्रदान की। बैठक में मण्डी जिले के सिराज विकास खण्ड के जैंशला गांव में नए आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केन्द्र को खोलने के साथ विभिन्न श्रेणियों के तीन पदों को सृजित कर भरने की अनुमति दी गई। मंत्रिमण्डल ने मनाली एग्लोमरेशन कुल्लू घाटी क्षेत्र के लिए विकास योजना संशोधन को सहमति प्रदान की। मंत्रिमण्डल ने लोक निर्माण मण्डल किलाड़ के नियंत्रण में चल रहे सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य मण्डल किलाड़ का नियंत्रण को चम्बा जिले के तीसा स्थित सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य मण्डल भंजराड़ू को सौंपने का निर्णय लिया। इसे पदों सहित आईपीएच मंडल को हस्तांतरित किया जाएगा। इस निर्णय से सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग के किलाड़-पांगी उप-मण्डल की कार्यप्रणाली में सुधार आएगा। मंत्रिमण्डल ने यमुना नदी में हिमाचल प्रदेश के जल के हिस्से को ताजेवाला काॅरीडोर में भुगतान के आधार पर बेचने के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने को भी अपनी अनुमति प्रदान की। इससे प्रदेश सरकार को सालाना 21 करोड़ रुपये की आमदनी होगी। बेैठक में मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप जिला कांगड़ा की उप-तहसील हरिपुर को तहसील में स्तरोन्नत करने का निर्णय लिया गया। मण्डी जिला के थुनाग तहसील के बगस्याड़ स्थित विश्राम गृह तथा कुल्लू जिला के आनी में लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में अतिरिक्त आवास के निर्माण को मंजूरी प्रदान की गई है। हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कार्यों (रोजगार और सेवा की स्थिति का विनियमन) नियम, 2014 के कुछ अनुभागों में संशोधन करने का निर्णय लिया गया है। यह संशोधन श्रमिकों को बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए बोर्ड के साथ पंजीकृत करने के लिए लिया गया है। बैठक में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बाउल, पिपलू तथा बुधान में विज्ञान की कक्षाएं आरम्भ करने तथा ऊना जिला के कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के बसाल, कुरियाला और रायसरी की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशालाओं में वाणिज्य की कक्षाएं आरम्भ करने को स्वीकृति प्रदान की गई। मण्डी जिला के सिराज विधानसभा क्षेत्र खारसी स्थित वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में नाॅन-मैडिकल तथा वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पंजाईं में मेडिकल कक्षाएं आरम्भ करने का निर्णय लिया गया है। मण्डी जिला के सरकाघाट तहसील के नबाही देवी मन्दिर को हिमाचल प्रदेश हिन्दू सार्वजनिक धार्मिक स्थान एवं पूर्त विन्यास अधिनियम, 1984 में लाने का निर्णय लिया गया। इस निर्णय से अब इस मन्दिर का नियंत्रण राज्य सरकार के अधीन होगा। शिमला जिला में सीमेंट उद्योग स्थापित करने तथा चूना पत्थर और खादान खनिजों के निष्कर्षण के लिए मै. डालमियां सीमेंट (भारत) लिमिटेड के पक्ष में तीन वर्ष के लिए लैटर ऑफ इंटेंट (आशय पत्र) को स्वीकृति दी गई है। लोक निर्माण विभाग के वास्तुकार विंग में सीधी भर्ती से अनुबंध आधार पर बैच वाईज विभिन्न श्रेणियों के 10 पदों को भरने की स्वीकृति दी गई। बैठक में आयुर्वेद विभाग में दैनिक भोगी आधार पर पंचकर्मा मालिश करने वालो के 35 पदों को सृजित कर भरने की स्वीकृति प्रदान की। श्रम एवं रोजगार विभाग में जिला श्रम अधिकारी का रिक्त पद भरने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमण्डल ने सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग में हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के माध्यम से अनुबन्ध आधार पर सीधी भर्ती द्वारा विधि अधिकारी के तीन पद भरने को भी स्वीकृति दी। बैठक में जिला युवा सेवाएं एवं खेल विभाग के काजा और केलंग स्थित कार्यालयों में दैनिक भोगी आधार पर सेवादार के दो पद सृजित करने को भी सहमति प्रदान की गई। बैठक में मण्डी जिला के संधोल में सेरीकल्चर मण्डल स्थापित करने के साथ अतिरिक्त पदों को भरने की स्वीकृति दी गई।
हिमाचल प्रदेश में पूरे सप्ताह के दौरान मौसम साफ बना रहेगा। मौसम विभाग ने राज्य में आठ दिसंबर तक मौसम साफ रहने की संभावना जताई है। इस दौरान तापमान में और उछाल आने की उम्मीद है। वहीं, दिसंबर माह के दूसरे सप्ताह में मौसम करवट लेने की संभावना जताई जा रही है। इससे शीतलहर प्रदेश को फिर से चपेट में ले सकती है। राज्य के केलांग, कल्पा व मनाली का न्यूनतम तापमान अभी भी जमाव बिंदु से नीचे चल रहा है। इससे इन क्षेत्रों में सुबह व शाम के लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग के निदेशक डा. मनमोहन सिंह ने बताया कि राज्य में आठ दिसंबर तक मौसम खराब बना रहेगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश में दूसरे सप्ताह के दौरान मौसम करवट बदल सकता है।
पूर्व विधायक एवं कांग्रेस पार्टी के पूर्व जिला प्रधान बंबर ठाकुर ने बिलासपुर के बड़े भाजपा नेताओं और जयराम ठाकुर सरकार को सतर्क करते हुए कहा है कि उन्हें यह सुनिश्चित बनाना चाहिए कि नये बिलासपुर नगर में बसे किसी भी भाखड़ा विस्थापित को कथित अतिक्रमण के नाम पर उनके घर –घरौंदों को तोड़ फोड़ कर किसी भी सूरत में दोबारा उजाड़ा नहीं जाना चाहिए। उन्होने कहा कि यदि आने वाले समय में ऐसा कुछ हुआ और पुराने शहर से जबरदस्ती उजाड़ कर नए शहर में बसाए गए विस्थापितों को दूसरी बार उजाड़े जाने का जनविरोधी कृत्य किया गया तो इससे बढ़ कर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर और उसकी सरकार के लिए कोई दूसरी बढ़ी अथवा शर्मनाक बात नहीं हो सकती। यहाँ पत्रकारों से बातचीत करते हुए बंबर ठाकुर ने कहा कि सरकार को यह कतई नहीं भूलना चाहिए कि पड़ोसी राज्यों की खुशहाली और देश के विकास –प्रगति के लिए बिलासपुर नगर सहित सारे जिला भर के लाखों भाखड़ा विस्थापितों ने इस गोबिन्द सागर को बनाने के लिए बिना किसी लिखित समझौते के उनकी पुश्तैनी भूमि व घर – बार जबरदस्ती छीन लिए गए थे। उनसे जुबानी वादे करके उन्हें भूमि के बदले भूमि नहीं दी गई जबकि उन्हें मात्र झूठे झांसे देकर भाजपा सरकार सत्ता प्राप्त करने के बाद अब उन्हें उजाड़ने पर उतारू हो गई है। बंबर ठाकुर ने कहा कि वीरभद्र सिंह की पूर्व कांग्रेस सरकार ने भाखड़ा विस्थापितों की समस्याओं को सुलझाने के दर्जनों कदम उठा कर उन्हें राहत पहुंचाई जबकि भाजपा नेता अब सत्ता में आने पर उन्हें बर्बाद करने पर तुली हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से आग्रह किया कि वे कथित चापलूसों की झूठी शिकायतों पर विश्वास न करके इस सारे मामले में स्वयं हस्ताक्षेप करें और बिलासपुर नगर सहित सारे जिला के भाखड़ा विस्थापित क्षेत्रों का मिनी सेटलमेंट करने के आदेश दें और तब तक जिलाधीश या राजस्व विभाग द्वारा की जा रही समस्त कार्यवाही को रोका जाये तथा विस्थापित नेताओं से बातचीत करके समस्या का हल किया जाए। उन्होंने मुख्यमंत्री से यह भी आग्रह किया कि विधान सभा में उनके द्वारा की गई घोषणा पर अमल करते हुए प्रधान सचिव राजस्व की अध्यक्षता में कमेटी का गठन करके विस्थापितों की समस्याओं का अध्ययन करके उन्हें राहत पहुंचाई जाए।
जिला बिलासपुर मुख़्यालय पर चल रही दो दिवसीय जिला स्तरीय वरिष्ठ महिला व पुरुषों की बास्केटबॉल प्रतियोगिता का सोमवार को समापन हो गया। जिसमें संयुक्त व्यापार मंडल के नवनियुक्त अध्यक्ष व पार्षद नरेंद्र पंडित ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। बास्केटबॉल स्टेडियम रौड़ा सेक्टर में हुई इस प्रतियोगिता में महिला वर्ग का फाइनल मैच विवेकानंद कॉलेज घुमारवीं व बरमाणा क्लब के बीच खेला गया। रोमांचकारी इस मैच में 47-44 अंक के साथ विवेकानंद कॉलेज विजेता बना। वहीं, पुरुष वर्ग का फाइनल मुकाबला बाबा नाहर सिंह क्लब व ब्लू स्टार क्लब के बीच खेला गया। जिसमें 76-67 अंक से ब्लू स्टार टीम विजेता बनी। विजेता व उपविजेता टीमों को मुख्य अतिथि द्वारा स्मृति चिन्ह व मेडल देकर सम्मानित किया। सोमवार को दूसरे दिन सुबह प्रतियोगिता के दोनों वर्गों में क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल मुकाबले हुए। पुरुष वर्ग में हुए क्वार्टर फाइनल में भराड़ी क्लब ने शिवा कॉलेज व बाबा नाहर सिंह क्लब ने घुमारवीं क्लब को हराया। वहीं, सेमीफाइनल मुकाबले में बाबा नाहर सिंह क्लब ने भराड़ी क्लब को हराकर फाइनल में प्रवेश किया। दूसरे सेमीफाइनल में ब्लू स्टार क्लब ने दधोल क्लब को हराकर फाइनल में प्रवेश पाया। दोपहर बाद हुए मुकाबलों के दौरान उपायुक्त बिलासपुर राजेश्वर गोयल ने विशेष अतिथि के रुप में शिरकत की और खिलाड़ियों को आशीर्वाद दिया। इस प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए जिला बास्केटबॉल संघ के अध्यक्ष डॉ. प्रवीण रणौट व महासचिव राजकुमार राणा ने सभी पदाधिकारियों ,विशेषज्ञों, खिलाड़ियों व आम खेल प्रेमियों का धन्यवाद आभार प्रकट किया। 2 दिनों तक चली इस प्रतियोगिता के दौरान अधिवक्ता तेजस्वी शर्मा ने बेहतरीन अंदाज के साथ मंच संचालन किया। इस मौके पर एसडीएम घुमारवीं शशिपाल शर्मा, उपनिदेशक युवा सेवाएं एवं खेल विभाग योगेश धीमान, जिला खेल अधिकारी श्याम कौंडल, अध्यक्ष जिला बास्केट बॉल संघ डॉ. प्रवीण रनोट, सुशील पुंडीर, योधराज शर्मा, सत्येंद्र, मदन, नंदलाल राही, कोषाध्यक्ष अभिषेक टेसू, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, तेजस्वी शर्मा, तकनीकी चेयरमैन सुरेश कौंडल के साथ साथ सुरेश नड्डा, अनिल चंदेल, प्रकाश शर्मा, नीलम रनोट, राकेश ठाकुर, राज कुमार, अविनाश कपूर, अभिषेक सोनी, प्रवेश राणा, अश्वनी कुमार, राज कुमार राठौर, कुलवंत, राजेश कुमार, सुशील कुमार, प्रेम, मिथिला, पवन कुमार, संजीव कुमार आदि गणमान्य व्यक्तित्व व अधिकारी उपस्थित रहे।
नादैान के साथ लगते भडोली गांव में एक महिला सड़क को पार करती हुई बाइक की चपेट मे आने से बुरी तरह घायल हो गई। परिजनो से मिली जानकारी के अनुसार कमला देवी उम्र 56 साल किसी काम से कहीं जा रही थी। तभी सड़क पार करते हुए एक बाइक की चपेट में आ गई। स्थानीय लोगों की मदद से घायल कमला देवी को नादौन अस्पताल लाया गया जहां पर घायल महिला का प्राथमिक उपचार करने के बाद उसे हमीरपुर मेडिकल कॉलेज रेफ र कर दिया गया। ज्वालाजी थाना प्रभारी मनोहर लाल ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है।
कसौली क्षेत्र में 93 करोड़ रुपये के शिलान्यास तथा उद्घाटन किए सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू स्थित दशहरा मैदान में विशाल जनसभा को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कसौली विधानसभा क्षेत्र में उपमंडलाधिकारी (नागरिक) कार्यालय स्थापित करने की घोषणा की। उन्होंने किसानों की सुविधा के लिए परवाणु में आधुनिक कृषि विपणन स्थापित करने तथा उप-तहसील खोलने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने इस क्षेत्र के लिए 93 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं की शिलान्यास तथा उद्घाटन किए जिससे पूरे विधानसभा क्षेत्र में विकास के अनेकों कार्य आरम्भ होंगे और जिसका फायदा आम आदमी को होगा। उन्होंने कहा कि इन विकास कार्यों से क्षेत्र की सामाजिक, आर्थिक व्यवस्था भी सुदृढ़ होगी। उन्होंने राजकीय उच्च विद्यालय जाड़ली और सनावर को वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में तथा माध्यमिक पाठशाला हिलाच को उच्च विद्यालय में स्तनोन्नत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र धर्मपुर को 50 बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल में स्तरोन्नत करने की भी घोषणा की। उन्होंने दयोठी पशु औषधालय, आयुर्वेदिक अस्पताल गड़खल को 20 बिस्तरों वाले अस्पताल में स्तरोन्नत करने तथा भोजपुर की अस्थाई पुलिस पोस्ट को स्थाई पोस्ट में स्तरोन्नत करने और धर्मपुर से गड़खल के लिए मुद्रिका बस सेवा आरम्भ करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रदेश के सभी क्षेत्रों में अभूतपूर्व विकास तथा समाज के प्रत्येक वर्ग का कल्याण सुनिश्चित हुआ है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास प्रदेश सरकार के खिलाफ कोई भी मुद्दे नहीं हैं, इसलिए वे खबरों में बने रहने के लिए निराधार मुद्दे उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता सरकार के साथ मजबूती से खड़ी हैं। प्रदेश में लोकसभा चुनावों तथा दो विधानसभा क्षेत्रों के उप-चुनाव में भाजपा प्रत्याशियों की भारी बहुमत से हुई जीत इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में एक बार फिर देश में भाजपा सरकार सत्ता में आई जिससे विकास की गति में तेजी आई है और देश की बागडोर एक बार फिर नरेन्द्र मोदी जैसे मजबूत नेता के हाथ में आई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भी राज्य में संतुलित विकास के उद्देश्य से निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश जनता के शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए ‘मुख्यमंत्री हेल्पलाइन’ शुरू करने वाला देश का चौथा राज्य है। उन्होंने कहा कि अब तक मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हेल्पलाइन 1100 के माध्यम से 26100 शिकायतों का निवारण किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा गंभीर रोगियों के परिवारों को सहारा योजना के अंतर्गत प्रत्येक माह दो हजार रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को इस वर्ष के अंत तक धुआं मुक्त राज्य बनाने के लिए गृहिणी सुविधा योजना के अंतर्गत दो लाख पात्र परिवारों को मुफ्त गैस कनेक्शन प्रदान किए गए हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि निवेशकों को आकर्षित करने के लिए धर्मशाला में ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट का आयोजन किया गया, जिसके परिणामस्वरूप 93 हजार करोड़ रुपये के समझौता ज्ञापन हस्ताक्षरित किए गए। उन्होंने कहा कि देश व विदेश के बहुत से निवेशकों ने राज्य में निवेश के लिए रूचि दिखाई है। उन्होंने कहा कि इससे राज्य में रोजगार सृजन, स्वरोजगार और आर्थिक गतिविधियों से राज्य की आर्थिकी में बदलाव आएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के 72 वर्षों के उपरांत अनुच्छेद 370 के कारण जम्मू कश्मीर राज्य में अलग झंडा, संविधान तथा कानून लागू थे। उन्होंने कहा कि इस अनुच्छेद के हटाये जाने से जम्मू कश्मीर का सही मायने में भारत का अभिन्न अंग होना सुनिश्चित हुआ है और आज केन्द्र के मजबूत नेतृत्व के कारण पूरे भारत में एक संविधान और एक झंडा लागू हुआ है। इससे पहले, परवाणु आगमन पर क्षेत्र के लोगों ने मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत किया। समारोह में विभिन्न राजनैतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक संगठनों ने मुख्यमंत्री को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने 124.30 लाख रुपये की लागत से निर्मित पट्टा बरौरी से हरिपुर सड़क तथा 82.38 लाख रुपये की लागत से निर्मित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भोजनगर की विज्ञान प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने 14.74 करोड़ रुपये की लागत से बरोटीवाला-मंदला-परवाणु सड़क, 4 करोड़ रुपये की लागत से भोजनगर-कलामलोग वाया नेरीकलां सड़क तथा 1.92 करोड़ रुपये की लागत से गड़यार से बुधो सड़क के स्तरोन्नत कार्य की आधारशिला रखी। उन्होंने 48 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाली परवाणु सीवरेज प्रणाली, 10.52 करोड़ रुपये की लागत से धर्मपुर के कांडा में बनने वाले औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, 54.32 लाख रुपये की लागत से धर्मपुर के बाजार के विस्तार तथा 10.48 करोड़ रुपये की लागत से परवाणु में अधोसंरचना विकास कार्यों की आधारशिलाएं रखी। उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने कहा कि साधारण पृष्ठभूमि से सम्बन्ध रखने वाले मुख्यमंत्री आम जनता की आधारभूत जरूरतों को भली-भांति समझते हैं। उन्होंने कहा कि गरीबों तथा पिछड़े हुए वर्गों के उत्थान के लिए मुख्यमंत्री ने इन दो वर्षों में प्रदेश में विभिन्न योजनाएं शुरू की हैं। उन्होंने कहा कि जनमंच, गृहिणी सुविधा योजना, हिमकेयर, पेंशन योजना, सहारा योजनाएं प्रदेश के लाखों लोगों के लिए वरदान सिद्ध हुई है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने अपने गृह क्षेत्र में मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि प्रदेश का कार्यभार संभालते ही मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ नागरिकों की वृद्धावस्था पेंशन की आयु 80 से 70 वर्ष बिना किसी आय सीमा के घटाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया हैं। उन्होंने कहा कि गरीबों और पिछड़े वर्गों के सामाजिक, आर्थिक उत्थान को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं भी शुरू की है। उन्होंने क्षेत्र की विकासात्मक मांगों का भी ब्यौरा दिया। महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. डेजी ठाकुर ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री तथा अन्य उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत किया। उन्होंने प्रदेश के कल्याण तथा विकास के लिए विभिन्न योजनाएं आरम्भ करने के लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। इसके उपरांत परवाणु औद्योगिक संघ ने मुख्यमंत्री को मांग पत्र प्रस्तुत किया। संघ के अध्यक्ष सुबोध गुप्ता ने मुख्यमंत्री का ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट तथा उद्योगों के लिए विभिन्न प्रोत्साहन उपलब्ध करवाने के लिए धन्यवाद किया। माइक्रोटैक इंडस्ट्री के प्रबंधन निदेशक सुबोध गुप्ता ने मुख्यमंत्री राहत कोष में पांच लाख रुपये का अंशदान दिया। जल प्रबंधन बोर्ड के उपाध्यक्ष दर्शन सिंह सैणी, विधायक दून परमजीत सिंह पम्मी, खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम गुरेलिया, गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष अशोक शर्मा, कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष बलदेव भण्डारी, पूर्व सांसद वीरेन्द्र कश्यप, पूर्व विधायक के.एल. ठाकुर तथा विनोद चंदेल, सोलन भाजपा अध्यक्ष आशुतोष वैद्य, प्रदेश भाजपा सचिव रतन सिंह पाल, रितु सेठी और डॉ. राजेश ठाकुर, उपायुक्त सोलन के.सी. चमन, पुलिस अधीक्षक मधुसुदन, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता ललित भूषण भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
सोलन जिला में जन-जन को नशाखोरी के खिलाफ अभियान में सहभागी बनाने के लिए जिला प्रशासन सोलन द्वारा व्यापक जागरूकता अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जिले के विभिन्न स्थानों व शैक्षणिक संस्थानों में 425 छात्रों एवं अन्य को नशे के विरूद्ध जागरूक किया गया। यह जानकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि जिला में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा बरड़ बस्ती सलोगड़ा, सोलन में 98, चिकित्सा खंड चंडी के अंतर्गत ग्राम पंचायत जाडला में 85, इसी चिकित्सा खंड के गांव नया नगर में 37, चिकित्सा खंड सायरी के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला शाड़ाघाट में 102, चिकित्सा खंड नालागढ़ के अंतर्गत राजकीय उच्च पाठशाला साई चड़ोग में 103 छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों पर जागरूक किया गया। इन सत्रों में उपस्थित प्रतिभागियों को नशे के शरीर पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव व इससे बचने के उपायों की जानकारी प्रदान की गई। इन जागरूकता सत्रों में बताया गया कि नशे पर अंकुश के लिए युवा शक्ति का जागरूक होना आवश्यक है। छात्रों एवं अन्य से नारों एवं वाद-संवाद के माध्यम से से आग्रह किया कि वे सदैव नशे से दूर रहने का संकल्प लें। छात्रों को बताया गया कि नशा शारीरिक एवं मानसिक हानि के साथ-साथ आर्थिक व सामाजिक नुक्सान का कारण है। युवा नशे से दूर रहकर ही अपने परिवार एवं राष्ट्र हित की दिशा में पूर्ण योगदान दे सकते है। इस अवसर पर छात्रों को नशे के विरूद्ध शपथ भी दिलवाई गई।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सोलन के सौजन्य से जिला में सुरक्षित भवन निर्माण के लिए मिस्त्री, कारपेंटर तथा बार बेंडेर्स की क्षमता वर्धन योजना के अंतर्गत तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला गत दिवस यहां शुरू हुई। कार्यशाला का शुभारंभ सहायक आयुक्त भानु गुप्ता ने किया। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में जिला की विभिन्न ग्राम पंचायतों के मिस्त्रियों को हिमकोस्ट व बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञों के सहयोग से गृह निर्माण की सुरक्षित तकनीक के बारे में अवगत करवाया जा रहा है। कार्यशाला 03 दिसंबर, 2019 को संपन्न होगी। इस अवसर पर सहायक आयुक्त ने कहा कि भूकंप की दृष्टि से सोलन जिला जोन 4 व 5 में आता है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण कार्यों में भूकंप रोधी तकनीक अपनाकर भूकंप से होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भूकंप आने पर सबसे ज्यादा नुकसान लोगों की अज्ञानता एवं भवनों के गिरने के कारण होता है। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति भवन निर्माण में पूंजी लगाकर अपने परिवार और पूंजी को सुरक्षित करना चाहता है और इसलिए आवश्यक है कि इस कार्य में नियुक्त मिस्त्री भूकंप रोधी आवास निर्माण तकनीक को जानते हों। भानु गुप्ता ने कहा कि राजमिस्त्री भवन निर्माण प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है। इसलिए राजमिस्त्रयों को कम लागत में भूकंप रोधी भवन निर्माण की सभी जानकारियां उपलब्ध कराना आवश्यक है, ताकि वे इस तकनीक का अधिक से अधिक उपयोग भवन निर्माण में कर सके। उन्होंने प्रशिक्षण ले रहे राजमिस्त्रयों से प्रशिक्षण में सिखाई जा रही भूकंप रोधी भवन निर्माण तकनीक की बारीकियों को गहनता से सीख कर अपने अन्य साथी मिस्त्रियों को भी सिखाने को कहा। उन्होंने हका कि इसके उपयोग में जिला में कार्यरत सभी राजमिस्त्री पारंगत होने चाहिएं। उन्होंने उपस्थित राजमिस्त्रयों से आग्रह किया कि कार्यशाला मे बताई जाने वाली विधि को ध्यान से समझें एवं उपस्थित प्रशिक्षक से प्रश्न पूछें ताकि उनकी जिज्ञासा का समाधान हो सके। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे मकान बनाते समय भूकंप रोधी तकनीक का प्रयोग करें। कार्यशाला में मिस्त्रियों को नींव डालने तथा सरिए को बांधने की तकनीक के बारे में बताया गया। कार्यशाला में हिमकोस्ट तथा बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञ व काफी संख्या में राजमिस्त्री उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सोमवार को सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू में नशा निवारण हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से लोगों से नशे जैसी सामाजिक बुराई के विरूद्ध एकजुट होने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने परवाणू में जिला पुलिस सोलन द्वारा स्थापित नशा निवारण हस्ताक्षर पट्ट पर हस्ताक्षर किए। जयराम ठाकुर ने इस अवसर पर कहा कि युवा पीढ़ी को नशे से बचाना हम सभी का नैतिक उत्तरदायित्व है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार मादक द्रव्यों के व्यसन के विरूद्ध सघन अभियान कार्यान्वित कर रही है। 15 दिसम्बर तक कार्यान्वित किए जा रहे इस अभियान के माध्यम से जन-जन को नशाखोरी के विरूद्ध जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आमजन के सहयोग से हिमाचल प्रदेश को नशामुक्त बनाने के अभियान में सफल होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पड़ोसी राज्यों के साथ समन्वय स्थापित कर नशे के सौदागरों के विरूद्ध कार्रवाई कर रही है। इसके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि मादक द्रव्यों के व्यसन को समाप्त करने के लिए प्रदेश सरकार का सहयोग करें। उद्योग, श्रम एवं रोजगार तथा तकनीकी शिक्षा मंत्री बिक्रम ठाकुर, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल, जल प्रबंधन बोर्ड के उपाध्यक्ष दर्शन सिंह सैणी, विधायक दून परमजीत सिंह पम्मी, खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम गुरेलिया, गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष अशोक शर्मा, कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष बलदेव भण्डारी, पूर्व सांसद वीरेन्द्र कश्यप, पूर्व विधायक के.एल. ठाकुर तथा विनोद चंदेल, सोलन भाजपा अध्यक्ष आशुतोष वैद्य, प्रदेश भाजपा सचिव रतन सिंह पाल, रितु सेठी और डॉ. राजेश ठाकुर, उपायुक्त सोलन के.सी. चमन, पुलिस अधीक्षक मधुसुदन, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता ललित भूषण भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद बिलासपुर इकाई ने हैदराबाद में हुए सामूहिक बलात्कार और नृशंस हत्या को लेकर राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में अवेयरनेस प्रोग्राम आयोजित किया गया। इसमें सदर थाना महिला एसएचओ अति देेवी मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने अपने उद्बोधन के दौरान लड़कियों को विपरीत परिस्थितियों का सामना करने के लिए विचार रखे। उन्होंने अनेक प्रकार के क्राइम को लेकर लड़कियों को जागरूक किया उन्होंने कहा कि आज के समय में लड़कियों को अपने मूलभूत अधिकारों की जानकारी होनी चाहिए ताकि वे आने वाले समय में किसी भी कानून से परिचित रह सके। विद्यार्थी परिषद बिलासपुर इकाई के अध्यक्ष प्रशांत ठाकुर ने कहा कि जब एक रात में नोटबंदी हो सकती है एक रात में सरकार परिवर्तित हो सकती है तो 1 दिन में हत्यारों को फांसी क्यों नहीं। बलात्कारी को तारीख की जगह फांसी नहीं दे सकते तो बेटी पढ़ाओ और बेटी बचाओ का नाटक बंद करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा की अगर आवाज नहीं उठा सकते तो आवाज उठाने वालों की ताकत बनो ताकि बलात्कारियों को और हत्यारों को सजा मिल सके। इस कार्यक्रम में विद्यार्थी परिषद छात्रा प्रमुख कंचन ,रोहित, राहुल, श्वेता, यामिनी, महिमा, शालिनी के अलावा अन्य कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
शिक्षा, विधि एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने सोमवार को बचत भवन में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के अंतर्गत मातृ वंदना सप्ताह का शुभारंभ किया। उन्होंने बताया कि 02 दिसम्बर से 08 दिसम्बर, 2019 तक चलने वाले इस सप्ताह के तहत जिलाभर में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना को बल देने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से जागरूकता व जानकारी प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि सप्ताह के दौरान विभिन्न गतिविधियों में ग्राम सभाओं, शहरी निकायों में इस योजना पर चर्चा व लोगों को इस योजना के प्रति आकर्षित करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। जिलाभर में रैलियां, जागरूकता शिविर व प्रभात फेरियों का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि योजना के तहत सप्ताह में उत्कृष्ट कार्य करने वाले आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, बाल विकास परियोजना अधिकारियों, सुपरवाईजरों को सम्मानित भी किया जाएगा। इस मौके पर शिक्षा मंत्री ने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से होने वाले लाभ के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के उद्देश्य से तथा गर्भवती मां व पैदा होने वाले बच्चे की स्वास्थ्य की देखभाल के प्रति भी योजना प्रमुख रूप से प्रोत्साहन प्रदान करती है। उन्होंने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के अंतर्गत सप्ताह के दौरान वितरीत की जाने वाली प्रचार सामग्री का भी अनावरण किया। उन्होंने बताया कि आय विहिन माता को आर्थिक मदद प्रदान करने के उद्देश्य से इस योजना के तहत छः हजार रुपये की राशि गर्भवती माताओं को प्रदान की जाती है, इसमें प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत 5 हजार रुपये की राशि व जननी सुरक्षा योजना के तहत एक हजार रुपये की राशि प्रथम गर्भधारण करने पर प्रदान की जाती है। इस अवसर पर चैपाल क्षेत्र के विधायक बलबीर वर्मा, उपायुक्त शिमला अमित कश्यप, अतिरिक्त उपायुक्त अपूर्व देवगन, उपमण्डलाधिकारी शहरी नीरज चांदला, उपमण्डलाधिकारी ग्रामीण नीरज गुप्ता, जिला कार्यक्रम अधिकारी इरा तंवर तथा एकीकृत बाल विकास परियोजना अधिकारी उपस्थित थे।
जिला बिलासपुर में मातृ वंदना सप्ताह 2 दिसंबर से 8 दिसंबर तक मनाया जा रहा है। यह जानकारी उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने मातृ वंदना सप्ताह मनाने के बारे में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। उन्होंने बताया कि सप्ताह के दौरान प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की जानकारी लोगों तक पहुंचाने के लिए जिला भर में मीडिया प्रचार गाड़ी के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मातृ वंदना योजना सप्ताह के दौरान जिला में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। उन्होने बताया कि मातृ वंदना योजना के अंतर्गत गर्भवती व धात्री महिलाओं को औसतन 6 हजार रूपए की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस योजना को लोगों तक पहुंचाने के लिए उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित किया जाएगा। इस अवसर पंर उन्होंने प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
कुनिहार : महिला एवं बाल विकास विभाग परियोजना वृत कुनिहार के कोठी गावं के आंगनवाड़ी केंद्र में महिलाओं को भारत सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के बारे में एक दिवसीय जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शशी ठाकुर ने बताया कि 2 से 7 दिसम्बर 2019 तक प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सप्ताह मनाया जा रहा है,जिसके तहत कुनिहार वृत के तहत क्षेत्र के सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में सरकार की इस योजना की जानकारी दी जायेगी।इस योजना के अनुसार पहली बार माँ बनने वाली महिला को प्रधानमंत्री मातृ वंदना के तहत 5000/- की राशि दी जाती है।इस दौरान वीना गर्ग,सुषमा तनवर,आशा वर्करज नीलम व सहायिका हेमलता सहित काफी संख्या में महिलाएं मौजूद रही।
कुनिहार विकास सभा के प्रधान धनी राम तनवर, दीप राम ठाकुर, सुंदर सिंह ठाकुर, गोपाल पंवर, ज्ञान ठाकुर व बलवीर चौधरी ने सयुंक्त बयान में कहा है, की कुनिहार क्षेत्र को पेयजल योजना जाबलू की दूसरी स्टेज के पास पिछले 10 -11महीनों से पानी की पाइप से लगातार हजारो लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है। इसकी शिकायत सभा द्वारा कुनिहार शाखा के कनिष्ठ अभियंता व उप मंडल सुबाथू में सहायक अभियंता को कर चुके है। दूसरी स्टेज पर बह रहे पानी की वजह से चिस्वा गावं को जाने वाले रास्ते पर ग्रामीणों को चलना मुश्किल हो रहा है। शिकायत के वावजूद भी विभाग फ़टी हुई पानी की पाइप की मरम्मत नही करवा रही है,जोकि बहुत ही खेद की बात है। धनीराम तनवर ने विभाग के उच्च अधिकारियों से जाबलू पेयजल योजना की दूसरी स्टेज पर मुख्य पाइप लाइन में हो रही लगातार लीकेज को जल्द दरुस्त करने की मांग की है। वहीँ जब मुनीष शर्मा सहायक अभियंता सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग उप मंडल सुबाथू से इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह मामला उनके संज्ञान में है व दो तीन दिनों में पाइप लाइन में हो रही लीकेज को ठीक करवा दिया जाएगा।
प्राचीन मेला मनसा माता सायरी सेरी का समापन समारोह देर सांय आयोजित किया गया, इसमें चिकित्सा अधिकारी डॉ. ललित ठाकुर ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। मेला कमेटी प्रधान संदीप भारद्वाज ने बताया कि समापन अवसर पर देव पूजन के उपरांत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया। उन्होंने बताया कि तीन दिवसीय मेले के दौरान जूनियर एवं सीनियर वर्ग प्रो-कब्बड्डी खेल-कूद प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। उन्होंने बताया कि कब्बड्डी प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए राष्ट्रीय स्तर के रैफरी ने हिस्सा लिया। उन्होंने बताया कि सीनियर वर्ग में उप-विजेता टीम गुनाई (रामशहर) तथा विजेता टीम पंजाब रही, जिसमें विजेता टीम को 15 हजार रुपये तथा ट्रॉफी एवं उप-विजेता टीम को 8 हजार रुपये तथा ट्रॉफी वितरीत की गई। वहीं जूनियर वर्ग में विजेता टीम राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सायरी तथा उप-विजेता छात्र स्कूल सुबाथू ने प्राप्त किया, इसमें विजेता टीम को 2100 रुपये तथा ट्रॉफी एवं उप-विजेता टीम को 1100 रुपये तथा ट्रॉफी वितरीत की गई। इस अवसर पर मुख्यातिथि डॉ. ललित ठाकुर ने विजेता टीम को 2100 रुपये देने की घोषणा की। इस दौरान रेफरी डीपी राजेन्द्र सिंह पेज्टा, संदीप ठाकुर, सुनिल शर्मा, दिनेश ठाकुर, अमर शर्मा ने रेफरी की भूमिका निभाई। मेले में मेला कमेटी द्वारा सभी गणमान्यों का स्वागत किया तथा मेले में उपस्थित होने के लिए धन्यवाद किया। कार्यक्रम में प्रधान संदीप भारद्वाज, उप-प्रधान रोहित भारद्वाज, सदस्य मनोज भारद्वाज, सुभाष भारद्वाज, कैलाश, राकेश, मदन लाल, सोहनू, अमित शर्मा, सुमित शर्मा, रंजन शर्मा, गोपाल भारद्वाज व सुनिल तथा मनसा माता मंदिर सायरी मेला कमेटी के समस्त सदस्य उपस्थित थे।
उचित मार्गदर्शन एंव प्रशिक्षण के साथ दिव्यांग किसी भी क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर सकते है। दिव्यांगजनों को सहानुभूति की नहीं अपितु उन्हें प्यार और उत्साहवर्धन की आवश्यकता होती है। यह बात उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने रावमापा छात्र के खेल मैदान में दो दिवसीय राज्य स्तरीय दिव्यांग प्रतिभा खोज खेल प्रतियोगिता-2019 का विधिवत शुभारम्भ करने के उपरांत कही। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि दिव्यांग जनों को अपना भरपूर सहयोग प्रदान करें तथा उनके साथ आमजन की तरह व्यवहार करें। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति में कोई न कोई प्रतिभा छुपी होती है, आवश्यकता होती है उसके गुण को पहचानकर उसे तराशने की। उन्होंने कहा कि जिला बिलासपुर खेलों का हब है। उन्होंने बिलासपुर में दिव्यांगजनों की राज्य स्तरीय दिव्यांग प्रतिभा खोज खेल प्रतियोगिता की मेजबानी करने के लिए धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि दिव्यांग बच्चों को पहली बार सिंथैटिक ट्रैक पर दौडने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि बच्चे जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं से चयनित होकर राज्य स्तर तक पहुंचे है, यहां पर वे अपनी बेहतर खेल प्रतिभा का परिचय देगें और राष्ट्र स्तर के लिए चयनित होकर जाएगें तथा आगे अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी खेल प्रतिभा के जौहर दिखाकर देश, प्रदेश व जिला का नाम रोशन करेगें। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजन समाज का अभिन्न अंग है तथा हम सभी को दिव्यांगजनों के सामाजिक व आर्थिक उत्थान के लिए समर्पण भावना से कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक क्षेत्र में दिव्यांगजनों की भागीदारी सुनिश्चित बनाने के लिए प्रदेश सरकार हरसम्भव प्रयास कर रही है ताकि दिव्यांगजनों के मन में सहजता सें समाज की मुख्य धारा से जुडने की भावना पैदा हो सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के द्वारा दिव्यांगजनों के कल्याणार्थ विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही है ताकि उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोडा जा सके। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों के लिए बस में सफर करने के लिए बस पास की सुविधा प्रदान की गई है। उन्होंने बताया कि जिला मे अब तक 5 हजार 939 कार्ड बनाए गए है। उन्होंने बताया कि दिव्यांग विवाह अनुदान योजना के तहत 8 दिव्यांगजनों को 2 लाख 4 हजार रूपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई है। उन्होंने बताया कि दिव्यांग छात्रवृति योजना के अंतर्गत चालू वित वर्ष में 93 लाभार्थियों को 9 लाख 85 हजार 875 रूपए की राशि वितरित की गई। उन्होंने बताया कि दिव्यांगजनों के लिए सरकार द्वारा यूडीआईडी बनाने की सुविधा प्रदान की गई है। उन्होंने बताया कि जिला में अपंग राहत भत्ता के तहत 3 करोड 84 लाख 90 हजार रूपए की राशि व्ययकर 3 हजार 746 लाभार्थिंयों को लाभान्वित किया गया। उपनिदेशक खेल विभाग सुदेश धीमान ने आए हुए अतिथियों का स्वागत करते हुए जानकारी दी कि राज्यस्तरीय दिव्यांग प्रतिभा खोज खेल प्रतियोगिता-२०१९ में प्रदेश के 10 जिलों के लगभग 5 सौ खिलाडी भाग ले रहें है। उन्होने बताया कि दो दिवसीय प्रतियोगिता के दौरान बच्चों का पूर्णरूप से ध्यान रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि बच्चों के आने व जाने का पूरा खर्च विभाग द्वारा वहन किया जाएगा। इस अवसर पर जिला कल्याण अधिकारी अमरजीत डोगरा, जिला खेल अधिकारी श्यामलाल कौंडल, रविशंकर के अतिरिक्त तेजस्वी शर्मा, सुरेश नड्डा, मीना वर्मा, विभिन्न जिलों के कोच व अभिभावक उपस्थित रहे।
ड्स सप्ताह के उपलक्ष्य पर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंडी (अर्की) में कार्यकारी प्रधानाचार्य चन्दुराम सीमर के निर्देशन में कार्यक्रम अधिकारी दिनेश कुमार, हेमलता तथा एनएसएस के स्वयंसेवकों के द्वारा रैली के माध्यम से जन समूह को जागृत किया गया। इस रैली में विद्यालय के अन्य छात्रों एवं अध्यापकों ने भी अपना सहयोग दिया। इस अवसर पर ओम प्रकाश ने छात्रों को जागरूक किया तथा स्लोगन लेखन,प्रश्नोत्तरी, चित्र लेखन प्रतियोगिता आदि कार्यक्रमों का आयोजन भी किया गया। इस कार्यक्रम में एसीएफ दाडला द्वारा छात्रों को पेंटिंग सामग्री तथा जलपान व्यवस्था की गई।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दाड़लाघाट में कार्यकारी प्रधानाचार्य नरेंद्र ठाकुर की अध्यक्षता में विश्व एड्स दिवस मनाया गया। इस कार्यक्रम के अवसर पर विद्यालय में बच्चों ने कविता, नाटकों और भाषणों के माध्यम से एड्स के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया। प्रवक्ता शिवानी सोनी ने मंच का संचालन किया और विद्यार्थियों को विश्व एड्स दिवस मनाने के कारण व उद्देश्यों के बारे में विस्तार जानकारी प्रदान की। छात्रों को संबोधित करते हुए कार्यकारी प्रधानाचार्य नरेंद्र ठाकुर ने एचआईवी एड्स के प्रति जागरूकता फैलाने,उचित जानकारी व भ्रांतियों से दूर रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर उन्होंने नशा जैसी सामाजिक बुराई को जड़ से उखाड़ फेंकने और युवा पीढ़ी को बचाने का आह्वान किया।इस अवसर पर एनसीसी और एनएसएस के स्वयंसेवकों के साथ इको क्लब के छात्रों की जागरूकता रैली नरेंद्र ठाकुर ने रवाना की। यह जागरूकता रैली विद्यालय से अंबुजा चौक तक निकाली गई। इसमें छात्रों ने लोगों को एचआईवी एड्स और नशे से बचाने का आह्वान किया और समाज में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया। इस अवसर पर एनएसएस प्रभारी नरेंद्र व शिवानी सोनी और इको क्लब प्रभारी सुनीता सहित विद्यालय के सभी अध्यापक व बच्चे उपस्थित रहे।
डीएवी अम्बुजा विद्या निकेतन दाड़लाघाट में एड्स दिवस के मौके पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन हुआ। इस कार्यक्रम का आयोजन अंबुजा सीमेंट फाउंडेशन के सहयोग से स्कूल में करवाया गया। इसमें अंबुजा सीमेंट फाउंडेशन के अजीत कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को एड्स के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एड्स एक जानलेवा बीमारी है,जिसका हर व्यक्ति को संपूर्ण ज्ञान होना चाहिए। उन्होंने बताया कि एड्स संक्रमित मनुष्य के संपर्क में आने से तथा एचआईवी में ग्रसित व्यक्ति के खून से संपर्क होने पर फैलता है। अतः सावधानी ही इसका उपचार है। विश्व एड्स दिवस के मौके पर स्कूल में विद्यार्थियों के लिए एड्स के प्रभाव एवं बचाव के लिए पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों ने अपनी कला के माध्यम से एड्स से बचाव एवं सावधानियों को बताया। अंत में प्रधानाचार्य मुकेश ठाकुर ने बताया कि एड्स एक लाइलाज बीमारी है अतः सबको इसके बारे में जागरूक होना आवश्यक है।
राजकीय उच्च विद्यालय कशलोग में स्कूली बच्चों ने एड्स दिवस मनाया। स्कूली बच्चों ने विद्यालय परिसर से लेकर गांव कशलोग तक एड्स के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए एक रैली निकली। इस अवसर विवेकानंद सदन से पूजा शर्मा, सुभाष सदन से निशा व लक्ष्मीबाई सदन से हर्षिता ने एड्स दिवस पर भाषण के माध्यम से अपनेे विचार साँझा किए। नौवीं व दसवीं के छात्र व् छात्राओं ने एड्स विषय पर स्लोगन व पेंटिंग प्रतियोगिता में भाग लिया। विद्यालय की मुख्याध्यापिका रेखा राठौर ने एड्स के बारे में बच्चों को जानकारी दी। इस अवसर पर मुख्याध्यापिका रेखा राठौर, ललित कुमार गांधी, वीरेन्द्र कुमार, अशोक कुमार, अंजू देवी, हीरा गांधी, प्रोमिला देवी, कलावती, एसएमसी प्रधान सुनीता देवी व आंगनवाड़ी वर्कर सावित्री देवी सहित विद्यालय के अध्यापकगण व बच्चे मौजूद रहे।
प्रदेश महासचिव युवा कांग्रेस ठाकुर ने चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर एक सप्ताह के भीतर बिलासपुर के क्षेत्रीय अस्पताल में रिक्त पड़े डॉक्टरों के पदों को न भरा गया तथा कम से कम तीन मेडिसिन स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की नियुक्ति नहीं करवाई गई तो बिलासपुर युवा कांग्रेस एक उग्र आंदोलन चलाएगी ओर आंदोलन की जिमेवारी प्रदेश सरकार एवम जिला प्रशासन की होगी। ठाकुर बिलासपुर में पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने प्रदेश सरकार और स्वास्थ्य विभाग के ऊपर निशाना साधते हुए कहा है कि सरकार व विभाग को जनता की कोई फिक्र नहीं है। इस समय जिला बिलासपुर का क्षेत्रीय अस्पताल मात्र एक डिस्पेंसरी बनकर रह गया है। एक के बाद एक चिकित्सक स्थानांतरित होते जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में चार चिकित्सक यंहा से अन्य जिलों में स्थानांतरित हो गए है। क्षेत्रीय अस्पताल में मात्र एक मेडिसिन स्पेशलिस्ट अपनी सेवाएं दे रहे थे वह भी पिछले कल यंहा से रिलीव हो गए। आशीष ठाकुर ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जिला बिलासपुर की आबादी चार लाख से ज्यादा होने के बाबजूद यंहा लोग स्वास्थ्य सेवाओं के लिए दर -दर की ठोकरें खा रहे है। सबसे बड़ी शर्म की बात है कि पूर्व में रहे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री एवम वर्तमान कार्यकारी भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष भी इसी जिला से सम्बंधित है साथ में केंद्रीय राज्य वित्त मंत्री भी इसी लोकसभा से सम्बंधित है। साथ के साथ पूरे जिले में 3 विधायक भाजपा के है ओर मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार व ओएसडी भी इसी जिला से सम्बंधित हों। उन्होंने कहा कि इतने बड़े बड़े पदों पर आसीन होने के बाबजूद इन नेताओं को आम लोगों की कोई चिंता नही है। आशीष ठाकुर ने कहा कि की भाजपा मात्र वोट बैंक के लिए लोगों को छलती है इनकी कथनी और करनी में भी ज़मीन आसमान का फर्क है। चिकित्सक न होने का मुख्य असर गरीब लोगों को पड़ता है जो स्वास्थ्य लाभ लेने के लिए क्षेत्रीय अस्पताल का रुख करते हैं। ठाकुर ने कहा कि जिला बिलासपुर में सुचारु रूप से स्वास्थ्य सुविधाएं चलाने के लिए कम से कम तीन मेडिसिन स्पेशलिस्ट होने चाहिए जो रात दिन लोगों को अपनी सेवाएं दे सकें। देखने मे ऐसा आता है कि रात्रि सेवा में मेडिसिन स्पेसलिस्ट न होने की वजह से मरीजों को दूसरे जिला के अस्पतालों में रेफर कर दिया जाता है इससे गरीब लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। बिलासपुर जिला में मुख्यतः कृषक परिवार है जिनकी स्थिति आर्थिक रूप से बहुत सुदृढ़ नहीं है।
पंजाब में 2 से 6 दिसम्बर तक होने वाले राष्ट्रीय एकीकरण शिविर में भाग लेने के लिए स्काउट्स एंड गाइड्स हिमाचल प्रदेश की टीम रवाना हो चुकी है। जिला कुल्लू के 8 स्काउट्स, 8 गाइड्स के साथ मनोहर लाल ठाकुर, जिला संगठन आयुक्त(स्काउट्स), चंद्रकांता, जिला संगठन आयुक्त (गाइड्स) भटिंडा, इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। भारत स्काउट्स एंड गाइड्स हिमाचल प्रदेश की ये इकाई राष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेगी।
महासु जिला भाजपा अध्यक्ष पार्टी अपने कार्यकर्ताओं के साथ मुख्यमंत्री से उनके अधिकारिक निवास ‘ओक ओवर’ में भेंट की। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि शिमला जिला में भाजपा का जनाधार तेजी से बढ़ रहा है। पहले जहां भाजपा को कम आंका जाता था। वहीं लोक सभा चुनावों में पार्टी ने हर जगह बढ़त हासिल की। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं को श्रेय देते हुए कहा कि प्रदेश के लोगों से मिल रहे भरपूर सहयोग के कारण ही प्रदेश सरकार ने अपने लगभग दो वर्ष के कार्यकाल में विकास की दिशा में मजबूती से अपने कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सभी क्षेत्रों का संतुलित और तीव्र विकास कर रही है जिसके परिणाम सभी के सामने हैं। उन्होंने कहा कि इस कार्यकाल के दौरान सरकार ने विपक्ष को अपने खिलाफ कोई भी मुद्दा नहीं दिया है जिसके कारण विपक्ष के नेता बौखलाहट में हैं। मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं को अभी से एकजुटता के साथ संगठन को और मजबूत बनाने का आह्वान किया ताकि आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा का प्रदर्शन और बेहतर हो। जयराम ठाकुर ने महासु जिला अध्यक्ष चुने जाने पर अजय श्याम को बधाई दी।मुख्य सचेतक नरेंद्र बरागटा ने इस अवसर पर कहा कि मुख्यमंत्री ने शिमला जिला के सेब उत्पादकों की समस्याओं को समझा है और स्वयं एक बागवान होने के नाते उनके हितों के लिए कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शिमला जिला में भाजपा सुदृढ़ हुई है और शिमला नगर निगम, विधानसभा उप-चुनावों और लोक सभा चुनावों में महासू संगठनात्मक जिला ने महत्वूपर्ण योगदान दिया।चौपाल के विधायक बलवीर ठाकुर ने भी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और जिला के विकास को प्राथमिकता देने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
कुनिहार थाना क्षेत्र के साथ लगते सायरी चौकी क्षेत्र के शारडाघाट के पास एक कार गहरी खाई में गिरने से एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार गाड़ी नंबर एच पी_13_5588 ममलीग से कुनिहार की ओर आ रही थी, जो शारडाघाट के करीब गहरी खाई में जा गिरी जिसकी सूचना वहाँ के ग्रामीणों ने पुलिस को दी । सायरी व कुनिहार पुलिस कर्मी सूचना मिलते ही मौके पर पहुँच गई व पुलिस ने खाई में गिरी कार से व्यक्ति को निकाला व नजदीक नागरिक चिकित्सालय कुनिहार लाया गया। जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार कार चालक संदीप कुमार पुत्र बलदेव सिंह गांव सनेट डाकघर ममलीग तहसील कंडाघाट जिला सोलन व्यक्ति गाड़ी को चला रहा था। मामले की पुष्टि करते हुए डी एस पी हेडक्वाटर सोलन योगेश दत्त जोशी ने बताया कि सायरी पुलिस व कुनिहार पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
बहुचर्चित गुड़िया दुष्कर्म और मर्डर केस से जुड़े पुलिस लॉकअप सूरज मर्डर केस में करीब 2 साल से निलंबित 3 पुलिस अधिकारियों के निलंबन को रद्द करने के बाद उन्हें तैनाती दी गई है। इसमें आईपीएस अधिकारी जहूर एच.जैदी को हिमाचल प्रदेश वक्फ बोर्ड का नया सीईओ लगाया गया है। उनको इस पद पर तैनाती देने का निर्णय सिविल सिर्विसिज बोर्ड की बैठक में लिया गया। इसके अलावा एचपीपीएस अधिकारी डीडब्ल्यू नेगी को कमांडैंट होमगार्ड बिलासपुर और एचपीपीएस अधिकारी मनोज जोशी को छठी आईआरबी कोलर जिला सिरमौर में डीएसपी के पद पर तैनात किया गया है। गत दिनों तीनों अधिकारियों का निलंबन रद्द करने का निर्णय लिया गया था। इन तीनों अधिकारियों के निलंबन को रद्द करने के बाद मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा था कि इससे मामले पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने गुडिय़ा के परिजनों की तरफ से लगाई गई गुहार को देखते हुए मामले में प्रदेश सरकार की तरफ से हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया है। उनका कहना है कि प्रदेश सरकार इसका अध्ययन करेगी कि इस मामले में क्या किया जा सकता है । प्रदेश सरकार की तरफ से 7 अन्य एचपीपीएस पुलिस अधिकारियों को भी तबदील किया गया है।
नई कार्य योजनाओं के साथ एचआईवी से निपटने के लिए प्रदेश सरकार प्रयासरत है। वर्ष 2030 तक एचआईवी का अंत करने तथा वर्ष 2020 तक 90 प्रतिशत एचआईवी से ग्रसित व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें उपचार सुविधा से जोड़ने के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री विपिन सिंह परमार ने पीटरहाॅफ में राज्य स्तरीय एड्स दिवस के कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि एचआईवी मुक्त हिमाचल वर्ष 2030 तक बनाने के लिए जागरूकता व जांच उपचार के लिए और अधिक सक्रिय कार्यक्रम चलाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कुल 45 एकीकृत परामर्श एवं जांच केंद्र इस दिशा में कार्य कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य केंद्रों में भी एचआईवी जांच सुविधा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में 20 यौण रोग उपचार केंद्र कार्य कर रहे हैं, जिसमें रंगीन कीटों के माध्यम से रोगियों का उपचार किया जा रहा है। 15 गैर सरकारी संस्थाओं के माध्यम के 10 जिलों में उच्च जोखिम पूर्ण समूह के लिए लक्षित हस्तक्षेप परियोजनाएं चलाई जा रही है। एड्स के साथ जी रहे व्यक्ति को एंटी रेट्रोवायरल दवाइयां एंटी रेट्रोवायरल केंद्रों द्वारा दी जा रही है। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश में 14 ब्लड बैंकों व 3 रक्त पृथ्वीकरण इकाइयों द्वारा प्रदेश को सुरक्षित रक्त उपलब्ध करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसी भी विचार को अभियान में बदलने के लिए जन सहभागिता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने युवाओं में बढ़ती हुई नशाखोरी पर चिंता जताते हुए इसकी रोकथाम के लिए सभी के प्रयासों की अपेक्षा की। उन्होंने कहा कि भारत युवाओं का देश है और इस देश में नशे जैसी वृत्ति की जड़ों को समूल नष्ट करने की आवश्यकता है ताकि युवाओं की साहस और शक्ति को राष्ट्र के रचनात्मक कार्यों की ओर मोड़ा जा सके। उन्होंने कहा कि हमें एड्स से ग्रसित लोगों के प्रति प्रेम भाव व सहयोग की भावना अपनानी चाहिए। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने एड्स के प्रति जागरूकता प्रदान करती रैली को पीटरहाॅफ से रवाना किया। उन्होंने बताया कि पूरे शिमला नगर में एड्स जागरूकता एवं जानकारी का संदेश इस रैली द्वारा दिया जाएगा। रैली में शिमला नगर के विभिन्न स्कूल, काॅलेज व अन्य संस्थाओं के लगभग 1200 छात्र-छात्राएं सम्मिलित थे। उन्होंने आज स्वेच्छिक संस्था प्रार्थना व एचडीएफसी बैंक के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित रक्तदान शिविर का भी उद्घाटन किया। उन्होंने राज्य एड्य नियंत्रण सोसायटी द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का उद्घाटन व अवलोकन किया। कार्यक्रम में निदेशक स्वास्थय डाॅ. अजय कुमार गुप्ता ने स्वागत संबोधन में विभागीय आधार पर एड्स नियंत्रण के संबंध में किए जा रहे प्रयासों से अवगत करवाया। इस अवसर पर एड्स जागरूकता से संबंधित प्रश्न भी छात्र-छात्राओं से पूछे गए। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में शिमला नगर के राजकीय कन्या महाविद्यालय नर्सिग काॅलेज, राजकीय महाविद्यालय संजौली, फाइन आर्ट काॅलेज, सैंट बिड्स काॅलेज, संस्कृत काॅलेज, आईटीआई शिमला, कोटशेरा काॅलेेज के छात्र-छात्राओं ने एड्स केे बचाव का संदेश प्रदान करते हुए भाषण नुक्कड़ नाटक समूह गीत स्किट व अन्य कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इस अवसर पर संयुक्त निदेशक डाॅ. आरके दरोच ने मुख्यातिथि का पधारने पर आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम की सफलता के लिए सभी की धन्यवाद किया। कार्यक्रम में आईजीएमसी प्रधानाचार्य डाॅ. मुकंद लाल, वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. जनक राज, मानसिक अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. पाठक के अतिरिक्त हिमाचल प्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण समिति के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
राजकीय महाविद्यालय सोलन की रोवर रेंजर इकाई द्वारा पाइनरिंग के माध्यम से रोवर्स द्वारा गेट तैयार किया गया। इस कार्य में 4 रोवर्स रोहित कुमार, एकराज, आकाश ठाकुर, अभिषेक ठाकुर ने भाग लिया महाविद्यालय के अध्यापकों ने इकाई के कार्य की प्रशंसा की।
सहायक आयुक्त भानु गुप्ता ने जिला में कार्यरत विभिन्न विभागों से आग्रह किया है कि वे ग्राम स्तर तक जागरूकता शिविरों के माध्यम से लोगों को प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना तथा राष्ट्रीय पैंशन योजना (एनपीएस) की जानकारी प्रदान करें। भानु गुप्ता गत सांय यहां प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन तथा राष्ट्रीय पैंशन योजना के तहत गठित जिला स्तरीय अनुश्रवण समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। भानु गुप्ता ने कहा कि राष्ट्रीय पैंशन योजना तथा प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के विषय में लोगों को जागरूक किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि असंगठित कामगारों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना अत्यन्त महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि व्यावसायियों एवं स्वरोजगारियों के लिए राष्ट्रीय पैंशन योजना लाभदायक है। सहायक आयुक्त ने कहा कि प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के लिए लोकमित्र केंद्रों में निःशुल्क पंजीकरण किया जाता है। पंजीकरण के लिए आधार कार्ड, बचत बैंक खाता अथवा जनधन खाता एवं मोबाइल नंबर होना आवश्यक है। योजना के तहत घरेलू कामगार, बोझ उठाने वाले, भट्टे पर काम करने वाले, मोची, कचरा उठाने वाले, धोबी, फेरी वाले, कृषक कामगार, भवन एवं निर्माण कामकार, हस्तकला-हथकरघा कामगार, चर्म कामगार, ऑडियो-वीडियो कार्य करने वाले, मिड-डे मील कार्यकर्ता, स्वरोजगार, मनरेगा व अन्य व्यवसायों में कार्यरत व्यक्ति पात्र है। योजना का लाभ उठाने के लिए व्यक्ति की आयु 18 से 40 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। व्यक्ति की अधिकतम मासिक आय 15 हजार रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ईएसआई ईपीएफ, आयकर दाता व पैंशनधारी योजना के पात्र नहीं है। योजना के तहत पंजीकृत कामगार को 60 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर 3000 रुपये प्रति माह पैंशन सुनिश्चित बनाई जाएगी। पंजीकृत कामगार की मृत्यु के उपरांत उसके आश्रित पति अथवा पत्नी को 50 प्रतिशत पैंशन प्राप्त होगी। योजना का लाभ उठाने के लिए आयु के अनुसार न्यूनतम 55 रुपये तथा अधिकतम 200 रुपये का मासिक अंशदान करना होगा। मासिक अंशदान के बराबर का भाग भारत सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। भानु गुप्ता ने कहा कि राष्ट्रीय पैंशन योजना के तहत 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग के व्यवासायी एवं स्वरोजगारी पात्र हैं। योजना की अन्य शर्तें प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के समकक्ष है। इस अवसर पर भारतीय प्रशासिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी डॉ. निधि पटेल, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी राजेंद्र गौतम, श्रम अधिकारी जितेंद्र बिंद्रा, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. राजेंद्र शर्मा, अन्य अधिकारी, व्यापार मंडल सोलन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
नई कार्य योजनाओं के साथ एचआईवी से निपटने के लिए प्रदेश सरकार प्रयासरत है। वर्ष 2030 तक एचआईवी का अंत करने तथा वर्ष 2020 तक 90 प्रतिशत एचआईवी से ग्रसित व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें उपचार सुविधा से जोड़ने के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री विपिन सिंह परमार ने रविवार को पीटरहाॅफ में राज्य स्तरीय एड्स दिवस के कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि एचआईवी मुक्त हिमाचल वर्ष 2030 तक बनाने के लिए जागरूकता व जांच उपचार के लिए और अधिक सक्रिय कार्यक्रम चलाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कुल 45 एकीकृत परामर्श एवं जांच केंद्र इस दिशा में कार्य कर रहे है। इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य केंद्रों में भी एचआईवी जांच सुविधा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में 20 यौण रोग उपचार केंद्र कार्य कर रहे हैं, जिसमें रंगीन कीटों के माध्यम से रोगियों का उपचार किया जा रहा है। 15 गैर सरकारी संस्थाओं के माध्यम के 10 जिलों में उच्च जोखिम पूर्ण समूह के लिए लक्षित हस्तक्षेप परियोजनाएं चलाई जा रही है। एड्स के साथ जी रहे व्यक्ति को एंटी रेट्रोवायरल दवाइयां एंटी रेट्रोवायरल केंद्रों द्वारा दी जा रही है। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश में 14 ब्लड बैंकों व 3 रक्त पृथ्वीकरण इकाइयों द्वारा प्रदेश को सुरक्षित रक्त उपलब्ध करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसी भी विचार को अभियान में बदलने के लिए जन सहभागिता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने युवाओं में बढ़ती हुई नशाखोरी पर चिंता जताते हुए इसकी रोकथाम के लिए सभी के प्रयासों की अपेक्षा की। उन्होंने कहा कि भारत युवाओं का देश है और इस देश में नशे जैसी वृत्ति की जड़ों को समूल नष्ट करने की आवश्यकता है ताकि युवाओं की साहस और शक्ति को राष्ट्र के रचनात्मक कार्यों की ओर मोड़ा जा सके। उन्होंने कहा कि हमें एड्स से ग्रसित लोगों के प्रति प्रेम भाव व सहयोग की भावना अपनानी चाहिए। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने आज एड्स के प्रति जागरूकता प्रदान करती रैली को पीटरहाॅफ से रवाना किया। उन्होंने बताया कि पूरे शिमला नगर में एड्स जागरूकता एवं जानकारी का संदेश इस रैली द्वारा दिया जाएगा। रैली में शिमला नगर के विभिन्न स्कूल, काॅलेज व अन्य संस्थाओं के लगभग 1200 छात्र-छात्राएं सम्मिलित थे। उन्होंने स्वेच्छिक संस्था प्रार्थना व एचडीएफसी बैंक के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित रक्तदान शिविर का भी उद्घाटन किया। उन्होंने राज्य एड्य नियंत्रण सोसायटी द्वारा लगाई गई प्रदर्षनी का उद्घाटन व अवलोकन किया। कार्यक्रम में निदेशक स्वास्थय डाॅ. अजय कुमार गुप्ता ने स्वागत संबोधन में विभागीय आधार पर एड्स नियंत्रण के संबंध में किए जा रहे प्रयासों से अवगत करवाया। इस अवसर पर एड्स जागरूकता से संबंधित प्रश्न भी छात्र-छात्राओं से पूछे गए। उन्होंने बताया कि रविवार के कार्यक्रम में शिमला नगर के राजकीय कन्या महाविद्यालय नर्सिग काॅलेज, राजकीय महाविद्यालय संजौली, फाइन आर्ट काॅलेज, सैंट बिड्स काॅलेज, संस्कृत काॅलेज, आईटीआई शिमला, कोटशेरा काॅलेेज के छात्र-छात्राओं ने एड्स केे बचाव का संदेश प्रदान करते हुए भाषण नुक्कड़ नाटक समूह गीत स्किट व अन्य कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इस अवसर पर संयुक्त निदेशक डाॅ. आरके दरोच ने मुख्यातिथि का पधारने पर आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम की सफलता के लिए सभी की धन्यवाद किया। कार्यक्रम में आईजीएमसी प्रधानाचार्य डाॅ. मुकंद लाल, वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. जनक राज, मानसिक अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. पाठक के अतिरिक्त हिमाचल प्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण समिति के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल 02 दिसम्बर, 2019 को सोलन जिला के परवाणू के प्रवास पर रहेंगे। डॉ. सैजल इस दिन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के परवाणू प्रवास में उनके साथ रहेंगे।
अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सोलन गुरमीत कौर ने कहा कि एड्स जैसी घातक बीमारी से बचाव के लिए जागरूकता सर्वोत्तम है। गुरमीत कौर रविवार को विश्व एड्स दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग सोलन द्वारा सलोगड़ा की बरड़ बस्ती में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही थी। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने कहा कि सभी को स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा एड्स रोग के विषय में प्रदान की जा रही जानकारी से लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी जानकारी को सदैव स्मरण रखना चाहिए और बचाव के लिए बताए गए उपायों का पालन करना चाहिए। उन्होंने इस अवसर पर विभिन्न कानूनों की जानकारी प्रदान की। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मुक्ता रस्तोगी ने इस अवसर पर उपस्थित लोगों को एड्स के कारण, लक्षण व इसके बचाव की सम्पूर्ण जानकारी प्रदान की। उन्होंने एड्स पीडि़तों के लिए प्रदेश सरकार द्वारा उपलब्ध करवाई जा रही सुविधाओं के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि एड्स एक जानलेवा बीमारी है। मूलतः असुरक्षित यौन संबंध बनाने से एड्स के जीवाणु शरीर में प्रवेश कर जाते हैं। इस बीमारी का काफी देर बाद पता चलता है। रोगी भी एचआईवी टेस्ट के प्रति सजग नहीं रहते, इसलिए अन्य बीमारी का भ्रम बना रहता है। उन्होंने कहा कि बिना जाँच का खून किसी को देने से भी एचआईवी वायरस स्वस्थ व्यक्ति के शरीर में प्रवेश करता है। नशाखोरी करने वाले लोग भी एड्स से ग्रस्त हो सकते है। क्योंकि वे नशे के लिए एक दूसरे की सिरिंज का उपयोग करते है। इनमें कई एड्स पीडि़त हो सकते है। इस अवसर पर एड्स के संबंध में एक प्रश्नोत्तरी भी आयोजित की गई। प्रश्नोत्तरी के प्रतिभागी मोनिका, प्रोमिला, विजय चौहान, कृष्णा, प्रीति, रीना, आशा फुलमा, तुलना व मीरा को पुरस्कृत किया गया। स्वास्थ्य शिक्षिक मीना चौहान, आईसीटीसी परामर्शदाता कृतिका तोमर ने भी लोगों को एड्स की जानकारी प्रदान की। शिविर में लगभग 100 लोग उपस्थित रहे। कंडाघाट समग्र विकास समिति नामक स्वयंसेवी संस्था का शिविर के आयोजन में विशेष योगदान रहा।
क्षेत्रीय अस्तपाल सोलन में टेढ़े-मेड़े पैरों (क्लब फुट रोगों) का अब निःशुल्क उपचार उपलब्ध होगा। यह उपचार मिरेकल फीट इंडिया संस्था के सहयोग से उपलब्ध करवाया जाएगा। यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन डॉ. राजन उप्पल ने दी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि गत दिवस मिरेकल फीट इंडिया व क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के वरिष्ठ चिकित्सकों के मध्य एक बैठक आयोजित की गई इसमें टेढ़े-मेड़े पैरों के उपचार के संबंध में चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि चिकित्सा विज्ञान में इस तरह की बीमारी के सही कारण का पता नहीं लग पाया है। इस बीमारी को लेकर विशेषज्ञों का अलग-अलग मत है। डॉ. उप्पल ने कहा कि अल्ट्रासाउंड द्वारा भी इस रोग का पता लगाया जा सकता है। ऐसा माना जाता है कि गर्भावस्था के समय गर्भस्थ शिशु की स्थिति सही न होने के कारण बच्चों के पैरा खराब हो जाते हैं। आधुनिक खान-पान को भी इस बीमरी की बड़ी वजह माना गया है। उन्होंने कहा कि कुछ चिकित्सक यह राय भी रखते है कि गर्भ में जुड़वां शिशु होने की दशा में इस बीमारी का खतरा अधिक रहता है। मिरेकल फीट इंडिया संस्था के शाखा प्रबंधक रंजोध सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अन्तर्गत क्लब फुट क्लीनिक की शुरूआत की गई है तथा क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में यह क्लीनिक प्रत्येक शनिवार को कार्य करेगी। उन्होंने कहा कि मिरेकल फीट इंडिया संस्था द्वारा बच्चों को निःशुल्क जूते भी उपलब्ध करवाएं जाएंगे। जिले के अन्य क्षेत्रों में भी लोगों को इस विषय में परामर्श दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि क्लब फुट के जितने भी रोग क्लब फुट क्लीनिक में आएंगे उनका मिरेकल फीट इंडिया संस्था तथा स्वास्थ्य विभाग की द्वारा निःशुल्क उपचार किया जाएगा। उन्होंने सोलन जिला की जनता से आग्रह किया है कि टेडे़-मेड़े पैरों के रोग से पीडि़त बच्चों को क्षेत्रीय अस्पताल सोलन लाएं ताकि उचित उपचार किया जा सके।
वन, परिवहन, युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन को विश्वविद्यालय में पारिस्थितीकीय पर्यटन परियोजना की दिशा में कार्य करना चाहिए। गोविंद सिंह ठाकुर रविवार को डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन के 35वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे थे। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में पारिस्थितीकीय पर्यटन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। वानिकी गतिविधियों का केंद्र होने के कारण यह विश्वविद्यालय इस दिशा में महत्वपूर्ण कार्य कर सकता है। उन्होंने कहा कि वन विभाग और विश्वविद्यालय में इस दिशा में संयुक्त रूप से कार्य करना होगा। स्थापित होने पर यह परियोजना विश्वविद्यालय के लिए आर्थिक दृष्टि से अत्यन्त लाभदायक सिद्ध हो सकती है। प्रदेश सरकार इस दिशा में विश्वविद्यालय को पूर्ण सहयोग प्रदान करेगी। वन मंत्री ने कहा कि यह विश्वविद्यालय प्रदेश में बागवानी एवं वानिकी की दिशा में अनुसंधान के माध्यम से मील का पत्थर साबित हुआ है। उन्होंने युवा वैज्ञानिकों को सलाह दी कि वे अपने ज्ञान को क्षेत्रीय स्तर तक पहुंचाएं ताकि किसान एवं बागवान इससे लाभान्वित हो सकें। उन्होंने कहा कि हाल ही में विश्वविद्यालय द्वारा बिरोजा निकालने के लिए विकसित बोर होल प्रणाली इस दिशा में महत्वपूर्ण पग है। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि वर्तमान में हिमाचल प्रदेश में बाह्य सहायता प्राप्त एवं विश्व बैंक द्वारा वित्त पोषित अनेक परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। इनमें से अनेक परियोजनाएं कृषि, बागवानी एवं वानिकी गतिविधियों पर आधारित है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भविष्य में यह सुनिश्चित बनाएगी कि इन परियोजनाओं में विश्वविद्यालय की भागीदारी हो। ऐसी सभी बैठकों में विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों की उपस्थिति भी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस विश्वविद्यालय का आईसीआर रैकिंग में 12वां स्थान है। उन्होंने इसे सराहनीय बताते हुए रैकिंग में और सुधार लाने का प्रयास करने का आग्रह किया। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि विश्वविद्यालय को प्राकृतिक खेती को लोकप्रिय बनाने की दिशा में कार्य करना होगा ताकि किसान की आर्थिकी को संबल प्रदान कर लोगों को सुरक्षित कृषि एवं बागवानी उत्पादन उपलब्ध करवाएं जा सकें। उन्होंने विश्वविद्यालय में खेल मैदान के लिए एक करोड़ रूपये प्रदान करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में हॉकी खेल के लिए एस्टो टर्फ मैदान स्थापित करने का मामला केंद्र सरकार से उठाया जाएगा। उन्होंने युवाओं से फिट इंडिया मूवमेंट में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने तथा नशे से दूर रहने का आह्वान किया। परिवहन मंत्री ने इस अवसर पर सभी से आग्रह किया कि यातायात नियमों का पूर्ण पालन करें और प्रदेश में दुर्घटनाओं में कमी लाने के प्रदेश सरकार के प्रयासों में सहभागी बनें। गोविंद सिंह ठाकुर ने इस अवसर पर विश्वविद्यालय की पांच पुस्तकों का विमोचन भी किया। इस अवसर पर प्रदेश के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय, मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर तथा कृषि मंत्री डॉ. रामलाल मारकण्डा के वीडियो बधाई संदेश भी दिखाए गए। गोविंद सिंह ठाकुर ने इस अवसर पर इस विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त विभूतियों को सम्मानित किया। उन्होंने भारतीय वन सेवा के विवेक आचार्य, भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी एवं वर्तमान में पुलिस अधीक्षक मण्डी गुरदेव शर्मा, प्रदेश प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी डॉ. अश्वनी शर्मा, बेयर कॉरपरेशन के क्षेत्रीय प्रबंधक प्रवीण शर्मा, पेस्टिसाइड इंडिया के उपाध्यक्ष डॉ. विश्वनाथ गाडे़, आईपी सोल्यूशन्स की संस्थापक एवं सीईओ बिन्दू शर्मा को सम्मानित किया। सोलन के विधायक डॉ. कर्नल धनीराम शांडिल ने छात्रों का आह्वान किया कि वे जल संरक्षण की दिशा में कार्य करें। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्र अपने अनुभवों को खेतों तक पहुंचाए ताकि कृषि क्षेत्र को और सुदृढ़ किया जा सके। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. परविंद्र कौशल ने कहा कि विश्वविद्यालय पौधों के रूट स्टॉक और बीज की मांग को पूरा करने के लिए प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में 85 लाख रुपये की लागत से प्रशिक्षण एवं कौशल विकास केंद्र स्थापित किया गया है। यह केंद्र कृषकों के लिए अत्यन्त लाभदायक सिद्ध हुआ है। इस अवसर राज्य खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया, जिला परिषद सदस्य शीला, भाजपा जिला महामंत्री नरेंद्र ठाकुर, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी विवेक चंदेल, कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर के डॉ. अशोक कुमार सरयाल, डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन के पूर्व कुलपति डॉ. एचसी शर्मा, डॉ. जगमोहन सिंह, शूलिनी विश्वविद्यालय के कुलपति पीके खोसला सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति, विश्वविद्यालय के प्राध्यापक एवं छात्र उपस्थित थे।
संयुक्त व्यापार मंडल के कार्यकारी अध्यक्ष नरेंद्र पंडित ने कहा है कि एक जनवरी से बिलासपुर के क्षेत्रीय अस्पताल में गरीब एवं असहाय लोगों की सहायता के लिए संयुक्त व्यापार मंडल की ओर से एक व्यक्ति की तैनाती की जा रही है जो अस्पताल में आने वाले असहाय लोगों की हर प्रकार से सहायता करेगा वही कम पढ़े लिखे लोगों को भी विभिन्न प्रकार की जानकारी उपलब्ध करवाएगा। नरेंद्र पंडित कार्यभार संभालने के बाद बिलासपुर में पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले पूर्व अध्यक्ष स्वतंत्र सांख्यान ने कहा कि उन्होंने स्वेच्छा से इस पद को छोड़ा है क्योंकि उन्हें भारतीय जनता पार्टी ने जिला अध्यक्ष की जिम्मेवारी सौंपी है। उन्होंने कहा कि संयुक्त व्यापार मंडल सभी दलों और व्यक्तियों के संयुक्त संस्था है और वह नहीं चाहते कि इसमें किसी भी तरह का राजनीतिक दखल हो। उन्होंने बताया कि व्यापार मंडल के सभी सदस्य उन्हें अपने साथ चलने के लिए मजबूर करते रहे लेकिन उन्होंने इस आग्रह को स्वीकार नहीं किया क्योंकि वह इससे व्यापार मंडल पर किसी प्रकार की राजनीतिक दृष्टि नहीं पड़ने देना चाहते। उन्होंने कहा कि 2 साल पहले संयुक्त व्यापार मंडल का गठन बिलासपुर में हुआ था और विभिन्न प्रकार की उपलब्धियां संयुक्त व्यापार मंडल की रही है। उन्होंने बताया कि लगभग सभी विभागों से समन्वय स्थापित करते हुए व्यापारियों के लिए कार्य शालाओं का आयोजन भी किया गया है। उन्होंने कहा कि संयुक्त व्यापार मंडल का गठन व्यापारियों को जोड़ने के लिए हुआ है अगर सभी एकजुट हो तो किसी भी प्रकार की समस्या व्यापारियों के लिए नहीं आ सकती। उन्होंने सभी व्यापारियों से आग्रह किया कि वह आधुनिकता को अपनाते हुए अपने आप को अपडेट करें। इससे पहले व्यापार मंडल के महासचिव हुसैन अली ने उपरोक्त जानकारी दी। उन्होंने बताया कि शनिवार को संयुक्त व्यापार मंडल की बैठक सागर व्यू होटल में आयोजित की गई थी, इसमें सर्वसम्मति से कार्यकारी अध्यक्ष के लिए नरेंद्र पंडित का नाम प्रस्तावित किया और सब ने इसे पारित किया। इस अवसर पर संगठन सचिव नगीन चंद्र, संदीप नड्डा, रशिम महाजन सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।
आधुनिक एवं आध्यात्मिक शिक्षा के हब बडू साहिब मे कलगीधर ट्रस्ट द्वारा संचालित उतर भारत के एकमात्र कन्या इंटरनल विश्वविद्यालय में रविवार से बोद्विक संपदा अधिकारो का महत्व विषय पर तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का आयोजन भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्यौग मंत्रालय नियंत्रक जनरल पेटेट डिजाईन व्यापार ट्रेड मार्क कार्यालय के सौजन्य से आई पी आर सैल द्वारा पी एच डी चैबर आफ कार्मस एवं इंडस्ट्री के सहयोग से किया गया। तीन दिवसीय इस कार्यशाला का शुभारंम सतनाम कौर द्वारा किया गया। इसमें प्रमुख वक्ताओं जैसे माननीय कुलपति, प्रो. एचएस धालीवाल और यूनाइटेड आईपीआर के सुदर्शन कुमार शामिल थे। मुख्य वक्ता के रूप में आईपीओ नई दिल्ली कार्यालय से पेटेंट डिजाइन और ट्रेडमार्क के नियंत्रक महानिदेशक डॉ. राजू तिवारी द्वारा दिया गया। इसके बाद अनिल सौंखला, उप-निदेशक निदेशक, क्षेत्रीय कार्यालय, शिमला, PHDCCI द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया। पहला तकनीकी सत्र बौद्धिक संपदा - संकल्पना, पहचान और निर्माण पर था। इसने बौद्धिक संपदा अधिकारों के सभी रूपों और पेटेंट, कॉपिराइट्स, ट्रेडमार्क और सेवा के निशान, भौगोलिक संकेतक, औद्योगिक डिजाइन, व्यापार रहस्य, प्लांट वैरायटी, अर्ध-कंडक्टर एकीकृत सर्किट जैसे महत्वपूर्ण बुनियादी डिजाइन को कवर किया। डॉ। राजू तिवारी द्वारा संचालित दूसरा तकनीकी सत्र, भारत में पेटेंट व्यवस्था पर था, जिसमें आईपी को भरने के लिए वैधानिक प्रक्रिया और आवश्यकताओं को शामिल किया गया था। व्यापक विषयों में पेटेंट, डिजाइन, ट्रेडमार्क शामिल होंगे। तीसरा सत्र आईपी के व्यावसायीकरण और उद्योग में प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के मुद्दों पर केंद्रित था। इस सत्र में दुनिया भर के व्यावसायीकरण और आईपी पोर्टफ़ोलियो / केस स्टडीज की परियोजनाओं की आवश्यकता पर चर्चा की गई, जो सफल रही हैं और राइट्स ओनर को लाभ पहुंचाया है। व्यापक विषयों में व्यावसायीकरण- अवधारणा, मॉडल और सफलता की कहानियां शामिल थीं। चौथा और अंतिम सत्र डॉ। मंदिरा रॉय द्वारा दिया गया था, और यह भारत में कॉपीराइट पर था। स्पीकर ने भारत में अवधारणा, कानूनी ढांचे, फाइलिंग प्रक्रिया और कॉपीराइट कानून के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की। यह सफल कार्यशाला एक खुली मंजिल सत्र और सभी के बीच एक नेटवर्क के लिए और विचारों का आदान-प्रदान करने और बौद्धिक संपदा अधिकारों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
हिमाचल प्रदेश वन विभाग परियोजना कर्मचारी महासंघ ने सोसाइटी के उच्च अधिकारियों के ऊपर कुछ शरारती तत्वों के द्वारा की गई झूठी शिकायतों की कडे शब्दों में निंदा की है। उन्होंने प्रदेश सरकार व उच्च अधिकारियों के द्वारा सोसाइटी के कर्मचारियों के लिए स्थाई व ठोस नीति बनाये जाने का आग्रह किया है। यह बैठक बिलासपुर में रविवार को आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता महासंघ की प्रधान सुषमा यादव ने की। इस बैठक में बिलासपुर के अलावा कूल्लू, धर्मशाला, हमीरपुर, नुरपूर, बिलासपुर व मण्डी के सभी सदस्यों ने भाग लिया। इस बैठक में कार्यकारिणी की सचिव कल्पना ने अपना सचिव पद से इस्तीफा दिया और सर्व सहमति से अमर जीत सिंह सन्धू को राज्य स्तरीय महासंघ का सचिव नियुक्त किया गया। वैठक में अगामी रणनीति के वारे में विचार विमर्श किया गया। बैठक में मौजूद पदाधिकारियों ने 19 अप्रैल, 2017 में बनाई गई पॉलिसी के आधार पर जो वेतन वृद्धि होनी थी, उसके बारे में हिमाचल प्रदेश सरकार व वन विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की गई। इसमें उन्हें प्रदेश सरकार व वन विभाग के उच्च अधिकारियो की ओर से आश्वासन दिया गया कि जल्द ही महासंघ की लंबित पड़ी मागों को योजनाबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा जिसके लिए कर्मचारी महासंघ के सदस्य प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर व वन मंंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर के अभारी रहेगें। राज्य स्तरीय महासंघ के प्रधान सुषमा यादव ने प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर व वनमंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर से कर्मचारियों के हर संभव सहायता की उम्मीद की है।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने कहा कि राज्य में ग्रामीण स्तर पर बेहतर सम्पर्क सुविधा प्रदान करने के दृष्टिगत इस वर्ष प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत 500 किलोमीटर नई सड़कों का निर्माण किया जा रहा है। डॉ. सैजल सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू में बायला से संधोग वाया मंझोल संपर्क मार्ग पर प्रदेश पथ परिवहन निगम की बस को हरी झण्डी दिखाने के उपरांत उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। इस बस सुविधा के आरम्भ होने से क्षेत्र के बायला, रानी गांव, बुद्धो, मंझोल, पनोग व संधोग गांव के लगभग 700 परिवार लाभान्वित होंगे। डॉ. सैजल ने इस अवसर पर कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी प्रदेश में सड़कें विशेष रूप से ग्रामीण स्तर पर लोगों के जीवन और आर्थिकी में भाग्य रेखा का कार्य करती हैं। सड़कों के माध्यम से हमारे किसान मंडियों तक अपनी फसल पहुंचाते हैं और छात्रों को आने-जाने की बेहतर सुविधा उपलब्ध होती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सभी गांवों तक बेहतर सड़क सुविधा पहुंचाने के लिए कृतसंकल्प है। इस दिशा में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना तथा मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना विशेष रूप से लाभदायक सिद्ध हो रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत इस वित्त वर्ष में 500 किलोमीटर नई सड़कों के निर्माण के साथ-साथ 1000 किलोमीटर लंबी सड़कों की मेटलिंग तथा टारिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत इस वर्ष राज्य में 600 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि अपने क्षेत्र में आ रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर ध्यान रखना सबका उत्तरदायित्व है। डॉ. सैजल ने कहा कि ग्रामीणों को अपने-अपने क्षेत्र में युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए संकल्पित होना होगा। उन्होंने कहा कि नशा युवा पीढ़ी का सबसे बड़ा दुश्मन है और युवाओं को नशे से दूर रखकर ही प्रदेश तथा देश की उन्नति में सहायक बनाया जा सकता है। सहकारिता मंत्री ने कहा कि क्षेत्र में लोगों को पेयजल समस्या को शीघ्र दूर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बनासर पेयजल योजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट शीघ्र तैयार कर स्वीकृति के लिए प्रेषित की जाएगी। उन्होंने इस संबंध में सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियांे को उचित दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने इस अवसर पर जनसमस्याएं सुनीं और अधिकारियों को इनके उचित निराकरण के निर्देश दिए। एपीएमसी सोलन के अध्यक्ष संजीव कश्यप, भाजपा मंडल कसौली के अध्यक्ष कपूर सिंह वर्मा, सचिव कृपाल सिंह, किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य राजकुमार सिंगला, पूर्व प्रधान उपेंद्र शर्मा, पूर्व उपप्रधान हीरा सिंह, संतराम, चैन सिंह, उपमण्डलाधिकारी सोलन रोहित राठौर, पुलिस उपाधीक्षक योगेश रोल्टा, तहसीलदार कसौली कपिल तोमर, लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता राजेश कुमार सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण इस अवसर पर उपस्थित थे।
मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी की महिला खिलाड़ियों ने एक और उपलब्धि हासिल कर ली है। इसी कड़ी में अब एक बार फिर इस मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी की 6 महिला खिलाड़ी भारतीय महिला हैंडबॉल टीम में जगह बनाने में सफल हुई है। यह जानकारी मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी की संचालिका कोच स्नेहलता ने दी। उन्होंने बताया कि भारतीय हैंडबॉल संघ के महासचिव आनंदेश्वर पांडे द्वारा जारी लिस्ट में आगामी 1 से 10 दिसंबर तक नेपाल के काठमांडू में आयोजित होने वाली 13 वी साउथ एशियन गेम्स की हैंडबॉल स्पर्धा में भाग लेने वाली 16 सदस्यीय भारतीय महिला टीम में मोरसिंघी की 6 खिलाड़ियों का चयन हुआ है । नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान पटियाला में लगे भारतीय महिला हैंडबाल टीम के प्रशिक्षण शिविर में 23 महिला खिलाड़ियों में 8 खिलाड़ी मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी की थी। प्रशिक्षण शिविर में शानदार खेल प्रदर्शन के दम पर 6 खिलाड़ियों का चयन अब भारतीय टीम में हुआ है। हैंडबाल फेडरेशन ऑफ इंडिया व नेताजी सुभाष राष्ट्रीय खेल संस्थान पटियाला के चीफ कोच मोहिंदर पाल, हैंडबाल कोच सचिन चौधरी व सोना दुबे से इन खिलाड़ियों ने हैंडबॉल की बारीकियां सीखी। जिसके दम पर इनका चयन भारतीय टीम में हुआ है। स्नेहलता ने बताया कि भारतीय महिला हैंडबॉल टीम में अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी निधि शर्मा, दीक्षा ठाकुर, मेनिका पाल,प्रियंका ठाकुर , दीपशिखा व शालिनी ठाकुर को जगह मिली है। बता दें कि निधि शर्मा, दीक्षा ठाकुर व प्रियंका ठाकुर गत वर्ष अगस्त में जकार्ता के इंडोनेशिया में हुई एशियन गेम्ज़ में भारतीय महिला टीम का प्रतिनिधित्व कर चुकी है। इसके अलावा प्रियंका ठाकुर हाल ही लखनऊ में हुई सब जूनियर एशियन गेम्ज़ में भारतीय टीम की कप्तान रह चुकी है। शालिनी ठाकुर तथा दीपशिखा एशियन गेम्ज़ के प्रशिक्षण शिविर में प्रशिक्षण प्राप्त कर चुकी है। इसके अलावा मेनिका पाल जूनियर भारतीय महिला टीम की कप्तान रह चुकी है। मेनिका की कप्तानी में टीम ने स्वर्ण पदक जीता था। मोरसिंघी पंचायत प्रधान जगदीश ठाकुर, आई आर शर्मा, बी आर शर्मा, शहजाद, बाबूराम, बी डी शर्मा, राहुल चौहान, पवन कुमार व मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी की खिलाड़ियों ने हैंडबॉल संघ के राज्य अध्यक्ष भरत साहनी, महासचिव नन्द किशोर शर्मा व कोषाध्यक्ष आशीष ढिल्लो को इन 6 खिलाड़ियों के भारतीय टीम में चयन पर बधाई दी है। साथ ही इन सभी के टीम में चयन पर खुशी व्यक्त की है तथा उम्मीद जताई है कि ये सभी 6 खिलाड़ी पहले की तरफ शानदार खेल का प्रदर्शन कर अपनी कोच स्नेहलता व मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी जिला व राज्य का नाम रौशन करेगी।
देवभूमि व्यासपुर समाजसेवी संस्था में मांग की है कि कंदरौर पुल के ऊपर उखड़ी सड़क की टायरिंग को शीघ्र ठीक किया जाए। यह निर्णय संस्था की बैठक में लिया गया। संस्था के प्रधान अजय ठाकुर ने बताया कि संस्था ने पहले 6 नवम्बर को भी टायरिंग ठीक करने के लिए जिलाधीश को ज्ञापन सौंपा था, लेकिन अभी तक तकरीबन एक महीने का समय होने को आ गया है और कोई भी कार्यवाही नही हुई है। प्रधान अजय ठाकुर ने कहा कि संस्था ने फैसला लिया है कि सोमवार को फिर जिलाधीश और सदर एमएलए को ज्ञापन सौपकर समस्या से अवगत कराया जाएगा। प्रधान ने चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर 15 दिनों के अंदर पुल की सड़क टायरिंग का काम शुरू नही किया गया तो आंदोलन भी किया जा सकता है। गौरतलब है कि कंदरौर पुल के पास सड़क इतनी टूट चुकी है कि वाहनों को बिल्कुल आहिस्ता चलना पड़ता है और दोपहिया वाहनों के लिए हमेशा हादसे का डर बना रहता है इस मौके पर संस्था के उपाध्यक्ष सतेंद्र कुमार मीडिया सलाहकार देशराज शर्मा सचिव जितेन्द्र ठाकुर के साथ सतीश ठाकुर नन्दलाल, ऋषि शर्मा विपुल ठाकुर नरेश ठाकुर भी मौजूद रहे।
जिला बिलासपुर मुख़्यालय में दो दिवसीय जिला स्तरीय वरिष्ठ महिला व पुरुषों की बास्केटबॉल प्रतियोगिता का शुभारंभ बास्केटबॉल स्टेडियम रौडा में माननीय विधायक सदर सुभाष ठाकुर ने किया। इस प्रतियोगिता मेँ पुरुष 14 व महिला वर्ग की 6 कुल 20 टीमो के 170 महिला पुरुष खिलाडियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में उपस्थित मुख्यतिथि का स्वागत करते हुए बास्केट बॉल संघ के महामंत्री राजकुमार राणा ने बास्केटबॉल मैदान में हाइड्रोलिक डंकन रिंग्स लगवाने व ग्राउंड के अंदर पशुओं की आवाजाही रोकने हेतु फैंसिंग लगवाने की मांग रखी जिसे सदर विधायक सुभाष ठाकुर ने स्वीकार करते हुये दो सेट हाइड्रोलिक रिंग्स प्रदान किये जिसे 7 दिनों के भीतर उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया। साथ ही ग्राउंड फैंसिंग का एस्टीमेट जल्द तैयार करने के निर्देश उपस्थित जिला युवा सेवाएं व खेल अधिकारी श्याम कौंडल को दिए। प्रतियोगिता आयोजन हेतु बास्केटबॉल संघ को 5000/रुपए अपनी एच्छिक निधि से देने की घोषणा भी उन्होनें की। इस अवसर पर मार्चपास्ट के अलावा वेदांती दबडॉ का कथ्यक नृत्य विशेष आकर्षण रहा। इस मौके पर जिला खेल अधिकारी श्याम कौंडल, अध्यक्ष जिला बास्केट बॉल संघ डॉ. प्रवीण रनोट, कोषाध्यक्ष अभषेक टेसू, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, तेजस्वी शर्मा, तकनीकी चेयरमैन सुरेश कौंडल के साथ साथ सुरेश नड्डा, अनिल चंदेल, प्रकाश शर्मा, नीलम रनोट, राकेश ठाकुर, भुवनेश्वरी लुम्बा, नंद लाल ठाकुर, राज कुमार, अविनाश कपूर, अभषेक सोनी, प्रवेश राणा, अश्वनी कुमार, राज कुमार राठौर, कुलवंत, राजेश कुमार, सुशील कुमार, प्रेम, मिथिला, पवन कुमार, संजीव कुमार आदि गणमान्य व्यक्तित्व व अधिकारी उपस्थित रहे। इस प्रतियोगिता में महिला पुरुष टीमों का चयन राज्य प्रतियोगिता हेतु किया जाएगा। महिला वर्ग में बरमाणा क्लब ने घुमारवीं सीनियर को 34-16 से हराया, पुरुषों में भराड़ी ने बैरी को 32-18, डिग्री कॉलेज घुमारवीं ने हटवाड़ को 38- 19, डंगार ने दधोल को 42- 32 व नाहरसिंग क्लब ने जॉर्डन क्लब को 58-28 से हरा कर अगले दौर में प्रवेश किया।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के कमजोर वर्गों के आर्थिक सशक्तिकरण एवं इन तक विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के लाभ समय पर पहुंचाने के लिए कृतसंकल्प है। डॉ. सैजल कसौली विधानसभा क्षेत्र के धर्मपुर में पात्र लाभार्थियों को ऐच्छिक निधि के तहत चैक वितरित करने के उपरांत संबोधित कर रहे थे। उन्होंने इस अवसर पर कसौली तथा सोलन विधानसभा क्षेत्र के 64 लाभार्थियों को ऐच्छिक निधि के तहत 10.36 लाख रुपये की राशि प्रदान की। डॉ. सैजल ने इस अवसर पर कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने अपने प्रथम दो वर्ष के कार्यकाल में प्रदेश का संतुलित विकास सुनिश्चित बनाया है। इस अवधि में समाज के सभी वर्गों को राहत पहुंचाने के लिए नई योजनाएं आरंभ की गई हैं। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों को दी जाने वाली सामाजिक सुरक्षा पैंशन की आयु 80 वर्ष से घटाकर 70 वर्ष करने से लगभग 1.30 लाख वरिष्ठ नागरिक लाभान्वित हुए हैं। इस वर्ष प्रदेश सरकार सामाजिक सुरक्षा पैंशन पर 624 करोड़ रुपये व्यय कर रही है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार वरिष्ठ नागरिकांे की सामाजिक सुरक्षा पैंशन के लिए निर्धारित आयु सीमा को और घटाने पर विचार कर रही है ताकि अधिक से अधिक बुजुर्ग इससे लाभान्वित हो सकें। उन्होंने कहा कि प्रदेश की महत्वाकांक्षी गृहिणी सुविधा योजना महिलाओं के लिए वरदान सिद्ध हो रही है। इस योजना के द्वारा प्रदेश के सभी परिवार सुरक्षित ईंधन प्राप्त कर पा रहे हैं। शीघ्र ही हिमाचल देश का ऐसा पहला राज्य बन जाएगा जहां सभी परिवारों के पास रसोई गैस कुनैक्शन होगा। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि केंद्र सरकार की उज्ज्वला, आयुष्मान भारत तथा प्रदेश सरकार की गृहिणी सुविधा, हिमकेयर जैसी योजनाओं का लाभ उठाएं। डॉ. सैजल ने सभी से आग्रह किया कि अपने परिवार के साथ-साथ सामाजिक एवं ग्रामीण स्तर पर स्वच्छता पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रखने की दिशा में जागरूक रहने के लिए भी आह्वान किया। उन्होंने इस अवसर जनसमस्याएं सुनीं और अधिकारियों को इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। एपीएमसी सोलन के अध्यक्ष संजीव कश्यप, भाजपा किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष सुंदरम ठाकुर, भाजपा मंडल कसौली के अध्यक्ष कपूर सिंह वर्मा, सचिव कृपाल सिंह, महामंत्री सुरेंद्र भारद्वाज, जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारी बैंक के निदेशक सुरेंद्र स्याल, खलोगड़ा कृषि सहकारी समिति के अध्यक्ष यशपाल ठाकुर, भाजपा तथा भाजयुमो के अन्य पदाधिकारी, उपमण्डलाधिकारी सोलन रोहित राठौर, तहसीलदार कसौली कपिल तोमर सहित अन्य अधिकारी तथा गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।
सत श्री बाड़ूबाड़ा पब्लिक स्कूल भलग (मांगल) में वार्षिक पारितोषिक वितरण समारोह धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम में युवा समाजसेवी जुल्फी राम शर्मा ने बतौर मुख्य अतिथि तथा हेमराज ठाकुर ने बतौर विशिष्ट अतिथि शिरकत की। इस समारोह में अल्ट्राटेक के यूनिट हेड नवनीत चौहान, एचआर फंक्शन हेड राजेश जमवाल, अनिल दुबे भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि द्वारा किया गया। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा समूह गान, एकल गान, लघु नाटिका, समूह नृत्य, डांडिया आदि प्रस्तुत किए गए। इस दौरान तीसरी कक्षा की छात्राओं ने समूह गान के माध्यम से सड़क सुरक्षा नियमों से अवगत करवाया। वहीँ सातवीं कक्षा की छात्राओं द्वारा सामूहिक नृत्य के माध्यम से भारत के विभिन्न राज्यों की संस्कृति को प्रस्तुत किया गया। आठवीं कक्षा के छात्रों द्वारा नाटक के माध्यम से नशा मुक्त होने की जानकारी दी गई। इसके अलावा कार्यक्रम में समूह नृत्य करके वीर शहीदों को भी याद किया गया। स्कूल की प्रधानाचार्य इंदिरा शर्मा ने वार्षिक रिपोर्ट में विद्यालय की गतिविधियों का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। पारितोषिक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को बधाई देते हुए मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि का विद्यालय की तरफ से धन्यवाद किया। इस दौरान यूनिट हेड नवनीत चौहान ने विद्यालय की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा समिति के प्रधान चुन्नीलाल बधाई के पात्र है जिन्होंने ऐसे क्षेत्र में इतना अच्छा निजी स्कूल चलाया है, उन्होंने कहा कि वे भविष्य में स्कूल के विकास में उनका साथ देते रहेंगे। इस मौके पर कार्यक्रम के लिए विद्यार्थियों के प्रोत्साहन हेतु जुल्फी राम शर्मा ने 51 हजार,नवनीत चौहान ने 11 हजार व हेमराज ठाकुर ने 21 हजार की राशि भेंट की।इस अवसर पर समाजसेवी, जुल्फी राम शर्मा, हेमराज ठाकुर, एसएमसी अध्यक्ष चुन्नीलाल चौहान, ट्रक यूनियन के प्रधान बलदेव राज ठाकुर, भाग चंद, दीतु राम, धनीराम चौहान, एसएमसी सदस्य, विद्यालय के शिक्षक शिक्षिकाएं एवं छात्र छात्राओं के अभिभावकगण सहित स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
दाड़लाघाट के अंतर्गत ग्राम पंचायत दसेरन में कृषि विभाग हिमाचल प्रदेश विकासखंड कुनिहार द्वारा आत्मा परियोजना के अंतर्गत सुभाष पालेकर प्राकृतिक शून्य लागत खेती बारे दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण कार्यशाला का प्रशिक्षण एसपीएनएफ मास्टर ट्रेनर रूप लाल वर्मा द्वारा करवाया गया। इस कार्यशाला में कृषि विभाग कुनिहार से एटीएम मनीष कुमार विशेष रूप से उपस्थित रहे। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में ग्राम पंचायत दसेरन के भिन्न-भिन्न गांव के 30 किसानों ने भाग लिया। इस अवसर पर पहाड़ी,देसी,गोमूत्र, गोबर से व जड़ी बूटियों द्वारा फसल बढ़ोतरी व कीट प्रबंधन के लिए बीजामृत,जीवामृत,घनजीवामृत,नीमास्त्र,ब्रह्मास्त्र,अग्नि अस्त्र व दशपानी तैयार करने का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण शिविर में प्रगतिशील किसान प्रेम भगत,प्रीतम दास,संत राम,गोपाल भाटिया, पवन, भागचंद, प्रवीण, पदम देव, कृष्णा, इंद्र, निर्मला, वीणा, कला देवी,कांता,दौलतराम,चंपा,सुनीता,नर्वदा,प्रेमलता,नीलम भगत,अनुप्रिया, सत्या देवी,लोकेश कुमार,कुसुम, कंचन,कौशल्या,केशरू राम सहित अन्य किसानों ने भाग लिया।
कुनिहार : शनिवार को भारतीय किसान संघ विकास खण्ड कुनिहार की बैठक प्रेमदत्त शर्मा अध्यक्ष जिला सोलन की अध्यक्षता में संम्पन्न हुई। इसमें विकास खण्ड की सात ग्राम समितियों धुन्धन, दाड़लाघाट, मांगू, हनुमान बड़ोग, मांजू, दसेरन, पिपलुघाट के सदस्यों ने भाग लिया। इस अवसर पर हरिराम प्रदेश संगठन मन्त्री की देखरेख में भारतीय किसान संघ विकास खण्ड कुनिहार समिति का निर्वाचन किया गया।इसमें सर्वसम्मति से अशोक कुमार को समिति अध्यक्ष बनाया गया। इसके अलावा रतन चन्द उपाध्यक्ष, नरेश कुमार शर्मा, वेद प्रकाश सह मन्त्री व योगराज, अजय,नजरू राम को कार्य समिति का सदस्य बनाया गया। समिति गठन के उपरान्त सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया कि दतोपन्त ढेंगड़ी की जन्मशती जो 10 नवम्बर 2019 से 10 नवम्बर 2020 तक रहेगी के उपलक्ष पर महिला सम्मेलन व जन जागरण कार्यक्रम किए जाएंगे। महिला सम्मेलन 15 जनवरी 2020 से पूर्व तक संम्पन किया जाएगा। जन सम्पर्क / जन जागरण 1 फरवरी से 31 मार्च 2020 तक संम्पन करवाया जाएगा।
कुनिहार : राष्ट्रीय माध्यमिक/उच्च शिक्षा अभियान एवं समग्र शिक्षा अभियान हिमाचल प्रदेश के सौजन्य से लड़कियों को आत्म सुरक्षा के लिए मार्शल आर्ट्स का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसी कड़ी में राजकीय माध्यमिक विद्यालय जुबला(कुनिहार) में स्कूली छात्राओं के लिए आत्म सुरक्षा का 5 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर प्रदेश गृह सुरक्षा व नागरिक सुरक्षा के सौजन्य से आयोजित किया गया। शनिवार को यह शिविर संम्पन हुआ। 5 दिनों तक चले इस शिविर में हवलदार यशपाल ने छात्राओं को किसी भी विपति में आत्म सुरक्षा के लिए मार्शल आर्ट्स के गुर सिखाए। इस प्रशिक्षण शिविर के दौरान सुशील ठाकुर शारीरिक शिक्षक सहित विद्यालय स्टॉफ मौजूद रहा।
युवाओं को नशे के विरूद्ध प्रतिज्ञबद्ध करने और जिला में जन-जन को नशाखोरी के खिलाफ अभियान में सहभागी बनाने के लिए जिला प्रशासन सोलन द्वारा प्रदेश सरकार के निर्देश पर व्यापक जागरूकता अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। अभियान के तहत विभिन्न विभाग गांव-गांव तक लोगों को नशे के विरूद्ध जागरूक कर रहे है। यह जानकारी एक सरकारी प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि जिला में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा विभिन्न स्थानों 2089 छात्रों एवं अन्यों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की गई। उन्होंने कहा कि ठोडो मैदान सोलन में 60, कथेड़ सोलन में 80, नालागढ़ की न्यू मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बरोटीवाला में 550, दून विधानसभा क्षेत्र की राजकीय माध्यमिक पाठशाला बनलगी में 30, अर्की खंड में 110, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सायरी में 165, एसबीएन मिडल स्कूल सायरी में 54, एचएससी कदौर में 46, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पंजेहरा में 524, खेड़ा की झुग्गी-झोपड़ियों में 100, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सुल्तानुपर में 300 तथा ग्राम पंचायत चेवा में 70 छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों पर जागरूक किया गया। इन सत्रों में उपस्थित प्रतियोगिताओं को नशे के शरीर पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव व इससे बचने के उपायों की जानकारी प्रदान की गई। इन जागरूकता सत्रों में बताया गया कि नशे का बढ़ता प्रचलन हमारे देश के लिए बड़ी चुनौती है तथा इस चुनौती का सामना करने के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग को एक साथ मिलकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि हालांकि हिमाचल प्रदेश सरकार एवं जिला प्रशासन नशे के प्रति बेहद संवेदनशील है तथा नशा उन्मूलन के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं लेकिन सरकार का कोई भी प्रयास जन सहभागिता के बिना अधूरा है। प्रवक्ता ने कहा कि नशा निवारण के विषय में चर्चा की गई तथा उपस्थित छात्र-छात्राओं को ड्रग्स फ्री हिमाचल ऐप के बारे में जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर छात्रों को नशा निवारण की शपथ दिलाई गई।


















































