मनाेज कुमार। कांगड़ा हिमाचल प्रदेश के निजी क्षेत्र के सबसे बड़े सुपर स्पेशलिटी अस्पताल श्रीबालाजी में मंगलवार को गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल बगली जिला कांगड़ा के विद्यार्थी पहुंचे। स्कूल के दो अध्यापकों के साथ आए 23 छात्रों ने श्रीबालाजी अस्पताल के कामकाज को देखा। छात्रों ने अस्पताल के सीएमडी डॉ राजेश शर्मा से भी स्टूडेंट्स ने चर्चा की। श्री बालाजी अस्पताल इस वक्त एकमात्र ऐसा अस्पताल है, जहां पैट स्कैन की भी सुविधा है। ये पैट स्कैन कैंसर से जुड़ी बीमारी का परीक्षण करता है। इसके अलावा अस्पताल में सभी तरह की बीमारियों का उपचार होता है। अस्पताल द्वारा समय-समय पर निःशुल्क शिविर भी लगाए जाते रहे हैं, जो कि इन दिनों लगातार चल रहे हैं। डॉ. राजेश शर्मा का मानना है कि हमारा मकसद आम आदमी को उसके घर-द्वार पर उपचार मुहैया करवाना है। उनका कहना है कि हमने अस्पताल की नींव रखने से लेकर आज दिन तक हर तबके की सेवाभाव से ही काम किया है, जो कि आगे भी इसी तरह जारी रहेगा।
मनोज कुमार। कांगड़ा वरिष्ठ वित्तीय सलाहकार सुनील डोगरा ने बताया सबसे जरूरी है यह चेक करना की 80C का पूरा इस्तेमाल किया है या नहीं। इस सेक्शन के तहत सालाना 1.5 लाख रुपए तक का इनवेस्टमेंट कर टैक्स छूट का लाभ उठाया जा सकता है। इसके तहत लाइफ इंश्योरेंस प्रीमियम, पीपीएफ , सीनियर सिटीजंस सेविंग्स स्कीम, एनएससी, दो बच्चों की ट्यूशन फीस, सुकन्या समृद्धि योजना और म्यूचुअल फंड की टैक्स सेविंग्स स्कीम्स आती हैं। अगर आपने होम लोन लिया है, तो उसका इंट्रेस्ट भी इस सेक्शन के दायरे में आएगा। इसलिए एक बार चेक कर लें कि आपने सेक्शन 80C के तहत 1.5 लाख रुपए तक का निवेश किया है या नहीं। सुनील डोगरा ने कहा कि यह देखना सही है कि आपने कितना इनवेस्ट किया है। आपने जितना इन्वेस्टमेंट किया है, उतने पर ही आपको डिडक्शन मिलेगा। इससे आपकी कुल टैक्स लायबिलिटी घट जाएगी। अगर आपके लाइफ इंश्योरेंस का प्रीमियम बाकी है, तो उसे आप 31 मार्च से पहले चुका दें। इससे आपकी पॉलिसी जारी रहेगी और डिडक्शन का भी फायदा मिलेगा। न्यू पेंशन स्कीम भी है अच्छा विकल्प है, अगर आपने 80C के तहत पूरा इनवेस्ट कर लिया है, तो आप NPS में अतिरिक्त 50,000 रुपए इनवेस्ट कर सेक्शन 80CCG1B के तहत डिडक्शन का दावा कर सकते हैं। मेडिक्लेम पॉलिसी (हेल्थ पालिसी )से भी बचा सकते हैं पैसा, मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदने पर सालाना 25,000 रुपये खर्च कर 80डी के तहत टैक्स छूट का लाभ उठाया जा सकता है। आप खुद, बच्चों और पत्नी के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी खरीद सकते हैं। इसके 25,000 रुपए तक के प्रीमियम पर आपको टैक्स छूट मिलेगी। सीनियर सिटीजन के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदने के लिए सालाना 50,000 रुपए के प्रीमियम पर डिडक्शन की इजाजत है। इनकम टैक्स बचाना चाहते हैं, तो 31 मार्च से पहले कीजिए ये निवेश। अगर आप भी इनकम टैक्स ज्यादा कटने से बचाना चाहते हैं, तो 31 मार्च तक आपके पास मौका है, जानिए कहां-कहां कर सकते हैं निवेश। वरिष्ठ वित्तीय सलाहकार सुनील डोगरा ने बताया सबसे जरूरी है यह चेक करना की 80C का पूरा इस्तेमाल किया है या नहीं। इस सेक्शन के तहत सालाना 1.5 लाख रुपए तक का इनवेस्टमेंट कर टैक्स छूट का लाभ उठाया जा सकता है। इसके तहत लाइफ इंश्योरेंस प्रीमियम, पीपीएफ, सीनियर सिटीजंस सेविंग्स स्कीम, एनएससी, दो बच्चों की ट्यूशन फीस, सुकन्या समृद्धि योजना और म्यूचुअल फंड की टैक्स सेविंग्स स्कीम्स आती हैं। अगर आपने होम लोन लिया है, तो उसका इंट्रेस्ट भी इस सेक्शन के दायरे में आएगा। इसलिए एक बार चेक कर लें कि आपने सेक्शन 80C के तहत 1.5 लाख रुपए तक का निवेश किया है या नहीं। सुनील डोगरा ने कहा कि यह देखना सही है कि आपने कितना इनवेस्ट किया है। आपने जितना इनवेस्टमेंट किया है, उतने पर ही आपको डिडक्शन मिलेगा। इससे आपकी कुल टैक्स लायबिलिटी घट जाएगी। अगर आपके लाइफ इंश्योरेंस का प्रीमियम बाकी है, तो उसे आप 31 मार्च से पहले चुका दें। इससे आपकी पॉलिसी जारी रहेगी और डिडक्शन का भी फायदा मिलेगा। न्यू पेंशन स्कीम भी है अच्छा विकल्प है। अगर आपने 80C के तहत पूरा इनवेस्ट कर लिया है, तो आप NPS में अतिरिक्त 50,000 रुपए इनवेस्ट कर सेक्शन 80CCG1B के तहत डिडक्शन का दावा कर सकते हैं। मेडिक्लेम पॉलिसी (हेल्थ पालिसी) से भी बचा सकते हैं। पैसा, मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदने पर सालाना 25,000 रुपए खर्च कर 80डी के तहत टैक्स छूट का लाभ उठाया जा सकता है। आप खुद, बच्चों और पत्नी के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी खरीद सकते हैं। इसके 25,000 रुपए तक के प्रीमियम पर आपको टैक्स छूट मिलेगी। सीनियर सिटीजन के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदने के लिए सालाना 50,000 रुपए के प्रीमियम पर डिडक्शन की इजाजत है।
विनायक ठाकुर । ज्वालामुखी विशविख्यात माता ज्वालामुखी मंदिरर में आम आदमी पार्टी के स्थानीय नेताओं द्वारा पंजाब में मिली "आप" को प्रचंड जीत पर हाजरी लगाकर माता का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान ज्वालामुखी बौहन चौक पर रेड लाइट से लेकर माता मंदिर तक पंजाब में मिली जीत पर विजय प्रदर्शन कर रैली भी निकाली गई। आम आदमी पार्टी पर्यटन विंग प्रदेशाध्यक्ष विकास धीमान की के नेतृत्व में इस प्रदर्शन का आयोजन किया गया। विकास धीमान ने इस अवसर पर कहा कि मां ज्वाला से पंजाब में जीत के लिए आशीर्वाद और मन्नत मांगी थी, जो की पूरी हो गई हिमाचल में भी इसी वर्ष चुनाव होने जा रहे हैं। ऐसे में पार्टी हिमाचल प्रदेश में भी ऐतिहासिक जीत दर्ज करें। इसके लिए मां से प्रार्थना की माता ज्वालामुखी मंदिर में जाकर दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान मंदिर के पुजारी कपिल शर्मा ने उन्हें माता की विधिवत पूजा-अर्चना करवाकर माता की चुनरी भेंट की। इस दौरान ज्वालामुखी आप उपाध्यक्ष मोनिंद्र सिंह, एसीसी विंग अध्यक्ष सीता राम, नादौन से शेंकी ठुकराल, जसवां परागपुर मंडल अध्यक्ष हंसराज धीमान व अमित कपूर सहित अन्य तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे।
राजकीय पुष्प बुरांश अब लोगों के लिए रोजगार का बेहतर जरिया बन रहा है। उच्च हिमालयी क्षेत्र के साथ ही ऊंचाई वाले इलाकों में खिलने वाले बुरांश फॉरेस्ट अथवा वन पंचायत के जंगलों में ही अधिक होता है। समुद्र तल से 1500 से 3600 मीटर की ऊंचाई पर पाए जाने वाले बुरांश का वैज्ञानिक नाम रोडोडेंड्रॉन है। मार्च- अप्रैल के महीने में बुरांश के पेड़ों पर खिले लाल फूल आकर्षण का केंद्र बन जाते है। बुरांश न केवल देखने में आकर्षक है, बल्कि इसमें औषधीय गुणों के चलते कुछ लोगों के लिए अब यह आमदनी का जरिया भी बना चुका है। महिलाओं को दिया जाता है प्रशिक्षण विकास खंड संगड़ाह की 30 स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के लिए बुरांश के जंगल आमदनी का जरिया बन चुके हैं। इन महिलाओं द्वारा रोडो जूस, जैम व स्क्वैश आदि प्रोडक्ट गत वर्ष से बाजार मे बेचे जा रहे है। पंचायत समिति संगड़ाह के अध्यक्ष मेलाराम शर्मा का कहना है कि इन महिलाओं को समिति द्वारा प्रशिक्षण भी दिया जाता है और बुरांश से बने उत्पादों के लिए एक दुकान भी निशुल्क उपलब्ध करवाई गई है। जिला सिरमौर के राजगढ़ में मौजूद उद्यान विभाग के जूस प्लांट अथवा फैक्ट्री में हर साल 20 से 40 क्विंटल बुरांश का जूस निकाला जाता है। संगड़ाह के आधा दर्जन किसान हर साल क्षेत्र के जंगलों से वन विभाग की अनुमति से बुरांश निकालकर इसे उद्यान विभाग अथवा संबंधित उद्योगों को बेचते हैं। प्रतिवर्ष 20 से 40 क्विंटल निकाला जाता है जूस उद्यान विभाग विषयवाद विशेषज्ञ के पद से सेवानिवृत्त हुए यूएस तोमर का कहना है कि जिला सिरमौर के राजगढ़ में मौजूद जूस प्लांट में हर साल 20 से 40 क्विंटल बुरांश के फूलों की जरूरत रहती है। क्षेत्र में बुरांश के उत्पादों से संबंधित कोई बड़ा उद्योग लगने की सूरत में यह सैंकड़ों किसान परिवारों की आय अथवा आजीविका का साधन बन सकता है। हृदय रोग, कैंसर, खून संबंधी बीमारियों तथा पेट के रोगों के लिए बुरांश का जूस अचूक औषधि समझा जाता है, जिसके चलते यह सामान्य जूस से काफी महंगा है। औषधीय गुणों के साथ बुरांश का आर्थिकी महत्व बुरांश के फूलों से बना शरबत हृदय रोगियों के लिए अत्यंत लाभकारी माना जाता है। इन पंखुड़ियों का उपयोग सर्दी, मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द और बुखार को दूर करने के लिए किया जाता है। स्थानीय लोग इसका इस्तेमाल स्क्वैश और जैम बनाने में करते हैं। साथ ही इसकी चटनी को आज भी ग्रामीण इलाकों में पसंद किया जाता है इसके अलावा बुरांश के पेड़ की लकड़ी को भी उपयोग में लाया जाता है। इसकी लकड़ी ईंधन के रूप में और कोयला बनाने के लिए इस्तेमाल की जाती है। लकड़ी का उपयोग टूल-हैंडल्स, बॉक्स, पैक-सैडल्स, पोस्ट, प्लाईवुड बनाने के लिए किया जाता है। बुरांश का जंगल पर्यटकों के लिए बनता है सेल्फी पॉइंट जिला सिरमौर के उपमंडल संगड़ाह के सदाबहार हिमालई जंगलों में बुरांश बहुतायत हिस्से में पाया जाता है तथा जंगल दूर से देखने पर रेड रोज गार्डन जैसे प्रतीत होते हैं। संगड़ाह से गत्ताधार, नौहराधार, हरिपुरधार व राजगढ़ की ओर जाने वाली सड़कों पर सैकड़ों हेक्टेयर भूमि में बुरांश के जंगल फैले हुए है। यहाँ पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ व दिल्ली आदि से आने वाले पर्यटकों के लिए यह जंगल आकर्षण का केंद्र रहता है हैं। सैलानियों के अलावा कईं पर्यावरण प्रेमी भी बुरांश के साथ सेल्फी लेते नज़र आते है। राजकीय पुष्प बुरांश अब लोगों के लिए रोजगार का बेहतर जरिया बन रहा है। उच्च हिमालयी क्षेत्र के साथ ही ऊंचाई वाले इलाकों में खिलने वाले बुरांश फॉरेस्ट अथवा वन पंचायत के जंगलों में ही अधिक होता है। समुद्र तल से 1500 से 3600 मीटर की ऊंचाई पर पाए जाने वाले बुरांश का वैज्ञानिक नाम रोडोडेंड्रॉन है। मार्च- अप्रैल के महीने में बुरांश के पेड़ों पर खिले लाल फूल आकर्षण का केंद्र बन जाते है। बुरांश न केवल देखने में आकर्षक है, बल्कि इसमें औषधीय गुणों के चलते कुछ लोगों के लिए अब यह आमदनी का जरिया भी बना चुका है। महिलाओं को दिया जाता है प्रशिक्षण विकास खंड संगड़ाह की 30 स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के लिए बुरांश के जंगल आमदनी का जरिया बन चुके हैं। इन महिलाओं द्वारा रोडो जूस, जैम व स्क्वैश आदि प्रोडक्ट गत वर्ष से बाजार मे बेचे जा रहे है। पंचायत समिति संगड़ाह के अध्यक्ष मेलाराम शर्मा का कहना है कि इन महिलाओं को समिति द्वारा प्रशिक्षण भी दिया जाता है और बुरांश से बने उत्पादों के लिए एक दुकान भी निशुल्क उपलब्ध करवाई गई है। जिला सिरमौर के राजगढ़ में मौजूद उद्यान विभाग के जूस प्लांट अथवा फैक्ट्री में हर साल 20 से 40 क्विंटल बुरांश का जूस निकाला जाता है। संगड़ाह के आधा दर्जन किसान हर साल क्षेत्र के जंगलों से वन विभाग की अनुमति से बुरांश निकालकर इसे उद्यान विभाग अथवा संबंधित उद्योगों को बेचते हैं। प्रतिवर्ष 20 से 40 क्विंटल निकाला जाता है जूस उद्यान विभाग विषयवाद विशेषज्ञ के पद से सेवानिवृत्त हुए यूएस तोमर का कहना है कि जिला सिरमौर के राजगढ़ में मौजूद जूस प्लांट में हर साल 20 से 40 क्विंटल बुरांश के फूलों की जरूरत रहती है। क्षेत्र में बुरांश के उत्पादों से संबंधित कोई बड़ा उद्योग लगने की सूरत में यह सैंकड़ों किसान परिवारों की आय अथवा आजीविका का साधन बन सकता है। हृदय रोग, कैंसर, खून संबंधी बीमारियों तथा पेट के रोगों के लिए बुरांश का जूस अचूक औषधि समझा जाता है, जिसके चलते यह सामान्य जूस से काफी महंगा है। औषधीय गुणों के साथ बुरांश का आर्थिकी महत्व बुरांश के फूलों से बना शरबत हृदय रोगियों के लिए अत्यंत लाभकारी माना जाता है। इन पंखुड़ियों का उपयोग सर्दी, मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द और बुखार को दूर करने के लिए किया जाता है। स्थानीय लोग इसका इस्तेमाल स्क्वैश और जैम बनाने में करते हैं। साथ ही इसकी चटनी को आज भी ग्रामीण इलाकों में पसंद किया जाता है इसके अलावा बुरांश के पेड़ की लकड़ी को भी उपयोग में लाया जाता है। इसकी लकड़ी ईंधन के रूप में और कोयला बनाने के लिए इस्तेमाल की जाती है। लकड़ी का उपयोग टूल-हैंडल्स, बॉक्स, पैक-सैडल्स, पोस्ट, प्लाईवुड बनाने के लिए किया जाता है। बुरांश का जंगल पर्यटकों के लिए बनता है सेल्फी पॉइंट जिला सिरमौर के उपमंडल संगड़ाह के सदाबहार हिमालई जंगलों में बुरांश बहुतायत हिस्से में पाया जाता है तथा जंगल दूर से देखने पर रेड रोज गार्डन जैसे प्रतीत होते हैं। संगड़ाह से गत्ताधार, नौहराधार, हरिपुरधार व राजगढ़ की ओर जाने वाली सड़कों पर सैकड़ों हेक्टेयर भूमि में बुरांश के जंगल फैले हुए है। यहाँ पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ व दिल्ली आदि से आने वाले पर्यटकों के लिए यह जंगल आकर्षण का केंद्र रहता है हैं। सैलानियों के अलावा कईं पर्यावरण प्रेमी भी बुरांश के साथ सेल्फी लेते नज़र आते है।
रंजीत सिंह । कुनिहार विकास खंड सोलन के ग्राम पंचायत पट्टा बरावरी के प्राचीन श्री दुर्गा माता मंदिर में आयोजित 9 दिवसीय श्रीमद् देवी भागवत कथा का हवन व पुर्णाहुति के साथ समापन हुआ। 9 दिनों तक काफी संख्या में क्षेत्रवासियों ने अपनी सहभागिता दर्ज कर कथा श्रवण की। विगत 6 मार्च से चल रहे इस भक्ति, शक्ति के अनुष्ठान में पधारे हिमाचल प्रदेश के गौरव विश्वविख्यात कथाव्यास श्रद्धेय श्री शशांक कृष्ण कौशल ने 9 दिन तक भक्तों को जगदंबा के विभिन्न चरित्रों व देवी पूजन के विधानों से अवगत कराया व अनेक सामाजिक कुरीतियों पर करारी चोट की। कथा के अंतिम दिवस उन्होंने रुद्राक्ष, भस्म धारण और तिलक के विषय में बताते हुये कहा कि हर हिंदू का माथा सदा तिलक से अलंकृत होना चाहिए। बिना तिलक के कोई भी कार्य सफल नहीं होते। अपनी इष्ट साधना के अनुसार तिलक लगाएं व किसी भी अन्य तिलक की निंदा न करें। अपवित्र अवस्था में रुद्राक्ष धारण न करें व अन्य किसी का रुद्राक्ष भी धारण न करें। भस्म धारण करने वाला व्यक्ति साक्षात शिवस्वरूप होता है व यज्ञ से उत्पन्न भस्म ही श्रेष्ठ है।इस अवसर पर मंदिर समिति द्वारा कथाव्यास एवं उनके साथियों का संम्मान किया गया। व्यासपीठ से मंदिर समिति के कार्यकर्ताओं का भी सम्मान किया गया। कथा समाप्ति के बाद विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। कथा समिति के अध्यक्ष श्रीराम कौशल, डीडी कश्यप, सुखराम, राम चंद शर्मा, भूपेंद्र व अजित कुमार आदि सदस्यों ने आयोजन को सफल बनाने के लिए दिए सहयोग के लिए संपूर्ण क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया।
कला के क्षेत्र में काँगड़ा चित्रकारी का एक विशिष्ठ स्थान है। जैसा नाम से ज्ञात होता है, राजशाही के दौरे में इसका उदगम काँगड़ा से हुआ। अठारह्वीं शताब्दी में बिसोहली चित्रकारी के फीका पड़ जाने से कांगड़ा चित्रकारी फलने-फूलने लगी। कांगड़ा चित्रों के मुख्य केंद्र गुलेर, बसोली, चंबा, नूरपुर, बिलासपुर और कांगड़ा हैं, लेकिन बाद में यह शैली मंडी, सुकेत, कुल्लू, अर्की, नालागढ़ और टिहरी गढ़वाल (मोला राम द्वारा प्रतिनिधित्व किया गया) में भी पहुंच गयी। अब इसे सामूहिक रूप से पहाड़ी चित्रकला के रूप में जाना जाता है, जो 17वीं और 19वीं शताब्दी के बीच राजपूत शासकों द्वारा संरक्षित शैली को दर्शाता है। कांगड़ा चित्रकला कांगड़ा की सचित्र कला है। वर्ष 1765 से 1823 के दरमियान कांगड़ा के महाराजा संसार चंद के समय में इस कला को पंख लगे। महाराजा संसार चंद के दौर को इस कला का सुनहरा दौर भी कहा जाता है। कांगड़ा चित्रकला में सबसे अधिक भगवान कृष्ण की लीलाओं के रूपों को देखा जा सकता हैं। ख़ास बात ये है कि उस दौर में इसमें इस्तेमाल होने वाले रंग भी रसायनयुक्त न होकर पेड़ पौधों से बनते थे और ब्रश भी। ये ही कारण है कि करीब तीन सौ वर्ष गुजरने के बाद भी इन चित्रों में पहले जैसी ताजगी बरकरार है। उस दौर में ये चित्र हस्त निर्मित स्यालकोटी कागज पर उकेरे जाते थे, और खनिज और वनस्पत्ति रंगो का इस्तेमाल होता था। तब तंगरम हरिताल, दानाफरग, लाजवद्द, खडिया और काजल की स्याही प्रमुख रंग थे। जबकि रेखाकण के लिए गिलहरी की पूँछ के बाल से बनी तुलिका का उपयोग किया जाता था। पर समय के साथ अब हर प्रकार के कागज़ पर पोस्टर रंगों की मदद से कांगड़ा चित्र तैयार किये जाते हैं। कलाप्रेमियों के लिये इनकी कीमत भी प्राकृतिक वस्तुओं से बने मूल चित्रों से कई गुना कम होती है। इन्हें हस्तकला की दूकानों, चित्रकला की दूकानों या पर्यटन स्थलों पर आसानी से खरीदा जा सकता है। लघुचित्र में सबसे उत्कृष्ट मानी जाती है कांगड़ा कलम : कला जगत को भारत की लघुचित्र कला एक अनुपम देन है। जम्मू से लेकर गढ़वाल तक उतर- पश्चिम हिमालय पहाड़ी रियासतों की इस महान परम्परा का वर्चस्व 17वीं से 19वीं शताब्दी तक रहा। ये कला छोटी-छोटी रियासतों में पनपी है जिनमें से अधिकांश वर्तमान हिमाचल प्रदेश में है। यह चित्रकला पहाड़ी शैली के नाम से विश्व भर में विख्यात है। इस पहाड़ी चित्रकला के गुलेर ,कांगड़ा, चम्बा, मण्डी, बिलासपुर, कुल्लू मुख्य केन्द्र थे। कांगड़ा कलम को लघुचित्र में सबसे उत्कृष्ट माना गया है। काँगड़ा कलम का स्वर्ण युग : महाराजा संसार चन्द (1775-1823) ने कांगड़ा चित्र शैली को विकास के शिखर पर पहुँचाया। उनके शासन काल काँगड़ा कलम का स्वर्ण युग कहा जाता है। उन्होंने गुलेर के कलाकारों को अपने दरबार की ओर आकर्षित किया। राजा संसार चन्द कांगड़ा घाटी के शक्तशाली व कलापोषक राजा हुए है। उनके शासन काल मे ही कवि जयदेव की संस्कृत प्रेम कविता “गीत-गोविन्द”, “बिहारी की सतसई”,”भगवत पुराण”, “नलदमवन्ती” व “केशवदास” “रसिकप्रिया” कवीप्रिया को चित्रों में डाला गया है। कृष्ण “विभिन्न“ रुपों में इस चित्र कला का प्रतिनिधित्व करतें हैं। राजा के साथ श्रीकृष्ण के श्रृँगारिक चित्र, राग-रानियों, रामायण, महाभारत, भागवत्त, चण्डी-उपाख्यान (दुर्गा पाठ), देवी महत्मये व पौराणिक कथाओं पर चित्र कला तैयार हुई। इनका रहा है विशेष योगदान : किसी राष्ट्र की पहचान उसकी समृद्ध कला-संस्कृती से होती है। कांगड़ा कलम के विकास की गति निरन्तर जारी है। पंडित सेऊ व उनके वंशज द्वारा कला रुपी पौधों को जीवित रखने के लिए कला के वरिष्ठ एवं कला पोशक व महान कला संरक्षक ओम सुजानपुरी, चम्बा के विजय शर्मा (पदमश्री) का महान योगदान रहा है। भाषा संस्कृति विभाग व हिमाचल कला संस्कृति भाषा अकादमी के प्रयासों से कुछ कला प्रतिभाएं और सामने हैं, जिनमें राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता मुकेश कुमार, धनी राम, प्रीतम चन्द, जोगिन्दर सिंह मुख्य हैं। सियालकोट कागज़ पर तैयार किये गए है चित्र : कहते है कांगड़ा की मिट्टी में कलाकार उत्पन्न करने की क्षमता है। ज़िला प्रशासन कांगड़ा के प्रयासों से यहाँ कई छिपी कला प्रतिभाओं को प्रोत्साहित किया गया है, जिनमें कांगड़ा कलम की महान परम्परा को जीवित रखने की अपार क्षमता है। ये सभी चित्र बही खातों के लिये बनाए गए विशेष प्रकार के हस्त निर्मित कागज़ों पर उकेरे गए है, जिन्हें सियालकोट कागज़ भी कहा जाता है। पहले इस कागज़ पर एक सफेद द्रव्य से लेप किया जाता है और बाद में शंख से घिस कर चिकना किया जाता है। जबकि रंगों को फूलों, पत्तियों, जड़ों, मिट्टी के विभिन्न रंगों, जड़ी बूटियों और बीजों से निकाल कर बनाया जाता है। इन रंगो को मिट्टी के प्यालों या बड़ी सीपों में रखा जाता है। वर्ष 2012 में मिला जीआई टैग : कांगड़ा चित्रकारी को वर्ष 2012 में जीआई टैग दिया गया था। वर्ल्ड इंटलैक्चुअल प्रॉपर्टी ऑर्गनाइजेशन के मुताबिक जियोग्राफिकल इंडिकेशंस टैग एक प्रकार का लेबल होता है जिसमें किसी प्रोडक्ट को विशेष भौगोलिक पहचान दी जाती है। ऐसा प्रोडक्ट जिसकी विशेषता या प्रतिष्ठा मुख्य रूप से प्राकृति और मानवीय कारकों पर निर्भर करती है। ये टैग किसी खास भौगोलिक परिस्थिति में पाई जाने वाली या फिर तैयार की जाने वाली वस्तुओं के दूसरे स्थानों पर गैर-कानूनी प्रयोग को रोकने के लिए भी दिया जाता है।
नरेंद्र डाेगरा। जयसिंहपुर पंचरुखी बाजार में तीन दिन चलने वाले होली मेले का आगाज सोमवार को राधाकृष्ण मंदिर में झंडा रस्म के साथ हुआ, जिसमें बाजार कमेटी प्रधान विजय राणा सहित समस्त दुकानदारों ने शोभायात्रा निकाली, जिसमें जयसिंहपुर के पूर्व विधायक यादविंद्र गोमा ने भाग लिया और मंदिर में पूजा कर व्यापारियों को होली मेले का शुभारंभ कर बधाई दी। बाजार कमेटी प्रधान विजय राणा ने बताया कि होली मेला तीन दिन तक चलेगा और इस उपलक्ष्य पर स्वामी विवेकानंद मैदान में महिलाओं की रस्साकशी, घड़ा फोड़, म्यूजिक चेयर सहित सहित पुरुषों की वालीबाल प्रतियोगिता का आयोजन होगा।
सरकार को गुमराह करने में मशगूल हैं कुछ शिक्षक संघ फर्स्ट वर्डिक्ट। कांगड़ा हिमाचल राजकीय कला स्नातक संघ कुछ संगठनों के उस बयान पर भड़क गया है, जिसमें उन्होंने मांग की है कि उच्चतर विभाग में कार्यरत प्रवक्ताओं को पदोन्नत कर पुनः निचले विभाग में मुख्याध्यापक बना कर भेजा जाए, जिससे टीजीटी को हेडमास्टर बनने के अवसर घटाए जाएं। टीजीटी से प्रवक्ता बनकर पदोन्नति का लाभ, प्रवक्ता स्केल व इंक्रीमेंट का लाभ ले चुके प्रमोटी प्रवक्ता ही अगर हेडमास्टर बनाने हैं, तो सेवारत टीजीटी कब हेडमास्टर प्रमोट होंगे। सेवारत टीजीटी को केवल प्रवक्ता पदोन्नति लेने हेतु बाध्य किया जाना गलत है। क्योंकि अनेकों टीजीटी हेडमास्टर प्रमोशन चैनल ही बेहतर समझते हैं। विज्ञान व कला संकाय के 16318 टीजीटी शिक्षकों ने इन शिक्षक संगठनों को कहा है कि वे प्रदेश सरकार को हाईकोर्ट के फैसलों की अवमानना हेतु उकसाना बंद करें। जिला कांगड़ा टीजीटी कला संघ के अध्यक्ष संजय चौधरी, राज्य कोषाध्यक्ष मुकेश शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुमन कुमार, महासचिव अमृतपाल सिंह, मुख्य सलाहकार अनुज आचार्य, कोषाध्यक्ष करतार काजल, खंड धर्मशाला अध्यक्ष प्रतिभा शर्मा व महासचिव यशपाल, पालमपुर के संजीव चौहान, भवारना के भारतभूषण, लंबगांव के प्रदीप कुमार, खंड जवाली से सुरेश कौंडल, नगरोटा सूरियां से भारतेंदु शर्मा, थुरल के सुभाष चंद, खंड चढियार से बालकृष्ण, पंचरुखी से विवेक, बैजनाथ से अर्जुन कुमार, खुंडियां से राज कुमार राणा, रक्कड़ से राजिंदर शर्मा, देहरा से संजीव शर्मा, ददासीबा से राजेश चौधरी, खंड रैत से राजेश कुमार, कोटला से वीरेंद्र, नूरपुर से नरेश कुमार, इंदौरा से नीलम चौधरी और फतेहपुर से पृथीपाल आदि शिक्षक नेताओं ने कहा है कि प्रवक्ता संघ के राज्य अध्यक्ष एक बार न्यायलय के निर्णय की अवमानना हेतु सरकार को उकसाने और उलूल-जलूल बयान देकर सरकार को गुमराह करने की बजाय तथ्यों पर गौर करें। हेडमास्टर केडर का पदोन्नत पद टीजीटी से पदोन्नति पर होना चाहिए न कि पहले प्रवक्ता बनो फिर वापस प्रारंिभक विभाग में बिना किसी वित्तीय लाभ के मुख्याध्यापक बनो। उनके अधीन काम करना पड़ता। प्रवक्ता संघ को यदि मांगना है, तो प्रिंसिपल, वाईस प्रिंसिपल व कॉलेज कैडर में पदोन्नति मांगनी चाहिए, न कि वर्षों से पदोन्नति की राह देख रहे टीजीटी केडर का हकों पर कुठाराघात करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीजीटी शिक्षक हेडमास्टर पदों पर पदोन्नति के लिए लगभग 25 वर्षों से इंतज़ार कर रहे हैं। टीजीटी वर्ग के शिक्षकों को भी पदोन्नति से वंचित हो कर मात्र एक ही पद पर से रिटायर होने पड़ रहा है। उक्ति समस्त नेताओं ने प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर व शिक्षा सचिव से आग्रह किया है कि उक्त फैसला लेने से पहले टीजीटी वर्ग के हकों को सुरक्षित करते हुए निर्णय लिया जाए और जो भी प्रवक्ता चाहे सीधी भर्ती चाहे पदोन्नति से बने, वे मात्र प्रधानाचार्य, उप प्रधानाचार्य या फिर कॉलेज कैडर में पदोन्नति भर भेजे जाएं।
रंजीत सिंह। कुनिहार कुनिहार में बेटियों ने अपनी मृतक माता को मुखाग्नि दी। जिसे देख हर किसी की आंख नम हो गई। सोमवार दोपहर करीब 2 बजे के आस पास जैसे ही शिमला से मृतक आशा देवी का पार्थिव शरीर उनके घर हाटकोट बाजार में लाया गया, तो हर किसी की आंख नम थी, जब मृतक महिला को क्षेत्र के श्मशानघाट ले जाया गया, वहां उक्त महिला की सबसे बड़ी बेटी मीनाक्षी व उसके पति पवन शर्मा ने अंतिम संस्कार की संपूर्ण विधि को संपन्न किया व मुखाग्नि देने के लिए मीनाक्षी शर्मा की छोटी विवाहिता बहन ज्योति व शिक्षा ग्रहण कर रही बहन उपासना शामिल रही। अपनी मृतक माता को मुखाग्नि देने के उपरांत तीनों बेटियों ने नम आंखों से अपने पिता का हौंसला बढ़ाया। गौरतलब है कि गत दिन कुनिहार शिमला मार्ग बडेहरी के समीप सड़क हादसे में आशा देवी की मृत्यु हो गई थी। मृतक आशा देवी का गत रविवार को ही जन्मदिन था व वह कुछ दिनों से शिमला में ही थी। इस खुशी को मनाने वह अपने पति के साथ शिमला से कुनिहार अपने घर आ रहे थे, जंहा बेटियों ने अपनी माता का जन्मदिन मनाने की पूरी तैयारियां भी कर रखी थी, पर उन्हें क्या मालुम था कि ऐसी कोई दुखद खबर भी सुनने को मिल जाएगी। उक्त घटना से जंहा परिवार पर दुखों का पहाड़ पड़ा, तो वहीं, संपूर्ण क्षेत्र शोकाकुल हो गया।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला जिला में आत्महत्या के मामले थम नहीं रहे हैं। आए दिन लोग आत्महत्या कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर रहे हैं। ताजा मामले में उपमंडल चौपाल में एक नेपाली मूल के व्यक्ति द्वारा पेड़ से फंदा लगाकर आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार उपमंडल-चौपाल के देवत में एक नेपाली मूल के आदमी ने रात को एक नाशपाती के पेड़ में फांसी का फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला को समाप्त कर दिया है। आज़ सुबह जब मकान मालिक अपने घर से बाहर निकले, तो एक व्यक्ति घर के सामने पेड़ से लटका हुआ देखा। मालिक ने डेरे में रह रहे नेपाली मूल के लोगों को आवाज लगाई, तो दौड़ कर वो बागिचे में गए, तो पाया कि एक व्यक्ति जिसका नाम गोपाल बहादुर है ने अपनी जीवन लीला समाप्त कर दी है। यह बहादुर अपने माता-पिता, पत्नी व एक बेटी के साथ रहता था। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि व्यक्ति ने फंदा लगाया है या यह आत्महत्या का मामला है। पुलिस दोनों उत्तर लोगों को जच कर रही है। गौरतलब है कि राजधानी शिमला में बीते मां भी कई लोगों ने आत्महत्या की थी, जिसमें कई छात्र भी शामिल है। वहीं, एक सब इंस्पेक्टर द्वारा भी अपने कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या करने का मामला सामने आया था।
राजेश कतनौरिय। जवाली पुलिस थाना जवाली के तहत आज जवाली-नगरोटा सूरियां मार्ग पर हार रेन शैल्टर के पास मोटरसाइकिल (एचपी54-7729) व ट्रक (एचपी 15बी-7011) की टक्कर होने से मोटरसाइकिल सवार की मौत हो गई, जबकि सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। प्राप्त जानकारी अनुसार मृतक की पहचान शाम सिंह (53) पुत्र पूर्ण सिंह निवासी फारियां के रूप में हुई है, जबकि घायल की पहचान रवीन मिश्रा (57) निवासी धर्मशाला के रूप में हुई है। शाम सिंह लोक निर्माण विभाग जवाली में बतौर जेई, जबकि रवीन मिश्रा बतौर वर्क इंस्पेक्टर कार्यरत है। शाम सिंह व मिश्रा कार्य को देखने के लिए नाणा में गए थे तथा वहां से वापस आ रहे थे कि हार रेन शैल्टर के पास जवाली से नगरोटा सूरियां की तरफ जा रहे ट्रक के साथ टक्कर हो गई, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों घायलों को स्थानीय लोगों द्वारा 108 एंबुलेंस के माध्यम से सिविल अस्पताल जवाली में उपचार हेतु लाया गया, जहां पर शाम सिंह को मृत घोषित कर दिया गया, जबकि दूसरे घायल को टांडा में रैफर किया गया। डीएसपी जवाली सिद्धार्थ शर्मा ने बताया कि पुलिस ने दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। मृतक का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु नूरपुर भेज दिया है, जबकि घायल को टांडा में रेफर किया गया है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला प्रदेश सरकार आउटसोर्स कर्मचारियों के मामलों को हल करने के लिए प्रतिबद्ध है और उनकी उचित मांगों को हल करने के लिए तीन सदस्यीय मंत्रिमंडीलय उप समिति का गठन किया गया है। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज यहां आउटसोर्स कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल को संबोधित करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, बोर्ड और निगमों में लगभग 30 हजार आउटसोर्स कर्मचारी कार्यरत है। राज्य सरकार इन कर्मचारियों के कल्याण के लिए चिंतित है और सरकार ने गत दिसंबर माह में सभी विभागों के साथ एक आदर्श निविदा साझा करते हुए प्रत्येक आउटसोर्स कर्मचारी को पे-स्लिप देना अनिवार्य किया है। जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्य सरकार ने विभिन्न विभागों में कार्यरत पैरा-वर्कर्स के मानदेय मेें उल्लेखनीय वृद्धि की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि पीटीए और एसएमसी अध्यापकों के कल्याण के लिए भी राज्य सरकार ने अनेक कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2022-23 के बजट में आउटसोर्स कर्मचारियों को न्यूनतम 10500 रुपए प्रतिमाह प्रदान करने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि इसे मिलाकर वर्तमान प्रदेश सरकार के कार्यकाल में आउटसोर्स वर्कर्स के वेतन में बढ़ोतरी 4200 रुपए हो जाएगी। इससे पूर्व हिमाचल प्रदेश स्कूल लैक्चरर एसोसिएशन के एक प्रतिनिधिमंडल ने भी मुख्यमंत्री से भेंट की और प्रवक्ता (स्कूल कैडर) और प्रवक्ता (स्कूल न्यू) का पदनाम प्रवक्ता (स्कूल) करने की घोषणा पर उनका आभार व्यक्त किया। जल शक्ति मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर ने इस बार के बजट में जल शक्ति विभाग के मल्टीपर्पज वर्कर्स, पैरा फिटर्स एवं पम्प ऑपरेटरों के अनुदान में 900 रुपए प्रतिमाह की बढ़ोतरी की घोषणा के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। आउटसोर्स इम्पलाइज यूनियन के अध्यक्ष शैलेन्द्र शर्मा ने मुख्यमंत्री को यूनियन की विभिन्न मांगों से अवगत करवाया और बजट में आउटसोर्स कर्मचारियों के न्यूनतम वेतन में उल्लेखनीय बढ़ोतरी के लिए उनका आभार व्यक्त किया। ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
नरेंद्र डाेगरा । जयसिंहपुर झंडा पूजन के साथ ही गंदड़ होली मेला शुरू हुआ। पारस पब्लिक स्कूल के मैनेजिंग डायरैक्टर एमसी कटोच द्वारा झंडा पूजन की रस्म अदा की गई। इस अवसर पर पंचायत व होली मेला कमेटी के सदस्यों ने ढोल के साथ बाजार में शोभायात्रा निकाली व माता दुर्गा के मंदिर में पूजा-अर्चना करके आयोजन की सफलता की कामना की। ग्राम पंचायत गंदड़ के प्रधान बिन्ता कटोच ने होली की सबको शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर ग्राम पंचायत के प्रधान बिंता देवी, उप प्रधान शशी कांत, मेला कमेटी के प्रधान जनम चंद कटोच, सचिव कमलेश शर्मा, कोषाध्यक्ष विजय चंद कटोच सहित बिहारी लाल शुक्ला, विनोद राणा, धर्मवीर शुक्ला, राकेश गोस्वामी, जुगल किशोर मिश्रा, पृथ्वी राज शर्मा, डा. अजय मिश्रा, रवि शुक्ला, प्रवीण किसान, गौरव धीमान, शिवा कटोच, हरी राम, फूमन राम, सुखदेव कटोच व रोविन कटोच सहित पंचायत, हेली मेला कमेटी व व्यार मंडल के सदस्य उपस्थित रहे।
आशीष आजाद। साेलन एसएफआई सोलन छात्रा उप समिति द्वारा प्राचार्या को आज ज्ञापन सौंपा गया। इस ज्ञापन में एसएफआई ने गर्ल्स कॉमन रूम में छात्राओं को आ रही दिक्कतों की ओर विशेष ध्यान दिया। गर्ल्स कॉमन रूम की बात करें, तो वहां सफाई न होने की वजह से छात्राओं को वहां बैठने में दिक्कत आ रही है। साथ ही वहां पर सिंक में ब्लॉकेज की वजह से छात्राएं उसका उपयोग नहीं कर पा रही हैं। इसके साथ-साथ वॉशरूम के अंदर में सफाई के हालात कुछ अच्छी नहीं हैं। इसीलिए एसएफआई मांग करती है कि छात्राओं को आ रही दिक्कतों को जल्द से जल्द सुलझाया जाए। अन्यथा एसएफआई छात्राओं को इकट्ठा करते हुए एक उग्र आंदोलन तैयार करेगी, जिसका जिम्मेदार कॉलेज प्रशासन होगा।
विनायक ठाकुर। देहरा देहरा में चैत्र मास का आगाज ढोलरू परिवारों ने लोकगीत गाकर शुरू किया। इस मौके पर घर-घर जाकर ढोलकू की थाप पर परंपरागत लोकगीत गाकर चैत्र मास का शुभारंभ किया। सदियों से यह परिवार इस पारिवारिक परंपरा को निभा रहे हैं। ढलियारा के ढोलरू परिवार सुनीता एवं प्रोमिला ने ढोलरू के रूप में गीत गाकर बताया कि पहले हमारे पूर्वज इस काम को करते थे और अब हम इस परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। वहीं, स्थानीय बजुर्गों का कहना है कि ढोलरू के मुख से लोकगीत के माध्यम से चैत्र माह का नाम सुनना अति शुभ माना जाता है। चैत्र का नाम गीत को एक प्रकार का भजन और ईश्वर वंदना ही माना जाता है। ढोलरू ढोल की थाप पर चैत्र माह का व्यख्यान गीत के रुप मे करते हुए कहते हैं कि सबसे पहले भगवान का नाम लेना चाहिए, फिर माता पिता का फिर गुरुओं का और फिर अन्य नाम लेने चाहिए। इसके साथ ही बसंत-बहार का व्याख्यान भी किया जाता है। चैत्र माह का नाम सुनने के उपरांत स्थानीय लोग उन्हें नए वस्त्र, गुड़, आटा, चावल और दक्षिणा देकर खुशी-खुशी विदा करके आगामी वर्ष को आने का न्योता देते हैं। ढलियारा से सुनीता एवं प्रोमिला ने बताया कि वह पिछले लगभग 10 वर्षों से गा रहे हैं।
सफल ऑर्गन निकाले जाने पर प्रशासन ने किया प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन मनोज कुमार। कांगड़ा मेडिकल कॉलेज टांडा से किडनी विभाग के हेड व एसोसिएट प्रोफेसर डॉ राकेश चौहान, सुपरिटेंडेंट मेडिकल कॉलेज टांडा डॉक्टर मोहन सिंह और ट्रांसप्लांट कोऑर्डिनेटर अंकेश चौधरी ने आज विशाल पुत्र हरवंस निवासी हटवास, जिसके एक्सीडेंट में ब्रेन डेड होने के उपरांत परिवार द्वारा अंगदान के लिए सहमति जताई गई और उसके उपरांत उसके अंग मेडिकल कॉलेज टांडा में पहली बार निकालकर पीजीआई चंडीगढ़ में किसी दूसरे व्यक्ति को लगाए गए, उसके घर जाकर परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और उस दिव्य आत्मा को ईश्वर के चरणों में जगह मिले ऐसी प्रार्थना की। उन्होंने विशाल के परिवारजनों को नीम का पौधा भेंट स्वरूप दिया, जिसे परिवार द्वारा विशाल की याद में वहां पर स्थापित किया गया। टांडा की इस टीम ने परिवार जनों का अंगदान करने के इस महान पुण्य कार्य लिए आभार व्यक्त किया। साथ ही आज मेडिकल कॉलेज टांडा प्रशासन द्वारा ब्रेन डेड व्यक्ति के हिमाचल में पहली बार सफल ऑर्गन निकाले जाने पर प्रशासन ने प्रेस कांफ्रेंस आयोजित की। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस की अध्यक्षता प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज टांडा भानु अवस्थी द्वारा की गई और मौके पर किडनी ट्रांसप्लांट विभाग के हेड और एसोसिएट प्रोफेसर डॉक्टर राकेश चौहान भी मौजूद रहे, जिन्होंने हिमाचल में पहली बार ऑर्गन निकालने का कार्य किया। कॉन्फ्रेंस दौरान सर्वप्रथम प्रिंसिपल भानु अवस्थी ने उस परिवार के प्रति संवेदनाएं और उस दिव्य आत्मा को नमन किया, जिसके अंग निकाले गए, जिसका नाम विशाल पुत्र हरवंस हटवास निवासी है। प्रिंसिपल भानु अवस्थी ने बताया कि डॉ राकेश चौहान के प्रयासों के कारण मेडिकल कॉलेज टांडा को यह उपलब्धि प्राप्त हुई है और उन्होंने कहा इसमें सरकार और प्रशासन का पूरा सहयोग रहा। उन्होंने बताया कि 2021 में हमें 5 वर्ष के लिए इसकी रजिस्ट्रेशन प्राप्त हुई है और हमने इस दिशा में पहला कदम पूरा कर लिया है। उन्होंने कहा हमारा प्रयास है कि आगे अंग लगाने का कार्य भी टांडा में किया जाए। इस पर कार्य किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस कार्य के टांडा में हो पाने का हिमाचल प्रदेश सरकार को पूरा श्रेय जाता है। सरकार ने इस कार्य को यहां हो पाने के लिए पूरा सहयोग दिया। उन्होंने इसे सरकार की सफलता भी बताया। उन्होंने कहा कि समाज को अंगदान के लिए जागरूक करना बहुत जरूरी है। क्योंकि पूरे भारतवर्ष में लाखों की संख्या में एक्सीडेंट होते हैं और बहुत से ऐसे केस होते हैं, जिनका ब्रेनडेड पाया जाता है। इसलिए यदि लोग इस बात के लिए जागरूक हो जाएं, तो उनके अंगों को किसी ऐसे मरीज को ट्रांसफर किया जा सकता है, जो किसी हस्पताल में इन अंगों के अभाव के कारण दयनीय हालत में है। किडनी ट्रांसप्लांट हेड और एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. चौहान ने बताया कि किडनी अंग निकालने की प्रक्रिया उसी व्यक्ति पर की जाती है, जिसका ब्रेन डेड हो। इसमें सबसे जरूरी ब्रेन डेड व्यक्ति के परिवार की सहमति है। बिना सहमति के इस कार्य को कभी नहीं किया जाता है। उन्होंने बताया किडनी निकालने के बाद उसे लगभग 12 से 24 घंटे के अंदर दूसरे शरीर में लगाना जरूरी है। उन्होंने बताया विशाल पुत्र हरबंस हटवास निवासी के शरीर से निकाली गई, किडनी पीजीआई चंडीगढ़ में दूसरे व्यक्ति को लगा दी गई है और वह व्यक्ति अब रिकवर कर रहा है। इस मौके पर प्रिंसिपल भानु अवस्थी सहित डॉ राकेश चौहान, अधिकारी व डॉक्टर मौजूद रहे।
राज सोनी। करसोग करसोग के जरोड़ादड़ मैदान में आयोजित होने वाले 5 से 11 अप्रैल तक राज्य स्तरीय नलवाड़ मेले के सफल आयोजन को लेकर सोमवार को उपमंडल अधिकारी कार्यालय के सभागार में विधायक हीरा लाल की अध्यक्षता में एक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में आयोजित होने वाले जिला स्तरीय नलवाड़ मेले के सफल आयोजन को लेकर चर्चा की गई। एसडीम करसोग सनी शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया के कोरोना महामारी के चलते दो वर्षों के अंतराल के बाद इस बार जिला स्तरीय नलवाड़ मेले का आयोजन किया जा रहा है तथा इस मेले में उपमंडल के लगभग साठ देवी-देवताओं को आमंत्रित किया जाएगा तथा इस मेले में 5 सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन भी किया जाएगा तथा मेला मैदान को ठेके में न देते हुए मेले का आयोजन प्रशासन द्वारा किया जाएगा। व्यापारियों के लिए प्लांटों का आवंटन भी प्रशासन द्वारा बनाई गई कमेटियों की देखरेख में किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मेले मे रंगारंग कार्यक्रम सहित कुश्ती, खेलकूद प्रतियोगिता आदि का आयोजन भी किया जाएगा तथा इस बार व्यापारियों के लिए एक रात बड़ी खबर यह है कि इस बार मेले में दुकानें लगाने के लिए प्लाटों का आवंटन स्वयं प्रशासन द्वारा किया जाएगा। साफ-सफाई आदि व्यवस्था सही रखने के लिए विशेष कमेटियों का गठन किया जाएगा। सांस्कृतिक संध्या में किन-किन कलाकारों को बुलाया जाएगा। इसके लिए अभी अलग से एक कमेटी का गठन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि मेले हमारी सांस्कृतिक धरोहर है। इसके लिए पारंपरिक रूप से इस मेले का आयोजन किया जाएगा।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला प्रदेश सरकार राज्य का समग्र और सन्तुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है और विकास से उपेक्षित क्षेत्रों पर विशेष ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। यह बात मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज यहां शिमला जिला के भाजपा मंडल रामपुर के एक प्रतिनिधि मंडल को संबोधित करते हुए कही। हिमकोफैड के अध्यक्ष कौल नेगी के नेतृत्व में इस प्रतिनिधि मंडल ने आज मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से भेंट की। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने पिछले चार वर्षों के दौरान सुनिश्चित किया है कि रामपुर क्षेत्र विकास में एक आदर्श के रूप में उभरे। उन्होंने कहा कि सरकार यह भी सुनिश्चित कर रही है कि रामपुर क्षेत्र के सभी विकासात्मक कार्य समयबद्ध पूर्ण हों, ताकि इन परियोजनाओं से क्षेत्र के लोग लाभान्वित हो सकें। जयराम ठाकुर ने पार्टी कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर कार्य करने का आग्रह किया, ताकि आने वाले विधानसभा चुनावों में इस क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार की जीत सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने कहा कि देश की जनता ने कांग्रेस पार्टी को पूरी तरह से नकार दिया है और यह मात्र एक परिवार की पार्टी बन कर रह गई है। उन्होंने कहा कि चार राज्यों के लोगों ने एक बार फिर केंद्र और राज्य के भाजपा नेतृत्व में पूर्ण विश्वास जताया है और हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में पार्टी ने चार राज्यों में जीत हासिल की हैं। हिमकोफेड के अध्यक्ष कौल नेगी ने उन पर विश्वास जताने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया और उन्हें आश्वासन दिया कि आने वाले विधानसभा चुनावों में भाजपा निश्चित रूप से बेहतर प्रदर्शन करेगी। इस अवसर पर जल शक्ति मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर व अन्य नेता भी उपस्थित थे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव प्रदेश मामलों के सह प्रभारी संजय दत्त ने आज प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में शिमला नगर निगम चुनावों को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर के साथ चुनावी रणनीति को लेकर मंत्रणा की। कुलदीप राठौर ने कहा कि कांग्रेस नगर निगम चुनावों को लेकर कांग्रेस पूरी तरह तैयार है। मैनिफेस्टो से लेकर चुनावी रणनीति को लेकर कमेटियों की बैठकें की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इन चुनावों में अपनी जीत का परचम लहराएगी। संजय दत्त ने नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, विधायक हर्ष बर्धन चौहान से भी नगर निगम चुनावों को लेकर मंत्रणा की। शिमला जिला कांग्रेस कमेटी शहरी के अध्यक्ष जितेंद्र चोधरी, ग्रामीण के अध्यक्ष यशवंत छाजटा ने भी संजय दत्त से भेंट कर चुनावों की लेकर मंत्रणा करते हुए चुनावी रणनीति पर चर्चा की। कांग्रेस मुख्यालय में कांग्रेस उपाधयक्ष गंगू राम मुसाफिर, कांग्रेस पेंशनर सैल के अध्यक्ष आत्मा राम शर्मा, कांग्रेस महासचिव महेश्वर चौहान, सचिव हरिकृष्ण हिमराल ने भी नगर निगम चुनावों को लेकर दत्त के साथ चर्चा की। दून के पूर्व विधायक राम कुमार चौधरी ने भी भेंट की। इससे पूर्व कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन पहुंचने पर कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर सहित जितेंद्र चौधरी, यशवंत छजटा, कांग्रेस सचिव हरिकृष्ण हिमराल ने यशपाल तनाईक ने यहां पहुंचने पर उनका स्वागत किया।
फर्स्ट वर्डिक्ट। साेलन प्रदेश परिवहन विभाग द्वारा आम लोगों को सड़क सुरक्षा के बारे में जागरूक करने के उद्देश्य से आज से ‘सड़क सुरक्षा जागरूकता नुक्कड़ नाटक’ आयोजित किए जा रहे हैं। यह जानकारी क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सोलन नरेंद्र चौहान ने आज यहां दी। नरेंद्र चौहान ने कहा कि सड़क सुरक्षा सभी के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए बनाए गए नियमों का पालन कर हम जहां बहुमूल्य मानवीय जीवन को बचा सकते हैं। वहीं, ईधन की खपत को भी कम कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न माध्यमों से इस दिशा में लोगों को जागरूक करना सड़क सुरक्षा जागरूकता का उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा में ही बहुमूल्य जीवन की रक्षा निहित है। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ने लोगों से आग्रह किया कि वाहन चलाते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करें और सभी नियमों की अनुपालना सुनिश्चित बनाएं। उन्होंने आग्रह किया कि आवश्यकता पड़ने पर सड़क पर यातायात पुलिस कर्मी से सहायता प्राप्त करने में न हिचकें। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा जागरूकता नुक्कड़ नाटक के अन्तर्गत आज सप्तक कला रंगमंच दोलग के कलाकारों द्वारा न्यू बस अड्डा तथा पुराना बस अड्डा सोलन के साथ-साथ मालरोड सोलन पर लोगां को सड़क सुरक्षा के बारे में जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर नुक्कड़ विधा के विभिन्न माध्यमों द्वारा लोगों को जागरूक बनाया गया। उन्होंने कहा कि आज ही हिम सांस्कृतिक दल ममलीग द्वारा अर्की उपमंडल के तहत अर्की बस अड्डा तथा बातल में लोगों को जागरूक किया गया। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ने कहा कि 15 मार्च को कुनिहार विकास खंड के अंतर्गत सूरजपुर-पिपलूघाट चौक पर प्रातः 11.00 बजे तथा जयनगर चौक पर दिन में 2.00 बजे, दाड़लाघाट अंबुजा चौक पर प्रातः 11.00 बजे तथा बागा सालुघाटी में दिन में 2.00 बजे लोगों को सड़क सुरक्षा के विषय में जागरूक किया जाएगा। कलाकारों द्वारा 15 मार्च को ही कंडाघाट विकास खंड के अंतर्गत कंडाघाट मुख्य बाजार में प्रातः 11.00 बजे, चायल बस अड्डा पर दिन में 2.00 बजे, सोलन विकास खंड के अंतर्गत नौणी बस अड्डा में प्रातः 11.00 बजे, सलोगड़ा बस अड्डा पर दिन में 2.00 बजे तथा सुबाथू बस अड्डा पर सांय 4.00 बजे सड़क सुरक्षा के बारे में जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 16 मार्च को कुनिहार विकास खंड के अंतर्गत कुनिहार बस अड्डा पर प्रातः 11.00 बजे तथा दिग्गल बस अड्डा पर दिन में 2.00 बजे, नवगांव मुख्य बाजार में प्रातः 11.00 बजे तथा पंचायत घर मांगू में दिन में 2.00 बजे लोगों को सड़क सुरक्षा की जानकारी प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि इसी दिन कंडाघाट विकास खंड के अंतर्गत वाकनाघाट चौक पर प्रातः 11.00 बजे, बस अड्डा सायरी में दिन में 2.00 बजे, सोलन विकास खंड के अन्तर्गत ग्राम पंचायत भवन सपरून में प्रातः 11.00 बजे, चौक बाजार सोलन में दिन में 1.00 बजे तथा कोटलानाला में सांय 3.00 बजे नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से लोगों को सड़क सुरक्षा के बारे में जागरूक किया जाएगा। नरेंद्र चौहान ने कहा कि 17 मार्च को कुनिहार विकास खंड के अंतर्गत भूमति में प्रातः 11.00 बजे, धुंदन बाजार में दिन में 2.00 बजे, कंडाघाट तहसील के अंतर्गत हरिपुर स्थित आयुर्वेदिक अस्पताल के प्रांगण में प्रातः 11.00 बजे, तथा ममलीग के मुख्य बाजार में दिन में 2.00 बजे सड़क सुरक्षा के बारे में जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 17 मार्च को ही कुम्हारहट्टी बस अड्डा पर प्रातः 11.00 बजे, शामती बस ठहराव पर दिन में 1.00 बजे तथा दियोठी बस ठहराव पर सांय 3.00 बजे लोगों को सड़क सुरक्षा के विषय में जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 19 मार्च को चंडी-कृष्णगढ़ बाजार में प्रातः 11.00 बजे, उपराला बस अड्डा पट्टा में दिन में 2.00 बजे लोगों को सड़क सुरक्षा के बारे में जागरूक किया जाएगा। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ने कहा कि 21 मार्च को धर्मपुर विकास खंड के अंतर्गत कसौली मालरोड पर प्रातः 11.00 बजे तथा कुठाड़ बस अड्डा पर सायं 3.00 बजे एवं 22 मार्च, 2022 को परवाणू बस अड्डा पर प्रातः 11.00 बजे और धर्मपुर बस अड्डा में दिन में 2.00 बजे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
विनायक ठाकुर। देहरा डीएसपी देहरा अंकित शर्मा द्वारा विशेष वार्ता करते हुए कहा कि यातायात नियमों का पालन करना हम सब का नैतिक कर्तव्य है। अगर हर वाहन चालक जागरूक होकर ट्रैफिक नियमों का पालन करें, तो वास्तव में सड़कों पर होने वाले हादसों पर काबू पाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि निर्धारित आयु वर्ग से पहले वाहन चलाने से भी परहेज करना चाहिए। डीएसपी ने कहा कि शिक्षित वर्ग के लोग भी यातायात नियमों की अवहेलना करते हैं, जिसके कारण हादसों में बढ़ोतरी हो रही हैं। उन्होंने स्कूली बच्चों से कहा कि वो अपने घरवालों को भी यातायात नियमों के बारे में जागरूक करके अभियान में सहयोग करे। अंकित शर्मा ने कहा कि नियमों से अनजान युवा वर्तमान में हादसों का शिकार हो रहे हैं। वाहन चलाते समय कोई भी जल्दबाजी नही करनी चाहिए। दाेपहिया वाहन चालकों को हेलमेट का प्रयोग अवश्य करना चाहिए, ताकि बिना हेलमेट के बिना होने वाले हादसों में कमी आ सके। वहीं, उन्होंने कहा कि सड़क हादसों के ग्राफ में कमी लाने के लिए सड़क एवं यातायात के नियमों की जानकारी होना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सड़क पर अधिकांश दुर्घटनाओं के पीछे लापरवाही कारण होता हैं। ऐसे में यातायात के नियम चालकों को सही एवं सुरक्षित वाहन चलाने की सीख देते हैं। यातायात नियमों की जानकारी केवल वाहन चालकों को ही नहीं, बल्कि एक आम आदमी, एक राहगीर को भी होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि नशा करके कभी भी गाड़ी नहीं चलानी चाहिए। ऐसे लोग स्वयं तो काल का ग्रास बनते ही हैं। साथ ही अन्य मासूम लोगों के लिए भी काल साबित होते हैं।
फर्स्ट वर्डिक्ट। रिकांगपिओ ठाकुर सेन नेगी राजकीय महाविद्यालय रिकांगपिओ में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई (एनएसएस) के सात दिवसीय शिविर का सोमवार को शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर प्रो. जनक नेगी ने बतौर मुख्यातिथि शिरकित कर दीप प्रज्वलित कर शिविर का शुभारंभ किया गया। मुख्यातिथि ने उपस्थित विद्यार्थियों और स्वयंसेवियों को पढ़ाई के साथ-साथ सामाजिक कल्याण, राष्ट्र सेवा, सामाजिक चेतना और जागरूकता, रक्तदान, नशे के खिलाफ जागरूकता, ग्रामीण शिक्षा तथा समाज सेवा के कार्यक्रमों मे बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। वहीं, कार्यक्रम अधिकारी प्रो. शांता नेगी ने इस अवसर पर सात दिवसीय कार्यक्रम और आयोजित की जा रही गतिविधियों के बारे मे विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस शिविर में लगभग 60 स्वयंसेवी भाग ले रहे हैं। शिविर के दौरान स्वयंसेवी स्वच्छता, जागरूकता अभियान, समाजिक चेतना, इत्यादि गतिविधियों का आयोजन करने के साथ साथ समीपवर्ती गावों मे सफाई, जागरूकता अभियान और लोक कल्याण के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि शिविर मे प्रत्येक दिन सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे और विभिन्न क्षेत्रों से संबंधित प्रतिष्ठित लोगों को स्त्रोत पुरुष के रूप में बुला कर स्वयंसेवियों का मार्गदर्शन और करियर काउंसलिंग किया जाएगा। इस अवसर पर प्राध्यापक डॉ. जीवन मसोई, बालम नेगी, ज्ञान चंद शर्मा, शीला नेगी, शैलजा नेगी, मोहन सिंह नेगी, धर्मकीर्ति, बृज मोहन, कृष्ण कुमार नेगी, निर्मला नेगी, यशपाल शर्मा, सचिन भारद्वाज, भगवान सिंह, कमलेश कुमार तथा अधीक्षक भगत सिंह नेगी इत्यादि उपस्थित रहे।
विनायक ठाकुर। ज्वालामुखी राजकीय महाविद्यालय ज्वालाजी में रेड रिबन क्लब, रोवर एंड रेंजर्स और लिंग संवेदीकरण इकाई द्वारा मतदाता जागरुकता अभियान कॉन्टेस्ट में माई वोट इज़ माई फ्यूचर पावर ऑफ वोट के अंतर्गत विद्यार्थियों के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं का आयोजन प्राचार्य डॉ. सुशील कुमार बस्सी के मार्गदर्शन में किया गया। इस जागरूकता अभियान के तहत पोस्टर मेकिंग, स्लोगन राइटिंग, मतदाता जागरूकता पर डॉक्यूमेंट्री दिखाना। मतदाता जागरूकता गीत एवं वीडियो मेकिंग का आयोजन किया गया। इन सभी प्रतियोगिताओं का उद्देश्य बच्चों को मतदान के महत्व के विषय में बताना और उन्हें अपने साथ-साथ दूसरों को भी मतदान के लिए प्रेरित करना था। रेड रिबन क्लब की नोडल ऑफिसर डॉ शिवानी शर्मा ने विद्यार्थियों को मतदान के महत्व पर एक डॉक्यूमेंट्री दिखाई और प्रश्नोत्तरी का आयोजन किया। रेंजर की नोडल अधिकारी डॉक्टर सरिता ने बच्चों को जागरुक करने के लिए एक मतदाता जागरुकता गीत की रचना कर बच्चों को जागरुक किया। लिंग संवेदीकरण इकाई की प्रभारी प्रोफसर आरती गुप्ता ने वीडियो मेकिंग एवं स्लोगन राइटिंग व पोस्टर मेकिंग के माध्यम से विद्यार्थियों को मतदान के महत्व के विषय में बताया। इन सभी प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और अन्य विद्यार्थियों को भी मतदान एवं इसके महत्व के विषय में बताया। इस अवसर पर प्राचार्य डॉ सुशील कुमार बस्सी के साथ डॉ. सीमा शर्मा, प्रो.र नीलम शर्मा, डॉ. शिवानी शर्मा, डॉ. सरिता एवं प्रोफेसर आरती गुप्ता उपस्थित रहे।
फर्स्ट वर्डिक्ट। धर्मशाला बाल विकास परियोजना अधिकारी, रैत, अशोक कुमार शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि उपमंडल धर्मशाला की ग्राम पंचायत सुधेड़ के आंगनबाड़ी केंद्र धार, पंचायत लोझणी के आंगनबाड़ी केंद्र झिकड़ और ग्राम पंचायत सराह के आंगनबाड़ी केंद्र पदेहड़ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों को भरने के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। उन्होंने बताया कि यह पद 7300 रुपए मासिक मानदेय पर भरे जाएंगे। इसके अलावा ग्राम पंचायत मैटी के आंगनबाड़ी केंद्र अप्पर मैटी में आंगनबाड़ी सहायिका का भी रिक्त पद 3800 रुपए मासिक मानदेय पर भरा जाना है। आवेदन सादे कागज पर प्रमाण-पत्रों सहित 13 अप्रैल, 2022 तक बाल विकास परियोजना अधिकारी, रैत के कार्यालय में जमा करवाने होंगे। उन्होंने बताया कि इन पदों के लिए केवल महिला अभ्यार्थी ही आवेदन के लिए पात्र होंगे। महिला अभ्यार्थी का परिवार भर्ती वर्ष में संबंधित आंगनबाड़ी केंद्र के फीडिंग क्षेत्र का अलग परिवार के रूप में निवासी होना चाहिए तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से प्रमाणपत्र व पंचायत/नगर पंचायत से परिवार नकल संलग्न करना आवश्यक है और आयु विज्ञापन तिथि को 21 वर्ष से कम व 45 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए, आयु प्रमाण-पत्र साथ संलग्न करना आवश्यक है। अभ्यार्थी की न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता दस जमा दो या इसके समकक्ष होनी चाहिए तथा परिवार की सालाना आय 35 हजार से कम होनी चाहिए। तहसीलदार/नायब तहसीलदार/प्रथम श्रेणी न्यायिक अधिकारी से जारी प्रमाण-पत्र आवेदन के साथ संलग्न करें। उन्होंने बताया कि शैक्षणिक योग्यता के सभी प्रमाण-पत्र आवेदन-पत्र के साथ संलग्न करें तथा उच्च शिक्षा के लिए अलग से देय अंक निर्धारित हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता/आंगनबाड़ी सहायिका/बाल सेविका/बालबाड़ी अध्यापिका/नर्सरी अध्यापिका/संबंधित पंचायत में सिलाई अध्यापिका/शिशु पालिका का अनुभव हो तो प्रमाण-पत्र साथ संलग्न करें और यदि अभ्यार्थी में 40 प्रतिशत या अधिक अक्षमता हो तो (अक्षमता आंगनबाड़ी में कार्य करने में अड़चन वाली न हो) तो सक्षम अधिकारी से चिकित्सा प्रमाण पत्र साथ संलग्न करें। अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/अन्य पिछड़ा वर्ग से संबंधित हो तो प्रमाण पत्र साथ संलग्न करना आवश्यक है। यदि अभ्यार्थी स्टेट होम/बालिका आश्रम प्रवासी/अनाथ/विधवा/परित्यकता/तलाकशुदा/असहाय महिला जिसके पति 7 वर्ष से लापता हो/असहाय जिसके पति ने छोड़ दिया है और अपने माता-पिता के साथ रह रही हो तो प्रमाण-पत्र संलग्न करें। अभ्यार्थी की केवल दो लड़कियां हो तो परिवार नियोजन प्रमाण-पत्र या अविवाहित अभ्यार्थी स्वयं परिवार में केवल दो लड़कियां हो, प्रमाण-पत्र संलग्न करना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि अभ्यार्थी का चयन मैरिट के आधार पर किया जाएगा। इन पदों के लिए साक्षात्कार 26 अप्रैल, 2022 को प्रातः 11 बजे बाल विकास परियोजना अधिकारी रैत के कार्यालय में होंगे। साक्षात्कार में अभ्यार्थी को अपने मूल-प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य है। अधिक जानकारी के लिए बाल विकास परियोजना अधिकारी, रैत के कार्यालय में या दूरभाष नम्बर 01892-239794 पर संपर्क कर सकते हैं।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज राजकीय कन्या महाविद्यालय (आरकेएमवी) शिमला में छह करोड़ की लागत से निर्मित बी-ब्लॉक का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश ने छोटा राज्य होने के बावजूद विकास के मामले में देश के अन्य बड़े राज्यों का पथ प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश विकास के मामले में देश का अग्रणी राज्य है। प्रदेश सरकार प्रदेश के कुल बजट का लगभग 16 प्रतिशत शिक्षा पर व्यय कर रही है। जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के युवाओं को गुणात्त्मक और रोजगार उन्मुख शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा की अधोसंरचना के सुदृढ़ीकरण पर विशेष बल दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश को देश के ऊर्जा राज्य के रूप में भी जाना जाता है और देश की लगभग 25 प्रतिशत ऊर्जा क्षमता राज्य में उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा आने वाले वर्षों में राज्य की लगभग 23000 मेगावाट ऊर्जा के उपयोग का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्रदेश सरकार ने निर्णय लिया है कि 60 यूनिट बिजली की खपत पर जीरो बिलिंग की जाएगी और 61 से 125 यूनिट की खपत पर उपभोक्ताओं को प्रति यूनिट एक रुपए की रियायती दर पर सस्ती बिजली प्रदान की जाएगी। जयराम ठाकुर ने बालिकाओं को विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए समर्पण और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि कठिन परिश्रम का कोई और विकल्प नहीं है और आज के प्रतिस्पर्धा के इस दौर में अपने सपनों को साकार करने के लिए उन्हें कड़ी मेहनत करनी चाहिए। उन्होंने महाविद्यालय के विज्ञान खंड के जीर्णोद्धार के लिए 40 लाख रुपए प्रदान करने तथा शीघ्र तैयार होने वाले नए खंड में बहुउद्देशीय हॉल के लिए दो करोड़ रुपए अतिरिक्त राशि देने की भी घोषणा की। उन्होंने इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाली बालिकाओं को अपनी ऐच्छिक निधि से 51 हजार रुपए देने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कार भी प्रदान किए। शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज ने कहा कि आरकेएमवी प्रदेश के प्रतिष्ठित कन्या महाविद्यालयों में से एक है। इस महाविद्यालय से शिक्षा ग्रहण कर चुकी गई छात्राओं ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उन्होंने महाविद्यालय के विज्ञान खंड के जीर्णोद्धार और बहुउद्देशीय हॉल के लिए निधि प्रदान करने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने मुख्यमंत्री से महाविद्यालय के लिए नए छात्रावास भवन को निर्मित का आग्रह किया। शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार ने कोरोना महामारी के दौरान विद्यार्थियों की निर्बाध पढ़ाई जारी रखने के लिए ऑनलाइन कक्षाओं का संचालन सुनिश्चित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में बालिका शिक्षा पर विशेष बल दिया जा रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री द्वारा वित्त वर्ष 2022-23 के लिए 8412 करोड़ रुपए बजट आबंटित करने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। राजकीय कन्या महाविद्यालय शिमला के प्रधानाचार्य डॉ. नविंदू शर्मा ने मुख्यमंत्री व अन्य गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत करते हुए वर्ष 2022-23 के बजट में शिक्षा क्षेत्र के लिए पर्याप्त प्रावधान करने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड (एचपीएसईबी) लिमिटेड के संयुक्त निदेशक ने ऊर्जा मेला और ऊर्जा क्लब की मुख्य विशेषताओं की जानकारी दी। इस अवसर पर उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी, निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. अमरजीत शर्मा, आरकेएमवी महाविद्यालय के अभिभावक-अध्यापक संघ के अध्यक्ष एमआर भारद्वाज, अधीक्षण अभियंता लोक निर्माण विभाग सुरेश कपूर सहित अन्य उपस्थित थे।
मनोज कुमार। कांगड़ा राजकीय महाविद्यालय मटौर में सड़क सुरक्षा क्लब द्वारा यातायात नियमों की जागरूकता हेतु रैली का आयोजन किया गया। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. शुभ्रा गुप्ता ने हरी झंडी दिखाकर रैली को रवाना किया। क्लब के सदस्य विद्यार्थियों द्वारा रैली महाविद्यालय के प्रांगण से शुरू करके मटौर के मुख्य बाज़ार तक निकाली। विद्यार्थियों ने राह चलती आम जनता, व्यावसायिक वर्ग और वाहन चालकों को पैम्फ़्लेट वितरित करके सड़क सुरक्षा के नियमों की जानकारी दी। इस अवसर पर सड़क सुरक्षा क्लब के समनवयक डॉ प्रवेश गिल एवं मोहिंदर कुमार ने रैली का संचालन किया। इसके साथ ही इस रैली में महाविद्यालय के आचार्यागण डॉ अतुल आचार्य एवं दिनेश जमवाल ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई।
प्रेम ठाकुर। धर्मपुर विकास खंड धर्मपुर की पंचायतों के सैकड़ाें मनरेगा मजदूरों ने सोमवार को एसडीएम ऑफिस के बाहर धरना प्रदर्शन किया। सुबह से मनरेगा मजदूर धर्मपुर बस स्टेंड में लंगेहड़ पंचायत के प्रधान संजय ठाकुर, बनाल पंचायत की प्रधान डॉली ठाकुर, कुम्हारडा पंचायत की प्रधान मीना देवी व जोढन पंचायत की प्रधान किरण देवी के नेतृत्व में एकत्रित होना शुरू हो गए थे। बस स्टेंड में एकत्रित होने के बाद मनरेगा मजदूरों ने एसडीएम ऑफिस तक रैली निकाली व फिर वहां पर अपना मांग पत्र दिया। मनरेगा मजदूरों के धरना प्रदर्शन को कांग्रेस पार्टी के प्रदेश सचिव चन्द्रशेखर ने भी संबाेधित किया। चन्द्रशेखर ने उपस्थित मजदूरों को संबाेधित करते हुए केंद्र व प्रदेश सरकार पर मनरेगा कानून के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाते हुए कहा कि ये सरकारे मनरेगा को सही ढंग से लागू करने में असफल रही है। मनरेगा मजदूरों को मजदूरी करने के बाद कई महीनों तक तो मजदूरी का भुगतान नहीं किया जाता व काम मांगने पर समय पर काम भी नहीं दिया जा रहा है। मनरेगा मजदूरों का नेतृत्व कर रहे लंगेहड़ पंचायत के प्रधान संजय ठाकुर, बनाल पंचायत की प्रधान डॉली ठाकुर, कुम्हारडा पंचायत की प्रधान मीना देवी व जोढन पंचायत की प्रधान किरण देवी ने कहा कि सरकार जानबूझ कर ऐसे नियम बना रही है, जिससे मनरेगा को लागू करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा ऑनलाइन हाजरी लगाने के आदेश जारी किए गए हैं, परंतु कई वार्ड मेंबरों के पास एंडराेयड फोन ही नहीं है, जबकि कई जगह सिग्नल ही नहीं होता है। उन्होंने मांग कि अगर वार्ड मेंबरों का मानदेय कम से कम पांच हजार किया जाए और मनरेगा मजदूरों की दिहाड़ी भी 350 की जाए। इसके साथ ही मांग की गई कि मजदूरों को समय पर काम उपलब्ध करवाया जाए और मजदूरी का भुगतान काम खत्म होने के 14 दिनों के अंदर किया जाए।
मनोज कुमार। कांगड़ा जीएवी पब्लिक स्कूल कांगड़ा की अर्शिया चौधरी राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता में भाग लेगी। चंबा में अंडर-12 ओपन चेस में उप विजेता रहने के साथ अर्शिया ने बंगलूर में 9 से 16 अप्रैल तक होने वाली प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई किया है। अर्शिया के पिता अतुल ने बताया कि अर्शिया ने तीन मैच बड़े अंतराल से जीत लिए थे, लेकिन अंतिम मुकाबला हार कर दूसरे स्थान पर संतोष करना पड़ा। इससे पहले मुंबई में हुई चेस प्रतियोगिता में भी दूसरे स्थान पर रही। प्रधानाचार्य सुनीलकांत चड्ढा ने अर्शिया को सकूल पहुंचने पर सम्मानित किया और होनहार छात्रा को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। कोच दिनेश ने भी अर्शिया की हौसला अफजाई की। अर्शिया पिछले चार वर्षाें से कई ट्राफियां जीत चुकी हैं।
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की हिमाचल इकाई हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ की अध्यक्षता में प्रदेश भर से कंप्यूटर अध्यापक मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करने के लिए 15 मार्च को 1 बजे मुख्यमंत्री गेट 2 पर हजारों अध्यापक उपस्थित होंगे। साथ में प्रदेश के जेबीटी परीक्षण प्राप्त अध्यापक भी मुख्यमंत्री का हमीरपुर बोर्ड का रिजल्ट घोषित करने पर आभार व्यक्त करने हेतु हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ की अध्यक्षता में मिलेंगे। यह जानकारी प्रांत महामंत्री डॉ. मामराज पुंडीर ने जारी बयान में दी। डॉ मामराज पुंडीर ने कहा कि प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बजट में प्रदेश के कर्मचारियों को लाभ दिए हैं, उसके लिए प्रदेश का हर वर्ग मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करने के लिए आ रहे हैं।
विधानसभा क्षेत्र के चौकीदार संघ व पंचायत चाैकीदार संघ ने मुख्यमंत्री का जताया आभार मनोज कुमार। कांगड़ा कांगड़ा विधानसभा क्षेत्र व अन्य ब्लॉक से आए चौकीदार संघ व कांगड़ा विधानसभा क्षेत्र के चौकीदार संघ व पंचायत चोंकीदार संघ के जिला अध्यक्ष तरसेम लाल व कांगड़ा ब्लॉक के अध्यक्ष संदीप चौधरी की अगवाई में पूर्व विधायक चौधरी सुरेंद्र काकू से मिले। मुख्यमंत्री ठाकुर जयराम सरकार द्वारा चाैकीदारों के वेतन मान में इजाफा करने व ठाकुर जयराम सरकार का धन्यवाद किया व चाैकीदारों पर पॉलिसी बनाने को कहा गया। पूर्व विधायक चौधरी सुरेंद्र काकू के स्वागत के साथ जयराम ठाकुर सरकार के नारे लगा कर एक विश्वास दिलाया कि हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री ठाकुर जयराम के साथ साथ है व साथ रहेंगे। पूर्व विधायक चौधरी सुरेंद्र काकू ने अपने संबाेधन में चाैकीदार संघ को बताया कि मेरे समय काल में जल शक्ति विभाग में 275 वाटर गार्ड रखे गए थे व मिड-से मिल में 250 के करीब स्कूलों में रोटी बनाने के लिए महिलाएं रखी गई थी व 250 ही मिडे मिल असिस्टेंट रखी गई थी। पेरेंट टीचर योजना में 106 टीचर रखे गए थे अब 12 वर्ष बाद ठाकुर जयराम सरकार में आकर मैंने पक्के करवाए है और भी कई विभागों में नौकरी दिलवाई है। चाैकीदारों से आग्रह किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री श्री जय राम ठाकुर की जनहित योजनाओं को ग्रामीणों तक अपने माध्यम से पहुंचाए इस सरकार में आपको सफलता मिलेगी।
विनायक ठाकुर। डाडासीबा रात दस बजे के बाद डीजे या अन्य साउंड बजाने वालों के खिलाफ डाडासीबा पुलिस का चाबुक चलने वाला है। यही सच है अगर पुलिस गश्त के दौरान कहीं भी ऐसी हालत मे डीजे बजता हुआ पकडा़ गया, तो कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ डीजे का सारा ताम झाम भी जब्त होगा। इसके लिए पुलिस चौकी प्रभारी डाडासीबा राजेश द्विवेदी ने दो टूक ऐलान करते हुए कहा कि इन दिनों स्कूली बच्चों की वार्षिक परीक्षा चली हुई है और ऐसे मे कई क्षेत्राें में डीजे ब अन्य साउंड ऊची आबाज मे बजाने की शिकायते आ रही है। पुलिस ने लोगों की शिकायत के अधार पर उक्त लोगों के खिलाफ कड़ा शिकंजा कसने के लिए पुलिस टीमें गठित की गई हैं। चौकी प्रभारी राजेश द्विवेदी ने बताया कि स्कूली बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए देर रात चलने वाले डीजे सिस्टम और फालतू में होने वाले वाले ध्वनि प्रदूषण के उनकी पढ़ाई में कोई परेशानी न हो इसके लिए डाडासीबा अपनी चौकी अधिकार क्षेत्र के अंर्तगत चेतावनी जारी की है। चौकी प्रभारी डाडासीबा राजेश द्विवेदी ने जानकारी देते हुए बताया कि मार्च महीना शुरू हो गया है। आजकल बच्चों की परीक्षाएं शुरू होनी है। बच्चों का भविष्य दाव पर लगा होता है। ऐसे में कोई भी व्यक्ति सुबह और रात में ध्वनि प्रदूषण न करें। अन्यथा उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री और भाजपा-कांग्रेस के बड़े नेताओं की बयानबाजी पर "आप" का पलटवार मनोज कुमार। कांगड़ा आम आदमी पार्टी हिमाचल प्रदेश ने राज्य के मुख्यमंत्री सहित भाजपा और कांग्रेस पार्टी के नेताओं द्वारा पार्टी को लेकर दिए गए असंख्य बयानों पर जोरदार पलटवार किया है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने एक पत्रकार द्वारा पूछे गए सवाल पर अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि आम आदमी पार्टी पहाड़ की राजनीति चढ़ते हुए हांफ जाएगी, जिसका माकूल जवाब देते हुए आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता कल्याण भंडारी ने कहा है कि इस तरह की प्रतिक्रिया देने से पहले मुख्यमंत्री विधानसभा सदन में दिए गए अपने वरिष्ठ मंत्री ठाकुर महेंद्र सिंह के बयान को देख लेते। राज्य योजना आयोग के उपाध्यक्ष और भाजपा के वरिष्ठ विधायक रमेश धवाला ने तो अपनी पार्टी में एकता बनाए रखने के साथ आम आदमी पार्टी से सजग व सावधान रहने पर बल दिया है। ऐसे में मुख्यमंत्री का बयान विरोधाभासी है। केंद्रीय कैबिनेट मंत्री श्री अनुराग ठाकुर की आम आदमी पार्टी की सूबे में सक्रियता और स्वीकार्यता को लेकर दी गई टिप्पणी वास्तविकता से कोसों दूर है। वहीं, पर दूसरी ओर कांग्रेस पार्टी के नेताओं के बयान पार्टी के अंदर उत्पन्न हो रही बेचैनी व खौफ को रेखांकित करते हैं। कांग्रेस नेत्री व पूर्व मंत्री आशा कुमारी ने हिमाचल की तुलना में दिल्ली और पंजाब के मतदाताओं को कम पढ़ा लिखा और राजनीतिक रूप से कम जागरूक करार देकर उनका अपमान किया है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष श्री कुलदीप सिंह राठौर, विधायक विक्रमादित्य, जगत नेगी व पवन काजल द्वारा व्यक्त किए गए विचारों में पार्टी को अपनी जमीन दरकती साफ तौर पर नजर आ रही है, परंतु वे इस हकीकत से मुंह मोड़ रही है। कल्याण भंडारी ने आगे बताया कि दोनों दलों के नेता प्रदेश भर में आम आदमी पार्टी को लेकर छिड़ी बहस के चलते इस कदर खौफजदा हैं की विधान सभा के भीतर एक दूसरे को अपने अपने कुनबे को संभाल कर रखने की नसीहत देते दिख रहे हैं। पार्टी प्रवक्ता ने दावा किया कि दोनों दलों के बड़े नेताओं द्वारा पार्टी से जुड़ने के तार भिड़ाए जा रहे हैं और ऐसे नेताओं की फेहरिस्त लंबी होती चली जा रही है। आने वाले समय में दोनों दलों के मौजूदा विधायक व मंत्री आम आदमी पार्टी का दामन थाम सकते हैं। लिहाजा सूबे में एक तीव्र गति का राजनीतिक भूकंप देखने को मिलेगा।
फर्स्ट वर्डिक्ट। साेलन पंजाब में आम आदमी पार्टी सत्ता पर काबिज होने के बाद अब हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस भाजपा नेताओं का आम आदमी पार्टी में शामिल होने का सिलसिला शुरू हो गया है। भाजपा के पूर्व पार्षद के पार्टी में शामिल होने के बाद अब कांग्रेस को झटका लगा है। हिमाचल के प्रदेश के नालागढ़ के रहने वाले धर्मपाल चौहान जो की कांग्रेस के प्रदेश सचिव और भूतपूर्व सोलन जिला परिषद चेयरमैन रहे हैं। उन्होंने आम आदमी पार्टी का दामन थाम लिया। दिल्ली में आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रभारी रत्नेश गुप्ता द्वारा उन्हें पार्टी में शामिल किया गया है। इस मौक़े पर संगठन चेयरमैन सतीश ठाकुर मौजूद रहे। धर्मपाल चौहान ने कहा कि आम आदमी पार्टी को चुनने का एकमात्र कारण यही है कि आम आदमी पार्टी मौजूदा स्थिति केवल एकमात्र ऐसी पार्टी है, जो आम जनता के बारे में सोचती है और जो भी कहती है, वह कर के दिखाती है। केजरीवाल आज पूरे देश में जनता के नायक हैं और उनके काम और सेवाभाव का क़ायल हूं। उन्होंने कहा कि वे भूतपूर्व में कांग्रेस पार्टी में विभिन्न पदों पर रह कर सचिव पद छोड़ आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए है। कांग्रेस में परिवारवादी नेता ही पार्टी और देश को खोखला करने में लगे हैं। साथ ही उन्होंने केजरीवाल और हिमाचल प्रदेश प्रभारी रत्नेश गुप्ता का आभार जताया। वहीं, प्रदेश प्रभारी रितनेश गुप्ता ने कहा कि आम आदमी पार्टी की नीतियों से प्रभावित होकर हिमाचल में आम आदमी के साथ-साथ भाजपा कांग्रेस के नेता पार्टी में शामिल हो रहे हैं और पंजाब के बाद अब हिमाचल में आम आदमी पार्टी जीत का परचम लहराएगी। हिमाचल की जनता भाजपा कांग्रेस के शासन से दुखी हो गई है और आम आदमी पार्टी हिमाचल की जनता को विकल्प देने जा रही है।
मनोज कुमार। कांगड़ा 11 महीने का बच्चा जोकि ज्वाली (ज़िला, काँगड़ा ) का रहने वाला है कुछ महीने पहले नूरो सर्जरी विभाग में पीठ में एक बड़ी सी गांठ और बड़ा सिर लेकर काफ़ी गंभीर स्थिति में आया। जब बीमारी कि गंभीरता का पता चला तो मां–बाप ने बच्चे को पीजीआई चंडीगढ़ ले जाने कि इच्छा जताई, लेकिन वहां जब 15 दिन तक ऑपरेशन तो दूर की बात, दाखिला तक न हो पाई, तो बच्चे को वापस टांडा में एडमिट किया गया। इस जटिल ऑपरेशन को नूरो सर्जन, डॉ मुकेश कुमार और उनकी टीम ने 4 घंटे की मेहनत के बाद सफलता पूर्वक किया। 11 महीने के बच्चे का ऑपरेशन, अनेसथिस्ट, डॉ जयसिंह, डॉ. विपिन गर्ग और उनकी टीम के लिए भी बहुत मुश्किल रहा। इस तरह का ये पहला ऑपरेशन हिमाचल में किया गया और अब इन मरीजों को प्रदेश के बाहर जाने कि जरूरत नहीं पड़ेगी। क्या है न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट (तंत्रिका नली दोष)? न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट दिमाग, स्पाइनल कॉर्ड और रीढ़ की हड्डी की जन्मजात विकृति है। दरअसल, भ्रूण के विकास के शुरुआती दिनों में कुछ सेल्स मिलकर एक ट्यूब का निर्माण करते हैं, जिसे न्यूरल ट्यूब कहा जाता है और यह पूर्ण रूप से बंद होने में विफल हो जाए। न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट गर्भावस्था के पहले 5 हफ्तों में ही हो जाता है। यह बहुत ही गंभीर जन्मजात रोग है। अगर बच्चे का सही समय पर इलाज़ न हुआ और तब भी जान बच गई, तो वह विभिन्न प्रकार की शारीरिक अथवा मानसिक विकलांगता का शिकार हो सकता है। प्रेग्नेंसी में इन गलतियों की वजह से बच्चा हो सकता है डिफेक्ट का शिकार। तंत्रिका नली दोष होने के कारण कुछ इस प्रकार हो सकते हैं । शरीर में फोलेट विटामिन की कमी या माँ द्वारा फॉलिक ऐसिड का सेवन न करने से । मधुमेह की समस्या होना। परिवार में न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट का इतिहास। मिर्गी की दवाईयां व मनोरोग दवा आदि pregnancy के दौरान लेने कि वजह से । न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट के लिए जोखिम कारक ( risk factors ) क्या हैं? एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफार्मेशन) द्वारा प्रकाशित एक शोध के अनुसार नीचे बताई गई बातों के कारण न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट होने का खतरा बढ़ सकता है, जैसे शराब का सेवन। धूम्रपान करना। शरीर में मल्टीविटामिन की कमी। शिशु को न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट होने से क्या-क्या समस्याएं हो सकती हैं? मानसिक रूप से विकलांग। कमजोर मांसपेशियां। लकवा। मूत्राशय पर अनियंत्रण। प्रेगनेंसी में न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट से कैसे बचें? सबसे महत्वपूर्ण यह है कि गर्भवती होने के बाद एक से तीन महीने पहले से ही फोलिक एसिड की। गोलियां लेनी शुरू करें। गर्भावस्था के दौरान फॉलिक ऐसिड की पर्याप्त मात्रा (0.4 mg -4mg/दिन) शामिल। करने से न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट का खतरा 70 प्रतिशत तक कम किया जा सकता है । मोटापा व मधुमेह से बचकर और शराब व धूम्रपान का सेवन न करने से भी तंत्रिका नली दोष के खतरे को कम किया जा सकता है। अगर गर्भवती महिला मिर्गी-रोधी दवाओं या एंटी-साइकोटिक दवाओं का सेवन कर रही है, तो गर्भावस्था की योजना बनाने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श करें। न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट ऐसी समस्या है, जिसके कारणों पर शुरुआत से ध्यान न देने के परिणाम बुरे हो सकते हैं। इसलिए, सिर्फ छोटी-छोटी बातों को ध्यान में रखकर इस समस्या से बचा जा सकता है। गर्भवती महिला की थोड़ी-सी सावधानी होने वाले शिशु को स्वस्थ और खुशहाल जीवन दे सकती है।
विनायक ठाकुर। देहरा उपमंडल देहरा के अंतर्गत पड़ते पोस्ट ऑफिस देहरा के बलजीत सिंह अकॉउंटेंट देहरा डीओ को ऑल इंडिया पोस्टल इम्प्लॉयस यूनियन जी-आर-सी एचपी सर्कल सेक्रेटरी व अश्वनी कुमार को सर्किल फाइनांस सचिव बनाया गया है, जिस पर सोमवार को देहरा मुख्य डाकघर में समस्त देहरा मंडल के कर्मचारियों द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। वहीं, उनकी नियुक्ति पर समस्त कर्मचारियों ने खुशी जाहिर की है। यही नहीं मुख्य डाकघर देहरा में पधारने पर उनका हार पहनाकर भव्य स्वागत किया गया।वहीं, इस संदर्भ में बलजीत सिंह व अश्वनी कुमार ने कहा कि यूनियन द्वारा उनकी नियुक्त पर वह आभार व्यक्त करते हैं। साथ ही वह पूरी ईमानदारी के साथ कार्य करेंगे।
मनोज कुमार। कांगड़ा रोटरी क्लब कांगड़ा और इनरव्हील क्लब कांगड़ा ने सयुंक्त रूप से बाईपास रोड स्थित अच्छरा कुंड के आसपास सफाई अभियान की शुरू वात की। इनरव्हील क्लब कांगड़ा की प्रधान डॉक्टर सुमन शर्मा ने बताया इनरव्हील क्लब ओर रोटरी क्लब दोनों संस्थाएं समाज के उत्थान के लिए कार्य करती हैं, जिसके तहत आज अच्छरा कुंड के सफाई अभियान की शुरुआत की गई। रोटरी क्लब कांगड़ा के प्रधान जीवन ज्योति कोहली ने बताया कि इस सफाई अभियान को हर महीने शहर के विभिन्न स्थानों की सफाई करके निरंतर जारी रखेंगे। उन्हाेंने बताया क्लब एक मुहिम की भी शुरुआत करेगा, जिसमें लोगों को पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित किया जाएगा, ताकि बेकार का कूड़ा-कचरा लोग इधर-उधर न फेंके। इस मौके पर इनरव्हील क्लब प्रधान डॉ. सुमन शर्मा, सरिता धिमान, रजनी, मनीषा कोहली, सुनील शर्मा, डॉक्टर मोनिका मकड़, स्नेह गुप्ता, रेणु, कृति कपूर, निर्मला शर्मा, शीला राणा, रोटरी क्लब कांगड़ा के सचिव विशाल शर्मा, डॉ. संगीत वर्मा, कृष्णा औल, अश्वनी गुलेरिया, राजीव धवन ने सफाई अभियान में भाग लिया।
विनायक ठाकुर। ज्वालामुखी ज्वालामुखी विकास सभा को हिमालय परिवार द्वारा आयोजित "महिला सशक्तिकरण व आधुनिक भारत" कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद इंदु गोस्वामी द्वारा सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में ज्वालामुखी विकास सभा के पदाधिकारी उपस्थित रहे वरिष्ठ उपाध्यक्ष जोगिंदर सिंह, उपाध्यक्ष रोमेश कौंडल, प्रचार सचिव रमेश चौधरी, आयोजन सचिव रविंद्र भारद्वाज, महासचिव राकेश चंद्र, राज्यसभा सांसद इंदु गोस्वामी कांगड़ा हिमाचल प्रदेश, भाजपा राष्ट्रीय सचिव डॉ अल्का गुर्जर व भाजपा राष्ट्रीय प्रवक्ता नूपुर शर्मा, राष्ट्रीय अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्था आयोग अध्यक्ष डॉ शाहिद अख्तर, पूर्व डिप्टी स्पीकर तिब्बत सरकार आचार्य यशी विशेष रूप से उपस्थित रहे। हिमालय परिवार के प्रोग्राम कन्वीनर ऋषि कुमार का ज्वालामुखी विकास सभा तहेदिल से सम्मान देने के लिए धन्यवाद करती है।
विनायक ठाकुर। ज्वालामुखी कासा तथा ईरा संस्था के संयुक्त तत्वावधान में दो दिवसीय कोविड-19 DKH-3 कार्यक्रम के तहत खुंडियां के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को चिकित्सा उपकरणों की पांच किटें, जिसमें ग्लूकोज मीटर, ब्लड प्रेशर मीटर, इंफ्रारेड थरमामीटर, पल्स ऑक्सिमीटर आदि उपकरण दान किए। इस दो दिवसीय कार्यक्रम में बेयरफुट हैल्थ वर्कर रिफ्रेशर ट्रेनिंग का आयोजन किया गया।जिसमें डॉ अभिषेक द्वारा इन आधुनिक उपकरणों से जांच करने के गुर सिखाए । इसके अलावा खुंडियां, डोला खरियाना, देहरू, छिलगा, बड़ोग लाहड़ तथा बारी कलां सहित उपरोक्त 6 पंचायतों को आधुनिक चिकित्सा उपकरण दान किए गए। इस अवसर पर ईरा संस्था के निदेशक प्रदीप शर्मा ने लोगों से आग्रह करते हुए कहा कि अपनी पंचायतों में इन चिकित्सा उपकरणों से अपने स्वास्थ्य की निःशुल्क जांच करवाकर लाभ उठाएं । इस मौके पर ब्लॉक समिति उपाध्यक्ष सुरजीत सिंह राणा, पंचायत प्रधान ललिता चौहान, आशा देवी, अनु कुमारी, प्रधान प्रताप सिंह, छिलगा पंचायत प्रधान बिक्रम सिंह राणा, सतवीर सिंह, कासा संस्था के वीरेंद्र मोहन वशिष्ठ तथा सतीश कुमार आदि उपस्थित रहे।
विनायक ठाकुर। ज्वालामुखी विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल की जिला देहरा की बैठक ज्वालामुखी के नागनी माता मंदिर के प्रांगण में जिलाध्यक्ष पवन बजरंगी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष पवन बजरंगी ने पाईसा की प्रधान राज रानी को देहरा प्रखंड की मातृ शक्ति संयोजिका के पद पर नियुक्ति की घोषणा की। मूहल के सुरेश ठाकुर को देहरा प्रखंड के विशेष संपर्क प्रमुख और जालंधर लाहड़ के प्रवीण धीमान को देहरा प्रखंड के धर्म प्रसार प्रमुख का दायित्व दिया गया है। पवन बजरंगी ने बताया कि यह नियुक्तियां तत्काल प्रभाव से लागू हैं। इस अवसर पर जिला मंत्री त्रिलोक चंद शर्मा ने राम भक्त कार्यकर्ताओं को संबाेधित करते हुए कहा कि हिंदू विरोधी तत्कालीन सरकार ने समुद्र में बने राम सेतु को तोड़ने के लिए प्रस्ताव पारित कर दिया था, लेकिन विहिप के कड़े विरोध के चलते उक्त हिंदू विरोधी सरकार को यह प्रस्ताव वापस लेना पड़ा था। देहरा प्रखंड के अध्यक्ष मदन लाल शर्मा ने नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई दी है। इस अवसर पर मुनीष सूद, प्रशांत शर्मा, भूपिंदर राणा, राजकुमार, सर्वजीत राणा, संजय राणा, दलीप सिंह, विशाल खट्टा, रणधीर (सोनू), प्रमोध, प्रवीण कुमार, देशराज, शिमला देवी, राज रानी, सुरेश ठाकुर व प्रवीण धीमान आदि उपस्थित थे।
विनायक ठाकुर। ज्वालामुखी ज्वालामुखी के सिहोरपांईं पंचायत के बण चेलियां गांव का पढ़े-लिखे 24 वर्षीय नौजवान युवक अभिनेश कुमार के दोनों हिप खराब हो गए हैं। पीड़ित युवक 10+2 पास है। एक हिप रिप्लेसमेंट करवा लिया है, लेकिन दूसरा हिप रिप्लेस करवाने के उसके पिता के पास पैसे नहीं हैं। उसके पिता चन्नण सिंह ने अपने पुत्र के हिप रिप्लेस करवाने के लिए दानी सज्जनों से आर्थिक सहायता देने की अपील की है, ताकि उसके पुत्र को नारकीय जीवन से छुटकारा मिल सके। अभिनेश कुमार के पिता की बैल्डिंग की दुकान है। उन्होंने बताया कि किसी बीमारी की बजह से उसकी हड्डियों में लगभग 6 वर्ष पहले संक्रमण हो गया था, जिसके चलते उसके दोनों हिप खराब हो गए हैं। वह चलने फिरने में पूरी तरह से असमर्थ है, जिसकी वजह से वह 6 वर्ष से बिस्तर पर ही नारकीय जीवन जी रहा है। एक कदम भी एक तरफ का हिप तो उन्होंने रिस्तेदारों की सहायता से पीजीआई चंडीगढ़ में रिप्लेस करवा दिया है, लेकिन दूसरा हिप रिप्लेस करवाने के लिए उसके पास एक पाई भी नहीं हैं। पीड़ित के पिता चन्नण सिंह का कहना है कि उनके तीन बच्चे हैं, उनमें से एक लड़का व लड़की स्कूल में पढ़ रहे हैं। इतना ही पीड़ित अभिनेश की माता भी असाध्य बीमारी से पीड़ित है। उसका भी इलाज चल रहा है और उन्होंने अभिनेश का हिम केयर कार्ड भी बनवा लिया है, लेकिन इस योजना के तहत केवल लगभग दो लाख रुपए (1लाख 94 हजार) ही मिले हैं। यह राशि पीजीआई के डॉक्टरों के खाते में जमा हैं, लेकिन इसके अलावा अभी भी उसे अपने पुत्र की जिंदगी बचाने के लिए पीजीआई के डॉक्टरों ने लगभग तीन लाख रुपए का खर्चा बताया है, जिसके लिए उसे 3 लाख रुपए की सख्त जरूरत है। सिहोरपांईं पंचायत और प्रशासन ने भी अभी तक उसकी कोई आर्थिक मदद नहीं की है। उन्होंने दानी सज्जनों से आर्थिक मदद देने की अपील की है। अभिनेश कुमार का खाता नं -0717000102827139 पीएनबी बैंक ज्वालामुखी है। दानी सज्जन इस फोन 98051-52189 पर संपर्क कर सकते हैं।
मनोज। कांगड़ा -आपका विधायक आपके घर द्वार कार्यक्रम के अंतर्गत क्षेत्र की सबसे बड़ी पंचायत हलेड़कलां का किया दौरा -मौजूदा सरकार माता का बाग पार्क को जनता को समर्पित करने में नाकाम: काजल विधायक पवन काजल ने रविवार को आपका विधायक आपके घर द्वार कार्यक्रम के अंतर्गत क्षेत्र की सबसे बड़ी पंचायत हलेड़कलां का दौरा किया। काजल ने कहा हलेड़कलां पंचायत के हर घर में सीवरेज परियोजना की सुविधा मुहैया करवाई जाएगी। कांगड़ा शहर के साथ लगती इस पंचायत में लगातार बढ़ रही आबादी के चलते उनका मुख्य उद्देश्य यहां पर हर घर में उचित पेयजल और सीवरेज की सुविधा मुहैया करवाना है। आईपीएच विभाग द्वारा सीवरेज परियोजना की 30 करोड रुपए की डीपीआर बनाई गई है। जिसमें 6 ग्राम पंचायत जोगीपुर, वीरता, मटौर, घुरकड़ी साथ लगते क्षेत्र शामिल है। काजल ने कहा कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने गांव में पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुविधा को माता का बाग पार्क का निर्माण करोड़ों रुपए की लागत से करवाया है। लेकिन मौजूदा सरकार माता का बाग पार्क को जनता को समर्पित करने में नाकाम रही है। हलेड़कलां पंचायत से ज़मानाबाद, गग्गल तक सड़क को 3 करोड़ रुपए की लागत से चकाचक कर दिया गया है। उन्होंने हलेड़कलां पंचायत के वार्ड एक सेवकरा में स्थानीय लोगों द्वारा आयोजित भंडारे में भी भाग लिया और रास्ते का निर्माण करवाने के लिए उचित धन मुहैया करवाने का स्वागत किया। पंचायत प्रधान अरुण कुमार ने गांव की सिंचाई कुहल की मरम्मत करवाने का आग्रह भी किया। वार्ड पंच कपिल देव शर्मा, विजय परवान, सुरिन्दर शर्मा, संदीप कुमार, संजीव गुप्ता, अश्वनी कुमार, मदन लाल, अनिल शारदा, शेलेन्द्र गुप्ता, रोहित महाजन, वीर सिंह, अशवनी मास्टर भी उपस्थित रहे। इसके बाद विधायक काजल ने ग्राम पंचायत ढूगियारी में एक भंडारे में हिस्सा लिया। उन्होंने मंदिर में लंगर के लिए शेड निर्माण करवाने का भरोसा ग्रामीणों को दिया।
राजेश कतनोरिया। फतेहपुर फतेहपुर विधानसभा हल्के के विधायक भवानी सिंह पठानिया ने रविवार को फतेहपुर में कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि विधानसभा सत्र में उन्होंने सरकार के समक्ष हल्के की मांगों को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में इस समय 14 लाख बेरोजगार सड़कों पर है लेकिन सरकार बेरोज़गारी को लेकर गंभीर नहीं है। उन्होंने कहा कि हलके में 42 महिला मंडल के बिकास कार्य चल रहे है। उन्होंने कहा कि नेरना पंचायत में खेल मैदान पर 15 लाख रूपए भी विधायक निधि से मजुर कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि फतेहपुर हल्के में 35 से 40 करोड़ रुपए की राशि विकास कार्य पर खर्च करने का प्रावधान किया गया है।
विनायक ठाकुर। जसवां:परागपुर भारतीय मजदूर संघ से सम्बंधित ब्लाक डाडासीबा आशा कार्यकर्ता संघ का गठन लोक निर्माण विभाग प्रागपुर में जिला कांगड़ा की अध्यक्ष सरला राणा की अध्यक्षता में किया गया जिसमें भारतीय मजदूर संघ जिला कांगड़ा के अध्यक्ष राजेन्द्र भगालिया और आशा कार्यकर्ता संघ हिमाचल प्रदेश महामंत्री शशि लता विशेष रूप से उपस्थित रहे। ब्लाक डाडासीबा आशा कार्यकर्ता संघ कार्यकारिणी का गठन सर्वसम्मति से किया गया जिसमें अंजू बाला को अध्यक्ष मनोनीत किया गया। दुर्गेश ठाकुर को महासचिव , कोषाध्यक्ष सरिता देवी, उपाध्यक्ष रीना रॉय, रंजना, सीमा देवी, प्रेस सचिव इंदू, अंजना कुमारी, सचिव मनोज कुमारी, सरिता देवी, अध्यक्ष अंजू बाला कार्यकारिणी सर्व सहमति से आगे चयनित करेंगे। अध्यक्ष अंजू बाला ने सभी भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों का कार्यकारिणी के गठन के लिए बहुत बहुत धन्यवाद किया। जिला कांगड़ा की अध्यक्ष सरला राणा ने बनी कार्यकारिणी को बहुत बहुत बधाई दी। भारतीय मजदूर संघ के अध्यक्ष राजेन्द्र भगालिया और प्रदेश महामंत्री शशि लता ने गठित कार्यकारिणी को धन्यवाद करते हुए हिमाचल प्रदेश सरकार का भी बहुत बहुत धन्यवाद किया। बैठक में ब्लाक ज्वालामुखी की उपाध्यक्ष मधु शर्मा भी उपस्थित रही। इस बैठक में लगभग 80 आशा कार्यकर्त्ता उपस्थित रही।
--गड़सा में वैज्ञानिक सलाहकार समिति की बैठक संपन्न चौसकु हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एचके चौधरी ने गड़सा (कुल्लू) में वैज्ञानिक सलाहकार समिति की बैठक और किसान-वैज्ञानिक बातचीत की अध्यक्षता की। कुलपति ने लगभग 500 किसानों को संबोधित करते हुए कुल्लू जिले के मेहनती किसानों की सब्जी उत्पादन की सराहना की और केवीके, बजौरा द्वारा समर्थित विश्वविद्यालय प्रौद्योगिकी को अपनाने के लिए कहा। उन्होंने सभी कृषि गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी द्वारा कृषि आय बढ़ाने में योगदान के लिए कृषि महिलाओं को बधाई दी। प्रोफेसर चौधरी ने कहा कि विश्वविद्यालय लहसुन सहित स्थानीय जर्मप्लाज्म को संरक्षित करेगा। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय भाकृअनुप केंद्रीय भेड़ और ऊन अनुसंधान केंद्र, गड़सा के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करेगा। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों द्वारा कृषि उपज और उत्पादों की प्रदर्शनी का दौरा किया और प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया। विश्वविद्यालय की पहली महिला डॉ परवीन लता चौधरी भी इस दौरान उपस्थित थीं। डॉ. के.सी.शर्मा, कार्यक्रम समन्वयक, केवीके ने वार्षिक रिपोर्ट और भविष्य की योजनाएं प्रस्तुत कीं। डॉ. वी.के.शर्मा, निदेशक विस्तार शिक्षा, डॉ एस.पी. दीक्षित अनुसंधान निदेशक, डॉ सुखदेव शर्मा, एसोसिएट निदेशक, विश्वविद्यालय क्षेत्रीय अनुसंधान, स्टेशन, बजौरा, प्रमुखों और मुख्य परिसर के वैज्ञानिकों ने भी किसानों के साथ बातचीत की।
मनोज शर्मा। दाड़लाघाट ग्राम पंचायत सूरजपुर के वार्ड दो से वार्ड सदस्य कर्म सिंह कंवर की ह्रदय गति रुकने के कारण आकस्मिक मोत हो गई। कर्म सिंह को शुक्रवार को घर पर दिल का दौरा पड़ा, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए शिमला ले जाया गया जहां पर इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी। कर्म सिंह 60 वर्ष के थे व हिमाचल पथ परिवहन निगम से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने पंचायत वार्ड सदस्य का चुनाव जीत था। वह अपने पीछे वृद्ध पिता, एक बेटी व पत्नी को छोड़ गए है। उनकी ईकलौती बेटी कनिका ने उन्हें मुखाग्नि दी। एकाएक हुई इस घटना से क्षेत्र के सभी लोग स्तब्ध है। पंचायत प्रधान ओम प्रकाश शर्मा और सभी वार्ड सदस्यों ने कर्म सिंह की आकस्मिक मोत पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
फर्स्ट वर्डिक्ट। रिकांगपिओ कोविड काल में जिला व प्रदेश में ऑनलाइन संस्कृत राज्य स्तरीय प्रतियोगिता करवाने और संस्कृत में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए जिला किन्नौर से संबंध रखने वाले उपाध्यक्ष रा. संस्कृत शिक्षक परिषद रावमापा रारंग में कार्यरत डॉ, जङछुब नेगी शास्त्री और रामापा जोनगे (चगांव) में कार्यरत डॉ. योगेश अत्रि शास्त्री को पिछले कल 12 मार्च को सरस्वती संस्कृत महाविद्यालय डंगार बिलासपुर में संस्कृत अकादमी कार्यक्रम के अवसर पर प्रदेश (खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति ) मंत्री राजेंद्र गर्ग द्वारा सम्मानित किया गया। वहीं, इस अवसर पर प्रदेश सचिव संस्कृत अकादमी डॉ, केशवानंद कौशलव प्रदेश प्रारंभिक शिक्षा निदेशक डॉ. पकंज ललित भी उपस्थित थे।
मनीष ठाकुर। भरमौर भरमौर-पांगी विधानसभा क्षेत्र के लिए कांग्रेस प्रत्याशी ने यूथ कांग्रेस कमेटी ने नई कार्यकारणी का गठन किया गया। हिमाचल प्रदेश के युवा कांग्रेस अध्यक्ष नेगी निगम भंडारी के नेतृत्व में इस कार्यकारणी का विस्तार किया गया। चार राज्यों में मिली करारी हार के बाद युवा कांग्रेस कमेटी भरमौर द्वारा पार्टी को एकजुट करने का अभियान शुरू कर दिया है। जिसके तहत हिमाचल के पूर्व वन मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी और अमित भरमौरी के नेतृत्व में जिला चंबा से आभियान शुरू कर दिया है। भरमौर विधनसभा क्षेत्र के लिए, यूथ कांग्रेस कमेटी ने नई कार्यकारणी में युवाओं को मौका प्रदान किया गया, जिसके तहत पार्टी में नए युवाओं को शामिल किया गया है। भरमौर विधनसभा क्षेत्र के लिए युवा कांग्रेस कमेटी भरमौर के लिए श्याम ठाकुर को अध्यक्ष, अभिनव पठानिया को युवा कांग्रेस कमेटी का उपध्यक्ष बनाया गया। हितेश जरयाल को महासचिव की कमान दी गई। राजीव शर्मा को युवा कांग्रेस कमेटी भरमौर के लिए सचिव का कार्यभार प्रदान किया गया। हितेश जरयाल को भरमौर-पांगी विधानसभा क्षेत्र के युवा कांग्रेस कमेटी भरमौर का महासचिव बनाए जाने पर पार्टी का आभार प्रकट किया है। साथ में उन्होंने पूर्व वन मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी, अमित भरमौरी, चंद्रमणी कुलेठी, भारतीय युवा कांग्रेस महासचिव अमरप्रीत लाली और हिमाचल प्रदेश के युवा कांग्रेस अध्यक्ष नेगी निगम भंडारी का भी तह दिल से शुक्रिया किया। इस पद के लिए नियुक्ति किए जाने पर हितेश जरयाल ने पार्टी के सभी नेताओं का आभार प्रकट किया है। उन्होंने कहा कि मुझे महासचिव की जिम्मेदारी सौंपने पर मैं तहे दिल से कांग्रेस पार्टी व आला पदाधिकारी का धन्यबादी हूं, जिन्होंने मुझे इस पद के काबिल समझा।
मनोज कुमार। कांगड़ा बहुजन समाज पार्टी हिमाचल प्रदेश के तत्वावधान में बसपा के संस्थापक कांशी राम साहब के 88वें जन्मदिवस पर प्रदेश स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन सर्वहित सुधार सभा भवन, नजदीकी डी आई सी ऑफिस, हमीरपुर, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश में 15 मार्च को आयोजित किया जा रहा है। प्रदेश उपाध्यक्ष विजय बाहड़ी ने बताया कि प्रदेश स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन में राजाराम पूर्व राज्यसभा सांसद व प्रभारी हिमाचल प्रदेश मुख्यातिथि होंगे इस कार्यक्रम की अध्यक्षता नारायण आजाद प्रदेश अध्यक्ष बसपा हिमाचल प्रदेश करेंगे। इस कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश की 68 विधानसभा क्षेत्रों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता कांशी राम साहब के जन्मदिवस को संकल्प दिवस के रूप में मनाएंगे।
मनाेज शर्मा। अर्की नव निर्मित साई पंचायत में राशन डिपो खुल चुका है, जिससे साई पंचायत मे आज (रविवार) से स्थानीय जनता को राशन मिलना शुरू हो गया है। पंचायत प्रधान हरीराम वर्मा के प्रयास से वर्ष 2021-22 मे व अन्य सदस्यो के साथ सोसायटी का गठन किया गया। जिससे साई पंचायत मे उचित मूल्य की दुकान/राशन डिपो खुल गया। डिपो खुलने से स्थानीय जनता मे बहुत खुशी है। बता दें कि पहले लोगों को तकरीबन पांच किलो मीटर चल कर बालेरा से राशन लाना पड़ता था। समय और गाड़ी न मिलने के कारण लोगों को काफी मुश्किलाें का सामना करना पड़ता था। वहीं, उचित मूल्य की दुकान/राशन डिपो मे लोगों को सस्ती दरो पर राशन के साथ अन्य वस्तुएं भी उपलब्ध होगी। इससे स्थानीय जनता का कीमती समय और धन की बचत होगी। नई पंचायत में डिपो खुलने पर पंचायत प्रधान हरीराम वर्मा, पंचायत समीति सदस्य शशि कांत सोशल एक्टिविस्ट हेमराज व युवा नेता वेद प्रकाश ठाकुर ने स्थानीय जनता को बधाई दी।
विनायक ठाकुर। देहरा उद्योग एवं परिवहन मंत्री बिक्रम ठाकुर ने आज रविवार को जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र के डाडासीबा में 60 लाख की लागत से बने वन विभाग के विश्राम गृह व 15 लाख की लागत से बने समुदायिक भवन का उद्घाटन कर जनता को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि जसवां परागपुर विधानसभा में आज विकास के उन कार्यों को धरातल पर उतारा जा रही है, जिनकी कल्पना भी किसी ने नहीं की थी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र की हर मांग को प्राथमिकता से पूरा किया है, जिसके कारण केवल चार वर्षों में जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र में ऐसे विकासात्मक कार्यें को किया गया, जिनके प्रतीक्षा क्षेत्र की जनता 70 वर्षों से कर रही थी। उन्होंने कहा कि उन्होंने बिना किसी भेदभाव के पूरे जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र के संतुलित विकास को हमेशा अपना ध्येय बनाया, जिसके तहत आज पूरे जसवां परागपुर विधानसभा क्षेत्र में संसारपुर टेरेस से डाडासीबा, परागपुर, रक्कड़, शांतला और अलोह तक सड़कों का निर्माण किया गया। उन्होंने कहा कि पूरे विधानसभा क्षेत्र में आज कोई स्थान ऐसा नहीं है, जहां इन चार वर्षों में उन्होंने सड़कों का निर्माण और सुधारिकरण नहीं किया। इसके अतिरिक्त जनसेवा और क्षेत्र के उत्थान के लिए जसवां परागपुर के हर क्षेत्र में विभिन्न संस्थानों और भवनों का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आज जिस वन विभाग के विश्राम गृह का उद्घाटन किया गया, उसकी स्थिति भी पहले बहुत दयनीय थी, जिसे उन्होंने बहुत कम समय में पूर्ण रूप से पुनः बनाकर तैयार करवाया। उन्होंने बताया कि 60 लाख की लागत से बना यह सुंदर विश्राम गृह क्षेत्र की शोभा को भी बढ़ाता है। उन्होंने बताया कि आज क्षेत्र में यदि केवल वन विभाग के कार्यों की ही बात की जाए, तो करोड़ों की लागत से पूरे जसवां परागपुर में विकासात्मक कार्य विभाग द्वारा किए जा रहे हैं। जिनमें 60 लाख से बने इस विश्राम गृह के अतिरिक्त, 41 लाख की लागत से विश्राम गृह सदवां, 55 लाख की लागत से निरीक्षण कुटीर सरड़ डोगरी, 43 लाख की लागत से निरीक्षण कुटीर गुरालधार, 30 लाख की लागत से बणि तालाब का जीर्णोद्धार, 40 लाख की लागत से नेचर पार्क सदवां, 10 लाख अमरोह में वाटिका, 12 लाख की लागत से गार्ड कुटीर डडोआ एवं 12 लाख की लागत से गार्ड कुटीर चलान के निर्माण कार्य प्रगति पर हैं। उन्होंने बताया कि हिमाचल ने वन संरक्षण व संवर्धन के लिए अनेक प्रयास किए हैं। जन अभियानों के माध्यम से जोड़ते हुए बेटियों व पौधरोपण को जोड़ना, वन और विद्यार्थियों को जोड़ विद्यार्थियों को वनों के महत्त्व का पाठ पढ़ाना हो या सामुदायिक स्तर पर वन क्षेत्र को बढ़ाने के लिए योजना को आरंभ करना। इन सभी राजकीय प्रयासों का मूल उद्देश्य वन सम्पदा को बढ़ाकर प्रदेश को हरा-भरा बनाना है। प्रदेश में कैम्पिंग साइट्स, ट्रैकिंग रूट, वन विश्राम गृह आदि को पर्यटन की दृष्टि से विकसित कर ईको-टूरिज्म को बढ़ावा दिया जा रहा है। कार्यक्रम के बाद उद्योग मंत्री ने जनसमस्याओं को सुनते हुए अधिकतम का मौके पर निपटारा किया तथा शेष के समयबद्ध निवारण हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। इस अवसर पर मंडलाध्यक्ष विनोद शर्मा, डीएफओ देहरा सन्नी वर्मा, अधिशासी अभियंता जल शक्ति विभाग संदीप चैधरी, आरएम देहरा कुशल गौतम, अनिता सपहिया, हरबंस कालिया, शेर सिंह डोगरा, विरेंद्र ठाकुर, रूपिंदर डैनी, सुरेश ठाकुर, कुलविंदर पठानिया, राकेश पठानिया व कमलेश बढालिया सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।


















































