पुलिस थाना दाडलाघाट मे अंडर सेक्शन 39 (1) ए एचपी एक्साइज एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज हुआ है।जानकारी के अनुसार बृजलाल, पुत्र धनीराम, गांव सरडमरास जो अपना ढाबा चलाता है उक्त व्यक्ति ढाबे में बिना किसी लाईसैंस व परमिट के शराब बेचने का अवैध धन्धा भी करता है। तलाशी के दौरान उपरोक्त व्यक्ति के ढाबे से 12 बोतलें देसी शराब बरामद हुई है। जिस पर उपरोक्त धारा के अंतर्गत पुलिस थाना दाड़लाघाट में मुकदमा पंजीकृत किया गया है। डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ने मामले की पुष्टि की है।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय घनागुघाट में उपप्रधानाचार्य प्रकाश शर्मा द्वारा 2 दिसंबर को एड्स विषय पर आयोजित कार्यक्रम के प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। विश्व एड्स दिवस प्रतिवर्ष 1 दिसंबर को मनाया जाता है, किंतु 1 दिसंबर को रविवार का अवकाश होने के कारण विद्यालय में एड्स दिवस का कार्यक्रम सोमवार 2 दिसंबर को आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को भाषण द्वारा एड्स के विषय में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई व तत्पश्चात एड्स विषय पर नारा लेखन व पेंटिंग प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया था। इस अवसर पर विद्यालय के समस्त अध्यापक व बच्चे उपस्थित रहे।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला नवगांव में 01 दिसम्बर से 7 दिसम्बर 2019 तक एड्स जागरूकता सप्ताह बड़े जोश से मनाया जा रहा है। प्रतिदिन प्रार्थना सभा में विभिन्न छात्रों एवं शिक्षकों द्वारा एड्स से सम्बंधित उपयोगी एवं आवश्यक जानकारी छात्रों को उपलब्ध करवाई जा रही है। इसी कड़ी में 04 दिसम्बर को अम्बुजा सीमेंट फाउंडेशन दाड़लाघाट के सौजन्य से विद्यालय में अनेक जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किये गए। प्रातःकालीन सभा में भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, इसमें सोनिया कुमारी ने प्रथम स्थान अर्जित किया। कक्षा छठी से आठवी तक चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें मेघा, हिमानी एवं परीक्षित ने प्रथम, द्वितीय तृतीय स्थान अर्जित किया। इस अवसर पर छात्रों द्वारा जागरूकता रैली भी निकाली गई। इसमें विद्यालय के सभी शिक्षकों, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आशा कार्यकर्ता एवं महिला मंडल की सदस्यों ने भाग लिया। विजेता छात्रों को अम्बुजा सीमेंट फाउंडेशन द्वारा पुरस्कार भी दिए गए और सभी छात्रों को अल्पाहार की व्यवस्था की गई। प्रधानाचार्य रविन्द्र गौतम ने अपने उद्बोधन में सभी छात्रों व अभिभावकों को एड्स जैसी लाईलाज बीमारी कै कारणों एवं बचाव की जानकारी प्रदान की और आह्वान किया, कि वे अपने आसपास के क्षेत्रों में इस बीमारी से बचने के उपायों का प्रचार करें। ताकि भविष्य में इस बीमारी के खतरे को कम किया जा संके।इस अवसर पर विद्यालय के सभी शिक्षक एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धुन्दन में सेवादार पद पर कार्यरत विद्यादेवी ने ईमानदारी की मिसाल पेश की। विद्यालय में कार्यरत डॉ करुणा की सोने की चैन अचानक गिर गई,जिसकी कीमत लगभग एक लाख से ज्यादा है। विद्या देवी ने उन्हें वापिस किया। डॉक्टर करुणा मैडम ने उनकी ईमानदारी से खुश होकर उन्हें शॉल भेंट की। प्रधानाचार्य सरताज सिंह राठौर ने सेवादार पद पर कार्यरत विद्या देवी को इस कार्य की सराहना की तथा समस्त विद्यालय परिवार को इनसे प्रेरणा लेने के लिए कहा।
यूनेस्को के वर्ल्ड हेरिटेज साइट में शामिल कालका-शिमला रेलवे लाइन में बनी बड़ोग सुरंग का इतिहास काफी दिलचस्प है। कालका से 41 किमी दूर आता है बड़ोग स्टेशन, जहां यह सुरंग है। बता दें कि 20वीं सदी में बनाई गई इस सुरंग का नाम ब्रिटिश इंजीनियर कर्नल बड़ोग के नाम पर पड़ा। इसके बनने के पीछे कर्नल बड़ोग की दुखभरी कहानी है। बड़ोग रेलवे स्टेशन के पास है बड़ोग सुरंग, जिसे सुरंग नंबर 33 भी कहते है। 1143.61 मीटर लंबी यह सुरंग हॉन्टेड प्लेसेस में शुमार है। यह दुनिया की सबसे सीधी सुरंग है, जिसे पार करने में ट्रेन ढाई मिनट लेती है। इस सुरंग को बनाने की जिम्मेदारी ब्रिटिश इंजीनियर कर्नल बड़ोग को दी गई थी। सुरंग को बनाने कर्नल ने सबसे पहले पहाड़ का इंस्पेक्शन कर दो छोर पर मार्क लगाए और मजदूरों को दोनों छोर से सुरंग खोदने के ऑर्डर दिए। उनका अंदाजा था कि खुदाई करते-करते दोनों सुरंगें बीच में आकर मिल जाएंगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। कर्नल बड़ोग की गलती ब्रिटिश सरकार को ठीक नहीं लगी। उन पर सरकार ने पैसे की बर्बादी करने पर 1 रुपए का जुर्माना लगा दिया। बड़ोग इस बात को लेकर बेहद परेशान हो गए और एक दिन अपने कुत्ते को लेकर सुबह टहलने निकला और सुरंग के नजदीक ही खुद को गोली मार ली। कर्नल बड़ोग की मौत के बाद 1900 में सुरंग पर एचएस हर्लिंगटन ने फिर से काम शुरू किया और 1903 में सुरंग पूरी तरह तैयार हो गई। ब्रिटिश सरकार ने सुरंग का नाम इंजीनियर के नाम से ही रखा बड़ोग सुरंग। ऐसी कहानी प्रचलित है कि एचएस हर्लिंगटन भी इस सुरंग का काम पूरा नहीं कर पा रहे थे। आखिरकार चायल के रहने वाले बाबा भलकू ने इस काम को पूरा करवाया। शिमला गैजेट के मुताबिक, बाबा भलकू ने इस लाइन पर कई अन्य सुरंगें खोदने में भी ब्रिटिश सरकार की मदद की।
सोलन जिला के नालागढ़ उपमंडल की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय लोहारघाट में विद्यार्थियों को नशा निवारण अभियान के तहत जागरूक किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता तहसीलदार रामशहर बिमला वर्मा ने की। छात्रों को संबोधित करते हुए बिमला वर्मा ने कहा कि किसी भी प्रकार का नशा व्यक्ति को शारीरिक तथा मानसिक रूप से कमज़ोर करता है। उन्होंने कहा कि एक बार नशे की लत लग जाने पर व्यक्ति उसका गुलाम बन जाता है तथा फिर नशे के चंगुल से बाहर आना उसके लिए एक चुनौतीपूर्ण कार्य है। उन्होंने छात्रों का आह्वान किया कि वे स्वयं भी नशा न करें और को भी नशा न करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने अध्यापकों व अभिभावकों से आग्रह किया कि वे बच्चों की प्रत्येक गतिविधि पर नज़र रखें। तहसीलदार रामशहर ने छात्र-छात्राओं को जीवन में नशा न करने के बारे में शपथ दिलाई। इससे पहले ग्राम पंचायत लोहारघाट के प्रांगण में भी उपस्थित ग्रामीणों को जीवन में नशा न करने की शपथ दिलाई गई तथा उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के बारे में अवगत करवाया गया। राजकीय महाविद्यालय रामशहर में नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक बनाने के लिए विभिन्न खेल गतिविधियों का आयोजन किया गया। इसमें महाविद्यालय के अनेकों छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। इस अवसर पर महाविद्यालय के उप प्रधानाचार्य प्रो. रणजोत सिंह ने उपस्थित खिलाडि़यों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा एक धीमा ज़हर है तथा इसका अंत केवल मृत्यु है। उन्होंने कहा कि व्यक्ति को जीवन में किसी भी रूप में नशे को स्वीकार नहीं करना चाहिए। नशा निवारण अभियान के अंतर्गत उपमंडल में विभिन्न विभागों द्वारा जागरूक कार्यक्रम आयोाजित किए गए। ग्रामीण विकास व पंचायती राज विभाग, राजस्व विभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, युवा सेवाएं एवं खेल विभाग तथा शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षण संस्थानों तथा विभिन्न ग्राम पंचायतों में नशे के दुष्प्रभावों के विषय में जानकारी दी गई। इन कार्यक्रमों में प्रतिभागियों को नशे से शरीर पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव व इससे बचने के उपायों के बारे में जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रमों में उपस्थित लोगों को जीवन में कभी भी नशा न करने की शपथ दिलाई गई। उपमण्डल की आशा कार्यकर्ताओं तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा नशे के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से शिक्षण संस्थानों व गांवों में प्रचार सामग्री भी वितरित की गई। नालागढ़ उपमंडल में विभिन्न विभागों द्वारा आयोजित इन जागरूकता कार्यक्रमों में लगभग 3300 प्रतिभागियों ने भाग लिया।
बुधवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय छात्र कुनिहार के रिटेल व एग्रीकल्चर के 55 छात्र छात्राओं ने नौंणी यूनिवर्सिटी सोलन का एक दिवसीय शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान एग्रीकल्चर के बच्चों ने यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर सूद से पौधे व फूलों को उगाने व उनकी देखरेख बारे विस्तृत जानकारी प्राप्त की। रिटेल के विद्यार्थियों ने प्रोफेसर अंजू से बिस्कुट बनाने व उन्हें मार्किट में कैसे बेचा जाता है बारे जानकारी प्राप्त की। इस दौरान बच्चों में काफी उत्साह व सीखने की जिज्ञासा थी। इस शैक्षणिक दौरे में बच्चों के साथ विद्यालय से भूपेंद्र कौसिक, सुधीर शर्मा,वरुण,तान्या,कविता कौशल आदि अध्यापक वर्ग मौजूद रहे।
निष्ठा स्कूल प्रमुखों और शिक्षकों के लिए के अंतर्गत खंड धुन्दन के प्राइमरी और अप्पर प्राइमरी अध्यापकों के लिए पांच दिवसीय कार्यशाला के द्वितीय दिवस में गणित की बारीकियों से अध्यापकों को अवगत करवाया गया तथा पठन पाठन में बच्चों को आने वाली कठिनाईयों के बारे में चर्चा की गई। जिला शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान सोलन से आये स्त्रोत व्यक्ति बबिता,पूनम सैनी तथा गोविंद ठाकुर द्वारा यह प्रशिक्षण दिया गया। इस कार्यशाला में प्राइमरी और अप्पर प्राइमरी सेक्शन से 37 व 46 अध्यापकों का ग्रुप राजकीय प्राथमिक पाठशाला दाड़लाघाट में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहा है। यह प्रशिक्षण 7 दिसंबर तक चलेगा। इस प्रशिक्षण का संचालन कर रहे बीआरसी धुन्दन नरेन्द्र शर्मा ने कहा कि विभिन क्रियाकलापों के उपयोग के माध्यम से किस प्रकार पठन-पाठन कार्य को कक्षा में अधिक रोचक बनाया जाए ताकि विद्यार्थियों को समझने में आसानी हो। यह प्रशिक्षण सभी प्रारंभिक अध्यापकों को करना अनिवार्य होगा। इस प्रशिक्षण में श्रोत व्यक्ति के रूप में विभिन विषय विशेषज्ञ डाइट सोलन से होंगे जिन्होंने अभी हाल ही में शिमला में एनसीआरटी से प्रशिक्षण प्राप्त किया है।
जिला दंडाधिकारी सोलन केसी चमन ने सर्दियों के मौसम के दृष्टिगत मालरोड सोलन पर वाहनों की आवाजाही के सम्बन्ध में आदेश जारी किए हैं। यह आदेश मोटर वाहन अधिनियम 1988 की धारा 115 व 117 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जारी किए गए हैं। इन आदेशों के अनुसार 04 दिसम्बर, 2019 से 29 फरवरी, 2020 तक सोलन के मालरोड से सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही सांय 5.30 बजे से 7.30 बजे तक प्रतिबंधित रहेगी। इन आदेशों के अनुसार प्रथम मार्च, 2020 से मालरोड पर वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध का समय पूर्व की भांति सांय 5.30 बजे से रात्रि 8.00 बजे तक कर दिया जाएगा। इस संबंध में शेष व्यवस्थाएं जिला प्रशासन द्वारा 27 जून, 2006 को जारी आदेशों के अनुसार रहेंगी।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने कहा कि जिला में कार्यरत सभी बैंक 21 दिसम्बर, 2019 से पूर्व विभिन्न योजनाओं के तहत लंबित मामलों का निपटारा सुनिश्चित बनाएं। उपायुक्त जिला के अग्रणी यूको बैंक की 157वीं जिला सलाहकार समीति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। केसी चमन ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वावलम्बन योजना शिक्षित बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी बैंकों को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री स्वावलम्बन योजना के तहत लम्बित ऋण के मामलों को 25 दिसम्बर, 2019 तक निपटाया जाए। उन्होंने कहा कि ऋण एवं अन्य योजनाओं के तहत लम्बित मामलों को बैंक द्वारा समयबद्ध सीमा में निपटाया जाना चाहिए। ऐसा न होने की स्थिति में बैंक अधिकारियों के विरूद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त ने कहा कि बैंक अधिकारियों सहित अन्य को इस बैठक के महत्व को समझना चाहिए। अकारण बैठक से अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों के विरूद्ध कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि बैठक में अधिकारी अपने प्रतिनिधि को न भेजकर स्वयं उपस्थित हों ताकि विभिन्न योजनाओं की प्रगति का वास्तविक जायज़ा लिया जा सके। केसी चमन ने जिला में कार्यरत सभी बैंकों के अधिकारियों से आग्रह किया कि सरकार द्वारा चलाई जा रही जन कल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करें तथा यह सुनिश्चित बनाएं कि पात्र लाभार्थियों को ऋण समय पर प्राप्त हों। उन्होंने जिला सलाहकार समिति तथा यूको आरसेटी की त्रैमासिक बैठक निश्चित माह के दूसरे मंगलवार को करवाने के निर्देश भी दिए। उपायुक्त ने यूको बैंक तथा पंजाब नैशनल बैंक कुनिहार के अधिकारियों को निर्देश दिए कि बैंकों में ई-स्टेम्पिंग सुविधा उपलब्ध करवाई जाए। केसी चमन ने कहा कि बैंकों द्वारा आयोजित किए जाने वाले वित्तीय साक्षरता शिविरों में अन्य विभागों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहें क्योंकि बैंक विभिन्न विभागों की योजनाओं के लिए उपदान दरों पर ऋण प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविरों में विभागीय प्रतिनिधियों के उपस्थित रहने से बैंक और ऋण प्राप्त करने वालों को सुगमता होगी। उपायुक्त ने बैंक अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनमंच में विभिन्न बैंकों के अधिकारी जनमंच के स्थान अनुसार उपस्थिति दर्ज करवाएं ताकि लोग प्रधानमंत्री जन धन, मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, किसान क्रेडिट कार्ड जैसी महत्वाकांक्षी योजनाओं का लाभ उठा सकें। केसी चमन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधिकारी ऋण स्वीकृत न होने की स्थिति में उचित कारण बताएं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिला अग्रणी बैंक को ईमेल के माध्यम से अद्यतन आंकड़े समयबद्ध प्रेषित करें ताकि केंद्र सरकार से प्राप्त होने वाली वित्तीय सहायता समय पर मिल सके। उन्होंने बैक अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेषकर स्वयं सहायता समूह के वित्तीय मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए। बैठक में बैंको द्वारा विभिन्न योजनाओं के अंर्तगत निर्धारित वित्तीय लक्ष्यों व उपलब्धियों की समीक्षा की गई। बैठक में जानकारी दी गई कि जिला में सितम्बर 2019 तक प्रधानमंत्री जन धन योजना के तहत 214418 खाते खोले गए हैं। इस अवधि में 181827 रूपे कार्ड भी जारी किए गए हैं। इस अवधि तक प्रधानमंत्री बीमा सुरक्षा योजना से 231350 लाभार्थी जुड़े है। प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना से 139392 तथा अटल पैंशन योजना से 23534 लाभार्थी जुड़ चुके हैं। प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत सोलन जिले में सितम्बर 2019 तक 9348 खाते खोले गए हैं। इस अवधि में योजना की शिशु श्रेणी के तहत 1534.69 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। योजना की किशोर श्रेणी में 10562.56 लाख रुपये तथा 10410.11 लाख रुपये तरूण श्रेणी में स्वीकृत किए गए हैं। भारतीय रिजर्व बैंक के सहायक महाप्रबन्धक संजीव मारिया ने बैंकों को समय-समय पर जारी होने वाले दिशा-निर्देशों की जानकारी दी तथा इनकी अनुपालना का आग्रह करते हुए सभी बैंक अधिकारियों से खंड स्तरीय बैंकर्ज समिति की प्रत्येक कार्यशाला में उपस्थित रहने के निर्देश दिए। इससे पूर्व अग्रणी जिला प्रबंधक बीडी सांख्यान ने मुख्यातिथि का स्वागत किया तथा बैठक की कार्यवाही का संचालन किया। इस अवसर पर जिला उद्योग केन्द्र सोलन के महाप्रबंधक राजीव कुमार, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी आरके गौतम, जिला राजस्व अधिकारी प्रोमिला धीमान, अन्य अधिकारी, यूको आरसेटी के निदेशक विक्रम ठाकुर सहित विभिन्न बैंको के प्रबंधक एवं प्रतिनिधि उपस्थित थे।
ब्लड बैंक आईजीएमसी शिमला के सहयोग से अम्बुजा सीमेंट फाउंडेशन द्वारा रक्तदान शिविर का आयोजन अम्बुजा अस्पताल सुल्ली में किया गया। रक्तदान शिविर का आयोजन प्रत्येक वर्ष विश्व एड्स दिवस को ध्यान में रखते हुए किया जाता है। रक्तदान शिविर का उद्धघाटन अम्बुजा सीमेंट लिमिटेड के परिचालन प्रमुख अनिल गुप्ता और मेडिकल ऑफिसर आईजीएमसी शिमला डॉ विक्टर मशीह के द्वारा किया गया। इस रक्तदान शिविर में अम्बुजा सीमेंट लिमिटेड और अम्बुजा सीमेंट फाउंडेशन के कर्मचारियों ने 102 यूनिट रक्त दान किया। भूपेंद्र गाँधी ने रक्त दान शिविर के नियमित संचालन और कर्मचारियों के अमूल्य योगदान के लिए धन्यवाद दिया। अजीत कुमार सिंह ने नियमित रक्तदान से होने वाले फायदे के बारे में लोगों को जागरूक किया। रक्त दान महादान है जिसमें किसी भी जरुरतमंद व्यक्ति के जीवन को बचाया जा सकता है। रक्तदान शिविर का सफल आयोजन आईजीएमसी शिमला डॉ विक्टर मसीह के मार्गदर्शन और देखरेख में हुआ। सभी रक्तदाताओं को आईजीएमसी शिमला द्वारा सम्मान प्रमाण पत्र प्रदान किया गया और अम्बुजा सीमेंट फाउंडेशन के तरह से स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।
कुनिहार : प्रदेश की जय राम ठाकुर की सरकार का 2बरसों का कार्यकाल अनेकों उपलब्धियो भरा रहा है। यंहा जारी प्रेस विज्ञप्ति में भाजपा के जिला मिडिया प्रभारी और एयरपोर्ट कमेटी के निर्देशक इन्दर पाल शर्मा ने कहा कि पूरे प्रदेश में बिना किसी भेदभाव के समान रुप से अरबों रुपये के विकास कार्य किये गये है तो वंही समाज के हर वर्ग के लिए अनेकों नई योजनाओं को शुरू किया गया,हर घर मे महिलाओ को ग्रहणी योजना में मुफ्त में गैस सिलेंडर, वृद्धा पैन्शन की आयु 80वर्ष से घटा कर 70करने,5लाख का चिकित्सा बीमा और बेरोजगार युवकों को हजारों नौकरियां दी गईं।इन्दर पाल शर्मा ने कहा कि कल मंत्री मंडल की मीटिंग में शिक्षा बिभाग में 3636और पुलिस में 1000पद एकमुस्त भरे जाने का एतिहासिक निर्णय लिया गया है। शर्मा ने कहा कि कल कसौली के एक दिवसीय दौरे पर मुख्य मंत्री द्वारा वहाँ पर जहा 93करोड़ के उदघाटन और शिला न्यास किये गये और एस 0डी 0म0कार्यालय दीये जाने व स्कूलों को उपग्रेड किये जाने के लिये भाजपा जिला सोलन उनका आभार व्यक्त करता है। शर्मा ने कहा कि मुख्य मंत्री ने शीघ्र ही अर्की निर्वाचन क्षेत्र में आने का अस्वासन दिया है।
कुनिहार : कुनिहार सब तहसील में पिछले 10- 12 दिनों से नायब तहसीलदार के न बैठने से क्षेत्र के लोगों के राजस्व सम्बंधित कार्यो में मुश्किलें आ रही है। कुनिहार में सब तहसील खुलने से कुनिहार क्षेत्र के लोगो के इनकम सर्टिफिकेट,हिमाचली प्रमाण पत्र,जाती प्रमाण पत्र,चरित्र प्रमाण पत्र, एफिडेविट,मुख्तयार नामा,लैंड मोडगेज सहित सभी कार्य हो रहे थे,परन्तु पिछले 10 से 12 दिनों से कार्यालय में तहसीलदार/नायाब तहसीलदार के न बैठने से लोगो को अर्की भेजा जा रहा है।वन्ही लोगो के अनुसार अर्की में भी कोई भी कार्य क्षेत्र के लोगो का नही हो रहा है व उन्हें उक्त सर्टिफिकेट बनवाने के लिए कुनिहार वापिस भेजा जा रहा है।कुनिहार कार्यालय पहुंचे कुनिहार निवासी मदन ने बताया कि वे पिछले 10 दिनों से सब तहसील के चक्कर काट रहे है।उसे इनकम सर्टिफिकेट सहित कुछ जरूरी दस्तावेज बनवाने थे।उसे कभी अर्की भेजा गया तो वंहा भी उक्त सर्टिफिकेट नही बनाये गए व कहा गया कि उसके सभी कार्य कुनिहार कार्यालय से होंगे,जबकि उसकी नोकरी लगनी थी,परन्तु कार्यालय में अधिकारी के न बैठने से नोकरी लगने से पहले नोकरी जाने की चिंता सताने लगी है।वन्ही कार्यालय में अर्जिनिवेश सहित स्टाम्प पेपर विक्रेता भी बेकार बैठे है।हर रोज सेंकडो लोगो कोअधिकारी के न होने से परेशानी झेलनी पड़ रही है। वन्ही एसडीएम अर्की विकास शुक्ला से जब इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बताया कि अर्की से नायब तहसीलदार की ड्यूटी कुनिहार सब तहसील में लगाई गई है अगर किसी का काम वंहा नही हो रहा है तो वह अर्की आकर कोई भी राजस्व सम्बन्धी या प्रमाण पत्र बनवा सकता है। अर्की में भी अगर नही काम होता है तो वह सीधा मुझ से सम्पर्क कर सकता है।लोगो के सभी कार्य अर्की में करवाये जाएंगे।
नशा निवारण अभियान के अंतर्गत आज सोलन जिला की अर्की उपमंडल की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (रावमापा) धुन्दन में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम में दाड़लाघाट के थाना प्रभारी हीरालाल ने छात्राओं को नशे से होने वाली हानियों के बारे में अवगत करवाया। उन्होंने सभी को इस अवसर पर नशा उन्मूलन के लिए शपथ भी दिलवाई। थाना प्रभारी ने कहा कि कि युवाओं को नशे से बचाने के लिए जहां अध्यापकों और अभिभावकों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करना होगा वहीं युवाओं को भी यह समझना होगा कि किसी भी प्रकार के नशे से उनका भला नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि अध्यापक विद्यालय में और अभिभावक घर में यदि बच्चों पर पढ़ाई के साथ-साथ अन्य मामलों में ध्यान दें तो युवाओं में हो रहे बदलावों से जाना जा सकता है कि कहीं युवा रास्ता तो नहीं भटक गए हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं के व्यवहार में आ रहे बदलाव हमें संकेत देते है कि उन पर अधिक ध्यान दिया जाना आवश्यक है। उन्होंने छात्रों से आग्रह किया कि यदि छात्रों को नशे करने वालों या नशा बेचने वालों के संबंध में कोई जानकारी मिलती है तो इसे पुलिस तक पहुंचाएं। उन्होंने छात्रों को ऐसी जानकारी पुलिस तक पहुंचाने का आह्वान किया। इस अवसर पर छात्रों को विभिन्न प्रकार के नशों की पूरी जानकारी दी। उन्होंने नशे के दुष्प्रभावों से पीडि़त के व्यवहार में होने वाले बदलाव से भी अवगत करवाया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य सरताज सिंह राठौर ने छात्रों के नशे के प्रकार व लक्षणों के बारे में जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर छात्रों की निबंध लेखन प्रतियोगिता भी करवाई गई, जिसमें 44 विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में प्रीति प्रथम, उर्मिला द्वितीय तथा अनीता तृतीय स्थान पर रही।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने कहा कि मिस्त्री, बढ़ई तथा बार बाइंडर्स सुरक्षित आवास निर्माण की धुरी है और भूकंप रोधी आवास निर्माण की तकनीक में इनका दक्ष होना आवश्यक है। केसी चमन औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान सोलन में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सोलन के सौजन्य से जिला में सुरक्षित भवन निर्माण के लिए मिस्त्री, कारपेंटर तथा बार बाइंडर्स की क्षमता वर्धन योजना के अंतर्गत आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला के समापन अवसर पर उपस्थित मिस्त्रियों को संबोधित कर रहे थे। उपायुक्त ने कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी प्रदेश में भूकंप रोधी आवासों एवं भवनों का निर्माण किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी प्रदेश एवं भूकंप की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील राज्य होने के कारण प्रदेश को ऐसे आवास चाहिएं जो भूकंप रोधी हों एवं कम लागत में बने हों। इसके लिए राजमिस्त्री, बढ़ई और बार बाइंडर्स का भूकंप रोधी आवास निर्माण तकनीक को जानना आवश्यक है। इस दिशा में यह कार्यशाला महत्वपूर्ण सिद्ध होगी। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि आवास निर्माण के समय भूकंपरोधी तकनीक का प्रयोग करें और अपने राजमिस्त्री को इस दिशा में कार्य करने के लिए कहें। उन्होंने कहा कि इन श्रेणियों के साथ-साथ आम जन को भी भूकंप रोधी आवास निर्माण तकनीक का ज्ञान होना चाहिए। उन्होंने राजमिस्त्री, बढ़ई और बार बाइंडर्स का आह्वान किया कि वे अपने कार्य को पूरी ईमानदारी से पूर्ण करें। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में जिला की विभिन्न ग्राम पंचायतों के मिस्त्रियों को हिमकोस्ट व बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञों के सहयोग से गृह निर्माण की सुरक्षित तकनीक के बारे जानकारी प्रदान की गई। केसी चमन ने कहा कि भवन निर्माण कार्यों में भूकंप रोधी तकनीक अपनाकर भूकंप से होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भूकंप आने पर सबसे ज्यादा नुकसान भवनों के असुरक्षित निर्माण के कारण होता है। यदि भवन निर्माण पूरी योजना के साथ किया होगा तो भूकंप इत्यादि से होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। उपायुक्त ने कार्यशाला में उपस्थित सभी मिस्त्रियों से आग्रह किया कि वे आज से शपथ लें कि कोई भी भवन निर्माण कार्य सुरक्षा के मानकों को ध्यान में रखते हुए करेंगे। उन्होंने कि राजमिस्त्री भवन निर्माण प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। इसलिए राजमिस्त्रयों को कम लागत में भूकंप रोधी भवन निर्माण की सभी जानकारियां उपलब्ध कराना आवश्यक है, ताकि वे इस तकनीक का अधिक से अधिक उपयोग भवन निर्माण में कर सके। उपायुक्त ने इस अवसर पर सभी मिस्त्रियों को वाटर लेवल किट प्रदान की। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सोलन विवेक चंदेल, हिमकोस्ट की रिर्सोस पर्सन कंचन राणा, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान सोलन के प्रधानाचार्य सीएल तनवर, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की अपूर्वा, गौरव तथा बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञ व काफी संख्या में राजमिस्त्री उपस्थित थे।
पाइनग्रोव स्कूल, जिला सोलन में आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्गों की लड़कियों के लिए चयन परीक्षा 16 दिसंबर 2019 को आयोजित की जाएगी। समाज सेवा को जारी रखते हुए प्रवेश परीक्षा में भाग लेने के लिए छात्रा हिमाचल प्रदेश जिला सोलन की स्थाई निवासी होनी चाहिए। याद रहे पाइनग्रोव स्कूल ने पिछले 3 वर्षों से जिला सोलन की छ: छात्राओं को चयनित किया है और वे आज भी स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रही है। छात्रा प्रथम कक्षा से ही सरकारी पाठशाला में पढ़ रही हो और छात्रा की आयु 9 वर्ष से अधिक और 12 वर्ष से कम होनी चाहिए तथा वर्तमान में पांचवी कक्षा में पढ़ रही हो। प्रत्येक वर्ष चयन परीक्षा के आधार पर दो सर्वश्रेष्ठ छात्राओं को पाइनग्रोव स्कूल सुबाथू में प्रवेश दिया जाता है। इन छात्राओं को पाइनग्रोव स्कूल द्वारा निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जाएगी। पाइनग्रोव स्कूल सी बी एस ई, आई पी एस सी, आई ए वाई ए पी और एन सी सी, ब्रिटिश काउंसलिंग आई एस ओ 9001. 2000 से प्रमाणित है। पाइनग्रोव स्कूल हिमाचल का एक प्रतिष्ठित विद्यालय है और शिक्षा के क्षेत्र में अपनीं पहचान बना चूका है। पाइनग्रोव स्कूल ने डी सी सोलन के माध्यम से हिमाचल प्रदेश सरकार को सूचित किया है कि वह अपने बलबूते पर गरीब परिवारों की लड़कियों की सहायता कर रहे है और गरीब परिवार में रहने वाली अनेक लड़कियां अपनी योग्यता, कला, गुणों से संपन्न तो है परन्तु आर्थिक समस्या के कारण उन्हें अच्छे विद्यालय में शिक्षा ग्रहण करने का अवसर नहीं मिलता है। पाइनग्रोव स्कूल ने ऐसी ही गरीब परिवारों की लड़कियां जो पढ़ाई में होशियार हो उनको अपने स्कूल जिला सोलन में शिक्षा देने की ज़िम्मेवारी इस वर्ष भी लेने की रूचि प्रस्तुत की है। यदि ऐसी बच्चों की सहायता की जाये तो वे जीवन में अच्छी नौकरी प्राप्त करके अपने उद्देशय में सफल हो सकती है। यह योजना हिमाचल प्रदेश जिला सोलन के गरीब और पिछड़े परिवारों में एक उम्मीद की किरण ला सकती है। पाइनग्रोव स्कूल पहले से ही समाज सेवा करने में जुटा हुआ है।
आम लोगों की नशाखोरी के खिलाफ अभियान में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन सोलन द्वारा व्यापक जागरूकता अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जिले के विभिन्न स्थानों व शैक्षणिक संस्थानों में 704 छात्रों एवं अन्य को नशे से होने वाली हानियों के बारे में अवगत करवाया गया। यह जानकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि जिला में जिला शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान सोलन में 30, चिकित्सा खंड चंडी के अंतर्गत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरोटीवाला में 40, अर्की चिकित्सा खंड के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बलेरा में 240, चिकित्सा खंड धर्मपुर के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बोहली में 215, चिकित्सा खंड नालागढ़ के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लाड़ाघाट में 139 छात्रों एवं अन्य को नशे के सेवन शरीर पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की गई। उन्होंने कहा कि चिकित्सा खंड चंडी के अंतर्गत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरोटीवाला में 40 व्यक्तियों की चिकित्सीय जांच भी गई। प्रवक्ता ने कहा कि इन जागरूकता सत्रों में छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी प्रदान की गई। छात्रों को बताया गया कि नशा व्यक्ति को शारीरिक व मानसिक रूप से अक्षम बना देता है। उन्होंने कहा कि छात्रों को नशे से होने वाले विभिन्न रोगों के बारे भी जानकारी दी गई। नशा निवारण अभियान के अंतर्गत राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में 735 प्रशिक्षुओं एवं तकनीकी स्टाफ को जागरूक किया गया। छात्रों को नशे से होने विभिन्न रोगों व नशाखोरी से बचाव के लिए विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
प्रदेश सरकार द्वारा 15 दिसम्बर, 2019 तक नशे के विरूद्ध कार्यान्वित किए जा रहे मादक द्रव्यों एवं मदिरा व्यसन पर रोक अभियान के अंतर्गत जिला कल्याण विभाग सोलन द्वारा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाईट) सोलन छात्रों तथा दिव्यांगों को जागरूक किया गया। जिला कल्याण अधिकारी बीएस ठाकुर ने इस अवसर पर कहा कि नशा एक सामाजिक बुराई है। समाज में जो व्यक्ति नशा करता है उसका सामाजिक, धार्मिक और आर्थिक पतन होता है। उन्होंने दिव्यांग जनों से आग्रह किया कि वे अपनी अक्षमता के कारण अपने अंदर हीन भावना न पनपने दें और नशे जैसी बुराई से दूरी बनाकर रखें। बीएस ठाकुर ने कहा कि नशे की हानियों से परिचित होते हुए भी आज व्यक्ति नशा करता है और नशे का पूरी तरह आदी हो जाने पर पीडि़त व्यक्ति का नशे के चंगुल से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। उन्होंने कहा कि नशे से पीडि़त व्यक्ति किसी भी प्रकार से राष्ट्र का भला नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि अक्सर व्यक्ति मानसिक परेशानियों से छुटकारा पाने के लिए नशा लेना आरंभ करता है और समय के साथ उसे पता ही नहीं चलता कि कब वह नशे का आदि हो गया। उन्होंने डाईट के विद्यार्थियों से आग्रह किया कि अपने आस-पड़ोस में भी नशे की हानियों के बारे में लोगों को अवगत करवाएं तथा नशे के कारोबार के संबंध में जानकारी प्राप्त होते ही तुरंत पुलिस को सूचित करें। उन्होंने कहा कि यदि किसी बच्चे के अभिभावक नशे के आदी हैं तो सर्वप्रथम उन्हें नशा त्यागना होगा। ऐसे अभिभावक अपना उपचार तुरंत किसी नशामुक्ति केंद्र में करवाएं। इस अवसर पर आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल शर्मा ने कहा कि नशे पर योग व व्यायाम के माध्यम से अंकुश लगाया जा सकता है। व्यक्ति प्रतिदिन योग व व्यायाम को अपनी दिनचर्या में शामिल करके नशे जैसी बुराई से छुटकारा पा सकता है। इस अवसर पर तहसील कल्याण अधिकारी प्रोमिला तनवर, डाईट सोलन के छात्र-छात्राएं तथा दिव्यांग जन उपस्थित थे।
कृषि शिक्षा दिवस के उपलक्ष में डॉ वाईएस परमार औदयानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, नौणी अगले एक सप्ताह तक अनेक कार्यक्रम आयोजित करेगा। कृषि शिक्षा दिवस,भारत के पहले कृषि मंत्री और राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद की याद में हर साल मनाया जाता है। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ परविंदर कौशल ने विवि के वैधानिक अधिकारियों और विश्वविद्यालय के केंद्रीय छात्र संघ के साथ बैठक की और कार्यक्रम के बारे में चर्चा की। सभा को संबोधित करते हुए डॉ कौशल ने सभी से कृषि के प्रति युवाओं को आकर्षित करने के लिए निरंतर प्रयास करने का आग्रह किया। उन्होंने विश्वविद्यालय के केंद्रीय छात्र संघ से कृषि छात्रों के बीच डीबेट के माध्यम से संदेश फैलाने में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए कहा। उन्होनें कहा कि कृषि स्नातकों को उद्यमशीलता की ओर देखना होगा और नौकरी चाहने वालों के बजाय नौकरी प्रदाता बनना होगा। उन्होंने कहा कि इस दिवस का उद्देश्य स्कूलों में कृषि के विभिन्न पहलुओं और देश के विकास की इसकी प्रासंगिकता से अवगत कराना है, उन्हें प्रेरित करता है और उन्हें कृषि की ओर आकर्षित करता है ताकि वे इसे एक पेशे के रूप में चुनें। अगले एक सप्ताहमेंविश्वविद्यालय स्कूलों और विश्वविद्यालय परिसर में इस विषय पर व्याख्यान, वाद-विवाद और कला प्रतियोगिता जैसे कई कार्यक्रमों का आयोजन करेगा।
ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के अंतर्गत गांव बटेड, डुगली, सुल्ली, खाता, बागा, डवारू, रौड़ी, जाबलु, कुन, पछिवर के समस्त पंचायत वार्डों के ग्रामीणों ने पंचायत के गठन के लिए पूरे इत्मीनान के साथ महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया। बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ नागरिक एवं सेवानिवृत्त अध्यापक प्यारे लाल वर्मा द्वारा डवारू मंदिर परिसर में की गई। युवा जागृति क्लब धार के सदस्य अनूप शर्मा ने बताया की इस दौरान बैठक में जिला परिषद सदस्य राम कृष्ण शर्मा,बीडीसी सदस्य जगदीश ठाकुर,समस्त पंचायत सदस्य व पूर्व में रहे उपप्रधान,पूर्व पंचायत सदस्यों ने भी भाग लिया।बैठक में ग्राम पंचायत दाड़लाघाट में बीते दिनों हुई ग्राम सभा की बैठक में रखे गए प्रस्ताव का विरोध करते हुए कहा कि दाड़लाघाट में नगर पंचायत नहीं बननी चाहिए, क्योंकि नगर पंचायत के बनने से गरीब लोगों को कोई भी फायदा नहीं होने वाला है, इसलिए ग्राम पंचायत दाड़लाघाट की 2 पंचायतें बननी चाहिए। बैठक में इस प्रस्ताव का विरोध स्थानीय ग्रामीणों के अलावा जिला परिषद राम कृष्ण शर्मा और बीडीसी सदस्य जगदीश ठाकुर द्वारा किया गया।इस बैठक के उपरांत जिला पंचायत अधिकारी को ज्ञापन देने का आग्रह बैठक में स्थानीय ग्रामीणों द्वारा किया।इस दौरान बैठक में विभिन्न मुद्दों पर स्थानीय ग्रामीणों ने चर्चा की।इस अवसर पर जिला परिषद राम कृष्ण शर्मा,बीडीसी सदस्य जगदीश ठाकुर,प्यारे लाल वर्मा,बाबूराम शर्मा,लोक राम ठाकुर,प्रेम केशव,हीरालाल,जय कुमार,जगन्नाथ शर्मा, रवि ठाकुर, करण ठाकुर, अनुज शर्मा, ऋषभ, रोशनलाल, प्रेम लाल शर्मा, रती राम शर्मा, संजू शर्मा, पंचायत सदस्य यशपाल ठाकुर, कृष्णा देवी, प्रेमलाल ठाकुर, तेजराम ठाकुर, ख्याली राम, कृष्ण चंद, बाबूराम शर्मा, परसराम, खेमराज सहित काफी संख्या में धार के ग्रामीणों ने भाग लिया।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने कहा कि दिव्यांग जन समाज का अभिन्न अंग है और इनके उत्थान की दिशा में सरकार के साथ-साथ विभिन्न स्वयं सेवी संस्थाओं को भी मिल-जुलकर कार्य करना होगा। केसी चमन जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाईट) सोलन में विश्व विकलांगता दिवस पर आयोजित जि़ला स्तरीय कार्यक्रम के अवसर पर जि़लाभर से आए विशेष बच्चों, अभिभावकों एवं अध्यापकों को सम्बोधित कर रहे थे। इस कार्यक्रम का आयोजन जि़ला कल्याण विभाग तथा सर्व शिक्षा अभियान के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। केसी चमन ने कहा कि दिव्यांग जनों को सशक्त बनाने के लिए हमें उनके अंदर छुपी हुई प्रतिभा को पहचानना होगा तथा उनकी क्षमता के अनुरूप उसे निखारना होगा। उन्होंने कहा कि दिव्यांगों के उत्थान के लिए सोलन जिला के कोठों गांव में स्थित मानव-मंदिर पुनर्वास केन्द्र मस्क्युलर डिस्ट्रॉफी जैसे सार्थक प्रयास करने होंगे तभी हम दिव्यांग जनों को सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने कहा कि दिव्यांग जन साधारण व्यक्ति की तरह ही मानसिक रूप से सुदृढ़ होते हैं तथा दिव्यांगों की इस क्षमता में गुणात्मक वृद्धि करके आशातीत परिणाम सामने आ सकते हैं। उन्होंने कहा कि दिव्यांग जनों में ईश्वर प्रदत्त कुछ खास विशेषताएं होती है। देश में अनेक दिव्यांगों ने विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। उन्होंने कहा कि दिव्यांगो के अधिकारों व आवश्यकताओं के विषय में चिंतन व चर्चा करने के उद्देश्य से ही विश्व में 1992 से 3 दिसम्बर का दिन विश्व विकलांगता दिवस के रूप में मनाया जाता है, ताकि उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक कर समाज में सम्मानपूर्वक जीवन जीने का अवसर प्रदान किया जा सके। इसका उद्देश्य समाज के सभी क्षेत्रों में दिव्यांग व्यक्तियों के अधिकारों को बढ़ावा देना और राजनीतिक, सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृति जीवन में दिव्यांग लोगों के बारे में जागरूकता बढ़ाना है। जिला कल्याण अधिकारी बीएस ठाकुर ने जिला कल्याण अधिकारी बीएस ठाकुर ने विभाग द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि विकलांगजनों की त्वरित सहायता के उद्देश्य से प्रत्येक वीरवार को क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में अक्षम व्यक्तियों का प्रमाणपत्र निःशुल्क बनाया जाता है। उन्होंने कहा कि ऐसे चिकित्सा शिविर जि़ले के अन्य भागों में भी समय-समय पर आयोजित किए जाते हैं ताकि अक्षम व्यक्तियों को उनके घर-द्वार पर ही सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि विकलांग बच्चों को विभिन्न स्तरों पर छात्रवृतियां भी प्रदान की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के अधिनियम के अंतर्गत दिव्यांगजनों को 21 श्रेणियों में बांटा गया है। 40 से 69 प्रतिशत दिव्यांगता के लिए 850 रूपये प्रतिमाह तथा 70 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता के लिए 1500 रूपये मासिक पैंशन प्रदान की जा रही है। इस अवसर पर दिव्यांग बच्चों के मध्य चित्रकला, कुर्सी दौड़ इत्यादि प्रतियोगिताएं भी करवाई गई। डाईट के प्रशिक्षुओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। प्रतियोगिताओं के विजेताओं तथा प्रतिभागियों को मुख्यातिथि द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण कीे सचिव एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी सोलन गुरमीत कौर, भारतीय मस्कुलर डिस्ट्रॉफी संघ की अध्यक्ष संजना गोयल, जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य संजीव कुमार, क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के डॉ. असीम शर्मा, आयुर्वेद विभाग से डॉ. अनिल शर्मा, दृष्टिहीन दिव्यांग कर्मचारी कल्याण संघ के अध्यक्ष डूमेश्वर सिंह, गणपति एसोसिएशन कुनिहार के अध्यक्ष रोशन लाल तथा जिले के विभिन्न भागों से आए दिव्यांग बच्चे, उनके अभिभावक एवं अध्यापक उपस्थित थे।
राज्य सरकार द्वारा नशीली दवाओं के दुरुपयोग और शराब के दुष्प्रभाव पर महीने भर के राज्यव्यापी अभियान के तहत डॉ वाईएस परमार औदयानिकी एवं वानिकी,विश्वविद्यालय, नौणी में बुधवार को रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के छात्रों और संकायको संबोधित करते हुए कुलपति डॉ परविंदर कौशल ने कहा कि सभी को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए, क्योंकि इससे कई बहुमूल्य जानों को बचाने में मदद मिलती है और दान करने वाले के शरीर पर भी कोई प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने छात्रों से आग्रह किया कि वे बढ़चढ़ कर रक्तदान करें। नशीली दवाओं के सेवन के दीर्घकालिक गंभीर प्रभावों के बारे में सूचित करते हुए, डॉ कौशल ने कहा कि छात्रों को सभी तरह के नशों से दूर रहना और दूसरों को भी इसके बारे में जागरूक करना बहुत महत्वपूर्ण है। इस अवसर पर अभियान की नोडल अधिकारी डॉ निवेदिता शर्मा और डॉ आरएस सिपहिया ने अभियान के तहत विश्वविद्यालय द्वारा की गई विभिन्न गतिविधियों के बारे में बताया। विश्वविद्यालय ने नशीली दवाओं के दुरुपयोग और शराब के बुरे प्रभावों के बारे में जागरूकता पैदा करने के लिए विश्वविद्यालय परिसर में प्रभात फेरी और नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया था। जिला आयुर्वेद अधिकारी सोलन ने भी छात्रों को नशीली दवाओं के दुरुपयोग और इसके उपचार और रोकथाम सहित विभिन्न पहलुओं पर भी संबोधित किया और विश्वविद्यालय के सफल पूर्व छात्रों द्वारा भी इस विषय पर व्याख्यान दिए गए। इस कार्यक्रम में वानिकी महाविद्यालय के डीन डॉ कुलवंत राय, रजिस्ट्रार राजीव कुमार, मेडिकल ऑफिसर डॉ अल्पना कौशल, डॉ एकता तिवारी, ब्लड बैंक अधिकारी डॉ मुख्ता रस्तोगी,विभिन्न विभागों के प्रमुख और फैकल्टी सहित छात्रों ने भाग लिया।
निष्ठा स्कूल प्रमुखों और शिक्षकों के लिए समग्र पहल के अंतर्गत खंड धुन्दन के प्राइमरी और अप्पर प्राइमरी अध्यापकों के लिए पांच दिवसीय कार्यशाला का आगाज हुआ। इस कार्यशाला में प्राइमरी और अप्पर प्राइमरी सेक्शन से 40-46 अध्यापकों का ग्रुप राजकीय प्राथमिक पाठशाला दाड़लाघाट में प्रशिक्षण प्राप्त करेगा। यह प्रशिक्षण 3 से 7 दिसंबर तक चलेगा। इस प्रशिक्षण के कन्वेनर डॉ जगदीश चंद नेगी प्रधानाचार्य अर्की रहे। उन्होंने कहा कि समग्र शिक्षा अभियान में निष्ठा के अंतर्गत अध्यापकों को विभिन्न विषयों की टीचिंग पर केंद्रित होगा। विभिन्न क्रियाकलापों के उपयोग के माध्यम से किस प्रकार पठन-पाठन कार्य को कक्षा में अधिक रोचक बनाया जाए ताकि विद्यार्थियों को समझने में आसानी हो। यह प्रशिक्षण सभी प्रारंभिक अध्यापकों को करना अनिवार्य होगा। इस प्रशिक्षण में श्रोत व्यक्ति के रूप में विभिन विषय विशेषज्ञ डाइट सोलन से होंगे,जिन्होंने अभी हाल ही में शिमला में एनसीआरटी से प्रशिक्षण प्राप्त किया।पहले दिन श्रोत व्यक्ति के रूप में किरण बाला प्रवक्ता (अंग्रेजी) व डॉ संजय और बृज लाल रहे। इस मौके पर बीआरसी अप्पर प्राइमरी लच्छी राम ठाकुर अर्की,बीआरसी प्राइमरी धुन्दन नरेंद्र शर्मा ने भी इस प्रशिक्षण पर प्रकाश डाला। धुन्दन खंड की शिक्षा अधिकारी रक्षा गुप्ता भी उपस्थित रही।
ग्राम पंचायत घणागुघाट में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के अंतर्गत मातृ वंदना सप्ताह का कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता पंचायत प्रधान धनीराम रघुवंशी ने की। इस कार्यक्रम के अंतर्गत प्रथम बार गर्भधारण करने वाली महिलाओं को इस महत्वाकांक्षी योजना से अवगत करवाया गया। आंगनबाड़ी कार्यकत्री गीता देवी ने वहां उपस्थित गर्भवती महिलाओं को इस योजना की विस्तृत जानकारी दी तथा उन्हें बताया गया कि गर्भवती हुई महिला जब प्रथम बार अपना पंजीकरण करवाएगी तो उसे ₹1000 की किश्त और ₹2000 की दूसरी किश्त बच्चा होने पर मिलेगी तथा तीसरी किस्त ₹2000 तब मिलेगी जब बच्चे का प्रथम टीकाकरण करवाया जाएगा। उन्होंने बताया कि ₹5000 की यह राशि गर्भवती महिला तथा उसके बच्चे की अच्छी परवरिश करने हेतु दी जाएगी। पंचायत प्रधान धनीराम रघुवंशी ने इस अवसर पर कहा कि यह योजना प्रधानमंत्री मातृ वंदना के नाम से केंद्र सरकार द्वारा चलाई जाने वाली एक बहुत ही महत्वकांक्षी योजना है इस योजना का लाभ सभी गर्भवती महिलाओं को लेना चाहिए ताकि उनके गर्भ में पल रहे शिशु की तथा स्वयं उनकी परवरिश सही ढंग से हो सके। इस अवसर पर आंगनवाडी कार्यकर्ता गीता,हेमलता,मीरा,बलदेव, चेतराम,खेमराज,बूबल,शकुंतला, सोमा,मीता इत्यादि उपस्थित थे।
उपायुक्त कार्यालय सोलन की एक नकारा मारूति कार की नीलामी 10 दिसम्बर, 2019 को आयोजित की जाएगी। यह जानकारी अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सोलन विवेक चंदेल ने दी। उन्होंने कहा कि उक्त कार की नीलामी 10 दिसम्बर को प्रातः 11.00 बजे उपायुक्त कार्यालय सोलन के प्रांगण में होगी। बोली के लिए प्रत्येक बोलीदाता को नीलामी से पूर्व धरोहर राशि के रूप में 2000 रुपये जमा करवाने होंगे। सफल बोली कर्ता को नीलामी का सामान उठाने से पूर्व पूरी राशि जमा करवानी होगी। नीलामी के सामान का किसी भी कार्य दिवस पर प्रातः 10.00 बजे से सांय 5.00 बजे तक निरीक्षण किया जा सकता है। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सोलन को बिना किसी कारण नीलामी रद्द करने का अधिकार है। इस संबंध में शर्तें नीलामी की प्रक्रिया आरंभ होने से पूर्व बताईं जाएंगी। अधिक जानकारी के लिए अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सोलन के कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।
यूको ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान की 30वीं जिला स्तरीय परामर्श समिति की बैठक 04 दिसम्बर, 2019 को आयोजित की जाएगी। यह बैठक उपायुक्त कार्यालय सोलन के सम्मेलन कक्ष में प्रातः 11.00 बजे आयोजित होगी। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन करेंगे।
राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धुन्दन में नशा निवारण के अंतर्गत पुलिस विभाग की ओर से थाना प्रभारी दाड़लाघाट मोती सिंह व उनकी टीम ने नशे से संबंधी जानकारी सांझा की। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाचार्य सरताज सिंह राठौर ने की। विद्यार्थियों को नशे के प्रकार व लक्षणों के बारे में विस्तार पूर्वक बताया। चिट्टा आजकल प्रचलन में आए नशे के बारे में बताया कि इसमें इतना जहरीला रासायनिक पदार्थ होता है,जो शरीर को पूरी तरह तहस-नहस कर आने वाले वंश को ही समाप्त कर देता है। नशे से पीड़ित व्यक्तियों की पहचान बताई। नशे से पीड़ित व्यक्तियों का अस्तपाल में नि:शुल्क इलाज भी हो रहा है। ड्रग फ्री हिमाचल ऐप की जानकारी दी जिसके माध्यम से नशे की सप्लाई करने वालों की जानकारी दी जा सकती है। इस अभियान के अंतर्गत एनएसएस यूनिट ने निबंध प्रतियोगिता भी करवाई। इसमें 44 विद्यार्थियों ने भाग लिया। इसमें प्रथम स्थान प्रीति,द्वितीय स्थान उर्मिला तथा तृतीय स्थान अनिता ने प्राप्त किया। नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत थाना प्रभारी दाड़लाघाट मोती सिंह ने समस्त विद्यालय परिवार को शपथ दिलाई। इस अवसर पर समस्त विद्यालय परिवार व बच्चे मौजूद रहे।
मंगलवार को गुरूकुल सी. सै. स्कूल में 'ग्रैंड पैरेंट्स डे' का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्री. नर्सरी से कक्षा द्वितीय तक के ग्रैंड पैरेंट्स ने भाग लिया। इस दौरान ग्रैंड पैरेंट्स के लिए तरह - तरह की गेम्स और रैम्पवॉक भी रखी गई। इसमें सभी सदस्यों ने बढ़ - चढ़ कर भाग लिया। साथ ही प्रतियोगितां में भाग लेने वाले विजेता को पुरस्कार भी दिए गए। इस कार्यक्रम में विद्यालय के निर्देशक महोदय सुनील गर्ग, सुरेश गर्ग, शशि गर्ग भी उपस्थित रहें। अंत में विद्यालय की प्रधानाचार्या गुरप्रीत माथुर ने सर्वप्रथम सभी ग्रैंड पैरेंट्स का धन्यवाद किया, जिनकी उपस्थिति से कार्यक्रम मनोरंजक बन गया। उन्होंने बताया कि स्कूल में इस तरह के कार्यक्रम को करवाने के पीछे मुख्य उदेशय यह था कि आज के बदलते युग में बच्चों में बड़ों के प्रति आदर भाव और साकार पैदा करना अति आवश्यक है। इस अवसर पर उपस्थित सदस्यों को जलपान की भी व्यवस्था की थी।
कसौली क्षेत्र में 93 करोड़ रुपये के शिलान्यास तथा उद्घाटन किए सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू स्थित दशहरा मैदान में विशाल जनसभा को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कसौली विधानसभा क्षेत्र में उपमंडलाधिकारी (नागरिक) कार्यालय स्थापित करने की घोषणा की। उन्होंने किसानों की सुविधा के लिए परवाणु में आधुनिक कृषि विपणन स्थापित करने तथा उप-तहसील खोलने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने इस क्षेत्र के लिए 93 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं की शिलान्यास तथा उद्घाटन किए जिससे पूरे विधानसभा क्षेत्र में विकास के अनेकों कार्य आरम्भ होंगे और जिसका फायदा आम आदमी को होगा। उन्होंने कहा कि इन विकास कार्यों से क्षेत्र की सामाजिक, आर्थिक व्यवस्था भी सुदृढ़ होगी। उन्होंने राजकीय उच्च विद्यालय जाड़ली और सनावर को वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में तथा माध्यमिक पाठशाला हिलाच को उच्च विद्यालय में स्तनोन्नत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र धर्मपुर को 50 बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल में स्तरोन्नत करने की भी घोषणा की। उन्होंने दयोठी पशु औषधालय, आयुर्वेदिक अस्पताल गड़खल को 20 बिस्तरों वाले अस्पताल में स्तरोन्नत करने तथा भोजपुर की अस्थाई पुलिस पोस्ट को स्थाई पोस्ट में स्तरोन्नत करने और धर्मपुर से गड़खल के लिए मुद्रिका बस सेवा आरम्भ करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रदेश के सभी क्षेत्रों में अभूतपूर्व विकास तथा समाज के प्रत्येक वर्ग का कल्याण सुनिश्चित हुआ है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास प्रदेश सरकार के खिलाफ कोई भी मुद्दे नहीं हैं, इसलिए वे खबरों में बने रहने के लिए निराधार मुद्दे उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता सरकार के साथ मजबूती से खड़ी हैं। प्रदेश में लोकसभा चुनावों तथा दो विधानसभा क्षेत्रों के उप-चुनाव में भाजपा प्रत्याशियों की भारी बहुमत से हुई जीत इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में एक बार फिर देश में भाजपा सरकार सत्ता में आई जिससे विकास की गति में तेजी आई है और देश की बागडोर एक बार फिर नरेन्द्र मोदी जैसे मजबूत नेता के हाथ में आई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भी राज्य में संतुलित विकास के उद्देश्य से निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश जनता के शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए ‘मुख्यमंत्री हेल्पलाइन’ शुरू करने वाला देश का चौथा राज्य है। उन्होंने कहा कि अब तक मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हेल्पलाइन 1100 के माध्यम से 26100 शिकायतों का निवारण किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा गंभीर रोगियों के परिवारों को सहारा योजना के अंतर्गत प्रत्येक माह दो हजार रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को इस वर्ष के अंत तक धुआं मुक्त राज्य बनाने के लिए गृहिणी सुविधा योजना के अंतर्गत दो लाख पात्र परिवारों को मुफ्त गैस कनेक्शन प्रदान किए गए हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि निवेशकों को आकर्षित करने के लिए धर्मशाला में ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट का आयोजन किया गया, जिसके परिणामस्वरूप 93 हजार करोड़ रुपये के समझौता ज्ञापन हस्ताक्षरित किए गए। उन्होंने कहा कि देश व विदेश के बहुत से निवेशकों ने राज्य में निवेश के लिए रूचि दिखाई है। उन्होंने कहा कि इससे राज्य में रोजगार सृजन, स्वरोजगार और आर्थिक गतिविधियों से राज्य की आर्थिकी में बदलाव आएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के 72 वर्षों के उपरांत अनुच्छेद 370 के कारण जम्मू कश्मीर राज्य में अलग झंडा, संविधान तथा कानून लागू थे। उन्होंने कहा कि इस अनुच्छेद के हटाये जाने से जम्मू कश्मीर का सही मायने में भारत का अभिन्न अंग होना सुनिश्चित हुआ है और आज केन्द्र के मजबूत नेतृत्व के कारण पूरे भारत में एक संविधान और एक झंडा लागू हुआ है। इससे पहले, परवाणु आगमन पर क्षेत्र के लोगों ने मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत किया। समारोह में विभिन्न राजनैतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक संगठनों ने मुख्यमंत्री को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने 124.30 लाख रुपये की लागत से निर्मित पट्टा बरौरी से हरिपुर सड़क तथा 82.38 लाख रुपये की लागत से निर्मित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भोजनगर की विज्ञान प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने 14.74 करोड़ रुपये की लागत से बरोटीवाला-मंदला-परवाणु सड़क, 4 करोड़ रुपये की लागत से भोजनगर-कलामलोग वाया नेरीकलां सड़क तथा 1.92 करोड़ रुपये की लागत से गड़यार से बुधो सड़क के स्तरोन्नत कार्य की आधारशिला रखी। उन्होंने 48 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाली परवाणु सीवरेज प्रणाली, 10.52 करोड़ रुपये की लागत से धर्मपुर के कांडा में बनने वाले औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, 54.32 लाख रुपये की लागत से धर्मपुर के बाजार के विस्तार तथा 10.48 करोड़ रुपये की लागत से परवाणु में अधोसंरचना विकास कार्यों की आधारशिलाएं रखी। उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने कहा कि साधारण पृष्ठभूमि से सम्बन्ध रखने वाले मुख्यमंत्री आम जनता की आधारभूत जरूरतों को भली-भांति समझते हैं। उन्होंने कहा कि गरीबों तथा पिछड़े हुए वर्गों के उत्थान के लिए मुख्यमंत्री ने इन दो वर्षों में प्रदेश में विभिन्न योजनाएं शुरू की हैं। उन्होंने कहा कि जनमंच, गृहिणी सुविधा योजना, हिमकेयर, पेंशन योजना, सहारा योजनाएं प्रदेश के लाखों लोगों के लिए वरदान सिद्ध हुई है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने अपने गृह क्षेत्र में मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि प्रदेश का कार्यभार संभालते ही मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ नागरिकों की वृद्धावस्था पेंशन की आयु 80 से 70 वर्ष बिना किसी आय सीमा के घटाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया हैं। उन्होंने कहा कि गरीबों और पिछड़े वर्गों के सामाजिक, आर्थिक उत्थान को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं भी शुरू की है। उन्होंने क्षेत्र की विकासात्मक मांगों का भी ब्यौरा दिया। महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. डेजी ठाकुर ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री तथा अन्य उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत किया। उन्होंने प्रदेश के कल्याण तथा विकास के लिए विभिन्न योजनाएं आरम्भ करने के लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। इसके उपरांत परवाणु औद्योगिक संघ ने मुख्यमंत्री को मांग पत्र प्रस्तुत किया। संघ के अध्यक्ष सुबोध गुप्ता ने मुख्यमंत्री का ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट तथा उद्योगों के लिए विभिन्न प्रोत्साहन उपलब्ध करवाने के लिए धन्यवाद किया। माइक्रोटैक इंडस्ट्री के प्रबंधन निदेशक सुबोध गुप्ता ने मुख्यमंत्री राहत कोष में पांच लाख रुपये का अंशदान दिया। जल प्रबंधन बोर्ड के उपाध्यक्ष दर्शन सिंह सैणी, विधायक दून परमजीत सिंह पम्मी, खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम गुरेलिया, गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष अशोक शर्मा, कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष बलदेव भण्डारी, पूर्व सांसद वीरेन्द्र कश्यप, पूर्व विधायक के.एल. ठाकुर तथा विनोद चंदेल, सोलन भाजपा अध्यक्ष आशुतोष वैद्य, प्रदेश भाजपा सचिव रतन सिंह पाल, रितु सेठी और डॉ. राजेश ठाकुर, उपायुक्त सोलन के.सी. चमन, पुलिस अधीक्षक मधुसुदन, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता ललित भूषण भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
सोलन जिला में जन-जन को नशाखोरी के खिलाफ अभियान में सहभागी बनाने के लिए जिला प्रशासन सोलन द्वारा व्यापक जागरूकता अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जिले के विभिन्न स्थानों व शैक्षणिक संस्थानों में 425 छात्रों एवं अन्य को नशे के विरूद्ध जागरूक किया गया। यह जानकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के एक प्रवक्ता ने दी। उन्होंने कहा कि जिला में आज स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा बरड़ बस्ती सलोगड़ा, सोलन में 98, चिकित्सा खंड चंडी के अंतर्गत ग्राम पंचायत जाडला में 85, इसी चिकित्सा खंड के गांव नया नगर में 37, चिकित्सा खंड सायरी के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला शाड़ाघाट में 102, चिकित्सा खंड नालागढ़ के अंतर्गत राजकीय उच्च पाठशाला साई चड़ोग में 103 छात्रों एवं अन्य को नशे के दुष्प्रभावों पर जागरूक किया गया। इन सत्रों में उपस्थित प्रतिभागियों को नशे के शरीर पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव व इससे बचने के उपायों की जानकारी प्रदान की गई। इन जागरूकता सत्रों में बताया गया कि नशे पर अंकुश के लिए युवा शक्ति का जागरूक होना आवश्यक है। छात्रों एवं अन्य से नारों एवं वाद-संवाद के माध्यम से से आग्रह किया कि वे सदैव नशे से दूर रहने का संकल्प लें। छात्रों को बताया गया कि नशा शारीरिक एवं मानसिक हानि के साथ-साथ आर्थिक व सामाजिक नुक्सान का कारण है। युवा नशे से दूर रहकर ही अपने परिवार एवं राष्ट्र हित की दिशा में पूर्ण योगदान दे सकते है। इस अवसर पर छात्रों को नशे के विरूद्ध शपथ भी दिलवाई गई।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सोलन के सौजन्य से जिला में सुरक्षित भवन निर्माण के लिए मिस्त्री, कारपेंटर तथा बार बेंडेर्स की क्षमता वर्धन योजना के अंतर्गत तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला गत दिवस यहां शुरू हुई। कार्यशाला का शुभारंभ सहायक आयुक्त भानु गुप्ता ने किया। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में जिला की विभिन्न ग्राम पंचायतों के मिस्त्रियों को हिमकोस्ट व बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञों के सहयोग से गृह निर्माण की सुरक्षित तकनीक के बारे में अवगत करवाया जा रहा है। कार्यशाला 03 दिसंबर, 2019 को संपन्न होगी। इस अवसर पर सहायक आयुक्त ने कहा कि भूकंप की दृष्टि से सोलन जिला जोन 4 व 5 में आता है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण कार्यों में भूकंप रोधी तकनीक अपनाकर भूकंप से होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भूकंप आने पर सबसे ज्यादा नुकसान लोगों की अज्ञानता एवं भवनों के गिरने के कारण होता है। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति भवन निर्माण में पूंजी लगाकर अपने परिवार और पूंजी को सुरक्षित करना चाहता है और इसलिए आवश्यक है कि इस कार्य में नियुक्त मिस्त्री भूकंप रोधी आवास निर्माण तकनीक को जानते हों। भानु गुप्ता ने कहा कि राजमिस्त्री भवन निर्माण प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है। इसलिए राजमिस्त्रयों को कम लागत में भूकंप रोधी भवन निर्माण की सभी जानकारियां उपलब्ध कराना आवश्यक है, ताकि वे इस तकनीक का अधिक से अधिक उपयोग भवन निर्माण में कर सके। उन्होंने प्रशिक्षण ले रहे राजमिस्त्रयों से प्रशिक्षण में सिखाई जा रही भूकंप रोधी भवन निर्माण तकनीक की बारीकियों को गहनता से सीख कर अपने अन्य साथी मिस्त्रियों को भी सिखाने को कहा। उन्होंने हका कि इसके उपयोग में जिला में कार्यरत सभी राजमिस्त्री पारंगत होने चाहिएं। उन्होंने उपस्थित राजमिस्त्रयों से आग्रह किया कि कार्यशाला मे बताई जाने वाली विधि को ध्यान से समझें एवं उपस्थित प्रशिक्षक से प्रश्न पूछें ताकि उनकी जिज्ञासा का समाधान हो सके। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे मकान बनाते समय भूकंप रोधी तकनीक का प्रयोग करें। कार्यशाला में मिस्त्रियों को नींव डालने तथा सरिए को बांधने की तकनीक के बारे में बताया गया। कार्यशाला में हिमकोस्ट तथा बहुतकनीकी महाविद्यालय सुंदरनगर के विशेषज्ञ व काफी संख्या में राजमिस्त्री उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सोमवार को सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू में नशा निवारण हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से लोगों से नशे जैसी सामाजिक बुराई के विरूद्ध एकजुट होने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने परवाणू में जिला पुलिस सोलन द्वारा स्थापित नशा निवारण हस्ताक्षर पट्ट पर हस्ताक्षर किए। जयराम ठाकुर ने इस अवसर पर कहा कि युवा पीढ़ी को नशे से बचाना हम सभी का नैतिक उत्तरदायित्व है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार मादक द्रव्यों के व्यसन के विरूद्ध सघन अभियान कार्यान्वित कर रही है। 15 दिसम्बर तक कार्यान्वित किए जा रहे इस अभियान के माध्यम से जन-जन को नशाखोरी के विरूद्ध जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आमजन के सहयोग से हिमाचल प्रदेश को नशामुक्त बनाने के अभियान में सफल होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पड़ोसी राज्यों के साथ समन्वय स्थापित कर नशे के सौदागरों के विरूद्ध कार्रवाई कर रही है। इसके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि मादक द्रव्यों के व्यसन को समाप्त करने के लिए प्रदेश सरकार का सहयोग करें। उद्योग, श्रम एवं रोजगार तथा तकनीकी शिक्षा मंत्री बिक्रम ठाकुर, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल, जल प्रबंधन बोर्ड के उपाध्यक्ष दर्शन सिंह सैणी, विधायक दून परमजीत सिंह पम्मी, खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम गुरेलिया, गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष अशोक शर्मा, कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष बलदेव भण्डारी, पूर्व सांसद वीरेन्द्र कश्यप, पूर्व विधायक के.एल. ठाकुर तथा विनोद चंदेल, सोलन भाजपा अध्यक्ष आशुतोष वैद्य, प्रदेश भाजपा सचिव रतन सिंह पाल, रितु सेठी और डॉ. राजेश ठाकुर, उपायुक्त सोलन के.सी. चमन, पुलिस अधीक्षक मधुसुदन, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता ललित भूषण भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
कुनिहार : महिला एवं बाल विकास विभाग परियोजना वृत कुनिहार के कोठी गावं के आंगनवाड़ी केंद्र में महिलाओं को भारत सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के बारे में एक दिवसीय जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शशी ठाकुर ने बताया कि 2 से 7 दिसम्बर 2019 तक प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सप्ताह मनाया जा रहा है,जिसके तहत कुनिहार वृत के तहत क्षेत्र के सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में सरकार की इस योजना की जानकारी दी जायेगी।इस योजना के अनुसार पहली बार माँ बनने वाली महिला को प्रधानमंत्री मातृ वंदना के तहत 5000/- की राशि दी जाती है।इस दौरान वीना गर्ग,सुषमा तनवर,आशा वर्करज नीलम व सहायिका हेमलता सहित काफी संख्या में महिलाएं मौजूद रही।
कुनिहार विकास सभा के प्रधान धनी राम तनवर, दीप राम ठाकुर, सुंदर सिंह ठाकुर, गोपाल पंवर, ज्ञान ठाकुर व बलवीर चौधरी ने सयुंक्त बयान में कहा है, की कुनिहार क्षेत्र को पेयजल योजना जाबलू की दूसरी स्टेज के पास पिछले 10 -11महीनों से पानी की पाइप से लगातार हजारो लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है। इसकी शिकायत सभा द्वारा कुनिहार शाखा के कनिष्ठ अभियंता व उप मंडल सुबाथू में सहायक अभियंता को कर चुके है। दूसरी स्टेज पर बह रहे पानी की वजह से चिस्वा गावं को जाने वाले रास्ते पर ग्रामीणों को चलना मुश्किल हो रहा है। शिकायत के वावजूद भी विभाग फ़टी हुई पानी की पाइप की मरम्मत नही करवा रही है,जोकि बहुत ही खेद की बात है। धनीराम तनवर ने विभाग के उच्च अधिकारियों से जाबलू पेयजल योजना की दूसरी स्टेज पर मुख्य पाइप लाइन में हो रही लगातार लीकेज को जल्द दरुस्त करने की मांग की है। वहीँ जब मुनीष शर्मा सहायक अभियंता सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग उप मंडल सुबाथू से इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह मामला उनके संज्ञान में है व दो तीन दिनों में पाइप लाइन में हो रही लीकेज को ठीक करवा दिया जाएगा।
प्राचीन मेला मनसा माता सायरी सेरी का समापन समारोह देर सांय आयोजित किया गया, इसमें चिकित्सा अधिकारी डॉ. ललित ठाकुर ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। मेला कमेटी प्रधान संदीप भारद्वाज ने बताया कि समापन अवसर पर देव पूजन के उपरांत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया। उन्होंने बताया कि तीन दिवसीय मेले के दौरान जूनियर एवं सीनियर वर्ग प्रो-कब्बड्डी खेल-कूद प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। उन्होंने बताया कि कब्बड्डी प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए राष्ट्रीय स्तर के रैफरी ने हिस्सा लिया। उन्होंने बताया कि सीनियर वर्ग में उप-विजेता टीम गुनाई (रामशहर) तथा विजेता टीम पंजाब रही, जिसमें विजेता टीम को 15 हजार रुपये तथा ट्रॉफी एवं उप-विजेता टीम को 8 हजार रुपये तथा ट्रॉफी वितरीत की गई। वहीं जूनियर वर्ग में विजेता टीम राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सायरी तथा उप-विजेता छात्र स्कूल सुबाथू ने प्राप्त किया, इसमें विजेता टीम को 2100 रुपये तथा ट्रॉफी एवं उप-विजेता टीम को 1100 रुपये तथा ट्रॉफी वितरीत की गई। इस अवसर पर मुख्यातिथि डॉ. ललित ठाकुर ने विजेता टीम को 2100 रुपये देने की घोषणा की। इस दौरान रेफरी डीपी राजेन्द्र सिंह पेज्टा, संदीप ठाकुर, सुनिल शर्मा, दिनेश ठाकुर, अमर शर्मा ने रेफरी की भूमिका निभाई। मेले में मेला कमेटी द्वारा सभी गणमान्यों का स्वागत किया तथा मेले में उपस्थित होने के लिए धन्यवाद किया। कार्यक्रम में प्रधान संदीप भारद्वाज, उप-प्रधान रोहित भारद्वाज, सदस्य मनोज भारद्वाज, सुभाष भारद्वाज, कैलाश, राकेश, मदन लाल, सोहनू, अमित शर्मा, सुमित शर्मा, रंजन शर्मा, गोपाल भारद्वाज व सुनिल तथा मनसा माता मंदिर सायरी मेला कमेटी के समस्त सदस्य उपस्थित थे।
ड्स सप्ताह के उपलक्ष्य पर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंडी (अर्की) में कार्यकारी प्रधानाचार्य चन्दुराम सीमर के निर्देशन में कार्यक्रम अधिकारी दिनेश कुमार, हेमलता तथा एनएसएस के स्वयंसेवकों के द्वारा रैली के माध्यम से जन समूह को जागृत किया गया। इस रैली में विद्यालय के अन्य छात्रों एवं अध्यापकों ने भी अपना सहयोग दिया। इस अवसर पर ओम प्रकाश ने छात्रों को जागरूक किया तथा स्लोगन लेखन,प्रश्नोत्तरी, चित्र लेखन प्रतियोगिता आदि कार्यक्रमों का आयोजन भी किया गया। इस कार्यक्रम में एसीएफ दाडला द्वारा छात्रों को पेंटिंग सामग्री तथा जलपान व्यवस्था की गई।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दाड़लाघाट में कार्यकारी प्रधानाचार्य नरेंद्र ठाकुर की अध्यक्षता में विश्व एड्स दिवस मनाया गया। इस कार्यक्रम के अवसर पर विद्यालय में बच्चों ने कविता, नाटकों और भाषणों के माध्यम से एड्स के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया। प्रवक्ता शिवानी सोनी ने मंच का संचालन किया और विद्यार्थियों को विश्व एड्स दिवस मनाने के कारण व उद्देश्यों के बारे में विस्तार जानकारी प्रदान की। छात्रों को संबोधित करते हुए कार्यकारी प्रधानाचार्य नरेंद्र ठाकुर ने एचआईवी एड्स के प्रति जागरूकता फैलाने,उचित जानकारी व भ्रांतियों से दूर रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर उन्होंने नशा जैसी सामाजिक बुराई को जड़ से उखाड़ फेंकने और युवा पीढ़ी को बचाने का आह्वान किया।इस अवसर पर एनसीसी और एनएसएस के स्वयंसेवकों के साथ इको क्लब के छात्रों की जागरूकता रैली नरेंद्र ठाकुर ने रवाना की। यह जागरूकता रैली विद्यालय से अंबुजा चौक तक निकाली गई। इसमें छात्रों ने लोगों को एचआईवी एड्स और नशे से बचाने का आह्वान किया और समाज में जागरूकता फैलाने का संदेश दिया। इस अवसर पर एनएसएस प्रभारी नरेंद्र व शिवानी सोनी और इको क्लब प्रभारी सुनीता सहित विद्यालय के सभी अध्यापक व बच्चे उपस्थित रहे।
डीएवी अम्बुजा विद्या निकेतन दाड़लाघाट में एड्स दिवस के मौके पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन हुआ। इस कार्यक्रम का आयोजन अंबुजा सीमेंट फाउंडेशन के सहयोग से स्कूल में करवाया गया। इसमें अंबुजा सीमेंट फाउंडेशन के अजीत कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को एड्स के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एड्स एक जानलेवा बीमारी है,जिसका हर व्यक्ति को संपूर्ण ज्ञान होना चाहिए। उन्होंने बताया कि एड्स संक्रमित मनुष्य के संपर्क में आने से तथा एचआईवी में ग्रसित व्यक्ति के खून से संपर्क होने पर फैलता है। अतः सावधानी ही इसका उपचार है। विश्व एड्स दिवस के मौके पर स्कूल में विद्यार्थियों के लिए एड्स के प्रभाव एवं बचाव के लिए पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों ने अपनी कला के माध्यम से एड्स से बचाव एवं सावधानियों को बताया। अंत में प्रधानाचार्य मुकेश ठाकुर ने बताया कि एड्स एक लाइलाज बीमारी है अतः सबको इसके बारे में जागरूक होना आवश्यक है।
राजकीय उच्च विद्यालय कशलोग में स्कूली बच्चों ने एड्स दिवस मनाया। स्कूली बच्चों ने विद्यालय परिसर से लेकर गांव कशलोग तक एड्स के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए एक रैली निकली। इस अवसर विवेकानंद सदन से पूजा शर्मा, सुभाष सदन से निशा व लक्ष्मीबाई सदन से हर्षिता ने एड्स दिवस पर भाषण के माध्यम से अपनेे विचार साँझा किए। नौवीं व दसवीं के छात्र व् छात्राओं ने एड्स विषय पर स्लोगन व पेंटिंग प्रतियोगिता में भाग लिया। विद्यालय की मुख्याध्यापिका रेखा राठौर ने एड्स के बारे में बच्चों को जानकारी दी। इस अवसर पर मुख्याध्यापिका रेखा राठौर, ललित कुमार गांधी, वीरेन्द्र कुमार, अशोक कुमार, अंजू देवी, हीरा गांधी, प्रोमिला देवी, कलावती, एसएमसी प्रधान सुनीता देवी व आंगनवाड़ी वर्कर सावित्री देवी सहित विद्यालय के अध्यापकगण व बच्चे मौजूद रहे।
पंजाब में 2 से 6 दिसम्बर तक होने वाले राष्ट्रीय एकीकरण शिविर में भाग लेने के लिए स्काउट्स एंड गाइड्स हिमाचल प्रदेश की टीम रवाना हो चुकी है। जिला कुल्लू के 8 स्काउट्स, 8 गाइड्स के साथ मनोहर लाल ठाकुर, जिला संगठन आयुक्त(स्काउट्स), चंद्रकांता, जिला संगठन आयुक्त (गाइड्स) भटिंडा, इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। भारत स्काउट्स एंड गाइड्स हिमाचल प्रदेश की ये इकाई राष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेगी।
कुनिहार थाना क्षेत्र के साथ लगते सायरी चौकी क्षेत्र के शारडाघाट के पास एक कार गहरी खाई में गिरने से एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार गाड़ी नंबर एच पी_13_5588 ममलीग से कुनिहार की ओर आ रही थी, जो शारडाघाट के करीब गहरी खाई में जा गिरी जिसकी सूचना वहाँ के ग्रामीणों ने पुलिस को दी । सायरी व कुनिहार पुलिस कर्मी सूचना मिलते ही मौके पर पहुँच गई व पुलिस ने खाई में गिरी कार से व्यक्ति को निकाला व नजदीक नागरिक चिकित्सालय कुनिहार लाया गया। जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार कार चालक संदीप कुमार पुत्र बलदेव सिंह गांव सनेट डाकघर ममलीग तहसील कंडाघाट जिला सोलन व्यक्ति गाड़ी को चला रहा था। मामले की पुष्टि करते हुए डी एस पी हेडक्वाटर सोलन योगेश दत्त जोशी ने बताया कि सायरी पुलिस व कुनिहार पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
राजकीय महाविद्यालय सोलन की रोवर रेंजर इकाई द्वारा पाइनरिंग के माध्यम से रोवर्स द्वारा गेट तैयार किया गया। इस कार्य में 4 रोवर्स रोहित कुमार, एकराज, आकाश ठाकुर, अभिषेक ठाकुर ने भाग लिया महाविद्यालय के अध्यापकों ने इकाई के कार्य की प्रशंसा की।
सहायक आयुक्त भानु गुप्ता ने जिला में कार्यरत विभिन्न विभागों से आग्रह किया है कि वे ग्राम स्तर तक जागरूकता शिविरों के माध्यम से लोगों को प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना तथा राष्ट्रीय पैंशन योजना (एनपीएस) की जानकारी प्रदान करें। भानु गुप्ता गत सांय यहां प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन तथा राष्ट्रीय पैंशन योजना के तहत गठित जिला स्तरीय अनुश्रवण समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। भानु गुप्ता ने कहा कि राष्ट्रीय पैंशन योजना तथा प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के विषय में लोगों को जागरूक किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि असंगठित कामगारों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना अत्यन्त महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि व्यावसायियों एवं स्वरोजगारियों के लिए राष्ट्रीय पैंशन योजना लाभदायक है। सहायक आयुक्त ने कहा कि प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के लिए लोकमित्र केंद्रों में निःशुल्क पंजीकरण किया जाता है। पंजीकरण के लिए आधार कार्ड, बचत बैंक खाता अथवा जनधन खाता एवं मोबाइल नंबर होना आवश्यक है। योजना के तहत घरेलू कामगार, बोझ उठाने वाले, भट्टे पर काम करने वाले, मोची, कचरा उठाने वाले, धोबी, फेरी वाले, कृषक कामगार, भवन एवं निर्माण कामकार, हस्तकला-हथकरघा कामगार, चर्म कामगार, ऑडियो-वीडियो कार्य करने वाले, मिड-डे मील कार्यकर्ता, स्वरोजगार, मनरेगा व अन्य व्यवसायों में कार्यरत व्यक्ति पात्र है। योजना का लाभ उठाने के लिए व्यक्ति की आयु 18 से 40 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। व्यक्ति की अधिकतम मासिक आय 15 हजार रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ईएसआई ईपीएफ, आयकर दाता व पैंशनधारी योजना के पात्र नहीं है। योजना के तहत पंजीकृत कामगार को 60 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर 3000 रुपये प्रति माह पैंशन सुनिश्चित बनाई जाएगी। पंजीकृत कामगार की मृत्यु के उपरांत उसके आश्रित पति अथवा पत्नी को 50 प्रतिशत पैंशन प्राप्त होगी। योजना का लाभ उठाने के लिए आयु के अनुसार न्यूनतम 55 रुपये तथा अधिकतम 200 रुपये का मासिक अंशदान करना होगा। मासिक अंशदान के बराबर का भाग भारत सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। भानु गुप्ता ने कहा कि राष्ट्रीय पैंशन योजना के तहत 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग के व्यवासायी एवं स्वरोजगारी पात्र हैं। योजना की अन्य शर्तें प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना के समकक्ष है। इस अवसर पर भारतीय प्रशासिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी डॉ. निधि पटेल, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी राजेंद्र गौतम, श्रम अधिकारी जितेंद्र बिंद्रा, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. राजेंद्र शर्मा, अन्य अधिकारी, व्यापार मंडल सोलन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल 02 दिसम्बर, 2019 को सोलन जिला के परवाणू के प्रवास पर रहेंगे। डॉ. सैजल इस दिन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के परवाणू प्रवास में उनके साथ रहेंगे।
अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सोलन गुरमीत कौर ने कहा कि एड्स जैसी घातक बीमारी से बचाव के लिए जागरूकता सर्वोत्तम है। गुरमीत कौर रविवार को विश्व एड्स दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग सोलन द्वारा सलोगड़ा की बरड़ बस्ती में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही थी। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने कहा कि सभी को स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा एड्स रोग के विषय में प्रदान की जा रही जानकारी से लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी जानकारी को सदैव स्मरण रखना चाहिए और बचाव के लिए बताए गए उपायों का पालन करना चाहिए। उन्होंने इस अवसर पर विभिन्न कानूनों की जानकारी प्रदान की। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मुक्ता रस्तोगी ने इस अवसर पर उपस्थित लोगों को एड्स के कारण, लक्षण व इसके बचाव की सम्पूर्ण जानकारी प्रदान की। उन्होंने एड्स पीडि़तों के लिए प्रदेश सरकार द्वारा उपलब्ध करवाई जा रही सुविधाओं के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि एड्स एक जानलेवा बीमारी है। मूलतः असुरक्षित यौन संबंध बनाने से एड्स के जीवाणु शरीर में प्रवेश कर जाते हैं। इस बीमारी का काफी देर बाद पता चलता है। रोगी भी एचआईवी टेस्ट के प्रति सजग नहीं रहते, इसलिए अन्य बीमारी का भ्रम बना रहता है। उन्होंने कहा कि बिना जाँच का खून किसी को देने से भी एचआईवी वायरस स्वस्थ व्यक्ति के शरीर में प्रवेश करता है। नशाखोरी करने वाले लोग भी एड्स से ग्रस्त हो सकते है। क्योंकि वे नशे के लिए एक दूसरे की सिरिंज का उपयोग करते है। इनमें कई एड्स पीडि़त हो सकते है। इस अवसर पर एड्स के संबंध में एक प्रश्नोत्तरी भी आयोजित की गई। प्रश्नोत्तरी के प्रतिभागी मोनिका, प्रोमिला, विजय चौहान, कृष्णा, प्रीति, रीना, आशा फुलमा, तुलना व मीरा को पुरस्कृत किया गया। स्वास्थ्य शिक्षिक मीना चौहान, आईसीटीसी परामर्शदाता कृतिका तोमर ने भी लोगों को एड्स की जानकारी प्रदान की। शिविर में लगभग 100 लोग उपस्थित रहे। कंडाघाट समग्र विकास समिति नामक स्वयंसेवी संस्था का शिविर के आयोजन में विशेष योगदान रहा।
क्षेत्रीय अस्तपाल सोलन में टेढ़े-मेड़े पैरों (क्लब फुट रोगों) का अब निःशुल्क उपचार उपलब्ध होगा। यह उपचार मिरेकल फीट इंडिया संस्था के सहयोग से उपलब्ध करवाया जाएगा। यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन डॉ. राजन उप्पल ने दी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि गत दिवस मिरेकल फीट इंडिया व क्षेत्रीय अस्पताल सोलन के वरिष्ठ चिकित्सकों के मध्य एक बैठक आयोजित की गई इसमें टेढ़े-मेड़े पैरों के उपचार के संबंध में चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि चिकित्सा विज्ञान में इस तरह की बीमारी के सही कारण का पता नहीं लग पाया है। इस बीमारी को लेकर विशेषज्ञों का अलग-अलग मत है। डॉ. उप्पल ने कहा कि अल्ट्रासाउंड द्वारा भी इस रोग का पता लगाया जा सकता है। ऐसा माना जाता है कि गर्भावस्था के समय गर्भस्थ शिशु की स्थिति सही न होने के कारण बच्चों के पैरा खराब हो जाते हैं। आधुनिक खान-पान को भी इस बीमरी की बड़ी वजह माना गया है। उन्होंने कहा कि कुछ चिकित्सक यह राय भी रखते है कि गर्भ में जुड़वां शिशु होने की दशा में इस बीमारी का खतरा अधिक रहता है। मिरेकल फीट इंडिया संस्था के शाखा प्रबंधक रंजोध सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अन्तर्गत क्लब फुट क्लीनिक की शुरूआत की गई है तथा क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में यह क्लीनिक प्रत्येक शनिवार को कार्य करेगी। उन्होंने कहा कि मिरेकल फीट इंडिया संस्था द्वारा बच्चों को निःशुल्क जूते भी उपलब्ध करवाएं जाएंगे। जिले के अन्य क्षेत्रों में भी लोगों को इस विषय में परामर्श दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि क्लब फुट के जितने भी रोग क्लब फुट क्लीनिक में आएंगे उनका मिरेकल फीट इंडिया संस्था तथा स्वास्थ्य विभाग की द्वारा निःशुल्क उपचार किया जाएगा। उन्होंने सोलन जिला की जनता से आग्रह किया है कि टेडे़-मेड़े पैरों के रोग से पीडि़त बच्चों को क्षेत्रीय अस्पताल सोलन लाएं ताकि उचित उपचार किया जा सके।
वन, परिवहन, युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन को विश्वविद्यालय में पारिस्थितीकीय पर्यटन परियोजना की दिशा में कार्य करना चाहिए। गोविंद सिंह ठाकुर रविवार को डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन के 35वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे थे। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में पारिस्थितीकीय पर्यटन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। वानिकी गतिविधियों का केंद्र होने के कारण यह विश्वविद्यालय इस दिशा में महत्वपूर्ण कार्य कर सकता है। उन्होंने कहा कि वन विभाग और विश्वविद्यालय में इस दिशा में संयुक्त रूप से कार्य करना होगा। स्थापित होने पर यह परियोजना विश्वविद्यालय के लिए आर्थिक दृष्टि से अत्यन्त लाभदायक सिद्ध हो सकती है। प्रदेश सरकार इस दिशा में विश्वविद्यालय को पूर्ण सहयोग प्रदान करेगी। वन मंत्री ने कहा कि यह विश्वविद्यालय प्रदेश में बागवानी एवं वानिकी की दिशा में अनुसंधान के माध्यम से मील का पत्थर साबित हुआ है। उन्होंने युवा वैज्ञानिकों को सलाह दी कि वे अपने ज्ञान को क्षेत्रीय स्तर तक पहुंचाएं ताकि किसान एवं बागवान इससे लाभान्वित हो सकें। उन्होंने कहा कि हाल ही में विश्वविद्यालय द्वारा बिरोजा निकालने के लिए विकसित बोर होल प्रणाली इस दिशा में महत्वपूर्ण पग है। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि वर्तमान में हिमाचल प्रदेश में बाह्य सहायता प्राप्त एवं विश्व बैंक द्वारा वित्त पोषित अनेक परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। इनमें से अनेक परियोजनाएं कृषि, बागवानी एवं वानिकी गतिविधियों पर आधारित है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भविष्य में यह सुनिश्चित बनाएगी कि इन परियोजनाओं में विश्वविद्यालय की भागीदारी हो। ऐसी सभी बैठकों में विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों की उपस्थिति भी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस विश्वविद्यालय का आईसीआर रैकिंग में 12वां स्थान है। उन्होंने इसे सराहनीय बताते हुए रैकिंग में और सुधार लाने का प्रयास करने का आग्रह किया। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि विश्वविद्यालय को प्राकृतिक खेती को लोकप्रिय बनाने की दिशा में कार्य करना होगा ताकि किसान की आर्थिकी को संबल प्रदान कर लोगों को सुरक्षित कृषि एवं बागवानी उत्पादन उपलब्ध करवाएं जा सकें। उन्होंने विश्वविद्यालय में खेल मैदान के लिए एक करोड़ रूपये प्रदान करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में हॉकी खेल के लिए एस्टो टर्फ मैदान स्थापित करने का मामला केंद्र सरकार से उठाया जाएगा। उन्होंने युवाओं से फिट इंडिया मूवमेंट में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने तथा नशे से दूर रहने का आह्वान किया। परिवहन मंत्री ने इस अवसर पर सभी से आग्रह किया कि यातायात नियमों का पूर्ण पालन करें और प्रदेश में दुर्घटनाओं में कमी लाने के प्रदेश सरकार के प्रयासों में सहभागी बनें। गोविंद सिंह ठाकुर ने इस अवसर पर विश्वविद्यालय की पांच पुस्तकों का विमोचन भी किया। इस अवसर पर प्रदेश के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय, मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर तथा कृषि मंत्री डॉ. रामलाल मारकण्डा के वीडियो बधाई संदेश भी दिखाए गए। गोविंद सिंह ठाकुर ने इस अवसर पर इस विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त विभूतियों को सम्मानित किया। उन्होंने भारतीय वन सेवा के विवेक आचार्य, भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी एवं वर्तमान में पुलिस अधीक्षक मण्डी गुरदेव शर्मा, प्रदेश प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी डॉ. अश्वनी शर्मा, बेयर कॉरपरेशन के क्षेत्रीय प्रबंधक प्रवीण शर्मा, पेस्टिसाइड इंडिया के उपाध्यक्ष डॉ. विश्वनाथ गाडे़, आईपी सोल्यूशन्स की संस्थापक एवं सीईओ बिन्दू शर्मा को सम्मानित किया। सोलन के विधायक डॉ. कर्नल धनीराम शांडिल ने छात्रों का आह्वान किया कि वे जल संरक्षण की दिशा में कार्य करें। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्र अपने अनुभवों को खेतों तक पहुंचाए ताकि कृषि क्षेत्र को और सुदृढ़ किया जा सके। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. परविंद्र कौशल ने कहा कि विश्वविद्यालय पौधों के रूट स्टॉक और बीज की मांग को पूरा करने के लिए प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में 85 लाख रुपये की लागत से प्रशिक्षण एवं कौशल विकास केंद्र स्थापित किया गया है। यह केंद्र कृषकों के लिए अत्यन्त लाभदायक सिद्ध हुआ है। इस अवसर राज्य खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया, जिला परिषद सदस्य शीला, भाजपा जिला महामंत्री नरेंद्र ठाकुर, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी विवेक चंदेल, कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर के डॉ. अशोक कुमार सरयाल, डॉ. यशवन्त सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन के पूर्व कुलपति डॉ. एचसी शर्मा, डॉ. जगमोहन सिंह, शूलिनी विश्वविद्यालय के कुलपति पीके खोसला सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति, विश्वविद्यालय के प्राध्यापक एवं छात्र उपस्थित थे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने कहा कि राज्य में ग्रामीण स्तर पर बेहतर सम्पर्क सुविधा प्रदान करने के दृष्टिगत इस वर्ष प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत 500 किलोमीटर नई सड़कों का निर्माण किया जा रहा है। डॉ. सैजल सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के परवाणू में बायला से संधोग वाया मंझोल संपर्क मार्ग पर प्रदेश पथ परिवहन निगम की बस को हरी झण्डी दिखाने के उपरांत उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। इस बस सुविधा के आरम्भ होने से क्षेत्र के बायला, रानी गांव, बुद्धो, मंझोल, पनोग व संधोग गांव के लगभग 700 परिवार लाभान्वित होंगे। डॉ. सैजल ने इस अवसर पर कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी प्रदेश में सड़कें विशेष रूप से ग्रामीण स्तर पर लोगों के जीवन और आर्थिकी में भाग्य रेखा का कार्य करती हैं। सड़कों के माध्यम से हमारे किसान मंडियों तक अपनी फसल पहुंचाते हैं और छात्रों को आने-जाने की बेहतर सुविधा उपलब्ध होती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सभी गांवों तक बेहतर सड़क सुविधा पहुंचाने के लिए कृतसंकल्प है। इस दिशा में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना तथा मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना विशेष रूप से लाभदायक सिद्ध हो रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत इस वित्त वर्ष में 500 किलोमीटर नई सड़कों के निर्माण के साथ-साथ 1000 किलोमीटर लंबी सड़कों की मेटलिंग तथा टारिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत इस वर्ष राज्य में 600 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि अपने क्षेत्र में आ रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर ध्यान रखना सबका उत्तरदायित्व है। डॉ. सैजल ने कहा कि ग्रामीणों को अपने-अपने क्षेत्र में युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए संकल्पित होना होगा। उन्होंने कहा कि नशा युवा पीढ़ी का सबसे बड़ा दुश्मन है और युवाओं को नशे से दूर रखकर ही प्रदेश तथा देश की उन्नति में सहायक बनाया जा सकता है। सहकारिता मंत्री ने कहा कि क्षेत्र में लोगों को पेयजल समस्या को शीघ्र दूर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बनासर पेयजल योजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट शीघ्र तैयार कर स्वीकृति के लिए प्रेषित की जाएगी। उन्होंने इस संबंध में सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियांे को उचित दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने इस अवसर पर जनसमस्याएं सुनीं और अधिकारियों को इनके उचित निराकरण के निर्देश दिए। एपीएमसी सोलन के अध्यक्ष संजीव कश्यप, भाजपा मंडल कसौली के अध्यक्ष कपूर सिंह वर्मा, सचिव कृपाल सिंह, किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य राजकुमार सिंगला, पूर्व प्रधान उपेंद्र शर्मा, पूर्व उपप्रधान हीरा सिंह, संतराम, चैन सिंह, उपमण्डलाधिकारी सोलन रोहित राठौर, पुलिस उपाधीक्षक योगेश रोल्टा, तहसीलदार कसौली कपिल तोमर, लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता राजेश कुमार सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण इस अवसर पर उपस्थित थे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के कमजोर वर्गों के आर्थिक सशक्तिकरण एवं इन तक विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के लाभ समय पर पहुंचाने के लिए कृतसंकल्प है। डॉ. सैजल कसौली विधानसभा क्षेत्र के धर्मपुर में पात्र लाभार्थियों को ऐच्छिक निधि के तहत चैक वितरित करने के उपरांत संबोधित कर रहे थे। उन्होंने इस अवसर पर कसौली तथा सोलन विधानसभा क्षेत्र के 64 लाभार्थियों को ऐच्छिक निधि के तहत 10.36 लाख रुपये की राशि प्रदान की। डॉ. सैजल ने इस अवसर पर कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने अपने प्रथम दो वर्ष के कार्यकाल में प्रदेश का संतुलित विकास सुनिश्चित बनाया है। इस अवधि में समाज के सभी वर्गों को राहत पहुंचाने के लिए नई योजनाएं आरंभ की गई हैं। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों को दी जाने वाली सामाजिक सुरक्षा पैंशन की आयु 80 वर्ष से घटाकर 70 वर्ष करने से लगभग 1.30 लाख वरिष्ठ नागरिक लाभान्वित हुए हैं। इस वर्ष प्रदेश सरकार सामाजिक सुरक्षा पैंशन पर 624 करोड़ रुपये व्यय कर रही है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार वरिष्ठ नागरिकांे की सामाजिक सुरक्षा पैंशन के लिए निर्धारित आयु सीमा को और घटाने पर विचार कर रही है ताकि अधिक से अधिक बुजुर्ग इससे लाभान्वित हो सकें। उन्होंने कहा कि प्रदेश की महत्वाकांक्षी गृहिणी सुविधा योजना महिलाओं के लिए वरदान सिद्ध हो रही है। इस योजना के द्वारा प्रदेश के सभी परिवार सुरक्षित ईंधन प्राप्त कर पा रहे हैं। शीघ्र ही हिमाचल देश का ऐसा पहला राज्य बन जाएगा जहां सभी परिवारों के पास रसोई गैस कुनैक्शन होगा। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि केंद्र सरकार की उज्ज्वला, आयुष्मान भारत तथा प्रदेश सरकार की गृहिणी सुविधा, हिमकेयर जैसी योजनाओं का लाभ उठाएं। डॉ. सैजल ने सभी से आग्रह किया कि अपने परिवार के साथ-साथ सामाजिक एवं ग्रामीण स्तर पर स्वच्छता पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रखने की दिशा में जागरूक रहने के लिए भी आह्वान किया। उन्होंने इस अवसर जनसमस्याएं सुनीं और अधिकारियों को इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। एपीएमसी सोलन के अध्यक्ष संजीव कश्यप, भाजपा किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष सुंदरम ठाकुर, भाजपा मंडल कसौली के अध्यक्ष कपूर सिंह वर्मा, सचिव कृपाल सिंह, महामंत्री सुरेंद्र भारद्वाज, जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारी बैंक के निदेशक सुरेंद्र स्याल, खलोगड़ा कृषि सहकारी समिति के अध्यक्ष यशपाल ठाकुर, भाजपा तथा भाजयुमो के अन्य पदाधिकारी, उपमण्डलाधिकारी सोलन रोहित राठौर, तहसीलदार कसौली कपिल तोमर सहित अन्य अधिकारी तथा गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।
सत श्री बाड़ूबाड़ा पब्लिक स्कूल भलग (मांगल) में वार्षिक पारितोषिक वितरण समारोह धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम में युवा समाजसेवी जुल्फी राम शर्मा ने बतौर मुख्य अतिथि तथा हेमराज ठाकुर ने बतौर विशिष्ट अतिथि शिरकत की। इस समारोह में अल्ट्राटेक के यूनिट हेड नवनीत चौहान, एचआर फंक्शन हेड राजेश जमवाल, अनिल दुबे भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि द्वारा किया गया। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा समूह गान, एकल गान, लघु नाटिका, समूह नृत्य, डांडिया आदि प्रस्तुत किए गए। इस दौरान तीसरी कक्षा की छात्राओं ने समूह गान के माध्यम से सड़क सुरक्षा नियमों से अवगत करवाया। वहीँ सातवीं कक्षा की छात्राओं द्वारा सामूहिक नृत्य के माध्यम से भारत के विभिन्न राज्यों की संस्कृति को प्रस्तुत किया गया। आठवीं कक्षा के छात्रों द्वारा नाटक के माध्यम से नशा मुक्त होने की जानकारी दी गई। इसके अलावा कार्यक्रम में समूह नृत्य करके वीर शहीदों को भी याद किया गया। स्कूल की प्रधानाचार्य इंदिरा शर्मा ने वार्षिक रिपोर्ट में विद्यालय की गतिविधियों का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। पारितोषिक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को बधाई देते हुए मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि का विद्यालय की तरफ से धन्यवाद किया। इस दौरान यूनिट हेड नवनीत चौहान ने विद्यालय की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा समिति के प्रधान चुन्नीलाल बधाई के पात्र है जिन्होंने ऐसे क्षेत्र में इतना अच्छा निजी स्कूल चलाया है, उन्होंने कहा कि वे भविष्य में स्कूल के विकास में उनका साथ देते रहेंगे। इस मौके पर कार्यक्रम के लिए विद्यार्थियों के प्रोत्साहन हेतु जुल्फी राम शर्मा ने 51 हजार,नवनीत चौहान ने 11 हजार व हेमराज ठाकुर ने 21 हजार की राशि भेंट की।इस अवसर पर समाजसेवी, जुल्फी राम शर्मा, हेमराज ठाकुर, एसएमसी अध्यक्ष चुन्नीलाल चौहान, ट्रक यूनियन के प्रधान बलदेव राज ठाकुर, भाग चंद, दीतु राम, धनीराम चौहान, एसएमसी सदस्य, विद्यालय के शिक्षक शिक्षिकाएं एवं छात्र छात्राओं के अभिभावकगण सहित स्थानीय लोग उपस्थित रहे।


















































